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क्या बीपी मरीज भी रख सकते हैं रोज, इनके लिए भूखा रहना कितना ठीक, डॉक्टर ने बताया सही तरीका

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Last Updated:March 01, 2026, 17:30 IST रमजान का महीना चल रहा है. मुस्लिम समुदाय इस दौरान पूरे दिन भूखे-प्यासे रहकर अल्लाह की इबादत करता हैा. कई लोग ऐसे भी होते हैं, जो बीपी की समस्या से ग्रस्त हैं. सवाल उठता है कि उनके लिए रोजा रखना कितना सुरक्षित है. लोकल 18 ने इस बारे में अलीगढ़ के चिकित्सक डॉ. इरफान अहमद खान से बात की. वे बताते हैं कि ऐसे लोगों को रोजा रखते समय सावधानी बरतने की जरूरत है. जिन मरीजों की पहले से ब्लड प्रेशर की दवा चल रही है, उन्हें रोजा शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श कर दवाइयों का सही शेड्यूल तय कर लेना चाहिए. अलीगढ़. रमजान का पवित्र महीना इबादत, संयम और आत्मअनुशासन का संदेश देता है. इस दौरान रोजेदार पूरे दिन भूखे-प्यासे रहकर अल्लाह की इबादत करते हैं. हालांकि कई लोग ऐसे भी होते हैं, जो ब्लड प्रेशर (बीपी) की समस्या से ग्रस्त हैं और उन्हें रोजा रखते समय अपनी सेहत को लेकर विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होती है. लोकल 18 ने इस विषय पर अलीगढ़ के जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के डिपार्टमेंट ऑफ फार्मकोलॉजी में असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. इरफान अहमद खान से बात की. डॉ. इरफान अहमद खान बताते हैं कि रमजान केवल इबादत का महीना ही नहीं, बल्कि शरीर को संतुलित करने का भी समय होता है. सही खान-पान और दिनचर्या अपनाने से शरीर को डिटॉक्स होने में भी मदद मिलती है. रोजे से पहले डॉक्टर की सलाह डॉ. इरफान के मुताबिक, जिन मरीजों की पहले से ब्लड प्रेशर की दवा चल रही है, उन्हें रोजा शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से जरूर परामर्श लेना चाहिए, ताकि दवाइयों का सही शेड्यूल तय किया जा सके. डॉक्टर की सलाह से यह तय किया जाता है कि दवा इफ्तार और सहरी के बीच किस समय लेनी है, जिससे बीपी नियंत्रित बना रहे और रोजा भी आसानी से पूरा हो सके. डॉ. इरफान ने बताया कि रोजे के दौरान जीवनशैली और खान-पान में बदलाव करना बेहद जरूरी है. तेल, ज्यादा चिकनाई और मसालेदार भोजन से परहेज करना चाहिए, क्योंकि ऐसे खाद्य पदार्थ ब्लड प्रेशर बढ़ा सकते हैं. नमक का सेवन कम रखना चाहिए, जिससे बीपी बेहतर तरीके से नियंत्रित रहता है. फल और हरी सब्जियों को डाइट में शामिल करना फायदेमंद है. डॉ. इरफान के अनुसार, जिन लोगों को माइल्ड हाइपरटेंशन है, यानी जिनका ब्लड प्रेशर बहुत ज्यादा नहीं बढ़ा हुआ है, वे नियमित सावधानियों से बिना अतिरिक्त दवा के भी काफी हद तक बीपी नियंत्रित रख सकते हैं. इसके लिए रोजाना कम से कम 20 मिनट की ब्रिस्क वॉक, संतुलित आहार और नमक की मात्रा कम करना बेहद असरदार उपाय हैं. तनाव से दूर रहना और सकारात्मक पारिवारिक व सामाजिक माहौल बनाए रखना भी ब्लड प्रेशर नियंत्रण में भूमिका निभाता है. हालात बिगड़ने पर करें क्या डॉ. इरफान बताते हैं कि अगर अचानक ब्लड प्रेशर बढ़ने जैसी स्थिति महसूस हो, जैसे तेज सिरदर्द, घबराहट, चक्कर या बेचैनी हो तो तुरंत अपने डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए और उनकी सलाह का पालन करना चाहिए. ऐसी स्थिति में स्वयं से दवा बदलना या नजरअंदाज करना सही नहीं होता. सही मेडिकल सलाह, संतुलित आहार और नियमित दिनचर्या अपनाकर बीपी मरीज भी सुरक्षित तरीके से रोजा रख सकते हैं और रमजान की इबादत को मुकम्मल कर सकते हैं. About the Author Priyanshu Gupta Priyanshu has more than 10 years of experience in journalism. Before News 18 (Network 18 Group), he had worked with Rajsthan Patrika and Amar Ujala. He has Studied Journalism from Indian Institute of Mass Commu…और पढ़ें Location : Aligarh,Uttar Pradesh First Published : March 01, 2026, 17:30 IST

CM बोले- 9 छोड़े थे, अब 48 चीते हो गए:कहा- वाइल्ड लाइफ में भारत ने दुनिया में किया नाम; विधायक लोधी के घर भी पहुंचे

CM बोले- 9 छोड़े थे, अब 48 चीते हो गए:कहा- वाइल्ड लाइफ में भारत ने दुनिया में किया नाम; विधायक लोधी के घर भी पहुंचे

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने रविवार को ग्वालियर आए श्योपुर के कूनो नेशनल पार्क में चीतों को छोड़े जाने पर खुशी जाहिर की। उन्होंने कहा कि हमारे मध्य प्रदेश का फॉरेस्ट समृद्ध हो रहा है। अफ्रीका से लाकर जो नर और मादा चीते छोड़े गए हैं, उन्होंने मध्य प्रदेश की साख और बढ़ाई है। वाइल्ड लाइफ को लेकर भारत का नाम दुनिया में हुआ है। चीते एशिया महाद्वीप से विलुप्त हो गए थे, वे अब आबाद हो रहे हैं। हमें प्रसन्नता है कि 9 चीते छोड़ने के बाद अब इनकी संख्या 48 हो गई है। CM बोले- मध्यप्रदेश अब सबसे ज्यादा टाइगर ग्वालियर में सीएम डॉ. यादव ने कहा कि अब मध्य प्रदेश देश के अंदर सबसे ज्यादा टाइगर, सबसे ज्यादा लेपर्ड, सबसे ज्यादा चीते, और अब घड़ियाल के मामले में भी मध्य प्रदेश नंबर वन है। बीते समय की जो गणना सामने आई है उसके मुताबिक अब गिद्ध के आंकड़े भी समृद्ध हो रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अपने दौरे के दौरान कूनो नेशनल पार्क में प्रवास के दौरान कूनो नदी के माध्यम से जलचरों को बढ़ावा देने के लिए मध्य प्रदेश सरकार की जो योजना है उससे आगे बढ़ रहे हैं, इसलिए सभी प्रकार के रोजगार के अवसर टूरिज्म सेक्टर वन्य प्राणी के आधार से मिले। यह चंबल का सबसे समृद्ध इलाका है। मैं उम्मीद करुंगा कि इसका लाभ हम सबको मिले। ग्वालियर, श्योपुर और अशोक नगर के दौरे पर हैं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन सिंह यादव रविवार को ग्वालियर, श्योपुर व अशोक नगर के प्रवास पर हैं। वे दोपहर 12 बजे ग्वालियर पहुंचे। उन्होंने एयरपोर्ट से सीधे ग्राम जलालपुर पहुंचकर शिवपुरी के पिछोर से विधायक प्रीतम लोधी की माताजी भागवती बाई के निधन पर शोक संवेदनाएं व्यक्त कीं। विधायक प्रीतम लोधी की माताजी भागवती बाई का 26 फरवरी को लगभग 100 वर्ष की आयु में निधन हो गया था। इस दौरान प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, भाजपा जिलाध्यक्ष शहर जयप्रकाश राजौरिया, ग्रामीण भाजपा जिलाध्यक्ष प्रेम सिंह राजपूत सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।

US-ईरान तनाव के बीच अबू धाबी में हैं ईशा गुप्ता:कहा- मैं सुरक्षित हूं, समय बहुत कठिन है, एक्ट्रेस ने जल्द भारत लौटने की उम्मीद जताई

US-ईरान तनाव के बीच अबू धाबी में हैं ईशा गुप्ता:कहा- मैं सुरक्षित हूं, समय बहुत कठिन है, एक्ट्रेस ने जल्द भारत लौटने की उम्मीद जताई

फिल्म ‘जन्नत’ 2 फेम और एक्ट्रेस ईशा गुप्ता ने रविवार को बताया कि अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर मिसाइल हमलों के बाद बढ़े US-ईरान संघर्ष के बीच वह इस समय संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के अबू धाबी में सुरक्षित हैं। उन्होंने कहा कि मौजूदा समय डरावना है और उन्होंने उम्मीद जताई कि वह जल्द ही भारत लौटेंगी। ईशा ने इंस्टाग्राम स्टोरी में लिखा, “जो भी लोग हालचाल पूछ रहे हैं और मैसेज कर रहे हैं, मैं जवाब न देने के लिए माफी चाहती हूं। हम ठीक हैं, हम सुरक्षित हैं। समय डरावना है, बहुत कठिन है।” उन्होंने आगे लिखा, “भगवान हमारी रक्षा के लिए हैं। हमें भरोसा है कि संयुक्त अरब अमीरात का रक्षा मंत्रालय लोगों की सुरक्षा और बचाव के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ कर रहा है। सभी प्रभावित लोगों के लिए, जो भी फंसे हुए हैं, उनकी सुरक्षा के लिए सबसे बढ़कर प्रार्थना कर रही हूं। उम्मीद है जल्द ही घर लौटूंगी।” बता दें कि इससे पहले शनिवार को उन्होंने इंस्टाग्राम स्टोरी पर आसमान की तस्वीर शेयर कर “अबू धाबी” लिखकर अपनी लोकेशन की पुष्टि की थी। दुबई में फंसी सोनल चौहान वहीं, एक्ट्रेस सोनल चौहान UAE के दुबई में फंसी हुई हैं। हाल ही में ईरान ने UAE समेत दुनिया के 8 देशों में हमला किया। इस स्थिति में दुबई की सभी उड़ाने रद्द कर दी गई हैं, जिससे एक्ट्रेस भारत लौटने में असमर्थ हैं। सोनल ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भारत वापस लौटने के लिए मदद की अपील की। ‘जन्नत’ फेम सोनल ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरी के जरिए बताया है कि वो दुबई में असुरक्षित महसूस कर रही हैं और जल्द भारत लौटना चाहती हैं। एक्ट्रेस ने लिखा, “माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी, मैं वर्तमान में जारी संकट के बीच दुबई में फंसी हुई हूं। उड़ानें रद्द हो गई हैं और भारत लौटने का कोई स्पष्ट तरीका नहीं है। मैं सुरक्षित घर वापसी के लिए सरकार से मार्गदर्शन और सहयोग की उम्मीद करती हूं। किसी भी सहायता के लिए मैं दिल से आभारी रहूंगी।” एयरपोर्ट में फंसी हैं सोनल चौहान सोनल चौहान दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर फंसे कई यात्रियों में शामिल हैं। अचानक उड़ानें रद्द होने से यात्री असमंजस की स्थिति में हैं और आधिकारिक घोषणाओं का इंतजार कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर शेयर किए गए वीडियो में एयरपोर्ट टर्मिनल पर भारी भीड़ और चिंतित यात्रियों को देखा जा सकता है। यह संकट पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने के बाद शुरू हुआ है। इजरायल और अमेरिका द्वारा ईरान के सैन्य और परमाणु ठिकानों पर संयुक्त हमलों के बाद स्थिति और बिगड़ गई। इसके जवाब में कई देशों, जिनमें ईरान और इराक शामिल हैं, ने अपने हवाई क्षेत्र बंद कर दिए हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर व्यापक असर पड़ा है। ‘परिवार सो नहीं पाया, स्थिति खतरनाक…’: KRK इस बीच, फिल्म क्रिटिक और एक्टर कमाल आर खान उर्फ KRK, जो अपने परिवार के साथ दुबई में रहते हैं, ने सोशल मीडिया पर दुबई के हालात पर चिंता जताई। उन्होंने लिखा कि तेज़ धमाकों की वजह से उनका परिवार पूरी रात सो नहीं पाया। उन्होंने इसे शहर के लोगों के लिए खतरनाक स्थिति बताया। ————————— ईरान-इजराइल जंग से जुड़ी दूसरी खबरें पढ़ें… अमेरिका-इजराइल हमले में ईरानी सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत: बेटी-दामाद, बहू-पोती भी मारी गईं; ईरान की सेना बोली- थोड़ी देर में सबसे खतरनाक हमला करेंगे अमेरिका-इजराइल के हमले में ईरानी सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत हो गई है। ईरान की मीडिया तसनीम और फार्स समाचार एजेंसियों ने इसकी पुष्टि की है। हमले में खामेनेई की बेटी, दामाद, पोती और बहू भी मारे गए हैं। ईरान में 40 दिन का राजकीय शोक और सात दिनों की सार्वजनिक छुट्टियों की घोषणा की गई है। पूरी खबर पढ़ें…

फिल्म ‘मालामाल वीकली’ का बनेगा सीक्वल:एक्टर परेश रावल ने कन्फर्म कर कहा- मैं प्रोजेक्ट का हिस्सा हूं

फिल्म ‘मालामाल वीकली’ का बनेगा सीक्वल:एक्टर परेश रावल ने कन्फर्म कर कहा- मैं प्रोजेक्ट का हिस्सा हूं

एक्टर परेश रावल ने कन्फर्म किया है कि फिल्म मालामाल वीकली 2 बन रही है। उन्होंने हाल ही में कहा कि वह इस प्रोजेक्ट का हिस्सा हैं। यह बात उन्होंने हिंदुस्तान टाइम्स से कही। हालांकि, फिल्म की ऑफिशियल अनाउंसमेंट अभी नहीं हुई है। बॉलीवुड हंगामा की रिपोर्ट के मुताबिक, ‘मालामाल वीकली’ के दूसरे पार्ट के लिए मेकर्स ने एक नया कॉन्सेप्ट तैयार किया है, जो पहली कहानी को सीधे आगे नहीं बढ़ाएगा, बल्कि फ्रेंचाइजी को नए अंदाज में पेश करेगा। राजपाल और रितेश से भी संपर्क किया गया सूत्रों के हवाले से रिपोर्ट में बताया गया है कि इस बार अलग किरदार और नया परिवेश होगा, लेकिन कहानी ग्रामीणों के एक समूह के इर्द-गिर्द घूमेगी, जो बड़ी रकम पाने के लिए अजीबोगरीब कोशिशें करेंगे। परेश रावल ने फिल्म के लिए सहमति दे दी है, जबकि राजपाल यादव और रितेश देशमुख को भी संपर्क किया गया है। फिल्म 2006 में रिलीज हुई थी बता दें कि मालामाल वीकली साल 2006 में रिलीज हुई थी और इसे प्रियदर्शन ने डायरेक्ट किया था। इस फिल्म में परेश रावल के अलावा ओम पुरी, असरानी, राजपाल यादव और रितेश देशमुख भी थे। फिल्म को समीक्षकों से मिली-जुली प्रतिक्रिया मिली, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर यह सफल रही। 7 करोड़ रुपए के बजट में बनी इस फिल्म ने लगभग 42.7 करोड़ रुपए की कमाई की। यह फिल्म हॉलीवुड फिल्म वेकिंग नेड (1998) पर आधारित थी। इसकी कहानी को दूसरी भाषाओं में भी बनाया गया है, जिसमें तेलुगु में भाग्यलक्ष्मी बंपर ड्रॉ (2006), कन्नड़ में डकोटा पिक्चर (2012), और मलयालम में आमायुम मुयालुम (2014) शामिल हैं। फिल्म की कहानी फिल्म की कहानी लाहोली गांव के इर्द-गिर्द घूमती है, जहां लीलाराम का किरदार निभाने वाले परेश रावल को पता चलता है कि एक ग्रामीण ने 1 करोड़ रुपए की लॉटरी जीती थी, लेकिन उसकी मौत हो गई। इसके बाद गांव में अफरा-तफरी मच जाती है क्योंकि हर कोई इनाम की रकम में हिस्सा चाहता है। परेश रावल के वर्कफ्रंट की बात करें तो वे प्रियदर्शन के निर्देशन में बनी फिल्म ‘भूत बंगला’ में अक्षय कुमार के साथ दिखाई देंगे। यह फिल्म 10 अप्रैल 2026 को रिलीज होगी। इसके अलावा ‘वेलकम टू द जंगल’ में नजर आएंगे। साथ ही वे ‘भागम भाग 2’ का भी हिस्सा हैं।

डायरेक्टर ने बताया सैफ को 'बेखुदी' से निकालने की वजह:राहुल रवैल बोले- गैर-जिम्मेदार रवैये के कारण हटाया, गर्लफ्रेंड वाली बात गलत थी

डायरेक्टर ने बताया सैफ को 'बेखुदी' से निकालने की वजह:राहुल रवैल बोले- गैर-जिम्मेदार रवैये के कारण हटाया, गर्लफ्रेंड वाली बात गलत थी

साल 1992 में सैफ अली खान बॉलीवुड में डेब्यू करने वाले थे। उनकी पहली फिल्म ‘बेखुदी’ थी, जिसमें उन्होंने काजोल के साथ काम करने का मौका पाया था। उस समय यह प्रोजेक्ट बॉलीवुत में काफी चर्चित था और सैफ के करियर के लिए बड़ा कदम माना जा रहा था। हालांकि, बाद में वह ‘बेखुदी’ का हिस्सा नहीं बने और उन्होंने अभिनेता के रूप में फिल्म ‘परंपरा’ (1993) से शुरुआत की। जिसका निर्देशन यश चोपड़ा ने किया था। सैफ खुद पहले कई इंटरव्यू में यह दावा कर चुके हैं कि उन्हें बेखुदी से इसलिए हटाया गया था क्योंकि डायरेक्टर ने उनसे कहा था कि उन्हें अपनी प्रेमिका से ब्रेक-अप कर देना चाहिए, वरना फिल्म छोड़नी पड़ेगी। इस शर्त के कारण उन्होंने शूटिंग छोड़ दी थी, ऐसा सैफ का मानना रहा है। यह बात सैफ ने साल 2020 में मुंबई मिरर को दिए इंटरव्यू में बताया था लेकिन अब 34 साल बाद ‘बेखुदी’ के डायरेक्टर राहुल रवैल ने इस बारे में अपनी सच्ची बात बताई है। स्क्रीन को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि सैफ को फिल्म से इसलिए नहीं हटाया गया था कि उन्होंने अपनी गर्लफ्रेंड को छोड़ने से इनकार किया। यह जो भी तब सुना और बताया गया, वह गलत है। राहुल के मुताबिक, असल वजह सैफ के गैर-जिम्मेदाराना व्यवहार थी। वह समय पर शूटिंग पर नहीं आते थे, और तरह-तरह की लापरवाही करते थे। इस वजह से उन्हें काफी दिक्कतें उठानी पड़ीं, और शूट में विलंब होने लगा। निर्देशक ने बताया कि वह इतने सालों से इस बात को स्पष्ट करना चाहते थे, और अब उन्होंने अपने पक्ष को सामने रखा है। उन्होंने कहा कि उस समय सैफ की व्यवहार शैली ऐसी थी कि सेट पर समय पर न पहुंचना और काम के प्रति गंभीर नहीं दिखना आम बात थी। रवैल ने बताया कि इस लापरवाही और अनियमितता के कारण वह सैफ को फिल्म से अलग करना बेहतर समझे। राहुल रवैल ने यह भी कहा कि आज के मुकाबले उस समय फिल्मों में काम करने का तरीका बहुत अलग था, और एक कलाकार के लिए पेशेवर रवैया रखना बेहद आवश्यक था। एक निर्देशित काम में समय का पालन, सेट पर उपलब्धता और गंभीरता का प्रदर्शन बहुत मायने रखता है, और सैफ के व्यवहार से यह गुणवत्ता नहीं दिखी थी। राहुल ने यह भी स्वीकार किया कि आज सैफ अली खान का करियर बहुत सफल रहा है और उन्होंने अपने पेशेवर जीवन में काफी सकारात्मक बदलाव किए हैं। रवैल ने कहा कि आज सैफ अपने काम काम के प्रति गंभीर हैं, यह उनके प्रदर्शन और उपलब्धियों से यह साफ झलकता है। राहुल रवैल ने ‘बेखुदी’ के अलावा अपने फिल्मी करियर के बारे में भी बात की है। उन्होंने कहा कि वह कई वर्षों से फिल्मों का निर्देशन नहीं कर रहे हैं, और उन्हें लगता है कि फिलहाल कोई उन्हें नई फिल्म देने को तैयार नहीं है। कुछ लोग उनकी सेहत या क्षमता को लेकर गलतफहमियां रखते हैं, जिससे उन्हें अवसर नहीं मिल रहे हैं। वे सीधे तौर पर यह जताते हैं कि वह अब भी फिल्में डायरेक्ट करना चाहते हैं, लेकिन प्रस्ताव नहीं आ रहे हैं। उनके अनुसार, यह धारणा कि वह सक्रिय नहीं हैं, बिल्कुल गलत है।

ECI ने पश्चिम बंगाल में SIR के बाद अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की; 63 लाख से अधिक मतदाता हटाए गए | भारत समाचार

Smoke rises following an explosion after Israel and the US launched strikes on Iran on Saturday. (Image: Reuters)

आखरी अपडेट:28 फरवरी, 2026, 19:27 IST ECI ने SIR के बाद पश्चिम बंगाल की अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की, जिसमें 63 लाख मतदाताओं को हटा दिया गया और 1.8 लाख को जोड़ा गया। ECI ने SIR के बाद पश्चिम बंगाल की अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की, जिसमें 63 लाख मतदाताओं को हटा दिया गया और 1.8 लाख को जोड़ा गया। भारत निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभ्यास के पूरा होने के बाद शनिवार को पश्चिम बंगाल के लिए अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की। पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल के अनुसार, कुल 63,66,952- तिरसठ लाख छियासठ हजार नौ सौ बावन मतदाताओं को अंतिम सूची से हटा दिया गया है। इस बीच, फॉर्म 6 और 6ए के तहत 1,82,036 मतदाताओं को जोड़ा गया, और अन्य 6,671 मतदाताओं को फॉर्म 8 के माध्यम से शामिल किया गया। एसआईआर प्रक्रिया के दूसरे चरण के बाद, राज्य में पंजीकृत मतदाताओं की कुल संख्या अब 7,04,59,284 है। आयोग ने यह भी कहा कि राज्य में फिलहाल 60,06,675 मतदाता विचाराधीन हैं। एसआईआर अभ्यास शुरू होने से पहले, पश्चिम बंगाल में 7,66,37,529 मतदाता थे। अंतिम सूची में 3,60,22,642 पुरुष मतदाता, 3,44,35,260 महिला मतदाता और तीसरे लिंग के 1,382 मतदाता शामिल हैं। अग्रवाल ने कहा कि 16 दिसंबर, 2025 को प्रकाशित ड्राफ्ट रोल के अनुसार, राज्य में 7,08,16,630 मतदाता थे। अंतिम एसआईआर सूची में अपना नाम कैसे जांचें? ईसीआई ने जिला प्रशासन के माध्यम से बूथ स्तर के अधिकारियों (बीएलओ) को बूथ-वार अंतिम मतदाता सूची की दो प्रतियां वितरित करना शुरू कर दिया है। बीएलओ एक प्रति अपने पास रखेंगे और दूसरी सार्वजनिक पहुंच के लिए संबंधित मतदान केंद्रों पर प्रदर्शित करेंगे। मुख्य निर्वाचन अधिकारी का कार्यालय राज्य के आठ मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को अंतिम रोल की सॉफ्ट कॉपी भी प्रदान करेगा। इसके अतिरिक्त, जिला अधिकारी इन पार्टियों के बूथ लेवल एजेंटों (बीएलए) को हार्ड कॉपी वितरित करेंगे। मतदाता ईसीआई की आधिकारिक वेबसाइट (eci.gov.in), पश्चिम बंगाल सीईओ की वेबसाइट (ceowestbengal.wb.gov.in), या ईसीआई नेट मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से अंतिम मतदाता सूची में अपना नाम देख सकते हैं। मतदाता अपना नाम और ईपीआईसी (मतदाता पहचान पत्र) नंबर दर्ज करके सूची में अपना नाम शामिल होने की पुष्टि कर सकते हैं। अग्रवाल ने आगे बताया कि अंतिम नामावली को संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारियों (डीईओ) की वेबसाइटों के माध्यम से भी देखा जा सकता है। पहले प्रकाशित: 28 फरवरी, 2026, 19:26 IST न्यूज़ इंडिया ECI ने पश्चिम बंगाल में SIR के बाद अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की; 63 लाख से अधिक मतदाता हटाए गए अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट) पश्चिम बंगाल अंतिम मतदाता सूची (टी) भारत का चुनाव आयोग (टी) पश्चिम बंगाल मतदाता सूची (टी) विशेष गहन पुनरीक्षण (टी) मतदाता सूची की जांच कैसे करें पश्चिम बंगाल (टी) मतदाता विलोपन पश्चिम बंगाल (टी) मतदाता जोड़ फॉर्म 6 (टी) पश्चिम बंगाल मुख्य निर्वाचन अधिकारी

राजपाल यादव बोले- मेरे पास ₹1200 करोड़ का काम है:बावजूद इसके मामला जेल तक पहुंचा, शिकायतकर्ता ने प्रॉपर्टी पेपर्स और सिक्योरिटी रकम ठुकरा दी

राजपाल यादव बोले- मेरे पास ₹1200 करोड़ का काम है:बावजूद इसके मामला जेल तक पहुंचा, शिकायतकर्ता ने प्रॉपर्टी पेपर्स और सिक्योरिटी रकम ठुकरा दी

बॉलीवुड के मशहूर कॉमिक एक्टर राजपाल यादव ने मुंबई में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में एक बड़ा दावा किया है। एक्टर ने कहा है कि उनके पास भविष्य में ₹1200 करोड़ के काम और 10 फिल्मों के प्रोजेक्ट हैं। बावजूद इसके, एक पुराने चेक बाउंस मामले ने उन्हें कानूनी मुश्किलों और जेल जैसी स्थिति में लाकर खड़ा कर दिया। उनका कहना है कि शिकायतकर्ता ने उनके द्वारा पेश किए गए प्रॉपर्टी पेपर्स और सिक्योरिटी रकम को अदालत में स्वीकार नहीं किया और सिर्फ यह चाहता था कि राजपाल जेल जाएं। राजपाल यादव ने साल 2010 में अपनी फिल्म ‘अता पता लापता’ को प्रोड्यूस करने के लिए एक कंपनी से लगभग ₹5 करोड़ लिए थे। इस रकम पर ब्याज लगाया गया, जिससे रिटर्निंग अमाउंट 10.40 करोड़ रुपये हो गया था। निर्देशक के रूप में ये उनका डेब्यू प्रोजेक्ट था, लेकिन फिल्म बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप रही और राजपाल को भुगतान करना मुश्किल हो गया। इसके बाद वे कई पोस्ट डेटेड चेक देने लगे, जो बैंक में बाउंस हो गए। इस वजह से शिकायतकर्ता ने चेक बाउंस के तहत मामला दर्ज करवाया और मामला कोर्ट तक पहुंच गया। राजपाल यादव के वकील भास्कर उपाध्याय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि आरोप लगाने वाले ने पहले कहा कि वे सिक्योरिटी मनी और प्रॉपर्टी पेपर्स स्वीकार करेंगे और मामला सुलझ जाएगा। लेकिन जब दस्तावेज पेश किए गए, तो उन्होंने उन्हें लेने से इनकार कर दिया और सिर्फ राजपाल को जेल भेजने पर जोर दिया। भास्कर का आरोप है कि यह सब राजपाल की छवि को धूमिल करने की कोशिश थी, न कि पैसे वापस पाने का ईमानदार प्रयास। राजपाल यादव ने खुद मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्होंने इंडस्ट्री में कभी-कभी किसी प्रोड्यूसर के कठिन समय में मुफ्त में भी काम किया है और उन्होंने अपने गांव का भी विकास किया है। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य नए और संघर्षशील कलाकारों को आगे लाना था, लेकिन दुर्भाग्यवश यह मामला उन्हें अब तक टैंगल कर चुका है। उनका दावा है कि आने वाले 7 सालों में उनके पास कुल ₹1200 करोड़ के ब्रांडिंग, फिल्म व अन्य प्रोजेक्ट हैं। इनमें कुछ प्रोजेक्ट ₹200 करोड़ से लेकर ₹2000 करोड़ तक के हैं, जिसमें फीस, साझेदारी और ब्रांडिंग डील शामिल हैं। यादव ने यह भी स्पष्ट किया कि उनका लक्ष्य सभी पैसे समय पर चुका देना है और उन्होंने उन लोगों का भी धन्यवाद किया जो इस मुश्किल वक्त में उनके साथ खड़े रहे।

रश्मिका ने शादी में ‘लिविंग गॉडेस’ थीम वाले गहने पहने:विजय के हार पर थी बाघ की डिजाइन; PHOTOS में देखिए कपल की वेडिंग स्टाइल

रश्मिका ने शादी में ‘लिविंग गॉडेस’ थीम वाले गहने पहने:विजय के हार पर थी बाघ की डिजाइन; PHOTOS में देखिए कपल की वेडिंग स्टाइल

उदयपुर में गुरुवार को विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना की शादी हुई। शादी की रस्में तेलुगु रीति-रिवाजों के अनुसार पूरी की गईं। शादी में रश्मिका ने ‘लिविंग गॉडेस’ थीम पर आधारित गहने पहने, जबकि विजय के हार पर बाघ की डिजाइन नजर आई। शादी के लिए विजय और रश्मिका के आउटफिट डिजाइनर अनामिका खन्ना ने तैयार किए थे। हाल के सालों में जहां सेलिब्रिटी शादियों में पेस्टल रंग ज्यादा दिखते हैं, वहीं इस शादी में गहरे और ट्रेडिशनल रंग चुने गए। बता दें कि शादी में पेस्टल ट्रेंड का मतलब पारंपरिक गहरे रंगों (जैसे सुर्ख लाल, गहरा मैरून या नारंगी) की जगह हल्के और सॉफ्ट रंगों को चुनना है। विजय और रश्मिका की शादी में सोने के आभूषण और मंदिर से जुड़े डिजाइन मुख्य फोकस में रहे। दोनों के गाल पर नजर का टीका भी लगाया गया था। रश्मिका की साड़ी की खासियत शादी में रश्मिका ने रस्ट रंग की साड़ी पहनी। साड़ी पर लाल और गोल्ड बॉर्डर था। इसमें मंदिर और पुरानी वास्तुकला से जुड़े पैटर्न की कढ़ाई की गई थी। डिजाइन में हैदराबाद की सांस्कृतिक पहचान को ध्यान में रखा गया। साड़ी पर एंटीक गोल्ड हैंड एम्ब्रॉयडरी साफ दिख रही थी। एक्ट्रेस ने इसके साथ गोल्ड वर्क वाला भारी ब्लाउज पहना। ऊपर से हल्का बेज रंग का घूंघट लिया। पूरा लुक पारंपरिक ब्राइडल स्टाइल में था। कढ़ाई और मोटिफ की प्लेसमेंट में खास ध्यान दिया गया था। रश्मिका की ज्वेलरी रश्मिका की ज्वेलरी भी खास थी। एक्ट्रेस ने साउथ इंडियन टेंपल आर्किटेक्चर से प्रेरित 11 कस्टम गोल्ड ज्वेलरी पीस पहने। इस थीम का कॉन्सेप्ट ‘लिविंग गॉडेस’ रखा गया था। इसके तहत उनके कपड़े और गहनों को एक दिव्य देवी के आभा-मंडल को दर्शाने के लिए डिजाइन किया गया था। गहनों में नक्शी वर्क और रवा ग्रैन्युलेशन तकनीक का इस्तेमाल किया गया। इन्हें एंटीक मैट फिनिश दिया गया। उन्होंने चोकर के साथ मां लक्ष्मी की आकृति वाले लंबे हारम पहने। इसके अलावा झुमके, माथापट्टी, नथ, बाजूबंद, कमरबंद, चूड़ियां, हाथफूल, चंपासरलु, पायल और जड़ाबिल्ला शामिल थे। पूरा ज्वेलरी सेट पारंपरिक मंदिर शैली को दिखाता था। विजय देवरकोंडा ने धोती पहनी थी वहीं विजय देवरकोंडा ने आइवरी सिल्क धोती पहनी। इसके साथ वर्मिलियन रंग का अंगवस्त्रम लिया। अंगवस्त्रम के बॉर्डर पर जंगल और मंदिर से जुड़े मोटिफ की कढ़ाई थी। उनका लुक हैदराबाद की टेक्सटाइल विरासत से प्रेरित था। इसमें वनसिंगारम वीव का इस्तेमाल किया गया था। क्रीम और लाल रंग का मेल साफ नजर आ रहा था। उन्होंने भी पारंपरिक गोल्ड ज्वेलरी पहनी। इसमें लंबा मोती उभरा हुआ नेकलेस, छोटी चेन, गोल्ड स्टड ईयररिंग, बाजूबंद, दोनों हाथों में कड़े, अंगूठियां, कमरबंद और गोल्ड पायल शामिल थीं। उनके हाथ और पैरों में आलता या महावर भी लगाया गया था। इससे लुक और ज्यादा पारंपरिक दिखा। कुल मिलाकर दोनों का पहनावा सादगी के साथ संस्कृति पर आधारित था। विजय-रश्मिका की शादी से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए- उदयपुर में पुष्पा फिल्म की हीरोइन की शादी, PHOTOS:रश्मिका ने साउथ स्टार विजय संग फेरे लिए; तेलुगु-कोडवा रीति-रिवाज से रस्में हुईं पुष्पा फिल्म की हीरोइन रश्मिका मंदाना और साउथ के सुपरस्टार विजय देवरकोंडा ने गुरुवार को उदयपुर में शादी की। रश्मिका मंदाना कर्नाटक के कोडवा और विजय देवरकोंडा तेलुगु के हिंदू परिवार से आते हैं। इस वजह से सुबह तेलुगु और शाम को कोडवा रीति-रिवाज से रस्में हुईं। (पढ़िए पूरी खबर) विजय-रश्मिका ने शादी से पहले खेला क्रिकेट मैच, दूल्हा-दुल्हन की टीम रही आमने-सामने; पूल पार्टी भी की साउथ इंडियन फिल्मों के एक्टर विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना की शादी की रस्में 24 फरवरी से शुरू हो गई थीं। दूल्हा और दुल्हन ने होटल में अपने दोस्तों के साथ क्रिकेट मैच खेला था। (पूरी खबर पढ़ें)

इजराइल की ईरान पर एयरस्ट्राइक देखें PHOTO-VIDEO:तेहरान समेत कई शहरों में धुएं का गुबार, ईरान के फाइटर जेट्स ने भी उड़ान भरी

इजराइल की ईरान पर एयरस्ट्राइक देखें PHOTO-VIDEO:तेहरान समेत कई शहरों में धुएं का गुबार, ईरान के फाइटर जेट्स ने भी उड़ान भरी

इजराइल ने शनिवार को ईरान पर हमला कर दिया। राजधानी तेहरान समेत कई शहरों में धमाके हुए। आसमान में धुएं का गुबार छा गया। लगातार एयर अटैक सायरन बज रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया है कि ईरान पर अमेरिका और इजराइल ने मिलकर हमला किया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने इसे अपने नागरिकों की रक्षा के लिए उठाया कदम बताया है। हमले के बाद ईरान और इजराइल में तनाव बढ़ गया है। नीचे 10 तस्वीरों में देखिए ईरान के हालात… इजराइल की ईरान पर हमले से जुड़ी तस्वीरें… यरुशलम और तेल अवीव में सायरन सुनाई दिए…

अमेरिका-इजराइल ने ईरान पर हमला किया, कई शहरों में धमाके:सुप्रीम लीडर खामेनेई सुरक्षित जगह शिफ्ट; ट्रम्प बोले- अमेरिकियों की सुरक्षा के लिए अटैक किया

अमेरिका-इजराइल ने ईरान पर हमला किया, कई शहरों में धमाके:सुप्रीम लीडर खामेनेई सुरक्षित जगह शिफ्ट; ट्रम्प बोले- अमेरिकियों की सुरक्षा के लिए अटैक किया

इजराइल ने ईरान की राजधानी तेहरान समेत कई शहरों पर हमला कर दिया है। भारतीय समय के मुताबिक शनिवार सुबह तेहरान समेत कई शहरों में धमाके सुने गए हैं और हवाई हमलों के सायरन बज रहे हैं। इजराइल डिफेंस फोर्स ने ईरान पर हमले की जानकारी देते हुए इसे ‘प्रिवेंटिव अटैक’ बताया है। हमले के बाद ईरान ने सभी उड़ानें रोक दी हैं और एयरस्पेस खाली करा लिया है। इधर इजराइल में भी एयर अटैक सायरन सुनाई दे रहे हैं। संवेदनशील इलाके खाली कराए जा रहे हैं। लोगों से घरों में रहने की अपील की गई है। वहीं अल जजीरा ने अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से बताया कि यह अमेरिका और इजराइल का जॉइंट मिलिट्री एक्शन है। इसके तहत ईरानी सुप्रीम लीडर खामेनेई के दफ्तर के पास हमला किया गया। हमले के बाद खामेनेई को सुरक्षित जगह शिफ्ट कर दिया गया है। इजराइल ने ईरान के खिलाफ अपने नए अभियान का नाम ‘लियोनस् रोर’ (शेर की दहाड़) रखा है। यह नाम इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने तय किया है। बताया गया है कि सेना ने पहले इस हमले के लिए दूसरा नाम रखा था। यह हमला ईरान और अमेरिका के बीच परमाणु हथियारों को लेकर चल रही बातचीत के बीच हुआ है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान पर हमले की धमकी दी थी। शुक्रवार को अमेरिका ने अपने नागरिकों से तुरंत इजरायल छोड़ने के लिए कहा था। हमले की तस्वीरें… ईरान-अमेरिका के बीच बैलिस्टिक मिसाइल पर विवाद चल रहा था अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान पर हमले की धमकी दी थी। अमेरिकी सेना पहले ही ईरान को चारों तरफ से घेर चुकी है। इससे पहले शुक्रवार को अमेरिका ने अपने नागरिकों से तुरंत इजराइल छोड़ने के लिए कहा था। ईरान और अमेरिका के बीच चल रही परमाणु समझौते की बातचीत में बैलिस्टिक मिसाइल प्रोजेक्ट सबसे बड़ा विवाद का मुद्दा बन गया है। ईरान इस पर बिल्कुल भी समझौता करने को तैयार नहीं है और इसे अपनी रेड लाइन मानता है। ईरान का कहना है कि यह उसके बैलिस्टिक मिसाइल प्रोग्राम रक्षा के लिए जरूरी है। ईरान का कहना है कि जून 2025 में इजराइल और अमेरिका ने ईरान के परमाणु साइटों पर हमला किया, तब ईरान की मिसाइलों ने ही उसकी रक्षा की। ईरानी अधिकारियों ने बार-बार कहा है कि मिसाइल कार्यक्रम पर कोई बात नहीं होगी। यह ईरान की रक्षात्मक क्षमता है और इसे छोड़ना मतलब खुद को कमजोर करना होगा। ईरान कहता है कि बातचीत सिर्फ परमाणु कार्यक्रम तक सीमित रहेगी, मिसाइल या क्षेत्रीय समूहों पर नहीं। इजराइल के ईरान पर हमले से जुड़े अपडेट्स पढ़ने के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…