इंदौर में चलती कार में अचानक भभक उठी आग:शहर के व्यस्ततम चौराहे पर पुलिस ने रोकी कार, टला बड़ा हादसा

ट्रैफिक पुलिसकर्मियों की तत्परता रविवार को काम आई। इसकी वजह से एक बड़ा हादसा टल गया। पलासिया चौराहे पर एक चलती कार में अचानक आग लग गई। कार के चालक को पता ही नहीं चला कि कार में आग लगी है, पुलिसकर्मियों ने तुरंत कार को रुकवाया और पानी डालकर आग पर काबू पाया। रविवार रात को एक कार साकेत नगर से पलासिया होते हुए घंटाघर की ओर जा रही थी। पलासिया चौराहे पर ड्यूटी पर तैनात ट्रैफिक जवान मनोज शर्मा की नजर कार पर पड़ी तो उन्होंने देखा कि कार के इंजन के नीचले हिस्से से आग की लपटे उठ रही है। उन्होंने तुरंत ही कार चालक को गाड़ी रोकने के लिए कहा और पलासिया चौराहे से घंटाघर की ओर जाने वाली रोड पर ही कार रुकवा दी और कार चालक को तुरंत बाहर आने को कहा। जैसे ही कार चालक बाहर आया तो वह भी कार में आग देख हैरान रह गया और घबरा गया, जिसके तुरंत ट्रैफिक पुलिस जवानों ने शांत करवाया। पानी डालकर पाया आग पर काबू इस दौरान वहां पर ड्यूटी पर तैनात ट्रैफिक सुबेदार ब्रजराज अजनार, आरक्षक मनोज शर्मा, आरक्षक पवन और सैनिक सूरज ने तुरंत ही तत्परता दिखाते हुए पहले पानी की बोतल से फिर पानी की 20 लीटर की पानी की कुप्पी भरकर लाए और पानी डालकर आग पर काबू पाया। जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। कार की फोग लैंप की लाइट कराई थी चेंज ट्रैफिक सुबेदार ब्रजराज अजनार ने बताया कि कार में एक ही व्यक्ति सवार था। कार के नीचले हिस्से में आग लगी थी। जिसके कारण चालक को पता ही नहीं चला। कार चलाने के दौरान हवा से आग बढ़ने लगी। समय रहते उसे देख लिया नहीं तो बड़ा हादसा हो जाता। ट्रैफिक सुबेदार ने बताया कि चालक से जब चर्चा कि तो उसने बताया कि कुछ टाइम पहले ही उसने फोग लाइट चेंज करवाई थी और हाई पॉवर की लगवाई थी। फोग लाइट के वहीं आग लगी थी, जिसकी वजह से चालक को आग का पता नहीं चला। लाइट गर्म होने की वजह से प्लास्टिक चिपक गया। कुछ ही देर में प्लास्टिक जमीन पर गिरने लग गया था। करीब 2 मिनट में आग पर काबू पाया। तस्वीरों में देखिए-
मोबाइल चोरी के आरोप से आहत वृद्धा ने जहर खाया:छतरपुर में गाली-गलौज और मारपीट की कोशिश; बाद में पेड़ पर मिला मोबाइल

छतरपुर जिले के बारीगढ़ थाना क्षेत्र में रविवार को मोबाइल चोरी के आरोप से आहत एक 65 वर्षीय महिला ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या का प्रयास किया। गंभीर हालत में महिला को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज जारी है। महिला की पहचान संपत अहिरवार (65), निवासी बारीगढ़ के रूप में हुई। घटना के बाद परिजन उसे पहले स्थानीय अस्पताल ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर होने पर छतरपुर जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। आरोप- गाली-गलौज, मारपीट की कोशिश हुई परिजनों के अनुसार, घटना के समय महिला का पति खेत पर काम करने गया था। इसी दौरान गांव के ही एक दंपती घर पहुंचे और मोबाइल चोरी का आरोप लगाने लगे। आरोप है कि उन्होंने महिला के साथ गाली-गलौज की और मारपीट की कोशिश भी की। बताया गया कि आरोप लगाने वालों ने घर का सामान भी अस्त-व्यस्त कर दिया और मोबाइल की तलाश में कपड़े, बिस्तर और अनाज तक बिखेर दिया। महिला ने खुद को निर्दोष बताते हुए मंदिर में कसम खाने तक की बात कही, लेकिन आरोप लगाने वाले नहीं माने। बाद में मोबाइल घर के पास एक पेड़ की खोह में मिला, जहां महिला आम तोड़ने गई थी और वहीं उसे रख दिया था। मोबाइल मिलने के बावजूद हुए अपमान और मानसिक दबाव से आहत होकर महिला ने जहर खा लिया। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है और परिजन आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पुलिस को मामले की सूचना दे दी गई है। स्वस्थ्य होने परल महिला के बयान लेंगे : थाना प्रभारी जुझारनागर थाना प्रभारी राजकुमार यादव के अनुसार, अस्पताल से सूचना मिलने के बाद मामले की जांच शुरू कर दी गई है। महिला के स्वस्थ होने पर उसके बयान दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
भारत बोला-चीन के दिए नाम मनगढ़ंत, अरुणाचल भारत का हिस्सा:झूठे दावे हकीकत नहीं बदलते; चीन ने 9 साल में 62 जगहों के नाम बदले

चीन की ओर से अरुणाचल प्रदेश के स्थानों को फर्जी नाम देने पर भारत ने विरोध जताया है। विदेश मंत्रालय ने रविवार को कहा कि ऐसे झूठे दावे जमीन की हकीकत नहीं बदल सकते। अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न और अविभाज्य हिस्सा था, है और रहेगा। चीन अरुणाचल प्रदेश के कुछ स्थानों के लिए अपने हिसाब से नाम तय करता रहा है और उस पर दावा करता है। भारत ने इस तरह के कदम को खारिज करते हुए कहा कि यह भारत का हिस्सा है। इसमें कोई बदलाव नहीं हो सकता। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रंधीर जायसवाल ने यह बयान एक मीडिया सवाल के जवाब में दिया। उन्होंने एक प्रेस नोट जारी करते हुए लिखा कि भारत अपने क्षेत्र के हिस्सों को दिए गए फर्जी नामों को पूरी तरह खारिज करता है। चीन की ओर से ऐसे नाम तय करना शरारती कोशिश है। इधर, चीन ने शिनजियांग क्षेत्र में ‘सेनलिंग’ नाम से नया काउंटी बनाया है। इसे 26 मार्च को मंजूरी दी गई। यह इलाका कराकोरम क्षेत्र के पास है। जो अफगानिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) की सीमा के करीब स्थित है। काउंटी चीन की प्रशासनिक इकाई होती है, जो जिले जैसी होती है। दोनों देशों के रिश्तों पर असर की चेतावनी भारत ने कहा कि चीन के ऐसे कदम दोनों देशों के रिश्तों को सामान्य बनाने की कोशिशों को प्रभावित करते हैं। चीन को ऐसे कदमों से बचना चाहिए, जो रिश्तों में नकारात्मकता लाते हैं और बेहतर समझ बनाने की प्रक्रिया को कमजोर करते हैं। भारत की ओर से यह प्रतिक्रिया ऐसे समय आई है जब लद्दाख को लेकर दोनों देशों के बीच तनाव बना हुआ है। एक साल में तीसरी बार शिनजियांग में काउंटी बनाया चीन ने शिनजियांग क्षेत्र में ‘सेनलिंग’ नाम से नया काउंटी बनाया है। पिछले एक साल में चीन तीसरी बार शिनजियांग में नया काउंटी बना चुका है। इससे पहले ‘हियान’ और ‘हेकांग’ काउंटी बनाए गए थे। हियान काउंटी का बड़ा हिस्सा अक्साई चिन क्षेत्र में आता है, जिसे भारत लद्दाख का हिस्सा मानता है। सिल्क रूट और CPEC से कनेक्शन नया काउंटी काशगर क्षेत्र से जुड़ा है, जो प्राचीन सिल्क रूट का अहम केंद्र रहा है। सिल्क रूट वह ऐतिहासिक व्यापार मार्ग था, जो चीन को मध्य एशिया और यूरोप से जोड़ता था। आज यही क्षेत्र चीन-पाकिस्तान इकोनॉमिक कॉरिडोर (CPEC) की शुरुआत का भी केंद्र है। यह प्रोजेक्ट पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) से होकर गुजरता है, जिसे भारत अपनी संप्रभुता का उल्लंघन मानता है। हालांकि सेनलिंग काउंटी की सीमाएं स्पष्ट नहीं हैं, लेकिन संवेदनशील सीमा क्षेत्रों के पास इस तरह के प्रशासनिक बदलाव को लेकर भारत ने चिंता जताई है। चीन ने 9 साल में 62 जगहों के नाम बदले चीन पहले भी अरुणाचल प्रदेश के स्थानों के नाम बदल चुका है। भारत हर बार इसका विरोध करता रहा है। 2017 में 6 स्थानों के नए नाम जारी किए 2021 में 15 स्थानों के नाम बदले थे 2023 में 11 स्थानों के नाम घोषित किए 2024 में 30 जगहों के नाम बदल दिए। इनमें 11 रिहायशी इलाके, 12 पर्वत, 4 नदियां, एक तालाब और एक पहाड़ों से निकलने वाला रास्ता है। ————-
राजगढ़ में स्विमिंग पूल उद्घाटन पर शुल्क विवाद:कांग्रेस ने कहा- पहले मुफ्त था, अब 200 रुपए रोज; विभाग बोला- ₹50 प्रति घंटा ही वास्तविक चार्ज

राजगढ़ में प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कौशल विकास एवं रोजगार विभाग गौतम टेटवाल ने रविवार को जिला मुख्यालय स्थित शासकीय स्विमिंग पूल का विधिवत शुभारंभ किया। इस कार्यक्रम के बाद मंत्री द्वारा सोशल मीडिया पर साझा की गई जानकारी के बाद पूल के शुल्क को लेकर विवाद खड़ा हो गया। यह स्विमिंग पूल नया नहीं है, बल्कि लगभग 10 साल पुराना है और इसे हर साल गर्मियों में चालू किया जाता रहा है। इस बार प्रशासन ने औपचारिक रूप से मंत्री से इसका उद्घाटन करवाया। मंत्री टेटवाल ने अपने संबोधन में कहा कि जिले में खेल सुविधाओं का विस्तार युवाओं के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए आवश्यक है, जिससे उन्हें तैराकी जैसी गतिविधियों में आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा। शुल्क बढ़ने पर मंत्री से हस्तक्षेप की मांग हालांकि, मंत्री की सोशल मीडिया पोस्ट पर कांग्रेस नेता एहेतेशाम सिद्धीकी ने शुल्क वृद्धि पर सवाल उठाए। उन्होंने टिप्पणी की कि यह पूल पहले निःशुल्क था, फिर 10 रुपए प्रति व्यक्ति शुल्क लिया जाने लगा और अब इसे बढ़ाकर 200 रुपए प्रतिदिन कर दिया गया है। सिद्धीकी के अनुसार, इस हिसाब से मासिक खर्च लगभग 6,000 रुपए होता है, जो आम जनता की पहुंच से बाहर है। उन्होंने मंत्री से हस्तक्षेप कर छात्रों और आम लोगों को राहत प्रदान करने की मांग की। वास्तविक शुल्क 50 रुपए प्रति घंटा : विभाग इस संबंध में, खेल एवं युवक कल्याण विभाग की जिला संयोजक शर्मिला डाबर ने स्पष्ट किया कि वास्तविक शुल्क 50 रुपए प्रति घंटा है। उन्होंने बताया कि मासिक शुल्क लगभग 1,500 रुपए है और एक घंटे से अधिक समय तक रुकने पर कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लिया जाता है। उद्घाटन कार्यक्रम में कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा, पुलिस अधीक्षक अमित तोलानी सहित अन्य अधिकारी और नागरिक उपस्थित रहे।
जुन्नारदेव में चोरी नाकाम, ग्रामीणों ने चोरों को रंगेहाथ पकड़ा:घेराबंदी कर जमकर पिटाई की; पुलिस के हवाले किया

छिंदवाड़ा जिले के जुन्नारदेव थाना क्षेत्र के ग्राम बुधवार में ग्रामीणों की सतर्कता से चोरी की वारदात टल गई। बकरा-बकरी चोरी करने की कोशिश कर रहे दो आरोपियों को ग्रामीणों ने रंगेहाथ पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। जानकारी के अनुसार, रविवार को संदिग्ध गतिविधियां देख ग्रामीणों को शक हुआ। आरोपियों द्वारा काफी देर तक इलाके में घूमकर चोरी के लिए मौका तलाशा जा रहा था। इसी दौरान ग्रामीणों ने घेराबंदी कर दोनों को पकड़ लिया। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए। गुस्साए ग्रामीणों ने आरोपियों की पिटाई कर दी और उन्हें पकड़े रखा। इसके बाद डायल 112 को सूचना दी गई। सूचना मिलने पर डायल 112 टीम मौके पर पहुंची। टीम में पायलट राहुल अमरवंशी और आरक्षक संस्कार बघेल व योगेश जांगले शामिल थे। ग्रामीणों ने दोनों आरोपियों को पुलिस के सुपुर्द कर दिया। पुलिस आरोपियों को हिरासत में लेकर थाने ले गई है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
राजगढ़ अस्पताल में हाईटेक ओटी शुरू, मंत्री ने शुभारंभ किया:बुलाए नहीं जाने पर विधायक अमरसिंह बोले- अपमान बर्दाश्त नहीं, CM से शिकायत करूंगा

राजगढ़ जिला अस्पताल में तैयार चार हाईटेक मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर (ओटी) का रविवार को राज्य मंत्री डॉ. गौतम टेटवाल ने विधिवत फीता काटकर शुभारंभ किया। स्वास्थ्य सुविधाओं के लिहाज से यह बड़ी सौगात मानी जा रही है, लेकिन कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित नहीं किए जाने से सियासी विवाद खड़ा हो गया। कार्यक्रम में राजगढ़ विधायक अमरसिंह यादव और नगर पालिका अध्यक्ष विनोद साहू को नहीं बुलाया गया। इसे लेकर दोनों जनप्रतिनिधियों ने कड़ी नाराजगी जताई और प्रशासनिक कार्यशैली पर सवाल उठाए। विधायक ने इसे जनप्रतिनिधि का अपमान बताते हुए सीधे उच्च स्तर पर शिकायत की चेतावनी दी। विधायक बोले- प्रशासन की तानाशाही मामले को लेकर विधायक अमरसिंह यादव ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, “आज राजगढ़ जिला मुख्यालय पर एक मॉड्यूलर ओ.टी. का लोकार्पण मध्य प्रदेश शासन के लोकप्रिय मंत्री गौतम टेटवाल द्वारा किया गया है। उसमें क्षेत्रीय विधायक और अन्य जनप्रतिनिधियों को सूचना नहीं दी गई। प्रशासन द्वारा यहां तानाशाही की जा रही है। भारतीय जनता पार्टी की सरकार है और मैं उसी पार्टी का विधायक हूं, फिर भी मुझे कानों-कान खबर नहीं हुई। मंत्री जी और मैं एक ही कार्यक्रम में मौजूद थे, लेकिन उन्होंने भी मुझे नहीं बताया और वहां चुपचाप चले गए। मैं प्रशासन की घोर निंदा करता हूं और इस मामले को लेकर संगठन में तथा मुख्यमंत्री मोहन यादव से शिकायत भी करूंगा। इस प्रकार एक जनप्रतिनिधि का अपमान यहां कराया जा रहा है, जो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।” उन्होंने आगे कहा कि उनके विधानसभा क्षेत्र में इतने बड़े कार्यक्रम की जानकारी तक न देना प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है। सीएमएचओ और सिविल सर्जन के खिलाफ शिकायत की जाएगी। नपाध्यक्ष बोले- अस्पताल प्रबंधन की मनमानी, शिकायत करेंगे नगर पालिका अध्यक्ष विनोद साहू ने भी घटना पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि यह स्थानीय स्तर का कार्यक्रम था, इसके बावजूद न विधायक को बुलाया गया, न उन्हें और न ही मंडल अध्यक्ष को सूचना दी गई। उन्होंने आरोप लगाया कि अस्पताल प्रबंधन मनमानी कर रहा है और जनप्रतिनिधियों को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने भी मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री और प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल से शिकायत करने की बात कही। मंत्री बोले- अब गंभीर सर्जरी के लिए बाहर नहीं जाना होगा राज्य मंत्री डॉ. गौतम टेटवाल ने कहा कि नए मॉड्यूलर ओटी शुरू होने से अब जिले के मरीजों को इंदौर या भोपाल जैसे बड़े शहरों में जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यहां मेजर, माइनर, ऑर्थोपेडिक और अन्य जटिल सर्जरी की सुविधा मिलेगी। उन्होंने ओटी का निरीक्षण कर मशीनों और व्यवस्थाओं की जानकारी ली और कहा कि सरकार का लक्ष्य हर नागरिक को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराना है। अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस हैं ओटी इन मॉड्यूलर ओटी में आधुनिक एयर फिल्टर सिस्टम और एंटी-बैक्टीरियल कोटिंग की सुविधा है, जिससे सर्जरी के दौरान संक्रमण का खतरा काफी कम हो जाता है। इससे जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में बड़ा सुधार होने की उम्मीद है। कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा ने इसे जिले के लिए बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि इन ओटी के माध्यम से गंभीर बीमारियों की सर्जरी और अधिक सुरक्षित व सुलभ हो सकेगी। कार्यक्रम में एसपी अमित कुमार तलोनी, सीएमएचओ डॉ. शोभा पटेल, सिविल सर्जन डॉ. रजनीश शर्मा सहित चिकित्सा विभाग के कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
ग्वालियर में बेटे ने मां में मारा चाकू, घायल:खाना मांगा था, मां ने कहा- अभी देती हूं, देर हुई तो गुस्से में कर दिया हमला

ग्वालियर में एक बेटे ने अपनी मां पर चाकू से कातिलाना हमला कर दिया। चाकू महिला के हाथ (बाजू) में लगा, जिससे वह घायल हो गईं। महिला के शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर एकत्रित हो गए। इस दौरान आरोपी बेटा हत्या की धमकी देकर फरार हो गया। घटना बहोड़ापुर थाना क्षेत्र के सदाशिव नगर में गौरी शंकर स्कूल के पास की है। घायल महिला को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल से सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति संभाली। पुलिस ने घायल महिला की शिकायत पर उसके बेटे के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। जानकारी के अनुसार, सदाशिव नगर निवासी धनेंद्र कुमार झा एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते हैं। परिवार में उनकी पत्नी नूतन (50) और बेटा रणदीप कुमार झा साथ रहते हैं। रणदीप शराब पीने का आदी है। गर्म रोटी बनाकर देने की बात कही शनिवार रात करीब 11:30 बजे नूतन घर का काम कर रही थीं। तभी उनका बेटा रणदीप घर आया और आते ही खाना देने को कहा। मां ने उसे थोड़ी देर इंतजार करने और गर्म रोटी बनाकर देने की बात कही। इस पर नाराज होकर रणदीप ने गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर वह किचन में गया और खाना देने में देरी से नाराज होकर पास में रखा चाकू उठाकर मां पर हमला कर दिया। इस दौरान चाकू महिला के हाथ में लगा, जिससे गहरा घाव हो गया और खून बहने लगा। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। पहले FIR नहीं कराना चाहती थी महिला चाकू लगने के बाद भी घायल महिला शुरू में बेटे के खिलाफ FIR दर्ज नहीं कराना चाहती थी। पुलिस के पहुंचने पर उन्होंने पहले कहा कि किचन में काम करते समय उन्हें चोट लगी है, लेकिन पूछताछ में सच्चाई सामने आई और उन्होंने स्वीकार किया कि बेटे ने ही चाकू मारा है। इसके बाद पुलिस की समझाइश पर महिला ने आरोपी बेटे के खिलाफ मामला दर्ज कराया। फिलहाल आरोपी फरार है और पुलिस उसकी तलाश में जुटी है। बहोड़ापुर थाना प्रभारी आलोक सिंह परिहार ने बताया एक युवक ने सिर्फ खाना बनाने में देरी होने पर अपनी मां को चाकू मारा है। मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश की जा रही है। जल्द ही आरोपी को पकड़ लिया जाएगा।
सांभर का मांस खरीदने वाला तीसरा आरोपी गिरफ्तार:शिकार करने वाले युवकों ने 100 रुपए और एक बोतल शराब के बदले दिया था

दक्षिण पन्ना वन मंडल के मोहन्द्रा इलाके में सांभर के शिकार मामले में वन विभाग ने तीसरे आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। 9 अप्रैल को मोतीडोल बीट में हुए इस शिकार के बाद विभाग लगातार आरोपियों की धरपकड़ में जुटा था। इसी कड़ी में अब मांस खरीदने वाले शख्स को भी पकड़ लिया गया है। मामले का खुलासा तब हुआ जब मुख्य आरोपी सोने सिंह और मलखान ने पूछताछ में बताया कि उन्होंने शिकार किए गए सांभर का करीब 3-4 किलो मांस महेश चौधरी को बेचा था। यह सौदा सिर्फ 100 रुपए और एक बोतल शराब के बदले किया गया था। जानकारी मिलते ही टीम ने सोनमऊ खुर्द में दबिश देकर महेश को पकड़ लिया। भेजा गया जेल वन विभाग ने आरोपी के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत केस दर्ज किया है। कोर्ट में पेशी के बाद उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। विभाग का कहना है कि वन्यजीवों का शिकार करना या उनका मांस खरीदना, दोनों ही जुर्म हैं और इस मामले में शामिल अन्य कड़ियों की भी जांच की जा रही है।
मोहन बड़ोदिया कॉलेज के पास मिला बुजुर्ग का शव:मृतक सिकलीगर समाज के बताए गए, पुलिस ने लाश कब्जे में ली

शाजापुर जिले के मोहन बड़ोदिया इलाके में रविवार दोपहर एक बुजुर्ग का शव मिला। कॉलेज के पास शव पड़ा होने की सूचना पुलिस को करीब 3 बजे मिली थी। खबर मिलते ही थाना प्रभारी अरविंद तोमर टीम के साथ मौके पर पहुंचे और जांच-पड़ताल शुरू की। पुलिस की शुरुआती जांच में मृतक की शिनाख्त मोहन बड़ोदिया के रहने वाले 65 वर्षीय सिद्दूलाल के रूप में हुई है। वे सिकलीगर समाज के बताए जा रहे हैं। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद शव को अपने कब्जे में ले लिया है और मर्ग कायम कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम के बाद खुलेगा राज थाना प्रभारी अरविंद तोमर का कहना है कि अभी मौत की असली वजह सामने नहीं आई है। शव को सुरक्षित रखवा दिया गया है और सोमवार को पोस्टमार्टम कराया जाएगा। रिपोर्ट आने के बाद ही साफ हो पाएगा कि बुजुर्ग की मौत कैसे हुई। पुलिस फिलहाल मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है।
सागर में 20 फीट गहरे कुएं में गिरा चीतल:मर्गा दरारिया का मामला, वन विभाग ने रेस्क्यू कर बाहर निकाला, इलाज जारी

सागर जिले के गढ़ाकोटा क्षेत्र के ग्राम मुर्गा दरारिया में एक चीतल कुएं में गिर गया। करीब 20 फीट गहरे कुएं में वह पानी में तैरता नजर आया, जिसे देखकर ग्रामीणों में हलचल मच गई। चीतल को कुएं में गिरा देख ग्रामीणों ने तुरंत वन विभाग को सूचना दी। सूचना मिलते ही गढ़ाकोटा वन रेंज की रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची। वन विभाग की टीम ने ग्रामीणों के सहयोग से रेस्क्यू अभियान शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद रस्सियों की मदद से चीतल को सुरक्षित कुएं से बाहर निकाल लिया गया। गिरने से घायल हुआ चीतल कुएं में गिरने के कारण चीतल घायल हो गया। वन अधिकारियों ने उसे इलाज के लिए गढ़ाकोटा पशु चिकित्सालय भेजा है, जहां उसका उपचार जारी है। वन विभाग के अनुसार, चीतल के पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद उसे वापस उसके प्राकृतिक आवास यानी जंगल में छोड़ दिया जाएगा।









