सेंसेक्स 1613 अंक गिरा, 77,550 पर कारोबार कर रहा:निफ्टी भी 461 अंक गिरी 23,590 पर पहुंची; PSU बैंकों में बिकवाली

हफ्ते के पहले कारोबारी दिन आज यानी सोमवार 13 अप्रैल को सेंसेक्स 1613 अंक (2.08%) की गिरावट के साथ 77,550 पर कारोबार कर रहा है। निफ्टी में भी 461 अंकों (1.92%) की गिरावट है, ये 23,590 पर पहुंच गई है। आज के कारोबार में PSU बैंक शेयरों में बिकवाली है। एशियन मार्केट में गिरावट अमेरिकी मार्केट में भी गिरावट शुक्रवार को सेंसेक्स 931 अंक गिरकर 76,632 पर बंद हुआ था शेयर बाजार में 10 अप्रैल को तेजी रही। सेंसेक्स 919 अंक (1.20%) नीचे 77,550 के स्तर पर बंद हुआ। निफ्टी भी 276 अंक (1.16%) गिरकर 24,051 पर आ गया। कारोबार में बैंकिंग और ऑटो शेयरों में खरीदारी रही।
सेंसेक्स 1500 अंक गिरकर 76,000 पर कारोबार कर रहा:निफ्टी भी 450 नीचे, 23,600 पर आया; सरकारी बैंकों के शेयरों में बिकवाली

हफ्ते के पहले कारोबारी दिन आज यानी सोमवार 13 अप्रैल को सेंसेक्स 1500 अंक (1.98%) की गिरावट के साथ 76,000 पर कारोबार कर रहा है। निफ्टी में भी 450 अंकों (1.98%) की गिरावट है, ये 23,590 पर आ गया है। आज के कारोबार में सरकार बैंक के शेयरों में बिकवाली है। मिडिल-ईस्ट में तनाव कम करने के लिए ईरान और अमेरिका के बीच पाकिस्तान में चल रही 21 घंटे की लंबी बातचीत बिना किसी समझौते के खत्म हो गई। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा कि वे बिना किसी डील के वापस लौट रहे हैं। इसका सीधा असर दुनियाभर के बाजारों पर दिख रहा है। एशियन मार्केट में गिरावट 10 अप्रैल को अमेरिकी मार्केट में गिरावट रही शुक्रवार को सेंसेक्स 919 अंक चढ़कर बंद हुआ था शेयर बाजार में 10 अप्रैल को तेजी रही। सेंसेक्स 919 अंक (1.20%) नीचे 77,550 के स्तर पर बंद हुआ। निफ्टी भी 276 अंक (1.16%) गिरकर 24,051 पर आ गया। कारोबार में बैंकिंग और ऑटो शेयरों में खरीदारी रही।
टीकमगढ़ में लव जिहाद के खिलाफ हिंदू संगठन एकजुट:बुंदेलखंड पीठाधीश्वर की अगुवाई में बैठक, पुलिस पर लगाए गए गंभीर आरोप

टीकमगढ़ में ‘लव जिहाद’ की बढ़ती घटनाओं को लेकर हिंदूवादी संगठनों में नाराजगी है। रविवार रात बुंदेलखंड पीठाधीश्वर महंत सीताराम दास महाराज के नेतृत्व में नजरबाग मंदिर में एक बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। दरअसल, छह दिन पहले जिला अस्पताल में जमालुद्दीन काजी नामक युवक ने एक महिला से छेड़छाड़ की थी। इस घटना के बाद कुछ लोगों ने आरोपी के साथ मारपीट भी की थी, जिसका वीडियो भी सामने आया था। विवाद के बाद पीड़ित महिला ने सामने आकर आरोपी युवक के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई। महिला ने जमालुद्दीन पर अपनी पहचान छिपाकर प्रेमजाल में फंसाने, दुष्कर्म करने और बाद में ब्लैकमेल करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस पर आरोपी को छोड़ने का आरोप वहीं, दूसरी ओर आरोपी जमालुद्दीन जिला अस्पताल से फरार हो गया। परिजनों द्वारा मारपीट के बाद उसे पुलिस के हवाले किया गया था, जिसके बाद उसकी अस्पताल से फरारी पर सवाल उठ रहे हैं। संदेह के घेरे में पुलिस की भूमिका इस घटनाक्रम के बाद रविवार रात बुंदेलखंड पीठाधीश्वर महंत सीताराम दास के नेतृत्व में हिंदू संगठन नजरबाग प्रांगण में एकत्रित हुए। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए और ‘लव जिहाद’ के विरुद्ध एकजुट होने का आह्वान किया। इससे पहले महंत सीताराम दास ने सोशल मीडिया के माध्यम से भी पुलिस के रवैए पर सवाल उठाते हुए आरोपी जमालुद्दीन की गिरफ्तारी की मांग की थी। आरोपी का जुलूस निकालने की मांग महंत की अपील पर बड़ी संख्या में लोग नजरबाग प्रांगण में जुटे और पुलिस की कार्यप्रणाली के प्रति रोष प्रकट किया। बैठक के दौरान ही कोतवाली टीआई का फोन महंत के पास आया, जिसमें उन्होंने बताया कि आरोपी उनकी गिरफ्त में है। इस पर महंत ने आरोपी का शहर में जुलूस निकालने की मांग की। साथ ही, बैठक में एसपी और टीआई को हटाने की भी मांग की गई।
पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: सुभाष चंद्र बोस की सीट का बड़ा फैसला! बंगाल चुनाव से पहले टीएमसी में शामिल हुई बीजेपी पर बोला हमला

अप्रैल में सुभाष चंद्र बोस के पद पर चंद्र बोस ने रविवार (12 2026) को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले आयोडीन कांग्रेस (टीएमसी) का दामन थाम लिया था। इस दौरान राज्य के शिक्षा मंत्री ब्रत्य बसु और पार्टी अल्पसंख्यक कीर्ति आजाद मौजूद रहे. आंध्र प्रदेश में शामिल होने के बाद चंद्र बोस ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि बीजेपी के क्रिएटिव फ़्रांसीसी सांप्रदायिक हैं और संविधान के ख़िलाफ़ हैं। उनका मानना है कि बीजेपी चुनाव के लिए धर्म का इस्तेमाल करती है, जो समाज को रोशनी वाली है। चंद्र बोस ने आगे कहा कि सरदार ने भी अपने शासन के दौरान इसी तरह की नीति अपनाई थी और देश को चमकाने की कोशिश की थी। उन्होंने कहा कि जैसे भारत ने नाइजीरिया को देश से बाहर कर दिया था, वैसे ही अब समय आ गया है कि बीजेपी को भी सत्ता से बाहर कर दिया जाए. शत्रु हैं कि चंद्र बोस ने साल 2023 में बीजेपी छोड़ दी थी और अब वे पश्चिम बंगाल की राजनीति में शामिल होकर नई भूमिका की शुरुआत कर रहे हैं। #घड़ी कोलकाता, पश्चिम बंगाल: सुमथुसुसुबा चंद्र बोस के परपोते चंद्र कुमार बोस टीएमसी में शामिल हुए। pic.twitter.com/989JDB4fzo – ANI_हिन्दीन्यूज़ (@Aहिन्दीन्यूज़) 12 अप्रैल 2026 पश्चिम बंगाल विधानसभा की योजना पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव देश के सबसे बड़े और अहम चुनाव में से एक माना जा रहा है। यह चुनाव सिर्फ राज्य की सरकार तय नहीं करेगी, बल्कि इसका असर राष्ट्रीय राजनीति पर भी देखने को मिल सकता है। इस बार चुनाव दो चरणों में हो रहा है। पहला चरण 23 अप्रैल 2026 को और दूसरा चरण 29 अप्रैल 2026 को होगा। इसके बाद 4 मई 2026 को तीसरी होगी और नतीजे सामने आये। राज्य की कुल 294 रेज़्यूमे पर वोट हो रही है और सरकार बनाने के लिए किसी भी पार्टी या गठबंधन को कम से कम 148 रेज़्यूमे की ज़रूरत होगी। पश्चिम बंगाल विधानसभा में आदिवासियों के साथ मुकाबला इस चुनाव में मुख्य मुकाबला सैद्धांतिक कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस-वाम गठबंधन के बीच है। इलाहाबाद कांग्रेस की प्रयोगशाला ममता बनर्जी कर रही हैं और यह पार्टी राज्य की सत्ता में है। 2021 के चुनाव में सुपरस्टार ने 200 से ज्यादा बड़ी गोलपोस्ट की बड़ी उपलब्धि हासिल की थी और अब वह एक बार फिर से सत्ता में वापसी की कोशिश कर रही हैं। भारतीय जनता पार्टी भी इस चुनाव में पूरी ताकत लगा रही है। पार्टी की तरफ से सुवेंदु अधिकारी एक बड़ा चेहरा देखे जा रहे हैं। भाजपा केंद्र में सत्ता है और वह पश्चिम बंगाल में अपनी सरकार बनाने की कोशिश कर रही है। ये भी पढ़ें: EXCLUSIVE: बंगाल चुनाव से पहले ED का बड़ा एक्शन! कोयले से लेकर कई बड़े नाम तक (टैग्सटूट्रांसलेट)डब्ल्यूबी चुनाव 2026(टी)पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव(टी)पश्चिम बंगाल चुनाव 2026(टी)चंद्र बोस टीएमसी(टी)सुभाष बोस परिवार(टी)टीएमसी में शामिल हों(टी)बीजेपी के आरोप(टी)पश्चिम बंगाल की राजनीति(टी)ब्रत्य बसु(टी)कीर्ति आजाद(टी)पश्चिम बंगाल चुनाव 2026(टी)पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव(टी)पश्चिम बंगाल चुनाव 2026(टी)चंद्र आशंका(टी)सुभाष बोस परिवार(टी)टीएमसी में शामिल माननीय(टी)भाजपा के आरोप(टी)पश्चिम बंगाल की राजनीति(टी)ब्रत्य बसु(टी)कीर्ति आजाद
हापुड़ में ट्रक-बस की टक्कर, 6 बारातियों की मौत:टकराने के बाद बस पर गिरा, लोग अंदर दबे, गाड़ी काटकर निकाले गए

यूपी के हापुड़ में रविवार देर रात 1.30 बजे बारातियों से भरी बस को ट्रक ने टक्कर मार दी। हादसे में 5 बारातियों समेत 6 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 7 गंभीर घायल हो गए। बारात गाजियाबाद के डासना से बुलंदशहर के गुलावठी गई थी। पुलिस के मुताबिक, बस में 20 से 25 बाराती सवार थे। वापस लौटते वक्त ग्रामीण इलाके में खड़ी थी। 10-12 लोग नीचे उतरकर कुछ दूरी पर चाय-नाश्ता कर रहे थे। रास्ता काफी सकरा था। इस दौरान सामने से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक ने बस को टक्कर मार दी। बस तुरंत ही पलट गई। ट्रक भी बेकाबू होकर बस के ऊपर जा गिरा। बस के परखच्चे उड़ गए। बाराती अंदर ही फंस गए। चीख-पुकार मच गई। बाहर टहल रहे बारातियों ने स्थानीय लोगों की मदद से पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने लोगों के साथ मिलकर रेस्क्यू चलाया। बस के शीशे तोड़कर कुछ लोगों को बाहर निकाला। कुछ लोगों को कटर की मदद से बस की बॉडी काटकर निकालना पड़ा। घायलों को नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। प्रशासनिक अमला भी मौके पर पहुंचा। हादसा जिला मुख्यालय से 22 किलोमीटर दूर थाना क्षेत्र धौलाना में धौलाना-गुलावठी रोड पर हुआ। एसपी ज्ञानंजय सिंह ने बताया- शादी समारोह से लौट रही यात्रियों से भरी एक बस को ट्रक ने टक्कर मार दी। हादसा तेज रफ्तार और अंधेरे की वजह से हुआ। पुलिस टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं। राहत और बचाव काम शुरू किया। घायलों को अस्पताल भेजा गया है। हादसे के बाद कुछ समय के लिए यातायात बाधित रहा। हादसे की तस्वीरें देखिए… खड़ी बस को मारी टक्कर, मरने वाले सभी रिश्तेदार प्रत्यक्षदर्शी चांद कुरैशी ने बताया- मैं भी बारात के साथ था। दूसरी कार से लौट रहा था। बाकी बारातियों की बस रास्ते में खड़ी थी। करीब 20-25 बाराती अंदर थे, तभी तेज रफ्तार ट्रक आया और टक्कर मार दी। इसके बाद ट्रक बस पर ही पलट गया। मरने वालों में सभी मेरे रिश्तेदार थे। सभी हताहत गाजियाबाद में डासना के रहने वाले पुलिस ने बताया- मृतकों की पहचान यूनुस (50) पुत्र कदीर, युसूफ (55) पुत्र बशीर, अख्तर (40) पुत्र हामिद, सोनू (25) पुत्र जहीर, मुन्ना (60) पुत्र मेहरबान और खेड़ा निवासी ट्रक चालक शामिल है। हादसे में नदीम (32) पुत्र इलियास, नईम (23) पुत्र यासीन, जुनेद (24) पुत्र शाहिद, अय्युब (45) पुत्र साहबुद्दीन, सिराजुद्दीन (35) पुत्र ननवा, हसरत (45) पुत्र अशफाक, हबीब (45) पुत्र समसु घायल हैं। सभी की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। उनका पिलखुवा स्थित रामा मेडिकल कॉलेज अस्पताल से इलाज चल रहा है। सभी घायलों और मृतकों गाजियाबाद के डासना क्षेत्र के हैं। गंभीर घायलों को मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया थाना प्रभारी धौलाना अवनीश शर्मा ने बताया- घायलों को पहले धौलाना सीएचसी ले जाया गया। वहां से कुछ को रामा मेडिकल कॉलेज और बाकी को जीएस मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। खबर अपडेट की जा रही है… ———————- ये खबर भी पढ़िए- दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर ऊपर गाड़ियां चलेंगी, नीचे जानवर निकलेंगे:135KM यूपी से गुजरेगा, 6 घंटे का सफर 3 घंटे में पूरा होगा पीएम नरेंद्र मोदी 14 अप्रैल को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे का उद्धाटन करेंगे। इसकी सबसे खास बात यह है कि शुरुआत के 18 किलोमीटर तक कोई टोल नहीं देना होगा। 212 किलोमीटर लंबे एक्सप्रेस-वे का करीब 135 किलोमीटर (64%) हिस्सा यूपी से होकर गुजरता है। इसी वजह से ये जितना फायदेमंद उत्तराखंड के लिए है, उतना ही यूपी के लिए भी है। पूरी खबर पढ़िए
शिक्षकों को मंत्री की सलाह, धरना नहीं सुप्रीम कोर्ट जाएं:सीएम अनुरोध यात्रा से पहले सरकार में अलग-अलग सुर, SC के फैसले पर टिकी नजर

18 अप्रैल को प्रस्तावित शिक्षकों की “मुख्यमंत्री अनुरोध यात्रा” से पहले प्रदेश सरकार के दो मंत्रियों के अलग-अलग बयान सामने आने से मामला और गरमा गया है। स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने साफ शब्दों में कहा है कि सरकार सुप्रीम कोर्ट में लगी पुनर्विचार याचिका के फैसले का इंतजार कर रही है, इसके बाद फैसला लिया जाएगा। किसी भी तरह के धरना-प्रदर्शन से इस फैसले में बदलाव संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि शिक्षक एक दिन धरना दें या 100 दिन तक आंदोलन करें, इससे कुछ नहीं होने वाला। अगर उन्हें राहत चाहिए तो उन्हें सीधे सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाना चाहिए। सरकार कोर्ट के आदेश के खिलाफ जाकर अवमानना (कंटेम्प्ट) में नहीं फंसना चाहती। सिंह ने यह भी कहा कि विधि विभाग से परामर्श लिया जा चुका है और सरकार अपनी सीमाओं के भीतर रहकर ही निर्णय ले सकती है। उन्होंने शिक्षक संगठनों से अपील की कि वे अपनी ऊर्जा धरना-प्रदर्शन में खर्च करने के बजाय पुनर्विचार याचिका के माध्यम से न्यायालय में प्रयास करें। वहीं दूसरी ओर, शाजापुर में आयोजित शिक्षक सम्मेलन में उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार का बयान अपेक्षाकृत अलग नजर आया। उन्होंने कहा कि पात्रता परीक्षा को लेकर स्थिति क्लियर करने की जरूरत है। इसको लेकर भ्रम फैलाया जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट के फैसले से प्रदेश के सभी शिक्षक प्रभावित नहीं हैं, बल्कि केवल 2005 के पहले नियुक्त लगभग 70 हजार शिक्षक ही इसके दायरे में आते हैं। इसमें जनजाति कार्य विभाग के शिक्षक भी शामिल हैं। परमार ने स्पष्ट किया कि पात्रता परीक्षा (टेट) को लेकर भ्रम फैलाया जा रहा है। 2005 के बाद नियुक्त सभी शिक्षकों ने यह परीक्षा दी है, इसलिए उन पर यह नियम लागू नहीं होता। उन्होंने कहा कि यह मामला पश्चिम बंगाल के केस के आधार पर बना है। पश्चिम बंगाल के लोग सुप्रीम कोर्ट गए हैं उस पर पुनर्विचार हो रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार इस मामले में सीधे तौर पर हस्तक्षेप नहीं कर सकती और फिलहाल सुप्रीम कोर्ट के फैसले का इंतजार किया जा रहा है।
केमिकल छोड़िए-देसी अपनाइए! मच्छरों पर भारी बघेलखंड का देसी जुगाड़, ‘प्याज का दीया’ दिलाएगा राहत

Last Updated:April 13, 2026, 05:46 IST Satna News: इस दीये को घर के उन कोनों में रखा जाता है, जहां ज्यादा मच्छर होते हैं. जैसे ही इस दीये को जलाते हैं, उसमें से निकलने वाली गंध और धुएं से मच्छर भागने लगते हैं. सतना. गर्मियों के मौसम में जैसे-जैसे तापमान बढ़ता है, वैसे-वैसे मच्छरों का प्रकोप भी लोगों की परेशानी का बड़ा कारण बन जाता है. बाजार में उपलब्ध केमिकल युक्त मॉस्किटो किलर भले ही तुरंत असर दिखाते हों लेकिन इनके दुष्प्रभाव खासकर बच्चों और बुजुर्गों के लिए चिंता का विषय बनते जा रहे हैं. ऐसे में बघेलखंड के पारंपरिक देसी नुस्खे बेहद कारगर साबित होते हैं. ये उपाय न सिर्फ पूरी तरह प्राकृतिक हैं बल्कि सस्ते, सुरक्षित और आसानी से उपलब्ध भी हैं, जिससे ग्रामीण ही नहीं शहरी लोग भी जरूरत पड़ने पर घर में ही इस नुस्खे को झटपट तैयार कर सकते हैं. लोकल 18 से बातचीत में सतना निवासी उर्मिला मिश्रा ने बताया कि मच्छरों से छुटकारा पाने के लिए घर में मौजूद सामान्य चीजों का उपयोग करके बेहद कारगर उपाय तैयार किए जा सकते हैं. इनकी खासियत यह है कि इनमें किसी भी तरह के हानिकारक केमिकल का इस्तेमाल नहीं होता. इसके लिए सबसे पहले एक प्याज लिया जाता है, जिसे छीलकर उसके ऊपरी हिस्से में छोटा सा छेद किया जाता है. इस छेद में सरसों का तेल डाला जाता है, फिर उसमें पिसा हुआ तेजपत्ता और कपूर मिलाया जाता है. मच्छरों का सफाया करेगा प्याज का दीयाउन्होंने कहा कि इस तैयार मिश्रण के ऊपर एक बाती लगाकर उसे जला दिया जाता है, जिससे यह एक देसी प्याज का दीया बन जाता है. इस दीये को घर के उन कोनों में रखा जाता है, जहां मच्छरों की अधिकता होती है. जैसे ही यह दीया जलता है, उसमें से निकलने वाली गंध और धुआं मच्छरों को दूर भगाने में मदद करता है. कुछ ही देर में इसका असर दिखाई देने लगता है और मच्छर या तो भाग जाते हैं या खत्म हो जाते हैं. बाजार के उत्पादों से बेहतर और सुरक्षित विकल्पएक्सपर्ट की मानें तो बाजार में मिलने वाले कई मच्छर भगाने वाले उत्पादों में हानिकारक केमिकल होते हैं, जो लंबे समय तक इस्तेमाल करने पर स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकते हैं. खासकर छोटे बच्चों में एलर्जी, सांस संबंधी समस्याएं और त्वचा रोग जैसी दिक्कतें सामने आ सकती हैं. इसके विपरीत देसी उपाय पूरी तरह सुरक्षित होते हैं और इनके इस्तेमाल से किसी प्रकार का साइड इफेक्ट नहीं होता. परंपरा और विश्वास का मजबूत आधारबघेलखंड में वर्षों से इन घरेलू नुस्खों का इस्तेमाल होता आ रहा है और लोगों का इनपर गहरा विश्वास भी है. आधुनिकता के दौर में भले ही लोग नई तकनीकों और उत्पादों की ओर बढ़े हों लेकिन जब बात स्वास्थ्य और सुरक्षा की आती है, तो पुराने देसी तरीके आज भी भरोसेमंद साबित हो रहे हैं. यही कारण है कि अब शहरों में भी लोग इन पारंपरिक उपायों को अपनाने लगे हैं. About the Author Rahul Singh राहुल सिंह पिछले 10 साल से खबरों की दुनिया में सक्रिय हैं. टीवी से लेकर डिजिटल मीडिया तक के सफर में कई संस्थानों के साथ काम किया है. पिछले चार साल से नेटवर्क 18 समूह में जुड़े हुए हैं. News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें Location : Satna,Madhya Pradesh First Published : April 13, 2026, 05:46 IST
72 फीट लंबे पीतल पर 193 देशों के प्रतीक चिन्ह:आंबेडकर जयंती के पहले होगा तैयार, काटने में लगा 3 घंटे से ज्यादा का समय

14 अप्रैल को डॉ.भीमराव आंबेडकर की जयंती है। इसके पहले इंदौर में एक अनूठा काम किया जा रहा है। 72 फीट लंबे पीतल पट्ट पर 193 देशों के प्रतीक चिन्हों को प्रिंट किया जाएगा। रविवार को इस पीतल पट्ट को काटने का काम किया गया। दरअसल, संविधान से देश पुस्तक के माध्यम से डॉ.भीमराव अंबेडकर की जयंती पर 72 फिट लंबे पीतल पट्ट को जारी करने की तैयारी की जा रही है। इसकी चौड़ाई 5 इंच होगी। सर्वेभवन्तु: सुखिन: के उद्घोष के साथ 193 देशों के प्रतीक चिन्हों को इसमें समाहित किया जाएगा, ताकि विश्व में शांति स्थापित हो सके। 72 फीट के पीतल पट्ट का वजन 1 किलो इस 72 फीट लंबे पीतल पट्ट का वजन करीब 1 किलो है। रविवार को इस पीतल पट्ट को काटने का काम किया गया, जिसमें करीब 3 घंटे 10 मिनट का समय लगा। सोमवार को इस पीतल पट्ट पर प्रिंटिंग का काम किया जाएगा। ये काम एडवोकेट लोकेश मंगल द्वारा किया जा रहा है। बता दे कि इसके पहले भी कई चीजें पीतल पर उकेर चुके हैं। उन्होंने बताया कि थावरचंद गेहलोत, राज्यपाल, कर्नाटक की प्रेरणा से वे ये काम कर रहे है। संविधान से देश पुस्तक के माध्यम से 72 फीट लंबा और 5 इंच चौड़ा पीतल पट्ट जारी किया जाएगा। इसमें 193 देशों के प्रतीक चिन्हों को शामिल है। इसकी छपाई सोमवार को की जाएगी और मंगलवार को इसे जारी किया जाएगा। सर्वेभवन्तु: सुखिन: के भाव को समझे उन्होंने बताया कि सर्वेभवन्तु: सुखिन: के उद्घोष के साथ ये किया जाएगा। हम विश्व में भी सर्वेभवन्तु: सुखिन: का संदेश दे। रविवार को 72 फीट लंबा पीतल पट्ट काटने के साथ ही इसकी सफाई की गई है। हम सर्वेभवन्तु: सुखिन: के भाव को हम सभी समझे, माने और जीवन में आत्मसात करें। विश्व कल्याण के लिए 80 एडवोकेट्स के सहयोग से ये काम किया जा रहा है। फोल्ड करके रख सकेंगे उन्होंने बताया कि इस पीतल पट्ट का वजन करीब 1 किलो है। खासबात यह है कि इस पर 193 देशों के प्रतीक चिह्न उकेरने के बाद इसे फोल्ड करके रखा जा सकेगा। इससे इसे कही भी ले जाना आसान होगा। सोमवार को तैयार होने के बाद मंगलवार को इसे जारी किया जाएगा, जिसे सभी देख सकेंगे।
ग्वालियर में टीआई ने किया महिला से रेप:बुटीक संचालक महिला से फेसबुक पर दोस्ती, प्यार फिर किया दुष्कर्म, खुद को बताया था कुंआरा

ग्वालियर में एक इंस्पेक्टर (टीआई, पीटीएस तिघरा) के खिलाफ झांसी रोड थाना में दुष्कर्म का मामला दर्ज किया गया है। शिकायत 38 वर्षीय विधवा महिला ने दर्ज कराई है। आरोप है कि इंस्पेक्टर ने फेसबुक के जरिए महिला से दोस्ती की, खुद को अविवाहित बताया और शादी का झांसा देकर उसके साथ संबंध बनाए, जबकि वह पहले से शादीशुदा और दो बच्चों का पिता है। मामला झांसी रोड थाना क्षेत्र के हरिशंकरपुरम इलाके का है। महिला शहर की एक पॉश कॉलोनी में बुटीक संचालित करती है। उसके पति का कुछ वर्ष पहले निधन हो चुका है और उसका एक बच्चा भी है। कुछ समय पहले सोशल मीडिया पर उसकी पहचान टीआई रूपेश शर्मा से हुई। बातचीत बढ़ने के साथ दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं। आरोप है कि इंस्पेक्टर ने अपनी शादी छिपाकर महिला को भरोसे में लिया और उससे शादी करने का वादा किया। महिला के अनुसार, इसी दौरान इंस्पेक्टर उसके घर आया और शादी के नाम पर उसके साथ संबंध बनाए। जब उसने विरोध किया तो आरोपी ने शादी का आश्वासन देकर उसे शांत किया। बाद में जब महिला ने शादी के लिए दबाव बनाया तो इंस्पेक्टर टालमटोल करने लगा। संदेह होने पर महिला ने जानकारी जुटाई, जिसमें पता चला कि आरोपी पहले से शादीशुदा है। सच्चाई सामने आने के बाद महिला ने विरोध किया तो आरोपी ने उसे धमकाया। इसके बाद महिला ने झांसी रोड थाना पहुंचकर लिखित शिकायत दी। थाना प्रभारी ने मामले की जांच कर वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया। जांच के बाद रविवार देर रात करीब 12 बजे आरोपी इंस्पेक्टर के खिलाफ दुष्कर्म का केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है।
ग्वालियर में पकड़ा भिंड का बदमाश:कैंसर हिल्स पर वारदात के इंतजार में था, पिस्टल व कारतूस बरामद

ग्वालियर क्राइम ब्रांच, कंपू थाना पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर भिंड के एक शातिर बदमाश को ग्वालियर से गिरफ्तार किया है। पकड़ा गया बदमाश कैंसर हिल्स पर किसी वारदात के इंतजार में खड़ा था। पुलिस को देखते ही वह जंगल की ओर भागा, लेकिन पुलिस ने उसे पीछा कर गिरफ्तार कर लिया है। बदमाश की तलाशी लेने पर एक पिस्टल व कारतूस मिले हैं। पुलिस भिंड से बदमाश का आपराधिक रिकॉर्ड मंगा रही है। साथ ही पकड़े गए आरोपी से पूछताछ की जा रही है। डीएसपी क्राइम ब्रांच नागेन्द्र सिंह सिकरवार ने बताया कि सूचना मिली थी कि एक बदमाश किसी वारदात को अंजाम देने के इरादे से कैंसर हिल्स पर आया है। इसका पता चलते ही थाना प्रभारी क्राइम ब्रांच अमित शर्मा, कंपू थाना प्रभारी अमर सिंह सिकरवार को कार्रवाई के लिए निर्देशित किया। जिस पर पुलिस ने सर्चिग कर एक शख्स को कैंसर हिल्स के सूनसान रास्ते पर खड़ा देखा। पुलिस को देखते ही उसने जंगल की ओर दौड़ लगा दी, लेकिन पुलिस ने पीछा कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आपराधिक रिकॉर्ड मंगा रही पुलिस पुलिस को पता लगा है कि पकड़ा गया आरोपी अंकुश भिंड के लहार में पुलिस का निगरानीशुदा बदमाश है। अभी पुलिस इस बात की पुष्टि कर रही है। साथ ही कंपू थाना पुलिस ने भिंड पुलिस से अंकुश का आपराधिक रिकॉर्ड मांगा है। साथ ही उससे पूछताछ शुरू कर दी है कि वह कि मंशा से कैंसर हिल्स पर खड़ा था। पुलिस का कहना इस मामले में डीएसपी क्राइम नागेन्द्र सिंह सिकरवार ने बताया कि एक बदमाश को पिस्टल के साथ पकड़ा है। आरोपी से पूछताछ की जा रही है कि वह किस मंशा से पिस्टल लेकर वहां खड़ा था। आरोपी का आपराधिक रिकॉर्ड भी चेक कराया जा रहा है।








