Sunday, 04 Oct 2026 | 03:32 PM

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सागर में नर्सरी से कक्षा 5वीं के विद्यार्थियों की छुट्टी:बढ़ती गर्मी को देख कलेक्टर ने जारी किया आदेश, गुरुवार से 30 अप्रैल तक रहेगी छुट्टी

सागर में नर्सरी से कक्षा 5वीं के विद्यार्थियों की छुट्टी:बढ़ती गर्मी को देख कलेक्टर ने जारी किया आदेश, गुरुवार से 30 अप्रैल तक रहेगी छुट्टी

सागर में लगातार गर्मी का असर बढ़ रहा है। दिन का तापमान 41 डिग्री के पार पहुंच गया। जिससे स्कूल जाने वाले छोटे बच्चे गर्मी से परेशान हैं। बच्चों के स्वास्थ्य को देखते हुए सागर कलेक्टर प्रतिभा पाल ने नर्सरी से कक्षा 5वीं तक के विद्यार्थियों की छुट्टी करने का आदेश जारी किया है। कल यानी 23 अप्रैल से 30 अप्रैल तक 5वीं तक के विद्यार्थियों की छुट्टी रहेगी। 23 से 30 जनवरी तक छुट्टी घोषित जारी आदेश के अनुसार, जिले में तापमान अधिक होने और आगामी दिनों में तापमान में वृद्धि होने की संभावना के दृष्टिगत शिक्षण संस्थाओं में अध्ययनरत विद्यार्थियों के स्वास्थ्य पर प्रभाव पड़ने की संभावना को देखते हुए प्री-प्राइमरी से कक्षा 5वीं तक के सभी शासकीय, अशासकीय, केन्द्रीय विद्यालय, जवाहर नवोदय विद्यालय, आई.सी.एस.ई., सी.बी.एस.ई. और अन्य मान्यता प्राप्त सभी शालाओं में अध्ययनरत विद्यार्थियों के लिए 23 से 30 अप्रैल तक का अवकाश घोषित किया गया है। कक्षा 6वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए अध्यापन का समय सुबह 7.30 बजे से दोपहर 12 बजे तक यथावत रहेगा। शिक्षक विद्यालय में उपस्थित रहकर विद्यालयीन कार्य करेंगे। शासन द्वारा पूर्व से निर्धारित परीक्षा आदि आवश्यक कार्यक्रम यथावत समय सारणी अनुसार संचालित रहेंगे।

सिंगरौली में डकैती, बालाघाट में बैंकों की सुरक्षा पर चर्चा:पुलिस बोली- पैनिक बटन और अलार्म हमेशा चालू रहें और हथियारबंद गार्ड तैनात करें

सिंगरौली में डकैती, बालाघाट में बैंकों की सुरक्षा पर चर्चा:पुलिस बोली- पैनिक बटन और अलार्म हमेशा चालू रहें और हथियारबंद गार्ड तैनात करें

सिंगरौली में बैंक ऑफ महाराष्ट्र में हुई दिनदहाड़े डकैती के बाद अब पूरे प्रदेश में बैंकों की सुरक्षा को लेकर सख्ती बरती जा रही है। बुधवार को बालाघाट पुलिस के अधिकारियों ने बैंक प्रबंधकों और प्रतिनिधियों के साथ एक बड़ी बैठक की, ताकि सुरक्षा के इंतजामों को पुख्ता किया जा सके। एडीएसपी निहित उपाध्याय और सीएसपी मयंक तिवारी ने बैठक में साफ कहा कि अब बैंकों और पुलिस के बीच तालमेल पहले से बेहतर होना चाहिए। हर बैंक शाखा को अपने इलाके के थाने और बीट ऑफिसर के संपर्क में रहना होगा। किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को देनी होगी। इसके लिए हर बैंक के लिए एक पुलिस नोडल अधिकारी भी तय किया जाएगा। सीसीटीवी और लाइट पर खास जोर अधिकारियों ने निर्देश दिए कि बैंक के अंदर और बाहर एक भी कोना ऐसा नहीं होना चाहिए जो सीसीटीवी की नजर से बचा हो। साथ ही, रात के समय बैंक के आसपास पर्याप्त रोशनी (लाइटिंग) रखने को कहा गया है ताकि कैमरों में सब कुछ साफ नजर आए। तैनात होंगे हथियारबंद गार्ड सुरक्षा को और कड़ा करने के लिए बैंकों को कुछ जरूरी निर्देश दिए गए हैं। बैंक में ट्रेंड और हथियारबंद गार्डों की तैनाती करनी होगी। पैनिक बटन और अलार्म हमेशा चालू रहने चाहिए। नकदी ले जाते समय पुलिस को जानकारी देना और तालमेल बनाना जरूरी होगा। समय-समय पर होगी मॉक ड्रिल सिर्फ आदेश ही नहीं, बल्कि जमीन पर तैयारी कैसी है, इसे परखने के लिए पुलिस और बैंक कर्मचारी मिलकर ‘मॉक ड्रिल’ (अभ्यास) भी करेंगे। साथ ही बैंक कर्मचारियों को साइबर फ्रॉड और सुरक्षा से जुड़ी ट्रेनिंग दी जाएगी। एडीएसपी ने भरोसा दिलाया कि इन कदमों से जिले के बैंकों की सुरक्षा व्यवस्था इतनी मजबूत हो जाएगी कि किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोका जा सके।

सीएम केयर योजना को कैबिनेट की मंजूरी:कैंसर- हार्ट के गरीब मरीजों का सुपर स्पेशिएलिटी अस्पताल में होगा मुफ्त इलाज, जानिए कैसे उठा सकेंगे फायदा

सीएम केयर योजना को कैबिनेट की मंजूरी:कैंसर- हार्ट के गरीब मरीजों का सुपर स्पेशिएलिटी अस्पताल में होगा मुफ्त इलाज, जानिए कैसे उठा सकेंगे फायदा

मप्र की मोहन सरकार ने बुधवार को हुई कैबिनेट मीटिंग में सीएम केयर योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना के तहत गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वालों को हार्ट और कैंसर से जुड़ी बीमारियों के लिए दूसरे राज्यों में नहीं जाना पड़ेगा। पहले चरण में सरकार छह बड़े शहरों के मेडिकल कॉलेजों में सुपर स्पेशिएलिटी यूनिट्स स्थापित करेगी। नए अस्पतालों के लिए संस्थाओं और ट्रस्ट को न्यूनतम दर पर जमीन मिलेगी। योजना पर 5 साल में 3628 करोड़ रुपए खर्च होंगे। कौन होंगे पात्र, कैसे मिलेगा फायदा? मध्य प्रदेश के स्थायी निवासी और कैंसर या हार्ट बीमारी से पीड़ित मरीज इस योजना के पात्र होंगे। गरीबी रेखा (बीपीएल) से नीचे के परिवार चिह्नित किए गए हैं। योजना का फायदा लेने के लिए सुपर स्पेशिएलिटी अस्पताल में ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन के आठ घंटे के भीतर इलाज की मंजूरी मिलेगी। योजना का लाभ उन्हीं को मिलेगा जिनके पास आयुष्मान कार्ड है। योजना के क्रियान्वयन के लिए विभाग एक्सपर्ट कमेटी का गठन करेगा। कमेटी के सुझावों के आधार पर आगे कार्रवाई होगी। योजना की विशेषताएं दो चरणों में पूरी होगी योजना अगले दो साल में अस्पतालों में परिजन आवास कैबिनेट ने प्रदेश के 19 मेडिकल कॉलेज और जिला अस्पतालों में परिजन आवास बनाने की मंजूरी दी। योजना के तहत अस्पताल परिसर में सर्वसुविधा युक्त आवास बनाए जाएंगे। इसका जिम्मा गैर लाभकारी संस्थाओं को दिया जाएगा। सरकार की योजना अगले दो साल में इनका निर्माण करने की है। संस्था के साथ सरकार करेगी एमओयू योजना के लिए गैर लाभकारी संस्थाओं को प्रस्ताव देना होगा। प्रस्तावों के परीक्षण के लिए कमेटी बनेगी। स्वास्थ्य विभाग के सचिव इसके अध्यक्ष होंगे। स्वास्थ्य विभाग के आयुक्त, पीडब्ल्यूडी और वित्त विभाग के सचिव व मेडिकल कॉलेज के डीन सदस्य होंगे। कमेटी की सिफारिशें साधिकार समिति को भेजी जाएंगी, जिसके अध्यक्ष मुख्य सचिव होंगे। अस्पताल परिसर की जमीन पर मरीजों के लिए आवास बनाए जाएंगे। इसकी न्यूनतम क्षमता 100 बिस्तर होगी। जिस संस्था को जमीन दी जाएगी, उसे निर्माण और रखरखाव करना होगा, जबकि जमीन का मालिकाना हक सरकार के पास रहेगा। निर्धारित दर पर शुल्क लिया जाएगा परिजन आवास के संचालन, रखरखाव, आवास, भोजन और अन्य पहलुओं की जिम्मेदारी संस्था की होगी। इसे 30 साल की लीज पर दिया जाएगा, जिसे बाद में बढ़ाया जा सकता है। यहां ठहरने वाले मरीजों के परिजन से निर्धारित शुल्क लिया जाएगा। इसका निर्धारण निगरानी समिति करेगी। दरें इस तरह तय होंगी कि संस्था को न लाभ हो न हानि।

बैतूल में 7 नाबालिग निकले युवक की हत्या के आरोपी:मां से बात करने पर बेटों ने रची साजिश, चाकुओं से गोदा, लाश सड़क किनारे फेंकी

बैतूल में 7 नाबालिग निकले युवक की हत्या के आरोपी:मां से बात करने पर बेटों ने रची साजिश, चाकुओं से गोदा, लाश सड़क किनारे फेंकी

बैतूल जिले के आठनेर थाना क्षेत्र के ग्राम धामोरी में हुए सनसनीखेज हत्याकांड ने नया और चौंकाने वाला मोड़ ले लिया है। जिस मामले में पहले 21 अप्रैल की रात उमेश सोमनाथ उर्फ गोलू की लाश सावंगी रोड पर संदिग्ध हालत में मिली थी, अब उसी हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए बड़ा राज सामने लाया है—हत्या की वजह सिर्फ “मां से बात करना” बनी, और इस वारदात को 7 नाबालिगों ने अंजाम दिया। गौरतलब है कि शुरुआती खबर में सामने आया था कि उमेश रात में खाना खाने के बाद घर से निकला था और कुछ लोगों द्वारा उसे बुलाकर ले जाने की बात सामने आई थी। इसके बाद वह सड़क किनारे गंभीर हालत में मिला था, जहां उसके पेट और गले पर धारदार हथियार से कई वार किए गए थे। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। बेटों ने दोस्तों के साथ मिलकर हत्या की अब पुलिस जांच में जो खुलासा हुआ है, वह और भी हैरान करने वाला है। मुख्य आरोपी और उसका सगा भाई मृतक के उनकी मां से बातचीत करने से नाराज थे। उन्होंने पहले भी उमेश को घर आने-जाने और बातचीत बंद करने की चेतावनी दी थी, लेकिन जब बात नहीं मानी गई तो उन्होंने अपने साथियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रच डाली। योजना के तहत मुख्य आरोपी उमेश को घर से बहाने से बुलाकर सावंगी रोड पर सुनसान जगह ले गया, जहां पहले से 5 अन्य नाबालिग साथी मौजूद थे। वहां दोबारा विवाद हुआ और गुस्से में आकर मुख्य आरोपी ने चाकू से उमेश के पेट और गले पर ताबड़तोड़ वार कर दिए, जबकि बाकी आरोपियों ने लाठी-डंडों से हमला किया। वारदात के बाद सभी आरोपी उसे मौके पर ही घायल अवस्था में छोड़कर फरार हो गए, जिससे उसकी मौत हो गई। 7 नाबालिग हिरासत में लिए गए गठित टीम ने सीसीटीवी और कॉल डिटेल रिकॉर्ड के आधार पर महज 24 घंटे में सभी 7 नाबालिग आरोपियों को पकड़ लिया। पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त चाकू और मोटरसाइकिल भी बरामद कर ली है।

इंदौर में 56 दुकान के पास लगी आग:रेस्टोरेंट की चिमनी से बिल्डिंग में भरा धुआं, बाहर का शेड जला

इंदौर में 56 दुकान के पास लगी आग:रेस्टोरेंट की चिमनी से बिल्डिंग में भरा धुआं, बाहर का शेड जला

इंदौर में 56 दुकान के पास एक रेस्टोरेंट के बाहर बनी चिमनी में आग लग गई। आग के कारण यहां काफी धुआं फैल गया। नीचे चल रहे रेस्टोरेंट की चिमनी में अचानक आग लगी थी। शुरुआत में कर्मचारियों ने पानी डालकर आग पर काबू पाने की कोशिश की। बाद में फायर ब्रिगेड ने करीब 500 लीटर पानी डालकर आग बुझाई। फायर ब्रिगेड के मुताबिक बुधवार शाम उन्हें न्यू पलासिया में पुष्प रतन साड़ी वाली बिल्डिंग में आग लगने की सूचना मिली थी। मौके पर पहुंचकर करीब 500 लीटर पानी डालकर आग पर काबू पाया गया। दमकल कर्मचारियों के अनुसार यहां नीचे ‘टिक टिक्का’ नाम का रेस्टोरेंट संचालित होता है, जिसकी चिमनी से अचानक धुआं निकलने के बाद आग लग गई। आग के चलते बाहर का पूरा शेड जलकर खाक हो गया। यह शेड सत्यम नाम के व्यक्ति का बताया जा रहा है। यहां दोनों तरफ अन्य रेस्टोरेंट भी हैं।

अनूपपुर में खड़ी इलेक्ट्रिक स्कूटी की बैटरी फटी:घर में रखा फ्रिज-वाशिंग मशीन समेत लाखों का सामान जला; परिजनों ने बाहर निकलकर जान बचाई

अनूपपुर में खड़ी इलेक्ट्रिक स्कूटी की बैटरी फटी:घर में रखा फ्रिज-वाशिंग मशीन समेत लाखों का सामान जला; परिजनों ने बाहर निकलकर जान बचाई

अनूपपुर जिले के ग्राम धनगवां में बुधवार दोपहर एक खड़ी इलेक्ट्रिक स्कूटी की बैटरी में अचानक धमाका हो गया। धमाके के बाद घर में भीषण आग लग गई, जिससे फ्रिज, कूलर और वाशिंग मशीन सहित लाखों का सामान जलकर नष्ट हो गया। घटना के समय घर में मौजूद सदस्यों ने समय रहते बाहर निकलकर अपनी जान बचाई। बिना चार्जिंग के खड़ी स्कूटी की बैटरी में हुआ ब्लास्ट जैतहरी थाना प्रभारी अमर वर्मा ने बताया कि यह घटना राजेंद्र विश्वकर्मा के घर पर हुई। बुधवार दोपहर को स्कूटी चार्जिंग पर नहीं लगी थी, इसके बावजूद उसकी बैटरी अचानक तेज धमाके के साथ फट गई। धमाके के तुरंत बाद आग की लपटों ने पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। ग्रामीणों की मदद से आग पर पाया काबू आग लगने के बाद आसपास के ग्रामीणों ने एकजुट होकर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक अधिकांश कीमती सामान जल चुका था। सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का मुआयना किया। पीड़ित परिवार को इस अग्निकांड में भारी आर्थिक क्षति हुई है। पुलिस ने दर्ज की शिकायत, जांच शुरू पीड़ित राजेंद्र विश्वकर्मा ने जैतहरी थाने में मामले की लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी है। चार्जिंग पर न होने के बावजूद बैटरी फटने की इस घटना से क्षेत्र के इलेक्ट्रिक वाहन चालकों में चिंता और दहशत का माहौल है।

छतरपुर में एक साथ 6 जगह लगी आग:फायर ब्रिगेड खराब होने से काबू पाने में देरी, टैंकर बुलाकर बाल्टी से पानी डालाकर बुझाई

छतरपुर में एक साथ 6 जगह लगी आग:फायर ब्रिगेड खराब होने से काबू पाने में देरी, टैंकर बुलाकर बाल्टी से पानी डालाकर बुझाई

छतरपुर जिले के गढ़ीमलहरा थाना क्षेत्र में बुधवार को अलग-अलग 6 स्थानों पर आग लगने से हड़कंप मच गया। शिवपुरा, बैदार, बारी, मुहारी, बड़ी नरवा और बाघराजन क्षेत्रों में लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। कई जगह खेतों और आसपास के इलाकों में आग तेजी से फैलती रही, जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलते ही गढ़ीमलहरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। 20 दिनों से फायर ब्रिगेड खराब पड़ी टीआई रीता सिंह ने नगर परिषद को फायर ब्रिगेड के लिए सूचना दी, लेकिन नगर परिषद की फायर ब्रिगेड पिछले 15-20 दिनों से खराब पड़ी होने के कारण मौके पर नहीं पहुंच सकी। ऐसे में हालात और भी गंभीर हो गए। स्थिति को संभालने के लिए टीआई रीता सिंह ने महाराजपुर, नौगांव और छतरपुर से फायर ब्रिगेड बुलाने के प्रयास किए। वहीं बड़ी बाघराजन के पास मोहारी हार क्षेत्र में करीब 20 एकड़ खेत में भीषण आग लगने की सूचना पर वे पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचीं और खुद आग बुझाने में जुट गईं। बाल्टियों और पाइप से बुझाई आग स्थानीय स्तर पर संसाधनों की भारी कमी देखने को मिली। जब पानी का टैंकर मौके पर पहुंचा तो उसमें पंप की व्यवस्था नहीं थी। ऐसे में पुलिस और ग्रामीणों ने पाइप लगाकर और बाल्टियों के जरिए पानी भर-भरकर आग बुझाने का प्रयास किया। इस दौरान टीआई रीता सिंह खुद भी आग बुझाते नजर आईं। आग इतनी तेजी से फैल रही थी कि वह बाढ़ के पानी की तरह आगे बढ़ती जा रही थी, जिससे उसे नियंत्रित करना बेहद मुश्किल हो रहा था। ग्रामीणों और पुलिस की कड़ी मशक्कत के बाद कई जगह आग पर आंशिक काबू पाया जा सका। इस घटना ने एक बार फिर क्षेत्र में फायर ब्रिगेड जैसी बुनियादी सुविधाओं की कमी और प्रशासनिक लापरवाही को उजागर कर दिया है।

एक्सक्लूसिव: बंगाल चुनाव से पहले हार गए कांग्रेस नेता, शाह का बड़ा दावा- बीजेपी में आ गए सत्य!

एक्सक्लूसिव: बंगाल चुनाव से पहले हार गए कांग्रेस नेता, शाह का बड़ा दावा- बीजेपी में आ गए सत्य!

पश्चिम बंगाल में गुरुवार (23 अप्रैल 2026) को सबसे पहले चरण की वोटिंग से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तंज कसा। साउथ 24 परगना में एबीपी न्यूज से एक्सक्लूसिव बातचीत में गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि बेडरूम में बंगाल की जनता, बीजेपी के सिद्धांत से आगे है। भाजपा-चुनाव आयोग के गठजोड़ के आरोप पर गृह मंत्री का बयान साइंटिस्ट पार्टी और चुनाव आयोग के बीच गठजोड़ का आरोप लगा रही है। इस पर अमित शाह ने कहा, ‘तमिलनाडु में हमारी विरोधी सरकार है, वहां ये सामान नहीं उठाया जाएगा।’ केरल में भी विरोधी सरकार पर कोई आरोप नहीं लगा. असम में कांग्रेस ने भी हमपर कोई आरोप नहीं लगाया. ‘सिर्फ ममता बनर्जी को सभी को तकलीफ है, जो आरोप लगा रही हैं।’ उन्होंने कहा, ‘ममता बनर्जी को जनता ने आवाज नहीं दी है. मैं बंगाल की जनता की आवाज सुन रहा हूं। वो जरा ऊंची सुनती हैं इसलिए मैंने कहा कि कान रेडियो सुन लो इसमें क्या बुरा है। सबसे काने ऑनलाइन ही खरीदें. ममता बनर्जी को अपनी हार दिख रही है।’ उन्होंने कहा कि सरकार बनने के बाद अतिक्रमणकारियों को लाभ और हमारी नैतिकता बनी रहेगी। देश में घुसपैठिए नहीं रह सकते: अमित शाह उन्होंने कहा, ‘इस देश में घुसपैठिए नहीं रह सकते।’ आधार कार्ड बनाना, पंचायत का नाम बदलना, घुसपैठिए आ गए तो उन्हें गांव में रहना और सीमा में जमीन पर कब्जा नहीं देना ये सब कहकर ममता बनर्जी कह रही हैं कि आप घुसपैठिए रोक लो। ये तो ऐसा है कि हाथ बांध दो और समंदर में डाल दो और कहो कि तैरकर बाहर आ जाओ। ऐसा नहीं हो सकता. मैं पूरे देश के महानुभावों से कहना चाहता हूं कि हम त्रिपुरा में घुसपैठिए के रूप में आएं। असम में वहां भी रुकें. ‘बंगाल में भी 5 मई को हमारी सरकार जाएगी और अतिक्रमण रोक देगी।’ बंगाल में महिला सुरक्षा के मुद्दे पर गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, ‘सीएम ममता बनर्जी खुद कहती हैं कि शाम 7 बजे के बाद महिलाएं बाहर नहीं निकलतीं। ‘मैं ‘महिलाओं को संवैधानिक अधिकार देना चाहती हूं’ ये भी पढ़ें: पश्चिम बंगाल चुनाव में ईडी की छापेमारी: बंगाल में नुसरत जहां ईडी की राय पर कौन-कौन, 24 घंटे में आंध्र प्रदेश, कोलकाता के डीसीपी लापता

नीमच में अतिक्रमण हटाने के बाद बुजुर्ग की मौत:झोपड़ी में लगी आग. परिजनों ने पुलिस पर मारपीट का आरोप

नीमच में अतिक्रमण हटाने के बाद बुजुर्ग की मौत:झोपड़ी में लगी आग. परिजनों ने पुलिस पर मारपीट का आरोप

नीमच तहसील के जयसिंहपुरा गांव में बुधवार को प्रशासन की अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई के बाद विवाद उत्पन्न हो गया। कार्रवाई के कुछ देर बाद 60 वर्षीय नानूराम जाटव की मौत हो गई। इस घटना के बाद जिला अस्पताल में परिजनों ने हंगामा किया और पुलिस प्रशासन पर प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए। परिजनों का आरोप है कि प्रशासनिक अमला और पुलिस बल बिना किसी पूर्व सूचना के जयसिंहपुरा के नई आबादी क्षेत्र में पहुंचा था। उनका दावा है कि संबंधित जमीन का मामला अभी न्यायालय में विचाराधीन है। मृतक की नातिन ममता जाटव के अनुसार, जब उनके नाना ने कार्रवाई का विरोध करते हुए कोर्ट केस का हवाला दिया, तो पुलिस ने उनके साथ हाथापाई और मारपीट की। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि सरपंच के पुत्र और पुलिस ने उनकी झोपड़ी में आग लगा दी। इसके अतिरिक्त, साक्ष्य मिटाने के उद्देश्य से पुलिस पर वीडियो बना रहे परिजनों के मोबाइल छीनकर डेटा डिलीट करने का भी आरोप है। परिजनों का कहना है कि प्रशासन की इस कार्रवाई और कथित मानसिक दबाव के कारण नानूराम को दिल का दौरा पड़ा, जिससे अस्पताल ले जाते समय उनकी मृत्यु हो गई। परिवार ने बताया कि वे पिछले 40 वर्षों से उस स्थान पर रह रहे हैं और उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि मृतक के दामाद गोपाल जाटव को पहले 15 दिन के लिए जेल भेजा गया था। बुजुर्ग की मौत के बाद प्रशासन ने उनकी पुत्री से हस्ताक्षर कराकर गोपाल को मात्र 4 दिन में ही रिहा कर दिया। दूसरी ओर, एसडीएम संजीव साहू ने परिजनों के सभी आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से की गई थी और आगजनी की घटना स्वयं परिजनों द्वारा की गई थी। प्रशासन के अनुसार, यह जमीन डोम निर्माण के लिए चिन्हित है और नियमानुसार नोटिस जारी करने के बाद ही कार्रवाई की गई थी। ममता जाटव ने बताया कि उनके घर पर तहसीलदार सरपंच पटवारी सहित पुलिस का अमला कार्रवाई करने पहुंचा था। ममता ने बताया कि जब उसके नाना जी कार्रवाई का कारण पूछा तो अतिक्रमण हटाने की बात कहकर कार्रवाई करने लगे। जब उसके नाना ने बताया कि यहां सभी का अतिक्रमण है और सभी का हटाओ। और उक्त जमीन का केस कोर्ट में चल रहा है। इसी दौरान पुलिस ने उसके नाना जी से हाथापाई की और उनके साथ मारपीट की। उसके बाद उसके नाना जी वहां से चले गए थे और कुछ ही देर बाद उन्हें झंझारवाड़ा में दोनों का फैक्ट्री के यहां पड़े होने की सूचना मिली। ममता का कहना है कि उनकी मौत पुलिस एवं प्रशासन की प्रताड़ना के चलते हुए। ममता ने मांग की है कि उसको न्याय दिलाए जाए। और उनकी झोपड़ी में आग सरपंच के लड़के रमेश सुथार ओर पुलिस ने लगाई। और कार्रवाई के दौरान पेड़ भी गिराए गए हैं इस दौरान जब वीडियो बनाया जा रहे थे तो पुलिस प्रशासन ने दबाव बनाकर मोबाइल छीनकर वीडियो भी डिलीट करवाए हैं। ममता का कहना है वह 40 सालों से रह रहे हैं। कि 2024 से उन्हें परेशान कर रहे हैं। करीब 5 वि बार ये कार्रवाई करने पहुंचे।

नकली मूंछ पर अक्षय कुमार ने मांगी माफी:बोले- फिल्म 'पृथ्वीराज' में वैसी मूंछें उगना मुमकिन नहीं था; फैंस को बुरा लगा तो सॉरी

नकली मूंछ पर अक्षय कुमार ने मांगी माफी:बोले- फिल्म 'पृथ्वीराज' में वैसी मूंछें उगना मुमकिन नहीं था; फैंस को बुरा लगा तो सॉरी

बॉलीवुड एक्टर अक्षय कुमार ने अपनी फिल्म ‘सम्राट पृथ्वीराज’ (2022) में नकली मूंछों के इस्तेमाल को लेकर हुई आलोचना पर अब सफाई दी है। एक पॉडकास्ट के दौरान एक्टर ने पहली बार इस विवाद पर खुलकर बात की और फैंस से माफी भी मांगी। अक्षय ने स्पष्ट किया कि मूंछें न बढ़ाना आलस नहीं, बल्कि फिल्म की जरूरत और उनके चेहरे की बनावट से जुड़ा फैसला था। दरअसल, मूवी रिलीज के वक्त अक्षय को अपनी नकली मूछ के लिए ट्रोलिंग का सामना करना पड़ा था। आलोचकों का कहना था कि अक्षय एक महान सम्राट का किरदार निभा रहे हैं, लेकिन उन्होंने इसके लिए अपनी मूंछें तक नहीं बढ़ाईं। ‘पृथ्वीराज’ के लिए वैसी मूंछें नहीं उग सकती थीं शुभंकर मिश्रा के पॉडकास्ट में जब अक्षय से पूछा गया कि क्या उन्हें फिल्म के लिए ज्यादा वक्त नहीं देना चाहिए था, तो उन्होंने कहा, मैं अभी कई फिल्मों और लुक्स पर काम कर रहा हूं। जैसे अभी मेरी यह दाढ़ी है, जिसे बढ़ाने के लिए मैंने करीब 6 हफ्ते तक काम नहीं किया। सम्राट पृथ्वीराज की कहानी के हिसाब से एक खास तरह की मूंछ की जरूरत थी, जो मेरे चेहरे पर कुदरती तौर पर नहीं उग सकती थी। अक्षय ने आगे कहा कि शायद वह मूंछ अच्छी नहीं लगी, इसलिए अगर लोगों को बुरा लगा तो वे माफी मांगते हैं। क्या था पूरा मामला? दरअसल ‘सम्राट पृथ्वीराज’ जैसी ऐतिहासिक फिल्मों में अक्सर एक्टर्स अपने किरदारों के लिए महीनों पहले से तैयारी करते हैं और असली मूंछें-दाढ़ी बढ़ाते हैं, लेकिन अक्षय कुमार ने इस फिल्म के लिए नकली मूंछ का इस्तेमाल किया था। जब फिल्म का ट्रेलर और पोस्टर रिलीज हुआ, तो सोशल मीडिया पर लोगों ने उन्हें ट्रोल करना शुरू कर दिया। आलोचकों और फैंस का कहना था कि अक्षय एक महान सम्राट का किरदार निभा रहे हैं, लेकिन उन्होंने इसके लिए अपनी मूंछें तक नहीं बढ़ाईं और महज 40-45 दिनों में शूटिंग खत्म कर दी। लोगों ने इसकी तुलना ‘पद्मावत’ में रणवीर सिंह की मेहनत से की, जिससे यह बहस छिड़ गई कि क्या अक्षय अपने प्रोजेक्ट्स को पर्याप्त समय और गंभीरता नहीं दे रहे हैं। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर रही थी फ्लॉप बता दें कि डॉक्टर चंद्रप्रकाश द्विवेदी के निर्देशन में बनी ‘सम्राट पृथ्वीराज’ 3 जून 2022 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। यशराज फिल्म्स के बैनर तले बनी इस फिल्म का बजट करीब 175 करोड़ रुपये था, लेकिन यह वर्ल्डवाइड सिर्फ 90 करोड़ रुपये ही कमा सकी थी। फिल्म में अक्षय के साथ मानुषी छिल्लर, संजय दत्त और सोनू सूद मुख्य भूमिकाओं में थे। फिल्म के फ्लॉप होने के पीछे अक्षय के ‘नकली मूंछ’ वाले लुक को भी एक बड़ी वजह माना गया था। अक्षय के आने वाले बड़े प्रोजेक्ट्स अक्षय के पाइपलाइन में अभी कई बड़ी फिल्में हैं। वे जल्द ही अहमद खान की ‘वेलकम टू द जंगल’ (वेलकम 3) में दिखेंगे। इस फिल्म में रवीना टंडन, दिशा पाटनी, अरशद वारसी और जैकलीन फर्नांडिस समेत कई बड़े एक्टर्स है। इसके अलावा वे सैफ अली खान के साथ फिल्म ‘हैवान’ में भी नजर आएंगे, जिसका निर्देशन प्रियदर्शन ही कर रहे हैं।