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सेंसेक्स 1500 अंक गिरकर 76,000 पर कारोबार कर रहा:निफ्टी भी 450 नीचे, 23,600 पर आया; सरकारी बैंकों के शेयरों में बिकवाली

सेंसेक्स 1500 अंक गिरकर 76,000 पर कारोबार कर रहा:निफ्टी भी 450 नीचे, 23,600 पर आया; सरकारी बैंकों के शेयरों में बिकवाली

हफ्ते के पहले कारोबारी दिन आज यानी सोमवार 13 अप्रैल को सेंसेक्स 1500 अंक (1.98%) की गिरावट के साथ 76,000 पर कारोबार कर रहा है। निफ्टी में भी 450 अंकों (1.98%) की गिरावट है, ये 23,590 पर आ गया है। आज के कारोबार में सरकार बैंक के शेयरों में बिकवाली है। मिडिल-ईस्ट में तनाव कम करने के लिए ईरान और अमेरिका के बीच पाकिस्तान में चल रही 21 घंटे की लंबी बातचीत बिना किसी समझौते के खत्म हो गई। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा कि वे बिना किसी डील के वापस लौट रहे हैं। इसका सीधा असर दुनियाभर के बाजारों पर दिख रहा है। एशियन मार्केट में गिरावट 10 अप्रैल को अमेरिकी मार्केट में गिरावट रही शुक्रवार को सेंसेक्स 919 अंक चढ़कर बंद हुआ था शेयर बाजार में 10 अप्रैल को तेजी रही। सेंसेक्स 919 अंक (1.20%) नीचे 77,550 के स्तर पर बंद हुआ। निफ्टी भी 276 अंक (1.16%) गिरकर 24,051 पर आ गया। कारोबार में बैंकिंग और ऑटो शेयरों में खरीदारी रही।

गर्मी में ज्यादा अंडे खाएंगे तो क्या होगा? बॉडी बनाने के चक्कर में कभी न करें यह गलती, पड़ जाएंगे लेने के देने

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Last Updated:April 13, 2026, 09:05 IST Are Eggs Safe in Summer: कई लोग बॉडी बनाने के लिए गर्मी में भी जमकर अंडे खाते हैं, लेकिन ऐसा नहीं करना चाहिए. हेल्थ एक्सपर्ट का कहना है कि गर्मियों में अंडे खाना सुरक्षित है, लेकिन लिमिट में सेवन करना चाहिए. ज्यादा अंडे खाने से शरीर में गर्मी बढ़ सकती है और पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं. किसी भी चीज का अत्यधिक सेवन नुकसानदायक होता है. गर्मी में ज्यादा अंडे खाने से पेट की समस्याएं हो सकती हैं. Should You Avoid Eggs in Summer: गर्मी के मौसम में खानपान को लेकर सावधानी बरतनी चाहिए, क्योंकि इस दौरान जरा सी लापरवाही से तबीयत बिगड़ सकती है. हेल्थ एक्सपर्ट्स मानते हैं कि गर्मियों में उन चीजों का सेवन करना चाहिए, जिनसे शरीर को ठंडक मिले और डिहाइड्रेशन से बचाव हो. गर्मी में गर्म तासीर वाले फूड्स का सेवन कम से कम करना चाहिए. अंडा का तासीर गर्म होती है और इस वजह से गर्मी में इसका सेवन कम मात्रा में ही करना चाहिए. हालांकि कई लोग जिम जाते हैं और बॉडी बनाने के गर्मियों में भी जमकर अंडे खाते हैं. अब सवाल है कि अगर गर्मियों में अंडे का ज्यादा सेवन किया जाए, तो क्या होगा? नोएडा के डाइट मंत्रा क्लीनिक की डाइटिशियन कामिनी सिन्हा ने News18 को बताया कि अंडा प्रोटीन, विटामिन B12, विटामिन D, आयरन और हेल्दी फैट्स का अच्छा सोर्स होता है. यह शरीर को एनर्जी देता है और मसल्स को मजबूत बनाने में मदद करता है. हालांकि अंडा गर्म होता है और गर्मियों में इसका सेवन कम मात्रा में करने की सलाह दी जाती है. एक स्वस्थ व्यक्ति गर्मी के मौसम में रोज 1 या 2 अंडे खा सकता है. अगर आप बहुत ज्यादा मात्रा में इसका सेवन करेंगे, तो इसके नुकसान हो सकते हैं. सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी. डाइटिशियन ने बताया कि गर्मियों में ज्यादा अंडे खाने से शरीर का तापमान बढ़ सकता है. इससे कुछ लोगों को ज्यादा पसीना, शरीर में गर्मी या बेचैनी महसूस हो सकती है. खासकर जिन लोगों को पहले से ही एसिडिटी या हीट से जुड़ी समस्याएं होती हैं, उन्हें ज्यादा अंडे खाने से परेशानी बढ़ सकती है. इसके अलावा पाचन संबंधी दिक्कतें भी हो सकती हैं. कुछ लोगों को गैस, पेट फूलना या अपच की समस्या होने लगती है. गर्मियों में पाचन तंत्र पहले से थोड़ा संवेदनशील होता है, इसलिए भारी या ज्यादा प्रोटीन वाला खाना शरीर पर अतिरिक्त दबाव डाल सकता है. ऐसे में लोगों को पेट की समस्या हो सकती है. एक्सपर्ट की मानें तो गर्मियों में अंडे खाने का तरीका भी महत्वपूर्ण होता है. उबले हुए अंडे या हल्के मसालों में बने अंडे ज्यादा बेहतर होते हैं. ज्यादा तेल, मसाले और तली-भुनी एग डिशेज से बचना चाहिए, क्योंकि ये शरीर में गर्मी और बढ़ा सकते हैं. अंडे के साथ पर्याप्त पानी पीना और ठंडक देने वाले फूड्स जैसे दही, सलाद और फल खाना फायदेमंद होता है. संतुलित मात्रा में अंडे खाने से शरीर को जरूरी पोषण मिलता है, जबकि ज्यादा सेवन करने से गर्मी और पाचन से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं. अगर आपको पहले से कोई स्वास्थ्य समस्या है, तो अंडा खाने से पहले डॉक्टर या डाइटिशियन की सलाह जरूर लें. About the Author अमित उपाध्याय अमित उपाध्याय News18 Hindi की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें First Published : April 13, 2026, 09:05 IST

टीकमगढ़ में लव जिहाद के खिलाफ हिंदू संगठन एकजुट:बुंदेलखंड पीठाधीश्वर की अगुवाई में बैठक, पुलिस पर लगाए गए गंभीर आरोप

टीकमगढ़ में लव जिहाद के खिलाफ हिंदू संगठन एकजुट:बुंदेलखंड पीठाधीश्वर की अगुवाई में बैठक, पुलिस पर लगाए गए गंभीर आरोप

टीकमगढ़ में ‘लव जिहाद’ की बढ़ती घटनाओं को लेकर हिंदूवादी संगठनों में नाराजगी है। रविवार रात बुंदेलखंड पीठाधीश्वर महंत सीताराम दास महाराज के नेतृत्व में नजरबाग मंदिर में एक बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। दरअसल, छह दिन पहले जिला अस्पताल में जमालुद्दीन काजी नामक युवक ने एक महिला से छेड़छाड़ की थी। इस घटना के बाद कुछ लोगों ने आरोपी के साथ मारपीट भी की थी, जिसका वीडियो भी सामने आया था। विवाद के बाद पीड़ित महिला ने सामने आकर आरोपी युवक के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई। महिला ने जमालुद्दीन पर अपनी पहचान छिपाकर प्रेमजाल में फंसाने, दुष्कर्म करने और बाद में ब्लैकमेल करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस पर आरोपी को छोड़ने का आरोप वहीं, दूसरी ओर आरोपी जमालुद्दीन जिला अस्पताल से फरार हो गया। परिजनों द्वारा मारपीट के बाद उसे पुलिस के हवाले किया गया था, जिसके बाद उसकी अस्पताल से फरारी पर सवाल उठ रहे हैं। संदेह के घेरे में पुलिस की भूमिका इस घटनाक्रम के बाद रविवार रात बुंदेलखंड पीठाधीश्वर महंत सीताराम दास के नेतृत्व में हिंदू संगठन नजरबाग प्रांगण में एकत्रित हुए। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए और ‘लव जिहाद’ के विरुद्ध एकजुट होने का आह्वान किया। इससे पहले महंत सीताराम दास ने सोशल मीडिया के माध्यम से भी पुलिस के रवैए पर सवाल उठाते हुए आरोपी जमालुद्दीन की गिरफ्तारी की मांग की थी। आरोपी का जुलूस निकालने की मांग महंत की अपील पर बड़ी संख्या में लोग नजरबाग प्रांगण में जुटे और पुलिस की कार्यप्रणाली के प्रति रोष प्रकट किया। बैठक के दौरान ही कोतवाली टीआई का फोन महंत के पास आया, जिसमें उन्होंने बताया कि आरोपी उनकी गिरफ्त में है। इस पर महंत ने आरोपी का शहर में जुलूस निकालने की मांग की। साथ ही, बैठक में एसपी और टीआई को हटाने की भी मांग की गई।

पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: सुभाष चंद्र बोस की सीट का बड़ा फैसला! बंगाल चुनाव से पहले टीएमसी में शामिल हुई बीजेपी पर बोला हमला

पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: सुभाष चंद्र बोस की सीट का बड़ा फैसला! बंगाल चुनाव से पहले टीएमसी में शामिल हुई बीजेपी पर बोला हमला

अप्रैल में सुभाष चंद्र बोस के पद पर चंद्र बोस ने रविवार (12 2026) को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले आयोडीन कांग्रेस (टीएमसी) का दामन थाम लिया था। इस दौरान राज्य के शिक्षा मंत्री ब्रत्य बसु और पार्टी अल्पसंख्यक कीर्ति आजाद मौजूद रहे. आंध्र प्रदेश में शामिल होने के बाद चंद्र बोस ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि बीजेपी के क्रिएटिव फ़्रांसीसी सांप्रदायिक हैं और संविधान के ख़िलाफ़ हैं। उनका मानना ​​है कि बीजेपी चुनाव के लिए धर्म का इस्तेमाल करती है, जो समाज को रोशनी वाली है। चंद्र बोस ने आगे कहा कि सरदार ने भी अपने शासन के दौरान इसी तरह की नीति अपनाई थी और देश को चमकाने की कोशिश की थी। उन्होंने कहा कि जैसे भारत ने नाइजीरिया को देश से बाहर कर दिया था, वैसे ही अब समय आ गया है कि बीजेपी को भी सत्ता से बाहर कर दिया जाए. शत्रु हैं कि चंद्र बोस ने साल 2023 में बीजेपी छोड़ दी थी और अब वे पश्चिम बंगाल की राजनीति में शामिल होकर नई भूमिका की शुरुआत कर रहे हैं। #घड़ी कोलकाता, पश्चिम बंगाल: सुमथुसुसुबा चंद्र बोस के परपोते चंद्र कुमार बोस टीएमसी में शामिल हुए। pic.twitter.com/989JDB4fzo – ANI_हिन्दीन्यूज़ (@Aहिन्दीन्यूज़) 12 अप्रैल 2026 पश्चिम बंगाल विधानसभा की योजना पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव देश के सबसे बड़े और अहम चुनाव में से एक माना जा रहा है। यह चुनाव सिर्फ राज्य की सरकार तय नहीं करेगी, बल्कि इसका असर राष्ट्रीय राजनीति पर भी देखने को मिल सकता है। इस बार चुनाव दो चरणों में हो रहा है। पहला चरण 23 अप्रैल 2026 को और दूसरा चरण 29 अप्रैल 2026 को होगा। इसके बाद 4 मई 2026 को तीसरी होगी और नतीजे सामने आये। राज्य की कुल 294 रेज़्यूमे पर वोट हो रही है और सरकार बनाने के लिए किसी भी पार्टी या गठबंधन को कम से कम 148 रेज़्यूमे की ज़रूरत होगी। पश्चिम बंगाल विधानसभा में आदिवासियों के साथ मुकाबला इस चुनाव में मुख्य मुकाबला सैद्धांतिक कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस-वाम गठबंधन के बीच है। इलाहाबाद कांग्रेस की प्रयोगशाला ममता बनर्जी कर रही हैं और यह पार्टी राज्य की सत्ता में है। 2021 के चुनाव में सुपरस्टार ने 200 से ज्यादा बड़ी गोलपोस्ट की बड़ी उपलब्धि हासिल की थी और अब वह एक बार फिर से सत्ता में वापसी की कोशिश कर रही हैं। भारतीय जनता पार्टी भी इस चुनाव में पूरी ताकत लगा रही है। पार्टी की तरफ से सुवेंदु अधिकारी एक बड़ा चेहरा देखे जा रहे हैं। भाजपा केंद्र में सत्ता है और वह पश्चिम बंगाल में अपनी सरकार बनाने की कोशिश कर रही है। ये भी पढ़ें: EXCLUSIVE: बंगाल चुनाव से पहले ED का बड़ा एक्शन! कोयले से लेकर कई बड़े नाम तक (टैग्सटूट्रांसलेट)डब्ल्यूबी चुनाव 2026(टी)पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव(टी)पश्चिम बंगाल चुनाव 2026(टी)चंद्र बोस टीएमसी(टी)सुभाष बोस परिवार(टी)टीएमसी में शामिल हों(टी)बीजेपी के आरोप(टी)पश्चिम बंगाल की राजनीति(टी)ब्रत्य बसु(टी)कीर्ति आजाद(टी)पश्चिम बंगाल चुनाव 2026(टी)पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव(टी)पश्चिम बंगाल चुनाव 2026(टी)चंद्र आशंका(टी)सुभाष बोस परिवार(टी)टीएमसी में शामिल माननीय(टी)भाजपा के आरोप(टी)पश्चिम बंगाल की राजनीति(टी)ब्रत्य बसु(टी)कीर्ति आजाद

हिमाचल में किसान ने 500 लीटर दूध बहाया:2 दिन से नहीं खरीद रहा मिल्कफेड; 50 हजार का नुकसान, बोला- कर्ज नहीं चुका पाऊंगा

हिमाचल में किसान ने 500 लीटर दूध बहाया:2 दिन से नहीं खरीद रहा मिल्कफेड; 50 हजार का नुकसान, बोला- कर्ज नहीं चुका पाऊंगा

हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले के एक पशुपालक ने करीब 500 लीटर दूध सरकारी उपक्रम मिल्कफेड के चक्कर प्लांट के बाहर बहा दिया। बल्ह क्षेत्र के किसान रवि सैनी का आरोप है कि दो दिन से मिल्कफेड द्वारा दूध नहीं लिया जा रहा है। इससे उसे 50 हजार रुपए का नुकसान हुआ है। मजबूरी में उसने दूध सड़कों पर बहाया है। रवि सैनी ने इस पूरी घटना का वीडियो बनाकर खुद सोशल मीडिया पर साझा किया, जो अब तेजी से वायरल हो रहा है और लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। यह वीडियो सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू के ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती और किसानों की आर्थिकी में सुधार करने के दावों की पोल खोल रहा है। रोजाना लगभग 500 लीटर दूध की होती है आपूर्ति वीडियो में रवि सैनी बता रहे हैं कि वह रोजाना लगभग 500 लीटर दूध की आपूर्ति करता है और उसकी आजीविका पूरी तरह इसी पर निर्भर है। दो दिनों से दूध की खरीद न होने से न केवल उसे आर्थिक झटका लगा है, बल्कि उसकी रोजमर्रा की व्यवस्था भी प्रभावित हुई है। डेयरी फार्मिंग को ले रखा एक करोड़ का लोन: रवि रवि सैनी ने बताया- 4 साल से डेयरी फार्मिंग कर रहे हैं और उनके पास 30 गाय हैं। उन्होंने एक करोड़ का कर्ज लेकर स्वरोजगार शुरू किया है और हर माह लाखों रुपए बैंक में किस्त के रूप में जमा करने पड़ते हैं। अगर इसी तरह मनमाने कट लगते रहे तो बैंक का कर्ज तक नहीं चुका पाऊंगा। मिल्कफेड के माध्यम से दूध खरीदती है सरकार बता दें कि, हिमाचल सरकारी उपक्रम मिल्कफेड के माध्यम से किसानों से दूध की खरीद करती है। गाय का दूध 51 रुपए और भैंस का 61 रुपए प्रति लीटर के हिसाब से खरीदा जा रहा है। इस बार के बजट में 10 रुपए प्रति लीटर बढ़ोतरी की घोषणा सीएम सुक्खू ने इस बार के बजट में गाय व भैंस के दूध में 10-10 रुपए बढ़ोतरी की घोषणा कर रखी है। लिहाजा किसान ने सीएम की हालिया घोषणा पर भी सवाल उठाए। किसान का कहना है कि यदि प्लांट स्तर पर ही दूध की खरीद नहीं हो रही है, तो बढ़े हुए दाम का लाभ किसानों तक कैसे पहुंचेगा। प्लांट प्रभारी ने किसान पर ठीकरा फोड़ा जब इस बारे में चक्कर मिल्कफेड प्लांट प्रभारी विश्वकांत शर्मा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि इस प्लांट की क्षमता 1 लाख लीटर की ही है। इससे अधिक दूध को प्लांट में स्टोर करके नहीं रखा जा सकता है। इस स्थिति को देखते हुए पशुपालकों से एरिया वाइज दूध लिया जा रहा है। एक सप्ताह पहले पशुपालकों के साथ हुई थी बैठक इस बारे में पशुपालकों को कुछ दिन पूर्व दिशा-निर्देश भी दिए गए थे। संबंधित पशुपालक की इस हरकत की निंदा करते हुए उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस में भी कराने की बात कही है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग लोगों को भड़का रहे हैं। जब एक सप्ताह पहले सभी पशुपालकों के साथ बैठक भी हुई थी, उसमें सभी को बता दिया गया था। किसान के दूध बहाने की PHOTOS..

सिवनी में दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर:एक महिला गंभीर घायल, हाथ-पैर और सिर में आई चोट

सिवनी में दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर:एक महिला गंभीर घायल, हाथ-पैर और सिर में आई चोट

सिवनी जिले के आदेगांव थाना क्षेत्र में रविवार रात हिनोतिया रोड पर दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर हो गई। इस दुर्घटना में एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गईं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। जानकारी के अनुसार, यह दुर्घटना रात में हुई। एक बाइक सवार जोबा से हिनोतिया की ओर जा रहा था, जबकि दूसरा बाइक सवार हिनोतिया से लखनादौन की तरफ आ रहा था। दोनों बाइकों की आमने-सामने टक्कर हो गई। टक्कर के कारण बाइक पर सवार मीना यादव (लगभग 50 वर्ष) सड़क पर गिर गईं। उन्हें हाथ, पैर, सिर सहित शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। स्थानीय लोगों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घायल महिला को अस्पताल पहुंचाया। घायल जबलपुर रेफर मीना यादव को सिविल अस्पताल लखनादौन ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें प्राथमिक उपचार दिया। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। उनका उपचार जारी है। दुर्घटना की सूचना मिलने पर आदेगांव थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने दोनों दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को जब्त कर जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी के.पी. धुर्वे ने बताया कि उन्हें सड़क हादसे की जानकारी मिली थी, जिसमें एक महिला के घायल होने की पुष्टि हुई है।

सीधी में विद्युत पोल में आग, ग्रामीणों ने बुझाई:फायर ब्रिगेड देर से पहुंची, गुलाब टावर के पास बड़ा हादसा टला

सीधी में विद्युत पोल में आग, ग्रामीणों ने बुझाई:फायर ब्रिगेड देर से पहुंची, गुलाब टावर के पास बड़ा हादसा टला

सीधी शहर के गुलाब टावर के पास रविवार देर रात करीब 12 बजे एक विद्युत पोल में भीषण आग लग गई। आग इतनी विकराल थी कि आसपास के घरों और दुकानों के लिए बड़ा खतरा पैदा हो गया। हालांकि, फायर ब्रिगेड के देर से पहुंचने के कारण स्थानीय ग्रामीणों और युवाओं ने मोर्चा संभाला और अपनी सूझबूझ से आग पर काबू पाकर एक बड़ा हादसा टाल दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही मिनटों में पोल की तारें और पूरा पोल जलकर खाक हो गया। पास में स्थित तीन मंजिला गुलाब टावर, जिसमें कपड़ों का बड़ा स्टॉक रखा था, भी आग की चपेट में आने के कगार पर था। यदि समय रहते आग पर नियंत्रण नहीं पाया जाता तो लाखों का नुकसान हो सकता था। घटना की सूचना तत्काल फायर ब्रिगेड और नगर पालिका प्रशासन को दी गई थी, लेकिन काफी देर तक कोई भी टीम मौके पर नहीं पहुंची। इसके बाद स्थानीय ग्रामीणों और युवाओं ने खुद मोर्चा संभाला। बिना किसी सुरक्षा उपकरण के, एक युवक ने सीढ़ी के सहारे पोल के पास पहुंचकर अपनी जान जोखिम में डालते हुए आग बुझाने का प्रयास किया। युवक की बहादुरी और ग्रामीणों के सहयोग से आखिरकार आग पर काबू पा लिया गया। इस त्वरित कार्रवाई से एक बड़ा हादसा टल गया और गुलाब टावर सहित आसपास की संपत्ति को सुरक्षित बचा लिया गया। इस मामले पर नगर पालिका की प्रभारी सीएमओ प्रिया पाठक ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें घटना की कोई जानकारी नहीं मिली थी, संभवतः सूचना किसी अन्य अधिकारी तक पहुंची होगी। उन्होंने पूरे मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है। वहीं, स्थानीय निवासी रामभद्र सिंह ने प्रशासनिक लापरवाही पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि शहर में ऐसी घटनाएं अक्सर होती हैं, लेकिन बिजली विभाग, नगर पालिका और फायर ब्रिगेड की टीमें समय पर नहीं पहुंचतीं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यही स्थिति बनी रही, तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है।

अशोकनगर में शिक्षकों का मशाल जुलूस:टीईटी परीक्षा रद्द करने की मांग; 18 अप्रैल को भोपाल में करेंगे सीएम हाउस का घेराव

अशोकनगर में शिक्षकों का मशाल जुलूस:टीईटी परीक्षा रद्द करने की मांग; 18 अप्रैल को भोपाल में करेंगे सीएम हाउस का घेराव

अशोकनगर शहर में टीईटी (TET) परीक्षा निरस्त करने और नियुक्ति दिनांक से वरिष्ठता देने की मांग को लेकर सोमवार रात शिक्षकों ने सड़कों पर उतरकर मशाल जुलूस निकाला। अध्यापक/शिक्षक संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर महिला-पुरुष शिक्षकों ने गांधी पार्क से शुरू होकर शहर के मुख्य मार्गों से होते हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। वर्तमान में शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि वे 18 अप्रैल को भोपाल में प्रस्तावित ‘भरो आंदोलन’ के तहत मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेंगे। गांधी पार्क से शुरू होकर वापस वहीं हुआ समाप्त अध्यापक/शिक्षक संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर सोमवार रात महिला और पुरुष शिक्षकों ने शहर में विशाल मशाल जुलूस निकाला। यह जुलूस गांधी पार्क से शुरू होकर स्टेशन रोड और तुलसी पार्क होते हुए वापस गांधी पार्क पर ही समाप्त हुआ। जुलूस के दौरान शिक्षकों ने हाथों में जलती मशालें लेकर शांतिपूर्ण ढंग से प्रमुखता से टीईटी परीक्षा निरस्त करने और नियुक्ति दिनांक से वरिष्ठता देने की मांग उठाई। जिलाध्यक्ष बोले- टीईटी शिक्षकों के खिलाफ ‘काला कानून’ है राज्य अध्यापक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष गोपाल शिवहरे ने इस प्रदर्शन को शिक्षकों के सम्मान और अधिकारों की लड़ाई बताया। उन्होंने कहा कि, “टीईटी शिक्षकों के हितों के खिलाफ ‘काला कानून’ है और इसे हर हाल में समाप्त कराया जाएगा।” वहीं, कार्यकारी जिलाध्यक्ष दिलीप रघुवंशी ने सरकार से सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दायर करने और निर्णय आने तक टीईटी परीक्षा पर रोक लगाने की मांग की है। 29 मार्च को बना था मोर्चा, 70 हजार शिक्षक प्रभावित आजाद अध्यापक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष भीमसिंह यादव ने बताया कि यह आंदोलन प्रदेशव्यापी है। टीईटी से प्रदेश के लगभग 70 हजार और देशभर के करीब 25 लाख शिक्षक प्रभावित हैं, जिससे व्यापक असंतोष फैल रहा है। 18 अप्रैल को लाखों शिक्षक भोपाल पहुंचकर ‘भरो आंदोलन’ के तहत मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेंगे। गौरतलब है कि यह आंदोलन 29 मार्च को भोपाल में 12 शिक्षक संगठनों द्वारा संयुक्त मोर्चा बनाकर शुरू किया गया था। सोमवार के कार्यक्रम में जिले के कई पदाधिकारी सहित सैकड़ों शिक्षक उपस्थित रहे।

नशे में धुत चालक ने बाइक को मारी टक्कर:सतना में भागते हुए नाली में जा फंसी कार; लोगों ने पकड़कर पुलिस को सौंपा

नशे में धुत चालक ने बाइक को मारी टक्कर:सतना में भागते हुए नाली में जा फंसी कार; लोगों ने पकड़कर पुलिस को सौंपा

सतना जिले के कोलगवां थाना क्षेत्र अंतर्गत राजीव नगर नईबस्ती में रविवार देर रात नशे में धुत एक तेज रफ्तार कार चालक ने बाइक सवार को टक्कर मार दी और भागने के प्रयास में नियंत्रण खोकर वाहन को नाली में घुसा दिया। हादसे में कुछ लोगों को हल्की चोटें आई हैं। वर्तमान में स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने आरोपी चालक को हिरासत में ले लिया है और कार (CG 10 BS 5776) जब्त कर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। राहगीरों को टक्कर मारने की कोशिश, बाल-बाल बचे लोग प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार (क्रमांक CG 10 BS 5776) का चालक नशे की हालत में वाहन चला रहा था। उसने पहले एक बाइक सवार को टक्कर मारी और वहां से भागने का प्रयास किया। इस दौरान उसने कई राहगीरों को भी टक्कर मारने की कोशिश की। इसी भागदौड़ में चालक ने वाहन से नियंत्रण खो दिया, जिससे कार सड़क किनारे बनी नाली में जा घुसी। गनीमत रही कि इस घटना में कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। हालांकि, कुछ लोगों को हल्की चोटें आई हैं और कई राहगीर बाल-बाल बच गए। लोगों ने पकड़कर पुलिस को दी सूचना, वाहन जब्त घटना के बाद स्थानीय लोगों ने मौके पर ही नशे में धुत चालक को पकड़ लिया और पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया। लोगों ने आरोप लगाया है कि चालक पूरी तरह नशे में था और उसकी लापरवाही से कई लोगों की जान खतरे में पड़ गई थी। पुलिस मामले की जांच कर रही है और चालक के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

छिंदवाड़ा में डिस्पोजल फैक्ट्री में भीषण आग:50 लाख से ज्यादा का नुकसान, 28 लाख नगद बचाए

छिंदवाड़ा में डिस्पोजल फैक्ट्री में भीषण आग:50 लाख से ज्यादा का नुकसान, 28 लाख नगद बचाए

छिंदवाड़ा के सोनपुर रोड स्थित एक डिस्पोजल फैक्ट्री में रविवार और सोमवार की दरमियानी रात करीब 2 बजे अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरी फैक्ट्री जलकर खाक हो गई। देर रात लगी आग पर सुबह तक काबू नहीं पाया जा सका था। आग बुझाने के लिए दमकल की 5 गाड़ियां लगातार पानी डालती रहीं। इसके अलावा नगर निगम के 4 टैंकर भी मौके पर लगाए गए थे, लेकिन फैक्ट्री में बड़ी मात्रा में रखे पॉलीथिन और डिस्पोजल सामग्री के कारण आग तेजी से फैलती गई। फैक्ट्री मालिक और परिवार भी झुलसे यह फैक्ट्री दीपक साहू (30) पिता लालचंद साहू की बताई जा रही है। आग लगने के समय फैक्ट्री परिसर में बने घर में उनका परिवार मौजूद था। आग की चपेट में आने से एक बुजुर्ग झुलस गए। उन्हें बचाने के प्रयास में फैक्ट्री संचालक दीपक साहू भी घायल हो गए। बुजुर्ग को तुरंत अस्पताल भेजा गया, वहीं डॉक्टर मनन गोगिया ने मौके पर पहुंचकर दीपक साहू का प्राथमिक उपचार किया। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल घटना की सूचना मिलते ही परिवार के अन्य सदस्य भी मौके पर पहुंचे। फैक्ट्री को जलता देख परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। स्थानीय लोग उन्हें संभालते नजर आए। फैक्ट्री परिसर में सिलेंडर और जनरेटर के लिए डीजल भी रखा हुआ था। आग लगते ही स्थानीय लोगों ने साहस दिखाते हुए इन्हें बाहर निकाल लिया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। 28 लाख रुपए नगद बचाए आग तेजी से फैलने के दौरान घर में रखी 28 लाख रुपए की नगद राशि को परिजनों ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हालांकि घर का अन्य सामान आग की चपेट में आ गया। खेतों तक पहुंची आग फैक्ट्री के पास स्थित खेतों में भी आग की चिंगारी गिरने से फसल जल गई। आग फैलने के दौरान लोग पहले अपनी जान बचाने में लगे रहे, इसके बाद आग बुझाने में जुट गए। प्रशासन और जनप्रतिनिधि पहुंचे मौके पर घटना की जानकारी मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। देर रात नायब तहसीलदार भी घटनास्थल पर पहुंचे। वहीं भाजपा नेता अरविंद राजपूत, डॉक्टर मनन गोगिया सहित कई समाजसेवी भी मौके पर पहुंचकर मदद में जुटे रहे। आग लगने का कारण अज्ञात फिलहाल आग लगने के कारणों का खुलासा नहीं हो सका है। इस भीषण आगजनी में करीब 50 लाख रुपए से अधिक के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।