Aloe Vera Juice Health Benefits Explained; Nutrition Facts

4 दिन पहलेलेखक: शिवाकान्त शुक्ल कॉपी लिंक हम बचपन से एलोवेरा के हेल्थ बेनिफिट्स के बारे में सुनते आए हैं। स्किन में निखार लाने से लेकर पाचन तंत्र को बेहतर बनाने तक, इसके कई फायदे बताए जाते हैं। यही वजह है कि लोग इसका खूब इस्तेमाल करते हैं। आयुर्वेद और मेडिकल साइंस दोनों ही इसे एक बेहद उपयोगी औषधीय पौधा मानते हैं। साल 2016 में इंटरनेशनल पीयर रिव्यू ओपन एक्सेस जर्नल ‘बायोसाइंस बायोटेक्नोलॉजी रिसर्च कम्युनिकेशन’ में एक स्टडी पब्लिश हुई। इसके मुताबिक, एलोवेरा में एंटीमाइक्रोबियल और एंटीवायरल गुण होते हैं। इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी प्रभाव भी देखे गए हैं। इसलिए एलोवेरा घाव भरने, सनबर्न और स्किन डैमेज ठीक करने में मददगार हो सकता है। पिछले कुछ सालों में एलोवेरा जूस पीने का चलन तेजी से बढ़ा है। लोग इसे पाचन सुधारने, शरीर को डिटॉक्स करने, इम्यूनिटी बढ़ाने और स्किन हेल्थ बेहतर बनाने वाले नेचुरल टॉनिक के रूप में अपना रहे हैं। ऐसे में यह जानना जरूरी है कि क्या रोज एलोवेरा जूस पीना वास्तव में सुरक्षित है। साथ ही इसका शरीर पर क्या प्रभाव पड़ता है? तो आइए, आज ‘जरूरत की खबर’ में एलोवेरा जूस से जुड़े इन सभी सवालों के जवाब विस्तार से समझते हैं। साथ ही इसके फायदे, सही मात्रा, सेवन का तरीका और जरूरी सावधानियों पर भी चर्चा करेंगे। एक्सपर्ट: डॉ. अनु अग्रवाल, सीनियर क्लीनिकल डाइटीशियन, फाउंडर- ‘वनडाइडटुडे’ सवाल- एलोवेरा में कौन-कौन से पोषक तत्व होते हैं? जवाब- यूनाइटेड स्टेट्स डिपार्टमेंट ऑफ एग्रीकल्चर (USDA) के मुताबिक, एलोवेरा में भरपूर मात्रा में पानी होता है। साथ ही कैल्शियम, सोडियम और विटामिन C जैसे कई जरूरी पोषक तत्व भी होते हैं। एलोवेरा जूस आमतौर पर इसके पत्ते के अंदर मौजूद जेल को साफ करके तैयार किया जाता है। नीचे दिए ग्राफिक से 100 ग्राम एलोवेरा जूस की न्यूट्रिशनल वैल्यू समझिए- सवाल- एलोवेरा जूस हमारे शरीर में क्या काम करता है? जवाब- एलोवेरा जूस मुख्य रूप से हमारे शरीर में ये काम करता है– पाचन तंत्र को सपोर्ट करता है। हाइड्रेशन बढ़ाता है। इंफ्लेमेशन कम करता है। गट हेल्थ को सपोर्ट करता है। कब्ज, गैस और एसिडिटी जैसी समस्याओं से राहत दिलाता है। इसमें मौजूद नेचुरल एंजाइम पोषक तत्वों के अवशोषण को बेहतर बनाते हैं। सवाल- रोज एलोवेरा जूस पीने के क्या फायदे हैं? जवाब- नीचे दिए पॉइंटर्स से समझिए– एलोवेरा जूस में पानी की मात्रा अधिक होती है, जिससे यह शरीर को हाइड्रेटेड रखने में मदद करता है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सिडेंट्स और मिनरल्स इम्यूनिटी को सपोर्ट करने और ऑक्सिडेटिव स्ट्रेस को कम करने में मदद करते हैं। इसके एंजाइम्स और बायोएक्टिव कंपाउंड्स पाचन प्रक्रिया को बेहतर बनाते हैं। यह हल्की कब्ज जैसी समस्याओं में भी राहत देते हैं। कम कैलोरी होने के कारण इसे पीने पर कैलोरी इंटेक का भी डर नहीं होता। एलाेवेरा जूस के बाकी हेल्थ बेनिफिट्स नीचे दिए ग्राफिक से समझिए- सवाल- एलोवेरा जूस पीने का सही तरीका क्या है? जवाब- नीचे दिए पॉइंटर्स से समझिए– एलोवेरा जूस को हमेशा सीमित मात्रा में पिएं। इसे हमेशा पानी में मिलाकर ही पिएं। पानी मिलाना इसलिए जरूरी है क्योंकि इसमें मौजूद लेटेक्स की अधिकता दस्त, पेट में ऐंठन और इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन का कारण बन सकती है। बेहतर है कि इसे सुबह खाली पेट या भोजन से आधे घंटे पहले पिएं। शुरुआत कम मात्रा से करें और शरीर की प्रतिक्रिया देखें। अगर पेट में दर्द, दस्त या जलन हो तो तुरंत बंद कर दें। लंबे समय तक नियमित सेवन से पहले डॉक्टर की सलाह लेना उचित है। सवाल- क्या एलोवेरा जूस खाली पेट पीना ज्यादा फायदेमंद होता है? जवाब- हां, खाली पेट लेने से इसका अवशोषण बेहतर होता है और पाचन तंत्र को एक्टिव करने में मदद मिलती है। हालांकि यह सभी के लिए सुरक्षित नहीं है। कुछ लोगों को इससे पेट दर्द, दस्त या ऐंठन हो सकती है। इसलिए पहले डॉक्टर की सलाह लें। सवाल- एलोवेरा जूस स्किन और बालों के लिए कैसे फायदेमंद है? जवाब- नीचे दिए पॉइंटर्स से समझिए- एलोवेरा जूस में मौजूद एंटीऑक्सिडेंट्स, विटामिन C और E स्किन को फ्री-रेडिकल डैमेज से बचाने में मदद कर सकते हैं। इससे चेहरे पर निखार आता है। इसके हाइड्रेटिंग गुण स्किन को अंदर से सपोर्ट करते हैं और इंफ्लेमेशन कम करने में मदद करते हैं। इससे पिंपल्स और हल्की स्किन इरिटेशन की समस्या में राहत मिल सकती है। साल 2018, में ‘जर्नल ऑफ ड्रग डिलीवरी एंड थेरेप्यूटिक्स’ में पब्लिश एक स्टडी के मुताबिक, एलोवेरा में मौजूद बायोएक्टिव कंपाउंड्स स्किन को मुलायम और हेल्दी रखने में मदद करते हैं। इसके हीलिंग और पोषण गुणों के कारण कॉस्मेटिक इंडस्ट्री में इसका खूब यूज किया जाता है। एलोवेरा में पाए जाने वाले पोषक तत्व स्कैल्प हेल्थ को बेहतर बनाने, डैंड्रफ कम करने और बालों को मजबूत बनाने में मदद कर सकते हैं। हालांकि, बेहतर परिणाम के लिए संतुलित आहार और उचित हेयर केयर भी जरूरी है। सवाल- एक दिन में कितनी मात्रा में एलोवेरा जूस लेना सेफ है? जवाब- सामान्य तौर पर वयस्कों के लिए दिन में 20–30 ml एलोवेरा जूस पर्याप्त और सुरक्षित माना जाता है। इसे एक गिलास पानी में मिलाकर लेना बेहतर रहता है। सवाल- क्या एलोवेरा जूस पीने के कोई साइड इफेक्ट्स भी हैं? जवाब- हां, अधिक मात्रा में या लंबे समय तक एलोवेरा जूस पीने से कुछ लोगों में दस्त, पेट दर्द, ऐंठन या इलेक्ट्रोलाइट्स असंतुलन हो सकता है। इसका लैक्सेटिव प्रभाव शरीर में पोटेशियम की कमी की वजह बन सकता है। कुछ लोगों में एलर्जी या स्किन संबंधी रिएक्शन भी हो सकते हैं। सवाल- किन लोगों को एलोवेरा जूस नहीं पीना चाहिए? जवाब- कुछ लोगों को एलोवेरा जूस नहीं पीना चाहिए। जैसेकि- प्रेग्नेंट और ब्रेस्टफीड कराने वाली महिलाएं। छोटे बच्चे और बुजुर्ग। जिन्हें एलोवेरा से एलर्जी है। जिन्हें किडनी या लिवर डिजीज है। जिन्हें आंतों से जुड़ी समस्या है। जिन्हें कोई गंभीर बीमारी है। जिनका ब्लड प्रेशर लो रहता है। जिनका ब्लड शुगर लो रहता है। सवाल- बाजार से एलोवेरा जूस खरीदते समय किन बाताें का ध्यान रखना चाहिए? जवाब- इस दौरान कुछ बातों का खास ख्याल रखें। जैसेकि- FSSAI लाइसेंस नंबर और कंपनी की पूरी जानकारी स्पष्ट रूप से दी गई हो। इंग्रीडिएंट लिस्ट ध्यान से पढ़ें। उसमें एडेड शुगर, आर्टिफिशियल कलर या फ्लेवर न हों। मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपायरी डेट जरूर जांचें। बोतल की सील
Pension Fraud; Life Certificate APK Files Scam Case Explained

6 दिन पहलेलेखक: शिवाकान्त शुक्ल कॉपी लिंक कुछ दिनों पहले दिल्ली के एक 79 वर्षीय रिटायर्ड सिविल इंजीनियर के साथ साइबर ठगी हुई। स्कैमर्स ने फर्जी विज्ञापन के जरिए उन्हें लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट करने का झांसा दिया। इसके बाद उनके बैंक खाते से पैसे निकाल लिए। हाल ही में इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर (I4C) ने अपने ‘एक्स’ हैंडल से ऐसी ही एक घटना का वीडियो शेयर किया है। इसमें पेंशनधारकों को लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट के नाम पर होने वाले स्कैम के बारे में सतर्क किया गया है। साइबर ठग बुजुर्गों की तकनीकी जानकारी की कमी का फायदा उठाते हैं। ऐसे में हमें अपने घर के बुजुर्गों को डिजिटल दुनिया के पीछे छिपे खतरों के बारे में बताना जरूरी है। चलिए, आज साइबर लिटरेसी कॉलम में हम इस स्कैम के बारे में विस्तार से बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि- स्कैमर पेंशनर्स को अपने जाल में कैसे फंसाते हैं? ऐसे स्कैम से बचने के लिए किन बातों का ध्यान रखना चाहिए? एक्सपर्ट: राहुल मिश्रा, साइबर सिक्योरिटी एडवाइजर, उत्तर प्रदेश पुलिस सवाल- पेंशनर लाइफ सर्टिफिकेट क्या है, ठगों ने रिटायर्ड बुजुर्ग को कैसे चूना लगाया? जवाब- यह पेंशन धारक के जीवित होने का आधिकारिक प्रमाणपत्र है। पेंशनर्स को हर साल यह सर्टिफिकेट अपने बैंक या अधिकृत पोर्टल के माध्यम से अपडेट कराना होता है। अगर यह समय पर जमा न हो तो पेंशन रुक सकती है। ठग इसी का फायदा उठाते हैं। नीचे दो अलग-अलग मामले समझिए- पहला मामला I4C द्वारा शेयर किए गए वीडियो के मुताबिक, एक रिटायर्ड पुलिस ऑफिसर को फेसबुक स्क्रॉल करते हुए पेंशनर लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट करने का एक एड दिखा। जैसे ही उन्होंने इस एड पर क्लिक किया, एक वेबपेज खुला। इसमें ऑलरेडी उनकी कुछ पर्सनल डिटेल्स ऑटो-फिल थीं। उन्होंने ज्यादा सोचा नहीं और फॉर्म सबमिट कर दिया। कुछ देर बाद उन्हें एक फोन कॉल आया और वॉट्सएप पर .apk फाइल भेजी आई। उनसे कहा गया कि ये फाइल डाउनलोड करके फॉर्म भर दीजिए। आपका पेंशनर लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट हो जाएगा। उन्होंने फॉर्म में अपना आधार नंबर, फोन नंबर दर्ज किया और ओटीपी सबमिट किया। ऐसा करते ही उनके फोन का कंट्रोल साइबर क्रिमिनल्स के पास चला गया। कुछ ही समय में उनके बैंक अकाउंट से 2.40 लाख रुपए कट गए। दूसरा मामला दूसरी घटना में रिटायर्ड सिविल इंजीनियर को फेसबुक स्क्रॉलिंग के दौरान PNB लाइफ सर्टिफिकेट का विज्ञापन दिखा। लिंक पर क्लिक करते ही उनसे नाम और मोबाइल नंबर लिया गया। कॉलर ने खुद को PNB स्टाफ बताकर वॉट्सएप पर ‘PNB Pension Life Certificate Update.apk’ भेजा और एप डाउनलोड करवाया। एप के जरिए पर्सनल व बैंक डिटेल ली गई और भरोसे के लिए 1 रुपए कटते दिखाया गया। कुछ ही घंटों में खाते से 4.15 लाख रुपए निकाल लिए गए। सवाल- रिटायर्ड बुजुर्गों की तरफ से क्या गलती हुई, जिसके कारण वे ठगी का शिकार हो गए? जवाब- दोनों रिटायर्ड बुजुर्गों ने तीन बड़ी गलतियां की थीं- उन्होंने सोशल मीडिया पर दिखे विज्ञापन पर भरोसा कर लिया। अनजान लिंक से APK फाइल डाउनलोड की, जो कभी भी बैंक या सरकारी प्रक्रिया का हिस्सा नहीं होती है। अनजान एप में अपनी पर्सनल और बैंक से जुड़ी जानकारी भर दी। इन्हीं तीन गलतियों के कारण उनकी मेहनत की कमाई एक बार में उड़ गई। सवाल- पेंशनर लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट के नाम पर साइबर स्कैमर्स ठगी को कैसे अंजाम देते हैं? जवाब- स्कैमर्स पेंशनर लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट के नाम पर फर्जी एप और कॉल के जरिए बैंक डिटेल्स हासिल करते हैं। इसके बाद खाते से पैसे ऐंठ लेते हैं। इसे नीचे दिए ग्राफिक से समझिए- सवाल- लोग इतनी आसानी से इस तरह के स्कैम के झांसे में क्यों फंस जाते हैं? जवाब- इस स्कैम में ठग पेंशनर्स की सीमित तकनीकी जानकारी का फायदा उठाते हैं। ‘लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट’ जैसी जरूरी प्रक्रिया का नाम लेकर वे पेंशनर्स को डराते हैं कि अगर तुरंत अपडेट नहीं किया गया तो पेंशन रुक सकती है। इस डर से वे बिना जांच-पड़ताल के फर्जी लिंक पर क्लिक कर देते हैं। सवाल- इस तरह के किसी भी स्कैम से बचने के लिए किन बातों का ध्यान रखना चाहिए? जवाब- इसके लिए घर के बुजुर्गों को तकनीक के बारे में जागरूक करना जरूरी है। उन्हें ये बताएं कि बैंक या सरकार कभी भी APK फाइल भेजकर या फोन पर डिटेल्स मांगकर लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट नहीं कराती है। इसके साथ ही उन्हें कुछ और बुनियादी बातों की जानकारी दें। इसे नीचे दिए ग्राफिक से समझिए- सवाल– पेंशनर लाइफ सर्टिफिकेट अपडेट कराने या प्राप्त करने का सही तरीका क्या है? जवाब– लाइफ सर्टिफिकेट सिर्फ बैंक ब्रांच, पोस्ट ऑफिस या सरकारी jeevanpramaan.gov.in पोर्टल के जरिए ही अपडेट होता है। यह कभी भी सोशल मीडिया लिंक, कॉल या APK फाइल से नहीं होता है। सवाल- घर के बुजुर्गों को स्कैम से बचाने के लिए क्या जरूरी कदम उठाने चाहिए? जवाब- इसके लिए घर के बुजुर्गों को कुछ बातें जरूर बताएं। जैसेकि- उन्हें समझाएं कि बैंक कभी भी फोन, वॉट्सएप या लिंक से डिटेल नहीं मांगते हैं। सोशल मीडिया विज्ञापनों पर तुरंत भरोसा न करें। अनजान एप डाउनलोड न करने के लिए मना करें। अनजान कॉल, मैसेज या लिंक से इंटरैक्ट न करें। समय-समय पर उनके मोबाइल फोन चेक करते रहें। देखें कोई संदिग्ध एप तो नहीं है। उनके फोन में सिर्फ जरूरी और भरोसेमंद एप ही रखें। बैंकिंग एप में डेली ट्रांजैक्शन लिमिट सेट करें। नेट बैंकिंग और UPI पर अलर्ट/SMS नोटिफिकेशन हमेशा ऑन रखें। उनके फोन में साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 सेव करें। बैंक और परिवार के दो भरोसेमंद नंबर स्पीड डायल में डालें। समय-समय पर उनके साथ बैठकर स्कैम के नए तरीकों के बारे में बताएं। प्ले स्टोर में ‘प्ले प्रोटेक्ट’ विकल्प हमेशा ऑन रखें। किसी के कहने पर भी इसे बंद न करें। सेटिंग्स से ‘इंस्टॉलेशन फ्रॉम अननोन सोर्स’ विकल्प को हमेशा ऑफ रखें। सवाल- किसी भी स्कैम से बचने के लिए किन बुनियादी बातों का ध्यान रखना जरूरी है? जवाब- इसके लिए 6 बुनियादी बातों का खास ख्याल रखें। अगर इसे समझ लिए तो किसी भी स्कैम से बच सकते हैं। किसी भी कॉल या मैसेज पर तुरंत भरोसा न करें। किसी भी अनजान लिंक पर कभी क्लिक न करें। .apk फाइल कभी भी








