India Vs Australia 3rd T20 Update; Smriti Mandhana Jemimah Rodrigues

Hindi News Sports India Vs Australia 3rd T20 Update; Smriti Mandhana Jemimah Rodrigues | IND W Vs AUS W स्पोर्ट्स डेस्क25 मिनट पहले कॉपी लिंक भारतीय विमेंस टीम ने तीसरे टी-20 मैच में ऑस्ट्रेलिया को 17 रन से हरा दिया है। इसी के साथ टीम इंडिया ने तीन टी-20 मैचों की सीरीज को 2-1 से जीत लिया है। भारत की ऑस्ट्रेलिया में 2016 के बाद यह पहली टी-20 सीरीज जीत है। तीसरे मैच में टीम इंडिया ने टॅास जीतने के बाद पहले बल्लेबाजी करने का फैसला लिया था। टीम ने 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 176 रनों का स्कोर बनाया था। टीम इंडिया की तरफ से बल्लेबाजी में स्मृति मंधाना और जेमिमा रोड्रिग्स का कमाल देखने को मिला। भारतीय विमेंस टीम ने ऑस्ट्रेलिया को उसी की धरती पर हराकर पहली बार टी-20 सीरीज का खिताब अपने नाम किया है। स्मृति मंधाना प्लेयर ऑफ द मैच बनी इस मैच में स्मृति मंधाना ने 55 गेंदों में 8 चौके और 3 छक्कों से साथ 82 रनों की शानदार पारी खेली। इसी प्रदर्शन के लिए उन्हें ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुना गया। वहीं जेमिमा रोड्रिग्स के ने 46 गेदों में 59 रनों की पारी खेली। भारतीय विमेंस टीम ने ऑस्ट्रेलिया को उसी की धरती पर हराकर पहली बार टी-20 सीरीज का खिताब अपने नाम किया है। भारतीय गेंदबाजों का शानदार प्रदर्शन भारत की ओर से गेंदबाजी में श्रेयांका पाटिल और श्री चरणी ने कमाल किया। दोनों ने 3-3 विकेट झटके। इसके अलावा अरुंधती रेड्डी ने 2 विकेट लिए, जबकि रेणुका सिंह ठाकुर को 1 सफलता मिली। 159 रन पर सिमटी ऑस्ट्रेलिया 176 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलिया महिला टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। टीम ने 19 रन के स्कोर पर ही पहला विकेट गंवा दिया। जॉर्जिया वोल सिर्फ 10 रन बनाकर पवेलियन लौट गईं। बेथ मूनी भी इस मैच में कुछ खास नहीं कर सकीं और महज 6 रन बनाकर आउट हो गईं। शुरुआती झटकों के बाद कंगारू टीम संभल नहीं सकी और लगातार अंतराल में विकेट गंवाती रही। ऑस्ट्रेलिया की ओर से सिर्फ एश्ले गार्डनर ने अच्छा खेला। उन्होंने 57 रन की पारी खेली। 20 ओवर में ऑस्ट्रेलिया 9 विकेट के नुकसान पर 159 रन ही बना सकी और भारत ने यह मुकाबला 17 रन से अपने नाम कर लिया। —————————————————— टी-20 वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए सूर्या बोले– अभिषेक के फॉर्म की चिंता न करें:उनकी चिंता करें, जिनके खिलाफ उनका बल्ला चलेगा; वर्ल्डकप के तीनों मैच में 0 पर आउट हुए टी-20 वर्ल्ड कप के तीन मैचों में बिना खाता खोले आउट हुए टीम इंडिया के ओपनर अभिषेक शर्मा के सपोर्ट में कप्तान सूर्यकुमार यादव का बयान आया है। शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान सूर्या बोले, अभिषेक शर्मा का फॉर्म चिंता का विषय नहीं है। मुझे चिंता उन लोगों की है, जो अभिषेक की चिंता कर रहे हैं। मुझे फिक्र उन टीमों की है, जिनके खिलाफ अभिषेक का बल्ला चलेगा। उसने पिछले साल टीम के लिए सब कुछ किया था, अब हमारी बारी है कि हम उसका साथ दें। भारत का मुकाबला रविवार को सुपर-8 में साउथ अफ्रीका के खिलाफ अहमदाबाद में खेला जाएगा। पूरी खबर दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Kharge Alleges Govt Trapped in US Deal; Rahul Says Modi Betrayed India

नई दिल्ली3 घंटे पहले कॉपी लिंक कांग्रेस ने भारत-अमेरिटा ट्रेड डील पर केंद्र सरकार पर सवाल उठाए हैं। अमेरिकी टैरिफ डील पर विपक्ष फिर मोदी सरकार पर हमलावर है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शनिवार को पीएम मोदी पर समझौता करने का आरोप लगाया। कहा कि उनका विश्वासघात अब उजागर हो चुका है। उन्होंने दावा किया कि पीएम इस व्यापार समझौते में फिर से आत्मसमर्पण कर देंगे। उधर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि टैरिफ पर अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के फैसले का इंतजार किए बिना मोदी सरकार ने इतनी जल्दबाजी में एक ट्रैप डील में शामिल क्यों हुए, जिसने भारत से भारी रियायतें छीन लीं। बता दें अमेरिका ने 2 फरवरी को भारत पर रेसिप्रोकल टैरिफ घटाकर 18% किया था। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने 20 फरवरी को बताया कि अमेरिका के साथ ‘अंतरिम व्यापार समझौता’ फरवरी के अंत तक फाइनल हो जाएगा। ट्रम्प के टैरिफ को अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने रद्द किया शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ग्लोबल टैरिफ को अवैध बताते हुए रद्द कर दिया था। सुप्रीम कोर्ट ने 6-3 के बहुमत से फैसला सुनाते हुए कहा कि संविधान के तहत टैक्स और टैरिफ लगाने का अधिकार राष्ट्रपति को नहीं, सिर्फ संसद को है। खड़गे ने कहा- मोदीजी को सच्चाई बतानी चाहिए 1. मल्लिकार्जुन खड़गे: मोदी जी को देशवासियों के सामने खड़े होकर सच्चाई बतानी चाहिए। किसने या किन कारणों ने आपको भारत के राष्ट्रीय हित और रणनीतिक स्वायत्तता से समझौता करने के लिए दबाव डाला? क्या यह एप्सटीन फाइल्स थीं। क्या भारत सरकार अपनी गहरी निष्क्रियता से जागेगी? क्या 140 करोड़ भारतीयों के आत्मसम्मान, साथ ही किसानों, मजदूरों, छोटे व्यवसायों और व्यापारियों के हितों की रक्षा करने वाला एक निष्पक्ष व्यापार समझौता पेश करेगी। 2 . जयराम रमेश: यदि सरकार अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के फैसले के लिए 18 दिन और इंतजार करती, तो भारतीय किसानों और राष्ट्रीय हितों की रक्षा की जा सकती थी। भारत-अमेरिका व्यापार समझौता वास्तव में एक परीक्षा है, जिसे प्रधानमंत्री की हताशा और आत्मसमर्पण के कारण भारत पर थोपा जा रहा है। 3. मनीष तिवारी: यह फैसला दुनिया की अदालतों के लिए संदेश है कि उन्हें कार्यपालिका की ज्यादती रोकनी चाहिए। अगर न्यायपालिका अपना काम नहीं करेगी तो लोकतंत्र तानाशाही में बदल सकता है। इस फैसले से ट्रम्प प्रशासन, न्यायपालिका और विधायिका के बीच टकराव की स्थिति बन सकती है। 4. प्रियंका चतुर्वेदी: भारत ने इस समझौते में जल्दबाजी क्यों की? भारत को अदालत के फैसले का इंतजार करना चाहिए था। अभी भारतीय निर्यात पर 10% टैरिफ है, जबकि अमेरिकी आयात पर लगभग जीरो टैरिफ, इससे डील असंतुलित दिखती है। 20 फरवरी: ट्रम्प ने सभी देशों पर 10% नया टैरिफ लगाया 20 फरवरी को अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के टैरिफ रद्द करने के फैसले के 3 घंटे के अंदर डोनाल्ड ट्रम्प ने दुनियाभर पर 10% ग्लोबल टैरिफ लगाया। उन्होंने एक आदेश पर हस्ताक्षर कर इसे लागू किया। यह टैरिफ 24 फरवरी को आधी रात से लागू होगा। इससे पहले शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ग्लोबल टैरिफ को अवैध बताते हुए रद्द कर दिया था। सुप्रीम कोर्ट ने 6-3 के बहुमत से फैसला सुनाते हुए कहा कि संविधान के तहत टैक्स और टैरिफ लगाने का अधिकार राष्ट्रपति को नहीं, सिर्फ संसद को है। ट्रम्प ने इसकी आलोचना करते हुए कहा- यह बहुत निराशाजनक है। मुझे कोर्ट के कुछ जजों पर शर्म आ रही है। वे देश के लिए कलंक हैं, उनमें हमारे देश के लिए सही काम करने की हिम्मत नहीं है। भारत के साथ ट्रेड डील पर ट्रम्प ने कहा कि, इस डील में कोई बदलाव नहीं होगा। पीएम मोदी मेरे अच्छे दोस्त हैं। हालांकि, BBC की रिपोर्ट के मुताबिक, व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने बताया ब्रिटेन, भारत और यूरोपीय यूनियन समेत अमेरिका के साथ व्यापार समझौते करने वाले देशों को अब 10% टैरिफ का सामना करना पड़ेगा। यानी कि भारत पर अब टैरिफ 18% की जगह घटकर 10% रह जाएगा। पूरी खबर पढ़ें… ………………….. यह खबर भी पढ़ें… ट्रम्प बोले-भारत के साथ ट्रेड डील में कोई बदलाव नहीं: पहले से तय समझौते पर बात आगे बढ़ेगी; वो टैरिफ देंगे, हम नहीं अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट के टैरिफ रद्द करने के फैसले और ट्रम्प के दोबारा नए टैरिफ के ऐलान के बाद भारत-यूएस ट्रेड डील पहले की तरह रहेगी। ट्रम्प ने शुक्रवार को कहा कि, भारत के साथ होने जा रहे समझौते पर कोई असर नहीं पड़ेगा। यह पहले की तरह आगे बढ़ेगा। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
India Vs Pakistan; T20 World Cup 2026 Viewership Record

स्पोर्ट्स डेस्क12 घंटे पहले कॉपी लिंक भारत ने पाकिस्तान को कोलंबों में खेले गए लीग मैच में 61 रनों से हराया था। भारत-पाकिस्तान के हाई-वोल्टेज मुकाबले ने व्यूअरशिप के सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। डिजिटल प्लेटफॉर्म पर इस मैच को 16.3 करोड़ यूजर्स ने देखा। यह T20 फॉर्मेट में किसी भी ICC इवेंट के लिए एक मैच की सबसे ज्यादा रीच है। यह मैच 15 फरवरी को कोलंबो के आर प्रेमदासा स्टेडियम में खेला गया था। इस मैच को 20 बिलियन मिनट देखा गया है। इसने डिजिटल प्लेटफॉर्म पर 2024 T20 वर्ल्ड कप फाइनल मैच को भी पीछे छोड़ दिया है। यह फाइनल मैच भारत और साउथ अफ्रीका के बीच खेला गया था। यह तस्वीर रविवार को खेले गए भारत-पाकिस्तान मुकाबले की है, जब तिलक वर्मा ने शादाब खान को आउट कर पवेलियन भेजा था। 20 अरब मिनट का वॉच टाइम रिकॉर्ड मोबाइल पर यह मैच लीग स्टेज का सबसे ज्यादा देखा गया मुकाबला बना। सभी प्लेटफॉर्म मिलाकर कुल 20 अरब मिनट का वॉच टाइम रिकॉर्ड हुआ, जो पिछले संस्करण की तुलना में 42% ज्यादा है। 2024 के भारत-पाकिस्तान मैच की तुलना में भी डिजिटल रीच में 56% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। भारत-पाकिस्तान मैच के दौरान अक्षर पटेल ने बाबर आजम को बोल्ड किया था। जियोहॉटस्टार बोला- टी-20 वर्ल्ड कप के लिए जुनून का सबूत जियोहॉटस्टार के स्पोर्ट्स सेल्स हेड अनूप गोविंदन ने कहा कि यह रिकॉर्ड दर्शकों के जबरदस्त जुड़ाव को दिखाता है। वहीं कंटेंट हेड सिद्धार्थ शर्मा ने इसे देश के टी-20 वर्ल्ड कप के लिए जुनून का सबूत बताया। भारत ने जीत के साथ टी20 वर्ल्ड कप में पाकिस्तान के खिलाफ अपना रिकॉर्ड 8-1 कर लिया है। वहीं, भारत अब सुपर-8 में पहुंच चुका है और 21 फरवरी से शुरू हो रहे अगले चरण में खिताब बचाने की चुनौती के साथ उतरेगा। सुपर-8 में 12 मैच होंगे, 3 दिन डबल हेडर सुपर-8 स्टेज में 4-4 टीमों के 2 ग्रुप बनेंगे। हर टीम अपने ग्रुप में एक-दूसरे के खिलाफ 3-3 मैच खेलेगी। यानी एक ग्रुप में 6 मैच होंगे। इस तरह दोनों ग्रुप मिलाकर 12 मुकाबले खेले जाएंगे। दोनों ग्रुप की 2-2 टॉप टीमें अगले राउंड में एंट्री करेंगी। सुपर-8 स्टेज में 22 और 26 फरवरी के साथ 1 मार्च को 2-2 मैच खेले जाएंगे। 20 से 28 फरवरी तक बाकी दिन 1-1 मैच ही होगा। 4 मार्च को पहला सेमीफाइनल होगा, वहीं 5 मार्च को वानखेड़े स्टेडियम में दूसरा सेमीफाइनल खेला जाएगा। इन्हें जीतने वाली टीम 8 मार्च को फाइनल में भिड़ेगी। अगर पाकिस्तान ने नॉकआउट राउंड में एंट्री की तो उसके सभी मैच कोलंबो में होंगे। सुपर-8 के मैचों का पूरा शेड्यूल ————————————————— क्रिकेट का कीड़ा है तो सॉल्व कीजिए ये सुपर क्विज क्या आप खुद को क्रिकेट के सुपर फैन मानते हैं? पूरे T20 वर्ल्ड कप टूर्नामेंट के दौरान दैनिक भास्कर के खास गेम ‘SUPER ओवर’ में रोज क्रिकेट से जुड़े 6 सवाल आपका क्रिकेट ज्ञान परखेंगे। जितनी जल्दी सही जवाब देंगे उतने ज्यादा रन बनेंगे। जितने ज्यादा रन बनेंगे, लीडरबोर्ड में उतना ही ऊपर आएंगे। तो रोज खेलिए और टूर्नामेंट का टॉप स्कोरर बनिए। अभी खेलें SUPER ओवर…क्लिक करें ————————————————– टी-20 वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए सुपर-8 के मैचों का पूरा शेड्यूल:21 फरवरी से शुरुआत, 3 डबल हेडर होंगे, भारत 22 फरवरी को साउथ अफ्रीका से खेलेगा टी-20 वर्ल्ड कप 2026 की सुपर-8 टीमें तय हो चुकी है। ग्रुप ए से भारत और पाकिस्तान ने अगले दौर में प्रवेश किया है। लेकिन, इन टीमों के मुकाबले कब और कहां होंगे? किस टीम को कौन से ग्रुप में रखा गया है और उसका मैच कब होगा। इस टूर्नामेंट में 20 टीमों ने हिस्सा लिया। 5-5 टीमों को 4 अलग ग्रुप में बांटा गया। 36 मैच खत्म होने के बाद ही अगले राउंड की 8 टीमें तय हो गईं। गुरुवार को 3 मैच खेले गए, लेकिन इनसे सुपर-8 पर कोई फर्क नहीं पड़ा। आज ऑस्ट्रेलिया-ओमान आखिरी ग्रुप मैच खेलेंगे, लेकिन सुपर-8 पर इसका भी कोई असर नहीं होगा। पूरी खबर दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
India-US Deal Looks Like India Giving More, Getting Less

नई दिल्ली11 घंटे पहले कॉपी लिंक कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर PM नरेंद्र मोदी पर फिर निशाना साधा। राहुल ने कहा कि इस समझौते से ऐसा लगता है जैसे भारत ज्यादा दे रहा है और बदले में कम पा रहा है। राहुल ने इसे अमेरिका के सामने पूरी तरह झुक जाना बताया। शुक्रवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट में राहुल गांधी ने कहा कि उन्होंने संसद में अपने भाषण में जिउ-जित्सु (एक खेल) का उदाहरण इसलिए दिया था, क्योंकि उस खेल में किसी को पकड़कर या दबाकर काबू किया जाता है। उनका कहना है कि राजनीति में भी ऐसे दबाव होते हैं जो बाहर से दिखाई नहीं देते। राहुल की पोस्ट: राहुल ने ये सवाल उठाए: किसानों का नुकसान क्यों होने दिया गया? अमेरिका से तेल और दूसरी चीजें ज्यादा खरीदने पर सहमति क्यों दी गई? हर साल 100 अरब डॉलर का आयात बढ़ाने की बात क्यों मानी गई? भारत का डेटा (जानकारी) विदेशी कंपनियों को क्यों दिया जा रहा है? भारत डेटा कॉलोनी बन सकता है राहुल ने कहा कि इस समझौते से भारत डेटा कॉलोनी बन सकता है। यानी देश का डेटा दूसरे देश के हाथ में चला जाएगा। भारत का डेटा बहुत कम कीमत पर अमेरिकी कंपनियों को दिया जा रहा है। राहुल ने अमेरिका में चल रहे अडानी मामले और एपस्टीन मामले का जिक्र किया और कहा कि कुछ फाइलें जारी नहीं की गई हैं, जिनसे जुड़े नाम सामने आ सकते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि PM मोदी पर अलग-अलग तरह के दबाव हैं। एक तरफ अमेरिका का दबाव और दूसरी तरफ चीन सीमा पर खड़ा है। राहुल के मुताबिक, इन दबावों की वजह से यह समझौता हुआ। कांग्रेस का कहना है कि यह समझौता किसानों, कपड़ा उद्योग और देश की अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचा सकता है। पार्टी ने कहा कि किसी भी व्यापार समझौते में देश के हित और आजादी से समझौता नहीं होना चाहिए। ————————— ये खबर भी पढ़ें: राहुल बोले-ट्रेड डील में किसानों के साथ धोखा हो रहा:पीएम मोदी से 5 सवाल किए; शाह बोले- राहुल झूठ फैला रहे लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने रविवार को भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर पीएम नरेंद्र मोदी से पांच सवाल किए। उन्होंने आरोप लगाया कि इस डील के नाम पर भारतीय किसानों के साथ विश्वासघात हो रहा है। गांधी ने कहा कि यह मुद्दा देश की कृषि के भविष्य से जुड़ा है। पढ़ें पूरी खबर… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Ramesh on Modi Govt: Max Optics Damaging India

नई दिल्ली13 घंटे पहले कॉपी लिंक AI इम्पेक्ट समिट के चौथे दिन पीएम मोदी और ग्लोबल टेक लीडर्स ग्रुप फोटो के दौरान। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने दिल्ली में आयोजित एआई इम्पेक्ट समिट को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर टिप्पणी की है। उन्होंने शुक्रवार को X पोस्ट में लिखा कहा- MODI गर्वेंनेंस का मतलब ‘मैक्सिमम ऑप्टिक्स डैमेजिंग इंडिया, यानी भारत को अधिक से अधिक नुकसान पहुंचा रहे है। उन्होंने लिखा कि अमेरिका-पाकिस्तान बीच रोमांस बिना रुके जारी है। जब ये हो रहा था तब खुद को ‘विश्वगुरु’ बताने वाले संक्षिप्त शब्दों में दुनिया को ज्ञान दे रहे थे और CEOs को अपनी एकजुटता दिखाने के लिए मजबूर कर रहे थे। रमेश का कमेंट पीएम मोदी का समिट में आए ग्लोबल टेक लीडर्स के साथ हाथ उठाकर फोटो खिंचाने पर आया है। इधर 19 फरवरी को वॉशिंगटन डीसी में बोर्ड ऑफ पीस इवेंट में पाकिस्तान के पीएम और अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प की मीटिंग हुई। OpenAI और एंथ्रोपिक CEO ने ग्रुप फोटो में एक-दूसरे का हाथ नहीं पकड़ा AI इम्पेक्ट समिट के दौरान भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गूगल और अल्फाबेट के CEO सुंदर पिचाई, ओपन-एआई के CEO सैम ऑल्टमैन, एंथ्रोपिक के CEO डारियो अमोदेई समेत अन्य ग्लोबल टेक लीडर्स। सम्मिट के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ दुनिया के दिग्गज नेताओं और टेक कंपनियों के प्रमुख ग्रुप फोटो के लिए मंच पर आए। मंच पर पीएम मोदी के साथ OpenAI के सीईओ सैम ऑल्टमैन, एआई एक्सपर्ट्स और अन्य वैश्विक टेक लीडर्स मौजूद थे। ग्रुप फोटो के दौरान सभी नेताओं ने एक-दूसरे का हाथ पकड़कर ऊपर उठाया। पीएम मोदी के दोनों ओर खड़े नेताओं ने उनका हाथ थामा, लेकिन OpenAI के सीईओ सैम ऑल्टमैन ने पास खड़े एंथ्रोपिक CEO डारियो अमोदेई का हाथ नहीं पकड़ा। बाद में सैम ऑल्टमैन ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आया कि उस समय क्या करना था। OpenAI में पहले भी मतभेद सामने आए बताया जा रहा है कि OpenAI के अंदर पहले भी मतभेद सामने आ चुके हैं। 2021 में कंपनी के भीतर कुछ फैसलों और साझेदारी को लेकर विवाद की स्थिति बनी थी। माइक्रोसॉफ्ट के साथ OpenAI के समझौतों और कंपनी की दिशा को लेकर मतभेद की खबरें सामने आई थीं। इन घटनाओं के बाद कंपनी के अंदर नेतृत्व और फैसलों को लेकर कई बदलाव हुए और नए प्रोजेक्ट्स पर काम शुरू किया गया। जयराम रमेश के सरकार के खिलाफ पुराने बयान 22 जनवरी: जयराम रमेश ने ट्रम्प के बयान का वीडियो शेयर किया था। जिसके साथ लिखा था कल तक भारत-पाकिस्तान युद्ध रुकवाने के दावे की ट्रम्प की गिनती 70 थी और आज यह 71 हो गई है। यह याद रखना चाहिए कि दावोस में भारत का एक बड़ा भारतीय प्रतिनिधिमंडल मौजूद है। 19 फरवरी: PM बोले-डीपफेक रोकने के लिए AI कंटेंट पर लेबल लगे इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के चौथे दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने AI के सुरक्षित इस्तेमाल का नया फॉर्मूला दिया था। पीएम ने कहा था कि जैसे खाने के पैकेट पर ‘न्यूट्रिशन लेबल’ होता है, वैसे ही डिजिटल कंटेंट पर भी ‘ऑथेंटिसिटी लेबल’ होना चाहिए ताकि फर्क पता चल सके। पूरी खबर पढ़ें… …………………… यह खबर भी पढ़ें… AI कंटेंट पर लेबल जरूरी, आज से नए नियम लागू: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को डीपफेक फोटो-वीडियो 3 घंटे में हटाने होंगे अगर कोई फोटो, वीडियो या ऑडियो एआई की मदद से बनाया गया है, तो उस पर ‘लेबल’ लगाना जरूरी कर दिया गया है। इसके साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को किसी भी आपत्तिजनक कंटेंट को शिकायत मिलने के महज 3 घंटे के भीतर हटाना होगा। ये नए नियम 20 फरवरी 2026 से लागू हो गए हैं। 10 फरवरी को इसका नोटिफिकेशन जारी हुआ था। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Gaza Board Peace Meeting 2026; Donald Trump India

वॉशिंगटन डीसी16 घंटे पहले कॉपी लिंक अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन में गुरुवार को बोर्ड ऑफ पीस की पहली मीटिंग हुई। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ‘बोर्ड ऑफ पीस’ की पहली बैठक में भारत ने गुरुवार को ऑब्जर्वर देश के तौर पर हिस्सा लिया। यह बैठक वॉशिंगटन डीसी में हुई। भारत की तरफ से भारतीय दूतावास में तैनात चार्ज द’अफेयर्स (सीनियर अधिकारी) नमग्या सी खम्पा ने हिस्सा लिया। भारत ने अभी तक यह साफ नहीं किया है कि वह बोर्ड का फुल टाइम मेंबर बनेगा या नहीं। भारत ने पिछले महीने दावोस में इसके लॉन्च कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लिया था। ‘बोर्ड ऑफ पीस’ की बैठक में गाजा के पुनर्निर्माण के लिए 1.5 लाख करोड़ रुपए के राहत पैकेज का ऐलान किया गया है। ट्रम्प ने कहा कि 9 सदस्य देश गाजा राहत पैकेज के लिए 63 हजार करोड़ रुपए (7 अरब डॉलर) देंगे। जबकि, अमेरिका खुद 90 हजार करोड़ रुपए (10 अरब डॉलर) देगा। वहीं, 5 देशों ने युद्ध से तबाह फिलिस्तीनी इलाके में सैनिक तैनात करने पर सहमति दी है। वॉशिंगटन में हुई इस बैठक में करीब 50 देशों के अधिकारी शामिल हुए। इनमें से 27 देश बोर्ड के सदस्य हैं, जिनमें अजरबैजान, बेलारूस, मिस्र, हंगरी, इंडोनेशिया, इजराइल, जॉर्डन, मोरक्को, पाकिस्तान, कतर, सऊदी अरब, तुर्की, UAE, उज्बेकिस्तान और वियतनाम शामिल हैं। भारत और यूरोपीय संघ (EU) सहित बाकी देश ऑब्जर्वर के तौर पर शामिल हुए। बोर्ड ऑफ पीस से जुड़ी तस्वीरें… राष्ट्रपति ट्रम्प बोर्ड ऑफ पीस की मीटिंग को संबोधित करते हुए। बोर्ड ऑफ पीस की पहली मीटिंग में 50 देशों के प्रतिनिधि शामिल हुए। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस मीटिंग के दौरान डोनाल्ड ट्रम्प से बात करते हुए। बैठक के दौरान ट्रम्प ने पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ को खड़े होने के लिए कहा और वो खड़े हो गए। बोर्ड ऑफ पीस की पहली मीटिंग में भारत की तरफ से सीनियर अधिकारी नमग्या सी खम्पा ने हिस्सा लिया। (फाइल फोटो) ट्रम्प बोले- ये रकम युद्ध पर खर्च के मुकाबले बहुत छोटी ट्रम्प ने कहा कि यह रकम युद्ध पर होने वाले खर्च के मुकाबले बहुत छोटी है। उन्होंने सदस्य देशों से कहा कि अगर सभी देश साथ आएं तो उस इलाके में स्थायी शांति लाई जा सकती है, जो सदियों से युद्ध और हिंसा झेलता आया है। ट्रम्प ने कहा कि गाजा पर खर्च किया गया हर डॉलर इलाके में स्थिरता लाने और बेहतर भविष्य बनाने में निवेश है। हालांकि, उन्होंने यह साफ नहीं किया कि कितने सैनिक भेजे जाएंगे, वे कब तैनात होंगे और दी गई रकम का इस्तेमाल किस तरह किया जाएगा। UN की निगरानी करेगा ट्रम्प का बोर्ड ऑफ पीस 5 देशों ने युद्ध से तबाह फिलिस्तीनी इलाके में सैनिक तैनात करने पर सहमति दी है। ट्रम्प ने यह भी साफ किया कि यह बोर्ड अब दुनिया भर के संघर्ष सुलझाने में भी भूमिका निभाएगा। ट्रम्प ने कहा, बोर्ड संयुक्त राष्ट्र (UN) की निगरानी करेगा और सुनिश्चित करेगा कि वह ठीक से काम कर रहा है। वहीं, ‘बोर्ड ऑफ पीस’ की पहली बैठक से ठीक पहले संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की बैठक हुई। इसमें वेस्ट बैंक में इजरायल के नियंत्रण बढ़ाने की कोशिशों की आलोचना की गई। पाकिस्तान के पीएम शहबाज शरीफ शामिल हुए बैठक में भारत समेत ज्यादातर देशों ने सीनियर अधिकारियों को भेजा। वहीं पाकिस्तान के पीएम शहबाज शरीफ, इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो, अर्जेंटीना के राष्ट्रपति जेवियर माइली और हंगरी के प्रधानमंत्री विक्टर ऑर्बन खुद पहुंचे। जर्मनी, इटली, नॉर्वे, स्विट्जरलैंड और ब्रिटेन उन देशों में हैं, जो बोर्ड में शामिल नहीं हुए हैं, लेकिन ऑब्जर्वर के तौर पर भाग लिया। ट्रम्प ने दावा किया, ‘सभी ने गाजा पर प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है और जिन्होंने नहीं माना है वे भी जल्द इसे मान लेंगे।’ बैठक की चर्चा का केंद्र एक ऑर्मड इंटरनेशनल स्टैबलाइजेशन फोर्स बनाना रहा, जिसका काम सुरक्षा बनाए रखना और हमास को निरस्त्र कराना होगा। यह इजराइल की प्रमुख मांग है और सीजफायर डील का अहम हिस्सा भी। हालांकि हमास ने अब तक निरस्त्रीकरण को लेकर बहुत भरोसा नहीं दिलाया है। हमास बोला- जब तक इजराइली सेना यहां है, हथियार नहीं छोड़ेंगे दूसरी ओर हमास ने कहा है कि जब तक इजराइली सेना पूरी तरह नहीं हटती, वह हथियार नहीं डालेगा। हाल ही में हमास लीडर ओसामा हमदान ने अल जजीरा को दिए इंटरव्यू में कहा कि संगठन ने अभी तक हथियारों पर कोई औपचारिक फैसला नहीं लिया है। वहीं, इजराइल का कहना है कि जब तक हमास पूरी तरह हथियार नहीं छोड़ता, सेना गाजा से नहीं हटेगी। इजराइल ने हमास को 60 दिन का समय दिया है कि वह पूरी तरह हथियार छोड़ दे। ट्रम्प के दामाद और वार्ताकार जेरेड कुशनर ने दावोस में गाजा के दक्षिणी हिस्से में छह नए शहर बसाने और समुद्री तट पर पर्यटन परियोजना बनाने की योजना पेश की थी। हालांकि, इसके लिए फंडिंग और समय-सीमा अभी तय नहीं है। बोर्ड ऑफ पीस क्या है? ट्रम्प ने पहली बार पिछले साल सितंबर 2025 में गाजा युद्ध खत्म करने की योजना पेश करते हुए इस बोर्ड का प्रस्ताव रखा था। रॉयटर्स के मुताबिक, अमेरिका ने करीब 60 देशों को इस बोर्ड में शामिल होने का न्योता भेजा है। दुनिया के नेताओं को भेजे गए न्योते में बताया गया था कि इस बोर्ड की भूमिका सिर्फ गाजा तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि यह वैश्विक स्तर पर संघर्षों को सुलझाने में भी काम करेगा। भेजे गए एक मसौदा (चार्टर) में कहा है कि जो देश तीन साल से ज्यादा समय तक इस बोर्ड का सदस्य बनना चाहते हैं, उन्हें 1 अरब डॉलर का योगदान देना होगा। ट्रम्प खुद इस बोर्ड के अध्यक्ष हैं ट्रम्प खुद इस बोर्ड के अध्यक्ष हैं। वे चाहते हैं कि यह बोर्ड सिर्फ गाजा के युद्धविराम तक सीमित न रहे, बल्कि दूसरे मुद्दों पर भी काम करे। हालांकि, इससे कुछ देशों को चिंता है कि इससे ग्लोबल डिप्लोमेसी में UN की भूमिका कमजोर हो सकती है। ट्रम्प ने कहा कि जब यह बोर्ड पूरी तरह बन जाएगा, तब यह बड़े फैसले ले सकेगा और जो भी काम होगा, वह UN के सहयोग से किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि UN में बहुत क्षमता है, लेकिन उसका अब तक पूरा इस्तेमाल नहीं
AI Content Rules 2026; Social Media Deepfake Labelling Regulations

नई दिल्ली14 घंटे पहले कॉपी लिंक अगर कोई फोटो, वीडियो या ऑडियो एआई की मदद से बनाया गया है, तो उस पर ‘लेबल’ लगाना जरूरी कर दिया गया है। इसके साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को किसी भी आपत्तिजनक कंटेंट को शिकायत मिलने के महज 3 घंटे के भीतर हटाना होगा। ये नए नियम 20 फरवरी 2026 से लागू हो गए हैं। 10 फरवरी को इसका नोटिफिकेशन जारी हुआ था। पीएम बोले- कंटेंट पर ‘ऑथेंटिसिटी लेबल’ की जरूरत इन नियमों के लागू होने से एक दिन पहले यानी, 19 फरवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने AI समिट में भी लेबल को लेकर सुझाव दिया था। उन्होंने कहा था कि जैसे खाने के सामान पर ‘न्यूट्रिशन लेबल’ होता है, वैसे ही डिजिटल कंटेंट पर भी लेबल होना चाहिए। इससे लोगों को पता चल सकेगा कि क्या असली है और क्या फैब्रिकेटेड, यानी एआई से बनाया गया है। मेटाडेटा से छेड़छाड़ की तो डिलीट होगा पोस्ट 1. एआई लेबल: वीडियो पर ‘डिजिटल स्टैम्प’ जैसे खाने के पैकेट पर लिखा होता है कि वह ‘शाकाहारी’ है या ‘मांसाहारी’, ठीक वैसे ही अब हर एआई वीडियो, फोटो या ऑडियो पर एक लेबल लगा होगा। मान लीजिए आपने एआई से एक वीडियो बनाया जिसमें कोई नेता भाषण दे रहा है, तो उस वीडियो के कोने में साफ लिखा होना चाहिए- “AI जनरेटेड”। 2. टेक्निकल मार्कर: डिजिटल डीएनए मेटाडेटा को आप उस फाइल का ‘डिजिटल डीएनए’ मान सकते हैं। यह स्क्रीन पर तो नहीं दिखता, लेकिन फाइल की कोडिंग के अंदर छिपा होता है। इसमें यह जानकारी दर्ज होगी कि यह फोटो या वीडियो किस तारीख को बना, किस AI टूल से बना और किस प्लेटफॉर्म पर पहली बार अपलोड हुआ। अगर कोई एआई का इस्तेमाल करके अपराध करता है, तो पुलिस इस ‘टेक्निकल मार्कर’ के जरिए उसके असली सोर्स तक पहुंच सकेगी। 3. छेड़छाड़ पर रोक: मिटाया नहीं जा सकेगा लेबल पहले लोग एआई से बनी फोटो का कोना काटकर या एडिटिंग करके उसका ‘वॉटरमार्क’ हटा देते थे ताकि वह असली लगे। अब सरकार ने इसे गैर-कानूनी बना दिया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को ऐसी तकनीक अपनानी होगी कि अगर कोई उस लेबल या मेटाडेटा को हटाने की कोशिश करे, तो या तो वह कंटेंट ही डिलीट हो जाए। चाइल्ड पोर्नोग्राफी और डीपफेक पर सख्त एक्शन अगर AI का इस्तेमाल चाइल्ड पोर्नोग्राफी, अश्लीलता, धोखाधड़ी, हथियारों से जुड़ी जानकारी या किसी की नकल उतारने के लिए किया जाता है, तो इसे गंभीर अपराध माना जाएगा। नवंबर में रश्मिका मंदाना का डीपफेक वीडियो वायरल हुआ था। सचिन तेंदुलकर का डीपफेक वीडियो, जिसमें वे गेमिंग ऐप को प्रमोट करते दिखे थे। 3 घंटे की डेडलाइन, पहले 36 घंटे का समय मिलता था आईटी नियमों में हुए नए बदलाव के बाद अब सोशल मीडिया कंपनियों के पास कार्रवाई के लिए बहुत कम समय होगा। पहले किसी गैर-कानूनी कंटेंट को हटाने के लिए 36 घंटे का समय दिया जाता था, जिसे अब घटाकर सिर्फ 3 घंटे कर दिया गया है। यूजर ने गलत जानकारी दी तो प्लेटफॉर्म जिम्मेदार अब जब भी कोई यूजर सोशल मीडिया पर कुछ अपलोड करेगा, तो प्लेटफॉर्म को उससे यह डिक्लेरेशन लेनी होगी कि क्या यह कंटेंट एआई से बनाया गया है। कंपनियों को ऐसे टूल्स तैनात करने होंगे जो यूजर के इस दावे की जांच कर सकें। अगर कोई प्लेटफॉर्म एआई कंटेंट को बिना डिस्क्लोजर के पब्लिश होने देता है, तो इसके लिए वह खुद जिम्मेदार माना जाएगा। केंद्र ने कहा- इससे इंटरनेट ज्यादा भरोसेमंद बनेगा सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने साफ कहा कि ये स्टेप ‘ओपन, सेफ, ट्रस्टेड और अकाउंटेबल इंटरनेट’ बनाने के लिए है। यह जनरेटिव AI से आने वाली मिस-इनफॉर्मेशन, इम्पर्सनेशन और इलेक्शन मैनिपुलेशन जैसी रिस्क्स को हैंडल करेगा। इससे इंटरनेट ज्यादा भरोसेमंद बनेगा। सरकार के नोटिफिकेशन में दिए जरूरी सवालों के जवाब… सेक्शन 1: नए नियम और उनके उद्देश्य 1. आईटी संशोधन नियम, 2026 क्या हैं? यह नियम 2021 के आईटी नियमों को मजबूत करते हैं, ताकि एआई द्वारा बनाई गई जानकारी (SGI) और ऑनलाइन होने वाले नुकसानों को रोका जा सके । 2. इन संशोधनों की जरूरत क्यों पड़ी? एआई के जरिए अब असली दिखने वाले डीपफेक बनाना आसान हो गया है । इनसे गलत सूचनाएं फैलने, पहचान चोरी होने और अश्लीलता (NCII) जैसे खतरों को रोकने के लिए ये नियम लाए गए हैं। ये नियम 20 फरवरी, 2026 से पूरे देश में लागू हो चुके हैं । सेक्शन 2: मुख्य परिभाषाएं और दायरा 3. ‘ऑडियो, विजुअल या ऑडियो-विजुअल जानकारी’ का क्या मतलब है? कंप्यूटर के जरिए बनाई या बदली गई कोई भी आवाज, फोटो, ग्राफिक या वीडियो कंटेंट। 4. ‘सिंथेटिकली जनरेटेड इंफॉर्मेशन’ (SGI) क्या है? ऐसी जानकारी जिसे एआई या एल्गोरिदम से बनाया गया हो और वह बिल्कुल असली व्यक्ति या घटना की तरह लगे। जिसे देखकर कोई भी धोखा खा जाए। 5. किन चीजों को SGI नहीं माना जाएगा? फोटो की ब्राइटनेस बढ़ाना, वीडियो कंप्रेस करना या बैकग्राउंड शोर कम करना । या फिर पीपीटी बनाना, डायग्राम बनाना या रिसर्च के लिए काल्पनिक केस स्टडी बनाना । वीडियो में सबटाइटल जोड़ना, अनुवाद करना या ऑडियो को टेक्स्ट में बदलना। वहीं अगर एआई से फर्जी मार्कशीट या सरकारी लेटर बनाया, तो उसे छूट नहीं मिलेगी। 6. क्या ये नियम सिर्फ वीडियो पर लागू हैं? SGI मुख्य रूप से फोटो, वीडियो और ऑडियो पर केंद्रित है। सिर्फ टेक्स्ट SGI नहीं है, लेकिन अगर टेक्स्ट का इस्तेमाल गैर-कानूनी काम में होता है, तो IT नियमों के दायरे में आएगा । सेक्शन 3: यूजर्स और कंपनियों की जिम्मेदारी 7. क्या प्लेटफॉर्म्स पर ‘सेफ हार्बर’ सुरक्षा बनी रहेगी? हां, अगर कंपनियां इन नियमों का पालन करते हुए एआई कंटेंट को हटाती हैं, तो उनकी कानूनी सुरक्षा (धारा 79) बनी रहेगी । यानी, कंपनी पर कार्रवाई नहीं होगी। सेफ हार्बर’ को आसान भाषा में ऐसे समझें: कानूनी ढाल: यह सोशल मीडिया कंपनियों को मिला एक सुरक्षा कवच है, जो कहता है कि अगर किसी यूजर ने प्लेटफॉर्म पर कोई गलत पोस्ट या वीडियो डाला है, तो उसके लिए कंपनी को जिम्मेदार नहीं ठहराया जाएगा। शर्तिया सुरक्षा: यह सुरक्षा तभी तक मिलती है जब तक कंपनियां सरकार के नियमों को मानती हैं। अगर वे शिकायत मिलने पर 3 घंटे के भीतर SGI नहीं हटातीं, तो
India vs South Africa Match Date

स्पोर्ट्स डेस्क9 घंटे पहले कॉपी लिंक टी-20 वर्ल्ड कप 2026 की सुपर-8 टीमें तय हो चुकी है। ग्रुप ए से भारत और पाकिस्तान ने अगले दौर में प्रवेश किया है। लेकिन, इन टीमों के मुकाबले कब और कहां होंगे? किस टीम को कौन से ग्रुप में रखा गया है और उसका मैच कब होगा। इस टूर्नामेंट में 20 टीमों ने हिस्सा लिया। 5-5 टीमों को 4 अलग ग्रुप में बांटा गया। 36 मैच खत्म होने के बाद ही अगले राउंड की 8 टीमें तय हो गईं। गुरुवार को 3 मैच खेले गए, लेकिन इनसे सुपर-8 पर कोई फर्क नहीं पड़ा। आज ऑस्ट्रेलिया-ओमान आखिरी ग्रुप मैच खेलेंगे, लेकिन सुपर-8 पर इसका भी कोई असर नहीं होगा। सुपर-8 के लिए क्वालिफाई करने वालीं 8 टीमें सुपर-8 में 12 मैच होंगे, 3 दिन डबल हेडर सुपर-8 स्टेज में 4-4 टीमों के 2 ग्रुप बनेंगे। हर टीम अपने ग्रुप में एक-दूसरे के खिलाफ 3-3 मैच खेलेगी। यानी एक ग्रुप में 6 मैच होंगे। इस तरह दोनों ग्रुप मिलाकर 12 मुकाबले खेले जाएंगे। दोनों ग्रुप की 2-2 टॉप टीमें अगले राउंड में एंट्री करेंगी। सुपर-8 स्टेज में 22 और 26 फरवरी के साथ 1 मार्च को 2-2 मैच खेले जाएंगे। 20 से 28 फरवरी तक बाकी दिन 1-1 मैच ही होगा। 4 मार्च को पहला सेमीफाइनल होगा, वहीं 5 मार्च को वानखेड़े स्टेडियम में दूसरा सेमीफाइनल खेला जाएगा। इन्हें जीतने वाली टीम 8 मार्च को फाइनल में भिड़ेगी। अगर पाकिस्तान ने नॉकआउट राउंड में एंट्री की तो उसके सभी मैच कोलंबो में होंगे। सुपर-8 के मैचों का पूरा शेड्यूल PAK-NZ के बीच पहला ग्रुप स्टेज मैच 7 फरवरी से शुरू हुए टूर्नामेंट के सुपर-8 स्टेज की शुरुआत 21 फरवरी से होगी। पहला मैच न्यूजीलैंड और पाकिस्तान का मुकाबला खेला जाएगा। ग्रुप-2 में न्यूजीलैंड के अलावा, इंग्लैंड और श्रीलंका ने भी क्वालिफाई कर लिया है। भारत का पहला मैच साउथ अफ्रीका से टीम इंडिया 22 फरवरी को अहमदाबाद में साउथ अफ्रीका से पहला मैच खेलेगी। टीम फिर 26 फरवरी को चेन्नई में जिम्बाब्वे से भिड़ेगी। भारत का आखिरी सुपर-8 मैच 1 मार्च को कोलकाता में वेस्टइंडीज से होगा। ग्रुप स्टेज में 12 टीमें बाहर टूर्नामेंट में 20 टीमों को 5-5 के 4 ग्रुप में बांटा गया था। ग्रुप-ए से टीम इंडिया और पाकिस्तान ने क्वालिफाई कर लिया। ग्रुप-बी में श्रीलंका और जिम्बाब्वे ने क्वालिफाई किया। ग्रुप-सी से इंग्लैंड और वेस्टइंडीज अगले राउंड में पहुंचीं। वहीं, ग्रुप-डी से न्यूजीलैंड और साउथ अफ्रीका ने सुपर-8 में एंट्री की है। ऑस्ट्रेलिया, आयरलैंड, ओमान, स्कॉटलैंड, इटली, नेपाल, अफगानिस्तान, UAE, नामीबिया, USA, नीदरलैंड और कनाडा लीग स्टेज से बाहर हो गई हैं। ————————————————— क्रिकेट का कीड़ा है तो सॉल्व कीजिए ये सुपर क्विज क्या आप खुद को क्रिकेट के सुपर फैन मानते हैं? पूरे T20 वर्ल्ड कप टूर्नामेंट के दौरान दैनिक भास्कर के खास गेम ‘SUPER ओवर’ में रोज क्रिकेट से जुड़े 6 सवाल आपका क्रिकेट ज्ञान परखेंगे। जितनी जल्दी सही जवाब देंगे उतने ज्यादा रन बनेंगे। जितने ज्यादा रन बनेंगे, लीडरबोर्ड में उतना ही ऊपर आएंगे। तो रोज खेलिए और टूर्नामेंट का टॉप स्कोरर बनिए। अभी खेलें SUPER ओवर…क्लिक करें ————————————————– टी-20 वर्ल्ड कप से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए अफगानिस्तान ने अपने आखिरी मैच में कनाडा को हराया अफगानिस्तान ने टी-20 वर्ल्ड कप 2026 में अपने अभियान का सामापन जीत के साथ किया है। टीम ने गुरुवार के आखिरी मैच में कनाडा को 82 रन से हराया। कनाडा ने टॉस जीतकर गेंदबाजी चुनी। अफगानिस्तान ने 20 ओवर में 4 विकेट पर 200 रन बनाए। जवाब में कनाडा की टीम 20 ओवर में 8 विकेट पर 118 रन ही बना सकी। इब्राहिम जादरान को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। पढ़ें पूरी खबर दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
T20 World Cup India Super 8 Performance

स्पोर्ट्स डेस्क17 घंटे पहले कॉपी लिंक टी-20 वर्ल्ड कप में ग्रुप स्टेज के बाद 8 टीमें सेकेंड राउंड में पहुंच चुकी हैं। यहां 4-4 टीमों को 2 ग्रुप में बांटा गया। टीम इंडिया को साउथ अफ्रीका, वेस्टइंडीज और जिम्बाब्वे के ग्रुप में रखा है। विंडीज को छोड़कर बाकी दोनों टीमों के खिलाफ भारत का वर्ल्ड कप रिकॉर्ड अच्छा है। सुपर-8 स्टेज की तीनों टीमों के खिलाफ भारत का प्रदर्शन… 1. साउथ अफ्रीका को पिछला फाइनल हराया सुपर-8 स्टेज में टीम इंडिया का पहला मैच 22 फरवरी को साउथ अफ्रीका से होना है। नरेंद्र मोदी स्टेडियम में मुकाबला शाम 7 बजे से खेला जाएगा। पिछले टी-20 वर्ल्ड कप के बाद से दोनों टीमों ने 8 टी-20 खेले, 6 में भारत और महज 2 में साउथ अफ्रीका को जीत मिली। टी-20 वर्ल्ड कप इतिहास में दोनों टीमें 7 बार भिड़ीं, 5 में भारत और 2 में ही साउथ अफ्रीका जीत सका। टीम इंडिया ने 2014 के सेमीफाइनल और 2024 के फाइनल में प्रोटियाज टीम को ही हराया था। ओवरऑल टी-20 में भी भारत ने साउथ अफ्रीका को 60% मैच हराए हैं। 2. जिम्बाब्वे ने चैंपियन बनने के बाद हराया टीम इंडिया का दूसरा मैच 26 फरवरी को जिम्बाब्वे से होना है। चेन्नई के चेपॉक स्टेडियम में मुकाबला शाम 7 बजे से ही शुरू होगा। 29 जून 2024 को टी-20 वर्ल्ड चैंपियन बनने के बाद टीम इंडिया जिम्बाब्वे दौरे पर ही गई। जहां होम टीम ने पहले ही मुकाबले में भारत को 102 रन पर समेटकर 13 रन से मुकाबला जीत लिया। हालांकि, सीरीज 4-1 से भारत के नाम रही। टी-20 वर्ल्ड कप में दोनों टीमें इकलौती बार 2022 में भिड़ी थीं। मेलबर्न में पहले बैटिंग करते हुए भारत ने सूर्यकुमार यादव और केएल राहुल की फिफ्टी के सहारे 186 रन बना दिए। जवाब में जिम्बाब्वे 115 रन ही बना सका। ओवरऑल दोनों टीमों के बीच 13 टी-20 हुए, महज 3 में जिम्बाब्वे को जीत मिल सकी। 3. वेस्टइंडीज 2016 का सेमीफाइनल हरा चुका टीम इंडिया का आखिरी सुपर-8 मैच 1 मार्च को वेस्टइंडीज के खिलाफ होगा। कोलकाता के ईडन गार्डन्स स्टेडियम में यह मुकाबला भी शाम 7 बजे से खेला जाएगा। पिछले वर्ल्ड कप के बाद से दोनों टीमें एक बार भी नहीं भिड़ीं, दोनों टीमें 2024 के ICC टूर्नामेंट में भी आमने-सामने नहीं हो सकी थीं। भारत ने वेस्टइंडीज को ओवरऑल 63% टी-20 मैच हराए हैं। टी-20 वर्ल्ड कप में वेस्टइंडीज का पलड़ा ही भारी रहा। ICC टूर्नामेंट में दोनों टीमें 2009 में पहली बार भिड़ी थीं, तब लॉर्ड्स में भारत 7 विकेट से हार गया। 2010 में भी विंडीज 14 रन से जीता। भारत को इकलौती जीत 2014 में मिली, तब टीम 7 विकेट से जीती थी। दोनों टीमें 2016 में मुंबई के मैदान पर सेमीफाइनल में भी आमने-सामने हुईं। भारत ने विराट कोहली के 89 रन की मदद से 192 रन बनाए, विंडीज ने 2 गेंदें बाकी रहते हुए 7 विकेट से मुकाबला जीता और भारत को बाहर कर दिया। सभी टेबल टॉपर भारत के ग्रुप में सुपर-8 से पहले ग्रुप स्टेज में 20 टीमों को 5-5 के 4 ग्रुप में बांटा गया। भारत ग्रुप-ए में सभी मैच जीतकर टॉप पर रहा। टीम इंडिया के सुपर-8 ग्रुप में शामिल जिम्बाब्वे ग्रुप-बी, वेस्टइंडीज ग्रुप-सी और साउथ अफ्रीका ग्रुप-डी में सभी मैच जीतकर नंबर-1 पर रहा। यानी टीम इंडिया के ग्रुप-1 में सभी अजेय टीमें हैं। दूसरी ओर ग्रुप-2 में शामिल श्रीलंका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और पाकिस्तान को ग्रुप स्टेज में 1-1 हार जरूर मिली। ईशान भारत के टॉप रन स्कोरर इस टी-20 वर्ल्ड कप में ईशान किशन ने भारत के लिए सबसे ज्यादा 176 रन बनाए हैं। वे पाकिस्तान के खिलाफ 77 रन बनाकर प्लेयर ऑफ द मैच का अवॉर्ड भी जीत चुके हैं। उनके बाद सूर्यकुमार यादव ने 162 रन बनाए हैं, जिन्होंने अमेरिका के खिलाफ मुकाबले में 84 रन की मैच विनिंग पारी खेली थी। चक्रवर्ती टीम इंडिया के टॉप विकेट टेकर टूर्नामेंट में मिस्ट्री स्पिनर वरुण चक्रवर्ती ने भारत के लिए सबसे ज्यादा 9 विकेट लिए हैं। उन्होंने महज 5.16 की इकोनॉमी से रन खर्च किए, वे ICC की टी-20 बॉलर्स रैंकिंग में नंबर-1 गेंदबाज भी हैं। उनके बाद अक्षर पटेल ने 6 और हार्दिक पंड्या ने 5 विकेट लिए हैं। ———————————— क्रिकेट का कीड़ा है तो सॉल्व कीजिए ये सुपर क्विज क्या आप खुद को क्रिकेट के सुपर फैन मानते हैं? पूरे T20 वर्ल्ड कप टूर्नामेंट के दौरान दैनिक भास्कर के खास गेम ‘SUPER ओवर’ में रोज क्रिकेट से जुड़े 6 सवाल आपका क्रिकेट ज्ञान परखेंगे। जितनी जल्दी सही जवाब देंगे उतने ज्यादा रन बनेंगे। जितने ज्यादा रन बनेंगे, लीडरबोर्ड में उतना ही ऊपर आएंगे। तो रोज खेलिए और टूर्नामेंट का टॉप स्कोरर बनिए। अभी खेलें SUPER ओवर…क्लिक करें ——————————————— स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… T20 वर्ल्डकप सुपर-8 टीमों के खिलाफ भारत का टी-20 प्रदर्शन:वेस्टइंडीज वर्ल्ड कप में भारी पड़ा, साउथ अफ्रीका को पिछला फाइनल हराया टी-20 वर्ल्ड कप में ग्रुप स्टेज के बाद 8 टीमें सेकेंड राउंड में पहुंच चुकी हैं। यहां 4-4 टीमों को 2 ग्रुप में बांटा गया। टीम इंडिया को साउथ अफ्रीका, वेस्टइंडीज और जिम्बाब्वे के ग्रुप में रखा है। विंडीज को छोड़कर बाकी दोनों टीमों के खिलाफ भारत का वर्ल्ड कप रिकॉर्ड अच्छा है। पूरी खबर दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Pakistan India War Vs Donald Trump Tariff Threat; Fighter Jets

वॉशिंगटन डीसी12 घंटे पहले कॉपी लिंक अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने गुरुवार को वॉशिंगटन में फिर से भारत-पाकिस्तान संघर्ष रुकवाने का दावा किया। उन्होंने कहा कि मैंने दोनों देशों पर 200% टैरिफ लगाने की चेतावनी दी थी। इसके बाद वे संघर्ष रोकने के लिए माने। अमेरिकी राष्ट्रपति ने ये बात ‘बोर्ड ऑफ पीस’ कार्यक्रम में कही। ट्रम्प ने कहा कि उस समय दोनों देशों के बीच हालात बहुत खराब थे, लड़ाई तेज हो गई थी और विमान गिराए जा रहे थे। मैंने दोनों नेताओं (मोदी और शहबाज शरीफ) को फोन किया। मैंने दोनों से साफ कह दिया था कि अगर वे झगड़ा खत्म नहीं करेंगे तो मैं उनके साथ कोई ट्रेड डील नहीं करूंगा। ट्रम्प के मुताबिक दोनों देश लड़ना चाहते थे, लेकिन जब पैसे का मामला आया और नुकसान की बात सामने आई तो वे मान गए। ट्रम्प ने दावा किया कि इस संघर्ष के दौरान 11 महंगे फाइटर जेट्स गिराए गए थे। हालांकि, उन्होंने ये नहीं बताया कि ये फाइटर जेट्स किस देश के थे। ट्रम्प करीब 100 बार भारत-पाकिस्तान के बीच जंग रुकवाने का दावा कर चुके हैं। वहीं, भारत लगातार यह कहता रहा है कि भारत-पाकिस्तान के मुद्दों में किसी तीसरे देश की मध्यस्थता स्वीकार नहीं की जाएगी। शरीफ ने ट्रम्प को ‘दक्षिण एशिया का रक्षक’ बताया ट्रम्प ने कहा कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने उनके चीफ ऑफ स्टाफ के सामने यह बात मानी थी कि उनकी पहल से भारत और पाकिस्तान के बीच संभावित युद्ध टल गया। ट्रम्प के मुताबिक, अगर यह टकराव नहीं रुकता तो करीब 2.5 करोड़ लोगों की जान खतरे में पड़ सकती थी। उन्होंने दावा किया कि उनकी वजह से दोनों देशों के बीच हालात काबू में आए और बड़े पैमाने पर जान-माल का नुकसान टल गया। इस दौरान ट्रम्प ने शहबाज शरीफ से खड़े होने के लिए कहा वो खड़े हो गए। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। इस दौरान शहबाज शरीफ ने ट्रम्प को दक्षिण एशिया की हिफाजत करने वाला बताया। ट्रम्प बोले- अप्रैल में चीन दौरे पर जाऊंगा चीन को लेकर ट्रम्प ने कहा कि उनका राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ बहुत अच्छा रिश्ता है। उन्होंने बताया कि वह अप्रैल में चीन जाने वाले हैं। उन्होंने कहा कि पिछली बार जब वे चीन गए थे तो राष्ट्रपति शी ने उनका शानदार स्वागत किया था। ट्रम्प ने कहा कि उन्होंने इतने सारे सैनिक एक साथ कभी नहीं देखे थे, जो बिल्कुल एक ही कद के थे। उन्होंने मजाक में कहा कि अगर वे हेलमेट उतार देते तो उनके सिर पर बिलियर्ड खेला जा सकता था। भारत बोर्ड ऑफ पीस की पहली बैठक में शामिल हुआ ट्रम्प के ‘बोर्ड ऑफ पीस’ की पहली बैठक में भारत ने गुरुवार को ऑब्जर्वर देश के तौर पर हिस्सा लिया। भारत की तरफ से भारतीय दूतावास में तैनात चार्ज द’अफेयर्स (सीनियर अधिकारी) नमग्या सी खम्पा ने हिस्सा लिया। भारत ने अभी तक यह साफ नहीं किया है कि वह बोर्ड का फुल टाइम मेंबर बनेगा या नहीं। भारत ने पिछले महीने दावोस में इसके लॉन्च कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लिया था। ‘बोर्ड ऑफ पीस’ की बैठक में गाजा के पुनर्निर्माण के लिए 1.5 लाख करोड़ रुपए के राहत पैकेज का ऐलान किया गया है। ट्रम्प ने कहा कि 9 सदस्य देश गाजा राहत पैकेज के लिए 63 हजार करोड़ रुपए (7 अरब डॉलर) देंगे। जबकि, अमेरिका खुद 90 हजार करोड़ रुपए (10 अरब डॉलर) देगा। पढ़ें पूरी खबर… बोर्ड ऑफ पीस की गुरुवार को हुई मीटिंग में अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प के साथ दुनियाभर के नेता एक मंच पर नजर आए। बोर्ड ऑफ पीस क्या है? ट्रम्प ने पहली बार सितंबर 2025 में गाजा युद्ध खत्म करने की योजना पेश करते हुए इस बोर्ड का प्रस्ताव रखा था। रॉयटर्स के मुताबिक, अमेरिका ने करीब 60 देशों को इस बोर्ड में शामिल होने का न्योता भेजा है। पिछले हफ्ते दुनिया के नेताओं को भेजे गए न्योते में बताया गया कि इस बोर्ड की भूमिका सिर्फ गाजा तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि यह वैश्विक स्तर पर संघर्षों को सुलझाने में भी काम करेगा। बोर्ड के मसौदे (चार्टर) में कहा गया है कि जो देश तीन साल से ज्यादा समय तक इस बोर्ड का सदस्य बनना चाहते हैं, उन्हें 1 अरब डॉलर का योगदान देना होगा। ट्रम्प खुद इस बोर्ड के अध्यक्ष हैं ट्रम्प खुद इस बोर्ड के अध्यक्ष हैं। वे चाहते हैं कि यह बोर्ड सिर्फ गाजा के युद्धविराम तक सीमित न रहे, बल्कि दूसरे मुद्दों पर भी काम करे। हालांकि, इससे कुछ देशों को चिंता है कि इससे ग्लोबल डिप्लोमेसी में UN की भूमिका कमजोर हो सकती है। ट्रम्प ने कहा कि जब यह बोर्ड पूरी तरह बन जाएगा, तब यह बड़े फैसले ले सकेगा और जो भी काम होगा, वह UN के सहयोग से किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि UN में बहुत क्षमता है, लेकिन उसका अब तक पूरा इस्तेमाल नहीं हो पाया है। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) के पांच स्थायी सदस्यों में से अमेरिका के अलावा किसी भी देश ने अभी तक इस बोर्ड में शामिल होने की पुष्टि नहीं की है। —————- यह खबर भी पढ़ें… दावा- ईरान पर इस हफ्ते हमला कर सकता है अमेरिका:2003 के बाद सबसे बड़ी एयर फोर्स तैनात, कई हफ्ते चलेगा मिलिट्री ऑपरेशन अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बहुत तेजी से बढ़ रहा है। CNN की रिपोर्ट के मुताबिक इस हफ्ते अमेरिका ईरान पर हमला कर सकता है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से इसे अंतिम मंजूरी मिलना बाकी है। मिडिल ईस्ट में अमेरिका ने 2003 के इराक युद्ध के बाद अपनी सबसे बड़ी एयर फोर्स तैनात की है। पढ़ें पूरी खबर… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…






