Domestic Airfare Cap Lifted | Airlines Can Increase Fares From March 23

नई दिल्ली2 घंटे पहले कॉपी लिंक अब एयरलाइन कंपनियां घरेलू फ्लाइट्स का किराया सीटों की मांग की हिसाब से बढ़ा सकेंगी। सिविल एविएशन मिनिस्ट्री ने हवाई किराए पर लगी रोक को हटा दिया है। आदेश के मुताबिक यह फैसला 23 मार्च से लागू होगा। पिछले साल दिसंबर में इंडिगो की उड़ानों में आई रुकावटों के बाद फेयर कैप लगाया लगाया गया था। सरकार ने एयरलाइंस का अधिकतम किराया ₹18000 तय किया था। एयरलाइन इससे ज्यादा दाम नहीं ले सकती थीं। आदेश में कहा गया… पूरे सेक्टर में उड़ानों की क्षमता बहाल हो गई है तथा परिचालन सामान्य हो गया है। समीक्षा के बाद, यह फैसला किया गया है कि किराए पर लगाई गई सीमा को 23 मार्च, 2026 से हटा दिया जाएगा। दरअसल, पिछले साल DGCA ने 1 नवंबर से पायलटों और अन्य क्रू मेंबर्स के काम से जुड़े नियमों में बदलाव किए थे। इसे फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (FDTL) नाम दिया गया था। इसकी वजह से एयरलाइन कंपनी इंडिगो में स्टाफ की कमी हो गई जिससे हजारों फ्लाइंट्स कैंसिल हुईं थी। इस वजह से अन्य एयरलाइंस ने घरेलू फ्लाइट्स का किराया 50 हजार तक बढ़ा दिया था। मंत्रालय ने कहा- हवाई किराए पर नजर रख रहे अपने आदेश में, मंत्रालय ने यह भी कहा कि एयरलाइंस को कीमतों के मामले में अनुशासन बनाए रखना होगा और जिम्मेदारी से काम करना होगा। मंत्रालय ने कगा कि एयरलाइंस यह सुनिश्चित करेंगी कि किराया उचित, पारदर्शी और बाजार की स्थितियों के अनुरूप हो, और यात्रियों के हितों पर कोई बुरा असर न पड़े। मंत्रालय ने कहा कि किराए में किसी भी तरह की अत्यधिक या अनुचित बढ़ोतरी को गभीरता से देखा जाएगा। आदेश में कहा गया कि मंत्रालय रियल टाइम हवाई किराए के रुझानों पर नजर रख रहा है। 10 गुना तक कीमत में मिल रहे थे टिकट इंडिगो की फ्लाइट्स में बड़े पैमाने पर कैंसिलेशन और देरी के बाद फ्लाइट्स का किराए में उछाल देखने को मिला था। यात्रियों को ऑप्शनल फ्लाइट्स की तलाश में सामान्य से दस गुनी कीमत पर टिकट खरीदने पड़ रहे थे। बुकिंग साइट MakeMyTrip के अनुसार, 6 दिसंबर को दिल्ली से बेंगलुरु की सबसे सस्ती फ्लाइट की कीमत 40,000 रुपए से ज्यादा थी, जबकि कुछ फ्लाइट्स का किराया 80,000 रुपए तक पहुंच गए थे। दिल्ली से मुंबई की फ्लाइट का न्यूनतम किराया 36,107 रुपए और अधिकतम 56,000 रुपए चला गया था। वहीं दिल्ली-चेन्नई की देर रात की फ्लाइट्स का किराया 62,000 से 82,000 रुपए तक पहुंच गया था। DGCA के वो नए नियम, जिससे इंडिगो में स्टाफ क्राइसिस हुई थी DGCA ने 1 नवंबर 2025 से पायलटों और अन्य क्रू मेंबर्स के काम से जुड़े नियमों में बदलाव किए थे। इसे फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (FDTL) नाम दिया गया है। इन्हें दो चरणों में लागू किया गया। पहला चरण 1 जुलाई 2025 को लागू हुआ। वहीं 1 नवंबर से दूसरा चरण लागू हुआ था। नए नियमों में यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाने के लिए पायलटों और क्रू को पर्याप्त आराम देने पर जोर दिया गया है। इस कारण एयरलाइन कंपनियों के पास पायलटों और क्रू मेंबर्स की अचानक कमी पड़ गई है। DGCA ने बताया था कि नवंबर में ही इंडिगो की कुल 1,232 उड़ानें कैंसिल की गईं, जिनमें FDTL नियमों के कारण 755 उड़ानें शामिल हैं। 18 मार्च: 60% सीटों पर एक्स्ट्रा चार्ज नहीं ले सकेंगी एयरलाइंस इससे पहले बुधवार को सिविल एविएशन मिनिस्ट्री ने भारत में हवाई यात्रा को ज्यादा सुविधाजनक बनाने के लिए नए नियम जारी किए थे। नए आदेश के मुताबिक एयरलाइंस को हर फ्लाइट में कम से कम 60% सीटें बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के बुक होंगी। ये निर्देश घरेलू फ्लाइट्स पर लागू होंगे। इसके अलावा एक ही PNR (बुकिंग रेफरेंस) पर यात्रा करने वाले यात्रियों को एक साथ बिठाया जाएगा या उन्हें आस-पास की सीटें दी जाएंगी। मौजूदा नियमों में पैसेंजर्स के लिए 20% सीटें ही बिना एक्स्ट्रा चार्ज दिए बुक की जा सकती हैं, जबकि बाकी सीटों के लिए भुगतान करना पड़ता है। ये कदम इसलिए उठाए गए हैं क्योंकि एयरलाइंस सीट चुनने समेत कई सर्विसेस के लिए बहुता ज्यादा शुल्क वसूल रही हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक अभी एयरलाइंस पंसद की सीटें चुनने पर 500 से 3000 रुपए तक एक्स्ट्रा चार्ज करती हैं। पूरी खबर पढ़ें… ———– ये खबर भी पढ़ें… एयरलाइंस बढ़ा सकती हैं हवाई किराया:बोलीं- मजबूरन लेना पड़ेगा फैसला, एक्स्ट्रा-चार्ज ना लेने के सरकार के निर्देश का विरोध कर रहीं इंडिगो, एअर इंडिया और स्पाइस जेट ने फ्लाइट्स की 60% सीटों पर एक्स्ट्रा चार्ज न वसूलने के सरकार के फैसले विरोध किया है। एयरलाइंस का कहना है कि इस कदम से उन्हें अपनी खोई हुई कमाई की भरपाई के लिए हवाई किराया बढ़ाने पर मजबूर होना पड़ेगा। तीनों एयरलाइंस का प्रतिनिधित्व करने वाली फेडरेशन ऑफ इंडियन एयरलाइंस (FIA) ने सिविल एविएशन मिनिस्ट्री से इस फैसले को वापस लेने का आग्रह किया है। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
LPG Supply Hike | States Get 20% More Gas From March 23, 2026

6 मिनट पहले कॉपी लिंक कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कमी के चलते होटल-रेस्टोरेंट वालों को भट्टी पर खाना बनाना पढ़ रहा है। केंद्र ने देश में जारी गैस संकट के बीच राज्यों को LPG सप्लाई बढ़ाने का निर्देश दिया है। 23 मार्च से राज्यों को अब पहले के मुकाबले 20% ज्यादा गैस दी जाएगी। इसके बाद राज्यों को मिलने वाली कुल सप्लाई संकट से पहले के स्तर (प्री-क्राइसिस लेवल) के 50% तक पहुंच जाएगी। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के सचिव डॉ. नीरज मित्तल ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को पत्र लिखकर इसकी जानकारी दी। इसमें कहा गया कि सामुदायिक रसोई, रेस्टोरेंट, ढाबों, होटलों और इंडस्ट्रियल कैंटीन को प्राथमिकता दी जाए। साथ ही प्रवासी मजदूरों को प्राथमिकता से 5 किलो वाले फ्री ट्रेड एलपीजी (FTL) सिलेंडर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, गैस की कालाबाजारी या गलत इस्तेमाल रोकने के लिए कदम उठाने को भी कहा गया है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने लेटर राज्यों का भेजा है। क्या है ‘प्री-क्राइसिस लेवल’? ‘प्री-क्राइसिस लेवल’ का मतलब उस समय से है जब देश में गैस संकट शुरू नहीं हुआ था। फिलहाल राज्यों को बहुत कम सप्लाई मिल रही थी, जिसे अब बढ़ाकर पुरानी डिमांड का आधा (50%) किया गया है। अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग मिडिल ईस्ट से कच्चे तेल और गैस सप्लाई लगभग रुक गई है। ढाबों, होटलों और इंडस्ट्रियल कैंटीन को मिलेगी प्राथमिकता यह अतिरिक्त 20% गैस खास सेक्टरों को प्राथमिकता देकर दी जाएगी। डॉ. नीरज मित्तल के पत्र के मुताबिक, यह सप्लाई सबसे पहले रेस्टोरेंट, ढाबे, होटल और इंडस्ट्रियल कैंटीन को मिलेगी। सरकार का मकसद है कि खाने-पीने की सेवाओं और फूड इंडस्ट्री पर किसी तरह का असर कम से कम पड़े। गैस की कमी के कारण बेंगलुरु के राजराजेश्वरी नगर स्थित नम्माओरु कॉफी कट्टा होटल में चूल्हा जलाकर इडली बनानी पड़ी। फूड प्रोसेसिंग और डेयरी सेक्टर को भी राहत गैस की अतिरिक्त सप्लाई का फायदा फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स और डेयरी सेक्टर को भी मिलेगा। इसके साथ ही, राज्य सरकार या स्थानीय निकायों द्वारा चलाए जा रहे सस्ती दर वाले कैंटीन और आउटलेट्स को भी इसमें शामिल किया गया है। सामुदायिक रसोई (कम्युनिटी किचन) को भी प्राथमिकता दी गई है, ताकि आम लोगों को आसानी से खाना मिलता रहे। प्रवासी मजदूरों के लिए 5 किलो वाले सिलेंडर की व्यवस्था मंत्रालय ने प्रवासी मजदूरों की जरूरतों का भी ध्यान रखा है। पत्र में कहा गया है कि 5 किलो वाले FTL गैस सिलेंडर प्रवासी मजदूरों को दिए जाएं। साथ ही, राज्यों को साफ निर्देश दिए गए हैं कि इस अतिरिक्त गैस की कालाबाजारी या गलत इस्तेमाल न हो, इसके लिए सख्त कदम उठाए जाएं। अगले आदेश तक जारी रहेगी यह व्यवस्था यह नई व्यवस्था 23 मार्च से लागू होगी और अगली सूचना तक जारी रहेगी। फिलहाल देश में एलपीजी की कमी है, ऐसे में सप्लाई को 50% तक बढ़ाना एक बड़ा कदम माना जा रहा है। सरकार हालात पर नजर रखे हुए है, ताकि आगे चलकर सप्लाई को पहले जैसे सामान्य स्तर (100%) तक पहुंचाया जा सके। ईरान-अमेरिका और इजराइल जंग से गैस की कमी ईरान पर 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इजराइल ने मिलकर हमला किया। दोनों देशों ने ईरान के कई सैन्य ठिकानों, मिसाइल साइटों और परमाणु सुविधाओं पर बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए। इन हमलों में सुप्रीम लीडर अली खामेनी समेत कई बड़े अधिकारी मारे गए। इस अभियान को अमेरिका ने “ऑपरेशन एपिक फ्यूरी” नाम दिया। इस युद्ध के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में तनाव बढ़ गया और सप्लाई प्रभावित हुई। यही रास्ता भारत के लिए बहुत अहम है, क्योंकि देश का करीब 80-85% LPG यहीं से आता है। भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा LPG आयातक है और 60% से ज्यादा गैस बाहर से मंगाता है। इसी वजह से देश में LPG की कमी जैसी स्थिति बनी। हालांकि, सरकार ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने को कहा और साफ किया कि देश में गैस और तेल की कोई कमी नहीं है। ——————————————————————————– गैस संकट से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… लोकलसर्किल्स का दावा- 20% लोग सिलेंडर ब्लैक में खरीद रहे:₹4,000 तक ज्यादा देना पड़ रहा रसोई गैस की कमी के कारण देश में सिलेंडर की कालाबाजारी बढ़ गई है। गैस की कमी और डिलीवरी में देरी की वजह से देश के करीब 20% परिवारों को ब्लैक में सिलेंडर खरीदना पड़ रहा है। इसके लिए लोगों को एक घरेलू सिलेंडर के 4000 रुपए तक देने पड़ रहे हैं। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Argentina Leaves WHO | Discrimination Accusations; March 20 Current Affairs

Hindi News Career Argentina Leaves WHO | Discrimination Accusations; March 20 Current Affairs 45 मिनट पहले कॉपी लिंक जानते हैं आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं… नेशनल (NATIONAL) 1. विक्रम दोराइस्वामी चीन में भारत के नए राजदूत बने 19 मार्च को विक्रम दोराइस्वामी को चीन में भारत का नया राजदूत नियुक्त किया गया। विक्रम 2022 से यूनाइटेड किंगडम में भारत के हाई कमिश्नर हैं। विक्रम इंडियन फॉरेन सर्विस (IFS) 1992 बैच के ऑफिसर हैं। विक्रम USA एम्बेसी में भी भारत के राजदूत रह चुके हैं। 2020-22 तक विक्रम बांग्लादेश में हाई कमिश्नर रहे और बांग्लादेश जल संधि में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। विक्रम की नियुक्ति पूर्वी लद्दाख में सीमा गतिरोध के बाद द्विपक्षीय संबंधों को सुधारने के प्रयासों के बीच की गई है। विक्रम दोराइस्वामी प्रदीप कुमार रावत की जगह लेंगे। 2014 से 2018 तक विक्रम साउथ कोरिया में भारत के राजदूत रहे। 2. HDFC फर्स्ट बैंक के पार्ट टाइम चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती ने इस्तीफा दिया 18 मार्च को HDFC फर्स्ट बैंक के पार्ट टाइम चेयरमैन और स्वतंत्र डायरेक्टर अतनु चक्रवर्ती ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। अतनु ने नैतिक कारणों का हवाला देते हुए लिखा, ‘कुछ ऐसे अनैतिक काम हो रहे हैं, जो मेरे पर्सनल वैल्यू और एथिक्स के खिलाफ हैं, इसीलिए अब अलग होने का समय आ गया है।’ अतनु मई 2021 में HDFC बैंक के बोर्ड में शामिल हुए थे। अतनु गुजरात कैडर, 1985 बैच से रिटायर्ड IAS हैं। अतनु ने 2002 से लेकर साल 2007 तक वित्त मंत्रालय में अपनी सेवाएं दी। वे पहले डायरेक्टर और बाद में जॉइंट सेक्रेटरी भी रहे। अतनु के कार्यकाल में सबसे बड़ा HDFC लि. और HDFC बैंक का 40 बिलियन का मर्जर हुआ था। 2019-20 में अतनु मिनिस्ट्री ऑफ फाइनेंस सेक्रेटरी में इकोनॉमिक अफेयर के सेक्रेटरी रहे। अतनु के इस्तीफे के बाद केके मिस्त्री को 3 महीने के लिए इंटरिम पार्ट टाइम चेयरमैन अपॉइंट किया गया है। HDFC का पूरा नाम हाउसिंग डेवलपमेंट फाइनेंस कॉर्पोरेशन है। HDFC की स्थापना 1994 में हुई थी। इसका हेडक्वार्टर मुंबई, महाराष्ट्र में है। मई 2024 में अतनु के कार्यकाल को 2027 तक के लिए बढ़ाया गया था। 3. केंद्र सरकार ने 33,660 करोड़ के प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी 18 मार्च को केंद्र सरकार ने कैबिनेट बैठक में ‘BHAVYA’ यानी भारत औद्योगिक विकास योजना को मंजूरी दी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी जानकारी दी। ये प्रोजेक्ट्स 33,660 करोड़ रुपए के हैं। देश में नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए 2,585 करोड़ रुपए की स्मॉल हाइड्रो पावर डेवलपमेंट स्कीम को मंजूरी दी गई है। स्मॉल हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट्स से 1,500 मेगावाट क्षमता की छोटी जल विद्युत परियोजनाएं भी विकसित की जाएंगी। ये परियोजनाएं रन-ऑफ-द-रिवर मॉडल पर विकसित होंगी, जिससे बड़े बांध बनाने की जरूरत न पड़े और लोगों का विस्थापन रोका जा सके। अभी देशभर के 1,196 जगहों पर 5,100 मेगावाट क्षमता के प्रोजेक्ट संचालित हो रहे हैं। सरकार के मुताबिक, देश में 7,133 जगहों पर छोटे हाइड्रो प्रोजेक्ट्स शुरू किए जा सकते हैं, जिनकी कुल कैपेसिटी 21,000 मेगावाट है। कैबिनेट बैठक में उत्तर प्रदेश के बाराबंकी से बहराइच के बीच 4-लेन एक्सेस-कंट्रोल्ड नेशनल हाईवे-927 के निर्माण को भी मंजूरी दी गई है। नेशनल हाईवे-927 परियोजना पर करीब 6,969 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। BHAVYA का उद्देश्य भारत में औद्योगिक विकास और विनिर्माण को बढ़ावा देना है। इस प्रोजेक्ट में केंद्र-राज्य-प्राइवेट सेक्टर मिलकर काम करेंगे। इंटरनेशनल (INTERNATIONAL) 4. अर्जेंटीना ऑफिशियली WHO से हटा 17 मार्च को अर्जेंटीना ने ऑफिशियली वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (WHO) से अपना नाम वापस ले लिया। अर्जेंटीना के विदेश मंत्री पाब्लो क्विर्नो ने इसकी जानकारी दी। अर्जेंटीना ने 17 मार्च 2025 को यूनाइटेड नेशन के सेक्रेटरी जनरल एंटोनियो गुटारेस को लेटर भेजकर अपना नाम वापिस लेने की अपील की थी। अर्जेंटीना के राष्ट्रपति जेवियर माइलि ने हेल्थ मिनिस्टर जेरार्डो वर्टहाइन को WHO से नाम वापस लेने को कहा था। स्वास्थ्य मंत्री वर्टहाइन ने कहा था कि WHO ने कोविड-19 के दौरान भेदभाव भरी नीतियां अपनाई थीं। अर्जेंटीना अब किसी भी इंटरनेशनल ऑर्गेनाइजेशन को अपने स्वास्थ्य मामलों में हस्तक्षेप नहीं करने देगा और WHO को कोई भी वित्तीय सहायता नहीं देगा। अर्जेंटीना 1948 से WHO का सदस्य है। उसी साल WHO की स्थापना हुई थी। WHO में 194 सदस्य देश शामिल हैं। WHO के नियमों को मानने वालों के लिए WHO की मेंबरशिप खुली हुई है। अर्जेंटीना PAHO (पैन अमेरिकन हेल्थ ऑर्गनाइजेशन) का हिस्सा है। 5. भारत ने ऑस्ट्रेलियन स्किल अथॉरिटी के साथ समझौता किया नेशनल काउंसिल फॉर वोकेशनल एजुकेशन एंड ट्रेनिंग (NCVET) ने ऑस्ट्रेलियन स्किल अथॉरिटी (ASQA) के साथ नई दिल्ली में एक द्विपक्षीय बैठक की। इस बैठक का उद्देश्य बिजनेस एजुकेशन, ट्रेनिंग एंड स्किल (VETS) सेक्टर्स में कोलैबोरेट करना और नॉलेज एक्सचेंज करना था। कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय के मुताबिक, VETS की बैठक में इकोसिस्टम के भीतर रेगुलेटरी फ्रेमवर्क और ऑपरेशन्स में आने वाले चैलेंजेस को लेकर एक फ्रेमवर्क तैयार किया गया। दोनों देश मिलकर स्टूडेंट्स और वर्कर्स को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, ग्रीन जॉब्स एंड एनर्जी, एडवांस मैन्युफैक्चरिंग, डिजिटल टेक्नोलॉजी और जॉइंट वोकेशनल प्रोग्राम सिखाएंगे। इस बैठक में भारत और ऑस्ट्रेलिया ने स्ट्रक्चर और क्वालिटी एजुकेशन को लेकर बातचीत की। 6. सरकार ने राजमार्ग शुल्क नियम 2026 में संशोधन किया 18 मार्च को सरकार ने राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल नियमों को मजबूत करने के लिए राजमार्ग शुल्क नियम 2026 में संशोधन किया है। ये नियम टोल ऑपरेशन में ट्रांसपेरेंसी बढ़ाने और कानूनी तौर पर सुरक्षा देने के लिए होगा। नए संशोधन नियम के मुताबिक, अगर व्हीकल के फास्टैग रिकॉर्ड में टोल दर्ज है,लेकिन किसी वजह से टोल फी पे नहीं हुई है तो उसे ‘अनपेड यूजर फी’ माना जाएगा। नए संशोधन नियम में पे नहीं करने वाले चालकों को SMS/ईमेल के जरिए नोटिस भेजा जाएगा। यदि चालक 72 घंटे के भीतर नोटिस का जवाब नहीं देता है तो उसे दोगुना टोल देना होगा। नए संशोधन नियम में व्हीकल टोल नोटिस के बाद 15 दिन या उससे ज्यादा समय तक टोल नहीं चुकाने की स्थिति में व्हीकल पोर्टल पर गाड़ी की फिटनेस,NOC और परमिट जैसी सर्विस को रोका जा सकेगा। सभी टोल प्लाजा को कैशलेस बनाने और फास्टैग के यूज को बढ़ाने के लिए ये नियम
9-Day Event & 5-Day Garba in March 2026

देवास में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर पहली बार माता की प्रतिमा स्थापित की जाएगी। शहर में नौ दिवसीय आराधना महोत्सव की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। बुधवार शाम को माता की प्रतिमा को जुलूस के रूप में शहर के प्रमुख मार्गों से लेकर विकास नगर स्थित आयोजन स्थल . पांच दिन गरबा का भी आयोजन शहर में महोत्सव 19 मार्च से 28 मार्च 2026 तक चलेगा। 19 मार्च को घट स्थापना के साथ इसका शुभारंभ होगा। इस दौरान धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित की जाएगी। महोत्सव के दौरान 19 से 23 मार्च तक रात 7 बजे से पांच दिवसीय गरबा महोत्सव और सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। इसके बाद 24 से 26 मार्च तक भजन संध्या का आयोजन किया जाएगा। 27 मार्च को महाप्रसादी, 28 को निकलेगा चल समारोह 27 मार्च को शाम 6 बजे महोत्सव में महाभोजन प्रसादी का आयोजन होगा, जिसमें आमजन को प्रसादी वितरित की जाएगी। इसके अतिरिक्त, प्रतिदिन आरती के बाद भी महाप्रसादी बांटी जाएगी। महोत्सव का समापन 28 मार्च को शाम 4 बजे होगा। समापन के अवसर पर भव्य झांकी और गरबा के साथ विसर्जन चल समारोह आयोजित किया जाएगा। यह चल समारोह सयाजी गेट से शुरू होकर मीठा तालाब तक जाएगा। आयोजन स्थल के रूप में वीर सावरकर चौराहा, विकास नगर, देवास तय किया गया है।
UP Eggs Get Laying & Expiry Dates; March 18 Current Affairs

1 घंटे पहले कॉपी लिंक जानते हैं आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं… नेशनल (NATIONAL) 1. डाक विभाग ने वन-डे मेल डिलीवर सर्विस शुरू की 17 मार्च को केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया और राज्य मंत्री चंद्र शेखर पेम्मासानी ने इंडिया पोस्ट की गारंटी वाली ‘नेक्स्ट डे डिलीवरी’ सर्विस शुरू की। ये कार्यक्रम नई दिल्ली के आकाशवाणी भवन में हुआ। नेक्स्ट डे डिलीवरी पहल का उद्देश्य पर्सनल कुरियर सर्विस के साथ डाक डिलीवरी को फास्ट बनाना है। पोस्टल डिपार्टमेंट ने नेक्स्ट डे डिलीवरी के अंतर्गत तीन प्रीमियम सर्विस शुरू की हैं-24 स्पीड पोस्ट – अर्जेंट कंसाइनमेंट के लिए अगले दिन (D+1) डिलीवरी की गारंटी।24 स्पीड पोस्ट पार्सल – अगले दिन (D+1) पार्सल डिलीवरी की गारंटी।48 स्पीड पोस्ट – इसमें ये तय करना कि दो दिनों में (D+2) डिलीवरी हो पाए। पहले फेज में ये सर्विस देश के छह मेट्रो शहरों में शुरू होगी-दिल्लीमुंबईचेन्नईकोलकाताबेंगलुरुहैदराबाद इसके बाद अगले फेज में ज्यादा शहरों तक विस्तार किया जाएगा। वन-डे मेल डिलीवरी OTP (वन टाइम पासवर्ड) पर आधारित होगी। वन-डे मेल में SMS अलर्ट के साथ ट्रैकिंग की सुविधा होगी। डिलीवरी में देरी की स्थिति में मनी-बैक गारंटी मिलेगी। वन-डे मेल में बिजनेस पिकअप के लिए सुविधा फ्री होगी। 2. पश्चिम बंगाल में मुख्य सचिव नंदिनी को पद से हटाया 16 मार्च को चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल की मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती को पद से हटा दिया। नंदिनी पश्चिम बंगाल की पहली महिला चीफ सेक्रेटरी हैं। 1 जनवरी 2026 को वे इस पद पर अपॉइंट हुईं थीं। नंदिनी पश्चिम बंगाल कैडर 1994 बैच की IAS हैं। नंदिनी चक्रवर्ती की जगह 1993 बैच के IAS दुष्यंत नारियाला को राज्य का नया मुख्य सचिव नियुक्त किया गया है। नंदिनी ने अपनी पढ़ाई जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी से की है। 1993 में एकेडमिक एक्सीलेंस के लिए नंदिनी को जवाहर लाल नेहरू मेमोरियल अवॉर्ड दिया गया था। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के दूसरे ही दिन चुनाव आयोग ने 6 अफसरों का तबादला कर दिया। डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (DGP) पीयूष पांडे की जगह सिद्धनाथ गुप्ता को DGP बनाया है। राज्य के गृह सचिव जगदीश प्रसाद मीणा की जगह 1997 बैच की IAS अफसर संघमित्रा घोष को गृह सचिव अपॉइंट किया गया है। ट्रांसफर आदेश में कहा गया है कि जिन अधिकारियों का ट्रांसफर किया गया है, उन्हें चुनाव प्रक्रिया पूरी होने तक किसी भी चुनाव से जुड़े पद पर अपॉइंट नहीं किया जाएगा। चुनाव आयोग ने 15 मार्च को बंगाल के अलावा तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान किया था। बंगाल की 294 सीटों पर 2 फेज में 23 और 29 अप्रैल को वोटिंग होगी। 4 मई को रिजल्ट आएगा। नंदिनी 2023 में होम एंड हिल्स अफेयर्स डिपार्टमेंट की एडिशनल चीफ सेक्रेटरी रहीं। 3. इंडियन वेल्स ओपन में जैनिक सिनर, आर्यना सबालेंका जीते 16 मार्च को अमेरिका के कैलिफोर्निया में खेले गए इंडियन वेल्स ओपन में इटली के जैनिक सिनर और बेलारूस की आर्यना सबालेंका ने खिताब जीता। मेन्स सिंगल्स के फाइनल में सिनर ने रूस के डैनियल मेदवेदेव को हराकर अपना पहला इंडियन वेल्स टाइटल जीता। विमेंस सिंगल्स में वर्ल्ड नंबर-1 आर्यना सबालेंका ने एलिना रायबाकिना को हराकर ट्रॉफी अपने नाम की। सिनर ने हार्ड कोर्ट पर होने वाले सभी बड़े खिताब अपने नाम कर लिए हैं। सिनर के खिताबों में छह ATP मास्टर्स 1000, निट्टो ATP फाइनल्स, ऑस्ट्रेलियन ओपन और यूएस ओपन शामिल हैं। इससे पहले तक ये रिकॉर्ड सिर्फ रोजर फेडरर और नोवाक जोकोविच के नाम थे। सिनर ने 2023 में टोरंटो में अपना पहला मास्टर्स 1000 खिताब जीता था और अगले तीन सालों के भीतर ही उन्होंने हार्ड कोर्ट के सभी बड़े खिताब अपने नाम कर लिए हैं। विमेंस सिंगल्स फाइनल में आर्यना सबालेंका ने एलिना रायबाकिना को हराया। यह सबालेंका का पहला इंडियन वेल्स खिताब है। इससे पहले वह दो बार इस टूर्नामेंट के फाइनल में हार चुकी थीं। सबालेंका ने 2025 के आखिर में वर्ल्ड नंबर 1 रैंकिंग हासिल की और 2026 में भी उस पर बरकरार हैं। साल 2023 और 2024 में सबालेंका ने ऑस्ट्रेलियन ओपन चैंपियनशिप जीती। सबालेंका ने 2024 में यूएस ओपन चैंपियनशिप जीती। सबालेंका ने कई ग्रैंड स्लैम डबल्स खिताब भी जीते हैं, इनमें 2019 US ओपन और 2021 ऑस्ट्रेलियन ओपन शामिल हैं। सबालेंका ने 2015 में प्रोफेशनल करियर की शुरुआत की थी और वे 6 साल की उम्र से टेनिस खेल रही हैं। अमेरिका के कैलिफोर्निया में इंडियन वेल्स ओपन खेला गया। 4. भारत और नॉर्डिक देशों के बीच बैठक हुई 16 मार्च को भारत और नॉर्डिक देशों के राजदूतों ने भारत-यूरोपीय फ्री ट्रेड एग्रीमेंट और भारत- EFTA के लिए बातचीत की। नॉर्डिक देशों में नॉर्वे, स्वीडन, डेनमार्क, फिनलैंड और आइसलैंड शामिल हैं। इस चर्चा में व्यापार, निवेश, डिजिटल टेक्नोलॉजी, AI, रीन्यूएबल एनर्जी और क्लीन टेक्नोलॉजी पर बातचीत की गई। भारत और नॉर्डिक देशों ने भारत-EFTA व्यापार और आर्थिक साझेदारी समझौते पर बात की और इसके महत्व पर जोर दिया। भारत-EU FTA का उद्देश्य भारत और यूरोपीय संघ के बीच वस्तुओं और सेवाओं के लिए बाजार पहुंच में सुधार करना है। 5. अभिनेत्री नवनींद्र बहल का निधन 16 मार्च को अभिनेत्री नवनींद्र बहल का निधन हो गया। वे 76 साल की थीं। नवनींद्र क्वीन, ओए लकी, लकी ओए जैसी फिल्मों और कई टेलीविजन शो में अपने यादगार अभिनय के लिए जानी जाती थीं। नवनींद्र ने तीन साल की छोटी उम्र में एक्टिंग करना शुरू कर दिया था और अपने शुरुआती सालों में वे शौकिया थिएटर में शामिल हुईं थीं। ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी करने के बाद नवनींद्र ने शिक्षाशास्त्र की पढ़ाई की और पंजाब यूनिवर्सिटी पटियाला में ड्रामा डिपार्टमेंट में लेक्चरर बन गईं। एक लेक्चरर के तौर पर उन्होंने कई एक्टर्स को ट्रेनिंग दी और थिएटर, टेलीविजन और फिल्मों में काम किया। नवनींद्र ने UGC से चलने वाले ऑडियो-विजुअल रिसर्च सेंटर के डायरेक्टर के तौर पर भी काम किया। नवनींद्र को 1984 में ‘कुमारस्वामी’ शो के लिए आकाशवाणी बेस्ट राइटर अवॉर्ड मिला। 6. UP में अब हर अंडे पर लिखी जाएगी एक्सपायरी 17 मार्च को उत्तर प्रदेश सरकार ने हर अंडे पर एक्सपायरी डेट लिखने का आदेश दिया है। 1 अप्रैल से हर
RPSC AEN Mains Admit Card March 19

राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की ओर से सहायक अभियंता संयुक्त प्रतियोगी (मुख्य) परीक्षा- 2024 (कार्मिक विभाग) का आयोजन 22 और 23 मार्च 2026 को होगा। परीक्षा के लिए आवंटित परीक्षा जिले की जानकारी एसएसओ पोर्टल पर लॉगिन कर ली जा सकती है। . परीक्षा के एडमिट कार्ड 19 मार्च को जारी किए जाएंगे। आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध एडमिट कार्ड लिंक के माध्यम से एप्लीकेशन नंबर व बर्थ डेट से डाउनलोड किए जा सकेंगे। इसके अलावा एसएसओ पोर्टल पर लॉगिन कर सिटीजन ऐप्स में उपलब्ध रिक्रूटमेंट पोर्टल लिंक से भी प्रवेश-पत्र डाउनलोड किए जा सकते हैं। यह परीक्षा दो पारियों में आयोजित की जाएगी, जिसमें सुबह की पारी 9:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक और दोपहर की पारी 2:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक रहेगी। बता दें कि प्री एग्जाम 28 से 30 सितंबर 2025 तक हुआ था, जिसका रिजल्ट 27 नवंबर 2025 को जारी कर दिया। इसमें 2413 कैंडिडेट्स को मुख्य परीक्षा के लिए सफल घोषित किया गया। कैलकुलेटर का कर सकेंगे उपयोग आयोग सचिव रामनिवास मेहता ने बताया-इंजीनियरिंग सब्जेक्ट के प्रश्न पत्रों को हल करने के लिए अभ्यर्थी ध्वनिरहित ‘नॉन-प्रोग्रामेबल’ साइंटिफिक कैलकुलेटर का उपयोग कर सकेंगे। चूंकि यह मुख्य परीक्षा डिस्क्रिप्टिव है, इसलिए अभ्यर्थियों को नीली स्याही के पारदर्शी बॉल पेन के साथ-साथ सामान्य जैल पेन या स्याही वाले पेन के उपयोग की भी परमिशन दी गई है। इसके अलावा परीक्षार्थी अपनी आवश्यकता के अनुसार पेंसिल, रबड़ और स्केल (पैमाना) भी साथ ला सकेंगे। 1036 पदों पर होनी है भर्ती सहायक अभियंता के 1036 पदों पर भर्ती होगी। आयोग ने पहले 1014 पदों पर वैकेंसी निकाली। बाद में सहायक अभियंता (सिविल) के पूर्व विज्ञापित 125 पदों में 15 पदों की वृद्धि के साथ अब कुल 140 पद और सहायक अभियंता (विद्युत) पूर्व विज्ञापित 20 पदों में 7 पद बढ़ाए गए हैं। चेकिंग कर सेंटर पर एक घंटे पहले मिलेगी एन्ट्री-फाइल फोटो एक घंटे पहले मिलेगी सेंटर पर एंट्री परीक्षा केन्द्र पर किसी भी परीक्षार्थी को शुरू होने के 60 मिनट पहले तक ही एंट्री दी जाएगी। इसके बाद किसी भी परीक्षार्थी को परीक्षा केंद्र पर प्रवेश नहीं दिया जाएगा। अतः अभ्यर्थी परीक्षा के दिन समय से पहले परीक्षा केंद्रों पर उपस्थित हो जाएं ताकि सुरक्षा जांच एवं पहचान का कार्य समय पर पूर्ण हो सके। देरी से आने पर तलाशी में समय लगने के कारण परीक्षा से वंचित हो सकते हैं। पहचान पत्र जरूरी है मूल आधार कार्ड (रंगीन प्रिंट) साथ लाएं। अगर आधार पर फोटो पुरानी या धुंधली है तो ये ले जाएँ- वोटर आईडी पासपोर्ट ड्राइविंग लाइसेंस(सभी में रंगीन और साफ नया फोटो होना चाहिए) एडमिट कार्ड पर भी अपना लेटेस्ट रंगीन फोटो चिपकाना न भूलें। बिना साफ फोटो वाले पहचान पत्र के अंदर नहीं जाने देंगे। बहकावें में नहीं आए, करें सूचना आयोग द्वारा आयोजित परीक्षा में सम्मिलित होने वाले अभ्यर्थी किसी दलाल, मीडिएटर, समाजकंटक या अपराधी के बहकावे में न आएं। यदि कोई परीक्षा में पास कराने के नाम पर रिश्वत की मांग या अन्य कोई प्रलोभन व झांसा देता है तो प्रमाण सहित इस संबंध में जांच एजेंसी एवं आयोग कंट्रोल रूम नंबर 0145-2635200, 2635212 एवं 2635255 पर सूचित करें। परीक्षा में अनुचित साधन अपनाये जाने एवं अनुचित कृत्यों में संलिप्त होने पर राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम के अध्युपाय) अधिनियम, 2022 के तहत आजीवन कारावास, 10 करोड़ रुपए तक के जुर्माने से दण्डित एवं चल अचल संपत्ति कुर्क कर जब्त की जा सकती है। ……. पढें ये खबर भी… इकोनॉमिक्स लेक्चरर के 35 में से 6 पद रहे खाली:न्यूनतम मार्क्स भी नहीं ला पाए कैंडिडेट्स; ST वर्ग में एक भी सिलेक्शन नहीं सरकारी स्कूलों में प्राध्यापक (इकोनॉमिक्स) के 35 पदों में से 6 पद खाली रहेंगे। राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) ने भर्ती प्रक्रिया पूरी कर अंतिम परिणाम जारी कर दिया। इसमें केवल 29 अभ्यर्थी ही मुख्य मेरिट में शामिल हो सके। इसका कारण कैंडिडेट्स की ओर से न्यूनतम मार्क्स भी हासिल नहीं कर पाना रहा। पूरी खबर पढें
Akasa Air Imposes Fuel Surcharge ₹199-₹1,300 from March 15, 2026

Hindi News Business Akasa Air Imposes Fuel Surcharge ₹199 ₹1,300 From March 15, 2026 | IndiGo, Air India Follow Amid Middle East Crisis नई दिल्ली3 घंटे पहले कॉपी लिंक एअर इंडिया-इंडिगो के बाद अब अकासा एयर की फ्लाइट्स भी कल से महंगी हो जाएंगी। एयरलाइन कंपनी ने रविवार से सभी घरेलू और इंटरनेशनल फ्लाइट्स पर फ्यूल सरचार्ज लगाने की घोषणा की है। अकासा एयर ने कहा कि 15 मार्च को रात 12:01 बजे के बाद बुक किए जाने वाले टिकटों पर 199 रुपए से लेकर 1,300 रुपए तक का एडिशनल सरचार्ज वसूला जाएगा। मिडिल ईस्ट तनाव और अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग की वजह से जेट फ्यूल (ATF) की कीमतों में भारी बढ़ोतरी के कारण यह कदम उठाना पड़ रहा है। अकासा एयर के कहा कि अगर आपने 15 मार्च रात 12:01 बजे से पहले टिकट बुक कर लिया है, तो आपको अतिरिक्त पैसा नहीं देना होगा। यह सरचार्ज ‘पर सेक्टर’ यानी एक तरफ की यात्रा के हिसाब से लगेगा और इसकी राशि फ्लाइट की दूरी (फ्लाइट ड्यूरेशन) पर निर्भर करेगी। इंडिगो-एअर इंडिया भी बढ़ा चुकी हैं किराया इंडिगो: फ्यूल की बढ़ती कीमतों के बोझ को कम करने के लिए देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो ने शुक्रवार को सरचार्ज बढ़ा दिया था। एयरलाइन ने घरेलू और इंटरनेशनल फ्लाइट्स की टिकटों पर ₹425 से ₹2300 तक सरचार्ज लगाया। कंपनी ने एक्सट्रा फ्यूल चार्ज के साथ टिकटों की नई कीमतें 14 मार्च रात 12 बजे से लागू कर दी थीं। एअर इंडिया: एअर इंडिया 12 मार्च से घरेलू फ्लाइट टिकटों पर 399 रुपए का फ्यूल सरचार्ज लगा रही है। वहीं एयरलाइन ने इंटरनेशनल फ्लाइट्स के किराए में करीब 15% की बढ़ोतरी की है। जेट फ्यूल के दाम लगातार बढ़ने से दुनियाभर की प्रमुख एयरलाइंस ने भी टिकटों के दाम बढ़ाए हैं। कई कंपनियां अपने विमानों को ग्राउंडेड करने का प्लान भी बना रही हैं। स्पाइसजेट ने सरकार से राहत मांगी स्पाइसजेट के फाउंडर अजय सिंह ने कहा कि अगर तेल की कीमतें इसी तरह ऊंची रहीं, तो एयरलाइंस के पास सरचार्ज लगाने के अलावा कोई चारा नहीं बचेगा। उन्होंने सरकार से मांग की है कि जेट फ्यूल पर लगने वाली एक्साइज ड्यूटी और वैट (VAT) में कटौती की जाए। उनके मुताबिक, तेल की कीमतें 90 डॉलर प्रति बैरल के पार जाना इंडस्ट्री के लिए खतरनाक है। जेट फ्यूल की कीमतें 2 गुना हुईं 28 फरवरी को शुरू हुई ईरान-इजराइल जंग और होर्मुज रूट प्रभावित होने के बाद से तेल की सप्लाई चेन बुरी तरह प्रभावित हुई है। इस वजह से क्रूड ऑयल की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं। ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमत आज 103 डॉलर प्रति बैरल पर आ गई है। हाल ही में इसकी कीमत करीब 120 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई थी। वहीं कई देशों में जेट फ्यूल की कीमतें संघर्ष शुरू होने के बाद से दोगुनी हो चुकी हैं। जंग से पहले जेट फ्यूल की कीमतें लगभग 85 से 90 डॉलर प्रति बैरल थीं, जो अब बढ़कर 150 से 200 डॉलर प्रति बैरल के बीच पहुंच गई है। वहीं मिडिल ईस्ट के तनाव के कारण दुनियाभर में अब तक 40,000 से ज्यादा उड़ानें कैंसिल भी हुई हैं। एयरलाइंस के लिए सबसे बड़ा खर्च होता है जेट-फ्यूल जेट फ्यूल की कीमतें बढ़ने के चलते दुनियाभर की एयरलाइंस ने न सिर्फ टिकट के दाम बढ़ा दिए हैं, बल्कि अपने भविष्य के वित्तीय अनुमानों यानी फाइनेंशियल आउटलुक को भी वापस लिया है। एयरलाइंस के लिए जेट-फ्यूल सबसे बड़ा खर्च होता है। कुल ऑपरेटिंग खर्च में इसकी हिस्सेदारी 30% से 40% होती है। तेल की कीमतों में आए इस अचानक बदलाव ने एयरलाइंस के बजट को बिगाड़ दिया है। एयर न्यूजीलैंड और क्वांटास जैसी बड़ी कंपनियों ने भी साफ कर दिया है कि वे बढ़े हुए खर्च का बोझ यात्रियों पर डालेंगे। सुरक्षा के कारण रास्ता लंबा होने से भी खर्च बढ़ा युद्ध की स्थिति के कारण कई एयरलाइंस ने पश्चिम एशिया और उसके आसपास के एयरस्पेस का इस्तेमाल बंद कर दिया है। सुरक्षा कारणों से विमानों को अब घूमकर जाना पड़ रहा है। लंबे रूट का मतलब है ज्यादा फ्यूल की खपत और ऑपरेशनल कॉस्ट ज्यादा होना। दुनियाभर में इन एयरलाइंस ने भी किराया बढ़ाया एयर न्यूजीलैंड: एयर न्यूजीलैंड ने मंगलवार को अपने टिकटों के दाम में बड़ी बढ़ोतरी की घोषणा की है। कंपनी ने घरेलू उड़ानों के लिए एक तरफ का किराया 10 न्यूजीलैंड डॉलर बढ़ा दिया है। वहीं शॉर्ट-हॉल इंटरनेशनल फ्लाइट्स के लिए 20 डॉलर और लंबी दूरी की उड़ानों के लिए 90 डॉलर की बढ़ोतरी की गई है। कंपनी ने 2026 के लिए अपना कमाई का अनुमान भी वापस ले लिया है, क्योंकि मार्केट में भारी अस्थिरता है। हांगकांग एयरलाइंस: हांगकांग एयरलाइंस गुरुवार से फ्यूल सरचार्ज में 35.2% तक की बढ़ोतरी करने जा रही है। मालदीव, बांग्लादेश और नेपाल जैसे देशों के लिए यह सरचार्ज 284 हांगकांग डॉलर से बढ़ाकर 384 हांगकांग डॉलर कर दिया गया है। वहीं कैथे पैसिफिक ने मार्च में लंदन और ज्यूरिख के लिए एक्स्ट्रा फ्लाइट्स शुरू की हैं ताकि प्रभावित रूट्स के यात्रियों को ऑप्शन मिल सके। कंपनी फिलहाल हर महीने फ्यूल सरचार्ज का रिव्यू कर रही है। क्वांटास और SAS: ऑस्ट्रेलिया की फ्लैग कैरियर क्वांटास एयरवेज ने अपने इंटरनेशनल रूट्स पर किराया बढ़ा दिया है। हालांकि, कंपनी का कहना है कि यूरोप जाने वाली फ्लाइट्स 90% से ज्यादा फुल चल रही हैं, इसलिए वे आने वाले महीनों में कैपेसिटी बढ़ाने पर विचार कर रहे हैं। नॉर्डिक देशों यानी उत्तरी यूरोप की प्रमुख एयरलाइन SAS (स्कैंडिनेवियन एयरलाइंस) ने भी बढ़ती लागत को देखते हुए अस्थायी प्राइस एडजस्टमेंट लागू किया है। ये खबर भी पढ़ें… एअर इंडिया के बाद इंडिगो की भी टिकटें महंगी: घरेलू उड़ानों पर ₹425 और इंटरनेशनल पर ₹2300 तक एक्स्ट्रा चार्ज लगेगा, वजह- जेट फ्यूल महंगा एअर इंडिया के बाद इंडिगो की फ्लाइट्स भी कल से महंगी हो जाएंगी। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन कंपनी ने शुक्रवार को सभी घरेलू और इंटरनेशनल फ्लाइट्स पर ‘फ्यूल सरचार्ज’ लगाने की घोषणा की है। एयरलाइन ने बताया कि ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच जारी जंग की वजह से जेट फ्यूल की कीमतें 85% तक बढ़ गई हैं। इस कारण घरेलू और इंटरनेशनल फ्लाइट्स की टिकटों पर ₹425 से
RPSC RAS 2024 Interview Phase 8 Begins March 16

राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की ओर से RAS-2024 के इंटरव्यू का आठवां चरण 16 मार्च से शुरू होगा। यह चरण 25 मार्च तक चलेगा। इसके लिए इंटरव्यू लेटर वेबसाइट पर अपलोड कर दिए गए है। . बता दें कि इंटरव्यू के पहले चरण की शुरुआत एक दिसम्बर से हुई थी।। यह वैकेंसी 1096 पदों के लिए है। 2461 कैंडिडेट्स इंटरव्यू के लिए सिलेक्ट किए गए थे। इंटरव्यू में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को ऑनलाइन भरे गए विस्तृत आवेदन पत्र की दो प्रतियां मय सभी मूल दस्तावेजों व उनकी फोटोकॉपी के साथ उपस्थित होना होगा। अभ्यर्थियों को अपने साथ एक नवीनतम पासपोर्ट आकार का रंगीन फोटो और एक मूल फोटो पहचान पत्र भी लाना होगा। बढ़ा दी थी पदों की संख्या RPSC ने 2 सितंबर 2024 को भर्ती विज्ञापन निकाला था। 18 अक्टूबर 2024 तक 6 लाख 75 हजार कैंडिडेट्स ने अप्लाई किया था। 2 फरवरी 2025 को प्री-एग्जाम हुआ, 3 लाख 75 हजार 657 कैंडिडेट्स शामिल हुए थे। 20 फरवरी को रिजल्ट जारी हुआ और 21 हजार 539 कैंडिडेट्स मेंस एग्जाम के लिए सिलेक्ट किए गए थे। इसके बाद 17 और 18 जून 2025 को मेंस एग्जाम हुआ था। 8 अक्टूबर 2025 को मेंस रिजल्ट घोषित किया। इसमें 2461 कैंडिडेट्स इंटरव्यू के लिए सलेक्ट हुए थे। पहले 733 पदों पर वैकेंसी निकाली गई थी। 17 फरवरी 2025 को पदों की संख्या बढ़ाकर 1096 कर दी गई थी। इसमें राज्य सेवा के 428 और अधीनस्थ सेवा के 668 पद हैं। पहले चरण के इन्टरव्यू की शुरूआत एक दिसम्बर से हुई। जो 12 दिसम्बर तक चले। दूसरे चरण के इन्टरव्यू 15 दिसम्बर से 24 दिसम्बर तक हुए। आरएएस-2024 से संबंधित ये खबरें भी पढ़ें… आरएएस मेंस-2024 का रिजल्ट घोषित:2461 कैंडिडेट्स इंटरव्यू के लिए सिलेक्ट; 17-18 जून को हुआ था एग्जाम RAS प्री-2024 का रिजल्ट जारी:जनरल कैटेगरी में मेल की कटऑफ 71.59 और फीमेल की 69.80 रही अब 1096 पदों पर होगी RAS-2024 भर्ती:RPSC ने 363 पद बढ़ाए RPSC ने 733 पदों पर निकाली RAS की भर्ती
PM Modi to address Post Budget Webinar on theme ‘Sabka Saath Sabka Vikas’ on March 9

Hindi News Business PM Modi To Address Post Budget Webinar On Theme ‘Sabka Saath Sabka Vikas’ On March 9 नई दिल्ली2 घंटे पहले कॉपी लिंक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सुबह 10:15 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए वेबिनार को संबोधित करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज (सोमवार) 9 मार्च को सुबह 10:15 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पोस्ट-बजट वेबिनार को संबोधित करेंगे। इस वेबिनार की थीम ‘सबका साथ सबका विकास- लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करना’ रखी गई है। इस कार्यक्रम का मकसद बजट में की गई घोषणाओं को जमीन पर उतारने के लिए सरकारी विभागों, इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स और स्टेकहोल्डर्स यानी हितधारकों के साथ मिलकर एक ठोस रणनीति तैयार करना है। ब्रेकआउट सेशन्स में अलग-अलग सेक्टर्स पर फोकस होगा वेबिनार में कई ब्रेकआउट सेशन होंगे। इनमें शिक्षा और कौशल विकास, स्वास्थ्य और आयुष, पर्यटन और आतिथ्य जैसे क्षेत्रों पर विस्तार से चर्चा होगी। सरकार चाहती है कि बजट के प्रावधानों का लाभ आम जनता तक जल्द से जल्द पहुंचे। एजुकेशन-टू-एम्प्लॉयमेंट पाथवे पर चर्चा होगी वेबिनार में शिक्षा से लेकर रोजगार तक के सफर को आसान बनाने पर चर्चा होगी। सरकार का लक्ष्य ऐसी व्यवस्था तैयार करना है, जिससे छात्रों को पढ़ाई खत्म करते ही सीधे नौकरी के अवसर मिल सकें। इसके लिए स्किल्स ट्रेनिंग और इंडस्ट्री की जरूरतों के बीच के अंतर को खत्म करने पर जोर दिया जाएगा। AVGC सेक्टर के लिए बनेंगे कंटेंट क्रिएटर लैब्स एनिमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स (AVGC) सेक्टर को बढ़ावा देने के लिए वेबिनार में ‘कंटेंट क्रिएटर लैब्स’ बनाने पर बातचीत होगी। भारत को इस ग्लोबल मार्केट में एक बड़े प्लेयर के रूप में स्थापित करने के लिए सरकार नए क्रिएटर्स को तकनीकी सहायता और प्लेटफॉर्म देने का प्लान बना रही है। हेल्थ सेक्टर: रीजनल मेडिकल हब और आयुष संस्थानों का विस्तार होगा स्वास्थ्य के क्षेत्र में सरकार का ध्यान रीजनल मेडिकल हब बनाने पर है, ताकि बड़े शहरों के अलावा अन्य इलाकों में भी इलाज की आधुनिक सुविधाएं मिल सकें। इसके अलावा, सहयोगी स्वास्थ्य पेशेवरों और केयरगिवर्स की ट्रेनिंग पर भी फोकस रहेगा। आयुष पद्धति को बढ़ावा देने के लिए नए संस्थानों की स्थापना पर एक्सपर्ट्स की सलाह ली जाएगी। टूरिज्म: नॉर्थ-ईस्ट में बुद्धिस्ट सर्किट और हेरिटेज टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा पर्यटन क्षेत्र के लिए वेबिनार में कई अहम बिंदुओं पर चर्चा होगी… सस्टेनेबल टूरिज्म ट्रेल्स: पर्यावरण को नुकसान पहुंचाए बिना पर्यटन को बढ़ावा देना। बुद्धिस्ट सर्किट: उत्तर-पूर्वी राज्यों में बौद्ध धर्म से जुड़े स्थलों को विकसित करना। हॉस्पिटैलिटी स्किल डेवलपमेंट: होटल और पर्यटन क्षेत्र में युवाओं को पेशेवर ट्रेनिंग देना। हेरिटेज टूरिज्म: भारत की सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक स्तर पर प्रमोट करना। बजट विजन को हकीकत में बदलने की कोशिश यह वेबिनार सरकार, उद्योग जगत और विशेषज्ञों के बीच एक साझा मंच के रूप में काम करेगा। इसका मुख्य उद्देश्य बजट की नीतियों को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए प्रैक्टिकल सुझाव निकालना है, जिससे देश के समावेशी विकास को गति मिल सके। वित्त मंत्री ने 1 फरवरी को बजट पेश किया था वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 1 फरवरी, रविवार को बजट पेश किया था। इसमें आम आदमी के लिए कोई बड़ा ऐलान नहीं किया गया। हालांकि टैक्स फाइल करने में सहूलियत, रेलवे प्रोजेक्ट और 3 नए आयुर्वेदिक AIIMS जैसी नई बातें कही हैं। बजट भाषण में कोई सीधा चुनावी ऐलान भी नहीं हुआ। सीतारमण लोकसभा में तमिलनाडु की प्रसिद्ध कांजीवरम साड़ी पहनकर पहुंचीं जरूर, लेकिन इसी साल होने वाले पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी चुनाव पर सीधा असर डालने वाली घोषणाएं नहीं कीं। ऑपरेशन सिंदूर के बाद पहले बजट में वित्त मंत्री ने जियो-पॉलिटिक्स और चुनौतियों की बात कही और देश का रक्षा बजट ₹6.81 लाख करोड़ से बढ़ाकर ₹7.85 लाख करोड़ कर दिया। यानी कुल डिफेंस बजट में 15.2% की बढ़ोतरी हुई है। डिफेंस बजट की खास बात यह है कि हथियार खरीदी और सेना के आधुनिकीकरण पर पिछले साल के ₹1.80 लाख करोड़ के मुकाबले इस बार ₹2.19 लाख करोड़ खर्च किए जाएंगे। यह पूंजीगत खर्च में सीधे 22% की बढ़ोतरी है। बजट की 8 सबसे बड़ी घोषणाएं… i. इनकम टैक्स स्लैब में बदलाव नहीं। रिवाइज्ड रिटर्न फाइल करने के लिए 3 महीने का ज्यादा समय दिया। यानी अब 31 दिसंबर के बदले 31 मार्च तक रिवाइज्ड रिटर्न फाइल कर सकते हैं। ii. कैंसर की 17 दवाओं पर से आयात शुल्क हटाया। अभी 5% शुल्क लगता था। हीमोफीलिया, सिकल सेल और मस्कुलर डिस्ट्रॉफी जैसी 7 दुर्लभ बीमारियों की दवाइयां भी ड्यूटी फ्री। iii. डिफेंस बजट ₹6.81 लाख करोड़ से बढ़ाकर ₹7.85 लाख करोड़, यानी 15.2% की बढ़ोतरी। हथियार खरीदी और आधुनिकीकरण पर पिछले साल के ₹1.80 लाख करोड़ के मुकाबले इस साल ₹2.19 लाख करोड़ खर्च होंगे, यानी 22% की बढ़ोतरी। iv. 7 हाईस्पीड रेल कॉरिडोर की घोषणा। इनमें मुंबई -पुणे, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-बेंगलुरु, हैदराबाद-चेन्नई, चेन्नई-बेंगलुरु, दिल्ली-वाराणसी और वाराणसी-सिलिगुड़ी। v. 3 आयुर्वेदिक AIIMS खोले जाने की घोषणा। मेडिकल टूरिज्म को बढ़ाने के लिए 5 मेडिकल हब भी बनेंगे। vi. 5 लाख से ज्यादा आबादी वाले टियर-2 और टियर-3 शहरों के विकास के लिए ₹12.2 लाख करोड़ खर्च करने का ऐलान। vii. 15 हजार सेकेंडरी स्कूलों और 500 कॉलेजों में कंटेंट क्रिएटर लैब्स बनाई जाएंगी। viii. करीब 800 जिलों में लड़कियों के लिए हॉस्टल बनेंगे। हर जिले में एक हॉस्टल बनाया जाएगा। ये खबर भी पढ़ें… बजट 2026, सस्ता-महंगा- कैंसर की 17 दवाएं सस्ती: EV, सोलर पैनल के दाम घटेंगे; शराब महंगी हो सकती है, ट्रेडिंग पर भी टैक्स बढ़ा बजट में अब बस इम्पोर्ट ड्यूटी के घटने-बढ़ने से सामानों के दाम थोड़े बहुत ऊपर-नीचे होते हैं। ज्यादातर चीजों के दाम GST काउंसिल तय करती है। समझते हैं इस बजट से क्या सस्ता हुआ और क्या महंगा…पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
₹21,000 Cr Outflow in March 2026 Amid West Asia Crisis

Hindi News Business FPI Sell Off In India: ₹21,000 Cr Outflow In March 2026 Amid West Asia Crisis मुंबई43 मिनट पहले कॉपी लिंक भारतीय शेयर बाजार में विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPIs) की ओर से भारी बिकवाली देखने को मिल रही है। वेस्ट एशिया में बढ़ते तनाव और ग्लोबल रिस्क सेंटीमेंट बिगड़ने के कारण पिछले कारोबारी हफ्ते यानी 4 ट्रेडिंग सेशन में विदेशी निवेशकों ने बाजार से करीब 21,000 करोड़ रुपए निकाले हैं। यह बिकवाली मार्च के पहले हफ्ते (2 से 6 मार्च) के दौरान हुई है। 3 मार्च को होली के अवसर पर भारतीय बाजार बंद रहा था। खास बात यह है कि फरवरी में FPI ने भारतीय बाजार में 22,615 करोड़ रुपए का निवेश किया था, जो पिछले 17 महीनों में सबसे ज्यादा था। युद्ध और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों का असर मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, बिकवाली की सबसे बड़ी वजह वेस्ट एशिया में बढ़ता जियोपॉलिटिकल टेंशन है। 28 फरवरी को अमेरिका-इजरायल के ईरान पर किए गए हमले के बाद क्षेत्र में संघर्ष तेज हो गया है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में सप्लाई रुकने के डर से ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें 92 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गई हैं। भारत अपनी जरूरत का ज्यादातर तेल आयात करता है। ऐसे में कच्चा तेल महंगा होना भारतीय इकोनॉमी के लिए निगेटिव माना जा रहा है। डॉलर के मुकाबले रुपया 92 के स्तर के पार विदेशी निवेशकों की बाजार में बिकवाली की एक बड़ी वजह भारतीय रुपए में आई गिरावट भी है। डॉलर के मुकाबले रुपया 92 के स्तर को पार कर गया है। जब रुपया कमजोर होता है, तो विदेशी निवेशकों को डॉलर में मिलने वाला रिटर्न कम हो जाता है, इसलिए वे उभरते बाजारों से पैसा निकालकर सुरक्षित माने जाने वाले अमेरिकी ट्रेजरी और डॉलर में शिफ्ट होने लगते हैं। इन 4 वजहों से बाजार पर बना दबाव वेस्ट एशिया संकट: ईरान के सुप्रीम लीडर की मौत के बाद ईरान-इजराइल युद्ध के बढ़ने की आशंका बढ़ गई है। अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड: अमेरिका में बॉन्ड यील्ड बढ़ने से निवेशक जोखिम वाले शेयर बाजार से पैसा निकालकर सरकारी बॉन्ड्स में लगा रहे हैं। कॉर्पोरेट अर्निंग्स: वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही (Q4) के शुरुआती रुझान मिले-जुले हैं। वहीं IT-कंजम्पशन सेक्टर में मार्जिन पर दबाव है। महंगाई का डर: कच्चा तेल महंगा होने से भारत में करंट अकाउंट डेफिसिट (CAD) और महंगाई बढ़ने का खतरा बढ़ गया है। घरेलू निवेशकों ने बाजार संभाला विदेशी निवेशकों की इतनी बड़ी बिकवाली के बावजूद भारतीय बाजार पूरी तरह क्रैश नहीं हुए हैं। इसकी वजह डोमेस्टिक इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (DIIs) हैं। म्यूचुअल फंड्स में हर महीने आने वाली सिस्टेमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) की रकम ने बाजार को सपोर्ट दिया है। रिटेल निवेशकों के भरोसे के चलते बाजार में गिरावट सीमित रही है। क्या आगे और गिरेगा बाजार? जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट वीके विजयकुमार का कहना है कि जब तक जियोपॉलिटिकल हालात नहीं सुधरते और कच्चे तेल की कीमतें कम नहीं होतीं, तब तक FPIs की वापसी मुश्किल है। मॉर्निंगस्टार इन्वेस्टमेंट रिसर्च इंडिया के हिमांशु श्रीवास्तव ने कहा कि ग्लोबल अनिश्चितता के कारण निवेशक फिलहाल सुरक्षित एसेट्स की तलाश में हैं। ये खबर भी पढ़ें… टॉप-10 कंपनियों में 8 की वैल्यू ₹2.81 लाख करोड़ घटी: SBI टॉप लूजर रहा, इसकी वैल्यू ₹53,953 करोड़ घटी; ICICI और HDFC बैंक का मार्केट कैप भी घटा मार्केट कैपिटलाइजेशन के लिहाज से देश की 10 सबसे बड़ी कंपनियों में से 8 की वैल्यू बीते हफ्ते के कारोबार में 2.81 लाख करोड़ रुपए घट गई। इस दौरान SBI की वैल्यू सबसे ज्यादा घटी। SBI का मार्केट कैप 53,953 करोड़ रुपए घटकर ₹10.55 लाख करोड़ पर आ गया। ICICI बैंक की मार्केट वैल्यू ₹46,937 करोड़ घटकर ₹9.40 लाख करोड़ पर आ गई। वहीं HDFC बैंक का मार्केट कैप 46,552 करोड़ रुपए घटकर ₹13.19 लाख करोड़ पर आ गया। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…









