UP में ब्लास्ट करना चाह रहे 2 संदिग्ध आतंकी अरेस्ट:पाकिस्तानी गैंगस्टर ने कहा था- मैं तुम्हें इंडिया का हीरो बना दूंगा

यूपी में बुधवार को एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने पाकिस्तानी आतंकी मॉड्यूल का पर्दाफाश करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी देश के संवेदनशील ठिकानों पर सीरियल धमाके और पुलिस टीम पर हमले की साजिश रच रहे थे। आरोपियों में बाराबंकी निवासी 23 साल का दानियान अशरफ और कुशीनगर का रहने वाला 20 साल का कृष्णा मिश्रा है। दोनों पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी, आबिद जट और हम्माद के संपर्क में थे। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि शहजाद भट्टी ने कहा था, मेरे कहने के अनुसार काम करोगे तो मैं तुम्हें इंडिया में हीरो बना दूंगा। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, गैंगस्टर शहजाद भट्टी ने पंजाब में हुए धमाके की जिम्मेदारी ली है। पंजाब में मंगलवार की रात 3 घंटे के भीतर 2 जगह ब्लास्ट हुए थे। इंस्टाग्राम के जरिए स्लीपर सेल बना रहा आतंकी संगठन एटीएस के प्रवक्ता ने बताया, जानकारी मिली थी कि पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन सोशल मीडिया, खासकर इंस्टाग्राम के जरिए भारतीय युवाओं को फुट सोल्जर और स्लीपर सेल के रूप में भर्ती कर रहे हैं। पूछताछ में पता चला कि आरोपी दानियाल और कृष्णा पाकिस्तानी हैंडलर्स के संपर्क में थे। उनके फोन में शहजाद भट्टी, आबिद जट और हम्माद के नंबर थे। इनके पास से वीडियो कॉल, वॉइस नोट्स, व्हाट्सएप चैट और देश-विरोधी बातचीत के सबूत मिले हैं। पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी, आबिद जट और हम्माद के निर्देश पर इन युवाओं को अमीर बनने का लालच देकर कट्टरपंथी बनाया जा रहा था। इनका मकसद संवेदनशील संस्थानों, पुलिस थानों, चौकियों और पुलिसकर्मियों पर हमला कर देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता को खतरे में डालना था। दानियाल ने गन की डिमांड की, कृष्णा को मर्डर का टास्क मिला कृष्णा अपने माता-पिता का इकलौता बेटा कृष्णा मिश्रा के पिता का नाम छोटेलाल मिश्रा है। वह कुशीनगर में थाना जटहन के हरपुर गांव का रहने वाला है। वर्तमान में वह कुशीनगर में ही थाना रविंद्रनगर के बेलवामिश्र में रह रहा था। वह अपने माता-पिता का इकलौता बेटा है। पिता छोटेलाल ने शराब की लत के कारण गांव की पैतृक संपत्ति बेच दी और रविंद्रनगर स्थित अपने हिस्से की जमीन पर घर बनवाया। उसकी मां लाली गृहिणी हैं, जबकि बहन सलोनी की शादी हो चुकी है। छोटेलाल ने चार ऑटो भी खरीदे थे, लेकिन किस्तें न चुका पाने के कारण वे जब्त हो गए। छोटेलाल का एक भाई BSF में हैं, दूसरा भाई अधिवक्ता है। एक अन्य भाई दुकान चलाते हैं। परिवार में एक चचेरा भाई बॉक्सिंग करता है, जबकि कुछ अन्य रिश्तेदार LLB की पढ़ाई कर रहे हैं। कृष्णा की पढ़ाई केवल तीसरी या चौथी कक्षा तक ही हुई है। उसे शराब पीने की भी आदत थी। उसके चचेरे भाई के अनुसार, फिलहाल वह दिल्ली में रहकर किसी कंपनी में काम कर रहा था। ATS ने कृष्णा को गोरखपुर और दानियाल को बाराबंकी से गिरफ्तार किया गया है। दानियान बाराबंकी में बदोसराय थाना क्षेत्र के किंतूर गांव का रहने वाला है। इनके पास से एक देशी पिस्तौल (9 एमएम), एक तमंचा .315 बोर, 6 जिंदा कारतूस (9 एमएम) और दो मोबाइल फोन बरामद किया है। खबर अपडेट हो रही है…
Khabar Hatke- Quirky News: Bride Flees Jai Mala; Son Decorates Car with Cash

उत्तर प्रदेश में अपनी भाभी को देखकर दूल्हा स्टेज से जयमाल छोड़कर भाग गया। वहीं, हरियाणा में एक महिला के रिटायरमेंट पर उसके बेटे ने कार को नोटों से सजा दिया। उधर, दक्षिण कोरिया में सबसे ज्यादा और गहरी नींद लेने की प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। . फैशन ब्रैंड शनेल ने केवल एड़ी ढंकने वाला जूता तैयार किया है। वहीं, इटली की ITA एयरलाइंस की फ्लाइट में 34,000 फीट पर बच्चे का जन्म हुआ। आज खबर हटके में जानेंगे ऐसी ही 5 रोचक खबरें… तो ये थी आज की रोचक खबरें, कल फिर मिलेंगे कुछ और दिलचस्प और हटकर खबरों के साथ… खबर हटके को और बेहतर बनाने के लिए हमें आपका फीडबैक चाहिए। इसके लिए यहां क्लिक करें…
वेटरनरी ऑफिसर-असिस्टेंट एग्रीकल्चर इंजीनियर एग्जाम की मॉडल आंसर-की जारी:कैंडिडेट्स आज से दर्ज करा सकेंगे ऑब्जेक्शन; जानिए क्या रहेगी फीस और लास्ट डेट

राजस्थान लोक सेवा आयोग की ओर से पशु चिकित्सा अधिकारी ( पशुपालन विभाग) प्रतियोगी परीक्षा-2025 एवं सहायक कृषि अभियंता (कृषि विभाग) परीक्षा-2025 की मॉडल आंसर-की वेबसाइट पर जारी कर दी गई हैं। इस संबंध में विस्तृत सूचना आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध है। यदि किसी अभ्यर्थी को इन मॉडल उतरकुंजियाँ पर कोई आपत्ति हो तो निर्धारित शुल्क के साथ 2 से 4 मई 2026 को रात्रि 12:00 बजे तक आपत्ति ऑनलाइन दर्ज करवा सकता है। बता दें कि पशु चिकित्सा अधिकारी (1100 पद) व असिस्टेंट एग्रीकल्चर इंजीनियर (281 पद) के लिए एग्जाम 19 अप्रैल को जयपुर मुख्यालय पर हुआ था। मॉडल प्रश्न-पत्र आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध आयोग के मुख्य परीक्षा नियंत्रक आशुतोष गुप्ता ने बताया- आपत्तियां आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध मॉडल प्रश्न-पत्र के क्रम अनुसार ही प्रविष्ट करनी होगी इन परीक्षाओं के मॉडल प्रश्न पत्र आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध है। आपत्ति प्रामाणिक (स्टैंडर्ड, ऑथेंटिक) पुस्तकों के प्रमाण सहित ऑनलाइन ही प्रविष्ट करनी होगी। वांछित प्रमाण संलग्न नहीं होने की स्थिति में आपत्तियों पर विचार नहीं किया जाएगा। कोई अन्य व्यक्ति आपत्ति दर्ज नहीं करा सकता। यह रहेगा शुल्क और प्रोसेस आयोग की ओर से हर प्रश्न के लिए आपत्ति शुल्क 100 रुपए (सेवा शुल्क अतिरिक्त) निर्धारित किया गया है। अभ्यर्थी एसएसओ पोर्टल पर लॉगिन कर रिक्रूटमेंट पोर्टल का चयन कर उक्त परीक्षा के लिए उपलब्ध लिंक (क्वेश्चन ऑब्जेक्शन) पर क्लिक कर प्रश्नों पर आपत्तियां दर्ज करानी होगी। प्रति प्रश्न आपत्ति शुल्क 100 रुपए (सेवा शुल्क अतिरिक्त) के हिसाब से कुल आपत्ति शुल्क ई-मित्र कियोस्क अथवा अभ्यर्थी स्वयं भी रिक्रूटमेंट पोर्टल पर उपलब्ध पेमेंट गेटवे पर भुगतान कर आपत्तियां दर्ज कर सकता है। आयोग द्वारा शुल्क वापस लौटाने का प्रावधान नहीं है। शुल्क के अभाव में आपत्तियां स्वीकार नहीं की जाएगी। आपत्तियां केवल ऑनलाइन ही प्रस्तुत करें। अन्य किसी माध्यम से भेजी गई आपत्तियां स्वीकार नहीं की जाएगी। आपत्तियां केवल एक बार ही ली जाएगी। ऑनलाइन आपत्तियों का लिंक 2 से 4 मई 2026 को रात्रि 12 बजे तक ही उपलब्ध है, उसके बाद लिंक निष्क्रिय हो जाएगा। यहां करें कॉन्टैक्ट ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करने में किसी प्रकार की तकनीकी कठिनाई होने पर अभ्यर्थी recruitmenthelpdesk@rajasthan.gov.in पर ईमेल से अथवा फोन नम्बर 9352323625 व 7340557555 पर संपर्क कर सकते हैं।
आम का मजा लें, मगर सावधानी से… ज्यादा खाना बन सकता है मुसीबत, जानिए डॉक्टर की सलाह

Last Updated:May 01, 2026, 12:18 IST गर्मी का मौसम आते ही बाजारों में आम की मिठास छा जाती है. फलों का राजा कहलाने वाला आम स्वाद के साथ सेहत के लिए भी फायदेमंद माना जाता है, लेकिन इसका जरूरत से ज्यादा सेवन नुकसान पहुंचा सकता है. चंदौली की डॉक्टर रिद्धि पांडे ने बताया कि सही मात्रा और सही तरीके से आम खाने पर यह शरीर को ठंडक, ऊर्जा और हाइड्रेशन देता है. चंदौली. गर्मी का मौसम आते ही बाजारों में आम की बहार छा जाती है, आम को फलों का राजा कहा जाता है और इसका स्वाद बच्चों से लेकर बड़ों तक सभी को पसंद आता है. हालांकि, स्वाद के साथ-साथ इसके सेवन में सावधानी बरतना भी बेहद जरूरी है. डॉक्टर ने बताया कि आम स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद तो है, लेकिन इसकी अधिक मात्रा नुकसान भी पहुंचा सकती है. डॉक्टर रिद्धि पांडे ने लोकल 18 से बातचीत में बताया कि गर्मी के मौसम में जो भी फल प्राकृतिक रूप से उपलब्ध होते हैं, वे शरीर के लिए लाभकारी होते हैं, आम भी उन्हीं फलों में से एक है. Add News18 as Preferred Source on Google इसकी तासीर ठंडी मानी जाती है और यह शरीर को हाइड्रेट रखने में मदद करता है. आम में मौजूद पानी और पोषक तत्व शरीर में पानी की कमी नहीं होने देते, जिससे गर्मी के दिनों में राहत मिलती है. हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आम का सेवन एक सीमित मात्रा में ही करना चाहिए. अगर कोई व्यक्ति, खासकर बच्चे, बहुत अधिक मात्रा में आम खाते हैं, तो इसका उल्टा असर भी हो सकता है. ज्यादा आम खाने से शरीर में गर्मी बढ़ सकती है, जिससे फोड़े-फुंसी जैसी समस्याएं हो सकती हैं. उन्होंने बताया कि बच्चों को आम खाते समय विशेष ध्यान देने की जरूरत होती है. डॉक्टर ने बताया कि कई बार बच्चे आम को बिना छिलका हटाए ही खा लेते हैं, जो स्वास्थ्य के लिए ठीक नहीं है. आम का छिलका हटाकर ही खाना चाहिए, क्योंकि छिलके में ऐसे तत्व हो सकते हैं, जो त्वचा संबंधी समस्याओं को बढ़ा सकते हैं. इसके अलावा, आम का अत्यधिक सेवन पाचन तंत्र पर भी असर डाल सकता है. इसलिए माता-पिता को चाहिए कि वे बच्चों को संतुलित मात्रा में ही आम खाने की आदत डालें और उन्हें इसके सही तरीके के बारे में समझाएं. वहीं, डॉक्टर रिद्धि पांडे ने कहा कि अगर सही मात्रा और तरीके से आम का सेवन किया जाए, तो यह शरीर के लिए बेहद फायदेमंद साबित हो सकता है. यह न केवल ऊर्जा देता है, बल्कि शरीर को ठंडक भी पहुंचाता है. बता दें कि आम का आनंद जरूर लें, लेकिन संतुलन और सावधानी के साथ, तभी यह स्वादिष्ट फल आपके स्वास्थ्य के लिए वरदान साबित होगा, न कि परेशानी का कारण बने. न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
अब शराब दुकानों पर क्यूआर कोड लगाना जरूरी:आबकारी आयुक्त के निर्देश- जो ठेकेदार नहीं लगाएंगे, उनके लाइसेंस निरस्त होंगे

मध्य प्रदेश में अब एमआरपी से ज्यादा और एमएसपी से कम कीमत पर शराब नहीं बिक सकेगी। इस व्यवस्था को प्रभावी करने के लिए आबकारी विभाग ने प्रदेश की सभी शराब दुकानों पर ई-आबकारी पोर्टल द्वारा जनरेटेड क्यूआर कोड लगाना अनिवार्य कर दिया है। इसे स्कैन करते ही उपभोक्ता के मोबाइल पर संबंधित जिले की शराब की रेट लिस्ट खुल जाएगी। प्रदेश की शराब दुकानों पर हो रही मनमानी वसूली को रोकने आबकारी विभाग ने सख्ती करने का फैसला किया है। विभाग ने यह फैसला जिलों में शराब की दुकानों पर एमआरपी से अधिक दाम में शराब बेचने के साथ एमएसपी से कम कीमत पर बिक्री करने के मामलों में किया है। विभाग ने इसे गंभीर अनियमितता मानते हुए अब हर मदिरा दुकान पर ‘क्यूआर कोड’ चस्पा करना अनिवार्य कर दिया है। उपभोक्ता खुद करेंगे ब्रांड की कीमत का सत्यापन आबकारी आयुक्त दीपक सक्सेना ने कहा है कि यह व्यवस्था उपभोक्ताओं को सशक्त बनाएगी, जिससे वे मौके पर ही अपने स्मार्टफोन से स्कैन कर ब्रांड की वास्तविक और कानूनी दरों का सत्यापन कर सकेंगे। इसके लिए ही तय किया है कि अब हर शराब दुकान पर ई-आबकारी पोर्टल द्वारा जनरेटेड क्यूआर कोड लगाना होगा। इसे स्कैन करते ही उपभोक्ता के मोबाइल पर संबंधित जिले की रेट लिस्ट खुल जाएगी। कोई दुकान संचालक यदि निर्धारित एमएसपी से कम या एमआरपी से ज्यादा पर बिक्री करता है, तो आबकारी नियमों के अंतर्गत उसके विरुद्ध लाइसेंस निरस्त करने जैसी कड़ी कार्यवाही की जाएगी। इसका फायदा यह होगा कि उपभोक्ता अब सीधे मौके पर ही शराब की कीमत का मिलान कर सकेंगे। शराब दुकान में प्रमुख स्थानों पर लगेंगे क्यू आर कोड विभाग ने कहा है कि यह कदम उपभोक्ताओं को पारदर्शी सेवाएं देने की दिशा में एक बड़ा बदलाव है। ई-आबकारी पोर्टल के माध्यम से जिला अधिकारियों को विशेष क्यूआर कोड उपलब्ध कराए गए हैं, जिन्हें दुकानों के प्रमुख हिस्सों पर लगाना होगा। कोई लायसेंसी ठेकेदार अगर इन नियमों की अनदेखी करता है या निर्धारित मूल्य से अलग बिक्री करता पाया जाता है, तो उसे भारी दंड का सामना करना पड़ेगा। इस मामले में सख्ती के लिए प्रदेश भर में 28 अप्रैल 2026 से 7 मई 2026 तक एक विशेष 10 दिवसीय जांच अभियान चलाया जा रहा है, जिसकी रिपोर्ट 11 मई तक अनिवार्य रूप से सभी जिलो से तलब की गई है। ऐसे लगेंगे क्यूआर कोड
benefits of soaking rice I गर्मीयों में चावल खाने का सही तरीका

Last Updated:April 27, 2026, 15:02 IST गर्मियों में चावल खाने को लेकर लोगों के मन में कई तरह के सवाल उठते हैं, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि सही तरीके से तैयार किया गया चावल सेहत के लिए फायदेमंद हो सकता है. चावल को पकाने से पहले करीब 30 मिनट तक भिगोने से इसमें मौजूद एंटी-न्यूट्रिएंट्स कम हो जाते हैं और यह पाचन में आसान हो जाता है. साथ ही, चावल शरीर को तुरंत ऊर्जा देने का काम करता है. हालांकि, बेहतर पाचन और सुस्ती से बचने के लिए इसे दाल, सब्जियों या सलाद जैसे फाइबर युक्त खाद्य पदार्थों के साथ संतुलित मात्रा में खाना जरूरी है. चंदौली. गर्मियों के मौसम में चावल खाने को लेकर लोगों के मन में कई सवाल रहते हैं. जैसे क्या चावल रोज खाना ठीक है, इसे कैसे पकाया जाए और क्या यह पाचन के लिए अच्छा होता है? इन्हीं सवालों पर डॉक्टर रिद्धी पांडे ने लोकल18 से बातचीत में महत्वपूर्ण जानकारी साझा की. डॉ. पांडे ने बताया कि चावल को सही तरीके से पकाया जाए, तो यह न सिर्फ आसानी से पचता है, बल्कि शरीर को तुरंत ऊर्जा भी देता है. चावल को पकाने से पहले कम से कम 30 मिनट तक पानी में भिगोकर रखना बेहद फायदेमंद होता है, ऐसा करने से चावल में मौजूद कुछ एंटी-न्यूट्रिएंट्स जैसे फाइटिक एसिड कम हो जाते हैं, जो पाचन में बाधा डाल सकते हैं. भिगोने की प्रक्रिया से डाइजेस्टिव एंजाइम भी सक्रिय हो जाते हैं, जिससे चावल शरीर में जल्दी और आसानी से पचता है. बेहतर हो जाता है टेक्सचर उन्होंने बताया कि भिगोए हुए चावल पकाने पर उनका टेक्सचर भी बेहतर हो जाता है और उनमें मौजूद हानिकारक तत्व काफी हद तक निकल जाते हैं. इससे न सिर्फ पाचन सुधरता है, बल्कि पेट से जुड़ी समस्याओं की संभावना भी कम हो जाती है, जो लोग चावल खाने के बाद भारीपन या गैस की समस्या महसूस करते हैं, उनके लिए यह तरीका खासतौर पर लाभकारी हो सकता है. चावल खाने से आती है नींद रिद्धी पांडे ने बताया कि जहां तक चावल और रोटी की तुलना का सवाल है, तो आमतौर पर चावल को रोटी के मुकाबले हल्का और जल्दी पचने वाला माना जाता है. यही वजह है कि बीमार या कमजोर पाचन वाले लोगों को अक्सर चावल खाने की सलाह दी जाती है. हालांकि, चावल खाने के बाद खासकर गर्मियों में नींद आने की समस्या भी कई लोगों को होती है, इसका कारण चावल का हाई ग्लाइसेमिक इंडेक्स हो सकता है, जिससे ब्लड शुगर तेजी से बढ़ता और फिर गिरता है, जिससे सुस्ती महसूस होती है. ऊर्जावान बनाने में करता है मददवहीं, उन्होंने बताया कि इससे बचने के लिए चावल के साथ फाइबर युक्त चीजें जैसे दाल, सब्जियां या सलाद शामिल करना चाहिए. साथ ही, ज्यादा मात्रा में चावल खाने से बचना और संतुलित आहार लेना जरूरी है. अगर सही तरीके से चावल को भिगोकर और संतुलित मात्रा में खाया जाए, तो यह न केवल पाचन के लिए अच्छा है, बल्कि शरीर को स्वस्थ और ऊर्जावान बनाए रखने में भी मदद करता है. About the Author Monali Paul नमस्ते मेरा नाम मोनाली है, पेशे से पत्रकार हूं, ख़बरें लिखने का काम है. लेकिन कैमरे पर समाचार पढ़ना बेहद पसंद है. 2016 में पत्रकारिता में मास्टर्स करने के बाद पांच साल कैमरे पर न्यूज़ पढ़ने के साथ डेस्क पर खबरे…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें Location : Chandauli,Uttar Pradesh First Published : April 27, 2026, 15:02 IST
शिल्पा शेट्टी ने बाबा विश्वनाथ के दर्शन किए:मां विंध्यवासिनी को चुनरी चढ़ाई, 4 बनारसी साड़ियां खरीदीं; बोलीं- मैं सौभाग्यशाली हूं

फिल्म अभिनेत्री शिल्पा शेट्टी 2 दिन काशी में रहीं। वह बुधवार को मां सुनंदा शेट्टी के साथ पहुंची। रात 10 बजे ही बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने पहुंचीं। शिल्पा ने मास्क लगाकर मां के साथ गेट नंबर- 4 से मंदिर में एंट्री की। यहां बाबा का दर्शन-पूजन किया। इसके बाद शिल्पा ने कहा- मैं सौभाग्यशाली हूं कि हर साल बाबा के दर्शन होते हैं। करीब एक घंटे तक वह मंदिर में रहीं। इसके बाद गुरुवार को मिर्जापुर गईं। जहां विंध्यवासिनी माता को चुनरी चढ़ाई। फिर वापस काशी लौट आईं। यहां एक साड़ी की दुकान पहुंचीं। वहां बनारसी साड़ी देखी। शिल्पा को 4 बनारसी साड़ी पसंद आईं। जिन्हें उन्होंने खरीद लिया। इसके बाद उन्होंने लस्सी पी। बोलीं- विंध्यवासिनी धाम बहुत अच्छा बन रहा शिल्पा शेट्टी बुधवार शाम को अपनी मां सुनंदा शेट्टी के साथ काशी पहुंची। बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने के बाद शयन आरती में शामिल हुईं। करीब एक घंटे तक वह मंदिर में रहीं। इसके बाद होटल चली गईं। गुरुवार सुबह वह कार से मिर्जापुर गईं। यहां शिल्पा ने मां के साथ विंध्यवासिनी माता के दर्शन किए। गर्भगृह में लगभग 15 मिनट तक विशेष पूजा अर्चना की। माता को चुनरी चढ़ाई। उन्होंने निर्माणाधीन कॉरिडोर देखा। कहा कि माता का धाम काफी बढ़िया बन रहा है। यहां आकर मुझे और मेरी मां को बहुत शांति मिली। शिल्पा ने 4 बनारसी साड़ियां खरीदीं, लस्सी पी गुरुवार दोपहर शिल्पा शेट्टी अपनी मां के साथ ताज होटल आ गईं। यहां आराम किया। शाम को उन्होंने होटल में लस्सी मंगाकर पी। शिल्पा शेट्टी शाम साढ़े 5 बजे शिवपुरी स्थित सुद्धिपुर के हुनरिया केंद्र में एक कपड़े की दुकान पर पहुंची। वहां उन्होंने 4 बनारसी साड़ियां खरीदीं। कारीगरों से उनकी बुनाई की बारीकियों की जानकारी ली। शिल्पा शेट्टी ने कहा कि बनारसी साड़ियों की पहचान पूरी दुनिया में है। उन्होंने साड़ी की फोटो खींची और साड़ी के साथ सेल्फी भी ली। इसके बाद वह ताज होटल से सीधे बाबतपुर एयरपोर्ट पहुंची। जहां से रात 8:20 बजे फ्लाइट से मुंबई रवाना हो गईं। शिल्पा ने फिल्म बाजीगर से बॉलीवुड डेब्यू किया 8 जून, 1975 को कर्नाटक के मैंगलोर में जन्मीं शिल्पा शेट्टी ने 10वीं क्लास में ही मॉडल बनने का सपना देख लिया था। एग्जाम के बाद जब छुट्टियां शुरू हुईं तो पैसे जोड़कर शिल्पा ने अपना एक पोर्टफोलियो बनवाया। फिल्म मैगजीन में शिल्पा शेट्टी की बड़ी सी तस्वीर छपी थी। जिसमें शिल्पा के फिल्मों में आने की अनाउंसमेंट थी। ये मैगजीन उस दौर में फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े हर शख्स के पास पहुंचा करती थी। इसी तस्वीर की बदौलत वीनस मूवीज प्रोडक्शन ने शिल्पा को फिल्म बाजीगर में कास्ट कर लिया। इस सिलसिले में अब्बास-मस्तान ने शिल्पा से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि फिल्म बाजीगर, हॉलीवुड फिल्म ए किस बिफोर डाइंग की रीमेक है। ये सुनते ही शिल्पा बोल पड़ीं, नहीं मैं किस नहीं करूंगी। इस पर डायरेक्टर ने उन्हें समझाया कि आपको किस नहीं करना। आपको बस एक रोल प्ले करना है। शाहरुख खान आपके साथ होंगे। फिल्म में शिल्पा शेट्टी ने सीमा चोपड़ा का बेहतरीन रोल निभाकर बॉलीवुड डेब्यू किया। शिल्पा के सितारे इस कदर बुलंदी पर थे कि फिल्म बाजीगर में उनका गाना देखकर समीर मल्कान ने फिल्म मैं खिलाड़ी तू अनाड़ी (1994) में उन्हें कास्ट कर लिया। फिल्म सुपरहिट रही और शिल्पा इंडस्ट्री की टॉप एक्ट्रेसेस में गिनी जानी लगीं। ————————– ये खबर भी पढ़िए- काशी में प्रिंसिपल रोए, बरेली में बच्चों संग नाचे टीचर, यूपी बोर्ड 10वीं में सीतापुर की कशिश, बाराबंकी की अंशिका टॉपर यूपी बोर्ड 10वीं का रिजल्ट गुरुवार शाम 4 बजे जारी हुआ। सीतापुर की कशिश वर्मा और बाराबंकी की अंशिका वर्मा ने टॉप किया है। दोनों को 97.83% अंक मिले। 97.50% अंकों के साथ बाराबंकी की अदिति दूसरे स्थान पर रहीं। तीसरे स्थान पर 97.33% अंकों के साथ सीतापुर की अर्पिता, झांसी के ऋषभ साहू और बाराबंकी की परी वर्मा रहीं। पढ़ें पूरी खबर
Health Tips: डाइट में शामिल करें इस छोटे से बीज के दो चम्मच, मोटापा और खराब कोलेस्ट्रॉल होगा कंट्रोल

अलसी के बीज स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद माने जाते हैं. यह वजन घटाने, कोलेस्ट्रॉल कम करने, डायबिटीज नियंत्रित करने और हृदय को स्वस्थ रखने में मदद कर सकते हैं. सही लाभ पाने के लिए इन्हें हल्का भूनकर पाउडर बनाकर सीमित मात्रा में रोजाना सेवन करना जरूरी है.
यूपी- मिर्जापुर में सड़क हादसा, 8 जिंदा जले:ट्रक की टक्कर से बोलेरो ट्रॉले से टकराई और आग लगी, लोग गाड़ी से निकल नहीं पाए

मिर्जापुर में बुधवार रात भीषण सड़क हादसा हो गया। बोलेरो-ट्रक की टक्कर में 8 लोग जिंदा जल गए। एक अन्य कार सवार और ट्रक के खलासी की दबकर मौत हो गई। जलकर मरने वाले सभी बोलेरो में सवार थे। दरअसल, मध्यप्रदेश से चना लादकर आ रहे एक ट्रक का अचानक ब्रेक फेल हो गया, जिससे वह बेकाबू हो गया। ट्रक ने बोलेरो को जोरदार टक्कर मार दी। इससे बोलेरो आगे चल रहे गिट्टी लदे ट्रेलर में जा घुसी। बोलेरो धू-धू कर जलने लगी। हादसा ड्रमडगंज थाना क्षेत्र में हुआ। बोलेरो सवार सभी लोग प्रयागराज के मांडा क्षेत्र के हाटा के बताए जा रहे हैं। ये लोग मैहर धाम से दर्शन करके वापस लौट रहे थे। हालांकि, बोलेरो में सवार लोगों की संख्या अभी तक साफ नहीं हो सकी है। बोलेरो जिगना थाना क्षेत्र के हाटा की बताई जा रही है। वहीं, हादसे में ट्रक चालक गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। आग तेज होने से रेस्क्यू प्रभावित हुआ है। सीएम योगी ने भी इस सड़क हादसे का संज्ञान लिया। उन्होंने अधिकारियों को रेस्क्यू में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। मौके पर डीएम पवन कुमार गंगवार और एसपी अपर्णा रजत कौशिक मौजूद हैं। हादसे की 3 तस्वीरें… अब जानिए पूरी घटना मिर्जापुर-रीवा राष्ट्रीय राजमार्ग पर रात साढ़े 9 बजे बड़का मोड़ से एक ट्रक चना लादकर जा रहा था। अचानक ट्रक के ब्रेक फेल हो गए। इसी बीच एक बोलेरो भी ढलान से नीचे उतर रही थी। तभी बेकाबू ट्रक ने बोलेरो को जोरदार टक्कर मार दी। इससे बोलेरो आगे चल रहे गिट्टी लदे ट्रक से जा भिड़ी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बोलेरो में तुरंत आग लग गई। आग लगने से बोलेरो में सवार सभी यात्री अंदर ही फंस गए और जिंदा जल गए। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोग तेजी से बचाव कार्य में जुट गए। लेकिन, तेज आग के कारण किसी को बचाया नहीं जा सका। घटना की सूचना मिलते ही एसपी अपर्णा रजत कौशिक, सीओ लालगंज अमर बहादुर और लालगंज और हलिया थाने की फोर्स भी मौके पर पहुंची। फायर ब्रिगेड की मदद से आग पर काबू पाया गया। फिलहाल, पुलिस शवों की शिनाख्त करने में जुटी है। मिर्जापुर सांसद अनुप्रिया पटेल ने हादसे पर दुख जताया ——————- यह खबर भी पढ़ें… ऐशान्या बोलीं- आतंकवाद जब तक जिंदा, इंसाफ अधूरा, पहलगाम में जिंदगीभर का दर्द मिला; पहली एनिवर्सरी तक नहीं मना पाई पहलगाम आतंकी हमला आज से ठीक एक साल पहले 22 अप्रैल को हुआ था। आतंकियों ने नाम और मजहब पूछकर 26 लोगों की हत्या की थी। कानपुर के रहने वाले 30 साल के शुभम द्विवेदी को उनकी पत्नी ऐशान्या के सामने सिर में गोली मारी गई। दो महीने पहले ही शुभम-ऐशान्या की शादी हुई थी। पढ़ें पूरी खबर…
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान लखनऊ में जाम में फंसे:शादी में शामिल हुए बिना लौटे; एक जगह दो VIP शादियों से हुई अव्यवस्था

भाजपा नेता की बेटी की शादी के लिए सोमवार को लखनऊ आए केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान जाम में फंस गए। हालात ऐसे बने कि शादी में शिरकत किए बिना ही उन्हें वापस लौटना पड़ा। भाजपा के दिग्गज नेता का इस तरह से लौट जाना सरकार और संगठन के नेताओं के लिए किरकिरी का सबब बन गया। दरअसल, 20 अप्रैल को भाजपा के 2 दिग्गज नेताओं के यहां शादी थी। दोनों का समारोह जनेश्वर मिश्र पार्क के अलग-अलग हिस्से में था। एक हिस्से में भाजपा एमएलसी और मध्यप्रदेश के भाजपा प्रभारी महेंद्र सिंह की बेटी की शादी थी। दूसरे में योगी सरकार के मंत्री दिनेश प्रताप सिंह की भतीजी की शादी थी। दोनों शादी समारोह में शामिल होने के लिए सीएम योगी, डिप्टी सीएम केशव प्रसाद, डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक, केंद्र और राज्य सरकार के कई मंत्री, भाजपा के राष्ट्रीय और प्रदेश पदाधिकारी, आरएसएस के कई वरिष्ठ पदाधिकारी समेत विधायक, सांसद और अधिकारी पहुंचे थे। मंत्री की भतीजी की शादी में पहुंचकर वर-वधु को आशीर्वाद दिया शिवराज सिंह चौहान भी शादी समारोह में शामिल होकर वर-वधु को आशीर्वाद देने आए थे। शिवराज के प्रोटोकॉल में प्रदेश सरकार के पीडब्ल्यूडी राज्यमंत्री ब्रजेश सिंह को लगाया गया था। शिवराज का निजी विमान शाम 7.30 बजे अमौसी एयरपोर्ट पर लैंड करना था। हालांकि, उनका विमान 30 मिनट की देरी से रात 8 बजे एयरपोर्ट पहुंचा। यहां से ब्रजेश सिंह शिवराज को लेकर 21 किमी. दूर जनेश्वर मिश्र पार्क पहुंचे। सबसे पहले शिवराज ने दिनेश प्रताप सिंह की भतीजी की शादी में पहुंचकर वर-वधु को आशीर्वाद दिया। उनके साथ तस्वीरें खिंचवाईं और उपहार दिया। महेंद्र सिंह की बेटी के शादी समारोह के लिए निकले तो जाम में फंसे दिनेश प्रताप सिंह की भतीजी को शादी में शामिल होने के बाद शिवराज का काफिला जनेश्वर पार्क के दूसरे हिस्से की ओर बढ़ा। दोनों शादियों में VVIP समेत 10 हजार से ज्यादा मेहमान पहुंचे थे। इस वजह से भारी ट्रैफिक जाम लगा था। इसी जाम में शिवराज का काफिला फंस गया। मौके पर तैनात ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने जाम खुलवाने की कोशिश की, लेकिन जाम नहीं खुल पाया। इस दौरान शिवराज का काफिला करीब 15 मिनट तक जाम में फंसा रहा। उन्हें रात 9.30 बजे तक अपने निजी विमान से वापस दिल्ली रवाना होना था। निजी विमान को 9.30 बजे तक ही एयरपोर्ट पर रुकने की अनुमति थी। ऐसे में लेट होने की संभावना को देखते हुए शिवराज सिंह ने जाम को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने महेंद्र सिंह की बेटी के लिए लाए तोहफे को ब्रजेश सिंह को सौंप दिया। इसके बाद शिवराज बिना शादी समारोह में शिरकत किए लौट गए। ब्रजेश सिंह ने मंच पर पहुंचकर महेंद्र सिंह को इसकी जानकारी दी। साथ ही शिवराज सिंह की ओर से दिया गया तोहफा भी भेंट किया। पीडब्ल्यूडी राज्यमंत्री ब्रजेश सिंह का कहना है- शिवराज सिंह चौहान थोड़ा विलंब से पहुंचे थे। जनेश्वर मिश्र पार्क में शादियों में बहुत वीवीआईपी आए थे। वीवीपीआई की फ्लीट क्रैश हो रही थी। शिवराज जिस निजी प्लेन से आए थे, उसका एफएलटी रात 9.30 बजे तक था। इसलिए उन्हें महेंद्र सिंह जी के यहां शादी में शामिल हुए बिना ही लौटना पड़ा। भाजपा एमएलसी महेंद्र सिंह की बेटी की शादी की तस्वीरें- लखनऊ के जाम में अमित शाह भी फंस चुके मार्च 2022 में जब यूपी में योगी सरकार 2.0 का शपथ ग्रहण समारोह था। इस शपथ ग्रहण समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भी आना था। वे आए भी, लेकिन जाम की वजह से उन्हें पैदल लंबा रास्ता तय करना पड़ा। इस घटना के करीब एक महीने बाद तत्कालीन एडीजी यातायात ज्योति नारायण को हटाकर पीटीएस जालौन भेज दिया गया था। लगभग चार साल जालौन में पीटीएस में रहने के बाद हाल ही में उन्हें प्रयागराज जोन का एडीजी बनाया गया है। यातायात का जिम्मा पूरी तरह से जिले की पुलिस के हाथ में जिलों में यातायात का जिम्मा पूरी तरह से जिले की पुलिस के हाथ में होता है। छोटे जिलों में एक से दो ट्रैफिक इंस्पेक्टर के जिम्मे पूरे जिले की ट्रैफिक व्यवस्था की कमान होती है, जो सीधे पुलिस कप्तान को रिपोर्ट करते हैं। वहीं, बड़े जिलों में एडिशनल एसपी के हाथ में यातायात व्यवस्था की कमान होती है। जिन जिलों में पुलिस कमिश्नरेट व्यवस्था लागू है, वहां एसपी रैंक के अधिकारी (आईपीएस) के पास ट्रैफिक कंट्रोल की जिम्मेदारी होती है। यानी ट्रैफिक इंफोर्समेंट का जिम्मा पूरी तरह से जिले की पुलिस कप्तान या पुलिस कमिश्नर के हाथ में होता है। —————————– ये खबर भी पढ़िए- मुस्कान बोली- मैं साहिल के साथ शिमला-मसूरी घूम रही थी:सौरभ की हत्या में फंसाया गया; मेरठ कोर्ट में जज ने पूछे 32-32 सवाल मेरठ के चर्चित सौरभ राजपूत हत्याकांड में आरोपी मुस्कान-साहिल ने 21 अप्रैल (मंगलवार) को जिला कोर्ट में अपना पक्ष रखा। जज अनुपम कुमार ने दोनों से 32-32 सवाल पूछे। दोनों ने कहा- सौरभ राजपूत की हत्या में झूठा फंसाया जा रहा है। 29 सवालों में मुस्कान-साहिल ने आरोपों को सिरे से नकार दिया। हालांकि, हत्या के बाद कसौल-मसूरी और शिमला साथ घूमने, रुकने की बात पर हां में जवाब दिया। दोनों ने अपने जवाब में कहा कि हम साथ घूमने गए थे, हम रुके भी थे, लेकिन हत्या नहीं की है। पूरी खबर पढ़िए








