Diljit Dosanjh Jimmy Fallon Show Video; Bhangra Dance

8 मिनट पहले कॉपी लिंक सिंगर-एक्टर दिलजीत दोसांझ एक बार फिर जिमी फैलन के शो में मंगलवार को नजर आए। शो में दिलजीत ने जिमी को भांगड़ा भी सिखाया। साथ ही इस इंटरनेशनल शो में दिलजीत ने पंजाबी गाने पर परफॉर्म किया। दिलजीत ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर शो के स्टूडियो से एक वीडियो शेयर किया, जिसमें उनकी टीम स्टूडियो का दरवाजा खोलते हुए पूछती है, ‘क्या लगता था, नहीं लौटेंगे?’ इसके बाद कैमरा दिलजीत की ओर घूमता है और वह कहते हैं, ‘कहा था ना कि एक बार पंजाबी आ जाएं तो जल्दी नहीं जाते। जिमी फैलन आ गए ओये।’ वीडियो में आगे दिलजीत और जिमी फैलन साथ में भांगड़ा करते दिखाई देते हैं। दिलजीत और जिमी फैलन साथ में भांगड़ा करते हुए। दिलजीत ने शो में अपने नए पंजाबी गाने ‘मोरनी’ पर परफॉर्म भी किया। शो के आधिकारिक इंस्टाग्राम हैंडल ने भी कुछ क्लिप शेयर किए हैं, जिनमें दोनों की मस्ती और डांस की झलक देखने को मिलती है। दिलजीत ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी में यह भी बताया कि जिमी ने उन्हें एक धन्यवाद पत्र लिखकर शो में दोबारा आने के लिए आभार जताया। शो के आधिकारिक हैंडल पर शेयर किए गए दिलजीत 2024 में भी शो में नजर आए थे इससे पहले दिलजीत 28 अप्रैल 2024 को जिमी फैलन के शो द टुनाइट शो में नजर आए थे। वर्क फ्रंट की बात करें तो दिलजीत हाल ही में फिल्म बॉर्डर 2 में दिखे थे। वह अब जल्द डायरेक्टर इम्तियाज अली की फिल्म ‘मैं वापस आऊंगा’ में दिखेंगे। 1947 के पार्टीशन के बैकग्राउंड पर बनी इस फिल्म में नसीरुद्दीन शाह, शरवरी वाघ और वेदांग रैना भी हैं। फिल्म 12 जून को थिएटर में रिलीज होगी। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
तेजप्रताप बोले- बाबा मेरा राजनीतिक भविष्य देख लीजिएगा:बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री के साथ सामने आई VIDEO चैट, मांगा आशीर्वाद

‘जनशक्ति जनता दल’ (JJD) के नेता तेज प्रताप यादव और बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के बीच वीडियो कॉल पर हुई बातचीत का एक वीडियो सामने आया है। बातचीत में तेज प्रताप यादव ने धीरेंद्र शास्त्री से अपने राजनीतिक भविष्य के बारे में पूछा। वीडियो इसलिए भी चर्चा में है, क्योंकि तेज प्रताप यादव पहले धीरेंद्र शास्त्री के मुखर आलोचक रहे हैं। उन्होंने धीरेंद्र शास्त्री को ‘डरपोक’ और ‘देशद्रोही’ जैसे शब्दों से संबोधित किया था। अब उनकी यह बातचीत बिहार के राजनीतिक और धार्मिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है। तेज प्रताप बोले- बाबा मेरा राजनीतिक देख लीजिएगा वीडियो में तेज प्रताप यादव धीरेंद्र शास्त्री से कहते हैं, “बाबा मेरा राजनीतिक देख लीजिएगा, राजनीतिक…” इसके जवाब में धीरेंद्र शास्त्री ने कहा, “बिलकुल पक्का! हम और आप बैठेंगे, जब आप यहां आएंगे”। तेज प्रताप यादव ने इस पर सहमति जताई और धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि वे एक-दो घंटे साथ बैठेंगे। 2023 में दी थी कड़ी चेतावनी साल 2023 में जब धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री पटना के नौबतपुर में कथा करने वाले थे, तब तेज प्रताप यादव ने कड़ा विरोध जताया था। उन्होंने कहा था कि बिहार गांधी और बुद्ध की धरती है। यहां अगर कोई हिंदू-मुस्लिम को लड़ाने आएगा तो उसे वापस लौटना होगा। तेज प्रताप ने यहां तक कह दिया था कि जरूरत पड़ी तो वे पटना एयरपोर्ट का घेराव करेंगे। उस वक्त उनका यह बयान काफी सुर्खियों में था और इसे धीरेंद्र शास्त्री के खिलाफ खुली चेतावनी माना गया था। हम बहुत बड़े बाबा हैं…वाला बयान भी हुआ था वायरल इसी दौरान वन एवं पर्यावरण मंत्री रहते हुए तेज प्रताप यादव ने एक कार्यक्रम में बिना नाम लिए धीरेंद्र शास्त्री पर निशाना साधा था। उन्होंने कहा था,‘बहुत बाबा आए, लेकिन हम बहुत बड़े बाबा हैं। हम जमीन से लेकर पाताल तक नाप देंगे।’ राम रहीम और आसाराम से की थी तुलना तेज प्रताप यादव ने एक एजेंसी में धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की तुलना राम रहीम और आसाराम बापू से भी की थी। उन्होंने कहा था कि धीरेंद्र शास्त्री भी वैसे ही बाबा हैं, जैसे राम रहीम और आसाराम।
Raghav Chadha Video; AAP Corruption | Arvind Kejriwal Bhagwant Mann

BJP जॉइन करने के बाद राघव चड्ढा का ये पहला वीडियो है, जिसमें उन्होंने AAP छोड़ने और भाजपा जॉइन करने के बारे में बताया। आम आदमी पार्टी (AAP) छोड़ BJP जॉइन करने के बाद राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने पहला वीडियो जारी किया। राघव चड्ढा ने कहा कि AAP में टॉक्सिक वर्क एन्वॉयरमेंट हो गया था। काम करने-बोलने से रोका जा रहा था। यह पार्टी अब चंद करप्ट और कॉम्प्रोमाइज लोगों के हाथ . राघव ने कहा कि मैं गलत हो सकता हूं लेकिन कुल 7 सांसदों ने पार्टी छोड़ी तो क्या सारे गलत हो गए। इससे पहले भी जिन लोगों ने पार्टी छोड़ी, क्या वह भी गलत हो गए। मैं पार्टी का फाउंडर मेंबर रहा। जिस मकसद से यह पार्टी बनी थी, अब ये वह पार्टी नहीं रही। मेरे पास 3 ऑप्शन थे, मैंने पार्टी छोड़ना ही उचित समझा। इसी बीच राज्यसभा ने AAP के 7 सांसदों और BJP के मर्जर को मंजूरी दे दी है। अब राघव चड्ढा, अशोक मित्तल, विक्रमजीत साहनी, हरभजन सिंह भज्जी, डॉ. संदीप पाठक, स्वाति मालीवाल और राजिंदर गुप्ता को ऑफिशियल तौर पर BJP के सांसद बन गए हैं। अब राज्यसभा में भाजपा के 113 सांसद हो गए हैं। AAP छोड़कर BJP जॉइन करने के बाद भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के साथ राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा, डॉ. संदीप पाठक और अशोक मित्तल। राघव चड्ढा की 6 अहम बातें लोग BJP में जाने का कारण जानना चाह रहे: BJP जॉइन करने के बाद दोस्तों, आप लोगों के बहुत से मैसेज आ रहे हैं। कुछ लोग मुझे शुभकामनाएं दे रहे हैं, जबकि कुछ लोग मेरे इस फैसले के पीछे का रीजन जानने की कोशिश कर रहे हैं। इसलिए यह वीडियो बनाया है। यह उन लोगों के लिए भी है, जिन्होंने मेरी प्रेस कॉन्फ्रेंस नहीं देखी, उन्हें भी इससे जवाब मिल जाएगा। 15 साल AAP को दिए, लेकिन ये वह पार्टी नहीं: राजनीति में आने से पहले मैं प्रैक्टिसिंग चार्टर्ड अकाउंटेंट था। मेरे सामने एक बेहतरीन करियर था, लेकिन मैं उस करियर को छोड़कर राजनीति में आया। अपने करियर बनाने के लिए यहां नहीं आया। एक राजनीतिक पार्टी का फाउंडिंग मेंबर बना। उस पार्टी को अपने प्राइम यूथ के 15 साल दिए। अपने खून-पसीने से इस पार्टी को सींचा, लेकिन आज यह पार्टी वह पुरानी वाली पार्टी नहीं रही है। टॉक्सिक वर्क एनवायरनमेंट हो गया था: इस पार्टी में आज टॉक्सिक (जहरीला) वर्क एनवायर्नमेंट है। आपको काम करने से रोका जाता है, संसद में बोलने से रोका जाता है। यह राजनीतिक पार्टी चंद करप्ट और कॉम्प्रोमाइज लोगों के हाथ में फंसकर रह गई है, जो अब देश के लिए नहीं, अपने पर्सनल फायदे के लिए काम करते हैं। पिछले कुछ सालों से मैं यह फील कर रहा था। शायद मैं सही आदमी गलत पार्टी में था। इसी के चलते मेरे सामने तीन ऑप्शन थे। 7 आदमी गलत नहीं हो सकते: पहला ऑप्शन था कि मैं राजनीति छोड़ दूं। दूसरा, मैं इसी पार्टी में रहूं और चीजें ठीक करने की कोशिश करूं, जो कि हुआ नहीं। तीसरा, मैं अपनी एनर्जी और एक्सपीरियंस लेकर पॉजिटिव राजनीति करूं। एक अन्य राजनीतिक पार्टी के साथ जुड़कर सकारात्मक राजनीति करूं। इसलिए मैं अकेला नहीं हूं। मेरे साथ एक नहीं, दो नहीं, बल्कि चार नहीं, बल्कि 7 सांसदों ने यह फैसला लिया है कि हम इस राजनीतिक पार्टी से रिश्ता तोड़ते हैं। एक आदमी गलत हो सकता है, दो आदमी गलत हो सकते हैं, लेकिन सात आदमी गलत नहीं हो सकते। ऑफिस का माहौल टॉक्सिक हो तो कितना काम कर पाएंगे: वे अनगिनत लोग और जो एजुकेटेड लोग इस पार्टी के साथ जुड़े थे, लेकिन पार्टी को छोड़कर चले गए । क्या वह सारे गलत हो सकते हैं? आप ऐसे समझिए, जितने ऑफिस जाने वाले लोग हैं, यदि आपका वर्कप्लेस टॉक्सिक बन जाए तो आप कितना काम कर पाएंगे? आपको काम करने से रोका जाए, आपकी मेहनत को दबाया जाए, आपको चुप करवाया जाए, तो क्या करेंगे? उस स्थिति में सही फैसला यही है कि आप उस वर्कप्लेस को छोड़ दें। शायद हमने भी वही किया। पूरे जोश से लोगों के मुद्दे उठाता रहूंगा: राघव ने कहा- आप लोगों में कुछ ने यह भी पूछा कि क्या मैं पहले की तरह आपके मुद्दे उठाता रहूंगा या बंद कर दूंगा। मैं विश्वास दिलाता हूं कि आपकी प्रॉब्लम को एनर्जी और जोश के साथ उठाऊंगा। अब उन समस्याओं के सॉल्यूशन को भी तलाश पाएंगे। AAP सरकार ने हटाई तो केंद्र ने 3 सांसदों को दी सिक्योरिटी आम आदमी पार्टी (AAP) के 7 सांसदों के पार्टी छोड़ने वाले तीसरे सांसद अशोक मित्तल को केंद्र सरकार ने Y सिक्योरिटी दी है। इससे पहले 26 अप्रैल को पंजाब की AAP सरकार ने पूर्व क्रिकेटर और पार्टी छोड़ने वाले राज्यसभा सांसद हरभजन सिंह की Y कैटेगरी सिक्योरिटी हटा ली थी। उनके जालंधर स्थित घर पर तैनात पंजाब पुलिस के जवानों को तुरंत वापस बुला लिया गया। इसके तुरंत बाद ही केंद्र सरकार ने हरभजन को CRPF की सिक्योरिटी दे दी। उनके घर के बाहर ये जवान तैनात कर दिए गए हैं। हालांकि, भज्जी ने अभी AAP छोड़ने या BJP जॉइन करने को लेकर कुछ नहीं कहा, लेकिन राघव चड्ढा ने उनके भी साथ में होने का दावा किया था। हरभजन से पहले AAP सरकार ने राघव चड्ढा की भी Z+ सिक्योरिटी वापस ली थी। इसके बाद उन्हें केंद्र की तरफ से यही सिक्योरिटी मिल गई। जानिए, 7 सांसदों के AAP छोड़ने के मामले में अब तक हुआ.. राघव चड्ढा ने 24 अप्रैल को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर AAP छोड़ने का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि AAP के 10 में से 7 सांसद पार्टी छोड़ रहे हैं। इसी दिन शाम को राघव चड्ढा, संदीप पाठक और अशोक मित्तल ने भाजपा जॉइन कर ली। इसके अगले दिन पंजाब के CM भगवंत मान ने 7 AAP सांसदों के पार्टी छोड़ने को लेकर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात का टाइम मांगा। सीएम भगवंत मान राष्ट्रपति के आगे विधायकों के साथ जाकर राइट टू रिकॉल की मांग करने वाले हैं। हालांकि अभी टाइम नहीं मिला। इसके बाद AAP सांसद संजय सिंह ने कहा कि राज्यसभा के सभापति को पत्र लिखकर इनकी सदस्यता खारिज करने की मांग करेंगे क्योंकि सिर्फ 3
भोपाल में लव-मैरिज के 7 महीने बाद युवक का सुसाइड:इंस्टा VIDEO में कहा- पत्नी करती थी प्रताड़ित, झूठे केस में जेल भिजवाने की धमकी

भोपाल में एक युवक ने पत्नी की प्रताड़ना से तंग आकर अपनी जान दे दी। सुसाइड से पहले युवक ने वीडियो रिकॉर्ड कर अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर पोस्ट किया। इसमें पत्नी और ससुरालवालों पर प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए। मामला शाहपुरा के कान्वेवेल होटल पैलेस में रविवार सुबह का है। मृतक की पहचान विकास हिरवे (28) के रूप में हुई। वह हबीबगंज क्षेत्र का रहने वाला था। 7 महीने पहले ही उसने लव मैरिज की थी। दोपहर में युवक का पोस्टमॉर्टम कर शव परिजनों को सौंपा गया। पुलिस वीडियो की जांच कर रही है। होटल में कमरा बुक कर की आत्महत्या पुलिस के मुताबिक, विकास ने शनिवार देर रात होटल में कमरा बुक किया था। रविवार सुबह होटल स्टाफ ने कमरे में उसका शव फांसी के फंदे पर लटका पाया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। कमरे से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, लेकिन परिजनों ने एक वीडियो पुलिस को सौंपा है। पुलिस वीडियो की जांच कर रही है। युवक ने सुसाइड से पहले वीडियो में यह कहा- मेरा नाम विकास हिरवे है। मेरी पत्नी स्नेहा सोलंकी से 7 माह पहले लव मैरिज की थी। मैं मनमर्जी से सुसाइड कर रहा हूं… इसकी जिम्मेदार पत्नी स्नेहा सोलंकी है। 10 दिन पहले से स्नेहा ने अपने तमाम डॉक्यूमेंट, ज्वेलरी सहित सामान को अपने मायके में भेजना शुरू कर दिया था। वह लगातार मुझे विवाद करती है। प्रताड़ित करती है और फंसाने की धमकी देती है। उसकी दादी लगातार उसे कॉल कर यह सब करने के लिए मजबूर करती है। ससुरालवालों की प्रताड़ना से तंग आकर ही मैं जान दे रहा हूं। मेरी मौत के लिए जिम्मेदार मेरी पत्नी और दादी सास हैं। पत्नी से विवाद के बाद घर से निकला था परिजनों ने पुलिस को बताया कि शनिवार शाम को पति-पत्नी के बीच मामूली कहासुनी हुई थी। इसके बाद रात के समय युवक बिन बताए घर से निकला। तड़के करीब 3:00 बजे उसकी आखिरी पोस्ट को देखा। इसके बाद उसकी तलाश शुरू की। जब होटल पहुंचे तो वहां युवक सुसाइड कर चुका था। आखिरी वीडियो में युवक ने इस बात का भी जिक्र किया है कि पत्नी को परिवार वाले बहुत प्यार करते हैं, लेकिन वह इसके बाद भी मुझे और उन्हें झूठे केस में फंसाने की धमकी देती है।
Sreesanth Harbhajan Singh IPL Slap Video Controversy; Instagram

Hindi News Sports Sreesanth Harbhajan Singh IPL Slap Video Controversy; Instagram | Cricket News 7 मिनट पहले कॉपी लिंक यह क्लिप करीब 8 महीने पहले पूर्व IPL कमिश्नर ललित मोदी ने सोशल मीडिया पर जारी किया था। भारतीय क्रिकेट टीम के दो पूर्व दिग्गज, एस श्रीसंत और हरभजन सिंह के बीच 2008 का ‘थप्पड़ कांड’ फिर चर्चा में है। 16 साल पुराने इस विवाद ने दोनों के रिश्ते खत्म कर दिए हैं। श्रीसंत ने खुलासा किया कि उन्होंने हरभजन सिंह को सोशल मीडिया पर ब्लॉक कर दिया है और अब कोई संबंध नहीं रखना चाहते। केरल के मीडिया हाउस ‘मातृभूमि’ को दिए इंटरव्यू में श्रीसंत ने कहा, ‘मैंने आज तक किसी इंटरव्यू में भज्जी (हरभजन) के बारे में बात नहीं की, यह पहली बार है। कुछ समय पहले तक सब ठीक था, लेकिन उन्होंने उस विवाद पर फिर से एक विज्ञापन बनाया। उन्होंने इसके लिए करीब 80 लाख से 1 करोड़ रुपए लिए। इसके बाद उन्होंने मुझे फोन किया और कहा कि मैं अपने सोशल मीडिया पर इस विज्ञापन को लेकर स्टोरी पोस्ट करूं।’ जनवरी में पर गणतंत्र दिवस सेल पर जारी किया गया था यह विज्ञापन जनवरी 2026 में एक मार्केटिंग ऐप की गणतंत्र दिवस सेल के लिए जारी किया गया था। इसमें हरभजन सिंह को ‘चांटा क्लास’ के टीचर के रूप में दिखाया गया है, जो लोगों को यह समझाते हैं कि खराब इलेक्ट्रॉनिक सामान को थप्पड़ मारकर ठीक करने की पुरानी आदत छोड़ें और उसकी जगह एप से नए प्रोडक्ट खरीदें। विज्ञापन में मजाकिया अंदाज में हरभजन कहते हैं, ‘सही से थप्पड़ लगाओ, सब ठीक हो जाता है,’ जो परोक्ष रूप से उनके और श्रीसंत के बीच 2008 में हुए विवाद की याद दिलाता है। ‘माफ कर सकता हूं, लेकिन भूल नहीं सकता’ हरभजन सिंह के बर्ताव पर नाराजगी जताते हुए श्रीसंत ने कहा, ‘मैंने उनसे साफ कह दिया कि मैं माफ कर सकता हूं, लेकिन भूल नहीं सकता। अगर आप किसी को भूल जाते हैं, तो वह दोबारा वही गलती करेगा। वह (हरभजन) इसका सबसे बड़ा उदाहरण हैं। इसमें कोई शक नहीं है।’ श्रीसंत ने कहा कि उनके माता-पिता ने उन्हें सिखाया है कि माफी दे दो, लेकिन सबक याद रखो। भाई कहता था, पर अब रिश्ता खत्म; सब एक दिखावा है श्रीसंत ने कहा कि अब उनके बीच कोई बॉन्ड नहीं बचा है। उन्होंने कहा,’मेरा उस व्यक्ति के साथ अब कोई रिश्ता नहीं है। मैं उन्हें भाई कहता था, लेकिन पिछले एक-दो महीनों में उन्होंने जो विज्ञापन किया, उसके बाद मैंने उन्हें इंस्टाग्राम पर ब्लॉक कर दिया है। वे एक महान व्यक्ति हो सकते हैं, लेकिन मेरे लिए भारतीय टीम में खेलने से लेकर अब तक, वह जो भी करते हैं, वह सब एक ‘एक्ट’ (दिखावा) है। श्रीसंत इस दिखावे को स्वीकार नहीं करता। क्या था ‘थप्पड़ कांड’ विवाद? यह पूरा विवाद IPL के पहले सीजन यानी 2008 का है। 25 अप्रैल को मोहाली में मुंबई इंडियंस और किंग्स इलेवन पंजाब के बीच मैच के बाद हरभजन सिंह ने श्रीसंत को थप्पड़ जड़ दिया था। मैच खत्म होने के बाद श्रीसंत मैदान पर रोते हुए नजर आए थे। इरफान पठान और महेला जयवर्धने ने किया था बीच-बचाव इरफान पठान और महेला जयवर्धने ने बीच-बचाव कर उन्हें अलग किया। इसके बाद पठान, हरभजन को पीछे ले जाते दिखे। हरभजन सिंह पर लगा था 8 मैचों का प्रतिबंध मैदान पर श्रीसंत के रोने की तस्वीरें और वीडियो ने क्रिकेट जगत में सुर्खियां बटोरी थीं। हरभजन सिंह को तत्काल बचे 8 मैच से बैन किया गया था और उन पर मैच फीस का जुर्माना भी लगा था। श्रीसंत ने दावा किया था कि हरभजन बहुत गुस्से में पेश आए और बिना वजह थप्पड़ जड़ा। इस घटना पर मीडिया और फैंस के बीच बहस हुई। हरभजन ने इस घटना पर कई बार अफसोस जता चुके हैं हरभजन इस घटना पर कई बार अफसोस जता चुके हैं। उन्होंने टीम इंडिया के दिग्गज स्पिनर ने रविचंद्रन अश्विन के साथ एक इंटरव्यू में कहा था कि मेरी जिंदगी का एक ऐसा पल जिसे मैं बदलना चाहता हूं, वो है श्रीसंत को थप्पड़ मारने का किस्सा। अगर मुझे मौका मिले तो मैं इसे अपनी लाइफ से हटा दूं। जो हुआ गलत हुआ और मुझे ऐसा नहीं करना चाहिए था। मैंने उसके लिए सैकड़ों बार माफी मांगी। आज भी जब मौका मिलता है तो माफी मांगता हूं। यह मेरी सबसे बड़ी गलती थी। कई बार सार्वजनिक मंच से हरभजन सिंह इस घटना पर अफसोस जता चुके हैं। श्रीसंत की बेटी बात नहीं करती हरभजन ने आगे कहा कि इस घटना का बोझ वह आज भी उठाते हैं। उन्होंने बताया कि एक बार जब वह श्रीसंत की बेटी से मिले तो वह उनसे बात करने से कतराने लगी और बोली- मैं आपसे बात नहीं करना चाहती, क्योंकि आपने मेरे पापा को मारा था। उसकी यह बात सुनकर मेरा दिल टूट गया। मेरी आंखों में आंसू आ गए। मैं सोचने लगा कि मैंने उसके मन में कैसी छवि छोड़ी है? वो मुझे ऐसे इंसान के रूप में देख रही है जिसने उसके पिता को मारा। यह सोचकर मुझे बहुत बुरा लगा और मैं आज भी उसके लिए माफी मांगता हूं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Sreesanth Harbhajan Singh IPL Slap Video Controversy; Instagram

Hindi News Sports Sreesanth Harbhajan Singh IPL Slap Video Controversy; Instagram | Cricket News स्पोर्ट्स डेस्क1 घंटे पहले कॉपी लिंक यह क्लिप करीब 8 महीने पहले पूर्व IPL कमिश्नर ललित मोदी ने सोशल मीडिया पर जारी किया था। भारतीय क्रिकेट टीम के दो पूर्व खिलाड़ियों, एस श्रीसंत और हरभजन सिंह के बीच 2008 का ‘थप्पड़ कांड’ फिर चर्चा में है। 16 साल पुराने इस विवाद ने दोनों के रिश्ते खत्म कर दिए हैं। श्रीसंत ने खुलासा किया कि उन्होंने हरभजन सिंह को सोशल मीडिया पर ब्लॉक कर दिया है और अब कोई संबंध नहीं रखना चाहते। केरल के मीडिया हाउस ‘मातृभूमि’ को दिए इंटरव्यू में श्रीसंत ने कहा, ‘मैंने आज तक किसी इंटरव्यू में भज्जी (हरभजन) के बारे में बात नहीं की, यह पहली बार है। कुछ समय पहले तक सब ठीक था, लेकिन उन्होंने उस विवाद पर फिर से एक विज्ञापन बनाया। उन्होंने इसके लिए करीब 80 लाख से 1 करोड़ रुपए लिए। इसके बाद उन्होंने मुझे फोन किया और कहा कि मैं अपने सोशल मीडिया पर इस विज्ञापन को लेकर स्टोरी पोस्ट करूं।’ रिपब्लिक डे पर विज्ञापन जारी किया गया था यह विज्ञापन जनवरी 2026 में एक मार्केटिंग ऐप की गणतंत्र दिवस सेल के लिए जारी किया गया था। इसमें हरभजन सिंह को ‘चांटा क्लास’ के टीचर के रूप में दिखाया गया है, जो लोगों को यह समझाते हैं कि खराब इलेक्ट्रॉनिक सामान को थप्पड़ मारकर ठीक करने की पुरानी आदत छोड़ें और उसकी जगह एप से नए प्रोडक्ट खरीदें। विज्ञापन में मजाकिया अंदाज में हरभजन कहते हैं, ‘सही से थप्पड़ लगाओ, सब ठीक हो जाता है,’। यह डायलॉग उनके और श्रीसंत के बीच 2008 में हुए विवाद की याद दिलाता है। ‘माफ कर सकता हूं, लेकिन भूल नहीं सकता’ हरभजन सिंह के बर्ताव पर नाराजगी जताते हुए श्रीसंत ने कहा, ‘मैंने उनसे साफ कह दिया कि मैं माफ कर सकता हूं, लेकिन भूल नहीं सकता। अगर आप किसी को भूल जाते हैं, तो वह दोबारा वही गलती करेगा। वह (हरभजन) इसका सबसे बड़ा उदाहरण हैं। इसमें कोई शक नहीं है।’ श्रीसंत ने कहा कि उनके माता-पिता ने उन्हें सिखाया है कि माफी दे दो, लेकिन सबक याद रखो। भाई कहता था, पर अब रिश्ता खत्म; सब दिखावा है श्रीसंत ने कहा कि अब उनके बीच कोई बॉन्ड नहीं बचा है। उन्होंने कहा,’मेरा उस व्यक्ति के साथ अब कोई रिश्ता नहीं है। मैं उन्हें भाई कहता था, लेकिन पिछले एक-दो महीनों में उन्होंने जो विज्ञापन किए, उसके बाद मैंने उन्हें इंस्टाग्राम पर ब्लॉक कर दिया है। वे एक महान व्यक्ति हो सकते हैं, लेकिन मेरे लिए भारतीय टीम में खेलने से लेकर अब तक, वह जो भी करते हैं, वह सब एक ‘एक्ट’ (दिखावा) है।’ श्रीसंत ने कहा कि वह इश दिखावे को स्वीकार नहीं करते। क्या था ‘थप्पड़ कांड’ विवाद? यह पूरा विवाद IPL के पहले सीजन यानी 2008 का है। 25 अप्रैल को मोहाली में मुंबई इंडियंस और किंग्स इलेवन पंजाब के बीच मैच के बाद हरभजन सिंह ने श्रीसंत को थप्पड़ जड़ दिया था। मैच खत्म होने के बाद श्रीसंत मैदान पर रोते हुए नजर आए थे। इरफान पठान और महेला जयवर्धने ने किया था बीच-बचाव इरफान पठान और महेला जयवर्धने ने बीच-बचाव कर उन्हें अलग किया। इसके बाद इरफान, हरभजन को पीछे ले जाते दिखे। हरभजन सिंह पर लगा था 8 मैचों का प्रतिबंध मैदान पर श्रीसंत के रोने की तस्वीरें और वीडियो ने क्रिकेट जगत में सुर्खियां बटोरी थीं। हरभजन सिंह को तत्काल बचे 8 मैच से बैन किया गया था और मैच फीस का जुर्माना भी लगा था। श्रीसंत ने दावा किया था कि हरभजन ने गुस्से में बिना वजह थप्पड़ जड़ा। इस घटना पर मीडिया और फैंस के बीच बहस हुई। हरभजन इस घटना पर कई बार अफसोस जता चुके हैं हरभजन इस घटना पर कई बार अफसोस जता चुके हैं। उन्होंने रविचंद्रन अश्विन के साथ एक इंटरव्यू में कहा था कि ‘मेरी जिंदगी का एक ऐसा पल जिसे मैं बदलना चाहता हूं- वो है श्रीसंत को थप्पड़ मारने का किस्सा।’ उन्होंने कहा, ‘अगर मुझे मौका मिले तो मैं इसे अपनी लाइफ से हटा दूं। जो हुआ गलत हुआ और मुझे ऐसा नहीं करना चाहिए था। मैंने उसके लिए सैकड़ों बार माफी मांगी। आज भी जब मौका मिलता है तो माफी मांगता हूं। यह मेरी सबसे बड़ी गलती थी।’ कई बार सार्वजनिक मंच से हरभजन सिंह इस घटना पर अफसोस जता चुके हैं। श्रीसंत की बेटी बात नहीं करती हरभजन ने आगे कहा कि इस घटना का बोझ वह आज भी उठाते हैं। उन्होंने बताया कि एक बार जब वह श्रीसंत की बेटी से मिले तो वह उनसे बात करने से कतराने लगी और बोली- मैं आपसे बात नहीं करना चाहती, क्योंकि आपने मेरे पापा को मारा था। हरभजन ने कहा- ‘उसकी यह बात सुनकर मेरा दिल टूट गया। मेरी आंखों में आंसू आ गए। मैं सोचने लगा कि मैंने उसके मन में कैसी इमेज बनाई है? वह मुझे एक ऐसे इंसान के रूप में देख रही है, जिसने उसके पिता को मारा। यह सोचकर मुझे बहुत बुरा लगा और मैं आज भी उसके लिए माफी मांगता हूं।’ दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
कनाडा में सिख हेरिटेज प्रोग्राम में हंगामा, VIDEO:युवती बोली- मेरे बाल खींचे-थप्पड़ मारे, पुलिस बुलाओ; युवक गालियां देता दिखा

कनाडा के ओंटारियो में सिख हेरिटेज मंथ के एक कार्यक्रम के अचानक हंगामा हो गया। कार्यक्रम में एक युवती के बाल खींचने और थप्पड़ मारने के आरोप लगे। यह कार्यक्रम सिख समुदाय के इतिहास और उनके योगदान को सम्मान देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। ओंटारियो के कविंज पार्क स्थित गुरुद्वारा में सिख समुदाय के लोग प्रांत की सरकार से मिलकर इस महीने को मनाने पहुंचे थे। कार्यक्रम के दौरान कई ओंटारियो इमिग्रेंट नॉमिनी प्रोग्राम (OINP) वर्कर्स प्रदर्शन करने लगे और कनाडा सरकार से सवाल पूछने शुरू कर दिए। उनका कहना था कि उनके OINP अर्जियों के रिजेक्शन से वे काफी नाराज हैं और वे इस मुद्दे पर सरकार से जवाब चाहते थे। तभी सवाल पूछ रही युवती से मारपीट हो गई। हंगामे का वीडियो भी सामने आया है। 1 मिनट 23 सेकेंड के वीडियो में क्या दिखा… युवती ने कनाडाई अधिकारियों से पूछे थे सवाल हालांकि, प्रदर्शन करने आए OINP वर्कर्स में से 6 लोगों को अंदर कार्यक्रम में जाने की अनुमति दी गई थी, लेकिन युवती के सवालों पर कुछ लोग भड़क गए और हाथापाई हो गई। इसके बाद कुछ समय बाद जब कनाडाई अधिकारी वहां से जाने लगे, तो कुछ लोगों ने दोबारा सवाल उठाने शुरू कर दिए और वीडियो बनाने लगे। ओंटारियो गुरुद्वारा कमेटी और OINP के बीच बहस इस दौरान ओंटारियो गुरुद्वारा कमेटी और OINP वर्कर्स के बीच बहस शुरू हो गई। इसका एक वीडियो सामने आया है, जिसमें एक व्यक्ति दावा कर रहा है कि पगड़ी पहने शख्स ने एक युवती को थप्पड़ मारा और उसके बाल खींचे हैं।
Prayagraj ujjain former model Mahakumbh harsha richhariya takes sanyas swami harshanand giri Maharaj Anilanand video

उज्जैन में संन्यास को लेकर उठे विवाद पर स्वामी हर्षानंद गिरि (पूर्व में हर्षा रिछारिया) ने संतों के आरोपों का जवाब दिया है। उन्होंने वीडियो जारी कर कहा- महाराज जी, मैं अभी उज्जैन में हूं। इससे पहले मैं 2019 से उत्तराखंड में थी। . क्या आपको पता है मैं वहां क्या कर रही थी? अपना काम छोड़कर वहां क्यों थी? मैं कौन सी साधना, कौन सी तपस्या और किस गुरु के सानिध्य में कर रही थी? कौन कितने साल तपस्या करके यहां संत बना है। किसी को कुछ नहीं पता है, महाराज जी। लेकिन कुछ लोगों के जब रिकॉर्ड निकलते हैं, तो वो रिकॉर्ड काफी डरावने होते हैं। अब यह मत कह दीजिएगा कि हर्षा रिछारिया ने संतों का अपमान किया। महाराज जी आप यह साबित कर दीजिए कि मुझे विदेश से फंडिंग हो रही है। अगर आप गलत साबित हुए, तो आपको मुझे मानहानि के रूप में 1 करोड़ रुपए देना होगा। बता दें कि महाकुंभ 2024 से सुर्खियों में आई हर्षा रिछारिया ने हाल ही में संन्यास लिया है वह अब स्वामी हर्षानंद गिरि के नाम से जानी जाएंगी। वे आधिकारिक रूप से संन्यास ले चुकी हैं। उज्जैन के मौनी तीर्थ आश्रम में उन्हें महामंडलेश्वर सुमनानंदजी महाराज ने दीक्षा दिलाई। हालांकि, उनके संन्यास पर मध्य प्रदेश संत समिति के अध्यक्ष महाराज अनिलानंद को ऐतराज जताया था। स्वामी हर्षानंद गिरि ने कहा कि मैंने संन्यास ले लिया तो हम पर सवाल उठा रहे हैं। यूनिवर्सिटी के एक संत भाग रहे थे तब महाराज जी कहां थे हर्षा रिछारिया का शुक्रवार को वीडियो सामने आया। उन्होंने कहा- हर्षा रिछारिया लेंस लगाए। हर्षा रिछारिया मेकअप कर ले। हर्षा रिछारिया नजर का चश्मा लगाए, जो डॉक्टर ने दिया है और जो धूप में काला हो जाता है, क्योंकि मुझे दिन की रोशनी से आंखों में दिक्कत हो रही है। हर्षा रिछारिया ने फैशनेबल चश्मा लगा लिया है, मतलब हर्षा रिछारिया अपनी सेहत का ख़याल आपकी सोच के हिसाब से करे, है न पूजनीय महाराज जी? अगर इस लड़की ने संन्यास लिया है तो इसे 10 साल तक हिमालय पर तपस्या करनी पड़ेगी। महाराज जी मैंने तब विरोध किया, जब अशोक खेराज जैसे लोग अरेस्ट हुए। उनके वीडियो सामने आए। आपने तब हंगामा किया, जब किसी यूनिवर्सिटी के एक संत भागते-भागते फिर रहे थे। यौन शोषण के मामले में जब लड़कियां थाने तक पहुंच गई थीं। तब आपने विरोध किया था क्या? मुझे याद नहीं आ रहा महाराज जी। स्वामी हर्षानंद गिरि ने कहा कि महाराज जी ने जो आरोप लगाए हैं, उन्हें साबित करें। महाराज जी बताएं, मैंने कहां अपनी सीमाएं लांघीं? आज आप एक लड़की का विरोध कर रहे हैं कि ये संत कैसे बन गई। संत मैं अपने जीवन में बनी हूं। अपने जीवन का मैंने यहां पिंडदान किया है। आपको कुछ गलतफहमी हुई है। मेरा विरोध करने से पहले मेरे बारे में जानिए तो। मैंने कब कहा कि मैं संन्यासी हूं, मैं साध्वी हूं? प्रयागराज कुंभ से पहले या बाद में, मैंने तो मीडिया के जरिये पचासों बार इससे इनकार किया है। मुझे लगता है कि एक समझदार और बुद्धिमान व्यक्ति वही होता है, जो किसी पर आरोप लगाने से पहले पूरी जानकारी हासिल करता है। आप बार-बार कह रहे हैं कि मैंने प्रयागराज कुंभ को खराब किया। मैंने जाकर किसका अपमान किया? मैंने किसका विरोध किया? किसे अपमानित किया? कहां अपनी सीमाएं लांघीं? कहां अपने संस्कारों से हटी? मैं सनातन धर्म में मैं पैदा हुई हूं महाराज जी। ब्राह्मण परिवार, वशिष्ठ गोत्र में मेरा जन्म हुआ। अब मेरा गोत्र अच्युत है। जो सच्चा साधु-संत का होता है। मैं सभी सबूत लेकर मीडिया के सामने कब आऊं, ये मुझे महाराज जी बताएं। फॉरेन फंडिंग को साबित करें, मैं मीडिया के सामने बैंक डिटेल्स रखूंगी उन्होंने कहा- जहां तक फॉरेन फंडिंग की बात है। महाराज जी आप यह साबित कर दीजिए कि मुझे विदेश से फंडिंग हो रही है। भारतीय संस्कृति को नुकसान पहुंचाने के लिए। मैं अपनी पूरी बैंक डिटेल्स, प्रयागराज महाकुंभ से अब तक की सारी जानकारी, मीडिया और देश के सामने रखने को तैयार हूं। अगर यह साबित हो जाता है कि मुझे विदेश से या देश के भीतर से भी लाखों-करोड़ों की कोई बड़ी फंडिंग मिली है। तो मैं अपनी पूरी संपत्ति आपके चरणों में अर्पित कर दूंगी। लेकिन अगर आप गलत साबित हुए, तो आपको मुझे मानहानि के रूप में 1 करोड़ रुपए देना होगा। आरोप गलत हुए तो मुझे एक करोड़ रुपए दें क्योंकि अपमान आपने जरूरत से ज्यादा किया है। पहला आरोप, मैंने दो बार संन्यास लिया, जो पूरी तरह गलत है। दूसरा आरोप आपने नचनिया-कुदनिया जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया, जो एक लड़की के लिए अपमानजनक है। तीसरा फॉरेन फंडिंग का झूठा आरोप लगया और चौथा कि मैं महाकुंभ को खराब करने आई हूं। भारतीय संस्कृति को नुकसान पहुंचा रही हूं। आप ऐसे आरोप लगाकर उन लोगों के मन में भी भ्रम और नफरत पैदा कर रहे हैं, जो संतों में ईश्वर को देखते हैं। अब आप बताइए, मैं कब मीडिया के सामने अपनी बैंक डिटेल्स रखूं? कब पूरी सच्चाई बताऊं? ये खबर भी पढ़ें अनिलानंद ने कहा-900 चूहे खाकर बिल्ली हज को नहीं जा सकतीं महाराज अनिलानंद ने कहा- यह पूरा घटनाक्रम गलत और सनातन धर्म की मर्यादा के विपरीत है। 900 चूहे खाकर बिल्ली हज को नहीं जा सकती। प्रयागराज कुंभ के दौरान हर्षा ने संन्यास लेने का दावा किया, लेकिन बाद में सनातन धर्म के खिलाफ अपमानजनक बातें कहीं। ऐसे व्यक्ति का संन्यास लेना स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि हर्षा को दीक्षा दिलाने वाले सुमनानंदजी महाराज की जांच हो। यहां पढ़ें पूरी खबर…
MP दिनभर में आज दिनभर की 10 चुनिंदा बड़ी खबरों को VIDEO में देखने के लिए ऊपर क्लिक करें।

MP दिनभर में आज दिनभर की 10 चुनिंदा बड़ी खबरों को VIDEO में देखने के लिए ऊपर क्लिक करें। . दिनभर की 10 बड़ी खबरों को विस्तार से यहां पढ़ भी सकते हैं। तो आइए जानते है, एमपी में आज, क्या रहा खास. 1. सौतेली मां ने की बेरहमी से पिटाई; भाई बोला- बहन को पीट-पीटकर मार डाला रीवा में सौतेली मां पर बच्ची को पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप है। रीवा में एक बच्ची की मौत ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। भाई का आरोप है कि सौतेली मां ने बहन को बेरहमी से पीटा, जिससे उसे तेज बुखार आया और वह दिनभर तड़पती रही। दादी ने दावा किया कि बच्ची को पानी तक नहीं दिया गया। मामला बाल उत्पीड़न और हत्या के गंभीर आरोपों के बीच जांच में है। पढ़ें पूरी खबर 2. उज्जैन में पति-पत्नी का लाइव सुसाइड; स्टेटस देख पुलिस ने बचाई जान उज्जैन में पति-पत्नी ने फांसी लगाने का लाइव वीडियो व्हाट्सएप स्टेटस पर डाला। अलर्ट पुलिस ने तुरंत दरवाजा तोड़कर दोनों को बचा लिया। दंपती ने 12 लोगों के नाम का जिक्र करते हुए मानसिक दबाव का आरोप लगाया है। मामले की जांच जारी है। पढ़ें पूरी खबर 3. संन्यास विवाद पर हर्षा का पलटवार: ‘मेरा मार्ग राम ने तय किया’ हर्षा संन्यास से पहले पिंडदान भी कर चुकी हैं। उज्जैन में संन्यास को लेकर उठे विवाद के बीच स्वामी हर्षानंद गिरि (पूर्व में हर्षा रिछारिया) ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर संतों के आरोपों का जवाब दिया है। उन्होंने कहा कि वह पिछले डेढ़ साल से अपमान सहती आई हैं और अब मानसिक रूप से मजबूत हो चुकी हैं। उन्होंने कहा कि “अगर राम ने मेरी किस्मत में संन्यास लिखा है, तो उसे कोई नहीं रोक सकता। पढ़ें पूरी खबर 4. रीवा महापौर अजय मिश्रा का विवादित बयान: ‘नाली में घुसेड़ देंगे’ रीवा नगर निगम के महापौर अजय मिश्रा (भाजपा) का एक बयान विवादों में आ गया है। निगम कर्मचारी पर भड़के महापौर ने उसे “नाली में घुसेड़ देने” की धमकी दे डाली। बयान सामने आते ही सियासत गरमा गई। भाजपा के भीतर भी इसे लेकर नाराजगी दिखी और SC समुदाय के अपमान का मुद्दा उठाया गया। मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। पढ़ें पूरी खबर 5. खंडवा में नकली घी फैक्ट्री का भंडाफोड़: चर्बी से बन रहा था घी प्रशासन ने अवैध फैक्ट्री पर छापा मारकर नकली घी जब्त किया। खंडवा में प्रशासन ने अवैध फैक्ट्री पर छापा मारकर 3350 लीटर नकली घी जब्त किया। इसमें जानवरों की चर्बी मिलाई जा रही थी। 4 ट्रकों से मवेशियों की खाल और सींग भी बरामद हुए हैं। खाद्य सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा हुआ है। पढ़ें पूरी खबर 6. राजस्थान की लू ने MP को झुलसाया: 11 जिलों में अलर्ट राजस्थान से आ रही गर्म हवाओं ने मध्यप्रदेश में तापमान बढ़ा दिया है। भोपाल, उज्जैन, जबलपुर समेत 11 जिलों में लू का अलर्ट जारी है। नर्मदापुरम में स्कूलों की छुट्टी कर दी गई है। मौसम विभाग ने सावधानी बरतने की सलाह दी है। पढ़ें पूरी खबर 7. गैस लीकेज धमाका: रिटायर्ड इंजीनियर की दर्दनाक मौत ब्यावरा में गैस लीकेज से हुए धमाके में रिटायर्ड इंजीनियर की मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी गंभीर रूप से झुलस गईं। धमाके से घर की खिड़कियां-दरवाजे टूट गए और दीवारों में दरारें आ गईं। हादसे ने सुरक्षा पर सवाल खड़े किए हैं। पढ़ें पूरी खबर पॉजिटिव खबर 8. भोपाल बनेगा AI हब: 3700 एकड़ में नॉलेज सिटी एआई सिटी का प्रतीकात्मक फोटो। भोपाल में 3700 एकड़ में नॉलेज और AI सिटी विकसित करने की योजना तैयार हो रही है। BDA इसके लिए DPR और डिजाइन तैयार कराएगा और एजेंसियों से प्रस्ताव मांगे गए हैं। यह प्रोजेक्ट रोजगार और टेक्नोलॉजी को नई दिशा देगा। पढ़ें पूरी खबर खबर जरा हटके 9. अस्पताल में फिल्मी चोरी: मरीज बनकर स्कूटी ले उड़ा चोर शहडोल में एक युवक घायल मरीज बनकर एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचा और मौका पाकर ANM की स्कूटी चुरा ली। पूरी घटना CCTV में कैद हो गई है। पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है। पढ़ें पूरी खबर कल का बिग इवेंट 10. जबलपुर में नई पहल: महिलाएं संभालेंगी गेहूं खरीदी जबलपुर में इस बार महिला स्व-सहायता समूह गेहूं उपार्जन की जिम्मेदारी संभालेंगे। कल से सभी केंद्रों पर खरीदी शुरू होगी। महिलाओं ने सुरक्षा की मांग भी उठाई है। यह पहल महिला सशक्तिकरण की दिशा में अहम मानी जा रही है। पढ़ें पूरी खबर
Arvind Kejriwal Court Video Row; Delhi HC | Liquor Policy

Hindi News National Arvind Kejriwal Court Video Row; Delhi HC | Liquor Policy SK Sharma Recusal Case नई दिल्ली20 मिनट पहले कॉपी लिंक 13 अप्रैल को केजरीवाल ने कहा था कि जस्टिस शर्मा RSS के कार्यक्रम में 4 बार शामिल हो चुकी हैं। ऐसे में उन्हें केस से हटाया जाए। दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरुवार को पूर्व CM केजरीवाल के खिलाफ दायर एक जनहित याचिका पर कार्रवाई करते हुए नोटिस जारी किया है। यह याचिका बिना इजाजत कोर्ट की कार्यवाही को रिकॉर्ड करने, उसे सोशल मीडिया पर सर्कुलेट करने को लेकर दायर की गई थी। न्यूज एजेंसी PTI की रिपोर्ट के मुताबिक याचिका एडवोकेट वैभव सिंह ने लगाई थी। दिल्ली हाईकोर्ट ने केजरीवाल, सिसोदिया, पत्रकार रवीश कुमार और अन्य के खिलाफ नोटिस जारी किया है। साथ ही सुनवाई से जुड़े सभी लिंक हटाने का निर्देश दिया है। सुनवाई के दौरान कोर्ट को बताया गया कि जिन लिंक पर आपत्ति थी, उन्हें Google और Meta ने पहले ही हटा दिया है। कोर्ट ने सूचना मंत्रालय को भी पक्षकार बनाया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 6 जुलाई को होगी। एक दिन पहले यह मामला मुख्य न्यायाधीश की बेंच में लिस्ट किया गया था। लेकिन, जस्टिस तेजस करिया ने इस मामले की सुनवाई से खुद को अलग कर लिया, जिसके बाद इसे जस्टिस वी. कामेश्वर राव और जस्टिस मनमीत अरोड़ा की बेंच में रखा गया। वह वीडियो फुटेज, जिसके खिलाफ याचिका लगी… याचिकाकर्ता का आरोप- कोर्ट की अवमानना हुई वैभव सिंह का आरोप था कि 13 अप्रैल की सुनवाई को बिना परमिशन रिकॉर्ड किया गया और सोशल मीडिया पर सर्कुलेट किया गया। यह सुनवाई केजरीवाल की उस अर्जी पर हुई थी, जिसमें उन्होंने जज स्वर्णकांता से खुद को केस से अलग करने की मांग की थी। याचिकाकर्ता के मुताबिक कार्रवाई के वीडियो को एडिट करके तोड़-मरोड़कर पेश किया गया। इससे कोर्ट की बदनामी हुई। हालांकि कोर्ट ने निर्देश दिया है कि सुनवाई से जुड़े सभी सोशल मीडिया लिंक हटा दिए जाएं। याचिकाकर्ता ने दलील दी है कि अगर इस तरह के मामलों में कार्रवाई नहीं होती है, तो यह एक गलत मिसाल बन सकती है। इससे आगे भी लोग कोर्ट की कार्यवाही से जुड़े वीडियो का दुरुपयोग कर सकते हैं। दिल्ली हाईकोर्ट के 3 कमेंट कोर्ट ने कहा कि हाई कोर्ट के नियमों के तहत कोर्ट की कार्यवाही को रिकॉर्ड करना और अपलोड करना साफ तौर पर मना है, जब तक कि पहले से इजाजत न ली गई हो। कोर्ट ने ‘सूचना प्रौद्योगिकी (मध्यवर्ती दिशानिर्देश और डिजिटल मीडिया आचार संहिता) नियम, 2021’ के नियम 3(1)(b)(xi) का भी जिक्र किया। इस नियम के तहत प्लेटफॉर्म को गैर-कानूनी सामग्री को रोकने के लिए उचित कदम उठाने जरूरी हैं। कोर्ट ने यह भी साफ किया कि अगर ऐसे वीडियो दोबारा सामने आते हैं, तो प्लेटफॉर्म को जानकारी मिलते ही उन्हें तुरंत हटाना होगा और इसकी सूचना रजिस्ट्रार जनरल को देनी होगी। मेटा-गूगल का दावा- कंटेंट ऑटोमैटिक ब्लॉक करना मुश्किल काम वकील अरविंद पी. दातार ने कहा कि जिस सामग्री पर आपत्ति जताई गई थी, उसे आधिकारिक सूचना मिलने के बाद हटा दिया गया था। उन्होंने यह भी कहा कि मध्यस्थ सेंसर की तरह काम नहीं कर सकते। लेकिन ओरिजनल वीडियो अपलोड करने वाले की पहचान करना या ऐसी सामग्री को अपने आप ब्लॉक करना तकनीकी रूप से अभी भी मुश्किल है। जज को हटाने की अर्जी क्यों, 5 पॉइंट्स में समझिए ट्रायल कोर्ट ने 27 फरवरी को आबकारी नीति मामले में केजरीवाल और 22 अन्य आरोपियों को बरी कर दिया था। इस आदेश को CBI ने चुनौती दी, जिसकी सुनवाई वर्तमान में जस्टिस शर्मा कर रही हैं। 9 मार्च को जस्टिस शर्मा ने नोटिस जारी किया और उस आदेश के उस हिस्से पर रोक लगा दी, जिसमें जांच अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की बात कही गई थी। उन्होंने प्रारंभिक तौर पर यह भी कहा कि ट्रायल कोर्ट की कुछ टिप्पणियां गलत थीं और ट्रायल कोर्ट को PMLA (मनी लॉन्ड्रिंग) की कार्यवाही स्थगित करने का निर्देश दिया। इसके बाद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, दुर्गेश पाठक, विजय नायर समेत अन्य आरोपियों ने जस्टिस शर्मा को हटाने की अर्जी दाखिल की। केजरीवाल 156 दिन, सिसोदिया 530 दिन तक जेल में रहे दिल्ली सरकार ने 2021 में राजस्व बढ़ाने और शराब व्यापार में सुधार के लिए आबकारी नीति बनाई थी, जिसे बाद में अनियमितताओं के आरोप लगने के बाद वापस ले लिया गया। इसके बाद उपराज्यपाल विनय सक्सेना ने CBI जांच के आदेश दिए थे। CBI और प्रवर्तन निदेशालय (ED) का आरोप है कि इस नीति के जरिए निजी कंपनियों को लाभ पहुंचाया गया और इसमें भ्रष्टाचार हुआ। इस मामले में केजरीवाल को 2024 लोकसभा चुनाव के दौरान गिरफ्तार कर हिरासत में भेजा गया था। उन्हें 156 दिन की हिरासत के बाद सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली। वहीं सिसोदिया इस मामले में 530 दिन तक जेल में रहे। ———————————— ये खबर भी पढ़ें… जज को केस से हटाने वाली याचिका: जस्टिस स्वर्णकांता बोलीं- मैं हटी तो संदेश जाएगा दबाव डालकर जज हटा सकते हैं दिल्ली हाईकोर्ट की जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा ने शराब नीति केस से जुड़े पूर्व CM अरविंद केजरीवाल की उस याचिका को खारिज कर दिया है, जिसमें जज के केस से हटने की मांग की गई थी। जस्टिस स्वर्ण कांता ने कहा कि मैं इस मामले से खुद को अलग नहीं करूंगी। मैं सुनवाई करूंगी। मैं हट गई तो संदेश जाएगा कि दबाव डालकर किसी भी केस से जज हटा सकते हैं। पढ़ें पूरी खबर… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…









