Wednesday, 08 Jul 2026 | 11:30 AM

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दमोह में हल्की बारिश, मौसम में घुली ठंडक:अन्य स्थानों पर तेज आंधी के साथ हुई झमाझम बारिश

दमोह में हल्की बारिश, मौसम में घुली ठंडक:अन्य स्थानों पर तेज आंधी के साथ हुई झमाझम बारिश

दमोह जिले में मौसम का मिजाज अचानक बदल गया है। शुक्रवार सुबह शहर में हल्की बूंदाबांदी हुई, जिससे मौसम ठंडा हो गया। सुबह 4 बजे करीब 15 मिनट तक रिमझिम बारिश हुई, जिससे सड़कों पर पानी भर गया और लोगों को गर्मी से राहत मिली। मॉर्निंग वॉक पर निकले लोगों ने भी ठंडक महसूस की। जिले के अन्य हिस्सों में तेज आंधी और झमाझम बारिश दर्ज की गई। गुरुवार को तेंदूखेड़ा और जबेरा ब्लॉक में करीब आधे घंटे तक तेज आंधी-तूफान के साथ भारी बारिश हुई, जिससे कई इलाकों में जलभराव हो गया। इस बारिश से खेतों में खड़ी किसानों की फसलें भीग गईं। यदि शुक्रवार को और तेज बारिश होती है, तो कटाई के लिए तैयार फसलों को नुकसान होने की आशंका है, जिससे अनाज के दाने काले पड़ सकते हैं। शुक्रवार सुबह से ही आसमान में बादल छाए हुए हैं, जिससे दिन में तेज बारिश की संभावना जताई जा रही है। बटियागढ़ ब्लॉक में तेज आंधी के कारण जनपद कार्यालय के सामने लगा सोलर बिजली का पोल गिर गया। इसके अलावा, जिले के अन्य स्थानों से भी तेज आंधी में छप्पर उड़ने की खबरें मिली हैं। जिले का अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस बना हुआ है। यदि आगे और बारिश होती है, तो तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है।

भोपाल की प्राइम लोकेशन पर हाउसिंग बोर्ड बेचेगा संपत्ति:दो दिन तक मेला लगाकर देंगे जानकारी; विजिट और बुकिंग भी कर सकेंगे

भोपाल की प्राइम लोकेशन पर हाउसिंग बोर्ड बेचेगा संपत्ति:दो दिन तक मेला लगाकर देंगे जानकारी; विजिट और बुकिंग भी कर सकेंगे

मध्य प्रदेश हाउसिंग बोर्ड भोपाल की प्राइम लोकेशन पर अपनी प्रॉपर्टी बेचेगा। दो दिन तक आवास मेला लगाकर लोगों को जानकारी दी जाएगी। लोग साइट विजिट के साथ बुकिंग भी करा सकेंगे। पर्यावास भवन में आयोजित यह मेला 20-21 मार्च को लगेगा। राजधानी में उपलब्ध हाउसिंग बोर्ड की सभी प्रॉपर्टी की यहां जानकारी मिलेगी। साथ ही संपत्ति की तत्काल बुकिंग भी होगी। मेले में भोपाल की सभी नई और पुरानी प्रॉपर्टी की जानकारी एक छत के नीचे मिलेगी। मेले में फ्री साइट विजिट की सुविधा और फ्री में बुकिंग फॉर्म भरने की सुविधा भी रहेगी। ये सुविधा मिलेगी सभी अपकमिंग प्रोजेक्ट की जानकारी मिलेगी आवास मेले हाउसिंग बोर्ड अपने सभी आने वाले प्रोजेक्ट की भी जानकारी उपलब्ध कराएगा। बोर्ड देवकीनगर, बैरसिया रोड, करोंद में 10 एकड़ में प्लॉट का प्रोजेक्ट ला रहा है। वहीं अयोध्या नगर में डुप्लेक्स, ट्रिप्लेक्स, फ्लैट के 5 नये प्रोजेक्ट आने वाले हैं। इस तरह के सभी प्रोजेक्ट की जानकारी मेले में मिलेगी। कटारा हिल्स में 186 प्लाटों चल रही बुकिंग कटारा हिल्स में सफायर पार्क सिटी प्रोजेक्ट में बोर्ड 34 एकड़ में आवासीय प्लॉट का प्रोजेक्ट लाया है। इस प्रोजेक्ट में बुकिंग चल रही है। इसमें अलग-अलग साइज के 186 प्लॉट रखे गए हैं। 1300 स्क्वेयर फीट से लेकर 7000 स्क्वेयर फीट तक के 5 साइज के प्लॉट हैं। इस प्रोजेक्ट में एसटीपी से लेकर अंडरग्राउंड बिजली के तार तक सभी आधुनिक सुविधायें उपलब्ध होंगी। सुरम्य परिसर, लवकुश हाईट्स और खजूरीकलां फेज-2 में चल रही बुकिंग अयोध्या एक्सटेंशन में सुरम्य परिसर औऱ लवकुश हाईट्स फ्लेट्स के प्रोजेक्ट निर्माणाधीन हैं। सुरम्य परिसर में 250 फ्लेट बन रहे हैं और इनमें बुकिंग चालू है। वहीं, लवकुश हाईट्स में भी निर्माण और बुकिंग चल रही है। खजूरीकलां फेज-2 में 147 डुप्लेक्स और ट्रिप्लेक्स घरों में भी बुकिंग चल रही है। इन सभी मकानों की बुकिंग मेले में होगी।

Indore Electronic Lock Fire Safety Risk

Indore Electronic Lock Fire Safety Risk

इंदौर अग्निकांड ने जब घर को अपनी चपेट में लिया, तो 8 लोगों की जान उसी घर में चली गई। इस हादसे ने डिजिटल और सेंसर वाले डोर लॉक की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या ये स्मार्ट लॉक इमरजेंसी में लोगों को बचाने के बजाय फंसा रहे हैं? . इस सवाल को लेकर भास्कर ने श्री गोविन्दराम सेकसरिया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के इलेक्ट्रॉनिक्स विशेषज्ञ डॉ. प्रशांत बनसोड़ और प्रो. सतीश कुमार जैन से बातचीत की। एक्सपर्ट्स से ये समझने की कोशिश की कि इंदौर अग्निकांड में डिजिटल (स्मार्ट) लॉक ने 8 लोगों की जान कैसे ले ली, ये समय रहते खुला क्यों नहीं और क्या सारे डिजिटल लॉक असुरक्षित हैं या इनके चुनाव में सतर्कता जरूरी है। पढ़िए ये रिपोर्ट- इंदौर अग्निकांड में 8 लोगों की मौत हो गई। असामान्य स्थितियों में ही देते हैं धोखा इलेक्ट्रॉनिक लॉक सामान्य परिस्थितियों में ठीक काम करते हैं, लेकिन आग, ओवरहीटिंग या शॉर्ट सर्किट जैसी असामान्य स्थितियों में सबसे पहले फेल हो सकते हैं। डॉ. बनसोड़ ने बताया, लॉक के अंदर मौजूद सिलिकॉन चिप्स और सर्किट 60-70°C से ज्यादा तापमान पर काम करना बंद कर सकते हैं, जिससे लॉक जाम हो सकता है। प्रो. जैन का कहना है कि यदि बैटरी या सर्किट फेल हो जाए, तो कई मामलों में दरवाजा खोलने का दूसरा विकल्प ही नहीं बचता। पहले दो एग्जिट होते थे अब सिर्फ मेन डोर एक्सपर्ट के मुताबिक शहरों में फ्लैट कल्चर ने खतरा बढ़ा दिया है। पहले घरों में दो एग्जिट होते थे, अब सिर्फ एक मेन डोर होता है। अगर यह इलेक्ट्रॉनिक लॉक से कंट्रोल हो, तो इमरजेंसी में भागने का रास्ता ही बंद हो जाता है। प्रो. जैन कहते हैं-मोबाइल पर निर्भर लॉक में दूसरा व्यक्ति दरवाजा नहीं खोल सकता। नेटवर्क या ऐप फेल होने पर लॉक फेल हो जाता है। सुविधा बढ़ी है लेकिन इस पर पूरी तरह निर्भरता खतरनाक भी हो सकता है। 9V/12V बैटरी या इनवर्टर से चलने वाले लॉक में बैटरी खत्म होना, फूलना या ओवरहीट आम बात है। यूजर को अंदर की खराबी का पता नहीं चलता। डॉ. बनसोड़ कहते हैं-सर्किट अचानक फेल हो, ठीक उसी वक्त हादसा हो जाए तो खतरा और बढ़ जाता है। डिजिटल लॉक लगा हो तो क्या करें… एक्सपर्ट्स का कहना है कि लॉक में मैन्युअल चाबी या लीवर जरूर रखें। इमरजेंसी ऑपरेशन की जानकारी समय-समय पर लेेते रहे। स्मोक सेंसर लगाएं। खास तौर पर उन हिस्सों में जो ज्यादा सेंसेटिव हो। फायर अलार्म और स्प्रिंकलर सिस्टम इंस्टॉल करें। नियमित सर्विसिंग कराते रहें ताकि कोई गड़बड़ी होने पर पहले ही पता चल जाए। बैटरी की स्थिति भी समय-समय पर जांचते रहें। 5 महीने पहले भी हादसे में फंस गया था डिजिटल लॉक इंदौर में करीब पांच महीने पहले एक पेंटहाउस में आग लगने से नर्मदा सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष और कांग्रेस नेता प्रवेश अग्रवाल की दम घुटने से मौत हो गई थी। उनकी 15 वर्षीय बेटी सौम्या गंभीर रूप से झुलस गई थी, जिसे बॉम्बे हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। घटना के समय परिवार घर में मौजूद था। गार्ड्स ने पत्नी श्वेता और छोटी बेटी मायरा को सुरक्षित बाहर निकाल लिया था। हादसे का प्रारंभिक कारण हाई सिक्योरिटी सिस्टम बताया गया। एसी और डिजिटल लॉक धुएं और आग के कारण काम नहीं कर पाए, जिससे बाहर निकलना मुश्किल हो गया। दम घुटने से प्रवेश की मौत हो गई थी। आग फैलने से बेडरूम में रखा पूरा सामान जलकर खाक हो गया था। कारोबारी का कहना- पूरी तरह सुरक्षित हैं डिजिटल लॉक हाई सिक्योरिटी लॉक के कारोबारी जितेंद्र खत्री का दावा है कि डिजिटल लॉक पूरी तरह सुरक्षित होते हैं। इस लॉक की सबसे खास बात यह है कि अगर घर में आग लगने के दौरान तापमान 55 डिग्री तक पहुंच जाता है तो ऑटोमेटिक लॉक खुल जाता है। स्मार्ट सेंसर वाले लॉक में कुछ प्रॉब्लम आती भी है तो वह बाहर की तरफ से आती है घर के अंदर इस तरह की दिक्कत नहीं आती। स्टेटस सिंबल और सिक्योरिटी के कारण लोग इसे पसंद कर रहे हैं। हालांकि मोटे अनुमान के मुताबिक एमपी में करीब 10 फीसदी लोगों के घरों में ही स्मार्ट लॉक लगे हैं। कई रेंज में बाजार में उपलब्ध हैं ये लॉक 6 हजार से 90 हजार तक के लॉक आते हैं। 10 से 12 लिडिंग कंपनियां हैं, जिसमें गोदरेज, डोरसेट, ओजोन कंपनियां प्रमुख हैं। सभी एक ही फंक्शन पर काम करते हैं। जैसे-जैसे कीमत बढ़ती जाती है। उसमें फीचर बढ़ते जाते हैं। जैसे फेस डिटेक्शन, मोबाइल ऑपरेशन व अलार्मिंग कॉल। इसके अलावा कोई फर्क नहीं आता। यह पिन नंबर, कार्ड, थंब, चाबी और अन्य सिस्टम से खुलते हैं। बाजार में कई रेंज में इस तरह के लॉक उपलब्ध हैं लेकिन लोगों को सस्ते के बजाय अच्छी क्वालिटी का और अच्छी कंपनी का लॉक ही लेना चाहिए। ये खबर भी पढ़ें… इंदौर में फायर ब्रिगेड कर्मी ने काट दिया था प्रत्यक्षदर्शी का फोन, वीडियो आया सामने हैलो, आपको ये फूटने की आवाज आ रही है? धमाके सुनिए…लेकिन बात पूरी होने से पहले ही फोन कट गया। हताशा में वह व्यक्ति चिल्लाकर बोला- रख दिया फोन उसने, बोला 15 मिनट लगेंगे। ये बातचीत इंदौर की स्वर्ण बाग कॉलोनी के रहवासी और फायर ब्रिगेड के कर्मचारी के बीच की है। पढ़ें पूरी खबर…

नेतन्याहू बोले- ईरानी गैस फील्ड पर हमला हमने अकेले किया:इसमें अमेरिका शामिल नहीं था; ईरान बोला- अमेरिकी F-35 फाइटर जेट को नुकसान पहुंचाया

नेतन्याहू बोले- ईरानी गैस फील्ड पर हमला हमने अकेले किया:इसमें अमेरिका शामिल नहीं था; ईरान बोला- अमेरिकी F-35 फाइटर जेट को नुकसान पहुंचाया

मिडिल-ईस्ट में जारी जंग के बीच इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि ईरान के साउथ पार्स गैस फील्ड से जुड़े प्रोसेसिंग प्लांट पर हमला इजराइल ने अकेले किया था और इसमें अमेरिका शामिल नहीं था। नेतन्याहू ने गुरुवार देर रात प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने इजराइल से ऐसे हमलों को फिलहाल रोकने के लिए कहा है और इजराइल इस पर अमल कर रहा है। नेतन्याहू ने कहा, “ट्रम्प ने हमसे भविष्य में ऐसे हमले रोकने को कहा और हम फिलहाल रुके हुए हैं।” जंग के बीच ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने कहा है कि उसने अमेरिकी F-35 फाइटर जेट पर हमला कर उसे नुकसान पहुंचाया। IRGC ने इस हमले का वीडियो भी जारी किया है, जिसमें जेट को निशाना बनाते हुए दिखाया गया है। हालांकि इस वीडियो की पुष्टि नहीं हो पाई है। F-35 दुनिया के सबसे एडवांस लड़ाकू विमानों में गिना जाता है और इसकी कीमत 100 मिलियन डॉलर से अधिक होती है। इजराइल-अमेरिका और ईरान के बीच जंग से जुड़ी 3 तस्वीरें… अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…

गर्मी में ये जूस है अमृत! पीलिया से बचाव में ऐसे करता मदद, कीमत भी सस्ती

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Last Updated:March 20, 2026, 06:35 IST Sugarcane juice benefits : गर्मी के दिनों में शरीर को डिहाइड्रेशन से बचने के लिए मौसमी फलों का सेवन की सलाह दी जाती है. लेकिन पीलिया एक ऐसी बीमारी है जो बच्चों से लेकर बढ़ो तक को आपकी चपेट में ले लेता है. वहीं, गन्ने के जूस को पीलिया का काल माना जाता है. गर्मी में एक गिलास जूस पीलिया सहित कई बीमारियों में लाभकारी है.  First Published : March 20, 2026, 06:35 IST

आरजी-कर रेप पीड़ित की मां को बीजेपी देगी टिकट:केरल कांग्रेस के 37 उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी; पुडुचेरी सीएम चुनावों से पहले तीर्थयात्रा पर गए

आरजी-कर रेप पीड़ित की मां को बीजेपी देगी टिकट:केरल कांग्रेस के 37 उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी; पुडुचेरी सीएम चुनावों से पहले तीर्थयात्रा पर गए

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी(BJP) आरजी कर रेप केस पीड़ित की मां को चुनाव में उम्मीदवार बना सकती है। पीड़ित की मां ने बताया कि उन्हें नॉर्थ 24 परगना की पानीहाटी सीट से उतारा जा सकता है। इसी बीच, भाजपा ने गुरुवार को 112 सीटों पर उम्मीदवारों की दूसरी सूची भी जारी कर दी। केरल विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस पार्टी ने गुरुवार को 37 उम्मीदवारों की दूसरी लिस्ट जारी कर दी है। इससे पहले 17 मार्च को पार्टी ने 55 उम्मदीवारों के नाम की घोषणा की थी। 9 अप्रैल को होने वाले चुनावों में पार्टी ने अपने किसी भी सांसद को चुनाव मैदान में न उतारने का फैसला किया है। उधर, पुडुचेरी के मुख्यमंत्री और AINRC के संस्थापक-अध्यक्ष एन. रंगासामी गुरुवार को पड़ोसी राज्य तमिलनाडु के मंदिरों की तीर्थयात्रा पर गए। मुख्यमंत्री ने सेलम में श्री सद्गुरु अप्पा पैथियम स्वामीगल मंदिर के दर्शन किए, और उन्होंने तिरुचेंदूर में सुब्रमण्य स्वामी मंदिर तथा मदुरै में मीनाक्षी मंदिर में भी पूजा-अर्चना की। केरल के कन्नूर से सांसद ने इस्तीफे की धमकी दी थी पार्टी ने विधानसभा चुनाव लड़ने के लिए सांसदों को भेजने के बजाय केरल के अपने नेतृत्व पर भरोसा करने का नीतिगत फैसला लेने के लिए आंतरिक दबावों का सामना किया। बुधवार शाम को कन्नूर के सांसद के. सुधाकरन ने इस्तीफा देने की धमकी दी। न्यू एजेंसी ANI के मुताबिक उन्हें जब पता चला कन्नूर विधानसभा सीट के लिए उनके नाम पर विचार नहीं किया गया है, उन्होंने नेताओं को अलविदा भी कह दिया। बुधवार देर रात कई नेताओं ने सुधाकरन को शांत किया और उन्हें पार्टी के फैसले का पालन करने के लिए राजी कर लिया। सुधाकरन ने गुरुवार को कहा कि वह पार्टी की अनुमति के बिना केरल चुनाव नहीं लड़ेंगे। राज्यवार विधानसभा चुनाव शेड्यूल… 4 राज्यों में SIR, तमिलनाडु में सबसे ज्यादा नाम कटे जिन पांच राज्यों में चुनाव होने जा रहे हैं, उनमें SIR के बाद तमिलनाडु से सबसे ज्यादा वोटर्स के नाम कटे हैं। चुनाव आयोग ने बताया कि 27 अक्टूबर 2025 को SIR प्रक्रिया शुरू होने के दौरान राज्य में कुल 6,41,14,587 वोटर थे। करीब चार महीने चली SIR में 74,07,207 लोगों के नाम हटाए गए हैं। राज्य में अब 5,67,07,380 मतदाता पंजीकृत हैं। वहीं पश्चिम बंगाल दूसरे नंबर पर है जहां करीब 58 लाख लोगों के नाम कटे हैं। फिर केरल में 8 लाख, असम में 2 लाख और पुडुचेरी में सबसे कम 77 हजार लोगों के नाम SIR प्रक्रिया के बाद मतदाता सूची से हटाए गए। असम में स्पेशल रिवीजन (SR) कराया गया था। अब 5 राज्यों में चुनौती और मौजूदा स्थिति पश्चिम बंगाल- 3 बार से ममता बनर्जी ही मुख्यमंत्री: 14 साल से CM ममता के सामने BJP मुख्य चुनौती है। 2026 के चुनाव में टीएमसी जीती तो ममता बनर्जी लगातार चौथी बार मुख्यमंत्री बनेंगी। वे ऐसा करने वाली देश पहली महिला होंगी। जयललिता के नाम 5 बार तमिलनाडु की मुख्यमंत्री बनने का रिकॉर्ड है। हालांकि, वह 1991 से 2016 तक अलग-अलग कार्यकाल (लगातार नहीं) में मुख्यमंत्री पद पर रहीं। तमिलनाडु- भाजपा-कांग्रेस 60 साल से यहां सत्ता में नहीं आ सकीं: आजादी के बाद लगभग दो दशक तक यहां कांग्रेस की सरकार रही। 1967 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस हार गई और इसके साथ ही राज्य की राजनीति में बड़ा बदलाव आया। 1967 के बाद से तमिलनाडु की राजनीति मुख्य रूप से AIADMK और DMK के बीच घूमती रही है। फिलहाल तमिलनाडु में एमके स्टालिन की अगुवाई में DMK की सरकार है, जो 2021 के विधानसभा चुनाव के बाद सत्ता में आई। पार्टी ने कांग्रेस, वीसीके और वामपंथी दल के साथ गठबंधन किया है। बीजेपी ने कई चुनावों में AIADMK जैसे दलों के साथ गठबंधन जरूर किया, लेकिन राज्य में उसकी अपनी सरकार नहीं रही। केरल- दक्षिण का इकलौता राज्य जहां लेफ्ट सत्ता में: देश का इकलौता राज्य है, जहां आज भी लेफ्ट सत्ता में है। यहां सत्ता बदलने की परंपरा रही है, लेकिन 2021 में वाम मोर्चा (LDF) ने इस ट्रेंड को तोड़ते हुए लगातार दूसरी बार सरकार बनाई। कांग्रेस गठबंधन की कोशिश इस बार एंटी इनकम्बेंसी को कैश करानी की रहेगी। वहीं, BJP अब तक केरल में एक भी विधानसभा सीट जीत पाई है। पिछले लोकसभा चुनाव में यहां उसने त्रिशूर लोकसभा सीट जीती थी। इसके अलावा दिसंबर 2025 में भी BJP ने पहली बार त्रिवेंद्रम (तिरुवनंतपुरम) नगर निगम का चुनाव जीता। असम- कांग्रेस ने किया 8 पार्टियों से अलायंस: राज्य में 10 साल से भाजपा की सरकार है। पार्टी तीसरे चुनाव की तैयारियों में जुटी है। पीएम मोदी 6 महीने में 3 बार राज्य का दौरा कर चुके हैं। यहां पार्टी ने 126 सीटों में से 100+ सीटें जीतने का टारगेट रखा है। असम में बांग्लादेश, घुसपैठियों/सीमा सुरक्षा, असमिया पहचान जैसे मुद्दे हैं। भाजपा को रोकने के लिए कांग्रेस ने 10 पार्टियों के साथ गठबंधन किया है। इसमें वामपंथी और क्षेत्रीय दल शामिल हैं। पुडुचेरी- सबसे कम सीटों वाली विधानसभा: 2021 में कांग्रेस सरकार गिरने के बाद AINRC-BJP गठबंधन ने सत्ता हासिल की और एन. रंगास्वामी एक बार फिर मुख्यमंत्री बने। यह पहली बार था जब BJP सत्ता में सीधे तौर पर भागीदार बनी। इस बार कांग्रेस DMK के साथ गठबंधन में वापसी की कोशिश कर रही है और सरकार गिरने के मुद्दे को एंटी-इनकम्बेंसी में बदलना चाहती है। गुजरात-महाराष्ट्र सहित 6 राज्यों की 8 सीटों पर उपचुनाव

‘कैरी ऑन जट्टा-4’ में दिवंगत जसविंदर भल्ला का AI अवतार:टीजर रिलीज, वीनू ढिल्लो व गिप्पी ग्रेवाल को बोले; फिल्म में तुमसे ज्यादा दिखूंगा

‘कैरी ऑन जट्टा-4’ में दिवंगत जसविंदर भल्ला का AI अवतार:टीजर रिलीज, वीनू ढिल्लो व गिप्पी ग्रेवाल को बोले; फिल्म में तुमसे ज्यादा दिखूंगा

पंजाबी कॉमेडियन दिवंगत जसविंदर सिंह भल्ला एक बार फिर से सिनेमा घरों में सबको हंसाते हुए दिखेंगे। इस बार जसविंदर भल्ला खुद तो नहीं होंगे, लेकिन उनका AI अवतार सिनेमाघरों में लोगों का खूब मनोरंजन करने वाला है। पंजाबी सिनेमा की सुपरहिट कॉमेडी फ्रेंचाइज़ी Carry On Jatta-4 जल्दी ही रिलीज होने जा रही है। फिल्म टीजर रिलीज हुआ तो पता चला कि दिवंगत जसविंदर भल्ला इस फिल्म में फिर से दिखेंगे। टीजर रिलीज करने के साथ ही फिल्म की रिलीज डेट का भी ऐलान कर दिया गया है। यह फिल्म 26 जून को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। टीजर ने जसविंदर भल्ला के फैंस की एक्साइटमेंट को कई गुना बढ़ा दिया है। फिल्म के टीजर ने बढ़ाया जसविंदर भल्ला को लेकर सस्पैंस वीनू ढिल्लों व गिप्पी ग्रेवाल के साथ जसविंदर भल्ला का करेक्टर AI से तैयार किया गया है। एआई के जरिए जसविंदर भल्ला की आवाज में डायलॉग भी सुनाई देंगे। फिल्म के टीजर में जसविंदर भल्ला का एआई अवतार वीनू ढिल्लों व गिप्पी ग्रेवाल को कहते हुए सुनाई दे रहा है कि अभी तो ये सिर्फ टीजर है, फिल्म में तुमसे भी ज्यादा नजर आउंगा। 22 अगस्त 2025 में हो चुका है भल्ला का निधन जसविंदर भल्ला का निधन 22 अगस्त 2025 में ब्रेन स्ट्रोक के कारण हो गया था, लेकिन इस फिल्म में उनकी एआई के जरिए तैयार की गई इमेज उनके स्टाइल में ही लोगों को हंसाते हुए नजर आएगी। स्टारकास्ट में कॉमेडी का पावरहाउस फिल्म में पंजाबी इंडस्ट्री के कई बड़े नाम नजर आएंगे, जिनमें बिन्नू ढिल्लों, गिप्पी ग्रेवाल, गुरप्रीत घुग्गी, कर्मजीत अनमोल, बीएन शर्मा, पुखरा भल्ला और शिंदा ग्रेवाल है। टीजर में छाया कॉमिक पंच टीजर में पुरानी स्टाइल की फैमिली कॉमेडी, कन्फ्यूजन और मजेदार डायलॉग्स की झलक देखने को मिल रही है। खास तौर पर भल्ला का गिप्पी ग्रेवाल और बिन्नू ढिल्लों के थप्पड़ मारकर अपने होने का इशारा देते हैं। ढिल्लों थप्पड़ मारकर अपने मशहूर अंदाज और डायलॉग-“ढिल्लों ने काला कोट ऐवें नहीं पाया”, ‘चंडीगढ़ ढेह जाओ पिंडा जोगा तां रह जाऊ’, भावें फोटो टंगी है कंद ते फेर वी ओलाद रखूंगा चंड के’-दर्शकों को बोलते नजर आ रहे हैं जिसके उनके चाहने वाले खूब पसंद कर रहे है। फैंस को बड़ी उम्मीदें ‘कैरी ऑन जट्टा 3’सीरीज पहले ही बॉक्स ऑफिस पर सुपरहिट साबित हो चुकी है। ऐसे में चौथे पार्ट से भी दर्शकों को जबरदस्त कॉमेडी और एंटरटेनमेंट की उम्मीद है। फिलहाल, टीजर ने फिल्म को लेकर जबरदस्त माहौल बना दिया है और अब सभी की नजरें 26 जून पर टिकी हैं, जब यह फिल्म बड़े पर्दे पर धमाल मचाने उतरेगी। कैरी ऑन जट्‌टा के अब तक रिलीज हुई तीनों फिल्मों का सफर.. 2012 में रिलीज हुई कैरी ऑन जट्‌टा: 2012 में रिलीज हुई सबसे पहली कैरी ऑन जट्टा फिल्म ने दुनिया भर में कुल लगभग 18 करोड़ रुपये का बिजनेस किया था। इस फिल्म ने भारतीय बॉक्स ऑफिस पर लगभग 10 करोड़ की कमाई की थी, जो उस समय के हिसाब से पंजाबी सिनेमा के लिए एक बड़ी सफलता थी। 2018 में आई कैरी ऑन जट्‌टा-2: कैरी ऑन जट्टा-2 2018 में रिलीज हुई। इस फिल्म ने दुनिया भर में लगभग 57 से 60 करोड़ का कुल बिजनेस किया था। इस फिल्म को लोगों ने खूब पसंद किया। 2023 में कैरी ऑन जट्टा-3 रिलीज हुई: कैरी ऑन जट्‌टा-3 रिलीज हुई 2023 में और बॉक्स ऑफिस पर इतिहास रचते हुए पहले दिन (ओपनिंग डे) भारत में लगभग 4.50 से 4.55 करोड़ रुपये (नेट) की शानदार कमाई की थी। इसका वर्ल्डवाइड ग्रॉस कलेक्शन पहले दिन ही 10 करोड़ रुपये से अधिक रहा था। फिल्म ने दुनिया भर में 100 करोड़ रुपये से ज्यादा का कुल कलेक्शन किया। तीनों फिल्मों में मुख्य कलाकार और भूमिकाएं: गिप्पी ग्रेवाल (जस्स) मुख्य कलाकार के रूप में तीनों फिल्मों में रहे। इसके अलावा जसविंदर भल्ला (एडवोकेट ढिल्लों), बिन्नू ढिल्लों (गोल्डी) और गुरप्रीत घुग्गी कॉमेडियन की भूमिका में रहे। माही गिल कैरी ऑन जट्टा-1 में मुख्य अभिनेत्री रही। कैरी ऑन जट्‌टा-2 और 3 में सोनम बाजवा मुख्य अभिनेत्री की भूमिका में रही। वहीं कैरी ऑन जट्‌टा-4 में सरगुन मेहता, बिन्नू ढिल्लों, गुरप्रीत गुग्गी और करमजीत अनमोल जैसे कलाकार अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे।

गर्मी में बदला इंदौर जू का मिजाज:शेर-भालू के लिए कुलर, पक्षियों के लिए स्प्रिंकलर से पानी का छिड़काव; डाइट में दे रहे रसीले फल

गर्मी में बदला इंदौर जू का मिजाज:शेर-भालू के लिए कुलर, पक्षियों के लिए स्प्रिंकलर से पानी का छिड़काव; डाइट में दे रहे रसीले फल

इंदौर के कमला नेहरू प्राणी संग्रहालय में गर्मी के साथ ही वन्य प्राणियों की देखभाल भी बढ़ गई है। वन्य प्राणियों को तेज गर्मी से बचाने के लिए उनके पिंजरों के पास कूलर लगाए गए है साथ ही पक्षियों के लिए स्प्रिंकलर से पानी का छिड़काव किया जा रहा है। गर्मी को देखते हुए उनके खाने में भी बदलाव किया गया है। उन्हें स्ट्रेस से बचाने के लिए पानी में भी एंटी स्ट्रेस पाउडर मिलाकर दिया जा रहा है। शहर में गर्मी का असर देखने को मिलने लगा है। एक तरफ जहां सूरज चढ़ते ही गर्मी का अहसास होने लगता है, वहीं दोपहर तक लोग भी गर्मी से बचाव में टोपी, गमछा डालकर रोड पर निकलने लगे है। तापमान बढ़ने के साथ ही इंदौर के चिड़ियाघर में वन्य प्राणियों को गर्मी से बचाने के लिए कूलर की व्यवस्था की गई है, ताकि उन्हें गर्मी में राहत मिल सके। चिडियाघर प्रभारी डॉ.उत्तम यादव ने बताया कि हर साल की तरह इस साल भी वन्य प्राणियों को गर्मी से बचाव के लिए व्यवस्था की गई है। टाइगर, लॉयन और लेपर्ड के इन्क्लोजरों में वॉटर बॉडी, शेड ट्री और इनक्लोजर के अंदर पानी की व्यवस्था करना शुरू कर दिया है। जिससे यहां की ग्रीनरी मेनटेन रहती है। हरियाली रहने से जो ठंडा एरिया रहता है, वहां पर इन प्राणियों को आराम करना पसंद होता है, तो ये व्यवस्था भी हमने कर रखी है। रात में चालू कर देते है कूलर डॉ.यादव के मुताबिक रात में जब इन प्राणियों को पिंजरों में खाना खाने के लिए बंद किया जाता है, तो वहां भी कूलर लगा दिए है। लॉयन, लेपर्ड, टाइगर, भालू के पिंजरों में कूलर लगा दिए है, ताकि रात में भी उन्हें गर्मी का अहसास ना हो। ऐसे करीब 6 कूलर यहां पर लगा रखे है। बर्ड हाउस में स्प्रिंकलर की व्यवस्था, शेड भी डाला चिड़ियाघर में बने बर्ड हाउस में भी स्प्रिंकलर लगा रखे है। दिन में दो से तीन बार पानी का छिड़काव किया जाता है, ताकि बर्ड हाउस में तापमान मेनटेन रहता है। गर्मी में हिट स्ट्रोक से भी उन्हें राहत मिल जाती है। बर्ड भी गर्मी में नहाना पसंद करते हैं, तो स्प्रिंकलर के माध्यम से पानी भी उन्हें मिल जाता है। न्यू वल्ड मंकी के इनक्लोजरों के दोनों तरफ भी कूलर लगा दिए है, ताकि भी उन्हें गर्मी ना लगे, क्योंकि ये थोड़े सेनसेटिव एनिमल है। इसके अलावा जैसे सांभर को किचड़ में नहाना अच्छा लगता है गर्मी में। इसलिए उनके इनक्लोचर में जो वॉटर बॉडी बना रखी है जिसमें पानी भरते रहते है। जब भी उन्हें बॉडी का तापमान मेनटेन करना रहता है तो वे उसमें चले जाते है। स्नेक हाउस में भी किंग कोबरा, कॉमन सेंडबोआ, कोबरा, रेट स्नेक के लिए तापमान मेनटेन करने के लिए दिन में दो से तीन बार पानी का छिड़काव किया जाता है। हर इनक्लोजर में वॉटर बॉडी बना रखी है, स्नेक भी अपने बॉडी का तापमान मेनटेन करने के लिए इनमें चले जाते है। किंग कोबरा को गर्मी से ज्यादा दिक्कत होती है इसलिए यहां भी कूलर लगा रखा है। खाने में दे रहे रसीले फल इसके अलावा चिड़ियाघर में जो ओपन बर्ड हाउस है उन्हें भी तीन तरफ से ढक दिया है, ताकि उन्हें हिट स्ट्रोक ना हो सके। गर्मी से उन्हें राहत मिले। वन्य प्राणियों और पक्षियों के खाने में भी बदलाव किया है, जो शाकाहारी प्राणी है उनके लिए रसीले फल, जिसमें पानी का कंटेंट ज्यादा हो वो दे रहे है। इसके अलावा पानी में एंटी स्ट्रेस पाउडर डालते है, जिससे वे तनाव में ना आए।

‘डर नहीं, वीरता की कहानी सुनाना चाहती हूं’:होर्मुज में फंसे रुड़की के कैप्टन की पत्नी बोलीं- बच्चों की तरह क्रू संभाल रहे, हमें उन पर गर्व

‘डर नहीं, वीरता की कहानी सुनाना चाहती हूं’:होर्मुज में फंसे रुड़की के कैप्टन की पत्नी बोलीं- बच्चों की तरह क्रू संभाल रहे, हमें उन पर गर्व

‘मैं अपने बच्चों को उनके पिता की वीरता की कहानी सुनाना चाहती हूं… डर की नहीं।’ स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में मिसाइलों के खतरे के बीच फंसे कैप्टन आशीष शर्मा की पत्नी सरुणिका शर्मा की यह बात हालात की गंभीरता और गर्व दोनों को एक साथ बयां करती है। उनका कहना है कि आशीष न सिर्फ जहाज की कमान संभाले हुए हैं, बल्कि 24 भारतीय क्रू मेंबर्स को अपने बच्चों की तरह संभाल रहे हैं और इस पर पूरे परिवार को गर्व है। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच रुड़की के कैप्टन आशीष शर्मा इस समय दुनिया के सबसे संवेदनशील समुद्री इलाके स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में तेल टैंकर की कमान संभाले हुए हैं। जहाज पर 24 भारतीय क्रू मेंबर मौजूद हैं और हर दिन मिसाइलों के खतरे के बीच गुजर रहा है। इन हालात के बीच भी वे परिवार को सिर्फ एक मैसेज भेज पा रहे हैं- “All OK, All is Well”। हर रात मिसाइलें गुजरती हैं, मलबा गिरता है… कैप्टन की पत्नी सरुणिका शर्मा बताती हैं कि पिछले 20-22 दिनों से जहाज होर्मुज के पास ही फंसा हुआ है। वे कहती हैं, मिसाइलें जहाजों के ऊपर से गुजरती हैं। जो इंटरसेप्ट होती हैं, उनका मलबा नीचे गिरता है। और जहाज क्रूड ऑयल से भरे हैं… जरा सी चूक बड़ी तबाही बन सकती है। खतरनाक स्थिति में भी हौसला बिल्कुल नहीं टूटा कैप्टन आशीष के साथ 24 भारतीय क्रू मेंबर हैं, जिनकी जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर है। सरुणिका कहती हैं, वो एक जांबाज की तरह अपने पूरे क्रू को संभाल रहे हैं… जैसे बच्चे हों। इतनी खतरनाक स्थिति में भी उनका हौसला बिल्कुल नहीं टूटा है। उनके मुताबिक अब मर्चेंट नेवी के जहाज भी निशाने पर हैं, टैंकरों को टारगेट किया जा रहा है, ये बहुत गलत है। ये सिर्फ जहाज नहीं, पूरी दुनिया की सप्लाई लाइन हैं। सरकार से इस मुद्दे पर हस्तक्षेप की अपील की सरुणिका ने भारत सरकार से अपील करते हुए कहा, भारत की स्थिति अभी मजबूत है। सरकार अच्छा काम कर रही है, लेकिन इस बड़े संकट में भी बातचीत होनी चाहिए। तेल, एलपीजी जैसी जरूरी चीजें इन्हीं जहाजों से जाती हैं… ये रुक गईं तो पूरी दुनिया प्रभावित होगी। ‘हम सिर्फ पेशा नहीं, समंदर जैसा दिल चुनते हैं’ भावुक होते हुए सरुणिका कहती हैं, जब हम नेवी या ऐसी जॉब चुनते हैं, तो हम सिर्फ पेशा नहीं चुनते… हम समंदर जैसा दिल भी चुनते हैं। हर दिन खतरा, हर दिन हौसला स्ट्रेट ऑफ होर्मुज इस समय युद्ध जैसे हालात में है। सैकड़ों जहाज इस इलाके में फंसे हैं और हर पल अनहोनी का खतरा बना हुआ है। इन सबके बीच रुड़की के कैप्टन आशीष शर्मा 24 जिंदगियों की जिम्मेदारी निभाते हुए हर दिन अपने परिवार को एक ही भरोसा दे रहे हैं, सब ठीक है। ———————– ये खबर भी पढ़ें : ईरान-इजराइल जंग- उत्तराखंड के लोग मिडिल ईस्ट में फंसे: देहरादून का युवक बोला- अब्बा, हमला हो गया; मौलाना और छात्र कमरे में कैद मिडिल ईस्ट (ईरान-इजराइल) में गहराते युद्ध के बाद उत्तराखंड के कई लोग मिडिल ईस्ट में फंस गए है। देहरादून, विकासनगर और हरिद्वार के कई युवा और मौलाना इस वक्त ईरान के कुम और तेहरान जैसे शहरों में फंसे हुए हैं। (पढ़ें पूरी खबर)

Haldwani Banbhulpura Encroachment | Eid Worries Over Homes

Haldwani Banbhulpura Encroachment | Eid Worries Over Homes

बनभूलपुरा में ईद से पहले छत छिनने का डर दिखा। रमजान के आखिरी दिनों में जहां आमतौर पर खुशियों की तैयारी होती है, वहीं बनभूलपुरा के लोग कह रहे हैं, इस बार हमारी ईद फीकी हो गई है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद रेलवे भूमि खाली कराने की कार्रवाई की तैयारी ने करीब 27 हजार लोगों के सिर से छत छिनने का . दैनिक भास्कर की टीम ने जब ग्राउंड जीरो पर हालात जानने की कोशिश की तो बनभूलपुरा की तंग गलियों में दो अलग-अलग तस्वीरें दिखीं। एक ओर रमजान की तैयारियां चल रही हैं, घर-घर सेवइयां बन रही हैं, बाजारों में खरीदारी हो रही है और बच्चे ईद को लेकर उत्साहित हैं। वहीं, दूसरी ओर, इन्हीं गलियों में डर, अनिश्चितता, बेचैनी और सन्नाटे का माहौल भी साफ महसूस हो रहा है। जिला प्रशासन और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण 20 मार्च से इलाके में कैंप लगाकर कार्रवाई शुरू करने की तैयारी में हैं। प्रशासन की ओर से प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत विस्थापन की बात कही जा रही है, लेकिन लोगों को इस पर भरोसे से ज्यादा डर महसूस हो रहा है। ईद से पहले बनभूलपुरा की गलियों में सन्नाटा दिखा। ‘ईद के बाद घर रहेगा या नहीं, पता नहीं’ स्थानीय लोगों का कहना है कि त्योहार की तैयारी तो हर साल की तरह हो रही है, लेकिन मन में डर बैठा हुआ है। एक निवासी ने कहा- ईद की तैयारी कर रहे हैं, लेकिन दिल में डर है कि उसके बाद घर रहेगा भी या नहीं। कई परिवारों का कहना है कि वे पीढ़ियों से यहां रह रहे हैं। बच्चों की पढ़ाई, रोजगार और पूरा जीवन इसी इलाके से जुड़ा है। ऐसे में सिर्फ मकान नहीं, पूरी जिंदगी उजड़ने का खतरा है। इस बार क्यों अलग है ईद का माहौल इस साल ईद-उल-फितर 30 या 31 मार्च को चांद दिखने के अनुसार मनाई जाएगी। आमतौर पर यह खुशी और मेल-मिलाप का त्योहार होता है, लेकिन बनभूलपुरा में इस बार लोग ‘खुशी से ज्यादा चिंता’ के साथ ईद की तैयारी कर रहे हैं। लोगों के चेहरे पर घर छिनने की चिंता साफ दिखी। कागजों में योजना, जमीन पर सवाल प्रशासन प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पुनर्वास की बात कर रहा है, लेकिन लोगों के मन में कई सवाल बने हुए हैं। नया घर कब मिलेगा, कहां मिलेगा और तब तक लोग कहां रहेंगे, यह सबसे बड़ा सवाल है। वहीं, छोटे दुकानदारों और दिहाड़ी मजदूरों के लिए रोज़गार खत्म होने का भी डर सता रहा है, जिससे चिंता और अनिश्चितता का माहौल और बढ़ गया है। नींद उड़ी, भविष्य धुंधला सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद लोगों की दिनचर्या पूरी तरह बदल गई है। रातों की नींद गायब हो गई है, दिनभर चिंता बनी रहती है और बच्चों के भविष्य को लेकर डर सता रहा है। एक बुजुर्ग ने कहा, ईद तो हर साल आती है, लेकिन ऐसा पहली बार है जब खुश होने की हिम्मत नहीं हो रही। ———————— ये खबर भी पढ़ें : बनभूलपुरा जमीन विवाद-SC के आदेश की कॉपी जारी: 50 हजार लोगों के पुनर्वास पर अदालत सख्त, 28 अप्रैल को अगली सुनवाई हल्द्वानी के बनभूलपुरा अतिक्रमण मामले में आज सुप्रीम कोर्ट की तरफ से सुनवाई के 4 दिन बाद की कॉपी जारी कर दी गई है। कोर्ट ने कहा है कि प्रभावित परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के तहत आवेदन करने का अवसर दिया जाए और इसके लिए पुनर्वास शिविर आयोजित किए जाएं। (पढ़ें पूरी खबर)