ग्वालियर में शिखर धवन-महानआर्यमन की क्रिकेट जुगलबंदी:महानआर्यमन ने की बॉलिंग, धवन ने किया डिफेंस; MPL वुमन टीम ड्राफ्ट के साथ हाई परफॉर्मेंस सेंटर का भव्य शुभारंभ

गुरुवार को ग्वालियर-झांसी हाईवे पर स्थित के ओएसिस हॉल, इंपीरियल गोल्फ एंड रिसॉर्ट में क्रिकेट प्रेमियों के लिए यादगार दिन साबित हुआ। यहां मध्य प्रदेश प्रीमियम लीग (MPL) की वुमन टीमों के खिलाड़ियों का ड्राफ्ट आयोजित किया गया। इसमें प्रदेश और देशभर की प्रतिभाशाली महिला क्रिकेटरों ने हिस्सा लिया। इस खास मौके पर एमपीएल के संस्थापक एवं एमपीसीए अध्यक्ष महानआर्यमन सिंधिया, भारतीय टीम के पूर्व बल्लेबाज शिखर धवन, पूर्व क्रिकेटर सबा करीम और सोफी धवन मौजूद रहीं। कार्यक्रम में MPL की पांच महिला टीमें 2026 सीजन के लिए अपनी-अपनी टीमों को मजबूत बनाने के उद्देश्य से खिलाड़ियों का चयन कर रही हैं। यह ड्राफ्ट प्रदेश में महिला क्रिकेट को नई पहचान देने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। इस अवसर पर महानआर्यमन सिंधिया ने बताया कि शिखर धवन का “द वन हाई परफॉर्मेंस सेंटर” सबसे पहले ग्वालियर में शुरू किया गया है। उन्होंने कहा कि यह सेंटर युवा खिलाड़ियों के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस होगा, जिससे उन्हें उच्चस्तरीय प्रशिक्षण मिलेगा और वे राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का नाम रोशन कर सकेंगे। सिंधिया ने धवन के सामने डालीं 3 गेंदें इस पूरे आयोजन का सबसे खास और आकर्षक क्षण तब देखने को मिला जब मंच से उतरकर मैदान में क्रिकेट का रोमांच जीवंत हो उठा। एक ओर शिखर धवन हाथ में बल्ला थामे तैयार खड़े थे, वहीं दूसरी ओर महानआर्यमन सिंधिया ने गेंदबाजी की कमान संभाली। सिंधिया ने लगातार तीन गेंदें डालीं, जिन पर धवन ने शानदार तकनीक के साथ डिफेंस खेला। दोनों के बीच यह हल्का-फुल्का क्रिकेट सत्र दर्शकों के लिए बेहद रोमांचक और यादगार बन गया। इससे पहले “दा वन हाई परफॉर्मेंस ट्रेनिंग सेंटर” का औपचारिक उद्घाटन भी किया गया। इस सेंटर का उद्देश्य उभरते खिलाड़ियों को आधुनिक तकनीक, फिटनेस और प्रोफेशनल ट्रेनिंग के माध्यम से तैयार करना है। उद्घाटन के दौरान खिलाड़ियों ने अपने कौशल का प्रदर्शन भी किया, जिससे कार्यक्रम का उत्साह और बढ़ गया। 30 हजार सीटें बढ़ाने का काम आगामी MPL सीजन को ध्यान में रखते हुए शंकरपुर स्थित अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में करीब 30 हजार नई सीटें बढ़ाने का काम भी किया जा रहा है, ताकि बड़ी संख्या में आने वाले दर्शकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। ग्रामीण क्षेत्रों में भी क्रिकेट प्रतिभाओं को आगे लाने पर विशेष फोकस किया जा रहा है। इस पहल के तहत गांव-गांव से युवा खिलाड़ियों को पहचान कर उन्हें मंच देने की योजना बनाई गई है। कुल मिलाकर, ग्वालियर में आयोजित यह कार्यक्रम न सिर्फ MPL के लिए महत्वपूर्ण रहा, बल्कि प्रदेश में क्रिकेट के विकास, नई प्रतिभाओं के उभार और आधुनिक प्रशिक्षण सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक मजबूत कदम साबित हुआ।
घंटों कान में ईयरफोन, ईयरबड लगाकर तेज आवाज में सुनते हैं गाना, न करें कान के साथ खिलवाड़? ईयर को हेल्दी रखेंगे ये टिप्स

Last Updated:April 30, 2026, 21:43 IST आजकल जिसे देखो उसके कानों में ईयरफोन, ईयरबड्स लगे रहते हैं और तेज आवाज में घंटों गाना सुना करते हैं. इस म्यूजिक का साउंड इतना तेज होता है कि आसपास मौजूद लोगों को भी सुनाई देता है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपकी ये आदत आपके कान को कितना नुकसान पहुंचा रही है. कम उम्र में ही आपके सुनने की क्षमता तक प्रभावित हो सकती है. ऐसे में इस आदत को जितनी जल्दी हो छोड़ दें और अपने कानों को हेल्दी रखने के लिए कुछ टिप्स फॉलो करें. कान की सुनने की क्षमता प्रभावित कर सकता है ईयरफोन, ईयरबड्स. कान हमारे शरीर का बेहद अहम हिस्सा हैं, लेकिन अक्सर हम उनकी देखभाल को नजरअंदाज कर देते हैं. यही लापरवाही आगे चलकर गंभीर समस्याओं का कारण बन सकती है. दुनियाभर में 5 से 19 साल के करीब 95 मिलियन से अधिक बच्चे सुनने की समस्या से जूझ रहे हैं, जो एक बड़ा चिंता का विषय है. डब्लूएचओ (WHO) लोगों से अपील करता है कि वे अपनी सुनने की क्षमता की रक्षा करें और कानों की सेहत को प्राथमिकता दें. तेज आवाजों से होने वाले नुकसान से बचने के लिए कुछ आसान लेकिन जरूरी उपाय अपनाने की सलाह दी जाती है. तेज आवाज से बचाव है जरूरीWHO के अनुसार, छोटी-छोटी सावधानियां अपनाकर हम लंबे समय तक अपनी सुनने की क्षमता को सुरक्षित रख सकते हैं. वॉल्यूम हमेशा 60% से कम रखें.शोर-शराबे वाले माहौल में इयरप्लग का इस्तेमाल करें.तेज आवाजों से दूरी बनाकर रखें. सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी. म्यूजिक सुनते समय रखें ये सावधानियां संगीत पसंद करने वाले रखें खास ध्यान स्पीकर से थोड़ी दूरी बनाकर रखेंबीच-बीच में कानों को आराम देंशोर वाली जगहों पर इयरप्लग का इस्तेमाल करेंकिसी ईवेंट के बाद कानों को रिकवर करने के लिए एक दिन का आराम देंसाउंड लेवल ट्रैक करने के लिए स्मार्टफोन ऐप्स का उपयोग करें गेमिंग के दौरान भी रहें सतर्क गेम खेलने वाले लोगों को भी सावधानी बरतनी चाहिए.सुरक्षित सुनने वाले फीचर्स वाले डिवाइस चुनेंनॉइज-कैंसलिंग हेडफोन का इस्तेमाल करेंलगातार हेडफोन इस्तेमाल से बचेंस्क्रीन टाइम सीमित रखें नियमित जांच है बेहद जरूरी समय-समय पर अपनी सुनने की क्षमता की जांच कराते रहनी चाहिए.अगर सुनने में परेशानी हो, तो तुरंत डॉक्टर से सलाह लें.जरूरत पड़ने पर सहायक उपकरणों का इस्तेमाल करें.सुनने में दिक्कत वाले लोगों का करें सम्मान. जिन लोगों को सुनने में समस्या है, उन्हें सहयोग और सम्मान देना बहुत जरूरी है. यह समस्या उनकी जीवन गुणवत्ता को प्रभावित कर सकती है, इसलिए संवेदनशीलता और समझदारी दिखाना बेहद अहम है. यदि आप टीनएजर हैं तो इस आदत को जितनी जल्दी छोड़ देंगे, उतना ही आपके कान की सेहत के लिए अच्छा होगा. About the Author Anshumala अंशुमाला हिंदी पत्रकारिता में डिप्लोमा होल्डर हैं. इन्होंने YMCA दिल्ली से हिंदी जर्नलिज्म की पढ़ाई की है. पत्रकारिता के क्षेत्र में पिछले 15 वर्षों से काम कर रही हैं. न्यूज 18 हिंदी में फरवरी 2022 से लाइफस्टाइ…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें First Published : April 30, 2026, 21:43 IST
महिला कैदी ने साड़ी से फंदा बनाकर की आत्महत्या:रायसेन जेल में बैरक के वेंटीलेशन से लगाई फांसी, दहेज प्रताड़ना के मामले में थी बंद

रायसेन जिला जेल में गुरुवार शाम एक महिला कैदी ने आत्महत्या कर ली। घटना शाम करीब 6:30 बजे हुई। महिला ने अपनी साड़ी का फंदा बनाकर बैरक की खिड़की के वेंटिलेशन से लटककर जान दे दी। जेल कर्मचारियों ने महिला को फंदे पर लटका देखा तो उसे तत्काल नीचे उतारा और जिला अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। तीन महीने पहले हुई सजा घटना की सूचना मिलने पर थाना प्रभारी नरेंद्र गोयल अपनी टीम के साथ जिला अस्पताल पहुंचे और मामले की जानकारी जुटाई। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, मृतका की पहचान 36 वर्षीय देवकी बंजारा के रूप में हुई है। वह अपनी देवरानी की आत्महत्या के मामले में जेल में सजा काट रही थी। महिला को तीन महीने पहले ही आत्महत्या के लिए उकसाने और दहेज प्रताड़ना के मामले में सजा हुई। पुलिस ने बताया कि शुक्रवार सुबह मजिस्ट्रियल जांच के उपरांत महिला का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। मामले की जांच जारी है।
Hajj 2026 Expensive! MP Pilgrims Protest 10k Surcharge

मध्य पूर्व में जारी संकट के चलते हज 2026 की यात्रा महंगी हो गई है, लेकिन अब इस अतिरिक्त आर्थिक बोझ को लेकर विरोध भी सामने आने लगा है। हज कमेटी ऑफ इंडिया के निर्देश के अनुसार सभी यात्रियों को हवाई किराए के अंतर के रूप में 15 मई 2026 तक 10 हजार रुपए अत . मध्यप्रदेश सर्वधर्म सद्भावना मंच के सचिव हाजी मोहम्मद इमरान हारून ने इसे अनुचित बताते हुए कहा कि हज यात्रियों पर अचानक 10 हजार रुपए का अतिरिक्त बोझ डालना गलत है। उन्होंने कहा कि कई जायरीन पहले ही लाखों रुपए जमा कर हज यात्रा पर जा चुके हैं, ऐसे में अब नया सर्कुलर जारी कर अतिरिक्त राशि मांगना उन्हें आर्थिक और मानसिक रूप से परेशान कर रहा है। इमरान हारून ने कहा कि मिडिल ईस्ट के हालातों का हवाला देकर यह राशि वसूली जा रही है, लेकिन जब यात्रा का पूरा खर्च पहले ही तय हो चुका था, तो ऐन वक्त पर इस तरह का निर्णय लेना सरासर नाइंसाफी है। उन्होंने केंद्रीय हज कमेटी से यह फैसला तुरंत वापस लेने की मांग की है। विदेश में फंसे जायरीन के लिए बढ़ी कशमकश इस निर्णय का सबसे ज्यादा असर उन हाजियों पर पड़ रहा है, जो पहले ही सऊदी अरब पहुंच चुके हैं। उनके सामने विदेश से ऑनलाइन भुगतान करने की चुनौती खड़ी हो गई है। कई यात्रियों के पास अंतरराष्ट्रीय बैंकिंग सुविधाएं सक्रिय नहीं हैं, वहीं सीमित समय में भुगतान करना भी उनके लिए मुश्किल बन गया है। ऐसे में वे परिजनों पर निर्भर हो रहे हैं, जिससे उनकी चिंता और बढ़ गई है। एयरफेयर बढ़ने से लिया गया फैसला हज कमेटी के अनुसार, मध्य पूर्व संकट के कारण एविएशन टर्बाइन फ्यूल की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है, जिससे एयरलाइंस ने बेस किराए में 400 डॉलर से अधिक वृद्धि की मांग की थी। इसी के चलते प्रति यात्री 100 अमेरिकी डॉलर अतिरिक्त लेने का निर्णय लिया गया है। हालांकि, इस फैसले ने हज यात्रियों के बीच असंतोष पैदा कर दिया है और अब यह मुद्दा तूल पकड़ता नजर आ रहा है। ऑनलाइन-ऑफलाइन दोनों सुविधा यात्री हज कमेटी की वेबसाइट या हज सुविधा एप के जरिए ऑनलाइन भुगतान कर सकते हैं। इसके अलावा स्टेट बैंक ऑफ इंडिया और यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की शाखाओं में भी निर्धारित प्रक्रिया से राशि जमा की जा सकती है। राज्य समितियों को निर्देश सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेश हज समितियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे संबंधित यात्रियों को तत्काल सूचना दें और तय समयसीमा में भुगतान सुनिश्चित कराएं। मध्य पूर्व के हालातों का सीधा असर हज यात्रा की लागत पर पड़ने से इस बार जायरीन को अतिरिक्त आर्थिक बोझ उठाना पड़ेगा। ये खबर भी पढ़ें… जायरीन बोले- हज के सफर पर खौफ नहीं, वहां मौत लिखी है तो वो भी कबूल दुनिया के सबसे बड़े धार्मिक समागमों में शुमार हज यात्रा इस साल 18 अप्रैल से शुरू हो गई है, लेकिन इस बार माहौल कुछ अलग है। मध्य पूर्व में जारी तनाव, मिसाइल हमलों और अनिश्चित हालातों के बीच भी हज पर जाने वाले जायरीन के हौसले और आस्था में कोई कमी नहीं दिख रही। भोपाल से हज पर जाने की तैयारी कर रहे लोगों से बातचीत में एक बात साफ नजर आई डर से ज्यादा भरोसा है, और हालात से ज्यादा अहम है “बुलावा”। मध्य प्रदेश से इस साल हज कमेटी द्वारा 7116 लोग हज के लिए जा रहे हैं। वहीं प्राइवेट लोगों की संख्या को भी गिन लिया जाए तो प्रदेश भर से यह संख्या करीब 8 हजार के करीब होती है।पढ़ें पूरी खबर
घर का बना कोला: गर्म घर पर गरम मसाला-ठंडा मसाला कोला, भूल जाएंगे बाजार का कोल्ड ड्रिंक का स्वाद

आवश्यक सामग्री: 1 ठंडा सोडा, 1 नींबू का रस, 1/2 छोटा चम्मच काला नमक, 1/4 छोटा चम्मच जीरा पाउडर, 1/4 छोटा चम्मच काली मिर्च पाउडर, 1-2 छोटा चम्मच शहद, कुछ पुदीने के पत्ते, बर्फ के टुकड़े छवि: फ्रीपिक बनाने की आसान विधि: सबसे पहले एक टेंपल लेंथ और इसमें बर्फ के टुकड़े टुकड़े शामिल थे। अब इसमें नींबू का रस और शामिल है। इसके बाद काला नमक, जीरा पाउडर और काली मिर्च का प्लास्टर अच्छी तरह से ठीक हो जाता है। छवि: एआई अब ऊपर से ठंडा सोडा डालें। अंत में पुदीने के दुकानदारों से गार्निश करें। आपका अनोखा-ठंडी मसाला कोला तैयार है। इसमें केमिकल्स नहीं होते, इसलिए यह स्वास्थ्य के लिए बेहतर है। छवि: एआई पाचन में मदद करता है, क्योंकि इसमें काला नमक और जीरा डाला जाता है। शरीर को ठंडक देता है। शुगर कंट्रोल में रख सकते हैं। छवि: फ्रीपिक अगर ज्यादा चटपटा स्वाद चाहिए तो थोड़ा चाट मसाला भी डाल सकते हैं। बच्चों के लिए इसे थोड़ा मीठा खाएं। आप इसमें संतरे या अनार का साबुत नया फ्लेवर भी बना सकते हैं। छवि: फ्रीपिक इस गर्मी, बाजार की कोल्ड ड्रिंक्स को ठीक करें घर की मसाला मसाला कोला ट्राई। ये ना सिर्फ स्वादिष्ट है, बल्कि आपकी सेहत का भी राज़ है। छवि: एआई (टैग्सटूट्रांसलेट)मसाला कोला रेसिपी(टी)गर्मियों में कोला रेसिपी(टी)ग्रीष्मकालीन पेय(टी)मसाला कोला रेसिपी(टी)घर का बना कोला(टी)घर का बना कोला रेसिपी(टी)घर पर कोला कैसे बनाएं(टी)कोला कैसे बनाएं
उज्जैन में नौका विहार महोत्सव शुरू:राधा-कृष्ण ने किया सरोवर में नौका विहार, उमड़े श्रद्धालु

धार्मिक नगरी उज्जैन के इस्कॉन मंदिर में श्री श्री राधा-कृष्ण के दिव्य नौका विहार महोत्सव का शुभारंभ हुआ। यह आयोजन भक्ति और आस्था का अद्भुत संगम प्रस्तुत कर रहा है। 30 अप्रैल से शुरू हुआ यह विशेष महोत्सव प्रतिदिन शाम 5:30 बजे से रात 8 बजे तक चलता है। इसमें भगवान श्री राधा-कृष्ण पवित्र सरोवर में नौका विहार करते हैं। लगभग 25 से 30 फीट के सरोवर में 12 फीट लंबी और 5 फीट चौड़ी सुसज्जित नौका में विराजमान भगवान के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। महोत्सव का शुभारंभ ए. सी. भक्तिवेदांत स्वामी प्रभुपाद के वरिष्ठ शिष्य श्रीमद लोकनाथ स्वामी महाराज के करकमलों द्वारा किया गया। इस पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं के लिए निरंतर प्रसाद वितरण किया जा रहा है। यह महोत्सव उस प्राचीन परंपरा का प्रतीक है, जब ग्रीष्म ऋतु में राधा-कृष्ण नौका विहार किया करते थे। आयोजकों ने श्रद्धालुओं से घर से भोग बनाकर अर्पित करने और इस दिव्य उत्सव में शामिल होकर पुण्य लाभ कमाने की अपील की है। भीषण गर्मी से राहत प्रदान करने के लिए इस्कॉन मंदिर में भगवान कृष्ण और राधा को विशेष शीतलता प्रदान की जा रही है। इसके तहत मंदिर में एसी लगाए गए हैं और ओडिशा के मलय पर्वत से लाए गए चंदन का लेप भी लगाया जा रहा है। भगवान को ठंडक प्रदान करने के लिए रोजाना चार लोग चंदन का लेप तैयार करते हैं। अब तक लगभग 30 किलो चंदन का लेप भगवान को लगाया जा चुका है, जिससे उन्हें तपती गर्मी में शीतलता मिल सके।
20 साल से फरार चरस तस्कर गिरफ्तार:श्योपुर पुलिस ने 10 हजार के इनामी आरोपी को पकड़ा; राजस्थान GRP को सौंपा

श्योपुर देहात थाना पुलिस ने 20 साल से फरार चल रहे इनामी चरस तस्कर मुकेश नायक को गिरफ्तार किया है। आरोपी को आगे की कार्रवाई के लिए जीआरपी गंगापुर सिटी (राजस्थान) को सौंप दिया गया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी मुकेश नायक वर्ष 2003 से एनडीपीएस एक्ट के एक मामले में फरार था। उसके खिलाफ जीआरपी थाना गंगापुर सिटी में एनडीपीएस एक्ट में केस दर्ज किया गया था। लंबे समय तक फरार रहने के कारण कोर्ट ने उसके खिलाफ स्थायी वारंट जारी किया था। 10 हजार का इनाम घोषित था इसके बाद एसपी जीआरपी अजमेर ने आरोपी की गिरफ्तारी पर 10 हजार का इनाम घोषित किया था। यह कार्रवाई श्योपुर एसपी सुधीर कुमार अग्रवाल के निर्देशन में, एएसपी प्रवीण कुमार भूरिया और एसडीओपी राजीव गुप्ता के मार्गदर्शन में की गई। आरोपी को गिरफ्तार करने वाली टीम में देहात थाना प्रभारी उपनिरीक्षक राहुल रघुवंशी, सहायक उपनिरीक्षक ब्रजराज यादव, प्रधान आरक्षक प्रमोद चौरसिया, नागेन्द्र रावत, आरक्षक रामेश्वर मीणा और जीआरपी गंगापुर सिटी के आरक्षक दिलीप सिंह शामिल थे।
डॉक्टरों पर लापरवाही से मरीज कोमा में गया:बालाघाट के सरदार पटेल अस्पताल में एनेस्थीसिया का ओवरडोज दिया; दो पर केस

बालाघाट पुलिस ने शहर के सरदार पटेल मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल के दो डॉक्टरों डॉ. हितेश कावडे और डॉ. श्रृष्टि जैन पर बीएनएस की धारा 125(बी) के तहत केस दर्ज किया है। यह मामला इलाज में लापरवाही से जुड़ा है, जिसके कारण एक मरीज कोमा में चला गया। एनेस्थीसिया का ओवरडोज दिया यह पूरा मामला मरीज विवेक तिरपुड़े (36) के इलाज से संबंधित है। उनके हाथ में चोट लगने के बाद ऑपरेशन किया गया था। आरोप है कि इस दौरान उन्हें एनेस्थीसिया का ओवरडोज दिया गया, जिसके कारण विवेक तिरपुड़े पिछले दो महीने से कोमा में हैं और उनका इलाज नागपुर में चल रहा है। अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप 12 अप्रैल को परिजनों ने विवेक के ऑपरेशन के बाद कोमा में जाने पर अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने शासकीय चिकित्सकों की एक टीम बनाकर मामले की जांच कराई थी। जांच टीम में डॉ. नागोराव रंगारे, डॉ. अंकित राणा और डॉ. प्रशांत चौरे शामिल थे। जांच में गड़बड़ी मिलने पर कार्रवाई जांच टीम ने पाया कि डॉ. हितेश कावडे और एनेस्थीसिया विशेषज्ञ डॉ. श्रृष्टि जैन की लापरवाही के कारण ही मरीज तिरपुड़े कोमा की स्थिति में पहुंचे हैं। किम्स-किंग्सवे हॉस्पिटल नागपुर की एमआरआई रिपोर्ट में भी ब्रेन में ग्लोबल हायपॉक्सी इंजरी पाई गई। कोतवाली पुलिस ने बताया कि मामला दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है।
आंधी से उड़ा टेंट, लोगों ने पाइप पकड़कर लटके:खिलचीपुर मेला ग्राउंड में तेज हवाओं से उड़ता रहा सामान, पेड़ों की टहनियां गिरीं

राजगढ़ जिले में गुरुवार को मौसम ने अचानक करवट ली। दिनभर 40.5 डिग्री की झुलसाती गर्मी झेलने के बाद शाम होते-होते तेज धूलभरी आंधी और तूफान ने हालात बदल दिए। करीब 5 बजे आसमान में काले बादल छाने लगे और कुछ ही देर में तेज हवाओं का दौर शुरू हो गया। करीब 5:30 बजे के आसपास खिलचीपुर, राजगढ़, नरसिंहगढ़ और जीरापुर क्षेत्रों में तेज आंधी-तूफान के साथ धूलभरी हवाएं चलने लगीं। करीब आधे घंटे तक चली इस आंधी ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया। सड़कों पर धूल का गुबार छा गया, पेड़ जोर-जोर से हिलते नजर आए और कई जगह उनकी डालियां टूटकर गिर गईं। मेला ग्राउंड में टेंट गिरा, लोगों ने संभाला ढांचा खिलचीपुर नगर के बड़े मेला ग्राउंड में सौंधिया समाज के सम्मेलन के लिए लगाया गया टेंट तेज हवा के कारण गिर गया। मौके पर मौजूद सम्मेलन समिति के लोग बड़े पांडाल के लोहे के पाइपों को गिरने से बचाने के लिए पकड़कर खड़े नजर आए, ताकि बाकी ढांचा सुरक्षित रह सके। वहीं नगर के बस स्टैंड के पास फूल माली समाज का सम्मेलन प्रस्तावित है। यहां आयोजन समिति ने आंधी के दौरान एहतियात बरतते हुए तंबू के अंदर लगे पार्टिशन पर्दों को खोल दिया, ताकि हवा का दबाव कम किया जा सके और टेंट को नुकसान से बचाया जा सके। पेड़ों की टहनियां गिरीं आंधी के दौरान तेज हवाओं की रफ्तार का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि सड़क किनारे पड़ी पॉलिथीन और हल्का सामान हवा में उड़ता नजर आया। कई जगह पेड़ों की डालियां टूटकर सड़कों पर गिर गईं। हालांकि, इस दौरान किसी के हताहत होने की सूचना नहीं मिली है। मौसम विभाग के अनुसार, जिले में गुरुवार को न्यूनतम तापमान 23.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिनभर की भीषण गर्मी के बाद आई इस आंधी ने लोगों को राहत तो दी, लेकिन अचानक बदले मौसम ने सतर्क रहने की जरूरत भी बता दी।
गर्मी में टैनिंग से परेशान? इस्तेमाल करें ये हर्बल फेस स्क्रब और ग्लोइंग तेल, देगा नेचुरल निखार

होमफोटोलाइफ़फैशन गर्मी में टैनिंग से परेशान? इस्तेमाल करें ये हर्बल फेस स्क्रब और ग्लोइंग तेल Last Updated:April 30, 2026, 20:50 IST Summer skin care tips: इत्र नगरी कन्नौज सदियों से अपनी खुशबू और प्राकृतिक उत्पादों के लिए जानी जाती है. इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए कन्नौज के व्यापारी विवेक नारायण मिश्रा ने एक अनोखा हर्बल फेस स्क्रब और ग्लोइंग तेल तैयार किया है. यह स्क्रब खासतौर पर गर्मियों में होने वाली त्वचा समस्याओं को ध्यान में रखकर बनाया गया है. आज जब लोग केमिकल युक्त उत्पादों से दूर रहना चाहते हैं, ऐसे में यह प्राकृतिक स्क्रब और ग्लोइंग तेल लोगों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है. इस हर्बल फेस स्क्रब की सबसे बड़ी खासियत है इसकी प्राकृतिक संरचना. इसमें चंदन पाउडर, गुलाब पाउडर, मसूर दाल, दालचीनी, मुल्तानी मिट्टी और चीनी जैसे घरेलू और आयुर्वेदिक तत्वों का इस्तेमाल किया गया है. ये सभी सामग्री त्वचा के लिए बेहद फायदेमंद मानी जाती हैं. मसूर दाल स्किन को एक्सफोलिएट करती है, मुल्तानी मिट्टी गहराई से सफाई करती है और दालचीनी त्वचा में निखार लाने में मदद करती है. गर्मियों में धूप के कारण त्वचा पर टैनिंग होना आम समस्या है. यह स्क्रब खासतौर पर टैनिंग हटाने में मददगार साबित हो रहा है. नियमित उपयोग से यह त्वचा की ऊपरी परत से डेड स्किन को हटाकर नई और साफ त्वचा को सामने लाता है. इससे चेहरा न केवल साफ दिखता है बल्कि उसका रंग भी निखरता है. वही इस स्क्रब के साथ व्यापारी ने केसर, पिस्ता और चिरौंजी फेस ऑयल भी तैयार किया है जो त्वचा को अंदरूनी निखार और मॉइश्चराइजर पहुंचते हैं. यह स्क्रब सिर्फ सफाई तक ही सीमित नहीं है, बल्कि त्वचा को पोषण भी देता है. इसके इस्तेमाल से त्वचा मुलायम, स्मूद और नेचुरली ग्लोइंग बनती है. चीनी के छोटे कण स्किन को हल्के से स्क्रब करते हैं, जिससे ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है और चेहरे पर प्राकृतिक चमक आती है. यह तेल चेहरे पर ग्लोइंग बनाने में मदद करते हैं, जिससे चेहरा और भी ज्यादा खूबसूरत, चमकदार हो जाता है. Add News18 as Preferred Source on Google आज के समय में केमिकल युक्त ब्यूटी प्रोडक्ट्स से त्वचा को नुकसान होने का खतरा रहता है, लेकिन यह हर्बल फेस स्क्रब पूरी तरह केमिकल फ्री है. यही कारण है कि इसे हर प्रकार की त्वचा के लिए सुरक्षित माना जा रहा है, चाहे त्वचा ड्राई हो, ऑयली हो या सेंसिटिव इसका प्रयोग हर व्यक्ति कर सकता है. विवेक नारायण मिश्रा का यह प्रयास न सिर्फ लोगों को प्राकृतिक विकल्प दे रहा है, बल्कि कन्नौज के स्थानीय उत्पादों को भी नई पहचान दिला रहा है. यह स्क्रब धीरे-धीरे बाजार में अपनी जगह बना रहा है और लोगों का भरोसा जीत रहा है. अगर आप भी अपनी त्वचा को बिना किसी साइड इफेक्ट के स्वस्थ और खूबसूरत बनाना चाहते हैं, तो यह हर्बल फेस स्क्रब त्वचा के लिए बेहद फायदेमंद है. यह न सिर्फ आपकी त्वचा को साफ और चमकदार बनाएगा, बल्कि आपको प्रकृति के करीब भी लाएगा. न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। First Published : April 30, 2026, 20:50 IST





