प्रभास की 'फौजी' पर भड़के सुभाष चंद्र बोस के पोते:बोले- हिटलर-नेताजी की मुलाकात को गलत तरीके से दिखाया; तथ्यों से छेड़छाड़ की, माफी मांगें

नेताजी सुभाष चंद्र बोस के पोते चंद्र कुमार बोस ने अपकमिंग फिल्म ‘फौजी’ की आलोचना की है। न्यूज एजेंसी IANS से बातचीत में चंद्र कुमार बोस ने आरोप लगाया कि फिल्म में नेताजी और एडॉल्फ हिटलर की ऐतिहासिक मुलाकात को गलत और सनसनीखेज तरीके से दिखाया गया है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के नाम पर राष्ट्रीय प्रतीकों से जुड़े ऐतिहासिक तथ्यों के साथ छेड़छाड़ करना अपराध है। चंद्र कुमार बोस ने फिल्म के निर्देशक से स्वतंत्रता संग्राम और नेताजी का सम्मान करने वाले सभी देशवासियों से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है। ‘राष्ट्रीय प्रतीकों से जुड़े तथ्यों से छेड़छाड़ अपराध’ चंद्र कुमार बोस ने कहा कि फिल्मकारों को स्वतंत्रता संग्राम और देशभक्तों पर फिल्म बनाने की पूरी आजादी है। हालांकि, कल्पना का सहारा लेकर ऐतिहासिक तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश करना गलत है। उन्होंने कहा कि फिल्म में नेताजी और हिटलर की मुलाकात को गलत तरीके से दिखाकर नेताजी की गरिमा को कमतर करने की कोशिश की गई है। निर्देशक को ऐतिहासिक संदर्भों को सही तरीके से समझकर पर्दे पर दिखाना चाहिए था। बराबरी के स्तर पर हुई थी हिटलर और नेताजी की बातचीत चंद्र कुमार बोस ने नेताजी और हिटलर की मुलाकात के ऐतिहासिक संदर्भ को स्पष्ट किया। उन्होंने बताया कि नेताजी भारत की आजादी के लिए समर्थन जुटाने जर्मन तानाशाह हिटलर से मिले थे। नेताजी का मानना था कि उस दौर में जर्मनी के हिटलर और जापान के हिदेकी तोजो भारत के स्वतंत्रता आंदोलन में मदद कर सकते थे। उन्होंने स्पष्ट किया कि नेताजी ने हिटलर से कभी अधीनस्थ के रूप में नहीं, बल्कि बराबरी के स्तर पर बात की थी। हिटलर ने नेताजी के देशप्रेम को समझते हुए ही उन्हें समर्थन दिया था। लोकतंत्र के समर्थक और फासीवाद के विरोधी थे नेताजी बोस ने कहा कि हिटलर अपनी आत्मकथा ‘मीन कैम्फ’ में भारत के इतिहास और संस्कृति को समझ नहीं पाया था। दोनों नेता शुरुआत में केवल अपने देश के हितों के लिए काम कर रहे थे, हालांकि बाद में हिटलर सत्ता के अहंकार में डूब गया। इसके विपरीत, नेताजी फासीवाद के सख्त खिलाफ थे और लोगों के लोकतांत्रिक अधिकारों में अटूट विश्वास रखते थे। उनके अनुसार, फिल्म में ऐसे महान व्यक्तित्व की छवि को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया गया है, जो बिल्कुल गलत है। प्रभास के किरदार को तवज्जो देने पर उठा विवाद फिल्म ‘फौजी’ के हालिया जारी ट्रेलर में दिखाया गया है कि नेताजी का किरदार प्रभास के काल्पनिक किरदार का परिचय हिटलर से कराता है। आलोचकों और बोस का आरोप है कि इस दृश्य में एक काल्पनिक पात्र को ज्यादा महत्व दिया गया है, जबकि नेताजी जैसी शख्सियत की भूमिका को छोटा दिखाया गया है। इसी वजह से विवाद गहराया है और फिल्म निर्देशक से माफी मांगने की मांग की जा रही है। वॉर-ड्रामा फिल्म है ‘फौजी’ ‘फौजी’ एक बड़े बजट की पीरियड वॉर-एक्शन फिल्म है, जिसका लेखन और निर्देशन हनु राघवपुड़ी ने किया है। फिल्म में दक्षिण भारतीय सिनेमा के स्टार प्रभास मुख्य भूमिका में नजर आएंगे। फिल्म की कहानी स्वतंत्रता संग्राम और उस दौर के सैन्य संघर्षों के इर्द-गिर्द बुनी गई है। ये खबर भी पढ़ें दावा-टाइगर श्रॉफ नहीं, आमिर खान थे शूटरों का असली निशाना:मुंबई में 3 बार की थी बंगले की रेकी; आमिर बाहर नहीं निकले तो टारगेट बदला मुंबई में अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर हुए हमले की जांच कर रही पुलिस को बड़ा सुराग मिला है। द इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस सूत्रों ने खुलासा किया है कि 20 सितंबर को हरियाणा से मुंबई आए शूटरों का असली निशाना आमिर खान थे। पूरी खबर पढ़ें
Aamir Khan Was Target of Shooters in Mumbai

19 मिनट पहले कॉपी लिंक मुंबई में अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर हुए हमले की जांच कर रही पुलिस को बड़ा सुराग मिला है। द इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस सूत्रों ने खुलासा किया है कि 20 सितंबर को हरियाणा से मुंबई आए शूटरों का असली निशाना अभिनेता आमिर खान थे। लॉरेंस गैंग के इशारे पर मुंबई पहुंचे शूटरों ने आमिर खान के घर की तीन बार रेकी की थी, लेकिन शूटिंग और सुरक्षा के चलते आमिर तक पहुंचना मुश्किल था। इसके बाद शूटरों ने आसानी से मिल जाने के कारण टाइगर श्रॉफ को अपना निशाना बना लिया, जो अक्सर जुहू के पार्क में फुटबॉल खेलने आते थे। जुलाई में लॉरेंस गैंग ने दी थी आमिर खान को धमकी पुलिस सूत्रों के अनुसार, लॉरेंस गैंग ने जुलाई में सोशल मीडिया पोस्ट और ऑडियो क्लिप के जरिए आमिर खान को धमकी दी थी। धमकी में गौरी स्प्रैट संग आमिर के विवाह को सनातन धर्म के खिलाफ बताया गया था और जल्द सबक सिखाने की बात कही गई थी। सलमान खान की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के कारण उन तक पहुंचना नामुमकिन था, इसलिए गैंग ने आमिर खान को अपना मेन टारगेट बनाया था। जुलाई में आमिर खान ने गौरी स्प्राट से शादी की थी जिसके बाद लॉरेंस गैंग ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी थी। 3 बार रेकी में नाकाम रहने के बाद बदला प्लान रिपोर्ट्स के मुताबिक, 20 सितंबर को मुंबई पहुंचे शूटरों ने बांद्रा स्थित आमिर खान के घर के आसपास तीन बार रेकी की थी। हालांकि, आमिर खान ज्यादातर समय फिल्मों की शूटिंग के सिलसिले में बाहर रहते थे या कई दिनों तक घर से बाहर नहीं निकलते थे। अक्टूबर के पहले हफ्ते में जब आमिर पर हमला करना संभव नहीं लगा, तो शूटरों ने बांद्रा से अंधेरी शिफ्ट होकर टाइगर श्रॉफ पर नजर रखनी शुरू कर दी। शूटर्स ने आमिर के बांद्रा स्थित इसी घर की रेकी की थी। कैब किराए पर लेकर सेलेब्स के घरों की रेकी जांच में सामने आया है कि शूटरों ने अभिनेताओं के घरों का ठिकाना देखने के लिए 3,000 रुपए में एक कैब किराए पर ली थी। उन्होंने बांद्रा और अंधेरी में कई सितारों के घरों का चक्कर लगाया। शूटरों ने अंधेरी में तीन बार अपने होटल बदले और 14 से 18 अक्टूबर तक ‘आर आर रेजीडेंसी’ होटल में ठहरे। 18 अक्टूबर की शाम जब टाइगर श्रॉफ जुहू के पुष्पा नरसी पार्क में फुटबॉल खेलकर लौट रहे थे, तब हमलावरों ने उनकी कार पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। आसानी से मिलने की वजह से टाइगर बने निशाना पुलिस सूत्रों का कहना है कि बांद्रा में आमिर खान और टाइगर श्रॉफ के घर कुछ ही किलोमीटर की दूरी पर हैं। रेकी के दौरान शूटरों ने देखा कि टाइगर श्रॉफ अक्सर बिना किसी भारी सुरक्षा के बाहर निकलते हैं और रविवार को जुहू पार्क में फुटबॉल खेलने पहुंचते हैं। यही वजह है कि शूटरों ने आमिर खान का प्लान छोड़कर आसान टारगेट के रूप में टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाने का फैसला किया। 18 अक्टूबर को जुहू में हुई थी टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग 18 अक्टूबर को मुंबई के जुहू इलाके में टाइगर श्रॉफ की कार पर फुटबॉल ग्राउंड के बाहर निकलते हुए फायरिंग हो गई। दो हमलावरों ने 5-7 राउंड फायरिंग की। टाइगर जख्मी हुए, जबकि उनके ड्राइवर को गोली लगी। ड्राइवर के जख्मी होने पर टाइगर श्रॉफ ड्राइविंग सीट पर आए और सीधे अस्पताल पहुंचे। राजस्थान, यूपी और हरियाणा से पकड़े गए 10 संदिग्ध मामले की जांच में जुटी मुंबई पुलिस ने कार्रवाई करते हुए राजस्थान, उत्तर प्रदेश और हरियाणा से अब तक 10 संदिग्धों को पकड़ा है। पुलिस सभी आरोपियों से पूछताछ कर मामले की आगे की कड़ी जोड़ रही है। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Aamir Khan Was Target of Shooters in Mumbai

कुछ ही क्षण पहले कॉपी लिंक टाइगर श्रॉफ पर हमला 18 अक्टूबर को हुआ था। इससे पहले हमलावरों ने आमिर खान की रेकी भी की थी। मुंबई में अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर हुए हमले की जांच कर रही पुलिस को बड़ा सुराग मिला है। द इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस सूत्रों ने खुलासा किया है कि 20 सितंबर को हरियाणा से मुंबई आए शूटरों का असली निशाना आमिर खान थे। लॉरेंस गैंग के इशारे पर मुंबई पहुंचे शूटरों ने आमिर खान के घर की तीन बार रेकी की थी, लेकिन शूटिंग और सुरक्षा के चलते आमिर तक पहुंचना मुश्किल था। इसके बाद शूटरों ने आसानी से मिल जाने के कारण टाइगर श्रॉफ को अपना निशाना बना लिया। टाइगर अक्सर जुहू के पार्क में फुटबॉल खेलने आते थे। जुलाई में लॉरेंस गैंग ने दी थी आमिर खान को धमकी पुलिस सूत्रों के अनुसार लॉरेंस गैंग ने जुलाई में सोशल मीडिया पोस्ट और ऑडियो क्लिप के जरिए आमिर खान को धमकी दी थी। धमकी में आमिर और गौरी स्प्रैट की शादी को सनातन धर्म के खिलाफ बताया गया था और जल्द सबक सिखाने की बात कही गई थी। सलमान खान की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के कारण उन तक पहुंचना नामुमकिन था, इसलिए गैंग ने आमिर खान को अपना मेन टारगेट बनाया था। पूरी खबर पढ़ें… जुलाई में आमिर खान ने गौरी स्प्रैट से शादी की थी। इसके बाद लॉरेंस गैंग ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी थी। आमिर की 3 बार रेकी की, लेकिन एक्टर नहीं दिखे रिपोर्ट्स के मुताबिक, 20 सितंबर को मुंबई पहुंचे शूटरों ने बांद्रा स्थित आमिर खान के घर के आसपास तीन बार रेकी की थी। हालांकि, आमिर खान ज्यादातर समय फिल्मों की शूटिंग के सिलसिले में बाहर रहते थे या कई दिनों तक घर से बाहर नहीं निकलते थे। अक्टूबर के पहले हफ्ते में जब हमलावरों को आमिर पर अटैक करना संभव नहीं लगा तो उन्होंने अंधेरी में टाइगर श्रॉफ पर नजर रखनी शुरू कर दी। शूटर्स ने आमिर के बांद्रा स्थित इसी घर की रेकी की थी। कैब किराए पर लेकर सेलेब्स के घरों की रेकी जांच में सामने आया है कि शूटरों ने अभिनेताओं के घरों का ठिकाना देखने के लिए 3,000 रुपए में एक कैब किराए पर ली थी। उन्होंने बांद्रा और अंधेरी में कई सितारों के घरों के चक्कर लगाए। शूटरों ने अंधेरी में तीन बार अपने होटल बदले और 14 से 18 अक्टूबर तक ‘आर आर रेजीडेंसी’ होटल में ठहरे। 18 अक्टूबर की शाम जब टाइगर श्रॉफ जुहू के पुष्पा नरसी पार्क में फुटबॉल खेलकर लौट रहे थे, तब हमलावरों ने उनकी कार पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। आसानी से मिलने की वजह से टाइगर बने निशाना पुलिस सूत्रों का कहना है कि बांद्रा में आमिर खान और टाइगर श्रॉफ के घर कुछ ही किलोमीटर की दूरी पर हैं। रेकी के दौरान शूटरों ने देखा कि टाइगर श्रॉफ अक्सर बिना किसी भारी सुरक्षा के बाहर निकलते हैं और रविवार को जुहू पार्क में फुटबॉल खेलने पहुंचते हैं। यही वजह है कि शूटरों ने आमिर खान का प्लान छोड़कर आसान टारगेट के रूप में टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाने का फैसला किया। 18 अक्टूबर को जुहू में हुई थी टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग 18 अक्टूबर को मुंबई के जुहू इलाके में टाइगर श्रॉफ की कार पर फुटबॉल ग्राउंड के बाहर निकलते हुए फायरिंग हो गई। दो हमलावरों ने 5-7 राउंड फायरिंग की। टाइगर जख्मी हुए, जबकि उनके ड्राइवर को गोली लगी। ड्राइवर के जख्मी होने पर टाइगर श्रॉफ ड्राइविंग सीट पर आए और सीधे अस्पताल पहुंचे। राजस्थान, यूपी और हरियाणा से पकड़े गए 10 संदिग्ध मामले की जांच में जुटी मुंबई पुलिस ने कार्रवाई करते हुए राजस्थान, उत्तर प्रदेश और हरियाणा से अब तक 10 संदिग्धों को पकड़ा है। पुलिस सभी आरोपियों से पूछताछ कर मामले की आगे की कड़ी जोड़ रही है। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Ramayan Movie Mangal Rang Song Controversy

17 मिनट पहले कॉपी लिंक रणबीर कपूर और साई पल्लवी स्टारर फिल्म रामायण का नया गाना ‘मंगल रंग’ रविवार को जारी कर दिया गया। एआर रहमान के संगीत में बने इस गाने को अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल ने गाया है। गाना रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर विवादों में घिर गया है। लोगो ने गाने में कव्वाली और सूफी बीट्स के इस्तेमाल पर संगीतकार एआर रहमान की आलोचना की है। वहीं, गाने के एक सीन में राम-सीता के विवाह के दौरान दिखाई गई रस्म को हल्दी बताकर भी लोग ट्रोलिंग कर रहे हैं, हालांकि रिपोर्ट्स के अनुसार वह हल्दी नहीं बल्कि चुमावन की पारंपरिक रस्म है। एआर रहमान के संगीत और सूफी बीट्स पर उठे सवाल सोशल मीडिया यूजर्स ने गाने की धुन को लेकर अपनी नाराजगी जताई है। कई यूजर्स का कहना है कि वाल्मीकि रामायण पर आधारित फिल्म में सूफी और कव्वाली शैली का संगीत जोड़ना सांस्कृतिक रिसर्च की कमी को दर्शाता है। यूजर्स का तर्क है कि इस पौराणिक महाकाव्य के गानों में बॉलीवुड फिल्मों जैसी धुन की जगह शुद्ध संस्कृत और पारंपरिक संगीत का इस्तेमाल किया जाना चाहिए था। एआर रहमान का संगीत उम्मीदों के मुताबिक न होने की बात कहकर लोग गाने पर कमेंट्स कर रहे हैं। हल्दी की रस्म समझकर सोशल मीडिया पर विवाद गाने के एक दृश्य में दिखाया गया है कि रणबीर कपूर (भगवान राम) को कुछ महिलाएं टीका-हल्दी लगा रही हैं और पीछे साई पल्लवी (माता सीता) खड़ी हैं। इस सीन को देखकर सोशल मीडिया पर लोगों ने दावा किया कि मेकर्स ने शादी से पहले होने वाली हल्दी की रस्म को गलत तरीके से दिखाया है। यूजर्स ने सवाल उठाया कि पारंपरिक हिंदू विवाह में दूल्हा और दुल्हन कभी एक साथ हल्दी की रस्म में नहीं बैठते, फिर फिल्म में ऐसा क्यों दिखाया गया। हल्दी नहीं, पारंपरिक ‘चुमावन रस्म का है सीन सोशल मीडिया पर हो रही ट्रोलिंग के बीच मीडिया रिपोर्ट्स और जानकारों ने साफ किया है कि यह सीन हल्दी का नहीं है। असल में यह पूर्वी भारत और मिथिला क्षेत्र में शादी के दौरान निभाई जाने वाली पारंपरिक चुमावन रस्म है। इस रस्म में वधू पक्ष की पांच सुहागिन महिलाएं दूब, अक्षत, हल्दी और दही लेकर वर के चरणों, घुटनों, कंधों और सिर को स्पर्श करके आशीर्वाद देती हैं। यही रस्म वधू के लिए भी अलग से की जाती है। मेकर्स ने इस सांस्कृतिक रस्म को गाने में दर्शाया था, जिसे दर्शकों ने गलती से हल्दी समझ लिया। श्रीराम और माता सीता के विवाह पर आधारित है गाना ‘मंगल रंग’ गाना भगवान राम और माता सीता के पावन विवाह और उनके प्रेम के सफर को दर्शाता है। इसमें सीता स्वयंवर, भगवान राम की ओर से शिव धनुष उठाने, विवाह के वचनों और अयोध्या में नवविवाहित जोड़े के स्वागत जैसे दृश्यों को दिखाया गया है। फिल्म 5 नवंबर को रिलीज होगी। ये खबर भी पढ़ें रणबीर कपूर ने अपने बयान पर माफी मांगी:कहा था- सच्चाई और अच्छाई का अंत होगा; ट्रोलिंग के बाद बोले- जुबान फिसल गई रणबीर कपूर ने दशहरे के इवेंट में कहा, बुराई चाहे कितनी भी ताकतवर क्यों न हो, आखिरकार अंत सच्चाई और अच्छाई का होता है। जबकि उन्हें कहना था कि जीत सच्चाई और अच्छाई की होती है। गलत बयान पर विवाद बढ़ने पर अब रणबीर ने माफी मांगी है। पूरी खबर पढ़ें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Ramayan Movie Mangal Rang Song Controversy

38 मिनट पहले कॉपी लिंक रणबीर कपूर और साई पल्लवी स्टारर फिल्म रामायण का नया गाना ‘मंगल रंग’ रविवार को जारी कर दिया गया। एआर रहमान के संगीत में बने इस गाने को अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल ने गाया है। गाना रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर विवादों में घिर गया है। लोगो ने गाने में कव्वाली और सूफी बीट्स के इस्तेमाल पर संगीतकार एआर रहमान की आलोचना की है। वहीं, गाने के एक सीन में राम-सीता के विवाह के दौरान दिखाई गई रस्म को हल्दी बताकर भी लोग ट्रोलिंग कर रहे हैं, हालांकि रिपोर्ट्स के अनुसार वह हल्दी नहीं बल्कि चुमावन की पारंपरिक रस्म है। एआर रहमान के संगीत और सूफी बीट्स पर उठे सवाल सोशल मीडिया यूजर्स ने गाने की धुन को लेकर अपनी नाराजगी जताई है। कई यूजर्स का कहना है कि वाल्मीकि रामायण पर आधारित फिल्म में सूफी और कव्वाली शैली का संगीत जोड़ना सांस्कृतिक रिसर्च की कमी को दर्शाता है। यूजर्स का तर्क है कि इस पौराणिक महाकाव्य के गानों में बॉलीवुड फिल्मों जैसी धुन की जगह शुद्ध संस्कृत और पारंपरिक संगीत का इस्तेमाल किया जाना चाहिए था। एआर रहमान का संगीत उम्मीदों के मुताबिक न होने की बात कहकर लोग गाने पर कमेंट्स कर रहे हैं। हल्दी की रस्म समझकर सोशल मीडिया पर विवाद गाने के एक दृश्य में दिखाया गया है कि रणबीर कपूर (भगवान राम) को कुछ महिलाएं टीका-हल्दी लगा रही हैं और पीछे साई पल्लवी (माता सीता) खड़ी हैं। इस सीन को देखकर सोशल मीडिया पर लोगों ने दावा किया कि मेकर्स ने शादी से पहले होने वाली हल्दी की रस्म को गलत तरीके से दिखाया है। यूजर्स ने सवाल उठाया कि पारंपरिक हिंदू विवाह में दूल्हा और दुल्हन कभी एक साथ हल्दी की रस्म में नहीं बैठते, फिर फिल्म में ऐसा क्यों दिखाया गया। हल्दी नहीं, पारंपरिक ‘चुमावन रस्म का है सीन सोशल मीडिया पर हो रही ट्रोलिंग के बीच मीडिया रिपोर्ट्स और जानकारों ने साफ किया है कि यह सीन हल्दी का नहीं है। असल में यह पूर्वी भारत और मिथिला क्षेत्र में शादी के दौरान निभाई जाने वाली पारंपरिक चुमावन रस्म है। इस रस्म में वधू पक्ष की पांच सुहागिन महिलाएं दूब, अक्षत, हल्दी और दही लेकर वर के चरणों, घुटनों, कंधों और सिर को स्पर्श करके आशीर्वाद देती हैं। यही रस्म वधू के लिए भी अलग से की जाती है। मेकर्स ने इस सांस्कृतिक रस्म को गाने में दर्शाया था, जिसे दर्शकों ने गलती से हल्दी समझ लिया। श्रीराम और माता सीता के विवाह पर आधारित है गाना ‘मंगल रंग’ गाना भगवान राम और माता सीता के पावन विवाह और उनके प्रेम के सफर को दर्शाता है। इसमें सीता स्वयंवर, भगवान राम की ओर से शिव धनुष उठाने, विवाह के वचनों और अयोध्या में नवविवाहित जोड़े के स्वागत जैसे दृश्यों को दिखाया गया है। फिल्म 5 नवंबर को रिलीज होगी। ये खबर भी पढ़ें रणबीर कपूर ने अपने बयान पर माफी मांगी:कहा था- सच्चाई और अच्छाई का अंत होगा; ट्रोलिंग के बाद बोले- जुबान फिसल गई रणबीर कपूर ने दशहरे के इवेंट में कहा, बुराई चाहे कितनी भी ताकतवर क्यों न हो, आखिरकार अंत सच्चाई और अच्छाई का होता है। जबकि उन्हें कहना था कि जीत सच्चाई और अच्छाई की होती है। गलत बयान पर विवाद बढ़ने पर अब रणबीर ने माफी मांगी है। पूरी खबर पढ़ें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
सारा अली खान ने किए बाबा केदारनाथ के दर्शन:बर्फबारी के बीच ठिठुरीं; मंदिर अधिकारियों से बनाई दूरी

बॉलीवुड एक्ट्रेस सारा अली खान ने गुपचुप तरीके से देर शाम केदारनाथ के दर्शन किए। वह हेलिकॉप्टर के जरिए धाम पहुंचीं। उनके आने के बाद धाम में बर्फबारी भी हुई। ठंड के कारण सारा लोगों के बीच ठिठुरती हुई नजर आईं। इस दौरान सारा ने मंदिर के कर्मचारियों और अधिकारियों से दूरी बनाए रखी। हम इस खबर को लगातार अपडेट कर रहे हैं…
1250 स्टेशन मास्टर पदों पर भर्ती, कल से आवेदन:25 नवम्बर लास्ट डेट; आरआरबी अजमेर नोडल एजेंसी होगी

रेलवे भर्ती बोर्ड (आरआरबी) में 1250 स्टेशन मास्टर पदों पर भर्ती के लिए रविवार को विज्ञापन जारी किया। भर्ती के लिए ऑनलाइन आवेदन 27 अक्टूबर से शुरू होंगे। लास्ट डेट 25 नवम्बर है। पहली बार इन पदों के लिए अलग केंद्रीकृत रोजगार अधिसूचना जारी की गई है। इससे पहले स्टेशन मास्टर के पद एनटीपीसी ग्रेजुएट भर्ती में शामिल होते थे। इस भर्ती के लिए आरआरबी अजमेर नोडल एजेंसी रहेगी। आवेदन आरआरबी की वेबसाइट rrbapply.gov.in के माध्यम से किए जा सकेंगे। फिलहाल जारी सांकेतिक सूचना में देशभर के सभी आरआरबी को मिलाकर करीब 1,250 पद प्रस्तावित हैं। किस आरआरबी में कितने पद होंगे, इसकी जानकारी विस्तृत अधिसूचना में मिलेगी। इसमें शैक्षणिक योग्यता, आयु सीमा, चयन प्रक्रिया और अन्य शर्तें भी स्पष्ट होंगी। स्टेशन मास्टर का पद सातवें वेतन आयोग के पे-लेवल-6 के अंतर्गत आता है। वर्ष 2019 में 6,865 पद थे, बाद की भर्तियों में संख्या 1,000 से कम रही। रेलवे ने 2019 में निकली एनटीपीसी संयुक्त भर्ती में स्टेशन मास्टर के 6,865 पद विज्ञापित किए थे। इसके बाद 2024 और 2025 की भर्तियों में पदों की संख्या 1,000 से कम रही। इस बार करीब 1,250 पद प्रस्तावित हैं और स्टेशन मास्टर के लिए अलग अधिसूचना जारी की गई है।
दलेर मेहंदी को अपमानित करने वाले मंत्री ने माफी मांगी:फोन पर की बात; परफॉर्मेंस रोककर कहा था, शराब पीकर गाना गा रहे हो

उत्तराखंड में गायक दलेर मेहंदी की परफॉर्मेंस के दौरान हुए विवाद में कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने माफी मांग ली है। सुबोध उनियाल ने दलेर मेहंदी से फोन पर बातचीत कर घटना पर अफसोस जताया है। मंत्री की माफी का गायक मीका सिंह की टीम ने स्वागत किया है। मीका की टीम की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि कलाकारों के सम्मान और गरिमा की रक्षा करना जरूरी है। फोन पर दलेर पाजी से मांगी माफी मीका सिंह की टीम की ओर से जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने दलेर मेहंदी को फोन करके इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना के लिए माफी मांगी है। टीम ने बयान में कहा कि दलेर मेहंदी संगीत उद्योग के एक वरिष्ठ कलाकार हैं, जिन्होंने इंडस्ट्री में बहुत बड़ा योगदान दिया है। हर कलाकार के साथ सम्मानपूर्वक व्यवहार किया जाना चाहिए। मंत्री के इस कदम का स्वागत करते हुए मीका की टीम ने कहा कि अब इस मामले को पीछे छोड़कर आपसी समझ और सम्मान के साथ आगे बढ़ना चाहिए। 18 अक्टूबर को परफॉर्मेंस के दौरान हुआ था विवाद यह पूरा विवाद 18 अक्टूबर को टिहरी के ‘सिद्धपीठ मां कुंजापुरी पर्यटन एवं विकास मेले’ के दौरान शुरू हुआ था। सिंगर रुक-रुक कर परफॉर्म कर रहे थे, तभी उत्तराखंड के हेल्थ मिनिस्टर सुबोध उनियाल मंच पर आए और फटकारते हुए कहा- आप शराब पीकर लोगों को बेवकूफ बना रहे हैं, गाना भी नहीं गा रहे। आपको मालूम है ना कि एक सिंगर पिट कर गया था यहां से। इतना पिटा था कि उसका बाप भी अब नहीं आ सकता यहां पर। CM धामी ने खुद पहल कर मीका और दलेर से की बात इससे पहले गायक मीका सिंह ने IANS से बातचीत में बताया कि उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस मामले में सकारात्मक भूमिका निभाई। मीका ने कहा कि सीएम धामी बहुत ही सरल और जमीन से जुड़े व्यक्ति हैं। उन्होंने दलेर पाजी और उनसे खुद फोन पर बेहद विनम्रता से बात की। मुख्यमंत्री ने मंत्री की ओर से माफी भी मांगी, हालांकि मीका का मानना था कि चूंकि सीएम की इसमें कोई गलती नहीं थी, इसलिए उन्हें माफी मांगने की जरूरत नहीं थी। सीएम धामी ने दोनों भाइयों को उत्तराखंड आने का न्योता भी दिया है। दलेर मेहंदी की तबीयत खराब थी मीका ने बताया कि दलेर मेहंदी की तबीयत खराब थी, इसके बावजूद उन्होंने करीब डेढ़ घंटे तक परफॉर्म किया। साथ ही उन्होंने कहा कि अगर माफी नहीं मांगी गई, तो कलाकार उत्तराखंड आना छोड़ देंगे। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो पूरी बॉलीवुड इंडस्ट्री दलेर के सपोर्ट में उतर गई। शिल्पा शेट्टी, राजपाल यादव, अनुपम खेर, बादशाह, शान, कपिल शर्मा समेत कई सेलेब्स ने मंत्री के रवैये पर कड़ी निंदा की। उनके भाई मीका ने तो ये भी दावा किया कि दलेर ने जीवन में कभी शराब पी ही नहीं। वहीं, विवाद बढ़ने के बाद मंत्री ने सफाई देते हुए कहा था कि उन्हें जानकारी नहीं थी कि सिंगर की तबीयत खराब है। मीका सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बताया कि उनके बड़े भाई दलेर मेहंदी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पहल के बाद इस मुद्दे को आगे नहीं बढ़ाना चाहते थे। मीका ने कहा कि जब मुख्यमंत्री ने खुद आगे बढ़कर सम्मान दिखाया और मंत्री से बात कर स्थिति स्पष्ट की, तो उनका परिवार भी मामले को यही खत्म करने के पक्ष में था। ये खबर भी पढ़ें शिल्पा राव की परफॉर्मेंस बीच में रोकी गई:माइक बंद हुआ, स्टेज की लाइटें बुझीं; सिंगर बोलीं- यह बहुत दुख देता है, आयोजकों ने माफी मांगी बॉलीवुड म्यूजिक प्रोजेक्ट के 10वें एडिशन में शनिवार को मुंबई के जियो वर्ल्ड गार्डन्स में नेशनल अवॉर्ड विनर सिंगर शिल्पा राव की परफॉर्मेंस अचानक रोक दी गई। पूरी खबर पढ़ें
Defense Secretary Rajesh Kumar Singh Term Extended

Hindi News Career Defense Secretary Rajesh Kumar Singh Term Extended | Chef Damu Passes Away 18 मिनट पहले कॉपी लिंक आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं नेशनल (NATIONAL) 1. वाराणसी में वायुसेना का एयर शो हुआ 25 अक्टूबर को वायुसेना के 94वें स्थापना दिवस पर वाराणसी में एयर शो हुआ। इस शो में 100 प्लेन ने हिस्सा लिया, जिनमें राफेल और सुखोई जैसे 52 लड़ाकू विमान भी शामिल हुए। इस शो को ‘विंग्स ओवर गंगा’ नाम दिया गया। इस एयर शो में पीएम मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और सीएम योगी भी शामिल हुए। C-17 ग्लोबमास्टर और नौ सूर्यकिरण हौक विमान एक साथ उड़ान भरते हुए मंच के ऊपर से गुजरे। सूर्यकिरण टीम के विमानों ने आसमान में शानदार कलाबाजियां दिखाईं। राफेल, सुखोई, जगुआर, मिराज-2000, तेजस और मिग-29 ने तीर की नोक के आकार में उड़ान भरी। 2. रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह का कार्यकाल बढ़ा 24 अक्टूबर को केंद्र सरकार ने रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह का कार्यकाल एक साल के लिए बढ़ा दिया है। सिंह अब 31 अक्टूबर 2027 तक या अगले आदेश तक जो भी पहले हो, इस पद पर बने रहेंगे। उनका वर्तमान कार्यकाल 31 अक्टूबर को समाप्त होने वाला था। राजेश कुमार सिंह ने 1 नवंबर 2024 को 40वें रक्षा सचिव के रूप में कार्यभार संभाला था। मोदी सरकार में किसी रक्षा सचिव का ये दूसरा सबसे लंबा कार्यकाल होगा। वे करीब 1095 दिन तक इस पद पर रहेंगे। केरल कैडर के 1989 बैच के IAS अधिकारी राजेश कुमार सिंह को रक्षा क्षेत्र में ‘आत्मनिर्भर भारत’ को बढ़ावा देने और DRDO में सुधारों को आगे बढ़ाने के लिए एक साल का एक्सटेंशन दिया गया है। राजेश 1989 बैच के केरल कैडर के IAS हैं। वे पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय और कृषि एवं किसान कल्याण विभाग में संयुक्त सचिव समेत अलग-अलग मंत्रालय में रहे हैं। राजेश 1989 बैच के केरल कैडर के IAS हैं। इंटरनेशनल (INTERNATIONAL) 3. भारतीय साइंटिस्ट अशोक सेन को ऑस्कर क्लेन मेडल मिला 24 अक्टूबर को फिजिक्स साइंटिस्ट अशोक सेन को 2026 के प्रतिष्ठित ऑस्कर क्लेन मेडल से सम्मानित किया गया। अशोक ये सम्मान पाने वाले पहले भारतीय फिजिक्स साइंटिस्ट हैं। उन्हें ये पुरस्कार ब्रह्मांड की संरचना और ब्लैक होल से जुड़े वैज्ञानिक रिसर्च में महत्वपूर्ण योगदान के लिए दिया गया है। प्रोफेसर अशोक सेन ने कोलकाता के प्रेसीडेंसी कॉलेज और कलकत्ता यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की है। विज्ञान के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए उन्हें पद्म श्री और पद्म भूषण से भी सम्मानित किया जा चुका है। ऑस्कार क्लेन मेडल हर साल स्वीडन के स्टॉकहोम यूनिवर्सिटी और रॉयल स्वीडिश एकेडमी ऑफ साइंसेज की नोबेल समिति द्वारा दिया जाता है। साल 1988 में शुरू हुआ ये पुरस्कार फिजिक्स साइंस के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए दिया जाता है। 2009 में इन्फोसिस पुरस्कार (गणितीय विज्ञान) पुरस्कार मिला। स्पोर्ट्स (SPORTS) 4. एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारत ने 114 मेडल जीते 24 अक्टूबर को एशियन पैरा गेम्स 2026 की क्लोजिंग निशाद कुमार और मोना अग्रवाल ने तिरंगा थामा। भारत ने इस बार रिकॉर्ड 114 मेडल जीते और मेडल टैली में चौथे नंबर पर रहा। ये एशियन पैरा गेम्स में भारत का अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन है। भारत 30 गोल्ड, 35 सिल्वर और 49 ब्रॉन्ज जीते। चीन 435 मेडल के साथ पहले नंबर पर रहा। मेजबान जापान ने 186 मेडल जीतकर दूसरा और उज्बेकिस्तान ने 145 मेडल के साथ तीसरा नंबर हासिल किया। इससे पहले 2022 हांगझोउ गेम्स में भारतीय दल ने 108 मेडल जीते थे। जापान में पहली बार हुए इन गेम्स में 45 देशों के करीब 4,000 खिलाड़ियों और स्टाफ ने हिस्सा लिया। एशियन पैरा गेम्स का पहला एडिशन 2010 में चीन के ग्वांगझू में हुआ था। अब 2030 में छठे एशियन पैरा गेम्स की मेजबानी दोहा करेगा। 5. लियोनेल मेसी को ‘प्रिंसेस ऑफ ऑस्टुरियस अवॉर्ड’ मिला 24 अक्टूबर को दिग्गज फुटबॉलर लियोनेल मेसी को स्पेन का सबसे प्रतिष्ठित खेल सम्मान प्रिंसेस ऑफ ऑस्टुरियस अवॉर्ड दिया गया। मेसी को स्पेन की राजकुमारी लियोनोर ने ये अवॉर्ड दिया। लियोनोर स्पेन के सिंहासन की अगली उत्तराधिकारी हैं और उन्हीं के नाम पर ये पुरस्कार दिए जाते हैं। मेसी को पुरस्कार के साथ पार्चमेंट पर लिखा औपचारिक प्रमाणपत्र दिया गया। लियोनोर ने उनके अनूठे करियर की तारीफ की। 39 वर्षीय मेसी को जून में इस पुरस्कार के लिए चुना गया था। जूरी ने उन्हें शानदार करियर और वंचित बच्चों के स्वास्थ्य-शिक्षा में मदद के लिए ये अवार्ड दिया गया है। इसके साथ ही ब्रिटिश लेखक जूलियन बार्न्स, अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री क्रिस्टीना कोच और पंक स्टार पैटी स्मिथ समेत अन्य विजेताओं को भी पुरस्कार मिला। मेसी ने आठ बॉलोन डी’ओर खिताब, एक वर्ल्ड कप और क्लब लेवल पर दर्जनों ट्रॉफियां जीती हैं। मेसी अर्जेंटीना के सबसे ज्यादा गोल करने वाले, सबसे ज्यादा असिस्ट देने वाले और सबसे ज्यादा मैच खेलने वाले खिलाड़ी हैं। मेसी ने 31 अगस्त को अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल करियर से संन्यास लिया है। निधन (DEATH) 6. पद्म श्री शेफ दामोदरन (दामु) का निधन 25 अक्टूबर को मशहूर तमिल शेफ और टीवी स्टार दामोदरन कोठंडारमन का 72 साल की उम्र में निधन हो गया। दामोदरन ‘शेफ दामू’ के नाम से जाने जाते थे, उन्हें 2025 में पद्म श्री से सम्मानित किया गया था। शेफ दामु कैटरिंग के क्षेत्र में हजारों लोगों के लिए एक मिसाल थे। उन्होंने 25 से ज्यादा किताबें लिखीं और पारंपरिक तमिल व्यंजनों को दुनिया भर में मशहूर किया। शेफ दामू ने चेन्नई के इंस्टीट्यूट ऑफ होटल मैनेजमेंट से पढ़ाई करने के बाद, तमिलनाडु पर्यटन विकास निगम (TTDC) में मैनेजमेंट ट्रेनी के तौर पर अपने करियर की शुरुआत की थी। बाद में 2004 में दामू ने मद्रास यूनिवर्सिटी से होटल मैनेजमेंट और कैटरिंग टेक्नोलॉजी में PhD की डिग्री हासिल की। ऐसा करने वाले वे पहले भारतीय शेफ थे। इसके साथ ही उन्होंने होटल मैनेजमेंट इंस्टीटयूट्स में पढ़ाया और उनको लीड भी किया और कुकबुक लिखीं। 2008 से 2011 के बीच तमिलनाडु की स्कूली मध्याह्न भोजन (मिड-डे मील) योजना को बेहतर बनाने में मदद की थी और 1,40,000 कर्मचारियों को ट्रेनिंग दी थी। दामू ने 2010 में लगातार 24 घंटे से ज्यादा समय तक कुकिंग करके 617 पकवान बनाए
Vidyut Jammwal Reacts to Tiger Shroff Attack

13 मिनट पहले कॉपी लिंक अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हुए हमले के बाद फैंस पर सवाल उठाकर सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग का सामना कर रहे अभिनेता विद्युत जामवाल ने एक वीडियो साझा किया है। इस पुराने वीडियो में विद्युत रियल लाइफ में एक व्यक्ति की जान बचाते हुए नजर आ रहे हैं। यह वीडियो उनकी फिल्म ‘बुलेट राजा’ की शूटिंग के दौरान का है, जहां एक व्यक्ति गहरी और कांटेदार ढलान से फिसलकर नीचे गिर गया था और विद्युत ने अपनी जान की परवाह किए बिना नीचे कूदकर उसे बचाया था। इससे पहले विद्युत ने फैंस से कहा था ‘कोई तो टाइगर के हमलावरों को पकड़ लेता, गोलियां चलती रहीं लोग तमाशा देखते रहे’। इस बयान के बाद विद्युत को भारी ट्रोलिंग का सामना करना पड़ा था। विद्युत जामवाल ने ढलान से नीचे कूदकर व्यक्ति की जान बचाई थी। टाइगर पर हमले के बाद फैंस से पूछे थे सवाल यह पूरा मामला 18 अक्टूबर को मुंबई के जुहू में हुई घटना से जुड़ा है, जहां अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर बाइक सवार हमलावरों ने फायरिंग की थी। इस घटना के बाद विद्युत जामवाल ने एक वीडियो संदेश जारी कर टाइगर को निडर बताया था, लेकिन साथ ही मौके पर मौजूद प्रशंसकों पर सवाल खड़े किए थे। विद्युत ने कहा था कि वहां कई फैंस मौजूद थे जो खुद को सबसे बड़ा फैन बताते हैं, लेकिन गोलियां चलने के दौरान उनमें से किसी ने भी भागकर हमलावरों को पकड़ने या रोकने की कोशिश नहीं की। विद्युत के इस बयान के बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने उन्हें आड़े हाथों लिया और जमकर ट्रोल किया। विद्युत जामवाल ने टाइगर के फैंस से कहा था- सिर्फ बड़ा फैन होने का दावा नहीं, कुछ करके भी दिखाओ। ‘बुलेट राजा’ के सेट पर बचाई थी व्यक्ति की जान शेयर किया गया वीडियो उनकी फिल्म ‘बुलेट राजा’ की शूटिंग का है। वीडियो में देखा जा सकता है कि शूटिंग के दौरान एक व्यक्ति गहरी और कांटेदार ढलान पर अनियंत्रित होकर गिर जाता है। उसे गिरता देख विद्युत तुरंत ढलान की ओर दौड़ते हैं और नीचे कूदकर उस व्यक्ति को सुरक्षित पकड़ लेते हैं। अगर विद्युत सही समय पर वहां नहीं पहुंचते, तो उस व्यक्ति को गंभीर चोट लग सकती थी। डायरेक्टर तिग्मांशु धूलिया ने की थी विद्युत की तारीफ वीडियो क्लिप में फिल्म के निर्देशक तिग्मांशु धूलिया भी विद्युत जामवाल की तारीफ करते दिख रहे हैं। तिग्मांशु धूलिया ने बताया था कि वह जगह काफी गहरी, संकरी और कांटों से भरी थी, जहां जरा सा पैर फिसलने पर गंभीर चोट आ सकती थी। इसके बावजूद विद्युत तुरंत उस व्यक्ति को बचाने के लिए नीचे कूद गए। निर्देशक ने कहा कि दूसरों की मदद करना विद्युत के स्वभाव में शामिल है। ये खबर भी पढ़ें टाइगर श्रॉफ के समर्थन में आए विद्युत जामवाल:बोले- तुम सबसे निडर हो, मुंबई पुलिस सुनिश्चित करे कि ऐसी घटना दोबारा न हो टाइगर श्रॉफ पर हमले की घटना के बाद एक्टर विद्युत जामवाल ने उनका हौसला बढ़ाया है। विद्युत ने इंस्टाग्राम पर वीडियो शेयर कर टाइगर को सबसे निडर इंसान बताया। पूरी खबर पढ़ें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔









