तिग्मांशु धूलिया ने ‘धुरंधर’ की कहानी पर सवाल उठाए:बोले- अंडरकवर स्पाई पाकिस्तान जाता है और तबाही मचा देता है, ये कोई कहानी हुई

निर्देशक और अभिनेता तिग्मांशु धूलिया ने मौजूदा हिंदी सिनेमा में कहानी कहने के तरीके पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि कॉरपोरेट कल्चर और एक जैसे फिल्मी टेम्पलेट के कारण फिल्मों में मौलिक कहानियां कम होती जा रही हैं। धूलिया ने यह टिप्पणी हाल ही में हुएद एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया (EGI) की ओर से आयोजित राजेंद्र माथुर मेमोरियल लेक्चर के दौरान की। कार्यक्रम दिल्ली में आयोजित हुआ था। धूलिया ने कमर्शियल मेनस्ट्रीम सिनेमा का उदाहरण देते हुए ‘पुष्पा’, ‘केजीएफ’ और ‘धुरंधर’ का जिक्र किया। उन्होंने कहा, “हर फिल्म एक फिक्शनल बायोपिक है।” ‘धुरंधर’ का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि अगर किसी से फिल्म की कहानी पूछी जाए तो शायद वह उसे ठीक से बता नहीं पाएगा। उन्होंने कहा, “मैंने वह फिल्म देखी है। मुझे फिल्म का पहला पार्ट काफी पसंद आया। बहुत अच्छी तरह प्रेजेंट किया गया है, काफी एंगेजिंग है और म्यूजिक भी अच्छा है। लेकिन आप उसकी कहानी पूछिएगा तो आप कहानी बता नहीं पाएंगे।” धूलिया ने फिल्म की कहानी को अपने अंदाज में समझाते हुए कहा, “एक आदमी है, अंडरकवर स्पाई है, पाकिस्तान जाता है और वहां तबाही मचा देता है। ये कोई कहानी हुई?” उन्होंने आगे कहा कि फिल्मों में कहानी कहने वाले लोग कम हो गए हैं और जो लोग अलग तरह की कहानी कहना चाहते हैं, उन्हें बनाने का मौका नहीं मिलता। उनके मुताबिक मेकर्स को डर रहता है कि ऐसी फिल्में चलेंगी नहीं। धूलिया बोले- फिल्मों में एक जैसा टेंपलेट दिखाई दे रहा है धूलिया ने कहा कि “एक ही जैसा टेंपलेट” हर जगह दिखाई दे रहा है। उन्होंने इसे एक्सट्रीम कैपिटलिज्म से जोड़ते हुए कहा कि जिस तरह शहरों, फैशन, गाड़ियों और दुकानों में एकरूपता बढ़ रही है, उसी तरह फिल्मों में भी इंडिविजुअलिटी कम होती जा रही है। उन्होंने पुराने हिंदी सिनेमा का जिक्र करते हुए कहा कि विमल रॉय, शक्ति सामंत, मनमोहन देसाई, प्रकाश मेहरा और सुभाष घई जैसे फिल्मकारों से लेकर 2017 तक हिंदी सिनेमा में स्थिति ठीक थी। इसके बाद अचानक बदलाव आया और “हम कहानी कहना ही भूल चुके हैं।” तिग्मांशु धूलिया के वर्कफ्रंट की बात करें तो उनकी अपकमिंग फिल्म ‘घमासान’ 11 सितंबर 2026 को ZEE5 पर रिलीज होने वाली है। फिल्म में प्रतीक गांधी और अरशद वारसी मुख्य भूमिकाओं में हैं। फिल्म बुंदेलखंड के डकैत संसार से प्रेरित कहानी पर आधारित है। ऋतिक ने ‘धुरंधर’ की पॉलिटिक्स से असहमति जताई थी बता दें कि पिछले साल एक्टर ऋतिक रोशन फिल्म ‘धुरंधर’ से जुड़ी एक पोस्ट करने पर ट्रोलर्स के निशाने पर आ गए थे। फिल्म रिलीज के बाद ऋतिक ने इसकी तारीफ में एक पोस्ट की, लेकिन साथ ही कहा कि वो फिल्म में दिखाई गई पॉलिटिक्स से सहमत नहीं हैं। बयान पर उनकी खिंचाई हुई, जिसके बाद अब एक्टर ने फिर धुरंधर की तारीफ में एक और पोस्ट शेयर की थी। ऋतिक ने पहले ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट पर फिल्म को लेकर लिखा था, मुझे सिनेमा से बहुत प्यार है। मुझे वे लोग पसंद हैं जो कहानी में पूरी तरह डूब जाते हैं, कहानी उन्हें घुमाती है, हिलाती है, और फिर जो कहना होता है वह सब परदे पर उतार देते हैं। धुरंधर ऐसी ही एक फिल्म है। इसकी कहानी मुझे बहुत पसंद आई। यही सिनेमा है। आगे उन्होंने लिखा था, हो सकता है कि मैं इसकी राजनीति से सहमत न होऊं और इस बात पर भी चर्चा हो सकती है कि एक नागरिक होने के नाते फिल्ममेकर की क्या जिम्मेदारियां होती हैं। फिर भी, इसे देखकर मैं बहुत कुछ सीखता हूं, जैसा कि मैंने हमेशा सिनेमा के स्टूडेंट के तौर पर सीखा है। वहीं, इसके बाद अगले दिन ऋतिक रोशन ने धुरंधर की तारीफ में ऑफिशियल X अकाउंट से लिखा था, अब भी धुरंधर मेरे दिमाग से नहीं निकल रही है। आदित्य धर आप कमाल के फिल्ममेकर हैं। रणवीर सिंह, एकदम शांत से लेकर बेहद तीखे किरदार तक, क्या सफर रहा है। और इसमें आपकी लगातार बेहतरीन परफॉर्मेंस शानदार है। अक्षय खन्ना हमेशा से मेरे फेवरेट रहे हैं, और यह फिल्म साबित करती है कि क्यों। आर माधवन, क्या जबरदस्त शालीनता, दम और गरिमा दिखाई है आपने। और राकेश बेदी आपने जो किया, वह कमाल से भी ऊपर था। क्या एक्टिंग थी, शानदार। मेकअप और प्रोस्थेटिक्स टीम को भी बहुत बड़ी वाहवाही। अब तो पार्ट 2 का इंतजार नहीं हो रहा। राम्या ने ‘धुरंधर 2’ की आलोचना की बता दें कि पूर्व लोकसभा सांसद और कन्नड़ एक्ट्रेस राम्या ने फिल्म ‘धुरंधर’ के दूसरे पार्ट की आलोचना की थी। फिल्म को देखने के बाद राम्या ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (ट्विटर) पर एक लंबा पोस्ट शेयर किया था। उन्होंने दर्शकों को सलाह दी है कि वे सिनेमाघरों में जाकर अपना समय और पैसा बर्बाद न करें, बल्कि इसके ओटीटी (OTT) पर आने का इंतजार करें। राम्या ने यह भी लिखा कि लोग कह रहे हैं कि रणवीर ने फिल्म को अपने कंधों पर उठाया है, लेकिन मुझे तो सिर्फ उनके बाल दिखाई दिए। राम्या ने फिल्म में दिखाई गई हिंसा की भी आलोचना की थी। उन्होंने फिल्म को ‘हथियारों का विजुअल हैंडबुक’ बताया, जिसमें सिरिंज और स्पैनर जैसी साधारण चीजों को भी हथियार के रूप में इस्तेमाल किया गया है। उन्होंने फिल्म के लॉजिक पर सवाल उठाते हुए कहा था, “दोनों पैर कटने और शरीर पर केरोसिन डालने के बाद भी किरदार ऐसे डायलॉग बोल रहा है जैसे वह किसी ‘टेड टॉक’ में हो। इसके लिए ऑस्कर नहीं बल्कि नोबेल प्राइज मिलना चाहिए। मेडिकल साइंस की जय हो।”
तिग्मांशु धूलिया ने ‘धुरंधर’ की कहानी पर सवाल उठाए:बोले- अंडरकवर स्पाई पाकिस्तान जाता है और तबाही मचा देता है, ये कोई कहानी हुई

निर्देशक और अभिनेता तिग्मांशु धूलिया ने मौजूदा हिंदी सिनेमा में कहानी कहने के तरीके पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि कॉरपोरेट कल्चर और एक जैसे फिल्मी टेम्पलेट के कारण फिल्मों में मौलिक कहानियां कम होती जा रही हैं। धूलिया ने यह टिप्पणी हाल ही में एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया (EGI) की ओर से आयोजित राजेंद्र माथुर मेमोरियल लेक्चर के दौरान की। कार्यक्रम दिल्ली में आयोजित हुआ था। धूलिया ने कमर्शियल मेनस्ट्रीम सिनेमा का उदाहरण देते हुए ‘पुष्पा’, ‘केजीएफ’ और ‘धुरंधर’ का जिक्र किया। उन्होंने कहा, “हर फिल्म एक फिक्शनल बायोपिक है।” ‘धुरंधर’ का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि अगर किसी से फिल्म की कहानी पूछी जाए तो शायद वह उसे ठीक से बता नहीं पाएगा। उन्होंने कहा, “मैंने वह फिल्म देखी है। मुझे फिल्म का पहला पार्ट काफी पसंद आया। बहुत अच्छी तरह प्रेजेंट किया गया है, काफी एंगेजिंग है और म्यूजिक भी अच्छा है, लेकिन आप उसकी कहानी पूछिएगा तो आप कहानी बता नहीं पाएंगे।” धूलिया ने फिल्म की कहानी को अपने अंदाज में समझाते हुए कहा, “एक आदमी है, अंडरकवर स्पाई है, पाकिस्तान जाता है और वहां तबाही मचा देता है। ये कोई कहानी हुई?” उन्होंने आगे कहा कि फिल्मों में कहानी कहने वाले लोग कम हो गए हैं और जो लोग अलग तरह की कहानी कहना चाहते हैं, उन्हें बनाने का मौका नहीं मिलता। उनके मुताबिक मेकर्स को डर रहता है कि ऐसी फिल्में चलेंगी नहीं। धूलिया बोले- फिल्मों में एक जैसा टेंपलेट दिखाई दे रहा है धूलिया ने कहा कि एक ही जैसा टेंपलेट हर जगह दिखाई दे रहा है। उन्होंने इसे एक्सट्रीम कैपिटलिज्म से जोड़ते हुए कहा कि जिस तरह शहरों, फैशन, गाड़ियों और दुकानों में एकरूपता बढ़ रही है, उसी तरह फिल्मों में भी इंडिविजुअलिटी कम होती जा रही है। उन्होंने पुराने हिंदी सिनेमा का जिक्र करते हुए कहा कि विमल रॉय, शक्ति सामंत, मनमोहन देसाई, प्रकाश मेहरा और सुभाष घई जैसे फिल्मकारों से लेकर 2017 तक हिंदी सिनेमा में स्थिति ठीक थी। इसके बाद अचानक बदलाव आया और हम कहानी कहना ही भूल चुके हैं। तिग्मांशु धूलिया के वर्कफ्रंट की बात करें तो उनकी अपकमिंग फिल्म ‘घमासान’ 11 सितंबर 2026 को ZEE5 पर रिलीज होने वाली है। फिल्म में प्रतीक गांधी और अरशद वारसी मुख्य भूमिकाओं में हैं। फिल्म बुंदेलखंड के डकैत संसार से प्रेरित कहानी पर आधारित है। ऋतिक ने ‘धुरंधर’ की पॉलिटिक्स से असहमति जताई थी बता दें कि पिछले साल एक्टर ऋतिक रोशन फिल्म ‘धुरंधर’ से जुड़ी एक पोस्ट करने पर ट्रोलर्स के निशाने पर आ गए थे। फिल्म रिलीज के बाद ऋतिक ने इसकी तारीफ में एक पोस्ट की, लेकिन साथ ही कहा कि वो फिल्म में दिखाई गई पॉलिटिक्स से सहमत नहीं हैं। बयान पर उनकी खिंचाई हुई, जिसके बाद अब एक्टर ने फिर धुरंधर की तारीफ में एक और पोस्ट शेयर की थी। ऋतिक ने पहले ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट पर फिल्म को लेकर लिखा था, मुझे सिनेमा से बहुत प्यार है। मुझे वे लोग पसंद हैं जो कहानी में पूरी तरह डूब जाते हैं, कहानी उन्हें घुमाती है, हिलाती है, और फिर जो कहना होता है वह सब परदे पर उतार देते हैं। धुरंधर ऐसी ही एक फिल्म है। इसकी कहानी मुझे बहुत पसंद आई। यही सिनेमा है। आगे उन्होंने लिखा था, हो सकता है कि मैं इसकी राजनीति से सहमत न होऊं और इस बात पर भी चर्चा हो सकती है कि एक नागरिक होने के नाते फिल्ममेकर की क्या जिम्मेदारियां होती हैं। फिर भी, इसे देखकर मैं बहुत कुछ सीखता हूं, जैसा कि मैंने हमेशा सिनेमा के स्टूडेंट के तौर पर सीखा है। वहीं, इसके बाद अगले दिन ऋतिक रोशन ने धुरंधर की तारीफ में ऑफिशियल X अकाउंट से लिखा था, अब भी धुरंधर मेरे दिमाग से नहीं निकल रही है। आदित्य धर आप कमाल के फिल्ममेकर हैं। रणवीर सिंह, एकदम शांत से लेकर बेहद तीखे किरदार तक, क्या सफर रहा है। और इसमें आपकी लगातार बेहतरीन परफॉर्मेंस शानदार है। अक्षय खन्ना हमेशा से मेरे फेवरेट रहे हैं, और यह फिल्म साबित करती है कि क्यों। आर माधवन, क्या जबरदस्त शालीनता, दम और गरिमा दिखाई है आपने। और राकेश बेदी आपने जो किया, वह कमाल से भी ऊपर था। क्या एक्टिंग थी, शानदार। मेकअप और प्रोस्थेटिक्स टीम को भी बहुत बड़ी वाहवाही। अब तो पार्ट 2 का इंतजार नहीं हो रहा। राम्या ने ‘धुरंधर 2’ की आलोचना की बता दें कि कन्नड़ एक्ट्रेस राम्या ने फिल्म ‘धुरंधर’ के दूसरे पार्ट की आलोचना की थी। फिल्म को देखने के बाद राम्या ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (ट्विटर) पर एक लंबा पोस्ट शेयर किया था। उन्होंने दर्शकों को सलाह दी है कि वे सिनेमाघरों में जाकर अपना समय और पैसा बर्बाद न करें, बल्कि इसके ओटीटी (OTT) पर आने का इंतजार करें। राम्या ने यह भी लिखा कि लोग कह रहे हैं कि रणवीर ने फिल्म को अपने कंधों पर उठाया है, लेकिन मुझे तो सिर्फ उनके बाल दिखाई दिए। राम्या ने फिल्म में दिखाई गई हिंसा की भी आलोचना की थी। उन्होंने फिल्म को हथियारों का विजुअल हैंडबुक बताया, जिसमें सिरिंज और स्पैनर जैसी साधारण चीजों को भी हथियार के रूप में इस्तेमाल किया गया है। उन्होंने फिल्म के लॉजिक पर सवाल उठाते हुए कहा था, “दोनों पैर कटने और शरीर पर केरोसिन डालने के बाद भी किरदार ऐसे डायलॉग बोल रहा है जैसे वह किसी ‘टेड टॉक’ में हो। इसके लिए ऑस्कर नहीं बल्कि नोबेल प्राइज मिलना चाहिए। मेडिकल साइंस की जय हो।”
BRICS Summit New Delhi | PM Modi Putin Bilateral Meeting Visit

नई दिल्ली/मॉस्को4 मिनट पहले कॉपी लिंक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन 31 अगस्त को बिश्केक में SCO समिट के दौरान मुलाकात की थी। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन BRICS समिट में शामिल होने के लिए भारत आएंगे। 11 सितंबर को नई दिल्ली में BRICS नेताओं की बैठक से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पुतिन की द्विपक्षीय बैठक होगी। रूस के राष्ट्रपति ऑफिस क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने इस मुलाकात की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि भारत को रूस अपना रणनीतिक साझेदार मानता है और दोनों देशों के रिश्ते उसके लिए बेहद अहम हैं। उन्होंने बताया कि भारत और रूस के बीच ज्यादातर भुगतान अब दोनों देशों की अपनी-अपनी करेंसी में हो रहा है। दोनों देशों के बीच सुरक्षा, अंतरिक्ष, ऊर्जा, परिवहन, विज्ञान और तकनीक जैसे क्षेत्रों में भी सहयोग बढ़ रहा है। व्यापार और आर्थिक सहयोग पर चर्चा होगी मोदी और पुतिन की बैठक में व्यापार और आर्थिक सहयोग पर भी बात होगी। दोनों देश आपसी कारोबार बढ़ाने और अपनी कंपनियों के लिए नए मौके तलाशने पर चर्चा कर सकते हैं। भारतीय कंपनियां रूस के बाजार में कारोबार बढ़ाने में रुचि दिखा रही हैं। वहीं रूस भी भारत में अपनी कंपनियों और उत्पादों की पहुंच बढ़ाना चाहता है। दोनों देशों के बीच परिवहन और इससे जुड़ी अंतरराष्ट्रीय परियोजनाओं पर भी बात हो सकती है। यूक्रेन युद्ध और खाड़ी संकट भी बातचीत का मुद्दा बैठक में रूस-यूक्रेन युद्ध और मौजूदा हालात पर भी चर्चा हो सकती है। दोनों नेता युद्ध की स्थिति और उसके असर पर बात कर सकते हैं। फारस की खाड़ी में जारी तनाव भी बातचीत का हिस्सा बन सकता है। रूस का कहना है कि खाड़ी में चल रही घटनाओं का असर दुनिया की अर्थव्यवस्था पर पड़ रहा है। ऐसे में दोनों नेता इसके आर्थिक और रणनीतिक असर पर भी चर्चा कर सकते हैं। BRICS क्या है? BRICS 11 प्रमुख उभरती हुई अर्थव्यवस्थाओं वाले देशों का एक समूह है। इनमें ब्राजील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका, मिस्र, इथियोपिया, ईरान, UAE, सऊदी अरब और इंडोनेशिया शामिल हैं। इसका मकसद इन देशों के बीच आर्थिक, राजनीतिक और सामाजिक सहयोग को बढ़ावा देना है। इसमें शुरुआत में 4 देश थे, जिसे BRIC कहा जाता था। यह नाम 2001 में गोल्डमैन सैक्स के अर्थशास्त्री जिम ओ’नील ने दिया था। भारत 2026 में BRICS समिट की अध्यक्षता कर रहा है। 18वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन 12-13 सितंबर को नई दिल्ली में आयोजित होने जा रही है। खबर अपडेट हो रही है… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
मुंबई का आइकॉनिक गैटी गैलेक्सी थिएटर बंद:हनुमान अंश की स्क्रीनिंग से पहले केबल जले, हंगामे के बाद पुलिस का एक्शन, दावा- मैनेजमेंट के खिलाफ FIR

मुंबई के बांद्रा स्थित आइकॉनिक गैटी गैलेक्सी थिएटर को पुलिस ने सोमवार को बंद करा दिया। थिएटर में हनुमान अंश लगी थी, लेकिन शो के पहले ही केबल वायर जलने से दर्शकों ने हंगामा शुरू कर दिया। इसी थिएटर में लगे मिर्जापुर के पोस्टर भी फाड़े गए। पुलिस के पहुंचने के बाद दस्तावेजों की जांच में लाइसेंस से जुड़ी गड़बड़ी सामने आई। सोमवार को हनुमान अंश दिखाई जा रही थी। कुछ राजनीतिक कार्यकर्ता ये फिल्म देखने पहुंचे थे, लेकिन केबल जलने से शो शुरू नहीं हो सका। वहां पहुंचे लोगों ने फिल्म शुरू न होने पर विरोध में जमकर हंगामा किया। वहां मौजूद स्टाफ से बहस बढ़ने के बाद उन्होंने कथित तौर पर मिर्जापुर: द मूवी के पोस्टर फाड़ दिए। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस को बुलाया गया। पुलिस जांच में सामने आया है कि थिएटर का लाइसेंस 2021-22 में ही खत्म हो चुका है। तब से लाइसेंस रिन्यू नहीं करवाया गया है। इसके बाद नियमों का पालन नहीं होने के कारण थिएटर मैनेजमेंट को परिसर बंद करने और शो रोकने का निर्देश दिया गया। बांद्रा पुलिस ने थिएटर के मालिक, मैनेजर और सिनेमा चलाने वाली कंपनी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 के तहत केस दर्ज किया है। थिएटर के बाहर 12 नोटिस चिपकाए गए थिएटर की दीवारों के बाहर 12 नोटिस चिपकाए गए हैं। इनमें शो बंद होने की जानकारी दी गई है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने मिड-डे से कहा, “थिएटर के पास वैध लाइसेंस नहीं था। इसलिए हमने मैनेजमेंट को इसे तुरंत बंद करने का आदेश दिया।” एक अन्य अधिकारी ने बताया, “हर थिएटर को चलाने के लिए एंटरटेनमेंट लाइसेंस जरूरी है। यह लाइसेंस फोर्ट में क्रॉफर्ड मार्केट के पास स्थित मुंबई पुलिस हेडक्वार्टर से जारी होता है। गैटी-गैलेक्सी का लाइसेंस 2021-22 से रिन्यू नहीं हुआ था।” थिएटर मालिक मनोज देसाई बोले- लाइसेंस से जुड़ी खबरें फर्जी थिएटर के मालिक और एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर मनोज देसाई ने हिंदुस्तान टाइम्स से बातचीत में लाइसेंस रिन्यू न करवाने के दावों का खंडन किया है। उन्होंने टेक्निकल सुधार के चलते थिएटर बंद होने की बात कही है। उनके अनुसार, थिएटर के अंदर कुछ केबल जल गई थीं। इन्हें बदलने के लिए दक्षिण मुंबई के लोहार चॉल से नई केबल मंगाई गई है। मैनेजमेंट का कहना है कि समस्या ठीक होते ही शोज दोबारा शुरू कर दिए जाएंगे। 1972 में शुरू हुआ था गैटी-गैलेक्सी मुंबई के सबसे पहचान वाले सिनेमाघरों में शामिल गैटी-गैलेक्सी की शुरुआत 1972 में हुई थी। शुरुआत में यहां तीन स्क्रीन थीं, गैटी, गैलेक्सी और जेमिनी। बाद में चार और स्क्रीन,ग्लैमर, जेम, गॉसिप और ग्रेस जोड़ी गईं। इन सातों स्क्रीन को मिलाकर यह कॉम्प्लेक्स G7 के नाम से मशहूर हुआ। मुंबई के सिंगल स्क्रीन और मास ऑडियंस वाले सिनेमाघरों में गैटी-गैलेक्सी की खास पहचान रही है। 7 स्क्रीन से रोज 17-18 लाख रुपए तक के नुकसान का अनुमान ट्रेड एनालिस्ट गिरीश वानखेड़े ने थिएटर के संभावित नुकसान का आकलन किया। उन्होंने बताया कि गैटी-गैलेक्सी में करीब 7 स्क्रीन हैं। एक स्क्रीन से एक शो में औसतन 1 से 1.5 लाख रुपए की कमाई हो सकती है। इसमें थिएटर का हिस्सा करीब 50 हजार रुपए होता है। वानखेड़े के मुताबिक, एक दिन में हर स्क्रीन पर करीब 2.5 लाख रुपए का नुकसान हो सकता है। 7 स्क्रीन के हिसाब से यह नुकसान रोज करीब 17 से 18 लाख रुपए तक पहुंच सकता है। उन्होंने कहा कि अगर थिएटर 7 दिन बंद रहता है, तो नुकसान 1 करोड़ रुपए से ज्यादा हो सकता है। उनके मुताबिक, यह बंदी हफ्ते के ऐसे समय में हुई है, जब टॉक्सिक और मिर्जापुर: द मूवी जैसी मास-ओरिएंटेड फिल्में चल रही हैं। गिरीश वानखेड़े ने कहा कि गैटी ऐसे थिएटरों में शामिल है, जहां ओवर-द-टॉप पॉटबॉयलर और मास फिल्मों को अच्छी भीड़ मिलती है। इसलिए थिएटर मालिक एक अहम कारोबारी दौर का नुकसान उठा रहे हैं। पहली फिल्म थी ‘सीता और गीता’ गैटी-गैलेक्सी में पहली फिल्म रमेश सिप्पी की ‘सीता और गीता’ रिलीज हुई थी। 24 नवंबर 1972 को इसकी शुरुआत हुई थी। उस दौर में सिंगल स्क्रीन थिएटर ही फिल्मों की लोकप्रियता का सबसे बड़ा पैमाना हुआ करते थे और गैटी-गैलेक्सी ने जल्द ही मुंबई में अपनी अलग पहचान बना ली।
Mumbai Gaity Galaxy Theatre Closed

10 मिनट पहले कॉपी लिंक मुंबई के बांद्रा स्थित आइकॉनिक गैटी गैलेक्सी थिएटर को पुलिस ने सोमवार को बंद करा दिया। थिएटर में हनुमान अंश लगी थी, लेकिन शो के पहले ही केबल वायर जलने से दर्शकों ने हंगामा शुरू कर दिया। इसी थिएटर में लगे मिर्जापुर के पोस्टर भी फाड़े गए। पुलिस के पहुंचने के बाद दस्तावेजों की जांच में लाइसेंस से जुड़ी गड़बड़ी सामने आई। 1972 में फिल्म सीता और गीता से शुरू हुए इस थिएटर की फिल्म लवर्स, फिल्म स्टार्स और बड़ी फिल्मों से कई यादें जुड़ी हैं। यहां कभी जंजीर के 5 रुपए के टिकट 100 में बिके, तो कभी शाहरुख, दीपिका जैसे स्टार्स फैंस का रिएक्शन देखने पहुंचे। कभी करीना को भीड़ से बचाने के लिए इसके प्रोजेक्टर रूम में भी बंद किया गया था। हनुमान अंश देखने पहुंचे फैंस ने किया हंगामा, तो हुई कार्रवाई सोमवार को हनुमान अंश दिखाई जा रही थी। कुछ राजनीतिक कार्यकर्ता ये फिल्म देखने पहुंचे थे, लेकिन केबल जलने से शो शुरू नहीं हो सका। वहां पहुंचे लोगों ने फिल्म शुरू न होने पर विरोध में जमकर हंगामा किया। वहां मौजूद स्टाफ से बहस बढ़ने के बाद उन्होंने कथित तौर पर मिर्जापुर: द मूवी के पोस्टर फाड़ दिए। पठान रिलीज के समय गैटी गैलेक्सी पहुंचे शाहरुख की तस्वीर। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस को बुलाया गया। पुलिस जांच में सामने आया है कि थिएटर का लाइसेंस 2021-22 में ही खत्म हो चुका है। तब से लाइसेंस रिन्यू नहीं करवाया गया है। इसके बाद नियमों का पालन नहीं होने के कारण थिएटर मैनेजमेंट को परिसर बंद करने और शो रोकने का निर्देश दिया गया। बांद्रा पुलिस ने थिएटर के मालिक, मैनेजर और सिनेमा चलाने वाली कंपनी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 के तहत केस दर्ज किया है। थिएटर के बाहर 12 नोटिस चिपकाए गए थिएटर की दीवारों के बाहर 12 नोटिस चिपकाए गए हैं। इनमें शो बंद होने की जानकारी दी गई है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने मिड-डे से कहा, “थिएटर के पास वैध लाइसेंस नहीं था। इसलिए हमने मैनेजमेंट को इसे तुरंत बंद करने का आदेश दिया।” एक अन्य अधिकारी ने बताया, “हर थिएटर को चलाने के लिए एंटरटेनमेंट लाइसेंस जरूरी है। यह लाइसेंस फोर्ट में क्रॉफर्ड मार्केट के पास स्थित मुंबई पुलिस हेडक्वार्टर से जारी होता है। गैटी-गैलेक्सी का लाइसेंस 2021-22 से रिन्यू नहीं हुआ था।” थिएटर मालिक मनोज देसाई बोले- लाइसेंस से जुड़ी खबरें फर्जी थिएटर के मालिक और एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर मनोज देसाई ने हिंदुस्तान टाइम्स से बातचीत में लाइसेंस रिन्यू न करवाने के दावों का खंडन किया है। उन्होंने टेक्निकल सुधार के चलते थिएटर बंद होने की बात कही है। उनके अनुसार, थिएटर के अंदर कुछ केबल जल गई थीं। इन्हें बदलने के लिए दक्षिण मुंबई के लोहार चॉल से नई केबल मंगाई गई है। मैनेजमेंट का कहना है कि समस्या ठीक होते ही शोज दोबारा शुरू कर दिए जाएंगे। 1972 में शुरू हुआ था गैटी-गैलेक्सी मुंबई के सबसे पहचान वाले सिनेमाघरों में शामिल गैटी-गैलेक्सी की शुरुआत 1972 में हुई थी। शुरुआत में यहां तीन स्क्रीन थीं, गैटी, गैलेक्सी और जेमिनी। बाद में चार और स्क्रीन,ग्लैमर, जेम, गॉसिप और ग्रेस जोड़ी गईं। इन सातों स्क्रीन को मिलाकर यह कॉम्प्लेक्स G7 के नाम से मशहूर हुआ। मुंबई के सिंगल स्क्रीन और मास ऑडियंस वाले सिनेमाघरों में गैटी-गैलेक्सी की खास पहचान रही है। 7 स्क्रीन से रोज 17-18 लाख रुपए तक के नुकसान का अनुमान ट्रेड एनालिस्ट गिरीश वानखेड़े ने थिएटर के संभावित नुकसान का आकलन किया। उन्होंने बताया कि गैटी-गैलेक्सी में करीब 7 स्क्रीन हैं। एक स्क्रीन से एक शो में औसतन 1 से 1.5 लाख रुपए की कमाई हो सकती है। इसमें थिएटर का हिस्सा करीब 50 हजार रुपए होता है। वानखेड़े के मुताबिक, एक दिन में हर स्क्रीन पर करीब 2.5 लाख रुपए का नुकसान हो सकता है। 7 स्क्रीन के हिसाब से यह नुकसान रोज करीब 17 से 18 लाख रुपए तक पहुंच सकता है। उन्होंने कहा कि अगर थिएटर 7 दिन बंद रहता है, तो नुकसान 1 करोड़ रुपए से ज्यादा हो सकता है। उनके मुताबिक, यह बंदी हफ्ते के ऐसे समय में हुई है, जब टॉक्सिक और मिर्जापुर: द मूवी जैसी मास-ओरिएंटेड फिल्में चल रही हैं। गिरीश वानखेड़े ने कहा कि गैटी ऐसे थिएटरों में शामिल है, जहां ओवर-द-टॉप पॉटबॉयलर और मास फिल्मों को अच्छी भीड़ मिलती है। इसलिए थिएटर मालिक एक अहम कारोबारी दौर का नुकसान उठा रहे हैं। पहली फिल्म थी ‘सीता और गीता’ गैटी-गैलेक्सी में पहली फिल्म रमेश सिप्पी की ‘सीता और गीता’ रिलीज हुई थी। 24 नवंबर 1972 को इसकी शुरुआत हुई थी। उस दौर में सिंगल स्क्रीन थिएटर ही फिल्मों की लोकप्रियता का सबसे बड़ा पैमाना हुआ करते थे और गैटी-गैलेक्सी ने जल्द ही मुंबई में अपनी अलग पहचान बना ली। यहां ब्लैक में बिके थे शोले के टिकट प्रकाश मेहरा ने फ्लॉप कहे जाने वाले अमिताभ बच्चन को लेकर फिल्म जंजीर बनाई थी। हर किसी का कहना था कि ये फिल्म फ्लॉप हो जाएगी। आखिरकार फिल्म 11 मई 1973 को रिलीज हुई। फिल्म मुंबई में कोई खास कमाल नहीं दिखा सकी। अमिताभ ये जानकर इस कदर नाराज हुए कि उन्हें तेज बुखार आ गया। उन्होंने एक्टिंग छोड़कर इलाहाबाद (अब प्रयागराज) लौटने का फैसला कर लिया। इसके 4 दिन बाद डायरेक्टर प्रकाश मेहरा किसी काम से निकले। उनकी कार जैसे ही मुंबई के आइकॉनिक गैटी गैलेक्सी के बाहर से निकली, तो उन्होंने देखा कि लोगों की भीड़ के बीच टिकट की मारा-मारी हो रही है। पास गए तो पता चला कि यहां उनकी फिल्म जंजीर लगी है। सारे शोज हाउसफुल हैं और लोग 5 रुपए की टिकट ब्लैक में 100 रुपए में खरीद रहे हैं। उन्होंने तुरंत अमिताभ बच्चन को कॉल कर इसकी जानकारी दी। ये सुनकर उनकी तबीयत और बिगड़ गई थी। अभिषेक बच्चन और करीना कपूर को किया गया था प्रोजेक्टर रूम में बंद अभिषेक बच्चन और करीना कपूर की पहली फिल्म रिफ्यूजी का प्रीमियर गैटी गैलेक्सी में रखा गया था। दोनों प्रीमियर में पहुंचे। फिल्म देखने के लिए इतनी भीड़ उमड़ी कि करीना और अभिषेक को बचाने के लिए प्रोजेक्टर रूम में बंद किया गया था। कई सेलेब्स फिल्म देखने पहुंचते हैं गैटी गैलेक्सी शाहरुख खान- चेन्नई एक्सप्रेस और
मिर्जापुर ने 4 दिन में कमाए ₹154 करोड़:अल्फा, कॉकटेल-2 पीछे, साल की 8वीं सबसे बड़ी फिल्म बनी; सोमवार की कमाई में सलमान, रणबीर की फिल्में पछाड़ीं

गुरमीत सिंह के निर्देशन में बनी ‘मिर्जापुर: द मूवी’ ने पहले सोमवार को देश में ₹16 करोड़ की नेट कमाई की। इसके साथ फिल्म का 4 दिन में भारत में नेट कलेक्शन ₹109.75 करोड़ और वर्ल्डवाइड ग्रॉस कलेक्शन ₹154.05 करोड़ हो गया है। महज 4 दिनों में ही ये फिल्म इस साल की 8वीं हाईएस्ट ग्रॉसिंग फिल्म बन चुकी है। इसने अल्फा और कॉकटेल 2 जैसी फिल्मों को पीछे कर दिया। फिल्म ने पहले सोमवार की कमाई में सलमान खान की ‘सुल्तान’, ‘ब्रह्मास्त्र पार्ट 1 शिवा’ और ‘द कश्मीर फाइल्स’ को पीछे छोड़ दिया है। ‘मिर्जापुर: द मूवी’ चार दिन में 100 करोड़ क्लब में शामिल हो गई है। मिर्जापुर ने बनाया रिकॉर्ड फिल्म महज 4 दिनों में 2026 की 8वीं सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन चुकी है। इसने अल्फा और कॉकटेल-2 जैसी फिल्मों से ज्यादा कमाई कर ली है। मौजूदा कमाई देखकर अनुमान लगाया जा सकता है कि ये जल्द ही अक्षय कुमार की वेलकम टू द जंगल और आवारापन 2 से भी ज्यादा कमाई कर सकती है। सोमवार को 10,570 शोज में 38.8% ऑक्यूपेंसी सोमवार को ‘मिर्जापुर’ के 10,570 शोज में 38.8% सीटों पर दर्शक नजर आए। वहीं, भक्ति ड्रामा ‘हनुमान अंश’ के 7,343 शोज में 36.0% ऑक्यूपेंसी दर्ज की गई। ‘हनुमान अंश’ ने सोमवार को अपने 32वें दिन ₹10 करोड़ कमाए। पहले सोमवार को ₹16 करोड़ की नेट कमाई सैकनिल्क के मुताबिक, ‘मिर्जापुर: द मूवी’ ने अपने पहले सोमवार यानी रिलीज के चौथे दिन देश में ₹16 करोड़ की नेट कमाई की। ओपनिंग डे की तुलना में यह 37.86% की गिरावट है। हालांकि वीकडे के लिहाज से कमाई बेहतरीन हुई है। आमतौर पर पहले दिन की तुलना में पहले कामकाजी सोमवार को कमाई 40% तक गिरती है। पहले सोमवार की कमाई में कई फिल्मों को पीछे छोड़ा देश में अब तक पहले सोमवार को सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों की लिस्ट में ‘मिर्जापुर: द मूवी’ 39वें नंबर पर है। हालांकि, इसने रणबीर कपूर की ‘ऐ दिल है मुश्किल’ की ₹15.65 करोड़ की कमाई को पीछे छोड़ा है। फिल्म ने सलमान खान की ‘सुल्तान’ की ₹15.54 करोड़, ‘ब्रह्मास्त्र पार्ट 1 शिवा’ की ₹15.10 करोड़ और विवेक अग्निहोत्री की ‘द कश्मीर फाइल्स’ की ₹15.05 करोड़ की पहले सोमवार की कमाई को भी पछाड़ दिया है। विदेशी बाजार से 4 दिन में ₹22.50 करोड़ इस गैंगस्टर-एक्शन-ड्रामा को विदेशों में भी अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है। फिल्म ने चौथे दिन ओवरसीज मार्केट में ₹2.50 करोड़ की ग्रॉस कमाई की। विदेशी बाजार से 4 दिन में कुल ₹22.50 करोड़ का ग्रॉस कलेक्शन हुआ है। भारत और विदेशों की कमाई मिलाकर फिल्म का वर्ल्डवाइड ग्रॉस कलेक्शन ₹154.05 करोड़ तक पहुंच गया है। गाने के चलते विवादों में है फिल्म राजस्थानी रैपर और कलाकार रैपरिया बालम के गाने ‘शूरवीर’ को ‘मिर्जापुर: द फिल्म’ में इस्तेमाल करने पर विवाद हो गया था। रैपरिया बालम ने वीडियो जारी कर दावा किया था कि फिल्म में गाना उनकी अनुमति के बिना इस्तेमाल किया गया। विवाद के बीच गाने के म्यूजिक लेबल ट्रूपर रिकॉर्ड्स ने बयान जारी कर कहा है कि उसने ‘शूरवीर’ को फिल्म में इस्तेमाल करने के लिए एक्सेल एंटरटेनमेंट को आधिकारिक लाइसेंस दिया था। ट्रूपर रिकॉर्ड्स ने अपने बयान में लिखा, “ट्रूपर रिकॉर्ड्स यह साझा करते हुए खुश है कि ‘शूरवीर’ को ‘मिर्जापुर: द फिल्म’ में इस्तेमाल करने के लिए एक्सेल एंटरटेनमेंट को आधिकारिक तौर पर लाइसेंस दिया गया था। एक्सेल एंटरटेनमेंट और पूरी मिर्जापुर टीम को रिलीज पर बधाई।” लेबल ने इसी बयान में गाने के क्रेडिट भी साझा किए। इसमें रैपरिया बालम को ‘शूरवीर’ का गायक और कंपोजर बताया गया है। क्या था गाने पर विवाद? मिर्जापुरः द फिल्म 4 सितंबर को रिलीज हुई। फिल्म में शूरवीर गाना दिखाया गया। इसके बाद राजस्थानी सिंगर रैपरिया बालम ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर दावा किया कि ये गाना उनका है, जिसे बिना इजाजत इस्तेमाल किया गया। रैपर के मुताबिक, फिल्म में गाना मारधाड़ और गोलियां चलाने वाले सीन में इस्तेमाल हुआ, जिससे उनके राज्य की छवि खराब हुई। जबकि ये गाना उन्होंने महाराणा प्रताप पर बनाया था। वीडियो में उन्होंने कहा, “आप में से कुछ लोग पूछ सकते हैं कि मेरा दिल क्यों टूटा है। आप कह सकते हैं कि मुझे खुश होना चाहिए, क्योंकि मेरा गाना मिर्जापुर में है। लेकिन मिर्जापुर की टीम ने मेरा गाना इस्तेमाल करने के लिए मेरी अनुमति नहीं ली। उन्हें अनुमति किसने दी? मैंने तो नहीं दी।” उन्होंने आगे कहा, “यह गाना महाराणा प्रताप जी को समर्पित है। हम इस गाने का इस्तेमाल फिल्म के विलेन का महिमामंडन करने के लिए कर रहे हैं। क्या यह सही है? अगर मिर्जापुर की टीम मेरे पास आती और कहती कि ‘रैपरिया भाई, हम आपका गाना इस्तेमाल करना चाहते हैं’, तो हम उन्हें 10 आइडिया देते। लेकिन बिना अनुमति गाना लेना सही नहीं है।” रैपर ने ‘शूरवीर’ के कॉपीराइट और लाइसेंसिंग प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा, “मुझे नहीं पता कि ये अधिकार आपको किसने दिए या आपने किससे लिए। जिसने भी आपको अधिकार दिए हैं, उससे पूछिए कि क्या उसके पास कोई कॉपीराइट है?” एक्सेल एंटरटेनमेंट की सबसे बड़ी फिल्म बनी मिर्जापुर मिर्जापुर द मूवी एक्सेल एंटरटेनमेंट की पहली बड़ी थिएट्रिकल फिल्मों में से एक है, जो एक सफल स्ट्रीमिंग फ्रेंचाइजी से आई है। ‘मिर्जापुर’ सीरीज अमेजन प्राइम वीडियो पर रिलीज हुई थी। ये एक्सेल एंटरटेनमेंट की सबसे बड़ा ओपनिंग कलेक्शन करने वाली फिल्म बन चुकी है। फिल्म ने डॉन 2, गली बॉय, रईस और गोल्ड जैसी फिल्मों को पीछे कर दिया है। ‘मिर्जापुर’ का पहला सीजन 16 नवंबर 2018 को रिलीज हुआ था, जिसमें कुल 9 एपिसोड थे। इसके बाद दूसरा सीजन 23 अक्टूबर 2020 को आया, जिसमें 10 एपिसोड शामिल थे। वहीं, तीसरा सीजन 5 जुलाई 2024 को रिलीज किया गया। इस सीजन में भी कुल 10 एपिसोड थे। फिल्म में पंकज त्रिपाठी, अली फजल, दिव्येंदु शर्मा के अलावा श्वेता त्रिपाठी, जितेंद्र कुमार, रवि किशन, अभिषेक बनर्जी, रसिका दुग्गल, श्रिया पिलगांवकर, हर्षिता गौर, सुशांत सिंह, मोहित मलिक, शीबा चड्ढा, राजेश तैलंग, कुलभूषण खरबंदा, सोनल चौहान, प्रमोद पाठक और अनंग्शा बिस्वास भी नजर आ रहे हैं।
हरियाणवी कनिका मान की बिगबॉस में धमाकेदार एंट्री:सलमान खान ने देशी छोरी कहकर इंट्रोड्यूस कराया, बोले- अब असली ‘ड्रैगन मोड’ देखने को मिलेगा

हरियाणा के पानीपत से निकलकर मनोरंजन की दुनिया में अपनी पहचान बनाने वाली एक्ट्रेस कनिका मान अब रियलिटी शो ‘बिग बॉस 20’ के घर में पहुंच गई हैं। ग्रैंड प्रीमियर में सलमान खान ने उनका स्वागत किया। कनिका ने ‘शरारत’ गाने पर धमाकेदार परफॉर्मेंस के साथ शो की पहली कंटेस्टेंट के तौर पर एंट्री ली। इस परफॉर्मेंस के बाद सलमान खान ने उनकी जमकर तारीफ की। उन्होंने कनिका को हरियाणा की छोरी के तौर पर दर्शकों से मिलवाया। इसके बाद मजाकिया अंदाज में कहा कि कनिका अब ‘बिग बॉस की मेहमान’ बन गई हैं, अब असली ‘ड्रैगन मोड’ देखने को मिलेगा। सलमान ने यह भी बताया कि उनकी मां भी कनिका की बहुत बड़ी फैन हैं। एक पुराने किरदार को लेकर की गई टिप्पणी का जिक्र भी किया। कनिका मान का जन्म पानीपत में हुआ है। उन्होंने चंडीगढ़ की पंजाब यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की। शुरुआत में मनोरंजन की दुनिया में जाना उनके लिए आसान फैसला नहीं था। परिवार की तरफ से भी पढ़ाई और करियर को लेकर चिंताएं थीं। हालांकि बाद में परिवार ने उनका साथ दिया और कनिका ने मॉडलिंग को अपना करियर बनाने की दिशा में कदम बढ़ाया। बिगबॉस के घर में कनिका मान के एंट्री के PHOTO… सलमान खान और कनिका मान के बीच ऐसे हुई बातचीत… हरियाणा में जन्म से लेकर मॉडलिंग और बिगबॉस तक का सफर अब बिग बॉस के घर में नई परीक्षा कनिका मान के करियर का नया पड़ाव अब ‘बिग बॉस 20’ है। 6 सितंबर 2026 को शो के ग्रैंड प्रीमियर में उन्होंने सलमान खान के सामने परफॉर्म किया और इसके बाद बिग बॉस के घर में एंट्री की। बिग बॉस में एंट्री के साथ ही कनिका को घर में एक खास भूमिका भी मिली और उन्हें ‘पपेट मास्टर’ के तौर पर पेश किया गया। अब उनके सामने चुनौती सिर्फ दर्शकों का मनोरंजन करने की नहीं, बल्कि घर के रिश्तों, विवादों और रणनीति के बीच खुद को मजबूत बनाए रखने की भी है। ———————— यै खबर भी पढ़ें… मासूम शर्मा की बाबाओं-डेरों पर फिर विवादित टिप्पणी:जींद में बोले-जित भी ये फंस ज्यां, जूत मारने हैं; नए सॉन्ग ‘फिल्मी बाबे’ में जल्लाद बताया हरियाणवी सिंगर मासूम शर्मा पांखडवाद के खिलाफ अब खुलकर मैदान में आ गए है। जींद के पदाना धाम श्याम मंदिर में हुए भजन कीर्तन में सिंगर ने जहां पाखंडवाद पर खुलकर कटाक्ष किए, वहीं अपना ‘तत्वदर्शी’ सॉन्ग सुनाते हुए विवादित टिप्पणी भी कर दी। (पूरी खबर पढ़ें)
रूस में हिमस्खलन, 11 पर्वतारोहियों की मौत:33 लोगों के ग्रुप पर बर्फ गिरी; 6 अभी लापता, 50 से ज्यादा बचावकर्मी तलाश में जुटे

रूस के उत्तरी काकेशस इलाके में स्थित माउंट मिजहिरगी पर रविवार शाम हिमस्खलन हुआ। स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक, हादसे में 11 पर्वतारोहियों की मौत हो गई। वहीं 10 लोग किसी तरह सुरक्षित नीचे उतर आए, लेकिन 6 लोग अभी भी लापता हैं। बचाव दल उनकी तलाश में जुटा हुआ है। जब हादसा हुआ उस समय 33 पर्वतारोहियों का एक समूह पहाड़ पर चढ़ाई कर रहा था। अचानक पहाड़ से बड़ी मात्रा में बर्फ खिसककर उनके ऊपर आ गिरी, जिससे कई लोग बर्फ के नीचे दब गए। खबर लगातार अपडेट हो रही है…
Russia Mount Mizhirgi Avalanche | Climbers Death & Rescue Operation

44 मिनट पहले कॉपी लिंक माउंट मिजहिरगी पर हुए हिमस्खलन के कारण बर्फ में दबे लोगों की तलाश के लिए 50 से ज्यादा बचावकर्मी रेस्क्यू में लगे हैं। रूस के उत्तरी काकेशस इलाके में स्थित माउंट मिजहिरगी पर रविवार शाम हिमस्खलन हुआ। स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक, हादसे में 11 पर्वतारोहियों की मौत हो गई। वहीं 10 लोग किसी तरह सुरक्षित नीचे उतर आए, लेकिन 6 लोग अभी भी लापता हैं। बचाव दल उनकी तलाश में जुटा हुआ है। जब हादसा हुआ उस समय 33 पर्वतारोहियों का एक समूह पहाड़ पर चढ़ाई कर रहा था। अचानक पहाड़ से बड़ी मात्रा में बर्फ खिसककर उनके ऊपर आ गिरी, जिससे कई लोग बर्फ के नीचे दब गए। माउंट मिजहिरगी पर हुए हिमस्खलन की तस्वीरें 6 लापता पर्वतारोहियों की तलाश जारी लापता पर्वतारोहियों को खोजने के लिए 50 से ज्यादा बचावकर्मी अभियान में जुटे हैं। पहाड़ी इलाका बेहद कठिन है और वहां दोबारा हिमस्खलन का खतरा बना हुआ है। इस वजह से बचाव दलों को सावधानी के साथ अभियान चलाना पड़ रहा है। माउंट मिजिरगी कहां है? माउंट मिजिरगी रूस के नॉर्थ कॉकेशस क्षेत्र में स्थित है। यह काबार्डिनो-बालकारिया के पर्वतीय इलाके की प्रमुख ऊंची चोटियों में शामिल है। यहां का ऊंचाई वाला और कठिन भूभाग पर्वतारोहियों के लिए चुनौतीपूर्ण माना जाता है। ———————- यह खबर भी पढ़ें… इंडोनेशिया में ज्वालामुखी फटा, 50 हजार फीट तक राख उड़ी: 58 इंटरनेशनल समेत 301 फ्लाइट डिले इंडोनेशिया के माउंट अनाक क्राकाटोआ में रविवार को जोरदार विस्फोट हुआ। ज्वालामुखी से निकली राख करीब 50 हजार फीट की ऊंचाई तक पहुंच गई। पूरी खबर यहां पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Shahdol School Video | Students Cleaning School Roof Without Safety

Hindi News Career Shahdol School Video | Students Cleaning School Roof Without Safety 4 मिनट पहले कॉपी लिंक मप्र के शहडोल जिले के गोरतरा गांव का एक वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में स्कूल के बच्चे छत और छज्जे की सफाई करते दिख रहे हैं। काम के दौरान स्कूल भवन पर काई जमी हुई थी। साथ ही छत पर चढ़ने-उतरने के लिए कोई सुरक्षित इंतजाम भी नजर नहीं आ रहा है। ऊंचाई पर काई में चढ़ते बच्चे नजर आए ये वीडियो शासकीय प्राथमिक विद्यालय का है। बारिश की वजह से स्कूल बिल्डिंग में काई जमी नजर आ रही है लेकिन बच्चों को को ऊंचाई पर चढ़ाकर सफाई का काम करवाया जा रहा था। वीडियो वायरल होने के बाद छात्रों के पेरेंट्स और ग्रामीणों ने स्कूल पर नाराजगी जताई है। वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद ट्राइबल डिपार्टमेंट के असिस्टेंट कमिश्नर आनंद राय ने कहा है कि जांच कराई जाएगी। बिहार में बच्चे कुदाल से सफाई कर रहे थे हाल ही में बिहार के एक स्कूल का भी वीडियो सामने आया था। इस वीडियो में बिहार के सरकारी स्कूल में पढ़ाई के समय बच्चों से सफाई करवाई जा रही है। इस वीडियो में बच्चे कुदाल लेकर सफाई कर रहे हैं। जबकि स्कूल में उस समय क्लासेज चल रही है। ये घटना मध्य विद्यालय कोकला की है। वहीं बच्चे ये सफाई हेडमास्टर के कहने पर कर रहे थे। टॉयलेट की सफाई कर रहे हैं बच्चे वहीं 27 अगस्त को मंडला जिले के मवई विकासखंड के प्राइमरी स्कूल का एक वीडियो सामने आया था। इसमें बच्चे पढ़ाई के बजाय स्कूल परिसर और टॉयलेट की सफाई करते दिख रहे हैं। कुछ क्लासेज में झाड़ू लगाते हुए नजर आ रहे हैं। शिक्षकों को नोटिस जारी किया बच्चों से टॉयलेट और क्लासेस की सफाई कराए जाने पर गंभीर सवाल भी उठे। स्कूलों में साफ-सफाई के लिए पर्याप्त पैसा अलॉट किया जाता है इसके बावजूद भी बच्चों से यह काम कराया जा रहा था। रिपोर्ट के मुताबिक, वीडियो वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग ने संज्ञान लिया है और चार शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया था। ऐसे इसके साथ ही हाल ही में एक ओर वीडियो भी वायरल हुआ, जिसमें सभी बच्चे स्कूल यूनिफॉर्म में हैं और मजदूरों के साथ मिलकर रेत उठा रहे हैं। 6- 14 साल तक के बच्चों को पढ़ने के अधिकार 6-14 वर्ष के बच्चों को मुफ्त और अनिवार्य शिक्षा का संवैधानिक अधिकार है। RTE एक्ट इसी अधिकार को लागू करता है। यदि बच्चों को पढ़ाई के बजाय नियमित किसी काम में लगाया जा रहा है, तो यह उनके शिक्षा के अधिकार के भी विरुद्ध जा सकता है। गलती की सजा के तौर पर भी बच्चों से स्कूल में काम नहीं करवाया जा सकता। ऐसा करने पर RTE Act धारा 17 के तहत केस हो सकता है। —————– ये खबर भी पढ़ें.. कहीं क्लास की छत गिरी, कहीं चलता पंखा:कर्नाटक में छह बच्चे घायल, दिल्ली स्कूल में छात्रा का सिर फटा देश में सरकारी स्कूलों की खस्ताहालत आए दिन सामने आ रही है। बुधवार को कर्नाटक के बागलकोट में एक सरकारी स्कूल की छत का कंक्रीट गिरने से 6 बच्चे घायल हो गए हैं पूरी खबर पढ़ें.. दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…







