शिमला के नारकंडा-कुफरी में बर्फबारी:हिमाचल में रातभर तेज बारिश, आज 5 जिलों में ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट, तापमान में भारी गिरावट

हिमाचल प्रदेश में शिमला जिला के मशहूर पर्यटन स्थल नारकंडा और कुफरी समेत लाहौल स्पीति के ऊंचे पहाड़ों पर सुबह 6 बजे के बाद बर्फबारी शुरू हुई। इससे पहले, पूरे प्रदेश में रात भर तेज बारिश हुई। कई जगह तूफान भी चला। मौसम विभाग ने आज भी पांच जिलों में ओलावृष्टि और तूफान का ऑरेंज अलर्ट दे रखा है। बारिश व बर्फबारी के बाद पहाड़ों पर दिसंबर-जनवरी जैसी ठंड लौट आई है। पहाड़ों पर लोग सर्दी के गर्म कपड़े निकालने को मजबूर हो गए है। राज्य के कई शहरों का न्यूनतम तापमान जमाव बिंदू के आसपास पहुंच गया है। बीते 24 घंटे में प्रदेश का औसत अधिकतम तापमान भी सामान्य से 5 डिग्री सेल्सियस नीचे गिरा है। बर्फबारी के बाद इसमे और गिरावट आएगी। ऊना के अधिकतम तापमान में सामान्य की तुलना में सबसे ज्यादा 9.2 डिग्री की गिरावट आने के बाद पारा 23.6 डिग्री सेल्सियस रह गया है। सोलन का अधिकतम तापमान भी सामान्य से 9.1 डिग्री कम होने के बाद 23.6 डिग्री, कांगड़ा का 6.1 डिग्री लुढ़कने के बाद 26 डिग्री, सुंदरनगर का 5.6 डिग्री कम होने के बाद 23.3 डिग्री सेल्सियस रह गया है। 3 जगह जमाव बिंदू के आसपास पहुंचा रात का पारा बीते 24 घंटे में कल्पा का न्यूनतम तापमान 0.4 डिग्री, कुकुमसैरी का 0.4, ताबो का पारा 1.1 डिग्री, मनाली का 5.5 डिग्री, सियोबाग 5.8 डिग्री, सोलन 8.5, भुंतर व शिमला का न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस रह गया है। मौसम विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन में कई शहरों का पारा माइनस में जाने की संभावना है। आज पांच जिलों में ऑरेंज अलर्ट IMD के अनुसार- अगले 48 घंटे भी ठंड से राहत के आसार नहीं है। आज कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला और सिरमौर जिला में भारी ओलावृष्टि व तूफान का ऑरेंज अलर्ट जारी कर रखा है। अन्य जिलों में येलो अलर्ट की चेतावनी दी गई है। इस दौरान 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तूफान चलने का पूर्वानुमान है। कल भी पूरे प्रदेश में खराब रहेगा मौसम अगले कल भी मौसम खराब रहने का पूर्वानुमान है। नौ अप्रैल के लिए मंडी, शिमला, सोलन और सिरमौर जिला में येलो अलर्ट दिया गया है। 10 अप्रैल को वेस्टर्न डिस्टरबेंस थोड़ा कमजोर पड़ेगा, इस दिन अधिक ऊंचे पहाड़ों पर ही हल्की बूंदाबांदी हो सकती है, जबकि 11 व 12 अप्रैल को अधिक ऊंचे व मध्यम ऊंचाई वाले कुछेक क्षेत्रों में हल्की बारिश के आसार हैं। सेब की फसल पर संकट ऊंचे पहाड़ों पर बर्फबारी के कारण सेब बागवानों को भारी नुकसान हो रहा है। बर्फ के भार से सेब को ओलो से बचाने के लिए लगाए गए एंटी हेल नेट और बांस टूट रहे है। सेब की फ्लावरिंग के वक्त अत्यधिक ठंड के कारण फसल पर संकट मंडरा रहा है, क्योंकि फ्लावरिंग के दौरान औसत तापमान 14 से 15 डिग्री जरूरी होता। मगर आज दो दिन से औसत पारा 6 से 7 डिग्री तक गिर गया है।
Health Tips: गर्मी में कुडजू स्टार्च का करें सेवन, पसीना, थकान और गर्मी से मिलेगी राहत, शरीर को मिलेगा जबरदस्त फायदा

Last Updated:April 08, 2026, 05:20 IST Kudzu Starch Drink Benefits : कुडज़ू और कसावा स्टार्च पेय गर्मी में ठंडक और सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है. पलामू के आयुर्वेद के जानकार शिव कुमार पांडे ने कहा कि इससे पथरी की आशंका भी दूर हो जाती है. यह शरीर को ठंडक पहुंचाने वाला पेय पदार्थ है. कसावा या कुडज़ू स्टार्च पाउडर से बना पेय लंबे समय से गर्मियों में इस्तेमाल किया जाने वाला पारंपरिक और ताजगी देने वाला पेय माना जाता है. यह सस्ता होने के साथ-साथ शरीर को ठंडक देता है और कई स्वास्थ्य लाभ भी प्रदान करता है. खासतौर पर गर्मी के मौसम में लोग इसे शरीर को ठंडा रखने और ऊर्जा बनाए रखने के लिए पीते हैं. आयुर्वेद के जानकार शिव कुमार पांडे ने लोकल 18 को बताया कि यह पेय रक्त शर्करा को नियंत्रित करने और गुर्दे की समस्याओं से जूझ रहे लोगों के लिए लाभकारी माना जाता है. उन्होंने कहा कि कई लोगों में यह धारणा है कि कसावा या कुडज़ू स्टार्च पाउडर के ज्यादा सेवन करने से गुर्दे की पथरी बन सकती है. हालांकि यह पूरी तरह गलतफहमी है. चिकित्सा साहित्य में अब तक ऐसा कोई प्रमाण नहीं मिला है कि कुडज़ू पाउडर के सेवन से पथरी बनती है. इसमें ऐसे सक्रिय तत्व नहीं पाए जाते हैं. जो पथरी बनने का कारण बनें. साथ ही कहा कि पारंपरिक चिकित्सा के अनुसार कुडज़ू की जड़ का स्वाद मीठा और प्रकृति तटस्थ होती है. यह शरीर की गर्मी कम करने, प्यास बुझाने, बुखार, खसरा, फोड़े-फुंसी और सर्दी में राहत देने में उपयोगी मानी जाती है. इसके अलावा यह हैंगओवर से राहत दिलाने में भी प्रभावी बताई जाती है. गर्मी के दिनों में इसे ठंडक देने वाले प्राकृतिक पेय के रूप में इस्तेमाल किया जाता है. Add News18 as Preferred Source on Google उन्होंने बताया कि कुडज़ू स्टार्च पाउडर रक्त संचार को बेहतर बनाने, रक्त शर्करा को नियंत्रित करने और रक्तचाप कम करने में सहायक हो सकता है. इसके अलावा यह शरीर से विषाक्त पदार्थों को निकालने, यकृत कोशिकाओं की रक्षा करने और उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को धीमा करने में भी मदद करता है. यह श्वसन संक्रमण से बचाव और हृदय स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी माना जाता है. साथ ही कहा कि यह लाभकारी है, लेकिन इसका सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए. इसे रोजाना एक गिलास से अधिक सेवन न करने की सलाह देते हैं. इसे शहद के साथ मिलाकर नहीं पीना चाहिए. क्योंकि इससे प्रतिकूल प्रतिक्रिया हो सकती है. सुबह इसका सेवन बेहतर माना जाता है. जबकि शाम को पीने से बचने की सलाह दी जाती है. उन्होंने कहा कि कसावा स्टार्च का शीतल प्रभाव अधिक होता है, इसलिए छोटे बच्चों को कम मात्रा में ही देना चाहिए. कच्चा सेवन करने से पेट खराब या दस्त की समस्या हो सकती है. इसलिए इसे पकाकर देना बेहतर है. गर्भवती महिलाओं को शरीर में गर्मी महसूस होने पर इसका सेवन लाभकारी हो सकता है, लेकिन ठंड, थकान या लो ब्लड प्रेशर होने पर इसे नहीं पीना चाहिए. आगे कहा कि कुडज़ू स्टार्च पेय बनाने के लिए 2–3 चम्मच स्टार्च में थोड़ा गर्म पानी मिलाकर घोल तैयार करें. इसमें ताजा दूध, गाढ़ा दूध, कुमक्वाट या नींबू और स्वादानुसार चीनी की चाशनी मिलाएं. सभी सामग्री को अच्छी तरह मिलाकर ठंडा परोसें. यह पेय गर्मी में ताजगी देने के साथ शरीर को ऊर्जा भी देता है. उन्होंने आगे कहा कि शुद्ध कुडज़ू स्टार्च सफेद रंग के बड़े दानों के रूप में होता है, जिसमें प्राकृतिक सुगंध होती है. इसे चबाने पर यह कुरकुरा लगता है और जल्दी घुल जाता है. वहीं मिलावटी उत्पाद का रंग धुंधला होता है और उसमें तेज या कृत्रिम गंध हो सकती है. सही गुणवत्ता वाला पाउडर चुनना ही बेहतर स्वास्थ्य लाभ के लिए जरूरी माना जाता है. First Published : April 08, 2026, 05:20 IST
वैभव ने बुमराह की पहली बॉल पर सिक्स लगाया:यशस्वी के IPL में 100 सिक्स पूरे, राजस्थान की दूसरी फास्टेस्ट टीम फिफ्टी; मोमेंट्स-रिकार्ड्स

राजस्थान रॉयल्स ने IPL 2026 के 13वें मैच में मुंबई इंडियंस को 27 रन से हरा दिया। मंगलवार देर रात गुवाहाटी के बरसापारा स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में रोचक मोमेंट्स और रिकॉर्ड्स देखने को मिले। बारिश की वजह से मैच देरी से शुरू हुआ। वैभव सूर्यवंशी ने जसप्रीत बुमराह की पहली ही गेंद पर सिक्स लगा दिया। वहीं यशस्वी जायसवाल ने IPL में अपने 100 सिक्स पूरे किए। राजस्थान ने महज 2.4 ओवर में 50 रन बनाकर IPL इतिहास की दूसरी सबसे तेज टीम फिफ्टी लगाई। पढ़िए RR Vs MI मैच के टॉप मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स… 1. राजस्थान ने अपने रिकॉर्ड की बराबरी की राजस्थान रॉयल्स ने अपनी ही सबसे तेज टीम फिफ्टी रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। टीम ने मुंबई इंडियंस के खिलाफ 2.4 ओवर में 50 रन पूरे किए। इससे पहले भी राजस्थान ने 2023 में 2.4 ओवर में ही कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ फिफ्टी लगाई थी। सबसे तेज टीम फिफ्टी का रिकॉर्ड रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के नाम है, जिन्होंने 2011 में कोच्चि टस्कर्स केरल के खिलाफ 2.3 ओवर में 50 रन बनाए थे। 2. वैभव 19 या उससे कम उम्र में सबसे ज्यादा सिक्स लगाने वाले बैटर वैभव सूर्यवंशी 19 साल या उससे कम उम्र में IPL में सबसे ज्यादा सिक्स लगाने वाले बल्लेबाज बन गए। उन्होंने 10 पारियों में 35 सिक्स लगाए हैं। इस मामले में उन्होंने ऋषभ पंत (30) और ईशान किशन (30) को पीछे छोड़ा। 3. यशस्वी के IPL में 100 सिक्स पूरे यशस्वी जायसवाल ने IPL में अपने 100 सिक्स पूरे किए। वे राजस्थान रॉयल्स के लिए 100 या उससे ज्यादा सिक्स लगाने वाले बल्लेबाजों की लिस्ट में शामिल हो गए हैं। इस मामले में संजू सैमसन (192) टॉप पर हैं, जबकि जोस बटलर (135) और शेन वॉटसन (109) उनसे आगे हैं। यहां से खास टॉप-5 मोमेंट्स… 1. बारिश की वजह से मैच 2 घंटे 40 मिनट देरी से शुरू हुआ गुवाहाटी में बारिश ने खेल बिगाड़ दिया। MI और RR का मुकाबला तय समय से 2 घंटे 40 मिनट देरी से शुरू हुआ। मौसम की वजह से ओवर घटाकर मैच 11-11 ओवर का किया गया। 2. यशस्वी ने पहले ओवर में 5 बाउंड्री लगाई यशस्वी जायसवाल ने पहले ओवर में 4 चौके और एक सिक्स लगा दिया। उन्होंने दीपक चाहर के खिलाफ 22 रन बटोरे। इस ओवर में जायसवाल ने पहली ही गेंद पर चौका लगा दिया। उन्होंने दूसरी गेंद पर सिक्स जड़ा और फिर तीसरी व चौथी गेंद पर लगातार बाउंड्री लगाईं। ओवर की आखिरी गेंद पर भी चौका लगा दिया। 3. वैभव ने बुमराह की पहली बॉल पर सिक्स लगाया वैभव सूर्यवंशी ने जसप्रीत बुमराह के ओवर में 2 सिक्स लगाए। पहली ही गेंद पर उन्होंने लॉन्ग-ऑन के ऊपर से शानदार सिक्स लगाया। इसके बाद शॉर्ट गेंद पर पुल शॉट खेलते हुए डीप स्क्वेयर लेग के पार सिक्स लगा दिया। 4. यशस्वी की चौके से 17वीं IPL फिफ्टी यशस्वी जायसवाल ने चौके के साथ अपनी 17वीं IPL फिफ्टी पूरी की। उन्होंने हार्दिक पंड्या की गेंद को कट शॉट खेलते हुए डीप पॉइंट बाउंड्री तक पहुंचाया। इस चौके के साथ जायसवाल ने लगातार दूसरी फिफ्टी भी लगाई। 5. रदरफोर्ड का सिक्स दर्शक को लगा शेरफेन रदरफोर्ड का एक सिक्स स्टैंड में बैठे दर्शक को जा लगा। 8वें ओवर में तुषार देशपांडे की फुल लेंथ गेंद पर उन्होंने शॉट खेला और गेंद डीप एक्स्ट्रा कवर के ऊपर से स्टैंड में गई। 92 मीटर लंबा यह सिक्स स्टैंड में बैठी एक बच्ची को जा लगा।
वैभव ने बुमराह की पहली बॉल पर सिक्स लगाया:यशस्वी के IPL में 100 सिक्स पूरे, राजस्थान की दूसरी फास्टेस्ट टीम फिफ्टी; मोमेंट्स-रिकार्ड्स

राजस्थान रॉयल्स ने मंगलवार को IPL 2026 के 13वें मैच में मुंबई इंडियंस को 27 रन से हरा दिया। बारिश के कारण यह मैच 11-11 ओवर का ही हुआ। गुवाहाटी के बरसापारा स्टेडियम में हुए मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी ने जसप्रीत बुमराह की पहली ही गेंद पर सिक्स लगा दिया। यशस्वी जायसवाल ने IPL में 100 सिक्स पूरे कर लिए। वैभव और यशस्वी की तूफानी बल्लेबाजी के दम पर राजस्थान ने महज 2.4 ओवर में 50 रन बनाकर IPL इतिहास की दूसरी सबसे तेज टीम फिफ्टी लगाई। पढ़िए RR Vs MI मैच के टॉप मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स… 1. राजस्थान ने अपने रिकॉर्ड की बराबरी की राजस्थान रॉयल्स ने अपनी ही सबसे तेज टीम फिफ्टी रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। टीम ने मुंबई इंडियंस के खिलाफ 2.4 ओवर में 50 रन पूरे किए। इससे पहले भी राजस्थान ने 2023 में 2.4 ओवर में ही कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ फिफ्टी लगाई थी। सबसे तेज टीम फिफ्टी का रिकॉर्ड रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के नाम है, जिन्होंने 2011 में कोच्चि टस्कर्स केरल के खिलाफ 2.3 ओवर में 50 रन बनाए थे। 2. वैभव 19 या उससे कम उम्र में सबसे ज्यादा सिक्स लगाने वाले बैटर वैभव सूर्यवंशी 19 साल या उससे कम उम्र में IPL में सबसे ज्यादा सिक्स लगाने वाले बल्लेबाज बन गए। उन्होंने 10 पारियों में 35 सिक्स लगाए हैं। इस मामले में उन्होंने ऋषभ पंत (30) और ईशान किशन (30) को पीछे छोड़ा। 3. यशस्वी के IPL में 100 सिक्स पूरे यशस्वी जायसवाल ने IPL में अपने 100 सिक्स पूरे किए। वे राजस्थान रॉयल्स के लिए 100 या उससे ज्यादा सिक्स लगाने वाले बल्लेबाजों की लिस्ट में शामिल हो गए हैं। इस मामले में संजू सैमसन (192) टॉप पर हैं, जबकि जोस बटलर (135) और शेन वॉटसन (109) उनसे आगे हैं। यहां से खास टॉप-5 मोमेंट्स… 1. बारिश की वजह से मैच 2 घंटे 40 मिनट देरी से शुरू हुआ गुवाहाटी में बारिश ने खेल बिगाड़ दिया। MI और RR का मुकाबला तय समय से 2 घंटे 40 मिनट देरी से शुरू हुआ। मौसम की वजह से ओवर घटाकर मैच 11-11 ओवर का किया गया। 2. यशस्वी ने पहले ओवर में 5 बाउंड्री लगाई यशस्वी जायसवाल ने पहले ओवर में 4 चौके और एक सिक्स लगा दिया। उन्होंने दीपक चाहर के खिलाफ 22 रन बटोरे। इस ओवर में जायसवाल ने पहली ही गेंद पर चौका लगा दिया। उन्होंने दूसरी गेंद पर सिक्स जड़ा और फिर तीसरी व चौथी गेंद पर लगातार बाउंड्री लगाईं। ओवर की आखिरी गेंद पर भी चौका लगा दिया। 3. वैभव ने बुमराह की पहली बॉल पर सिक्स लगाया वैभव सूर्यवंशी ने जसप्रीत बुमराह के ओवर में 2 सिक्स लगाए। पहली ही गेंद पर उन्होंने लॉन्ग-ऑन के ऊपर से शानदार सिक्स लगाया। इसके बाद शॉर्ट गेंद पर पुल शॉट खेलते हुए डीप स्क्वेयर लेग के पार सिक्स लगा दिया। 4. यशस्वी की चौके से 17वीं IPL फिफ्टी यशस्वी जायसवाल ने चौके के साथ अपनी 17वीं IPL फिफ्टी पूरी की। उन्होंने हार्दिक पंड्या की गेंद को कट शॉट खेलते हुए डीप पॉइंट बाउंड्री तक पहुंचाया। इस चौके के साथ जायसवाल ने लगातार दूसरी फिफ्टी भी लगाई। 5. रदरफोर्ड का सिक्स दर्शक को लगा शेरफेन रदरफोर्ड का एक सिक्स स्टैंड में बैठे दर्शक को जा लगा। 8वें ओवर में तुषार देशपांडे की फुल लेंथ गेंद पर उन्होंने शॉट खेला और गेंद डीप एक्स्ट्रा कवर के ऊपर से स्टैंड में गई। 92 मीटर लंबा यह सिक्स स्टैंड में बैठी एक बच्ची को जा लगा। —————————————————- स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… राजस्थान की IPL-19 में लगातार तीसरी जीत:मुंबई को 27 रन से हराया; जायसवाल ने नाबाद 77 रन बनाए, 3 बॉलर्स को 2-2 विकेट राजस्थान रॉयल्स (RR) ने IPL-2026 के 13वें मुकाबले में मुंबई इंडियंस (MI) को 27 रन से हरा दिया। मंगलवार को मिली इस जीत से रॉयल्स की टीम 19वें सीजन की पॉइंट्स टेबल के टॉप पर आ गई है। टीम ने लगातार तीसरा मैच जीता है। वहीं, मुंबई लगातार दूसरा मैच हारी है। पूरी खबर IPL में आज DC vs GT:दिल्ली ने शुरुआती दोनों मैच जीते, गुजरात के कप्तान गिल की वापसी संभव IPL 2026 के 14वें मैच में आज दिल्ली कैपिटल्स का सामना गुजरात टाइटंस से होगा। मुकाबला अरुण जेटली स्टेडियम में शाम 7:30 बजे से खेला जाएगा। टॉस शाम 7:00 बजे होगा। DC और GT का इस सीजन पहला मैच होगा। पूरी खबर
मोदी 21 अप्रैल को पचपदरा रिफाइनरी का उद्घाटन करेंगे:79 हजार करोड़ की लागत से हुई तैयार, दो महीने में दूसरी बार राजस्थान आ रहे PM

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 21 अप्रैल को बालोतरा जिले में पचपदरा रिफाइनरी के पहले चरण का उद्घाटन करेंगे। मारवाड़ सहित पूरे राजस्थान के लिए रिफाइनरी के अलग मायने हैं। प्रोजेक्ट से बाड़मेर-जैसलमेर में इंडस्ट्रियल क्लस्टर विकसित होगा। इससे इंफ्रास्ट्रक्चर, लॉजिस्टिक्स व सहायक उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा। जनवरी से ही रिफाइनरी के पहले चरण के ट्रायल रन (कच्चे तेल का प्रसंस्करण) की तैयारी शुरू कर दी गई थी। इसमें जल्द कमर्शियल उत्पादन शुरू हो जाएगा। मोदी 2 महीने में दूसरी बार राजस्थान आ रहे हैं। पीएमओ से मंजूरी मिलने के बाद सीएम भजनलाल शर्मा ने अपने एक्स अकाउंट पर पोस्ट करके इस बात की जानकारी दी है। रिफाइनरी का दो बार हुआ शिलान्यास पचपदरा रिफाइनरी का शिलान्यास पहली बार 22 सितंबर 2013 को हुआ था। उस समय तत्कालीन यूपीए की अध्यक्ष सोनिया गांधी ने रिफाइनरी का शिलान्यास किया था। प्रदेश में अशोक गहलोत की सरकार थी। इस प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत करीब 37,230 करोड़ थी। सत्ता परिवर्तन के बाद रिफाइनरी की शर्तों में बदलाव के बाद पीएम मोदी ने 16 जनवरी 2018 को फिर से इसके कार्य का औपचारिक शुभारंभ किया। इस समय इसकी लागत बढ़कर 43 हजार 129 करोड़ रुपए हो गई थी। इसका काम 31 अक्टूबर 2022 तक पूरा किया जाना था, लेकिन पिछली कांग्रेस सरकार के समय 2 जून 2023 को परियोजना की लागत बढ़कर 72,937 करोड़ रुपए हो गई। भजनलाल सरकार में कंपनी ने 24 जुलाई 2025 को रिफाइनरी के लागत मूल्य में द्वितीय संशोधन प्रस्ताव सरकार को प्रस्तुत किया। इसके बाद इसकी लागत बढ़कर 79 हजार 459 करोड़ रुपए हो गई है। रिफाइनरी एचपीसीएल और राजस्थान सरकार का एक संयुक्त उपक्रम है। 28 फरवरी को अजमेर आए थे मोदी इस साल की बात करें तो पीएम मोदी पिछले दो महीने में दूसरी बार राजस्थान आ रहे हैं। इससे पहले मोदी 28 फरवरी 2026 को अजमेर दौरे पर आए थे। यहां उन्होंने अजमेर के कायड़ विश्राम स्थली से प्रदेश में 16,000 करोड़ से अधिक की विकास परियोजनाओं का शुभारंभ किया था और 21 हजार से ज्यादा युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपे थे। बीएस-6 मानक और जीरो लिक्विड डिस्चार्ज रिफाइनरी पचपदरा रिफाइनरी देश की सबसे आधुनिक बीएस-6 मानक की रिफाइनरी है। यहां रिफाइनरी और पेट्रोकेमिकल प्लांट एक साथ विकसित किए जा रहे हैं। यह पूरी तरह से जीरो लिक्विड इफ्लूएंट डिस्चार्ज परियोजना है, यानी क्रूड ऑयल रिफाइनिंग के दौरान किसी भी तरह का तरल कचरा बाहर नहीं जाएगा। यह पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। 9 मिलियन टन रिफाइन क्षमता, अरब देशों से आएगा क्रूड पचपदरा रिफाइनरी की सालाना रिफाइनिंग क्षमता 9 मिलियन टन कच्चे तेल की है। साथ ही यहां 2 मिलियन टन क्षमता का पेट्रोकेमिकल कॉम्पलेक्स भी स्थापित किया गया है। रिफाइनरी के लिए कुल 7.5 मिलियन टन कच्चा तेल अरब देशों से मंगाया जाएगा, जबकि प्रदेश में उत्पादित करीब 1.5 मिलियन टन कच्चे तेल का भी उपयोग किया जाएगा। 12 किमी नई रेल लाइन बिछेगी करीब 80 हजार करोड़ रुपए की लागत से बन रही इस रिफाइनरी से बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे। क्रूड ऑयल रिफाइनिंग और बायो-प्रोडक्ट्स के उत्पादन से माल ढुलाई भी बढ़ेगी। इसे ध्यान में रखते हुए बालोतरा से पचपदरा के बीच बंद पड़ी रेल लाइन को दोबारा शुरू करने की तैयारी है। कुछ महीने पहले ही इसका सर्वे हुआ था। बालोतरा से पचपदरा और रिफाइनरी साइट तक करीब 12 किलोमीटर लंबी नई रेलवे लाइन एचआरआरएल की ओर से बिछाई जाएगी।
दीवाली से पहले एमपी में यूसीसी लागू करने की तैयारी:सीएम ने मंत्रियों की बैठक में दिए संकेत; गोवा-उत्तराखंड मॉडल का होगा अध्ययन

मध्य प्रदेश की मोहन सरकार प्रदेश में यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) लागू करने की तैयारी कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर गृह विभाग इसकी तैयारियों में जुट गया है। सीएम ने मंगलवार को मंत्रियों की बैठक में इसके संकेत दिए। इसको लेकर एक राज्य स्तरीय कमेटी भी बनाई जाएगी। दीवाली से पहले एमपी में इसे लागू किया जा सकता है। गोवा, उत्तराखंड के मॉडल का अध्ययन करेंगे एमपी के अधिकारी सूत्र बताते हैं कि समान नागरिक संहिता का ड्राफ्ट तैयार करने से पहले गोवा सिविल कोड और उत्तराखंड में कुछ समय पहले लागू किए गए यूसीसी का अध्ययन किया जा रहा है, ताकि प्रदेश के लिए व्यावहारिक और संतुलित मॉडल तैयार किया जा सके। ड्राफ्ट तैयार होते ही इसे कैबिनेट में पेश किया जाएगा। केन्द्र से मिली हरी झंडी सरकार इसे राजनीतिक और सामाजिक दृष्टि से संवेदनशील मानते हुए सही समय पर कैबिनेट में लाने की रणनीति बना रही है। राज्य स्तरीय कमेटी बनने के बाद आगे की प्रक्रिया और ड्राफ्ट को कैबिनेट में पेश करने की टाइमलाइन तय की जाएगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूसीसी को प्रमुख एजेंडा बताया था। एमपी सरकार को केन्द्र से इसे लागू करने की सहमति भी मिल गई है। सामाजिक संतुलन यूसीसी में चुनौती मप्र में अलग प्रकार की सामाजिक व्यवस्था है, खासकर आदिवासी समुदायों की परंपराएं, यूसीसी को लागू कराने में एक अलग प्रकार की चुनौती हैं। 230 विधानसभा सीटों वाले प्रदेश में 47 सीटें अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित हैं। ऐसे में सरकार हर वर्ग की संवेदनशीलता को ध्यान में रखकर आगे बढ़ रही है। क्या बदल सकता है यदि कैबिनेट से मंजूरी मिलती है और आगे की प्रक्रिया पूरी होती है, तो सभी धर्मों के लिए विवाह और तलाक के समान नियम लागू हो सकते हैं। बहुविवाह पर रोक लग सकती है। महिलाओं को समान अधिकार मिल सकते हैं। संपत्ति और उत्तराधिकार में एकरूपता जैसे बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं। यूसीसी वाले राज्यों के मॉडल भी समझ लीजिए उत्तराखंड: फरवरी 2024 में बिल पास हुआ और 27 जनवरी 2025 से लागू हुआ। देश में उत्तराखंड पहला राज्य है। जहां यूसीसी लागू किया गया। वहां शादी और तलाक का पंजीयन कराना जरूरी है। लिव इन रिलेशनशिप का 30 दिन में पंजीयन जरूरी है। नियमों का पालन न करने पर तीन महीने की जेल हो सकती है। गुजरात: संपत्ति में बेटा, बेटी को बराबरी का हक होगा। एसटी को इस कानून से बाहर रखा गया है। पहचान छिपाकर धोखे से शादी करना अपराध है। ऐसा करने पर 7 साल तक की जेल हो सकती है। 60 दिन में लिव इन रिलेशनशिप का रजिस्ट्रेशन कराना जरूरी होगा। यहां मार्च 2026 में बिल पास हुआ। जल्द ही लागू हो जाएगा। असम: यहां बहुविवाह को अपराध माना गया है। छठीं अनुसूची क्षेत्र और एसटी कानून से बाहर रखे गए हैं। हालांकि यहां यूसीसी कानून पूरी तरह से लागू नहीं हो पाया है।
पुलिस ने पहली बार पकड़ा पानी में उगने वाला गांजा:ओजी ग्रेड का हाइड्रोपोनिक गांजा मिला, सिर्फ पानी में उगाया जाता है, देश की पांचवीं कार्रवाई

ग्वालियर पुलिस को मंगलवार को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने गांजा तस्करों के पास से पहली बार ओजी ग्रेड (ओशियन ग्रोथ) का गांजा पकड़ा है। यह हाइड्रोपोनिक है और इसे जमीन पर नहीं सिर्फ पानी में उगाया जाता है। यह आसानी से घर के अंदर उगाया जा सकता है। मध्य प्रदेश पुलिस ने इस तरह का गांजा पहली बार पकड़ा है। देश में इस तरह का गांजा पकड़ने की यह पांचवीं कार्रवाई है। मध्य प्रदेश में एक बार भोपाल में इस तरह का गांजा पकड़ा गया था, लेकिन वह इंटेलीजेंस का एक्शन था। मध्यप्रदेश पुलिस की यह पहली कार्रवाई है। यह पानी में उगने वाला हाइड्रोपोनिक गांजा की कीमत अंतर राष्ट्रीय बाजार में एक करोड़ रुपए प्रति किलोग्राम है। फिलहाल पुलिस पकड़े गए गांजा तस्करों से पता लगा रही है कि वह कहां से गांजा की यह खेप लेकर ग्वालियर आए थे। सीएसपी इंदरगंज रोबिन जैन ने बताया कि सूचना मिली थी कि कुछ तस्कर गांजे की खेप लेकर आने वाले हैं। इसका पता चलते ही कंपू थाना प्रभारी अमर सिंह सिकरवार को कार्रवाई के लिए निर्देशित किया। जिस पर एसआई सुमित्रा तिग्गा, प्रधान आरक्षक रविकांत शर्मा, आरक्षक अभिषेक शर्मा, शैलेंद्र धाकड़ और लवकुश को तस्करों की तलाश की जिम्मेदारी दी। जिस पर पुलिस टीम ने अवाड़पुरा मुर्गी फार्म के पास कैंसर पहाड़िया पर चेकिंग लगाकर यहां से गुजरने वाले वाहनों की तलाशी लेना शुरू कर दिया। पुलिस को देखते ही बाइक लौटाने का किया प्रयास पुलिस चेकिंग कर रही थी कि तभी एक बाइक एमपी 07 एमएन 4218 आती दिखाई दी। जिस पर दो युवक सवार थे। पुलिस चेकिंग को देखकर बाइक सवारों ने बाइक वापस मोड़कर जाने का प्र्रयास किया, लेकिन पुलिस अलर्ट थी और बाइक सवारों को दबोच लिया। पुलिस ने चेकिंग की तो उनके पास से सवा दो किलो के करीब गांजा बरामद हुआ है। पुलिस ने गांजा बरामद होते ही आरोपियों को दबोच लिया है। यह पकड़े गए इनसे मिला तीन ग्रेड का गांजा पुलिस ने पकड़े गए तस्करों से पूछताछ की तो उनकी पहचान गौरव कुशवाह पुत्र राजकुमार कुशवाह निवासी भूरे बाबा की बस्ती जनकगंज और दूसरे की पहचान हेमंत उर्फ सार्थक पुत्र भरत लाल निवासी तारागंज कलारी के पास जनकगंज के रूप में हुई। इनके पास से तीन अलग-अलग प्रकार का अवैध गांजा 1 किलो 438 ग्राम कीमती लगभग 30 हजार रुपए एवं एक मोटरसाइकिल एमपी07-एमएन-4218 जब्त की गई है। इसमें पकड़ा गया कुछ गांजा ओजी ग्रेड का गांजा है जो पानी में उगाने वाला गांजा है। पुलिस अब उनसे पूछताछ कर पता लगा रही है कि वह गांजे की खेप लेकर कहां से आते हैं और कहां पर खपाते हैं। यह गांजा पहले कैलिफोर्निया से मंगाया जाता था एएसपी अनु बेनीवाल ने बताया कि पकड़े गए तस्करों से ओजी ग्रेड (ओशियन ग्रोथ) का है, यह हाइड्रोपोनिक है और इसे जमीन पर नहीं सिर्फ पानी में उगाया जा सकता है। इसकी मार्केट वैल्यू एक करोड रुपए प्रति किलो के करीब है। अभी तक यह देश भर में सिर्फ पांच स्थानों पर पकड़ा गया है। एक बार भोपाल में पकड़ा गया है, जिसे इंटेलीजेंस द्वारा पकड़ा गया था। एमपी पुलिस की यह पहली कार्रवाई है। इस गांजे को पहले कैलीफोर्निया से मंगाया जाता था, लेकिन अब इसे भारत में भी उगाया जा रहा है। इसे घर के अंदर ही उगाया जा सकता है और यह पांच से छह ग्राम की मात्रा में ही उगाया जा सकता है। इसके साथ ही उड़ीसा ग्रेड वन और नॉर्मल गांजा बरामद हुआ है। पकड़े गए तस्करों से पूछताछ की जा रही है। पूछताछ के बाद पता चलेगा वह गांजा कहां से लेकर आते है और कहां पर खपाते हैं।
इंदौर में लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई:पीडब्ल्यूडी के दो अधिकारी 90 हजार की रिश्वत लेते गिरफ्तार; भुगतान के बदले मांगे थे कमीशन

भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत इंदौर में लोकायुक्त पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए लोक निर्माण विभाग के दो अधिकारियों को 90 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। लोकायुक्त पुलिस के अनुसार, आवेदक राघवेन्द्र सिंह गुर्जर, निवासी रामनगर आदर्शपुरम, ग्वालियर, जो सांई एसोसिएट फर्म में लायजनिंग मैनेजर हैं। उन्होंने शिकायत दर्ज कराई थी। उनकी फर्म ने सितंबर 2025 में राऊ से बामपुरा तक इलेक्ट्रिक सिटिंग का काम 20 लाख रुपए में लिया था, जिसे एक माह में पूर्ण कर दिया गया था। कार्य पूर्ण होने के बाद जीएसटी सहित 17 लाख रुपए का भुगतान लंबित था। शिकायत में बताया गया कि भुगतान जारी करने के एवज में आरोपी बालकुमार जैन (सहायक यंत्री/प्रभारी कार्यपालन अधिकारी, लोक निर्माण विभाग, विद्युत व यांत्रिकी संभाग इंदौर) ने 4% के हिसाब से 60 हजार रुपए और आरोपी धीरेंद्र कुमार नीमा (सब इंजीनियर/प्रभारी अनुविभागीय अधिकारी) ने 2% के हिसाब से 30 हजार रुपए की रिश्वत की मांग की थी। इस प्रकार कुल 90 हजार रुपए की मांग की गई थी। आवेदक ने इसकी शिकायत राजेश सहाय (एसपी, लोकायुक्त) से की। शिकायत के सत्यापन के बाद 7 अप्रैल को ट्रैप दल का गठन किया गया। कार्रवाई के दौरान आरोपी बालकुमार जैन को 60 हजार रुपए और धीरेन्द्र कुमार नीमा को 30 हजार रुपए रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया। दोनों आरोपियों के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 की धारा 7 एवं भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 61(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
10 पेटी अंग्रेजी शराब के साथ दो आरोपी गिरफ्तार:रायसेन-विदिशा से सस्ती शराब लाकर भोपाल में होम डिलीवरी कर रहे थे

शहर में अवैध शराब तस्करी पर कार्रवाई करते हुए अयोध्यानगर पुलिस ने दो तस्करों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 10 पेटी (करीब 90 लीटर) अंग्रेजी शराब बरामद की है। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एक्टिवा सहित कुल करीब 1.70 लाख रुपए का मशरूका जब्त किया है। दोनों आरोपी रायसेन और विदिशा जिले से सस्ते दामों पर शराब लाकर भोपाल में अवैध रूप से बेच रहे थे। ठेका बदलने के दौरान उठाया मौका पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने शराब ठेका बदलने के दौरान कम कीमत पर बड़ी मात्रा में शराब खरीदी थी। इसके बाद भोपाल के अलग-अलग इलाकों में होम डिलीवरी के जरिए सप्लाई कर मुनाफा कमा रहे थे। घटना 6 अप्रैल की है, जब पुलिस को सूचना मिली कि अयोध्यानगर के डी-सेक्टर दशहरा मैदान के पास दो युवक एक एक्टिवा पर शराब रखकर बेचने की फिराक में खड़े हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दोनों को मौके से पकड़ लिया। तलाशी लेने पर उनके पास से गोवा ब्रांड की 10 पेटी अंग्रेजी शराब बरामद हुई। दोनों आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रवि शर्मा उर्फ राज शर्मा और मनीष साहू के रूप में हुई है। पूछताछ में दोनों ने कबूल किया कि वे लंबे समय से इस अवैध कारोबार में लिप्त हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, रवि शर्मा पर आबकारी एक्ट और मारपीट समेत एक दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं, जबकि मनीष साहू पर भी पहले से कई आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। दोनों पूर्व में भी जेल जा चुके हैं।
निजी स्कूल संचालकों-प्रिंसिपलों-बुक सेलर्स को हाईकोर्ट से झटका:कहा- कॉपी-किताबों में कमीशनखोरी के सबूत नजरअंदाज नहीं किए जा सकते, FIR रद्द नहीं होंगे

जबलपुर में मनमानी फीस वसूली और कॉपी किताबों में कमीशनखोरी के मामले में निजी स्कूलों के संचालकों, प्रिंसिपल और बुक सेलर्स को हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। हाईकोर्ट ने निजी स्कूलों, बुक सेलर्स और पब्लिशर्स के गठजोड़ से जुड़ी एफआईआर को रद्द कराने की मांग ठुकरा दी है। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने साफ शब्दों में कहा कि मामले में गंभीर आरोप और पर्याप्त सुबूत मौजूद हैं, इसलिए एफआईआर रद्द नहीं की जा सकती। ट्रायल कोर्ट में यह मामला जारी रहेगा। दो साल पहले जिला प्रशासन की जांच में खुलासा हुआ था कि स्कूल प्रबंधन ने निर्धारित सीमा से ज्यादा फीस बढ़ाई और छात्रों को चुनिंदा दुकानों से किताबें खरीदने के लिए मजबूर किया। जांच में ये भी पाया गया था कि कुछ किताबों पर डुप्लीकेट या संदिग्ध ISBN नंबर दर्ज थे, और स्कूल प्रबंधन, बुक सेलर्स ,पब्लिशर्स के गठजोड़ से पैरेंट्स को ऊंचे दामों पर किताबें बेचीं गईं। जिला प्रशासन की जांच रिपोर्ट के आधार पर जबलपुर के ओमती, बेलबाग, संजीवनी नगर, ग्वारीघाट और गोराबाजार थानों में कई एफआईआर दर्ज की गई थीं, जिन्हें स्कूल प्रिंसिपल्स, प्रबंधन और बुक सेलर्स ने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। मंगलवार को जस्टिस बीपी शर्मा की कोर्ट में मामले की सुनवाई हुई, जिसमें राज्य सरकार की ओर से बताया गया कि कई मामलों में फीस में 50 प्रतिशत से अधिक वृद्धि की गई और छात्रों को विशेष दुकानों से ही किताबें खरीदने के लिए बाध्य किया गया। हाईकोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि रिकॉर्ड में मौजूद दस्तावेज, जब्त सामग्री और गवाहों के बयान ,आपराधिक साजिश और अवैध आर्थिक लाभ के प्रयास की ओर संकेत करते हैं। अदालत ने कहा कि ऐसे में तथ्यों की जांच और साक्ष्यों का परीक्षण ट्रायल कोर्ट का विषय है, ना कि हाईकोर्ट से एफआईआर रद्द करने का। कोर्ट ने आरोपी स्कूल प्रिंसिपल, बुक सेलर्स की सभी याचिकाएं खारिज करते हुए एसपी जबलपुर को निर्देश दिया है कि वो मामले की लंबित जांच, जल्द से जल्द पूरा करें और ट्रायल कोर्ट मामले में निष्पक्ष सुनवाई कर अपना फैसला सुनाए। अदालत ने इस मामले में दाखिल कुल 13 याचिकाओं को खारिज किया है। किन-किन पर लगे आरोप मामले में जबलपुर और कटनी के कई मिशनरी स्कूलों के प्रिंसिपल और प्रबंधन से जुड़े लोग शामिल हैं, जैसे अतुल अनुपम इब्राहम, लवी मैथ्यू, एकता पीटर्स, चंद्रशेखर विश्वकर्मा (सेवानिवृत्त प्रिंसिपल) के साथ चिल्ड्रन्स बुक हाउस संचालक सूर्यप्रकाश वर्मा और शशांक श्रीवास्तव के नाम भी सामने आए हैं। हाईकोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि स्कूलों, बुकसेलर्स और पब्लिशर्स के बीच संगठित मिलीभगत थी। एक मोनोपोलिस्टिक सप्लाई चेन तैयार की गई। अभिभावकों पर दबाव बनाकर महंगी किताबें खरीदवाई गईं। इससे अवैध और अत्यधिक मुनाफा कमाया गया। अदालत ने स्पष्ट किया कि यह मामला केवल प्रशासनिक गड़बड़ी नहीं बल्कि आपराधिक षड्यंत्र का संकेत देता है। आरोपियों को पहले हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल चुकी थी, लेकिन उन्होंने एफआईआर रद्द कराने के लिए याचिकाएं दायर की थीं। राज्य सरकार की ओर से अधिवक्ता दिनेश प्रसाद पटेल ने कार्रवाई को पूरी तरह वैध बताया, जिसे अदालत ने स्वीकार किया।





