गर्मी में पिएं हेल्दी बेल मिल्क शेक, मिनटों में तैयार होगी स्वादिष्ट ड्रिंक, टेस्ट भी जबरदस्त, सेहत भी शानदार

Last Updated:April 14, 2026, 21:04 IST Make Bael Milkshake at Home: गर्मियों के मौसम में अगर आप कोल्ड ड्रिंक और शरबत पीकर बोर हो चुके हैं और कुछ नया, स्वादिष्ट और हेल्दी ड्रिंक ट्राई करना चाहते हैं, तो आपके लिए एक बेहतरीन विकल्प है बेल मिल्क शेक जिससे बच्चे और बड़े दोनों ही बहुत पसंद करतें हैं.ऐसे में बोकारो सेक्टर-1 की विभा ने खास तौर पर गर्मी और बच्चों के लिए एक आसान और पौष्टिक रेसिपी साझा की है. जिसे आप घर पर कुछ ही मिनटों में तैयार कर सकते है.विभा बताती हैं कि इस रेसिपी को बनाने के लिए ज्यादा सामग्री की जरूरत नहीं होती इसके लिए बस ताजा दूध, चीनी और पका हुआ बेल फल कि जरूरत होती है. सबसे पहले पेड़ से ताजा बेल तोड़कर उसका गूदा (पल्प) निकाल लें इसके बाद उस पल्प को अच्छे से मसलकर छलनी की मदद से दबाएं, ताकि उसका रस आसानी से बाहर निकल सके फिर दूसरे चरण में बेल के रस को किसी साफ गिलास या कटोरी में इकट्ठा कर लें. अपने स्वाद के अनुसार इसमें चीनी मिलाएं इसके बाद ताजा दूध और बेल के रस को जूसर या मिक्सर में डालकर अच्छी तरह ब्लेंड कर ले. Add News18 as Preferred Source on Google फिर गिलास में डालकर या फिर ठंडाकर तैयार कर स्वादिष्ट बेल मिल्क शेक का आनंद उठा सकते हैं. वहीं विभा का कहना है कि यह रेसिपी जितनी आसान है, उतनी ही फायदेमंद भी है. बेल के फल में कई औषधीय गुण पाए जाते हैं.जो शरीर को ठंडक पहुंचाने के साथ-साथ पाचन को बेहतर बनाते है. गर्मियों में लू से बचाव में भी मदद करते हैं First Published : April 14, 2026, 21:04 IST
ज्वेलरी दुकान से दो लाख के सोने के पेंडल चोरी:दमोह में खरीदारी के बहाने आया युवक, डिब्बी लेकर फरार; CCTV तलाश रही पुलिस

दमोह के नगर पालिका टाउन हॉल स्थित शिवम ज्वेलर्स में मंगलवार शाम एक अज्ञात युवक सोने के पेंडल से भरी डिब्बी लेकर भाग गया। दुकान संचालक द्वारा पीछा किए जाने के बावजूद आरोपी पकड़ में नहीं आ सका। घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। ग्राहक बनकर की वारदात शिवम ज्वेलर्स के संचालक अशोक सोनी ने बताया कि करीब 32 वर्षीय युवक पहले चांदी की हाय खरीदने के बहाने दुकान पर आया। इसके बाद उसने सोने के पेंडल देखने की इच्छा जताई। संचालक ने उसे 14 पेंडल वाली एक डिब्बी दिखाई और जैसे ही वे दूसरी डिब्बी निकालने के लिए तिजोरी की ओर मुड़े, युवक माल लेकर रफूचक्कर हो गया। दो लाख रुपए के पेंडल चोरी दुकान संचालक ने बताया कि चोरी गए सोने के पेंडल की अनुमानित कीमत लगभग दो लाख रुपए है। वारदात के बाद संचालक ने आरोपी का पीछा घंटाघर तक किया, लेकिन भीड़ का फायदा उठाकर वह गायब हो गया। पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लेकर पूछताछ की, लेकिन पहचान न होने पर उसे छोड़ दिया गया। सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी कैमरों के केवल दुकानों की ओर होने के कारण आरोपी की पहचान में पुलिस को चुनौती मिल रही है। कोतवाली पुलिस ने दुकानदार के आवेदन पर मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब मुख्य मार्ग पर लगे अन्य कैमरों के फुटेज खंगाल कर आरोपी की तलाश कर रही है।
एमपी में गर्मी बढ़ी, पारा 42 पार, नर्मदापुरम सबसे गर्म:अगले 5 दिन तापमान में 3-4 डिग्री बढ़ोतरी होगी, नर्मदा घाटों पर लग रही भीड़

मध्यप्रदेश में गर्मी ने अब तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। सीजन में पहली बार तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है। मंगलवार को प्रदेश में सबसे अधिक तापमान नर्मदापुरम में दर्ज किया गया, जहां दिन का तापमान 42.1 डिग्री और रात का तापमान 25.6 डिग्री रहा। नर्मदापुरम के अलावा रतलाम में 41.4 डिग्री और खजुराहो व नौगांव में 41 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। धार में भी तापमान 40.6 डिग्री तक पहुंच गया। मौसमविद एचएस पांडे के अनुसार, जिले में अगले पांच दिनों तक दिन के तापमान में लगातार बढ़त दर्ज होगी। तापमान में 3 से 4 डिग्री तक की और बढ़ोतरी हो सकती है। रात के तापमान में भी बदलाव के संकेत हवाओं की दिशा में बदलाव के चलते रात के तापमान में भी वृद्धि होने की संभावना है। पचमढ़ी में मंगलवार को अधिकतम तापमान 33.8 डिग्री और न्यूनतम 14.2 डिग्री दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार 15 अप्रैल से एक नया मौसम सिस्टम सक्रिय होगा, लेकिन यह कमजोर रहेगा। ऐसे में गर्मी से राहत मिलने की संभावना कम है। विभाग के मुताबिक अप्रैल का दूसरा पखवाड़ा आमतौर पर सबसे ज्यादा गर्म रहता है। ग्वालियर में तापमान 45 डिग्री और भोपाल में 44 डिग्री तक पहुंचने का रिकॉर्ड रहा है। प्रदेश के सबसे गर्म 5 शहर न्यूनतम तापमान वाले 5 शहर
पान का पत्ता है सेहत का खजाना! यूरिक एसिड से लेकर पेट की हर समस्या में देता है जबरदस्त राहत

Last Updated:April 14, 2026, 19:20 IST भारतीय परंपराओं में पान के पत्ते का इस्तेमाल सिर्फ पूजा-पाठ तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सेहत के लिए भी किसी वरदान से कम नहीं माना जाता. आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में जहां लोग कई बीमारियों से जूझ रहे हैं, वहीं पान के पत्तों के फायदे एक बार फिर लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच रहे हैं. पान के पत्ते का इस्तेमाल. भारतीय घरों में पान के पत्तों का उपयोग बहुत पुराने समय से होता आ रहा है. धार्मिक अनुष्ठानों और परंपराओं में इसकी खास अहमियत मानी जाती है, लेकिन यह सिर्फ रस्मों तक सीमित नहीं है. पान के पत्ते सेहत के लिए भी कई तरह से फायदेमंद होते हैं, जिस वजह से आयुर्वेद में भी इसका जिक्र मिलता है. आज के समय में जब लोग प्राकृतिक चीजों की तरफ फिर से लौट रहे हैं, पान के पत्ते एक असरदार घरेलू उपाय के रूप में सामने आ रहे हैं. वैज्ञानिक अध्ययनों के अनुसार, पान के पत्तों में फिनोलिक यौगिक, फ्लेवोनॉयड्स और एंटीऑक्सीडेंट्स जैसे कई सक्रिय तत्व पाए जाते हैं. ये शरीर में मौजूद फ्री रेडिकल्स को कम करने में मदद करते हैं, जिससे कोशिकाओं को नुकसान से बचाया जा सकता है. इसके साथ ही इनमें एंटीबैक्टीरियल और सूजन-रोधी गुण भी होते हैं, जो शरीर को संक्रमण और अंदरूनी सूजन से बचाने में सहायक हो सकते हैं. यूरिक एसिड और पाचन के लिए फायदेमंदआजकल बढ़ता यूरिक एसिड एक आम समस्या बन चुका है, जिससे जोड़ों में दर्द और सूजन की शिकायत बढ़ जाती है. पान के पत्तों में मौजूद तत्व शरीर के मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाने में मदद करते हैं, जिससे यूरिक एसिड को संतुलित रखने में सहायता मिल सकती है. इसके अलावा, पाचन से जुड़ी परेशानियों में भी पान के पत्ते उपयोगी माने जाते हैं. ये लार के उत्पादन को बढ़ाते हैं, जिससे खाना आसानी से पचता है और गैस, एसिडिटी व कब्ज जैसी समस्याओं से राहत मिलती है. About the Author Vividha Singh विविधा सिंह न्यूज18 हिंदी (NEWS18) में पत्रकार हैं. इन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में बैचलर और मास्टर्स की डिग्री हासिल की है. पत्रकारिता के क्षेत्र में ये 3 वर्षों से काम कर रही हैं. फिलहाल न्यूज18…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें Location : Delhi,Delhi,Delhi First Published : April 14, 2026, 19:20 IST
घर में आग लगी, बुजुर्ग महिला को बचाया:सिंगरौली में पुलिस ने लोगों के साथ मिलकर पाया काबू

सिंगरौली के सरई नगर परिषद के नौडिया गांव (वार्ड नंबर 12) में भैया लाल जायसवाल के घर में अचानक आग लग गई। आग इतनी तेज थी कि देखते ही देखते पूरे इलाके में खलबली मच गई। गांव वालों ने अपने स्तर पर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन लपटें काबू में नहीं आ रही थीं। उसी वक्त सरई थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह भदौरिया वहां से गुजर रहे थे। आग देख वह तुरंत अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने बिना वक्त गंवाए ग्रामीणों के साथ मिलकर खुद मोर्चा संभाला और आग बुझाना शुरू किया। बुजुर्ग महिला को सुरक्षित निकाला सबसे बड़ी राहत की बात यह रही कि घर के अंदर एक बुजुर्ग महिला फंसी हुई थी। थाना प्रभारी ने सूझबूझ दिखाते हुए महिला को सुरक्षित बाहर निकाला, जिससे उनकी जान बच गई। उनकी इस तत्परता की वजह से एक बड़ा हादसा होने से टल गया। अब हालात काबू में थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह भदौरिया ने बताया कि पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से अब आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है। फिलहाल इस बात की जांच की जा रही है कि आखिर आग लगी कैसे। प्रशासन अब नुकसान का जायजा लेने में जुटा है।
बाजार में असली या केमिकल वाला आम? ऐसे करें सेकंड्स में पहचान वरना सेहत हो सकती है खराब

Mango Safety Tips: गर्मियों का मौसम आते ही एक फल सबसे ज्यादा चर्चा में आ जाता है-आम. बच्चे हों या बड़े, हर कोई इसका बेसब्री से इंतजार करता है. बाजार में ढेरों किस्म के आम दिखते हैं और हर कोई चाहता है कि सबसे मीठा और अच्छा आम ही घर जाए, लेकिन आजकल एक बड़ी दिक्कत ये है कि हर आम असली तरीके से पका हुआ नहीं होता. कई जगह आम को जल्दी पकाने के लिए केमिकल का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे वो दिखने में तो आकर्षक लगता है, लेकिन अंदर से उतना अच्छा नहीं होता. ऐसे आम खाने से शरीर पर गलत असर पड़ सकता है. सिर दर्द, उल्टी, पेट में गड़बड़ी जैसी परेशानियां सामने आ सकती हैं. इसलिए जरूरी है कि आप आम खरीदते समय थोड़ा समझदारी दिखाएं. बिना देखे-समझे आम खरीदना अब सही फैसला नहीं है. अच्छी बात ये है कि कुछ आसान तरीकों से आप खुद पहचान सकते हैं कि आम सही तरीके से पका है या केमिकल से. इस आर्टिकल में हम आपको ऐसे ही आसान और काम के टिप्स बता रहे हैं, जिनसे आप खुद सही आम चुन पाएंगे. कैसे पहचानें केमिकल से पका आम?1. खुशबू से करें पहचानअसली पके आम की खुशबू बहुत हल्की और मीठी होती है, अगर आम में कोई तेज या अजीब गंध आ रही है, तो समझ लें कि कुछ गड़बड़ है. केमिकल से पके आम में अक्सर नेचुरल खुशबू नहीं होती. 2. रंग पर ध्यान देंनेचुरल तरीके से पका आम एक जैसा पीला या हल्का हरा-पीला दिखता है, लेकिन केमिकल से पके आम ज्यादा चमकीले और एकदम साफ रंग के नजर आते हैं. बहुत ज्यादा चमकदार रंग वाले आम से थोड़ा सावधान रहें. सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी. 3. दाग और निशान देखेंअगर आम पर बहुत ज्यादा धब्बे, कट के निशान या काले स्पॉट दिख रहे हैं, तो यह केमिकल या इंजेक्शन से पकाया गया हो सकता है. ऐसे आम लेने से बचना बेहतर है. 4. दबाकर चेक करेंजब आप आम को हल्का सा दबाते हैं, तो नेचुरल पका आम थोड़ा सॉफ्ट लगता है, लेकिन ज्यादा गूदेदार नहीं होता. केमिकल से पके आम बहुत ज्यादा नरम या दबते ही अंदर धंसने लगते हैं. 5. बेकिंग सोडा टेस्टघर लाने के बाद आप एक आसान टेस्ट कर सकते हैं. आम को बेकिंग सोडा मिले पानी से धोएं, अगर धोने के बाद उसका रंग अजीब तरीके से बदलता है, तो समझ जाएं कि आम केमिकल से पका है. केमिकल से पके आम खाने के नुकसानकेमिकल से पकाए गए आम सिर्फ स्वाद में ही नहीं, सेहत के लिए भी ठीक नहीं होते. इससे सिर दर्द, चक्कर, उल्टी, पेट दर्द जैसी दिक्कतें हो सकती हैं. लंबे समय तक ऐसे फल खाने से शरीर पर और भी बुरा असर पड़ सकता है. इसलिए हमेशा कोशिश करें कि भरोसेमंद जगह से ही आम खरीदें. आम खरीदते समय ध्यान रखने वाली बातें-हमेशा ऐसे दुकानदार से आम लें जिस पर भरोसा हो-बहुत सस्ते आम देखकर तुरंत न खरीदें-मौसम की शुरुआत में ज्यादा सावधानी रखें-घर लाकर आम को अच्छे से धोना न भूलें
माराडोना की मौत मामले में फिर जांच शुरू हो रही:मेडिकल टीम पर इलाज में लापरवाही के आरोप; पहला ट्रायल रद्द हुआ था

फुटबॉल दिग्गज डिएगो माराडोना की मौत के मामले की जांच दोबारा मंगलवार से शुरू हो रहा है। उनकी मेडिकल टीम पर सही इलाज न देने और लापरवाही बरतने के आरोप हैं। मई 2025 में शुरू हुआ पहला ट्रायल उस समय रद्द कर दिया गया था, जब एक जज पर कोर्ट में बिना अनुमति डॉक्यूमेंट्री शूट कराने का आरोप लगा। अब नए जजों के सामने सुनवाई शुरू होगी। माराडोना को फुटबॉल इतिहास के महान खिलाड़ियों में गिना जाता है। उन्होंने 1986 वर्ल्ड कप में अर्जेंटीना को जीत दिलाई थी और ‘हैंड ऑफ गॉड’ गोल के लिए भी जाने जाते हैं। माराडोना की 25 नवंबर 2020 को 60 साल की उम्र में मौत हुई थी। वे ब्रेन ब्लड क्लॉट की सर्जरी के बाद घर पर रिकवर कर रहे थे। पोस्टमॉर्टम में दिल का दौरा और फेफड़ों में पानी भरने को मौत की वजह बताया गया। मेडिकल टीम पर कुलपेबल होमिसाइड का केस दर्ज इस मामले में मेडिकल टीम के 7 सदस्य ट्रायल का सामना कर रहे हैं। इन पर ‘कुलपेबल होमिसाइड’ का केस दर्ज है। दोषी पाए जाने पर उन्हें 8 से 25 साल तक की सजा हो सकती है। एक्सपर्ट्स माराडोना के इलाज को अपर्याप्त बताया जांच में सामने आया कि टीम को माराडोना की गंभीर हालत की जानकारी थी, लेकिन उन्होंने जरूरी कदम नहीं उठाए। मेडिकल एक्सपर्ट्स ने उनके इलाज को ‘लापरवाह और अपर्याप्त’ बताया। ट्रायल में करीब 100 गवाहों के बयान होंगे, जिनमें उनकी बेटियां भी शामिल हैं। यह सुनवाई जुलाई तक चल सकती है। माराडोना ने करियर में 312 गोल दागे मैराडोना ने फुटबॉल करियर में 312 गोल किए। उन्होंने इंटरनेशनल करियर में 91 मैच खेले, जिसमें 34 गोल किए। मैराडोना बार्सिलोना, नेपोली, सेविला, नेवेल्स ओल्ड ब्यूऑयज और बोका जूनियर्स जैसे क्लब से खेल चुके हैं। बार्सिलोना से खेलते हुए उन्होंने 36 मैच में 22 और नेपोली के लिए 188 मैच में 81 गोल किए। करियर में 11 टूर्नामेंट जीते मैराडोना ने करियर में 11 टूर्नामेंट्स जीते हैं। इसमें 1 वर्ल्ड कप खिताब, एक UEFA कप खिताब, एक नेशंस लीग, एक FIFA वर्ल्ड यूथ चैम्पियनशिप और 5 नेशनल कप जीते हैं। मैराडोना को फीफा प्लेयर ऑफ द सेंचुरी से भी नवाजा जा चुका है। उन्होंने एक बार वर्ल्ड कप गोल्डन बॉल, एक बार बेलोन डी’ओर, 2 बार साउथ अमेरिकन फुटबॉलर ऑफ द ईयर, 6 बार नेशनल लीग टॉप स्कोरर अवॉर्ड जीता है।
मर्दो में भी होता है ब्रेस्ट कैंसर, मर्दानगी के चक्कर में न करें नजरअंदाज, 5 संकेत दिखें तो तुरंत कराएं इलाज

Last Updated:April 14, 2026, 18:20 IST Male Breast Cancer: अधिकांश लोगों को लगता है मर्दों में ब्रेस्ट कैंसर नहीं होता है. अगर आपकी भी सोच ऐसी है तो तुरंत इसे दुरुस्त कीजिए. जिस तरह से महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर होता है, उसी तरह से पुरुषों में भी स्तन कैंसर हो सकता है. यह बात सही है कि पुरुषों में ब्रेस्ट कैंसर के मामले कम हैं लेकिन मर्द इससे अछूता नहीं हो सकता. इसलिए मर्दानगी के चक्कर में कभी यह न सोचें कि पुरुषों को ब्रेस्ट कैंसर नहीं होता. अगर शरीर में कुछ लक्षण दिखें तो तुरंत सचेत हो जाना चाहिए. पुरुष में ब्रेस्ट कैंसर. Male Breast Cancer: जन्म के समय हर व्यक्ति में ब्रेस्ट टिश्यू यानी स्तन के टिशू होते हैं. ब्रेस्ट टिश्यू में हजारों मिल्क डक्ट, निप्प और फैट होता है. इसी में दूध बनता है. जब प्यूबर्टी की शुरुआत होती है तो लड़कियों में इसका विकास हो जाता है जबकि लड़के का जब यौवन आरंभ होता है तो ब्रेस्ट टिश्यू डेवलप नहीं करता. लेकिन चूंकि जन्म के समय ब्रेस्ट टिश्यू महिला और पुरुष दोनों लिंग में होते हैं, इसलिए ब्रेस्ट कैंसर दोनों को हो सकता है. इसमें भी कोई संदेह नहीं है कि ब्रेस्ट कैंसर पुरुषों में रेयर ही होता है. अमेरिका जैसे देशों में हर साल करीब 2800 मामले ब्रेस्ट कैंसर के आ जाते हैं. ऐसे में पहले यह जानिए कि ब्रेस्ट कैंसर होता क्यों है. ब्रेस्ट कैंसर के कारणमायो क्लिनिक के मुताबिक अब तक सटीक रूप से यह नहीं पता कि इसका कारण क्या है लेकिन जब कोशिकाओं की संरचना में डीएनए लेवल पर बदलाव होता है तो यही कोशिकाएं कैंसर कोशिका में बदल जाता है. पुरुषों में ब्रेस्ट कैंसर तब शुरू होता है जब ब्रेस्ट टिश्यू की कोशिकाओं के डीएनए में बदलाव आ जाते हैं. कोशिका का डीएनए यह तय करता है कि उसे क्या करना है. सामान्य कोशिकाओं में डीएनए उन्हें एक निश्चित गति से बढ़ने और विभाजित होने के निर्देश देता है और एक तय समय पर मरने के लिए भी कहता है. लेकिन कैंसर कोशिकाओं में डीएनए के ये निर्देश बदल जाते हैं. ये बदलाव कोशिकाओं को बहुत तेजी से अधिक संख्या में बनने के लिए प्रेरित करते हैं. साथ ही ये कोशिकाएं तब भी जीवित रहती हैं जब सामान्य कोशिकाएं मर जाती हैं. इससे शरीर में असामान्य रूप से अधिक कोशिकाएं जमा हो जाती हैं. ये कैंसर कोशिकाएं मिलकर एक गांठ यानी ट्यूमर बना सकती हैं. यह ट्यूमर बढ़कर आसपास के हेल्दी टिशू को नुकसान पहुंचा सकता है. समय के साथ, कैंसर कोशिकाएं टूटकर शरीर के अन्य हिस्सों में फैल सकती हैं. जब कैंसर फैलता है, तो उसे मेटास्टेटिक कैंसर कहा जाता है. ब्रेस्ट कैंसर के लक्षण निप्पल के पास दर्द-अगर निप्पल के पास दर्द हो और लगातार होने लगे, उसके आसपास की त्वचा में खिंचाव जैसे महसूस हो तो इसे गंभीरता से लें. खासकर अगर दवा से भी आराम न मिले तो तुरंत डॉक्टर के पास पहुंचना चाहिए. निप्पल के पास गांठ-किसी भी जगह गांठ होना खतरे की घंटी है. अगर निप्पल के पास बहुत ज्यादा हार्डनेस हो गया है, बहुत स्किन तन गया है, स्किन की परत मोटी हो गई है, वहां मस्सा जैसा निकल गया है तो यह ब्रेस्ट कैंसर के संकेत हो सकते हैं. ऐसी स्थिति में तुरंत डॉक्टर के पास जाएं. ब्रेस्ट के पास स्किन में बदलाव-अगर ब्रेस्ट के पास स्किन में बदलाव हो गया है, अगर वहां गड्ढे पड़ने लगे,डिंपलिंग हो, सिकुड़न या पकरिंग हो, पपड़ी की तरह बनने लगे तो ये सब भी स्तन कैंसर के लक्षण हो सकते हैं. इसे तुरंत दिखाएं. ब्रेस्ट के पास स्किन के रंग में बदलाव-अगर ब्रेस्ट के पास स्किन के रंग में किसी तरह का बदलाव हो, यानी पहले जो स्किन का रंग था उसमें मटमैला हो गया या लाल हो गया या काला हो गया या किसी भी अन्य रंग में बदल गया तो यह ब्रेस्ट कैंसर के लक्षण हो सकता है. अगर ऐसा दिखे तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें. निप्पल से डिस्चार्ज होना-अगर पुरुषों के निप्पल से डिस्चार्ज होने लगे या खून निकलने लगे, चिपचिपा पदार्थ निकलने लगे तो देर नहीं करना चाहिए. ये सारे संकेत ब्रेस्ट कैंसर के संकेत होते हैं. ऐसे मामलों में डॉक्टरों से तुरंत दिखाएं. पुरुषों में किन लोगों को ब्रेस्ट कैंसर का खतरापुरुषों में उम्र के साथ ब्रेस्ट कैंसर का जोखिम बढ़ता है. यह बीमारी ज्यादातर 60 साल के आसपास के पुरुषों में होने की आशंका होती है. वहीं जो पुरुष प्रोस्टेट कैंसर के लिए हार्मोन थेरेपी या एस्ट्रोजन वाली दवाएं ले रहे हैं उन्हें भी ब्रेस्ट कैंसर का खतरा बढ़ सकता है. अगर किसी के परिवार में ब्रेस्ट कैंसर का इतिहास है, तो ऐसे लोगों को भी ब्रेस्ट कैंसर का जोखिम हो सकता है. कुछ लोगों में यह जेनेटिक होता है. ये जीन माता-पिता से बच्चों में जाते हैं और इससे ब्रेस्ट कैंसर का जोखिम बढ़ जाता है. जिन लोगों को लिवर सिरोसिस बीमारी होती है, उनमें हार्मोन संतुलन बदल जाता है, जिससे जोखिम बढ़ जाता है. मोटापे से शरीर में एस्ट्रोजन का स्तर बढ़ जाता है, जो ब्रेस्ट कैंसर के खतरे को बढ़ाता है. About the Author Lakshmi Narayan 18 साल से ज्यादा के लंबे करियर में लक्ष्मी नारायण ने डीडी न्यूज, आउटलुक, नई दुनिया, दैनिक जागरण, हिन्दुस्तान जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं। समसामयिक विषयों के विभिन्न मुद्दों, राजनीति, समाज, …और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें First Published : April 14, 2026, 18:20 IST
नीतीश कुमार ने विदाई नोट लिखकर बिहार में नई भाजपा सरकार का समर्थन किया | राजनीति समाचार

आखरी अपडेट:14 अप्रैल, 2026, 18:18 IST जद (यू) प्रमुख नीतीश कुमार ने कहा कि नई भाजपा सरकार बिहार की देखभाल के लिए तैयार है, जो समृद्ध होता रहेगा क्योंकि आने वाले दिनों में बहुत सारे अच्छे काम किए जाएंगे। इससे पहले नीतीश कुमार ने राज्य विधान परिषद से इस्तीफा दे दिया था. (छवि: पीटीआई/फ़ाइल) बिहार में नई भाजपा सरकार को बागडोर सौंपते हुए, जदयू प्रमुख नीतीश कुमार ने मंगलवार को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के तुरंत बाद अपने सोशल मीडिया पर एक विदाई नोट लिखा। नीतीश कुमार ने कहा कि नई सरकार बिहार की देखभाल के लिए तैयार है, लेकिन उनका समर्थन और मार्गदर्शन रहेगा और राज्य समृद्ध होता रहेगा। नीतीश ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, “अब नई सरकार यहां का काम देखेगी। नई सरकार को मेरा पूरा सहयोग और मार्गदर्शन मिलेगा। आगे भी बहुत अच्छे काम होंगे और बिहार काफी आगे बढ़ेगा।” चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना पहले प्रकाशित: 14 अप्रैल, 2026, 15:38 IST समाचार राजनीति ‘नई सरकार को मेरा पूरा सहयोग, मार्गदर्शन मिलेगा’: नीतीश कुमार ने अपने विदाई पोस्ट में कहा अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)नीतीश कुमार का इस्तीफा(टी)नीतीश कुमार बिहार(टी)बिहार की नई सरकार(टी)बीजेपी सरकार बिहार(टी)जेडी(यू) मुख्यमंत्री(टी)बिहार की राजनीति(टी)सत्ता परिवर्तन बिहार(टी)नीतीश विदाई नोट
वाराणसी में आतंकियों को फंडिंग में डॉक्टर के घर रेड:बेटे से पूछताछ में जुटी ATS, लैपटॉप-मोबाइल में मिला पाकिस्तान से कनेक्शन

वाराणसी में आतंकियों को फंडिंग करने वाले डॉक्टर के घर पर यूपी-मुंबई ATS और इंटेलिजेंस ब्यूरो की रेड चल रही है। टीम मंगलवार सुबह डॉक्टर के घर पहुंची और उसके मोबाइल-लैपटॉप को कब्जे में लिया। इसके बाद डॉक्टर के घरवालों से पूछताछ की। मोबाइल, लैपटॉप और बैंक अकाउंट की डिटेल में लाखों रुपए के टर्न ओवर की जानकारी मिली है। साथ ही डॉक्टर का पाकिस्तानी लोगों और कश्मीर के संगठनों से कनेक्शन भी मिला है। वह कई संदिग्धों के टच में है। उनके नंबर फोन में सेव मिले हैं। मौके पर आईबी के अधिकारी भी मौजूद हैं। डॉक्टर के घर के बाहर पुलिस फोर्स तैनात है। इस कार्रवाई के पीछे लखनऊ में पकड़े 4 आतंकियों से मिला इनपुट बताया जा रहा है। मामला आदमपुर थाना क्षेत्र का है। 2 तस्वीरें देखिए… अब पढ़िए पूरा मामला वाराणसी के पठानी टोला इलाके के आदमपुर में डॉ. डॉ. आरिफ अंसारी रहता है। डॉ. आरिफ अंसारी बाल रोग विशेषज्ञ हैं और हाजरा हॉस्पिटल चलाता है। उसके 3 भाई साड़ी का कारोबार करते हैं। इसके चलते उन लोगों का अक्सर बाहर आना-जाना लगा रहता है। डॉक्टर आरिफ अंसारी का 20 साल का बेटा अबु बकर NEET की तैयारी कर रहा है। ATS की टीम उससे पूछताछ में जुटी है। अबु बकर के भी मोबाइल और लैपटॉप की जांच की जा रही है। सूत्रों की मानें, तो अबु बकर पर एक कश्मीरी हैंडल से व्हाट्सएप चैट के जरिए बातचीत करने का आरोप है। वह पाकिस्तान के संदिग्ध लोगों के संपर्क में था। डॉक्टर के घर के बाहर पुलिस फोर्स तैनात डॉक्टर के घर पर रेड की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए। इसके बाद डॉक्टर के घर के बाहर और आसपास पुलिस की चौकसी बढ़ा दी गई है। जिस गली में टीम पहुंची है, उसमें स्थानीय लोगों का छोड़कर किसी को नहीं जाने दिया जा रहा है। पुलिस अफसरों ने भी हालात का जायजा लिया। हालांकि, इस मामले में एसीपी कोतवाली विजय प्रताप सिंह और आदमपुर इंस्पेक्टर विमल कुमार मिश्रा ने पुष्टि नहीं की है। रेड के बीच में ही ATS इंस्पेक्टर भारत भूषण डॉक्टर के घर से बाहर निकले। मीडिया के सवालों पर उन्होंने कहा कि हम नहीं कुछ भी बता नहीं सकते। अभी रेड चल रही है। लखनऊ से पकड़े गए संदिग्धों से जुड़ रहे तार 10 अप्रैल को लखनऊ के चारबाग रेलवे स्टेशन के पास से ATS ने 4 संदिग्ध पकड़े थे। जांच में इन चारों के संबंध पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई समेत अन्य आतंकी संगठन से होने के संकेत मिले हैं। एजेंसियों को यह भी इनपुट मिला कि मुंबई, लखनऊ और वाराणसी में टेरर फंडिंग के जरिए नेटवर्क सक्रिय किया जा रहा था। इन्हीं इनपुट के आधार पर एटीएस ने वाराणसी में छापेमारी की है। फिलहाल एजेंसियां इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस की जांच, कॉल डिटेल, बैंक ट्रांजैक्शन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों को खंगाल रही हैं। —————————– यह खबर भी पढ़ें… आगरा में BJP नेता का डांसर के साथ VIDEO, होटल संचालक को वसूली के लिए धमकाया आगरा में खुद को भाजपा नेता बताने वाले महिपाल चौधरी का अब होटल में डांसर के साथ वीडियो सामने आया है। इसमें महिपाल कुर्सी पर बैठा दिख रहा। कमरे में दो लड़कियां डांस कर रही हैं। हालांकि, ये वीडियो कब का है। पुलिस इसकी जांच कर रही है। पढ़ें पूरी खबर…







