Wednesday, 22 Apr 2026 | 03:55 PM

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हिमाचल में पहाड़ी से पत्थर गिरा, कार सवार दंपती घायल:केलांग से कुल्लू रेफर, अगले 3 दिन ओलावृष्टि और तूफान का अलर्ट

हिमाचल में पहाड़ी से पत्थर गिरा, कार सवार दंपती घायल:केलांग से कुल्लू रेफर, अगले 3 दिन ओलावृष्टि और तूफान का अलर्ट

हिमाचल प्रदेश में एक सप्ताह से हो रही बारिश-ओलावृष्टि और ऊंचे पहाड़ों पर हल्का हिमपात हो रहा है। पहाड़ों पर इससे कई जगह लैंडस्लाड की घटनाएं पेश आ रही है। आज (सोमवार को) भी दोपहर बाद लाहौल के मोसूमा थेतुप कुरकुर में पहाड़ी से बड़ा पत्थर गिरने के बाद सीधा HP-01-KA-3006 नंबर गाड़ी पर गिरा। इस हादसे में कार में सवार पश्चिम बंगाल के दंपती मनोजित सिंह रॉय और उनकी पत्नी पॉलिनी सिंघा घायल हो गए, जबकि ड्राइवर पूरी तरह सुरक्षित है। घायल दंपती को केलांग अस्पताल में प्राथमिक उपाचर के बाद कुल्लू रेफर कर दिया गया है। दोनों की हालत खतरे से बाहर है। कल से पहाड़ों पर अगले तीन दिन तेज बारिश, ओलावृष्टि और तूफान का अलर्ट है। इसे देखते हुए पर्यटकों को अधिक ऊंचाई वाले और लैंडस्लाइड संभावित क्षेत्रों की यात्रा टालने की सलाह दी गई है। कल से 48 घंटे भारी ओलावृष्टि-तूफान का अलर्ट इस बीच मौसम विभाग ने कल से अगले 48 घंटे तक भारी ओलावृष्टि और तूफान की चेतावनी दी गई है। चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला और सिरमौर जिले में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया। जबकि अन्य जिलों में यलो अलर्ट की चेतावनी दी गई है। इस दौरान ओलावृष्टि के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज तूफान चल सकता है। प्रदेश में 7 से 9 अप्रैल तक मौसम ज्यादा खराब रहेगा। खासकर 8 अप्रैल को ज्यादा बारिश, ओलावृष्टि और तूफान का पूर्वानुमान है। 10 अप्रैल को वेस्टर्न डिस्टरबेंस थोड़ा कमजोर पड़ेगा, लेकिन इस दिन भी अधिक ऊंचे पहाड़ों पर हल्की बारिश के आसार है। 11 और 12 अप्रैल को अधिक ऊंचे और मध्यम ऊंचाई वाले भागों में हल्की बारिश हो सकती है। ठियोग में आज दोपहर बाद तेज बारिश वहीं आज दोपहर बाद शिमला जिले के ठियोग और आसपास के क्षेत्रों में तेज बारिश के साथ हल्की ओलावृष्टि भी हुई। मौसम विभाग ने ताजा बुलेटिन में चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला जिले में रात 11 बजे तक कुछ स्थानों पर हल्की बारिश और ओलावृष्टि का यलो अलर्ट जारी किया है। किन्नौर और लाहौल स्पीति की ऊंची चोटियों पर इस दौरान हल्का हिमपात भी हो सकता है। प्रदेश का तापमान नॉर्मल से 2.3 डिग्री नीचे लुढ़का वहीं बीते 24 घंटे के दौरान हुई बारिश, ओलावृष्टि और ऊंचे पहाड़ों पर बर्फबारी के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। प्रदेश का औसत अधिकतम तापमान सामान्य से 2.3 डिग्री नीचे गिर गया है। कांगड़ा के अधिकतम तापमान में सामान्य की तुलना में सबसे ज्यादा 4.3 डिग्री की कमी के बाद पारा 27.8 डिग्री रह गया है। मनाली का अधिकतम तापमान नॉर्मल से 4.0 डिग्री नीचे गिरने के बाद 15.4 डिग्री और मंडी का 3.0 डिग्री की गिरावट के बाद 26.8 डिग्री सेल्सियस रह गया है। अगले 3 दिनों के दौरान तापमान में और ज्यादा गिरावट आएगी। 3 दिन से ओलों का कहर वहीं बीते 3 दिन से अलग-अलग क्षेत्रों में हो रही ओलावृष्टि किसानों-बागवानों पर कहर बरपा रही है। शिमला, मंडी और कुल्लू जिले में ओलावृष्टि ने सेब, मटर, फूलगोभी और स्टोन फ्रूट्स की फसल को तबाह कर दिया है। शिमला के कुमारसैन, आनी, कोटखाई, ठियोग इत्यादि क्षेत्रों में सेब को ओलावृष्टि से बचाने के लिए लगाए गए एंटी हेल नेट और बांस भी टूट कर तबाह हो गए। मौसम विभाग के पूर्वानुमान ने किसानों-बागवानों की चिंताएं बढ़ा दी है।

खुजली और लाल चकत्तों का ये है रामबाण इलाज, घर पर बनाएं आयुर्वेदिक क्रीम, समस्या होगी जड़ से खत्म, जानें आयुष डॉक्टर से

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Last Updated:April 06, 2026, 05:13 IST Health Tips: जमुई के मशहरू आयुष चिकित्सक डॉ रास बिहारी तिवारी ने सोरायसिस के लिए नारियल तेल, एलोवेरा, हल्दी, नीम तेल से घरेलू क्रीम और खानपान व योग से राहत की सलाह दी. उन्होंने कहा कि इससे ये बीमारी जड़ से खत्म हो जाएगी. आइये जानते हैं इसके बारे में. ख़बरें फटाफट जमुई: अक्सर लोग त्वचा की समस्या से परेशान होते हैं. फिर चाहे त्वचा का दरबा हो या सोरायसिस जैसी समस्या हो. ऐसे में उसे ठीक करने के लिए लोग अक्सर मंहगी क्रीम लगाते हैं, लेकिन आप चाहें तो अपने घर पर भी आयुर्वेदिक क्रीम बना सकते हैं, जो आपको इसमें राहत दिलवा सकती है. जमुई के आयुष चिकित्सक डॉ. रास बिहारी तिवारी (बीएएमएस) बताते हैं कि सोरायसिस में त्वचा पर लाल चकत्ते, खुजली और पपड़ी जैसी समस्या हो जाती है, जिससे मरीज काफी परेशान रहता है. उन्होंने बताया कि घर पर बनी हर्बल क्रीम सोरायसिस के लक्षणों को काफी हद तक कम कर सकती है. यह क्रीम त्वचा को नमी देती है, सूजन कम करती है और त्वचा की कोशिकाओं को स्वस्थ बनाने में मदद करती है. ऐसे बना सकते हैं आयुर्वेदिक क्रीम आयुष चिकित्सक तिवारी बताते हैं कि इस आयुर्वेदिक क्रीम को बनाने के लिए कुछ सामान्य लेकिन प्रभावी चीजों की जरूरत होती है. सबसे पहले 2 चम्मच नारियल तेल लें, जिसमें 1 चम्मच एलोवेरा जेल, आधा चम्मच हल्दी पाउडर और कुछ बूंदें नीम का तेल मिलाएं. इन सभी को अच्छी तरह से मिलाकर एक स्मूद क्रीम तैयार कर लें. नारियल तेल त्वचा को गहराई से मॉइस्चराइज करता है, एलोवेरा जलन और सूजन को शांत करता है, हल्दी में एंटीसेप्टिक गुण होते हैं और नीम का तेल बैक्टीरिया को खत्म करने में मदद करता है. इस क्रीम को दिन में दो बार प्रभावित हिस्से पर हल्के हाथों से लगाएं. नियमित उपयोग से त्वचा की खुजली, लालिमा और पपड़ी में कमी देखने को मिल सकती है. इन बातों का भी रखना होगा ध्यान आयुष चिकित्सक बताते हैं कि सोरायसिस में खानपान और दिनचर्या में भी बदलाव जरूर होगा. उन्होंने कहा कि त्वचा से जुड़ी समस्या में तले-भुने और ज्यादा मसालेदार भोजन से बचें, हरी सब्जियां और फल ज्यादा लें और शरीर को हाइड्रेट रखें. इसके अलावा तनाव को कम करना भी बेहद जरूरी है. क्योंकि सोरायसिस एक ऑटोइम्यून समस्या है. जो मानसिक तनाव से बढ़ सकती है. नियमित योग और प्राणायाम करने से भी फायदा मिलता है. डॉ तिवारी के अनुसार, अगर इस घरेलू क्रीम का नियमित उपयोग संतुलित जीवनशैली के साथ किया जाए तो सोरायसिस के लक्षणों में काफी हद तक सुधार संभव है. About the Author Brijendra Pratap Singh बृजेंद्र प्रताप सिंह डिजिटल-टीवी मीडिया में (2021) लगभग 5 सालों से सक्रिय हैं. मेट्रो न्यूज 24 टीवी चैनल मुंबई, ईटीवी भारत डेस्क, दैनिक भास्कर डिजिटल डेस्क के अनुभव के साथ 14 मई 2024 से News.in में सीनियर कंटें…और पढ़ें First Published : April 06, 2026, 05:13 IST

इलेक्ट्रिक स्कूटी शोरूम में चोरी करने वाला गिरोह पकड़ाया:CCTV फुटेज में कैद चोर के हाथ के टैटू से हुई पहचान; लैपटॉप-बैटरियां जब्त

इलेक्ट्रिक स्कूटी शोरूम में चोरी करने वाला गिरोह पकड़ाया:CCTV फुटेज में कैद चोर के हाथ के टैटू से हुई पहचान; लैपटॉप-बैटरियां जब्त

ग्वालियर के झांसी रोड इलाके में इलेक्ट्रिक स्कूटी शोरूम में चोरी करने वाले तीन शातिर चोरों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। वारदात CCTV कैमरों में कैद हो गई थी, जिससे पुलिस को आरोपियों तक पहुंचने में मदद मिली। फुटेज में एक आरोपी के हाथ पर बने टैटू के आधार पर उसकी पहचान की गई। पुलिस ने छापेमारी कर तीनों आरोपियों को पकड़ा और उनके कब्जे से एक लैपटॉप, दो बैटरियां और नकदी जब्त की है। आरोपियों पर पहले से भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस को आशंका है कि इस गिरोह से अन्य चोरी की वारदातों का भी खुलासा हो सकता है। फिलहाल उनसे पूछताछ जारी है। जानकारी के अनुसार, मुरार स्थित शिवहरे कॉलोनी निवासी दिनेश शिवहरे का नाका चंद्रबदनी पुल के पास एम्पियर इलेक्ट्रिक स्कूटी शोरूम है, जहां कुछ दिन पहले चोरी हुई थी। मामले की जांच सीएसपी विश्वविद्यालय हीना खान के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी झांसी रोड शक्ति सिंह यादव के नेतृत्व में की जा रही थी। CCTV से मिला सुराग: लैपटॉप के साथ घूमता आरोपी दबोचा CCTV फुटेज में तीन संदिग्धों के चेहरे सामने आने के बाद पुलिस उनकी तलाश में जुटी थी। इसी दौरान रविवार को सूचना मिली कि विवेकानंद चौराहे के पास एक युवक काले रंग का लैपटॉप लेकर घूम रहा है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर उसे पकड़ लिया। उसकी पहचान 22 वर्षीय शुभम पुत्र राजेश वाल्मीकि निवासी नाका चंद्रबदनी, झांसी रोड के रूप में हुई। पूछताछ में शुभम ने अपने साथियों सौरभ खटीक और शक्ति जाटव के साथ 31 मार्च की सुबह 4 से 5 बजे के बीच शोरूम में चोरी करना कबूल किया। इसके बाद पुलिस ने सौरभ खटीक (रानीपुरा पुलिया) और शक्ति जाटव को नाका चंद्रबदनी पुलिया सब्जी मंडी क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। बंटवारे में मिली रकम खाने-पीने में उड़ाई पुलिस पूछताछ में सामने आया कि शुभम वाल्मीकि को चोरी की रकम में 10 हजार रुपये मिले थे, जिनमें से अधिकांश उसने खाने-पीने में खर्च कर दिए। उसके पास से करीब 500 रुपए जब्त किए गए हैं। सौरभ खटीक ने अपने हिस्से की एक स्कूटी बैटरी घर में रखी थी। पुलिस ने उसके घर से एक बैटरी और 18,500 रुपए में से केवल 300 रुपए बरामद किए। वहीं, शक्ति जाटव के हिस्से में एक बैटरी और नकदी आई थी। उसने बैटरी साइंस कॉलेज की दीवार के पास झाड़ियों में छिपा दी थी, जबकि नकदी खर्च कर दी। पुलिस ने बैटरी बरामद कर ली है। टीआई झांसी रोड शक्ति सिंह यादव ने बताया- आरोपियों ने इलेक्ट्रिक स्कूटी शोरूम के ताले तोड़कर चोरी की थी। घटना स्थल के CCTV फुटेज के आधार पर गिरोह को पकड़ लिया गया और चोरी का सामान बरामद कर लिया गया है।

मुलताई में घर में आग लगी, 3 बाइक जली:25 से 30 क्विंटल गेहूं और सोयाबीन भी राख, 5 लाख का नुकसान

मुलताई में घर में आग लगी, 3 बाइक जली:25 से 30 क्विंटल गेहूं और सोयाबीन भी राख, 5 लाख का नुकसान

मुलताई के ग्राम मंगोना कला की पुरानी बस्ती में रविवार देर रात आग लग गई। घटना में ग्रामीण नामदेव उकंडे का घर पूरी तरह जलकर खाक हो गया। आग इतनी तेजी से फैली कि घर में रखा लाखों का सामान बचाने का मौका भी नहीं मिला। फिलहाल आग लगने की असली वजह सामने नहीं आई है। रात के सन्नाटे में जब आग की ऊंची लपटें उठीं, तो पूरे गांव में हड़कंप मच गया। ग्रामीण आनन-फानन में बाल्टियां लेकर दौड़ पड़े और अपने स्तर पर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन तेज हवा के कारण आग काबू से बाहर हो गई। सूचना मिलते ही मुलताई नगर पालिका की दमकल टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद लपटों पर काबू पाया। लाखों का सामान जलकर हुआ राख स्थानीय निवासी यश झरबड़े ने बताया कि इस हादसे में नामदेव उकंडे का सब कुछ बर्बाद हो गया है। घर में रखी तीन मोटरसाइकिलें पूरी तरह जल गईं। इसके अलावा साल भर की मेहनत से उगाया गया करीब 25 से 30 क्विंटल गेहूं और सोयाबीन भी आग की भेंट चढ़ गया। शुरुआती अनुमान के मुताबिक, परिवार को 5 लाख रुपए से ज्यादा का आर्थिक नुकसान हुआ है। कोई जनहानि नहीं, जांच में जुटा प्रशासन राहत की बात यह रही कि इस हादसे में परिवार का कोई सदस्य हताहत नहीं हुआ, सभी सुरक्षित हैं। घटना की खबर मिलते ही राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई है। अधिकारी नुकसान का पंचनामा तैयार कर रहे हैं ताकि पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा मिल सके। पुलिस भी मामले की जांच कर रही है कि आग शॉर्ट सर्किट से लगी या कोई और वजह थी।

मुंबई से जैश के 2 आतंकी पकड़े गए:दिल्ली में आतंकी हमले की साजिश कर रहे थे, भारत विरोधी मिशन खिलाफत से जुड़े तार

मुंबई से जैश के 2 आतंकी पकड़े गए:दिल्ली में आतंकी हमले की साजिश कर रहे थे, भारत विरोधी मिशन खिलाफत से जुड़े तार

दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल और महाराष्ट्र ATS ने मुंबई से जैश-ए-मोहम्मद के दो आतंकियों गिरफ्तार किया है। दोनों पर दिल्ली में आतंकी हमले की साजिश रचने का आरोप है। महाराष्ट्र ATS ने रविवार को बताया कि दोनों आतंकी मोस्साब अहदम और मोहम्मद हमद कोल्लारा को शुक्रवार को अरेस्ट किया था। अब उन्हें दिल्ली पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है। दोनों जैश के साथ इस्लामिक स्टेट से भी जुड़े थे। इसके अलावा भारत विरोधी संगठन मिशन खिलाफत और सोल्जर्स ऑफ प्रोफेट से भी जुड़े थे। खिलौने की कार से बम धमाके की साजिश रिपोर्ट्स के मुताबिक, आरोपी IED बम बनाना सीख रहे थे। वह दिल्ली में खिलौने की कार में बम छिपाकर हमला करने की प्लानिंग कर रहे थे। जांच एजेंसियां अब इस मामले के पैन-इंडिया नेटवर्क की भी जांच कर रही हैं। मुंबई में 4-5 नाबालिग भी एजेंसियों के रडार पर हैं, जो ऐसे प्रोपेगेंडा से प्रभावित हैं। जांच में पता चला है कि यह पूरा मॉड्यूल ओडिशा से संचालित हो रहा था और इसके हैंडलर भी सुरक्षा एजेंसियों के निशाने पर हैं। पुलिस की स्पेशल सेल को आरोपियों से आपत्तिजनक दस्तावेज, मोबाइल फोन और कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण भी मिले हैं। दोनों आरोपियों को ऑनलाइन हैंडलरों अबू हुफेजा के संपर्क में आए और उसने इनका ब्रेनवॉश किया। उसी ने इन्हें जैश-ए-मोहम्मद से जोड़ा। 30 मार्च को लश्कर-ए-तैयबा से जुड़ा शब्बीर अहमद लोन दिल्ली में अरेस्ट दिल्ली में सुरक्षा एजेंसियों ने 30 मार्च को लश्कर-ए-तैयबा (Let) से जुड़े आतंकी शब्बीर अहमद लोन को दिल्ली बॉर्डर से गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, शुरुआती जांच में सामने आया है कि वह बांग्लादेश से भारत विरोधी गतिविधियों को अंजाम दे रहा था। पुलिस के मुताबिक, शब्बीर दिल्ली, कोलकाता और तमिलनाडु में आतंकी गतिविधियों के लिए युवाओं की भर्ती करने की तैयारी में था। यह पूरा नेटवर्क पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के इशारे पर ऑपरेट हो रहा था। साल 2007 में भी दिल्ली पुलिस ने आतंकवाद के आरोपों में लोन को गिरफ्तार किया था। 2019 में जमानत मिलने के बाद वह बांग्लादेश भाग गया था। ————————— ये खबर भी पढ़ें… जम्मू-कश्मीर के गांदरबल में एक आतंकी ढेर:कल रात से ऑपरेशन चल रहा था; एक और आतंकी के छिपे होने की सूचना जम्मू-कश्मीर के गांदरबल में सेना ने बुधवार सुबह एक आतंकवादी को ढेर कर दिया। यह ऑपरेशन मंगलवार रात से जारी था। एक अधिकारी ने बताया कि खास इंटेलिजेंस इनपुट के आधार पर, पुलिस और सेना की एक जॉइंट टीम ने मंगलवार शाम को घेराबंदी और सर्च ऑपरेशन शुरू किया। पूरी खबर पढें…

जन्म से खराब कान, 1 इंजेक्शन से सुनायी देने लगी आवाजें, क्या है जीन थेरेपी?

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Last Updated:April 05, 2026, 22:43 IST Birth Deafness Cure: कई लोगों में जन्म से ही सुनने की क्षमता नहीं होती है. इस समस्या को ठीक करने के लिए अब तक किसी तरह का इलाज नहीं था. लेकिन हालिया स्टडी में यह सामने आया है कि जीन थेरेपी के जरिए जन्म से बहरे लोगों की सुनने की क्षमता वापस लाई जा सकती है. जीन थेरेपी क्या है? कैसे काम करता है, चलिए समझते हैं. ख़बरें फटाफट जन्म से सुनने की क्षमता न होने पर व्यक्ति साफ बोल भी नहीं पाता है. ये प्रॉब्लम लाइफ क्वालिटी को पूरी तरह खराब कर देती है. इससे जूझ रहे लोगों के साथ उनके परिवार की जिंदगी भी इससे प्रभावित होती है. अब तक इसके लिए कोई ठोस इलाज के विकल्प उपलब्ध नहीं थे लेकिन हालिया स्टडी ने उम्मीद की किरण जगा दी है. एक क्लिनिकल स्टडी में यह सामने आया है कि जीन थेरेपी के जरिए जन्म से बहरे लोगों की सुनने की क्षमता वापस लाई जा सकती है. माओली डुआनके नेतृत्व में करोलिंस्का संस्थान के वैज्ञानिकों ने 1 से 24 साल की उम्र के 10 मरीजों पर यह इलाज किया. इन सभी को OTOF जीन में गड़बड़ी के कारण जन्म से सुनने में दिक्कत थी. 1 इंजेक्शन से लौट आयी सुनने की क्षमतायह स्टडी नेचर मेडिसिन पत्रिका में प्रकाशित हुई, जिसमें बताया गया कि एक ही इंजेक्शन के बाद सभी मरीजों की सुनने की क्षमता में सुधार देखा गया. कुछ मरीज तो कुछ ही हफ्तों में बोलचाल की आवाजें पहचानने लगे. इलाज में वैज्ञानिकों ने AAV (एडेनो-एसोसिएटेड वायरस) का इस्तेमाल किया, जिसके जरिए सही OTOF जीन को कान के अंदर पहुंचाया गया. यह इंजेक्शन कोक्लिया (कान के अंदर का हिस्सा) में दिया जाता है. क्या है जीन थेरेपी?यह थेरेपी OTOF जीन पर काम करती है, जो ओटोफ़र्लिन नाम का प्रोटीन बनाता है. यह प्रोटीन कान से दिमाग तक आवाज के सिग्नल पहुंचाने में जरूरी होता है. जब यह प्रोटीन नहीं बनता, तो व्यक्ति जन्म से ही सुन नहीं पाता. हालांकि, इस स्थिति में कान की बनावट सही रहती है, सिर्फ सिग्नल भेजने की प्रक्रिया खराब होती है, इसलिए इसे जीन थेरेपी से ठीक करना संभव है.यह तरीका कोक्लियर इम्प्लांट से अलग है, क्योंकि इसमें किसी मशीन की जरूरत नहीं होती, बल्कि सुनने की क्षमता को प्राकृतिक रूप से बहाल किया जाता है. 2 से 3 बच्चों को जन्मजात सुनने की समस्या दुनिया में हर 1000 नवजात में से 2 से 3 बच्चों को जन्मजात सुनने की समस्या होती है, जिसमें 1 से 8 प्रतिशत मामले OTOF जीन से जुड़े होते हैं. अब तक इसका इलाज केवल कोक्लियर इम्प्लांट जैसे उपकरणों से ही किया जाता था, जो समस्या को ठीक नहीं बल्कि मैनेज करते हैं. एक महीने के भीतर सुधारइस स्टडी के नतीजे काफी तेज और प्रभावशाली रहे. मरीजों की सुनने की क्षमता औसतन 106 डेसिबल से सुधरकर 52 डेसिबल तक पहुंच गई, जिससे वे सामान्य बातचीत सुन सकते हैं. ज्यादातर मरीजों में एक महीने के भीतर सुधार दिखा और 6 महीने में सभी में अच्छा रिजल्ट मिला. एक 7 साल की बच्ची का केस सबसे खास रहा, जिसने 4 महीने में लगभग सामान्य सुनने की क्षमता हासिल कर ली और अपनी मां से रोजमर्रा की बातचीत करने लगी. क्या सेफ है थेरेपीसुरक्षा के लिहाज से भी यह थेरेपी सुरक्षित पाई गई. कुछ मरीजों में सफेद रक्त कोशिकाओं (न्यूट्रोफिल्स) में थोड़ी कमी देखी गई, लेकिन कोई गंभीर साइड इफेक्ट नहीं हुआ. वैज्ञानिकों का मानना है कि यह सिर्फ शुरुआत है. आगे चलकर GJB2 और TMC1 जैसे अन्य जीन से जुड़ी सुनने की समस्याओं का भी इलाज इसी तरीके से किया जा सकता है. यह स्टडी जीन थेरेपी के क्षेत्र में एक बड़ा बदलाव दिखाती है. अब केवल लक्षणों को मैनेज करने की बजाय बीमारी की जड़ को ठीक करने की दिशा में काम हो रहा है. भविष्य में यह तकनीक कई आनुवंशिक बीमारियों के इलाज का रास्ता खोल सकती है. About the Author शारदा सिंहSenior Sub Editor शारदा सिंह बतौर सीनियर सब एडिटर News18 Hindi से जुड़ी हैं. वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्यू पर आधारित रिपोर्ट्स बनाने में एक्सपर्ट हैं. शारदा पिछले 5 सालों से मीडिया …और पढ़ें Location : New Delhi,Delhi First Published : April 05, 2026, 22:43 IST Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.

रीवा में रविवार रात सैकड़ों वाहन जाम में फंसे:रतहरा से नए बस स्टैंड और सिरमौर चौराहे तक लगी कतारें, घंटों तक रेंगते रही गाड़ियां

रीवा में रविवार रात सैकड़ों वाहन जाम में फंसे:रतहरा से नए बस स्टैंड और सिरमौर चौराहे तक लगी कतारें, घंटों तक रेंगते रही गाड़ियां

रीवा शहर में रविवार को दिनभर जाम की स्थिति बनी रही और रात होते-होते हालात और बिगड़ गए। चोरहटा अंतर्गत बेला बायपास पर दिन में लगे जाम का असर पूरे शहर में देखने को मिला। रात के समय नए बस स्टैंड से रतहरा तक ट्रैफिक रेंगता नजर आया, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। रविवार रात सैकड़ों वाहन जाम में फंस गए। शहर के प्रमुख इलाकों में भी जाम का असर साफ दिखा। विशाल मेगा मार्ट, सिरमौर रोड, बस स्टैंड रोड सहित कई स्थानों पर वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं। बाजार क्षेत्रों में अत्यधिक भीड़ और अव्यवस्थित पार्किंग ने स्थिति को और गंभीर बना दिया। कई जगहों पर लोग घंटों जाम में फंसे रहे, जिससे दैनिक कार्य प्रभावित हुए। कई वाहन घंटों तक रेंगते रहे रविवार होने के कारण खरीदारी और घूमने-फिरने के लिए लोगों की संख्या अधिक रही, जिससे ट्रैफिक का दबाव बढ़ गया। वहीं, कई प्रमुख चौराहों पर पर्याप्त ट्रैफिक पुलिस की मौजूदगी नहीं होने से यातायात नियंत्रण प्रभावित हुआ और जाम की समस्या बढ़ती चली गई। हालांकि पूरे मामले में यातायात थाना प्रभारी अनीमा शर्मा का कहना है कि रविवार को यातायात का दबाव अधिक होने के कारण कुछ स्थानों पर जाम की स्थिति बनी। पुलिस द्वारा लगातार ट्रैफिक को सुचारू करने के प्रयास किए जा रहे थे। आगे ऐसी स्थिति न बने, इसके लिए अतिरिक्त व्यवस्था की जा रही है। कुल मिलाकर रीवा में रविवार का दिन जाम के नाम रहा, जहां दिन से लेकर देर रात तक शहर के अलग-अलग हिस्सों में स्लो मूविंग ट्रैफिक और जाम की स्थिति बनी रही, जिससे आमजन को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

ग्वालियर में रेबीज से युवक की मौत, रोज 100+ मामले:5 दिन पहले एक शख्स ने अस्पताल में भर्ती कराया था; नाम दिया था 'गोलू'

ग्वालियर में रेबीज से युवक की मौत, रोज 100+ मामले:5 दिन पहले एक शख्स ने अस्पताल में भर्ती कराया था; नाम दिया था 'गोलू'

ग्वालियर में आवारा कुत्तों का आतंक बढ़ता जा रहा है। रोजाना 100 से अधिक लोग डॉग बाइट के शिकार हो रहे हैं। इसी बीच रविवार को 25 वर्षीय एक अज्ञात युवक की मौत हो गई, जिसका कारण रेबीज बताया गया है। जानकारी के अनुसार, 1 अप्रैल को एक अनजान व्यक्ति घायल युवक को मुरार स्थित जिला अस्पताल लेकर पहुंचा था। उसने मरीज का नाम ‘गोलू’ दर्ज कराया और बताया कि उसे कुत्ते ने काटा है। युवक गंभीर हालत में मिला था। स्थिति बिगड़ने पर उसी रात उसे जेएएच (हजार बिस्तर अस्पताल) रेफर कर दिया गया, जहां उसे रेबीज संदिग्ध मानकर उपचार शुरू किया गया। इलाज के दौरान रविवार को युवक ने दम तोड़ दिया। अस्पताल प्रबंधन की सूचना पर मुरार थाना पुलिस ने शव को निगरानी में लेकर मर्ग कायम कर लिया है। सोमवार को पोस्टमार्टम कराया जाएगा। फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। उसे कुत्ते ने कब काटा, यह जानकारी पहचान के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। भर्ती मरीज की मौत की सूचना हजार बिस्तर के अस्पताल स्ट्रेचर बॉय अभिषेक पुत्र कमलेश पांडेय निवासी पिछोर ने मुरार थाना पुलिस को दी है। साथ ही अस्पताल की तहरीर मुरार थाना पुलिस को सौंपी है। तहरीर में मौत का कारण रेबीज संक्रमण बताया गया है। रिपोर्ट में मृत्यु का कारण रेबीज बताया गया मुरार पुलिस को जयारोग्य अस्पताल से इलाज और मौत से संबंधित रिपोर्ट प्राप्त हुई है। इसमें उल्लेख है कि मरीज की मौत रेबीज संक्रमण के कारण हुई प्रतीत होती है। रिपोर्ट मिलते ही पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया। मृतक की पहचान के प्रयास में उसका फोटो आसपास के क्षेत्रों में दिखाया गया, लेकिन शिनाख्त नहीं हो सकी। फिलहाल शव को मर्च्यूरी में रखवाया गया है। आवारा कुत्तों पर नियंत्रण में लापरवाही शहर की कॉलोनियों और मोहल्लों में आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन नगर निगम का अमला सक्रिय नजर नहीं आ रहा। अधिकारियों का दावा है कि नसबंदी जैसी योजनाओं से संख्या नियंत्रित करने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि हकीकत में कुत्तों को पकड़ने का अभियान ठप पड़ा है। जिम्मेदार अधिकारी भी मैदान में नजर नहीं आते। हर दिन 100 से 150 डॉग बाइट के मामले शहर में रोजाना 100 से 150 डॉग बाइट के मामले जेएएच, जिला अस्पताल और सिविल अस्पताल पहुंच रहे हैं। ये वे मरीज हैं जो काटने के बाद रेबीज के इंजेक्शन लगवाने आते हैं, जबकि कई मामले ऐसे भी हैं जो अस्पताल तक पहुंच ही नहीं पाते।

शराबी पिता ने 4 वर्षीय बेटे के पीटा, मौत:छतरपुर में लाठी से किया था वार; भोपाल में 5 दिन इलाज के बाद मौत; आरोपी गिरफ्तार

शराबी पिता ने 4 वर्षीय बेटे के पीटा, मौत:छतरपुर में लाठी से किया था वार; भोपाल में 5 दिन इलाज के बाद मौत; आरोपी गिरफ्तार

छतरपुर जिले के बड़ा मलहरा अनुभाग के ग्राम ढाड़ोरा में घरेलू विवाद के दौरान पिता की मारपीट में 4 वर्षीय मासूम की जान चली गई। जानकारी के अनुसार, 25 मार्च 2026 को लखन सिंह घोषी ने शराब के नशे में अपनी पत्नी और बेटे के साथ मारपीट की। इसी दौरान लाठी का एक वार मासूम यशवंत उर्फ यीशु को लग गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। भोपाल में इलाज के दौरान दम तोड़ा घटना के बाद परिजन बच्चे को तुरंत बमनौरा अस्पताल ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे टीकमगढ़ रेफर किया गया। हालांकि परिजन उसे सीधे सागर मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे, जहां कई दिनों तक इलाज चला, लेकिन हालत में सुधार नहीं हुआ। बाद में बच्चे को भोपाल रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान 1 अप्रैल को उसकी मौत हो गई। दो दिनों बाद आरोपी गिरफ्तार मामले की सूचना मिलते ही पुलिस ने जांच शुरू की। एसडीओपी रोहित अलावा के निर्देशन में थाना बमनौरा और रामटोरिया चौकी पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी के खिलाफ केस दर्ज किया। यह मामला आरोपी की भाभी चंदा घोषी की शिकायत पर दर्ज किया गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी लखन सिंह को दो दिन के बाद गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। रविवार को उसे न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया।

इंदौर में ड्रोन से ट्रैफिक मैनेजमेंट:रविवार शाम पीक टाइम में कई चौराहों पर हुई निगरानी; तुरंत क्लियर हुआ जाम

इंदौर में ड्रोन से ट्रैफिक मैनेजमेंट:रविवार शाम पीक टाइम में कई चौराहों पर हुई निगरानी; तुरंत क्लियर हुआ जाम

शहर में ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए इंदौर ट्रैफिक पुलिस ने अब ड्रोन का सहारा लेना शुरू कर दिया है। रविवार शाम बढ़ते ट्रैफिक दबाव के बीच प्रमुख चौराहों पर ड्रोन से निगरानी रखी गई, जिससे जाम की स्थिति को तुरंत नियंत्रित किया जा सका। इस दौरान डीसीपी खुद पूरे समय मॉनिटरिंग करते दिखाई दिए। डीसीपी ट्रैफिक राजेश त्रिपाठी के निर्देशन में अलग-अलग टीमें तैनात की गई थीं। ड्रोन के जरिए जहां भी वाहन फंसे नजर आए, वहां तुरंत पुलिस टीम को अलर्ट कर ट्रैफिक क्लियर कराया गया। रविवार रात व्हाइट चर्च चौराहा, मधुमिलन, गांधी चौक, गीताभवन और नवलखा चौराहे जैसे व्यस्त इलाकों में ड्रोन से निगरानी की गई। पीक टाइम के दौरान कहीं भी बड़े जाम की सूचना नहीं मिली। डीसीपी के मुताबिक, इस प्रयोग के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। यदि आगे भी यह व्यवस्था कारगर रहती है, तो आने वाले दिनों में इसे नियमित रूप से लागू किया जाएगा। इससे पहले ट्रैफिक पुलिस ने शहर के व्यस्त बाजारों में जाकर व्यापारियों से भी चर्चा की थी और बेतरतीब पार्किंग व सड़क पर खड़े वाहनों को लेकर सख्त निर्देश दिए थे।