भाजपा नेता से मारपीट का कांग्रेस ने किया विरोध:एसपी कार्यालय के सामने धरना, आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग

नरसिंहपुर जिले में भाजपा नेता पवन पटेल से मारपीट के मामले में कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन किया है। आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुनीता पटेल सोमवार दोपहर 12 बजे एसपी कार्यालय पहुंचीं और धरने पर बैठ गईं। जानकारी के अनुसार, सुनीता पटेल ने शनिवार को एसपी को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की थी। पुलिस से संतोषजनक जवाब न मिलने के बाद उन्होंने यह कदम उठाया। धरने के दौरान सुनीता पटेल ने आरोप लगाया कि पवन पटेल को बुरी तरह पीटा गया, लेकिन अभी तक किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस ने प्रेस नोट जारी किया, पर उनके पत्र का कोई जवाब नहीं दिया। पटेल ने क्षेत्र में अवैध उत्खनन और डंपरों की आवाजाही को भी गंभीर समस्या बताया। उन्होंने कहा कि गाडरवारा में लगातार हादसे हो रहे हैं, जैसे हाल ही में गांधी गांव में एक ट्रक घर में घुस गया, जिससे एक युवक की मौत हो गई थी। उन्होंने बताया कि इस संबंध में वह दिसंबर में भी पत्र लिखकर डंपरों के संचालन का समय निर्धारित करने की मांग कर चुकी हैं। सुनीता पटेल ने स्पष्ट किया कि जब तक उन्हें लिखित आश्वासन नहीं मिलेगा, वे धरना समाप्त नहीं करेंगी। दूसरी ओर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संदीप भूरिया ने मामले पर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह घटना 1 तारीख की दरमियानी रात पलोहा थाना क्षेत्र में हुई थी। पुलिस ने आरोपियों की पहचान कर ली है और दो-तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है। शेष आरोपियों की भी जल्द गिरफ्तारी की जाएगी। भूरिया ने बताया कि कुछ आरोपी स्थानीय हैं, जबकि कुछ बाहर के हैं। मामले की विस्तृत जानकारी एसडीओपी द्वारा प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी जा रही है। पुलिस का कहना है कि त्वरित कार्रवाई की जा रही है और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार प्रयास जारी हैं।
पन्ना- पालधरा गांव में 9वीं के छात्र की संदिग्ध मौत:माता-पिता के साथ महुआ बीनने गया था, उसी पेड़ पर लटकी मिली लाश

पन्ना जिले के पालधरा गांव में एक 15 वर्षीय छात्र का शव संदिग्ध परिस्थितियों में पेड़ से लटका मिला। मृतक की पहचान दीपेश आदिवासी (पिता किशोर सिंह) के रूप में हुई है, जो पन्ना के सर्वोदय विद्यालय में कक्षा 9वीं का छात्र था। जानकारी के अनुसार, 5 अप्रैल को सुबह दीपेश अपने माता-पिता के साथ महुआ बीनने गया था। वहां से लौटने के बाद वह बकरियां चराने निकल गया। परिजनों ने बताया कि दोपहर में उन्होंने दीपेश को खाना खाने के लिए कहा था, लेकिन उसने मना कर दिया। इसके बाद करीब 1 बजे वह दोबारा खेत की ओर चला गया। जब शाम तक दीपेश घर नहीं लौटा, तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। तलाश के दौरान, मृतक के चाचा लील सिंह खेत की तरफ लकड़ी लेने पहुंचे। उन्होंने देखा कि दीपेश का शव महुआ के ही एक पेड़ पर फांसी के फंदे से लटका हुआ था। ग्रामीण और परिजन मौके पर पहुंचे और तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही बृजपुर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर शव को फंदे से नीचे उतारा। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव का पंचनामा तैयार किया और पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। पुलिस फिलहाल पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों के बयानों के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
पोहरी बस स्टैंड के पीछे 7 फीट का मगरमच्छ:वन विभाग ने सफलतापूर्वक किया रेस्क्यू; राहगीर भयभीत होकर दूर से निकले

शिवपुरी शहर के पोहरी बस स्टैंड के पीछे स्थित तालाब के पास सोमवार सुबह करीब 9 बजे एक विशाल मगरमच्छ देखा गया। पुलिया के समीप बैठे इस मगरमच्छ को देखकर स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया और राहगीर भयभीत होकर दूर से निकलने लगे। स्थानीय निवासी मुकेश कुशवाह के अनुसार, मगरमच्छ की लंबाई लगभग 7 फीट थी और उसका पेट फूला हुआ दिख रहा था। आशंका जताई जा रही है कि उसने किसी जानवर, जैसे सूअर या कुत्ते का शिकार किया था, जिसके कारण वह अधिक हिल-डुल नहीं पा रहा था। घटना की सूचना तत्काल वन विभाग को दी गई। जानकारी मिलते ही वन विभाग की रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची और लगभग 30 मिनट के सावधानीपूर्वक अभियान के बाद मगरमच्छ को पकड़ लिया। इसके उपरांत उसे सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया। रेस्क्यू अभियान के दौरान मौके पर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए थे। हालांकि, टीम ने स्थिति को नियंत्रित रखते हुए सफलतापूर्वक मगरमच्छ को पकड़ने का कार्य पूरा किया।
रविवार को लंबे जाम के बाद सोमवार को फिर चुनौती:बीहर नदी के पुल में दरार, 30 अप्रैल तक भारी वाहनों की एंट्री बैन

रीवा शहर के बायपास स्थित बीहर नदी के पुराने पुल के गर्डर में गंभीर दरारें आने और पियर कैप क्षतिग्रस्त होने के बाद सुरक्षा के मद्देनजर 30 अप्रैल तक भारी वाहनों का आवागमन पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। रविवार को पुलिस की लापरवाही के चलते बायपास पर करीब 3 घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही, जिसमें सैकड़ों वाहन फंसे रहे। सोमवार को एसडीएम हुजूर डॉ. अनुराग तिवारी ने पुलिस अधिकारियों के साथ पुल का निरीक्षण कर तकनीकी जांच के बाद भारी वाहनों को वैकल्पिक मार्गों से डायवर्ट करने के निर्देश दिए हैं। तकनीकी जांच में संरचना कमजोर, SDM ने किया निरीक्षण पुल की तकनीकी जांच में इसकी संरचना कमजोर पाई गई है, जिसके चलते भारी वाहनों को प्रतिबंधित करने का फैसला लिया गया है। एसडीएम हुजूर डॉ. अनुराग तिवारी ने पुलिस अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचकर पुल के गर्डर में आई दरार और क्षतिग्रस्त पियर कैप का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वैकल्पिक मार्गों पर भी व्यवस्था बेहतर रखी जाए, ताकि किसी प्रकार की अव्यवस्था या दुर्घटना की स्थिति न बने। रविवार को 3 घंटे फंसा रहा ट्रैफिक, पुलिस रही नदारद रविवार को प्रशासन की वैकल्पिक व्यवस्था की पोल खुल गई थी, जब पुलिस और प्रशासनिक लापरवाही के कारण करीब तीन घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही। कई किलोमीटर लंबे एरिया में सैकड़ों वाहन फंसे रहे और व्यवस्था बनाने की जगह मौके से पुलिस के जवान नदारद दिखाई दिए। रविवार रात शहर के भीतर भी हालात बिगड़े रहे, जहां सैकड़ों वाहन जाम में फंसे नजर आए। अब सोमवार को एक बार फिर प्रशासन के सामने यातायात व्यवस्था संभालने की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। प्रशासन की अपील- वैकल्पिक मार्गों का करें उपयोग एसडीएम ने कहा कि आमजन की सुरक्षा सर्वोपरि है, इसलिए यातायात व्यवस्था को सुचारू और सुरक्षित बनाए रखने के लिए भारी वाहनों को वैकल्पिक मार्गों से डायवर्ट किया जाएगा। इसके साथ ही प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे निर्धारित वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें और यातायात नियमों का पालन करें, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
धार में कांग्रेस नेता गोपाल पाल पर केस दर्ज:आपत्तिजनक पोस्ट करने पर पुलिस की कार्रवाई; नेता प्रतिपक्ष के करीबी हैं

धार शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र में सोशल मीडिया पर देवी-देवताओं और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में पुलिस ने कांग्रेस नेता गोपाल पाल पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 196(1) और 299 के तहत केस दर्ज किया है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के करीबी माने जाने वाले गोपाल पाल के खिलाफ सर्व ब्राह्मण समाज और आरएसएस से जुड़े दिनेश सोनवनिया व फरियादी चेतन शर्मा की शिकायत के आधार पर रविवार को यह कार्रवाई की गई। फिलहाल, पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक जांच की जा रही है। ब्राह्मण समाज ने सौंपा था ज्ञापन जानकारी के अनुसार, कुछ दिनों पहले सर्व ब्राह्मण समाज के लोगों ने कोतवाली थाने पहुंचकर थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपा था। समाज के प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया था कि गोपाल पाल ने सोशल मीडिया पर देवी-देवताओं के खिलाफ अभद्र टिप्पणी की है, जिससे उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की थी। RSS की आपत्तिजनक फोटो पोस्ट करने का आरोप इसी मामले में दिनेश सोनवनिया ने रविवार को कोतवाली थाने में एक अलग लिखित आवेदन दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि गोपाल पाल ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़ी एक आपत्तिजनक फोटो सोशल मीडिया पर पोस्ट की है। सोनवनिया ने बताया कि वे स्वयं आरएसएस से जुड़े हैं और इस प्रकार की पोस्ट संगठन की छवि को नुकसान पहुंचाती है। दोनों आवेदनों के आधार पर दर्ज हुआ केस ब्राह्मण समाज और दिनेश सोनवनिया के दोनों आवेदनों व फरियादी चेतन शर्मा की शिकायत को आधार बनाते हुए कोतवाली थाना पुलिस ने आरोपी गोपाल पाल के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 196(1) और 299 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस के अनुसार, सोशल मीडिया पोस्ट की जांच जारी है।
अशोकनगर में सिलेंडर न मिलने पर चक्काजाम:डिलीवरी मैसेज आने के बाद भी नहीं मिली गैस; कलेक्ट्रेट पर खाली टंकी रखकर हंगामा

अशोकनगर जिले में सोमवार को गैस सिलेंडर की डिलीवरी का मैसेज आने के बावजूद टंकी नहीं मिलने से नाराज उपभोक्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। दो गैस एजेंसियों के उपभोक्ताओं ने पहले कोलूआ रोड पर चक्का जाम किया और फिर कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचकर गेट पर खाली सिलेंडर रखकर हंगामा किया। देहात थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर समझा-बुझाकर जाम खुलवाया, जिसके बाद लोग अपनी शिकायत दर्ज कराने कलेक्ट्रेट पहुंचे हैं। जय बाबा गैस एजेंसी के बाहर चक्का जाम, पुलिस ने हटाया सुबह के समय कोलूआ रोड स्थित जय बाबा इंडियन गैस एजेंसी के बाहर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। उपभोक्ताओं का आरोप था कि उन्हें मोबाइल पर सिलेंडर डिलीवर होने का मैसेज मिल चुका है, लेकिन असल में उन्हें टंकी नहीं मिली। जब उन्होंने एजेंसी से संपर्क किया तो उन्हें सिलेंडर नहीं मिला। नाराज उपभोक्ताओं ने सड़क पर उतरकर चक्का जाम कर दिया, जिससे यातायात बाधित हो गया। सूचना मिलने पर देहात थाना पुलिस मौके पर पहुंची और प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर सड़क से हटाया। इसके बाद कुछ लोग अपनी शिकायत लेकर कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचे। डीसी गैस गोदाम के उपभोक्ताओं ने कलेक्ट्रेट गेट पर रखा खाली सिलेंडर इसी दौरान, गुना रोड स्थित डीसी गैस गोदाम के उपभोक्ता भी सिलेंडर न मिलने से आक्रोशित होकर कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंच गए। उन्होंने कार्यालय के गेट पर खाली सिलेंडर रखकर अपना विरोध दर्ज कराया। इन उपभोक्ताओं का भी कहना था कि उन्हें मोबाइल पर सिलेंडर डिलीवर होने का मैसेज आ गया था, लेकिन उन्हें टंकी नहीं मिली। घर तक नहीं पहुंच रही गैस की टंकियां दुर्गा कॉलोनी निवासी प्राण सिंह कुशवाह ने बताया कि उन्होंने लगभग एक महीने पहले डीसी गैस गोदाम पर सिलेंडर बुक कराया था। उन्हें मोबाइल पर टंकी मिलने का मैसेज भी आया, लेकिन उन्हें अब तक सिलेंडर प्राप्त नहीं हुआ है। उनका यह भी कहना था कि अब उनका दोबारा नंबर भी नहीं लग रहा है। वहां मौजूद कुछ अन्य उपभोक्ताओं ने बताया कि जब एजेंसी पर गैस की गाड़ी आती है, तो उनसे कहा जाता है कि रिक्शा के माध्यम से टंकी घर पहुंचा दी जाएगी। हालांकि, कई बार टंकियां उपभोक्ताओं तक नहीं पहुंचतीं और उनका पता नहीं चलता। देखिए जाम की तस्वीरें…
भिंड में माइनिंग टीम का बदमाशों ने 4KM किया पीछा:ओवरलोड डंपर छुड़ाने के लिए माफियाओं ने की घेराबंदी, पुलिस ने निकलवाया

भिंड में खनिज माफिया के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं। रविवार को माइनिंग टीम द्वारा ओवरलोड डंपर पकड़ने पर माफिया ने टीम का करीब 4 किलोमीटर तक पीछा किया। हालात बिगड़ते देख पुलिस की मदद से टीम को सुरक्षित निकाला गया। जानकारी के अनुसार, जिला खनिज अधिकारी पंकज ध्वज मिश्रा अपनी टीम के साथ रविवार रात करीब 10-11 बजे चितौरा-मौ मार्ग पर रेंडम चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान गिट्टी से भरा एक डंपर आता दिखाई दिया, जिसे रोककर जांच की गई। जांच में डंपर ओवरलोड पाया गया। साथ ही वाहन की नंबर प्लेट गायब थी और चेसिस नंबर भी साफ नहीं दिख रहा था, जिससे मामला संदिग्ध प्रतीत हुआ। माइनिंग टीम ने डंपर को जब्त कर झांकी चौकी में सुरक्षित खड़ा करा दिया। इसी दौरान कुछ लोग चौकी पहुंच गए और टीम से विवाद करने लगे। बताया जा रहा है कि उन्होंने डंपर को छुड़ाने का भी प्रयास किया, लेकिन खनिज अधिकारी ने सख्ती दिखाते हुए वाहन को पुलिस सुरक्षा में रखवाया। इसके बाद जब टीम आगे चेकिंग के लिए निकली, तो 2-3 गाड़ियों में सवार कुछ लोगों ने उनका पीछा शुरू कर दिया। सुरक्षा को देखते हुए टीम वापस लौटी और झांकी चौकी पुलिस को सूचना दी। साथ ही कलेक्टर को भी पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया गया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर माइनिंग टीम को चितौरा रोड तक सुरक्षित एस्कॉर्ट किया। खनिज अधिकारी पंकज ध्वज मिश्रा ने बताया कि पकड़ा गया डंपर गिट्टी से ओवरलोड था और उस पर कोई नंबर प्लेट नहीं थी। वाहन पर “कान्हा यादव” लिखा हुआ था। दस्तावेजों में गड़बड़ी और गलत रूट की आशंका के चलते कार्रवाई की गई। पहले भी हो चुके हैं हमले
रतलाम में कांग्रेस का प्रदर्शन आज:कल होना है नगर निगम का सम्मेलन; टैक्स बढ़ोतरी समेत कई प्रस्तावों के पारित होने का विरोध

रतलाम में 7 अप्रैल को निगम का साधारण सम्मेलन होने वाला है। सम्मेलन में टैक्स बढ़ौतरी और कई प्रस्तावों के पारित करने की संभावना है। पारित होने वाले प्रस्तावों को कांग्रेस जनविरोधी बताते हुए 6 अप्रैल (सोमवार) को प्रदर्शन करेगी। सुबह 11 बजे शहीद चौक शहर सराय से कांग्रेसी एकत्र होकर रैली निकाल नगर निगम का घेराव करेंगे। शहर कांग्रेस अध्यक्ष शांतिलाल वर्मा ने बताया कि नगर निगम सम्मेलन के पूर्व जंगी प्रदर्शन किया जाएगा। सम्मेलन में कई प्रकार के टैक्स बढ़ाने समेत कई जनविरोधी प्रस्ताव पारित किए जाने की संभावना है। महंगाई, सीवरेज और अन्य मूलभूत समस्याओं से जूझ रही जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालना अन्यायपूर्ण है, जिसके विरोध में कांग्रेस जोरदार प्रदर्शन करेगी। प्रदर्शन को लेकर कांग्रेस ने बैठक कर आंदोलन की रणनीति तय की।
सिवनी में अज्ञात वाहन ने बाइक को टक्कर मारी:दो युवक घायल, रविवार रात बरघाट के पास हुआ हादसा

सिवनी जिले के बरघाट थाना क्षेत्र अंतर्गत खूंट ग्राम के समीप रविवार देर रात एक सड़क हादसा हुआ। एक तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी, जिससे बाइक सवार दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को सिर, हाथ, पैर सहित शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आई हैं। उन्हें तत्काल सिविल अस्पताल बरघाट ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। घायलों की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। जानकारी के अनुसार, यह हादसा उस समय हुआ जब दोनों युवक मोटरसाइकिल से बरघाट की ओर जा रहे थे। इसी दौरान पीछे से आ रहे एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। घटना के बाद क्षेत्र में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों ने अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। जिस स्थान पर यह हादसा हुआ वहां लोगो व वाहनों का आवागमन अधिक होता है, घटना के समय लोगो मौजूद होते तो बड़ा हादसा हो सकता था। बरघाट थाना प्रभारी मोहनीश वेस ने बताया कि सड़क दुर्घटना की सूचना पर पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची थी। पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश कर रही है और हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। साथ ही, घायलों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालने और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ शुरू कर दी है ताकि अज्ञात वाहन और उसके चालक का पता लगाया जा सके।
MP Wheat Procurement Starts April 9-10

गेहूं उर्पाजन की तैयारियों की समीक्षा करते सीएम डॉ. मोहन यादव। एमपी में गेहूं की सरकारी खरीदी अब 9-10 अप्रैल से शुरू हो जाएगी। सीएम डॉ. मोहन यादव ने रविवार को दो बार अफसरों के साथ गेहूं खरीदी को लेकर बैठक की। बैठक में राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा, कृषि मंत्री एदल सिंह कंषाना, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोवि . छोटे किसानों का गेहूं पहले खरीदा जाएगा बैठक में सीएम ने कहा प्रदेश में इस साल गेहूं की खरीदी तय समय पर शुरू होगी। खास बात यह है कि इस बार खरीदी प्रक्रिया में छोटे किसानों को प्राथमिकता दी जाएगी। छोटे किसानों का गेहूं पहले खरीदा जाएगा, उसके बाद मध्यम और बड़े किसानों की बारी आएगी। प्रदेश में बारदानों की 3.12 लाख गठानों की जरूरत है, सरकार का दावा है कि बारदानों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। मुख्यमंत्री ने 10 अप्रैल से पहले सभी तौल केंद्रों का गहन निरीक्षण करने के आदेश दिए हैं। कब और कहां होगी खरीदी? 7 अप्रैल से इंदौर, उज्जैन, भोपाल और नर्मदापुरम संभागों के लिए स्लॉट बुकिंग शुरू हो जाएगी। 9-10 अप्रैल से: इंदौर, उज्जैन, भोपाल और नर्मदापुरम संभाग में खरीदी शुरू होगी। 15 अप्रैल से: प्रदेश के बाकी सभी संभागों में उपार्जन शुरू होगा। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत से दैनिक भास्कर ने गेहूं खरीदी को लेकर चर्चा की। सवाल: गेहूं खरीदी देरी से क्यों शुरू हो रही है? मंत्री राजपूत- ये बात पूरे देश, प्रदेश में पक्ष-विपक्ष और सबको मालूम है कि युद्ध की स्थिति बनी हुई है। इस कारण से कई समस्याएं आईं। जितना गेहूं बाहर निर्यात होता था, संभवत: उतना निर्यात नहीं हो पा रहा। हमें तारीख इसलिए बढ़ानी पड़ी क्योंकि बारदाना जूट कमिश्नर कलकत्ता के माध्यम से आता है। बारदाना आने में विलंब हुआ। हम ये नहीं चाहते थे कि पर्याप्त बारदाने के बिना हम खरीद शुरू करें। ताकि हमारे किसानों को और कोई परेशानी हो। जब हमारे पास पर्याप्त बारदाना आ गया, तब हमने खरीदी शुरू की है। करीब 50 हजार गठानें हमारे पास आ चुकी हैं। 50 हजार गठानें और आने वाली हैं। अब हमारे पास पर्याप्त मात्रा में बारदाना आ गया है और समस्या होगी तो हमें भारत सरकार ने पीपीपी बैग खरीदने की अनुमति दी है। उसके टेंडर भी हो गए हैं। जितना हम खरीदेंगे, उतना वारदाना हमारे पास आ चुका है। सवाल: गेहूं खरीदी की तारीखों में कुछ बदलाव कर रहे हैं? मंत्री राजपूत- 7 अप्रैल से स्लॉट बुकिंग शुरू हो जाएगी। हम 9 और 10 तारीख से खरीदी शुरू कर देंगे। इंदौर, उज्जैन, भोपाल और नर्मदापुरम संभाग में 9-10 तारीख से खरीद शुरू होगी। बाकी संभागों में 15 अप्रैल से खरीद शुरू होगी। सवाल: मप्र में कितना गेहूं खरीदेंगे और प्रदेश में कितनी भंडारण क्षमता है? मंत्री राजपूत- मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में हम पिछले साल की तुलना में ज्यादा गेहूं खरीदेंगे। पिछले साल 77 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदा था। इस वर्ष 78 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदेंगे। लोग अफवाहें उड़ा रहे हैं, हमारे पास भंडारण की कोई दिक्कत नहीं है। हमारे पास ढाई करोड़ टन भंडारण क्षमता है। इसके अलावा साइलो बैग के टेंडर भी बुलाए गए हैं। हमारे पास स्टील साइलो भी हैं। कुल मिलाकर जितनी खरीदी करेंगे, उसे रखने की पर्याप्त व्यवस्था है। सवाल: बारिश की वजह से किसी का गेहूं खराब न हो, उसके लिए क्या व्यवस्था है? मंत्री राजपूत: पर्याप्त मात्रा में बारदाना आ गया है। मुख्यमंत्री जी के निर्देश हैं कि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। पीने के पानी की भी पर्याप्त व्यवस्था रहे। खरीदी के साथ ही ट्रांसपोर्टेशन भी होता रहे। खरीदी मंडियों और वेयरहाउस के आसपास होगी। हमारी कोशिश होगी कि गेहूं को जल्द से जल्द परिवहन कर सुरक्षित भंडारण में रखा जाए। सवाल: मुख्यमंत्री जी ने एक दिन में दो बार इसी विषय पर बैठक की, उसमें क्या चर्चा हुई? मंत्री राजपूत: मुख्यमंत्री जी का स्पष्ट निर्देश है कि किसानों को कोई परेशानी न हो। यदि बारदाने और अन्य व्यवस्थाओं की समस्या सुलझ गई है, तो गेहूं खरीदी शुरू की जाए। बैठक सकारात्मक माहौल में हुई और उनके निर्देशों का पूर्णतः पालन किया जाएगा।









