भारत-इंग्लैंड का T20 मैच देखने पहुंचे सेलेब्स:रणबीर-आलिया बेटी राहा के साथ नजर आए; वानखेड़े स्टेडियम में वरुण धवन और अनिल कपूर भी दिखे

बॉलीवुड एक्टर आलिया भट्ट और रणबीर कपूर गुरुवार को अपनी बेटी राहा कपूर के साथ मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में भारत-इंग्लैंड T20 सेमीफाइनल देखने पहुंचे। मैच के दौरान परिवार की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं, जिनमें राहा रणबीर-आलिया के साथ टीम इंडिया के लिए चीयर करती नजर आईं। रणबीर-आलिया के अलावा मैच में कई और सेलेब्स भी स्टेडियम में मौजूद थे। एक्टर वरुण धवन, तृप्ति डिमरी और अनिल कपूर को भी स्टेडियम में देखा गया। अभिनेता अहान शेट्टी को क्रिकेटर केएल राहुल के पास बैठा देखा गया। वहीं भारत के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी अपनी पत्नी साक्षी धोनी के साथ मैच देखने पहुंचे, जबकि रोहित शर्मा अपनी पत्नी रितिका सजदेह के साथ मौजूद थे। राहा मैच एंजॉय करती दिखाई दीं स्टेडियम से सामने आए वीडियो और तस्वीरों में राहा अपने रणबीर-आलिया के साथ मैच को एंजॉय करती दिखाई दीं। एक वायरल तस्वीर में राहा रणबीर कपूर की गोद में बैठकर तालियां बजाती और टीम इंडिया के लिए चीयर करती दिखीं, जबकि आलिया भट्ट उनके बगल में मुस्कुराती नजर आईं। एक अन्य तस्वीर में रणबीर, राहा के कंधे पर सिर रखकर उनसे बात करते दिखाई दिए, जबकि आलिया पीछे बैठे किसी व्यक्ति से बातचीत करती नजर आईं। एक वीडियो में भी फैमिली स्टैंड से मैच देखते हुए तालियां बजाती और मुस्कुराती दिखाई देती है। सोशल मीडिया पर वायरल एक क्लिप में राहा मैदान की ओर इशारा करते हुए जोर से हंसती नजर आईं। इस पल पर आलिया और रणबीर भी हंसते दिखे। देखें मैच की तस्वीरें बता दें कि भारत ने T20 वर्ल्ड कप 2026 के दूसरे सेमीफाइनल में इंग्लैंड को 7 रनों से हराकर फाइनल में प्रवेश कर लिया है। अब T20 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में भारत न्यूजीलैंड के खिलाफ 8 मार्च को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में भिड़ेगा।
रूस से कच्चा तेल खरीद सकेगा भारत:ईरान जंग के कारण अमेरिका ने 3 अप्रैल तक रियायत दी, क्रूड ऑयल की कीमत 89 डॉलर के पार

भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने का संकट फिलहाल खत्म हो गया है, क्योंकि भारत को रूस से कच्चा तेल खरीदने की शर्तों के साथ छूट मिल गई है। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने भारतीय रिफाइनरियों को 30 दिन का स्पेशल लाइसेंस दिया है। ये लाइसेंस 3 अप्रैल तक वैलिड रहेगा। अमेरिकी ट्रेजरी सचिव स्कॉट बेसेंट ने 6 मार्च को बताया कि राष्ट्रपति ट्रम्प के ऊर्जा एजेंडे के तहत यह अस्थायी कदम उठाया गया है। उन्होंने कहा कि भारत अमेरिका का एक महत्वपूर्ण पार्टनर हैं और ग्लोबल मार्केट में तेल की सप्लाई को स्थिर रखने के लिए यह छूट दी गई है। इस बीच ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमत आज 4% बढ़कर 89.18 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई है। यह अप्रैल 2024 के बाद इसका उच्चतम स्तर है। अमेरिका से भी तेल खरीद बढ़ने की उम्मीद बेसेंट ने कहा कि ईरान ग्लोबल एनर्जी मार्केट को बंधक बनाने की कोशिश कर रहा है। इस दबाव को कम करने के लिए हम भारत को यह 30 दिनों की छूट दे रहे हैं। उन्होंने कहा- हमें ये उम्मीद है कि इसके बाद भारत अमेरिकी तेल की खरीद में तेजी लाएगा। अमेरिका का मानना है इस उपाय से ग्लोबल मार्केट में तेल की कमी नहीं होगी। 5 मार्च तक लोड हुए जहाजों का ही तेल खरीद सकेंगे अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के ‘ऑफिस ऑफ फॉरेन एसेट्स कंट्रोल’ ने तेल खरीद के लिए ये लाइसेंस जारी किया है। इसके तहत 5 मार्च तक जहाजों पर लोड हो चुके रूसी कच्चे तेल की ही डिलीवरी भारत को की जा सकेगी। यानी, जो जहां पहले से समुद्र में है उनसे सप्लाई होगी। ईरान-इजराइल जंग से कच्चे तेल की कीमत बढ़ रही मिडिल-ईस्ट में जंग के कारण स्थिति काफी गंभीर हो गई है। ईरान ने ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ को ब्लॉक कर दिया है, जहां से दुनिया की 20% तेल सप्लाई होती है। राजनाथ सिंह बोले- होर्मुज में रुकावट का तेल-गैस सप्लाई पर असर ईरान संघर्ष के असर पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज या पूरा फारस की खाड़ी वाला इलाका दुनिया की ऊर्जा सुरक्षा के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। जब इस क्षेत्र में कोई बाधा या रुकावट आती है, तो इसका सीधा असर तेल और गैस की सप्लाई पर पड़ता है.। ये अनिश्चितताएं सीधे तौर पर अर्थव्यवस्था को प्रभावित करती हैं। मौजूदा स्थिति काफी जटिल हो गई है और ऐसा लगता है कि भविष्य में यह और भी ज्यादा अस्थिर हो जाएगी। जिस तरह से अलग-अलग देश जमीन, हवा, समुद्र और अब अंतरिक्ष में भी एक-दूसरे के साथ मुकाबला कर रहे हैं, वह हम सभी के लिए वास्तव में चिंता का विषय है… मुझे और भी ज्यादा चिंता इस बात की है कि यह असामान्यता अब ‘न्यू नॉर्मल’ बनती जा रही है….” कांग्रेस का आरोप- ट्रेड डील साइन नहीं हुई तो अनुमति कैसी कांग्रेस नेता ने पवन खेड़ा ने इस मामले को व्यापार समझौते से जोड़ते हुए X पर पोस्ट कर कहा कि ट्रेड डील पर हस्ताक्षर नहीं हुए, फिर भी ऐसा लग रहा है जैसे प्रतिबंध लागू हो गए हैं। उन्होंने कहा कि, अनुमति वहां ली जाती है जहां कोई बंधन होते हैं। बंधन वहां होते हैं जहां कोई समझौता या करार होता है। समझौता वहां होता है जहां हस्ताक्षर हो चुके होते हैं। क्या भारत अमरीका के बीच व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर हो चुके हैं? जब हस्ताक्षर ही नहीं हुए, तो समझौता कैसा? जब समझौता ही नहीं, तो बंधन कैसा? जब बंधन ही नहीं, तो अनुमति क्यों? क्या यह एपस्टीन का बंधन है? सरकार ने कहा- तेल खरीदने के लिए किसी की इजाजत की जरूरत नहीं विपक्ष के आरोपों के बाद, सरकार के अधिकारियों ने कहा है कि भारत तेल खरीदने के लिए किसी भी देश की इजाजत पर निर्भर नहीं है। सरकार का कहना है कि यह छूट सिर्फ काम आसान करती है, लेकिन भारत की नीति इससे तय नहीं होती। रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद भी जब अमेरिका ने प्रतिबंध लगाए थे, तब भी रूस से भारत में तेल आता रहा। उस समय भारत ने रूस से तेल की खरीद बढ़ाई थी। रूसी तेल टैंकरों को खरीदने की तैयारी ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, भारत उन रूसी तेल कार्गो को खरीदने पर विचार कर रहा है, जो फिलहाल भारतीय समुद्र के करीब या एशियाई जल क्षेत्र में मौजूद हैं। इस समय लगभग 95 लाख बैरल रूसी कच्चा तेल टैंकरों में भरकर एशियाई देशों के आसपास वेटिंग मोड में है। भारत इन टैंकरों को तुरंत रिसीव कर सकता है, जिससे ट्रांसपोर्टेशन का समय और लागत दोनों कम होगी। भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा कच्चे तेल का उपभोक्ता है। भारत अपनी कुल जरूरत का लगभग 88% कच्चा तेल विदेशों से आयात करता है। भारत ऊर्जा जरूरतों के लिए रूसी तेल खरीदता रहा है पिछले साल नवंबर में यूक्रेन के साथ जंग के चलते ट्रम्प प्रशासन ने रूसी तेल कंपनियों लुकोइल और रोजनेफ्ट पर कड़े प्रतिबंध लगाए थे। इसके बाद जनवरी में भारत का रूसी तेल आयात गिरकर 11 लाख बैरल प्रति दिन रह गया था, जो नवंबर 2022 के बाद सबसे कम था। हालांकि, फरवरी में यह हिस्सेदारी फिर से बढ़कर 30% तक पहुंच गई है। भारत लगातार अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए रियायती दरों पर रूसी तेल खरीदता रहा है। भारत के लिए क्यों जरूरी है रूसी तेल? सस्ता विकल्प: रूस भारत को बेंचमार्क कीमतों से डिस्काउंट पर तेल ऑफर करता है। सप्लाई सिक्योरिटी: मिडिल ईस्ट में तनाव होने पर स्ट्रैट ऑफ होर्मुज से सप्लाई रुक जाती है, रूस एक सुरक्षित विकल्प है। इकोनॉमी पर असर: सस्ता तेल मिलने से देश में पेट्रोल-डीजल की कीमतें स्थिर रहती हैं और महंगाई काबू में रहती है। भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने की उम्मीद नहीं ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों में आए उछाल के बावजूद, भारत में फिलहाल पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी की संभावना नहीं है। सरकार और तेल कंपनियां स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और इस अमेरिकी छूट से सप्लाई चेन को मैनेज करने में मदद मिलेगी। ———————————- ये खबर भी पढ़े… ट्रम्प के टैरिफ पर इंटरनेशनल ट्रेड कोर्ट का फैसला:कंपनियों को टैरिफ के 14.5 लाख करोड़ रुपए लौटाने होंगे, सुप्रीम
नेपाल चुनाव- भारत विरोधी केपी ओली 6000 वोटों से पीछे:काठमांडू मेयर रहे बालेन शाह आगे, उनकी पार्टी को 55 सीटों पर बढ़त

नेपाल में आम चुनाव की मतगणना जारी है। 71 सीटों पर आए शुरुआती रुझानों में रैपर और काठमांडू के मेयर रहे बालेन शाह की राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी 1 सीट जीतने के साथ 55 सीटों पर आगे चल रही है। वहीं गगन थापा की पार्टी नेपाली कांग्रेस 8 सीटों पर जबकि केपी शर्मा ओली की कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ नेपाल 4 सीटों पर आगे है। केपी ओली खुद भी झापा-5 सीट पर काठमांडू के पूर्व मेयर बालेन शाह से 4 हजार से ज्यादा वोटों से पीछे चल रहे हैं। अभी तक उन्हें 4,087 वोट जबकि बालेन शाह को 10,190 वोट मिले हैं। पिछले साल सितंबर में हुए हिंसक प्रदर्शनों के बाद गुरुवार को हुए चुनाव में 60% से ज्यादा लोगों ने वोट डाले। वोटों की गिनती में 3 से 4 दिन लगने की उम्मीद है। चुनाव आयोग ने कहा है कि 9 मार्च तक काउंटिंग पूरी करने की कोशिश की जाएगी। नेपाल चुनाव से जुड़ीं 4 तस्वीरें… नेपाल चुनाव से जुड़े अपडेट्स पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लाइव लिंक से गुजर जाइए…
Iran Khamenei Death Mourning | Azerbaijan Drone Attack Photos

तेल अवीव/तेहरान5 घंटे पहले कॉपी लिंक ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजराइल हमले का आज सातवां दिन है। इजराइली और अमेरिकी सेनाओं ने शुक्रवार को भी ईरान के अहम ठिकानों पर मिसाइलें दागीं। ईरान के इजराइल और खाड़ी देशों में अमेरिकी सैन्य ठिकानों के साथ अन्य जगहों पर भी हमले जारी हैं। 28 फरवरी को शुरू हुई इस जंग में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला खामनेई की मौत हो गई थी। अमेरिका-इजराइल तीन दिन में 5000 से ज्यादा बम गिरा चुके हैं। इससे ईरान में 1200 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। 13 फोटोज में देखें, हमलों के बाद के हालात… ईरान के हमले मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि ईरान ने गुरुवार रात को इजराइल के खिलाफ क्लस्टर बमों का इस्तेमाल किया। क्लस्टर में एक ही बम में कई बम होते हैं। ईरानी हमले में गुरुवार रात दुबई की एक बिल्डिंग में आग लग गई। ईरान ने सेंट्रल इजराइल में गोले दागे। इससे कई जगहों पर आग लग गई। राहत-बचाव टीमें मौके पर काम करती दिखीं। यह तस्वीर बहरीन के जुफैर इलाके में स्थित हिल्टन होटल की है। रिपोर्ट के मुताबिक यह आग ईरान के ड्रोन हमले के बाद लगी। ईरान ने शुक्रवार को कुवैत के अल-जहरा इलाके में स्थित अली अल सलेम एयरबेस को निशाना बनाया। हमले के बाद एयर बेस के पास धुआं उठता हुआ। अमेरिका-इजराइल के ईरान पर हमले अमेरिका ने गुरुवार को कई ईरानी जहाजों को निशाना बनाया। अमेरिकी सेना के सेंट्रल कमांड ने शुक्रवार ईरानी जहाज पर हमले का वीडियो जारी किया। ईरान के बुशहर हवाई अड्डे पर गुरुवार को इजराइली हमले का फुटेज। इजराइल के लेबनान में हमले इजराइल ने शुक्रवार को लेबनान में हिजबुल्लाह के ठिकानों पर फिर हमला किया। बेरूत के दक्षिणी उपनगरों पर कथित हमलों के बाद धुआं उठता दिखाई दिया। इजराइली सेना ने लोगों से बेरूत के दक्षिणी उपनगरों के पूरे इलाकों को खाली करने को कहा है। इसके बाद से सड़क पर ट्रैफिक में फंसे वाहन दिखाई दे दिए। अब तक एक लाख से ज्यादा लोग यह इलाका खाली कर चुके हैं। बेरूत के दक्षिणी उपनगरों में लोगों को जो वाहन मिल रहा है, उससे घर छोड़ रहे हैं। कई लोग लोडिंग वाहन, ट्रक, कारों से जाते दिखे। दुबई में बाजार खाली दुबई में ईरान के हमलों के वजह से बाजार खाली है। लोग सिर्फ जरूरी सामान लेने ही बाहर आ रहे हैं। बीच पर भी कुछ टूरिस्ट नजर आए। इटली की संसद में ट्रंप का विरोध इटली की संसद के निचले सदन (लोअर हाउस) में शुक्रवार को ईरान जंग पर चर्चा हुई। इस दौरान ग्रीन और लेफ्ट अलायंस के सांसद तथा सदस्य अमेरिका-विरोधी बैनर लेकर पहुंचे और नारेबाजी की। ——————– ये खबर भी पढ़ें… भारत से लौट रहे ईरानी युद्धपोत पर अमेरिका का हमला: श्रीलंका के पास डूबा, 87 सैनिकों की मौत; 32 का रेस्क्यू किया अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग का आज पांचवां दिन है। अमेरिका ने भारत से लौट रहे एक ईरानी युद्धपोत IRIS देना को श्रीलंका के पास हमला कर डुबा दिया है। हमले में अब तक 87 ईरानी नौसैनिक मारे गए हैं। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Iran Attacks Bahrain Oil Refinery

तेल अवीव/तेहरान6 मिनट पहले कॉपी लिंक ईरान पर गुरुवार को इजराइल और अमेरिका के हमले का फुटेज। अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग का आज सातवां दिन है। ईरान ने इजराइल के खिलाफ मिसाइलों की 22वीं खेप दागी है। साथ ही कुवैत में मौजूद अमेरिकी सैन्य बेस को सुसाइड ड्रोन से निशाना बनाकर हमला करने का दावा किया है। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने कहा कि ऑपरेशन ट्रू प्रॉमिस-4 की 22वीं लहर के तहत इजराइल के कब्जे वाले क्षेत्रों के अंदरूनी हिस्सों को निशाना बनाया गया। इस दौरान खोर्रमशहर-4, खैबर और फत्ताह जैसी उन्नत मिसाइलें दागी गईं। दूसरी ओर ईरानी सेना ने कहा कि उसके जमीनी बलों ने कुवैत में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बड़े पैमाने पर सुसाइड ड्रोन से हमला किया। ईरानी सरकारी टीवी के मुताबिक कई विनाशकारी ड्रोन अमेरिकी बेस की ओर भेजे गए। ईरानी सेना ने कहा कि आने वाले समय में भी ऐसे हमले जारी रहेंगे। ईरान के मिसाइल हमले का वीडियो… इजराइल-ईरान जंग से जुड़े बड़े अपडेट्स ट्रम्प ने खामेनेई के बेटे को उनका उत्तराधिकारी मानने से इनकार किया। अमेरिका-इजराइल हमलों में ईरान में 1332 लोगों की मौत। ईरान में अब तक 1300 हमले हुए, 14 मेडिकल सेंटर निशाना बने। ईरान में कई जगह पानी और बिजली सप्लाई ठप हुई। इजराइल ने ईरान के 300 मिसाइल लॉन्चर तबाह किए। ईरान बोला- कुवैत-बहरीन और UAE में 20 अमेरिकी बेस को नुकसान हुआ। इजराइल-अमेरिका और ईरान के बीच जंग से जुड़ी तस्वीरें… मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि ईरान ने गुरुवार रात को इजराइल के खिलाफ कलस्टर बमों का इस्तेमाल किया है। ईरानी हमले में गुरुवार रात दुबई की एक बिल्डिंग में आग लग गई। अमेरिकी सेना के सेंट्रल कमांड ने शुक्रवार ईरानी जहाज पर हमले का वीडियो जारी किया। अमेरिका ने गुरुवार को कई ईरानी जहाजों को निशाना बनाया। ईरान के बुशहर हवाई अड्डे पर गुरुवार को इजराइली हमले का फुटेज। अमेरिका-इजराइल और ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए… लाइव अपडेट्स 6 मिनट पहले कॉपी लिंक ट्रम्प बोले- ईरान बिना शर्त सरेंडर करे, तभी समझौता करेंगे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि ईरान के साथ कोई समझौता नहीं होगा, जब तक वह बिना शर्त आत्मसमर्पण नहीं करता। ट्रम्प ने यह बयान सोशल मीडिया पोस्ट में दिया। ट्रम्प ने कहा कि ईरान के साथ किसी भी तरह की डील तभी संभव है जब वह “अनकंडीशनल सरेंडर” करे। इसके बाद एक ‘बेहतरीन नेतृत्व’ चुना जाएगा। 22 मिनट पहले कॉपी लिंक इराक के बसरा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर ड्रोन हमला इराक के बसरा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को ड्रोन से निशाना बनाया गया है। यह जानकारी अलजजीरा ने इराकी सूत्रों के हवाले से दी है। इसके पीछे किसका हाथ है यह अभी साफ नहीं है। 42 मिनट पहले कॉपी लिंक इजराइल ने ईरान के तेहरान-इस्फहान पर हमला किया इजराइल ने ईरान के तेहरान और इस्फहान शहरों पर हवाई हमले किए हैं। इजराइली सेना ने एक्स पर पोस्ट कर बताया कि इस कार्रवाई में ईरानी शासन से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाया गया। सेना ने इस ऑपरेशन को ‘15वीं एयरस्ट्राइक’ बताया है। 51 मिनट पहले कॉपी लिंक ईरान का UAE पर 9 बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) पर 9 बैलिस्टिक मिसाइलों और 100 से ज्यादा ड्रोन से हमला किया है। UAE के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि एयर डिफेंस सिस्टम ने ज्यादातर मिसाइल और ड्रोन को इंटरसेप्ट कर लिया। 12:51 PM6 मार्च 2026 कॉपी लिंक कुवैत पर फिर ड्रोन-मिसाइलों से हमला कुवैत ने कहा है कि उसके एयरस्पेस में फिर ड्रोन और मिसाइलों से हमला किया गया है। कुवैत की सेना के मुताबिक एयर डिफेंस सिस्टम इन हमलों से निपटने में जुटा हुआ है। सेना ने बयान में कहा कि उसके एयर डिफेंस सिस्टम फिलहाल ‘दुश्मन के ड्रोन और मिसाइल हमलों’ का सामना कर रहे हैं, जिन्होंने कुवैत के एयरस्पेस में प्रवेश किया था। कुवैत की सेना ने कहा कि हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है और नई जानकारी मिलते ही उसे साझा किया जाएगा। 12:26 PM6 मार्च 2026 कॉपी लिंक ईरान बोला- कुछ देश मध्यस्थता की कोशिश में लगे ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान ने कहा है कि कुछ देशों ने मौजूदा क्षेत्रीय तनाव को खत्म करने के लिए मध्यस्थता की कोशिशें शुरू की हैं। उन्होंने कहा कि ईरान क्षेत्र में स्थायी शांति के लिए प्रतिबद्ध है। पजशकियान ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा कि कुछ देशों ने संघर्ष को कम करने के लिए मध्यस्थता के प्रयास शुरू किए हैं, हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि इन कोशिशों में कौन-कौन से देश शामिल हैं। उन्होंने कहा कि मध्यस्थता के प्रयासों में उन देशों को भी शामिल करना चाहिए जिन्होंने ईरानी लोगों को कमतर आंका और इस संघर्ष को भड़काया। पजशकियान का यह बयान अमेरिका और इजराइल की ओर इशारा माना जा रहा है। 12:07 PM6 मार्च 2026 कॉपी लिंक लेबनान में इजराइली हमलों से 5 की मौत इजराइल ने दक्षिणी लेबनान के सिडोन शहर पर हमला किया है। लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक इस हमले में कम से कम 5 लोगों की मौत हो गई, जबकि 7 अन्य घायल हुए हैं। मंत्रालय ने बताया कि हमले के बाद राहत और बचाव टीमें मौके पर पहुंचीं और घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। सिडोन दक्षिणी लेबनान का एक प्रमुख शहर है। हाल के दिनों में इजराइल और लेबनान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के बीच इस इलाके में लगातार हमलों की खबरें सामने आ रही हैं। 11:46 AM6 मार्च 2026 कॉपी लिंक इजराइल बोला- खामेनेई का अंडरग्राउंड बंकर तबाह किया इजराइल ने कहा है कि उसने तेहरान में अयातुल्ला अली खामेनेई से जुड़े एक अंडरग्राउंड बंकर को हवाई हमले में तबाह कर दिया। इजराइली सेना के मुताबिक इस कार्रवाई में उसके 50 लड़ाकू विमानों ने हिस्सा लिया। बयान में कहा गया कि यह बंकर तेहरान के सेंट्रल हिस्से में कई सड़कों के नीचे तक फैला हुआ था और इसमें बैठक कक्ष समेत कई कमरे बने हुए थे। इजराइल का दावा है कि अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद भी ईरान के वरिष्ठ सरकारी अधिकारी इस परिसर का इस्तेमाल करते रहे थे। 11:22 AM6 मार्च 2026 कॉपी लिंक ईरान
जेल से रिहा होकर राजपाल यादव बोले:मामला करोड़ों रुपए का नहीं, ईगो और जलन का था, मुश्किल दौर में भी अपनी लड़ाई जारी रखी

पैसों के विवाद में जेल जाने के बाद अभिनेता राजपाल यादव पहली बार खुलकर सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि 10-12 साल से चल रहे इस मामले में वह हमेशा कोर्ट की शरण में रहे हैं और सच्चाई जनता तक पहुंचना जरूरी है। राजपाल का कहना है कि सोशल मीडिया पर अधूरी जानकारी फैलने से भ्रम पैदा हुआ, इसलिए उन्होंने खुद सामने आकर सफाई देना जरूरी समझा। उन्होंने कहा कि अगर किसी का पैसा समय पर नहीं दे पाए तो उसकी नाराजगी स्वीकार है, लेकिन कभी किसी से छिपने या भागने की जरूरत महसूस नहीं हुई। अभिनेता ने इसे अपनी जिंदगी का सिर्फ एक ‘एपिसोड’ बताते हुए कहा कि आगे जो भी होगा, वह कोर्ट और सच्चाई के आधार पर तय होगा। दैनिक भास्कर से बातचीत में राजपाल यादव ने कहा कि सच छिपाने की बजाय उसे जनता के सामने रखना ही एक कलाकार की जिम्मेदारी है। पैसे के विवाद, जेल जाने और सोशल मीडिया पर फैली बातों के बीच आपने खुद सामने आकर सफाई देना जरूरी क्यों समझा? आप इस पूरे मामले को किस नजर से देखते हैं? हमारे देश की जनता बहुत ईमानदार और सच्ची है। आप क्रिकेटर हों या अभिनेता लोग आपको दिल से प्यार करते हैं। लेकिन अगर उनके पास कोई अधूरी जानकारी पहुंचती है, तो उसे साफ करना हमारा कर्तव्य है, क्योंकि हम पब्लिक के आदमी हैं। मुझे लगा कि सच्चाई जनता तक पहुंचनी चाहिए। 10-12 साल से जो मामला चल रहा है, उसमें मैं हमेशा माननीय कोर्ट की शरण में था, हूं और रहूंगा। एक अभिनेता का करियर होता है। फिल्म फाइनेंस 100 साल पुराना रिश्ता है। एक शुक्रवार 500 रुपए का नहीं रहता 500 करोड़ के दरवाजे खोल देता है। यही सिनेमा है, यही उसका रोमांच है। 1896 में हॉलीवुड शुरू हुआ, 1913 के आसपास भारतीय सिनेमा शुरू हुआ। 100 साल से इंडस्ट्री चल रही है। अगर सब बेईमान होते, तो क्या इतने साल टिक पाती इंडस्ट्री ? राजपाल यादव एक कॉमन मैन का प्रतिनिधि आदमी है। मैं कहीं “बिलॉन्ग” नहीं करता, मैं जीता हूं। 20 साल तक मुझे नहीं मालूम था कि मैं अभिनेता बनूंगा। लेकिन मुझे खेती करना आता था गेहूं कैसे बोया जाता है, पानी कैसे चलाया जाता है, मेड़ कैसे बांधी जाती है। अगर मैं अभिनेता हूं, तो मुझे स्टेज मैनेजमेंट समझना होगा। अगर फिल्म अभिनेता हूं, तो फिल्म का क्राफ्ट समझना होगा। क्राफ्ट से गुजरना पड़ेगा। मैं 11 साल सेल्फ-डिपेंड रहा हूं। मेरे पिताजी और परिवार गवाह हैं। हमने अपनी किताबें मेहनत से खरीदीं। थोड़ा पिताजी ने काम किया, थोड़ा भाई ने, थोड़ा मैंने। आज एशिया से लेकर सातों समंदर तक लोग पहचानते हैं। मैंने कभी रिसर्च नहीं की, लेकिन 500-600 लोग तो जहां जाता हूं पहचान लेते हैं। अगर ऐसे आदमी पर कोई उंगली उठती है, तो ऑडियंस को सच्चाई पता चलनी चाहिए। लोग कह रहे थे करियर खत्म हो जाएगा, इंडस्ट्री क्या कहेगी, दुनिया क्या कहेगी, सब चौपट हो जाएगा। मैं कहता हूं खड़ा हूं, चौपट हो जाए तो हो जाए। मजाक करता हूं, लेकिन अंदर की गंभीरता शरीर से 10 गुना ज्यादा है। मैं शाहजहांपुर से दाल-चावल-रोटी का इंतजाम करके मुंबई आया था। सिर्फ रोटी कमाने नहीं आया था। मैं अपनी भूख मिटाने आया था कला की भूख। एक डायलॉग बोलने में खुशी मिलती है। 50 बार रिहर्सल करने में खुशी मिलती है। दो लोगों का खर्च उठाने में खुशी मिलती है। यह मेरा पैशन है। यह जो विवाद आया है, यह मेरी जिंदगी का सिर्फ एक एपिसोड है। मैंने 50 लोगों से लेन-देन किया है। जिसका पैसा समय पर नहीं दे पाया, उसकी गाली खाने को तैयार हूं इस केस में गाली मिली भी। लेकिन ऐसा कभी नहीं हुआ कि किसी का पैसा ले लिया और उसका फोन न उठाया हो। मुझे नहीं लगता कि ऐसी कोई जरूरत है कि मैं किसी से छिपूं या भागूं। जिन दो लोगों पर आपके 30 साल के करियर को नुकसान पहुंचाने की कोशिश का आरोप है, क्या उनसे आउट ऑफ कोर्ट समझौते की कोई संभावना है? नहीं, अभी ऐसा कोई प्रश्न ही पैदा नहीं होता। जो भी होगा, माननीय कोर्ट के माध्यम से होगा। अगर उन्हें 5 करोड़ नहीं चाहिए थे, तो नाम तो हो गया ना उनका। तीन घंटे की चर्चा में उन्हें वही मिला जो चाहिए था पहचान। समझौता तब होता है जब दोनों तरफ से लड़ाई हो। यहां तो एक तरफ से पूरी तैयारी थी। स्टेडियम भी आपने बनाया, खिलाड़ी भी आपने खड़े किए, आउट भी आपने किया और पवेलियन भी आपने भेज दिया लेकिन अब मेरी बारी है। इन्होंने खुद सोशल मीडिया पर वीडियो डालकर मुझे मेरी बारी दे दी। अब सच में मेरी बारी है। क्या आपको लगता है कि आपकी चुप्पी का फायदा उठाया गया? चुप्पी का फायदा उठाने की कोशिश हुई। लेकिन जिन्होंने इंटरव्यू दिए, उन्होंने खुद ही अपने शब्दों में कॉमा और विराम लगा दिए हैं। अब उनकी नियति और इरादा साफ हो चुका है पूर्ण विराम। मैं तो इसी की तलाश में था कि इनका इंटेंशन सामने आ जाए। इन्होंने कहा कि जिस दिन म्यूजिक रिलीज हुआ, अगले दिन फिल्म रुकवा दी। अरे, 20 करोड़ रुपये लगे हों और कोई फिल्म रुकवा दे? जबकि भुगतान फरवरी में होना था और बात सितंबर में की जा रही है। कभी-कभी यह सब पैसों से ज्यादा जलन और कुंठा का मामला भी हो जाता है। अगर उद्देश्य प्रसिद्धि पाना था, तो वह मिल गई। फेमस होना था हो गए। मैंने कुछ नया नहीं जोड़ा, बस वही कहा जो उनके अपने शब्दों और घटनाक्रम से साफ दिखाई देता है। आगे जो भी होगा, कानून और सच्चाई के आधार पर होगा। पैसे के विवाद में जेल जाने के बाद आपके जेल अनुभव को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की बातें कही गईं। इस पर आप क्या कहना चाहेंगे? जेल का अपना सिस्टम होता है, अपने नियम होते हैं। जेल देश की व्यवस्था का हिस्सा है। वहां के कानूनों का पालन करना धर्म है। बाहर जो लिखा जाता है, वह लोगों की कल्पना हो सकती है। कोई सोचता है काश ऐसा हो जाता, कोई कहता है काश वैसा हो जाता। वह उनका विषय है, मेरा नहीं। मैं जहां भी मिलूंगा, हंसते हुए
खालिस्तान के खिलाफ बोलने पर हुई नैन्सी ग्रेवाल की हत्या:मां बोली- 20 बार चाकू मारे, जीभ भी काट दी; सुक्खा-हरिके ने जिम्मा लिया

पंजाबी इन्फ्लुएंसर, सिंगर और नर्स नैन्सी ग्रेवाल की हत्या खालिस्तान के खिलाफ बोलने पर की गई थी। गैंगस्टर आकाश हरिके ने नैन्सी की हत्या का जिम्मा लिया है। एक पोस्ट कर कहा कि वो धर्म के खिलाफ बोलती थी, इसलिए उसे निपटा दिया। हालांकि, दैनिक भास्कर इस पोस्ट में किए दावे की पुष्टि नहीं करता। नैन्सी की मंगलवार (3 मार्च) रात को कनाडा के विंडसर में घर में चाकू मारकर हत्या की गई थी। नैन्सी की मां छिंदरपाल कौर ने कहा कि बेटी किसी घर में नर्सिंग केयर करने गई थी। जैसे ही वह बाहर निकली तो उस पर 2 लोगों ने हमला कर दिया। उसके पेट में 20 बार चाकू मारे गए। कनाडा की पुलिस से हुई बातचीत में पुलिस ने बताया कि हमलावरों ने नैंसी की जुबान (जीभ) भी काट दी थी। नैन्सी 2018 में कनाडा जाने के साथ ही विवादों में रही। हर किसी पर विवादित टिप्पणियां नैन्सी की मौत का कारण बन गईं। खासकर कनाडा के गुरुद्वारों में खालिस्तानियों के कब्जे के वीडियो डालने से नैन्सी कट्टरपंथियों के निशाने पर आ गई। नैंसी की मां ने बताया कि खालिस्तानी चाहते थे कि वो उनके साथ काम करे। विवादित टिप्पणियों पर माफी मांगे। लेकिन नैन्सी ने ऐसा करने से मना कर दिया था। मां ने कहा कि जंग न होती तो शायद मैं वहां होती और बेटी जिंदा होती। नैन्सी ने अपनी लास्ट पोस्ट में पंजाब के डेरा ब्यास के प्रमुख बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लों पर विवादित टिप्पणी करते हुए कहा कि बाबा का तो उसे नाम भी लेना नहीं आता। बाबा ढिल्लों शातिर खिलाड़ी हैं। डेरा प्रमुख राजनेताओं को शरण देते हैं और वोटों की सौदेबाजी करते हैं। नैन्सी ने बिक्रम मजीठिया पर भी पंजाब के युवाओं की जवानी बर्बाद करने का आरोप लगाया था। श्री अकाल तख्त के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गड़गज की चूड़ेदार पायजामा को लेकर टिप्पणी की। निज्जर की मौत के बाद नैन्सी ने खालिस्तानियों पर हमले तेज कर दिए। नैन्सी ने निज्जर को आतंकी कहा और बोला कि उसे ये कहने में कोई गुरेज नहीं। इसके साथ निज्जर की संपत्ति पर सवाल उठाया था। इसके साथ गुरपतवंत सिंह पन्नू को किराए का टट्टू कहा था। खालिस्तानियों को खोतेस्तानी कहने पर भी विवाद हो चुका है। गैंगस्टर आकाश हरीके और सुखा संधू ने ली जिम्मेदारी आकाश हरीके और सुखा संधू ने एक सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इस हत्याकांड की जिम्मेदारी ली है। इंस्टाग्राम पर आकाश हरीके नाम से बनी आईडी पर लिखा है.. वाहेगुरु जी का खालसा, वाहेगुरु जी की फतेह। जो विंडसर, ओंटारियो (कनाडा) में नैंसी ग्रेवाल का कत्ल हुआ है, यह काम हमारे भाइयों ने किया है।इसकी जिम्मेदारी मैं आकाश हरीके और सुखा संधू लेते हैं। यह महिला धर्म और खालिस्तान के बारे में गलत बोलती थी, और उसे इसका परिणाम मिल गया है। बाकी हमारा किसी भी धर्म के साथ कोई दुश्मनी नहीं है। लेकिन जो भी इसके जैसे कौम के खिलाफ बोलेगा, उसका यही हाल होगा। विवादित बयान जो नैन्सी के कत्ल की वजह बने… अब जानें बेटी की मौत पर मां ने क्या कहा.. पापा के ज्यादा क्लोज थी नैन्सी नैन्सी ने अपने पापा के जवानी के वक्त के फोटो भी अपने फेसबुक पेज पर शेयर किए हैं। नैन्सी अपने पापा के ज्यादा क्लोज थी। पापा को यादा करते हुए नैन्सी की कई पोस्ट अपलोड कर रखी हैं। एक पोस्ट पर नैन्सी ने लिखा- जब मेरे पापा जवान थे और सिरसा के नेशनल कॉलेज से अपनी इंजीनियरिंग कर रहे थे, ये तब का फोटो है। लव यू पापा। मैंने पापा को वचन दिया था कि उनके बाद मैं उनके परिवार का ख्याल रखूंगी। मैं मरते दम तक अपने इस वादे पर कायम हूं। काश पापा, आप इस वक्त मेरे साथ होते। गुरुद्वारा के किचन में गोली मारने की कोशिश, घर भी जलाया मां ने बताया कि कनाडा में बेटी को मारने की कई बार कोशिश की गई। कत्ल से कुछ दिन पहले एक लड़का रेकी करने के लिए पहुंचा था। वो सीधा घर में घुस आया था। जब उसने कैमरे लगे देखे तो भाग गया। इससे पहले नैन्सी जिस घर में रह रही थी वो लकड़ी का था। बेटी के घर को भी कुछ लोगों ने आग लगा दी थी। मारने की कोशिश की थी तब वह बच निकली थी। एक बार गुरुद्वारा में बर्तन की सेवा के दौरान उस पर गन से हमला करने की कोशिश की गई थी। 2009 में सिंगिंग से करियर शुरू किया नैन्सी ने जालंधर और लुधियाना में रहते हुए 2009 में सिंगिंग से अपना करियर शुरू किया। उसने पंजाबी में कई हिट सॉन्ग भी दिए। बब्बू मान और कई कलाकारों से साथ आए कंबाइंड ट्रैक में नैन्सी ग्रेवाल का पहला सॉन्ग टौर जट्टी दी आया, जिसने उसे पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री में रातों-रात हिट कर दिया। इसके बाद उसने ओखे हुंदे कुड़ियां नूं चन्ना लग्गियां दे बोल पुगोणे और धार्मिक गीत भोले दा डमरू बोल पेया जैसे गीत गाए। नैन्सी ग्रेवाल पंजाब में लगने वाले अखाड़ों में भी गाती रही है। —————– ये खबर भी पढ़ेंः नैन्सी ग्रेवाल के टारगेट पर रहते थे निहंग-खालिस्तानी:जट्ट की जगह ब्राह्मण-बंगाली कहा जाता, पति से तलाक हुआ, कनाडा में कत्ल यूट्यूबर की कहानी कनाडा में कत्ल की गई पंजाबी यूट्यूबर नैन्सी ग्रेवाल हमेशा निहंगों और खालिस्तानियों को टारगेट करती थी। खालिस्तानियों को वह गुंडा कहती थी तो निहंगों को क्रिमिनल, हालांकि वह ये भी साफ करती थी कि अच्छे निहंगों का वह दिल से सम्मान करती है। पढ़ें पूरी खबर…
Punjabi YouTuber Nancy Grewal Murder

नैन्सी ग्रेवाल सोशल मीडिया पर बहुत एक्टिव रहती थी। जहां वह हिंदी और पंजाबी गानों पर रील बनाकर पोस्ट करती रहती थी। कनाडा में कत्ल की गई पंजाबी यूट्यूबर नैन्सी ग्रेवाल हमेशा निहंगों और खालिस्तानियों को टारगेट करती थी। खालिस्तानियों को वह गुंडा कहती थी तो निहंगों को क्रिमिनल, हालांकि वह ये भी साफ करती थी कि अच्छे निहंगों का वह दिल से सम्मान करती है। खालिस्तानी होना . नैन्सी के जट्ट सिख होने पर भी सवाल खड़े होते रहे। कोई उन्हें ब्राह्मण तो कोई बंगाली बताता रहा। मगर, एक इंटरव्यू में उसने बताया था कि वह सिख परिवार से ही है। उसकी शादी भी हुई थी, पति इंजीनियर था लेकिन पति के साथ धार्मिक वजहों से विवाद हो गया। जिसके बाद झगड़े बढ़े तो उसने तलाक ले लिया। नैन्सी का मंगलवार रात को कनाडा के विंडसर में चाकू मारकर कत्ल कर दिया गया। हालांकि अभी तक कातिलों का पता नहीं चला है लेकिन मां छिंदरपाल कौर ने खालिस्तानियों पर शक जताया है। वहीं कनाडा की पुलिस ने भी लोगों से इस कत्ल के बारे में किसी तरह की सूचना होने पर उसे शेयर करने के लिए कहा है। नैन्सी ग्रेवाल अक्सर हिंदी गानों पर रील बनाकर उसे सोशल मीडिया पर पोस्ट करती थी। मोनीप्रीत कैसे बनी नैन्सी ग्रेवाल, स्टेज पर सिंगिंग करने वाली कैसे कनाडा पहुंची, जट्ट सिख न होने पर क्या दिया था जवाब, तलाक को लेकर क्या कहा और निहंगों-खालिस्तानियों से कैसे हुई दुश्मनी, पढ़िए पूरी रिपोर्ट… सबसे पहले नैन्सी के बारे में जानिए… हरियाणा में जन्मी, परिवार जालंधर में रहता: नैंसी ग्रेवाल हरियाणा के सिरसा में पैदा हुईं। उनकी शुरुआती पढ़ाई-लिखाई भी वहीं पर हुई। हालांकि उसका परिवार मूल रूप से लुधियाना का था। सिरसा से पढ़ाई पूरी होने के बाद कुछ समय उसका परिवार लुधियाना में रहा। इसके बाद जालंधर में शिफ्ट हो गए। अब उसकी मां छिंदरपाल कौर जालंधर में ही रहती है। मोनीप्रीत से बनी नैन्सी: एक इंटरव्यू में नैन्सी ग्रेवाल ने बताया कि उसके पिता ने उसका नाम मोनीप्रीत रखा था। स्कूल में दाखिला लेते वक्त भी यही नाम लिखवाया था। स्कूल में पंजाबी की टीचर मोनीप्रीत को मोनी कोनी कहकर बुलाती थी तो उसने परिवार को बताए बिना अपना नाम बदलकर नैन्सी रख दिया। यही नहीं उसने स्कूल भी बदल दिया। सहेली घर आई तो पिता को नाम बदलने का पता चला: नैन्सी ग्रेवाल ने बताया था कि उसके पिता को पता ही नहीं था कि उसने स्कूल के साथ नाम भी बदल दिया। जब उसकी सहेली घर पर आई और नैन्सी के बारे में पूछा तो पिता ने कह दिया था कि यहां कोई नैंसी नहीं रहती। फिर उसने बाहर आकर बताया कि वो नैन्सी है और उसने अपना नाम व स्कूल बदल दिया। 7 साल की उम्र में शुरू किया स्टेज प्रोग्राम: नैन्सी ग्रेवाल पढ़ने में कमजोर थी लेकिन सिंगिंग में बेहतर थी। स्कूल स्तर पर गाना शुरू किया। वहीं प्रोफेशनल मंचों पर 7 साल की उम्र में गाना शुरू किया। तब वह जगरातों में गाती थी। धार्मिक प्रोग्राम के बाद नैंसी ने पंजाबी गीत गाने शुरू किए। गीतों के एल्वम के कवर पर उसका नाम एम नैंसी लिखा जाता था। नैंसी ने हिसार से ग्रेजुएशन की और फिर पंजाब में स्टेज शो करने शुरू किए। 2012 में आम आदमी पार्टी से जुड़ी: नैन्सी ग्रेवाल 2012 विधानसभा चुनाव के दौरान आम आदमी पार्टी के साथ जुड़ी। हालांकि वह किसी पद पर नहीं रहीं। मगर, पार्टी की गतिविधियों में सक्रिय रही। 2015 में उसने राजनीति से पूरी तरह से किनारा कर दिया। इसके बाद नर्सिंग की स्टडी के लिए फिर नैंसी ग्रेवाल कनाडा गई। कनाडा में नर्सिंग के साथ काम करना शुरू किया। नर्सिंग पूरी होने के बाद वहीं पर फुल टाइम काम किया और उसे कनाडा की नागरिकता मिल गई। स्टेज पर गातीं नैन्सी ग्रेवाल।- फाइल फोटो जट्ट होने पर सवाल उठे तो कहा- मां गिल थी, दादी बराड़ सोशल मीडिया पर नैन्सी ग्रेवाल के जट्ट सिख होने पर सवाल खड़े होते थे। कोई उसे ब्राह्मण तो कोई उसे बंगाल का बताता था। इस पर भी एक इंटरव्यू में उसने अपने पूरे खानदान के बारे में बताया था। इंटरव्यू में नैन्सी ग्रेवाल ने बताया था कि मैं ग्रेवाल परिवार में जन्मी हूं। मेरी मां गिल परिवार से है। मेरी नानी मांगट है। दादी मेरी बराड़ है। नैन्सी ग्रेवाल की सोशल मीडिया पर शेयर की गई रील। तलाक पर कहा था- पति मेंटली सिक था नैन्सी ग्रेवाल की शादी को लेकर भी सोशल मीडिया में सवाल खड़े होते रहे हैं। उस पर भी उसने स्पष्ट किया कि मैं डायवोर्सी हूं। जिससे मेरी शादी हुई थी, वह मैकेनिकल इंजीनियर था। वो सभी धर्मों को गालियां देता है। वो मेंटली सिक था। रोज झगड़े हो रहे थे। वो चाहता था कि मेरा सारा पैसा उसके पास जाए। हालांकि उसे मेरी सिंगिंग पसंद थी। वो चाहता था मैं गाऊं। शादी से पहले मैंने शर्त रखी थी कि मुझे अपने परिवार को पालना है क्योंकि मैंने अपने पापा को अस्पताल के बेड पर वादा किया था कि आपका परिवार का पालन पोषण मैं करूंगी। मेरे पति ने मुझे पैसे देने से मना किया तो हमारा डिवोर्स हो गया। नैन्सी ग्रेवाल का सोशल मीडिया पर शेयर की गई रील से ली गई फोटो। जानिए, निहंगों-खालिस्तानियों से क्यों नाराज थी नैन्सी निहंगों ने मदद के बदले रुपए लिए: अपने एक इंटरव्यू में नैन्सी ने निहंगों से दुश्मनी होने की बात बताई थी। नैन्सी ग्रेवाल ने बताया था कि उसके घर की दीवार तोड़कर एक धार्मिक स्थल ने कब्जा कर लिया था। उस कब्जे को हटाने के लिए उसने निहंगों से मदद मांगी थी। निहंगों ने कब्जा हटवाया और उसके बाद 10 हजार रुपए की डिमांड की। फिर उनका सौदा 5100 रुपए और सभी को ढाबे में अच्छा खाना खिलाने पर निपट गया। नैन्सी ने इंटरव्यू में कहा था कि उसे लगता था कि निहंग सिंह फ्री में लोगों की मदद करते हैं। सोशल मीडिया पर टारगेट किया: इसके बाद एक निहंग ने सोशल मीडिया पर नैन्सी ग्रेवाल के संबंध में कुछ लिख दिया। नैन्सी ने बताया था कि उसके बाद उसने भी सोशल मीडिया से ही जवाब दिया। फिर दूसरे निहंग ने उसके और उसके
बादशाह के टटीरी सॉन्ग पर पंचकूला-जींद में FIR:लड़कियों को स्कूल बैग फेंकते दिखाया, गंदे शब्द का इस्तेमाल; महिला आयोग ने रैपर को तलब किया

बॉलीवुड रैपर-सिंगर बादशाह के नए हरियाणवी फोक सॉन्ग ‘टटीरी’ को लेकर पंचकूला के साइबर क्राइम और जींद के सिविल लाइन थाने में मामला दर्ज किया गया है। हालांकि, अभी मामला अज्ञात पर दर्ज हुआ है। रैप के आपत्तिजनक शब्द, लड़कियों को स्कूल की वर्दी में बैग फेंकने और जींद डिपो की हरियाणा रोडवेज की बस का बिना परमिशन इस्तेमाल करने के आरोप हैं। उधर, पानीपत की नारी तू नारायणी संस्था की अध्यक्ष सविता आर्या और शिव आरती फाउंडेशन के प्रमुख शिव कुमार की शिकायत पर हरियाणा राज्य महिला आयोग ने बादशाह को समन जारी किया है। जिसमें बादशाह को अपना पक्ष रखने के लिए 13 मार्च को आयोग के समक्ष पेश होने को कहा गया है। यह सॉन्ग 1 मार्च को रिलीज हुआ था। इस गाने में कैथल की रहने वाली बॉक्सर सिमरन जागलान की भी आवाज है। वह हरियाणवी सिंगर कर्मबीर फौजी की बेटी हैं। टटीरी गाने को अभी तक यूट्यूब पर 4 मिलियन से ज्यादा लोग सुन चुके हैं। अब जानिए पंचकूला में दर्ज शिकायत में क्या…. पाठशाल को बैडशाला कहा पंचकूला के चंडी मंदिर एरिया के पास रहने वाले अभय चौधरी ने साइबर थाने में शिकायत देकर कहा कि बादशाह नाम के एक सिंगर का टटीरी नाम का गाना ऑनलाइन और सोशल मीडिया पर चल रहा है। इस गाने में कुछ ऐसे शब्द और दृश्य हैं जो आपत्तिजनक हैं और समाज को गलत संदेश देते हैं। गाने में लड़कियों को स्कूल की वर्दी में दिखाया गया है और स्कूल को “बैडशाला” कहा गया है, जो “पाठशाला” शब्द का गलत रूप है। गलत लाइनें इस्तेमाल कीं शिकायत के मुताबिक, गाने में आपत्तिजनक लाइनें हैं। ये स्कूल की वर्दी में दिख रही लड़कियों के साथ गलत तरीके से इस्तेमाल की गईं। यह सब समाज में गलत और अश्लील संदेश देता है। ये आपत्तिजनक शब्द हमारी बहनों-बेटियों की इज्जत को ठेस पहुंचाते हैं। स्कूल जैसे पवित्र जगह को इस तरह दिखाना समाज में गलत सोच को बढ़ावा दे सकता है। बादशाह पर FIR की मांग शिकायत में मांग की कि इस गाने को फैलने से रोका जाए। सिंगर बादशाह के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में कोई ऐसा न करे। ऐसे लोगों को जेल में डालना चाहिए ताकि इस तरह की सामग्री बनाने वालों पर रोक लगे और समाज में गलत संदेश जाने से रोका जा सके। मंत्री ढांडा बोले- स्कूल और बस का पता लगा रहे शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने कहा कि यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि इस प्रकार के गाने हरियाणा की संस्कृति को बदनाम कर रहे हैं। मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि इस मामले में कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही, गाने में दिखाई गई रोडवेज बस का भी पता लगाया जा रहा है कि उसका ड्राइवर कौन है। इसके अलावा, जिस स्कूल में शूटिंग हुई है, उसका भी पता लगाया जा रहा है। गाने में जिस तरह की अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया है, और बच्चियों को जैसे दिखाया गया है, यह बहुत गलत है। रोडवेज GM बोले- जींद डिपो की छवि खराब हुई जींद रोडवेज डिपो के जनरल मैनेजर राहुल जैन ने आरोप लगाया है कि गाने में बिना अनुमति के हरियाणा रोडवेज की बस का इस्तेमाल किया गया, जिसमें स्पष्ट रूप से जींद डिपो का नाम लिखा हुआ दिख रहा है। इस वजह से विभाग और जींद डिपो की छवि खराब हुई है। महिला आयोग ने 13 मार्च को पानीपत बुलाया हरियाणा महिला आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया ने एक नोटिस जारी किया है। इस नोटिस में कहा गया है कि नारी तू नारायणी उत्थान समिति और शिव आरती इंडिया फाउंडेशन ने शिकायत की है कि “टटीरी” गाने में गलत शब्दों का इस्तेमाल किया गया है। इसलिए, शिकायत करने वालों के साथ-साथ सिंगर आदित्य प्रतीक सिंह सिसोदिया उर्फ बादशाह को 13 मार्च को सुबह 11:30 बजे पानीपत में डीसी ऑफिस के कॉन्फ्रेंस हॉल में महिला आयोग की अध्यक्ष के सामने पेश होने के लिए कहा गया है। अब जानिए कौन हैं बादशाह…. ———————— ये खबर भी पढ़ें :- बादशाह संग ‘टटीरी’ सॉन्ग गाने वाली सिमरन की कहानी:पिता हरियाणवी सॉन्ग ‘पानी आली पानी प्यादे’ गाकर फेमस हुए, बेटी बॉक्सिंग में स्टेट चैंपियन रही बॉलीवुड रैपर-सिंगर बादशाह ने हरियाणवी फोक सॉन्ग ‘टटीरी’ लॉन्च किया है। इस गाने में कैथल की रहने वाली सिमरन जागलान ने अपनी आवाज दी है। सिमरन, हरियाणवी सिंगर कर्मबीर फौजी की बेटी हैं, जिन्होंने फेमस हरियाणवी सॉन्ग ‘पानी आली पानी प्यादे’ गाया है। पढ़ें पूरी खबर…
Curd Health Benefits; Blood Pressure Gut Microbiome

28 मिनट पहलेलेखक: अदिति ओझा कॉपी लिंक दही सेहत का खजाना है। इसमें एक साथ प्रोटीन, शुगर, गुड फैट और प्रोबायोटिक, सबकुछ मिल जाता है। स्वाद के साथ यह गट हेल्थ, इम्यूनिटी और मेटाबॉलिज्म को भी रीसेट करता है। इतने सारे गुणों से भरपूर होने के कारण इसे सुपरफूड भी कहते हैं। ‘नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन’ में पब्लिश एक स्टडी के मुताबिक, नियमित दही खाने से हाई ब्लड प्रेशर का रिस्क 16-20% तक कम हो सकता है। साथ ही अगर हफ्ते में 5 या उससे ज्यादा बार बैलेंस डाइट के साथ दही खाई जाए तो ब्लड प्रेशर कंट्रोल में रहता है। इसलिए आज ‘जरूरत की खबर’ में समझेंगे कि दही कैसे ब्लड प्रेशर को कम करने में मदद करती है। साथ ही जानेंगे कि- दही किन-किन बीमारियों में फायदेमंद है? यह गट माइक्रोबायोम को कैसे प्रभावित करती है? एक्सपर्ट- डॉ. संचयन रॉय, सीनियर कंसल्टेंट, इंटरनल मेडिसिन, अपोलो स्पेक्ट्रा हॉस्पिटल, दिल्ली सवाल- क्या दही बीमारियों से लड़ने में मददगार है? जवाब- हां, इसमें मौजूद जिंक, सेलेनियम और विटामिन D जैसे न्यूट्रिएंट्स संक्रमण पैदा करने वाले वायरस और बैक्टीरिया के खिलाफ सुरक्षा कवच का काम करते हैं। दही खाने से इम्यूनिटी मजबूत होती है। इसके नियमित सेवन से न केवल डाइजेस्टिव सिस्टम दुरुस्त रहता है, बल्कि यह शरीर में इंफ्लेमेशन को कम करके सर्दी-जुकाम से लेकर गंभीर बीमारियों के जोखिम को भी कम करता है। सवाल- दही का हार्ट हेल्थ से क्या कनेक्शन है? जवाब- दही में पोटेशियम और मैग्नीशियम जैसे मिनरल्स होते हैं। ये शरीर से एक्स्ट्रा सोडियम को बाहर निकालने में मदद करते हैं। इससे ब्लड प्रेशर कंट्रोल में रहता है। साथ ही दही में मौजूद प्रोबायोटिक्स (गुड बैक्टीरिया) शरीर का इंफ्लेमेशन कम करने में मदद करते हैं। दही में मौजूद बैक्टीरिया बैड कोलेस्ट्रॉल (LDL) को कम करने में भी मदद करते हैं। इंफ्लेमेशन और बैड कोलेस्ट्रॉल (LDL) कार्डियोवस्कुलर डिजीज का सबसे बड़ा कारण हैं। अगर खाने में नियमित रूप से दही शामिल की जाए तो हार्ट डिजीज का रिस्क कम हो सकता है। सवाल- दही ब्लड प्रेशर को कम करने में कैसे मदद करती है? जवाब- ब्लड प्रेशर बढ़ने की बड़ी वजह शरीर में सोडियम की अधिक मात्रा है। दही में मौजूद पोटेशियम इस अतिरिक्त सोडियम को शरीर से बाहर निकालने में मदद करता है। दही में मौजूद कुछ बायोएक्टिव पेप्टाइड्स ब्लड प्रेशर बढ़ाने के लिए जिम्मेदार एंजाइम्स की एक्टिविटी को कम करके ब्लड वेसल्स को रिलैक्स करते हैं। इससे ब्लड प्रेशर कम होता है और फ्लो बेहतर होता है। सवाल- क्या दही का प्रभाव उम्र, जेंडर या BMI के अनुसार ब्लड प्रेशर पर अलग-अलग होता है? जवाब- हां, नियमित दही खाने से हार्ट हेल्थ बेहतर रहती है। खासतौर पर मिड एज की महिलाओं में यह ज्यादा प्रभावशाली है। वहीं जिन लोगों का BMI अधिक है, उन्हें सादा दही खाने से वजन और इंफ्लेमेशन को कंट्रोल करने में मदद मिलती है। हालांकि, इसका असर व्यक्ति की डाइट और लाइफस्टाइल पर भी निर्भर करता है। सवाल- दही का रोजाना सेवन बीपी के अलावा और किन बीमारियों के रिस्क को कम करने में मदद करता है? जवाब- दही सिर्फ ब्लड प्रेशर ही नहीं, बल्कि कई दूसरी समस्याओं के जोखिम को भी कम करने में मददगार है। इसे ग्राफिक में देखिए- सवाल- दही के हेल्थ बेनिफिट्स क्या हैं? जवाब- आमतौर पर लोग यह जानते हैं कि दही खाने से पाचन आसान हो जाता है। इसमें मौजूद बैक्टीरिया हमारे गट में मौजूद गुड बैक्टीरिया की संख्या में इजाफा करते हैं। इससे पाचन तंत्र सुधरता है और इम्यून सिस्टम भी मजबूत होता है। यह हमारे दांत और हड्डियों की सेहत के लिए भी जरूरी है। ग्राफिक में सभी फायदे देखिए- सवाल- दही में मौजूद प्रोबायोटिक्स गट माइक्रोबायोम को कैसे प्रभावित करते हैं? जवाब- दही में मौजूद प्रोबायोटिक्स गट माइक्रोबायोम का संतुलन सुधारते हैं। प्रोबायोटिक्स माइक्रोबायोम को ऐसे प्रभावित करते हैं- बैड बैक्टीरिया को बढ़ने से रोकते हैं। गैस, ब्लोटिंग, कब्ज या इरिटेबल बाउल सिंड्रोम (IBS) जैसी समस्याओं में राहत देते हैं। इम्यून सिस्टम मजबूत करते हैं। हेल्दी गट माइक्रोबायोम गट-ब्रेन एक्सिस (गट और ब्रेन के बीच कम्युनिकेशन) को भी प्रभावित करते हैं। ये सेरोटोनिन जैसे ‘फील-गुड’ हॉर्मोन्स बढ़ाते हैं, जिससे मूड बेहतर रहता है। सवाल- दही खाने का सही समय क्या है? क्या रात में दही खाना सुरक्षित है? जवाब- दही खाने का सही समय व्यक्ति की सेहत, मौसम और पाचन क्षमता पर निर्भर करता है। आमतौर पर दोपहर का समय बेहतर माना जाता है, क्योंकि इस समय डाइजेस्टिव कैपेसिटी सबसे मजबूत होती है और दही आसानी से पच जाता है। सवाल- क्या दवाओं के बिना, सिर्फ दही खाने से ब्लड प्रेशर कंट्रोल किया जा सकता है? जवाब- नहीं, दही खाने से ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने में मदद जरूर मिलती है, लेकिन यह दवाओं का विकल्प नहीं हो सकता है। ब्लड प्रेशर मैनेज करने के लिए दही के साथ हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाना जरूरी है। सवाल- ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने के लिए लाइफस्टाइल में क्या बदलाव जरूरी हैं? जवाब- इसके लिए अपनी रोजमर्रा की आदतों में कुछ जरूरी बदलाव करके ब्लड प्रेशर को काफी हद तक संतुलित रखा जा सकता है। सभी जरूरी बदलाव ग्राफिक में देखिए- दही से जुड़े कुछ कॉमन सवाल-जवाब सवाल- क्या खाली पेट दही खाना सही है? जवाब- खाली पेट दही खाने से पेट में एसिड बढ़ सकता है, जिससे गैस या बेचैनी महसूस हो सकती है। इसे हमेशा मेन कोर्स (दलिया या रोटी) के साथ एक ‘साइड डिश’ की तरह खाएं, ताकि पाचन तंत्र पर बुरा असर न पड़े। सवाल- क्या मीठा या फ्लेवर्ड दही भी उतना ही फायदेमंद है? जवाब- नहीं, इसमें एक्स्ट्रा शुगर और प्रिजर्वेटिव्स होते हैं। ज्यादा शुगर से वजन और ब्लड शुगर बढ़ने का खतरा रहता है। स्वाद के लिए सादे दही में ताजे फल या थोड़ा सा शहद मिलाया जा सकता है। सवाल- स्किन और बालों के लिए दही कितना फायदेमंद है? जवाब- दही नेचुरल मॉइश्चराइजर की तरह काम करता है। इसमें मौजूद लैक्टिक एसिड और प्रोटीन स्किन की रंगत सुधारते हैं। साथ ही स्किन में मॉइश्चर और बालों की जड़ों को मजबूती व चमक प्रदान करते हैं। सवाल- किन परिस्थितियों में दही खाने से बचना चाहिए? जवाब- आमतौर पर दही सभी के लिए सेहतमंद है, लेकिन कुछ स्वास्थ्य समस्याओं में इससे







