Thursday, 30 Jul 2026 | 10:49 PM

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Assam CMs Wife 3 Passports

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Hindi News National Assam CMs Wife 3 Passports | 52000 Crore Case; Sarma Threatens Defamation गुवाहाटी19 मिनट पहले कॉपी लिंक कांग्रेस ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा पर दोहरी नागरिकता का आरोप लगाया है। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने रविवार को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि असम सीएम की पत्नी के पास तीन देशों मिस्र, एंटीगुआ-बरबूडा और UAE के पासपोर्ट हैं। पवन खेड़ा ने कॉन्फ्रेंस में तीन पासपोर्ट भी दिखाए। उन्होंने कहा कि सरमा की राजनीति मुसलमानों के खिलाफ नफरत पर आधारित है, जबकि उनकी पत्नी के पास दो मुस्लिम देशों के पासपोर्ट हैं। उन्होंने आगे कहा ही हिमंता की पत्नी 52 हजार करोड़ रुपए की अमेरिकी कंपनी की भी मालिक हैं। सीएम हिमंत ने कांग्रेस के आरोपों का सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जवाब दिया। उन्होंने लिखा कि- प्रेस कॉन्फ्रेंस कांग्रेस की हताशा और घबराहट दिखाती है। वे आधारहीन हमले कर रहे हैं। मैं उनके हर आरोप को खारिज करता हूं। हम 48 घंटे में पवन खेड़ा पर मानहानि का केस करेंगे। पवन खेड़ा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में 3 पासपोर्ट और कई दस्तावेजों की तस्वीर दिखाई। कांग्रेस बोली- दुबई में प्रॉपर्टी और 52 हजार करोड़ कहां से आए पवन खेड़ा ने दावा किया कि अमेरिका में हिमंता की पत्नी रिंकी भुइंया सरमा की एक कंपनी है। इस कंपनी की मेंबर लिस्ट में रिंकी भुइंया सरमा, हिमंता बिस्वा सरमा और उनके बेटे का नाम है। इस कंपनी का बजट 52,000 करोड़ रुपए का है। उन्होंने दावा किया की रिंकी सरमा की दुबई में 2 प्रॉपर्टी हैं, जिसकी पूरी जानकारी उपलब्ध है। हिमंत का जबाव- कांग्रेस के प्रोपेगेंडा का पर्दाफाश हिमंत बिस्वा सरमा ने पवन खेड़ा की कॉन्फ्रेंस के कुछ देर बाद ही X पर पर पोस्ट किया कि उनके दिखाए गए दस्तावेजों में नाम की स्पेलिंग, फोटो और पासपोर्ट विवरण जैसी कई गंभीर गलतियां हैं, जो साफ तौर पर इनके फर्जी और डिजिटल छेड़छाड़ होने का सबूत हैं। इन मनगढ़ंत दस्तावेजों के आधार पर झूठ फैलाने के लिए पवन खेड़ा को जेल जाना होगा और सच्चाई की जीत होगी। हिंमत बिस्वा सरमा के पोस्ट की तस्वीर 2 फरवरी को सरमा ने कहा था गौरव गोगोई की पत्नी पाकिस्तानी एजेंट के करीब असम CM ने 2 फरवरी को कहा था कि कांग्रेस सांसद गौरव और उनकी पत्नी एलिजाबेथ, पाकिस्तानी एजेंट अली तौकीर शेख के बहुत करीब हैं। एक पाकिस्तानी फर्म ने गौरव की पत्नी को नौकरी दी, फिर उन्हें भारत ट्रांसफर कर दिया। एलिजाबेथ भारत से जुड़ी कई जानकारियां इकट्ठा करती थीं और पाकिस्तानी नागरिक अली शेख को रिपोर्ट देती थीं। अली तौकीर शेख एलिजाबेथ को इस काम के लिए सैलरी देता था। हिमंता ने यह भी दावा किया था कि अली तौकीर 2010 से 2013 के बीच 13 बार भारत आया था। उसका मकसद दुनिया में भारत विरोधी नैरेटिव तैयार करना था। ———————————— ये खबर भी पढ़ें… PM मोदी बोले- TMC के पापों का घड़ा भर चुका:एक खास मजहब के लोग, बंगाल में हिंदुओं का रहना मुश्किल कर देंगे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को पश्चिम बंगाल के कूचबिहार में चुनावी सभा में कहा कि TMC के पापों का घड़ा भर चुका है और अब जनता बदलाव चाहती है। चुनाव के बाद भ्रष्टाचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी, चुन-चुनकर हिसाब लिया जाएगा। पूरी खबर पढें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

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Hindi News National Assam CMs Wife 3 Passports | 52000 Crore Case; Sarma Threatens Defamation गुवाहाटी14 मिनट पहले कॉपी लिंक कांग्रेस ने असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्व सरमा की पत्नी रिंकी भुइयां सरमा पर दोहरी नागरिकता का आरोप लगाया है। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने रविवार को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि असम सीएम की पत्नी के पास तीन देशों मिस्र, एंटीगुआ-बरबूडा और UAE के पासपोर्ट हैं। पवन खेड़ा ने कॉन्फ्रेंस में तीन पासपोर्ट भी दिखाए। उन्होंने कहा कि सरमा की राजनीति मुसलमानों के खिलाफ नफरत पर आधारित है, जबकि उनकी पत्नी के पास दो मुस्लिम देशों के पासपोर्ट हैं। उन्होंने आगे कहा ही हिमंता की पत्नी 52 हजार करोड़ रुपए की अमेरिकी कंपनी की भी मालिक हैं। सीएम हिमंता ने कांग्रेस के आरोपों का सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जवाब दिया। उन्होंने लिखा कि- प्रेस कॉन्फ्रेंस कांग्रेस की हताशा और घबराहट दिखाती है। वे आधारहीन हमले कर रहे हैं। मैं उनके हर आरोप को खारिज करता हूं। हम 48 घंटे में पवन खेड़ा पर मानहानि का केस करेंगे। पवन खेड़ा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में 3 पासपोर्ट और कई दस्तावेजों की तस्वीर दिखाई। कांग्रेस बोली- दुबई में प्रॉपर्टी और 52 हजार करोड़ कहां से आए पवन खेड़ा ने दावा किया कि अमेरिका में हिमंता की पत्नी रिंकी भुइंया सरमा की एक कंपनी है। इस कंपनी की मेंबर लिस्ट में रिंकी भुइंया सरमा, हिमंता बिस्वा सरमा और उनके बेटे का नाम है। इस कंपनी का बजट 52,000 करोड़ रुपए का है। उन्होंने दावा किया की रिंकी सरमा की दुबई में 2 प्रॉपर्टी हैं, जिसकी पूरी जानकारी उपलब्ध है। हिमंत का जबाव- कांग्रेस के प्रोपेगेंडा का पर्दाफाश हिमंता बिस्व सरमा ने पवन खेड़ा की कॉन्फ्रेंस के कुछ देर बाद ही X पर पर पोस्ट किया कि उनके दिखाए गए दस्तावेजों में नाम की स्पेलिंग, फोटो और पासपोर्ट विवरण जैसी कई गंभीर गलतियां हैं, जो साफ तौर पर इनके फर्जी और डिजिटल छेड़छाड़ होने का सबूत हैं। इन मनगढ़ंत दस्तावेजों के आधार पर झूठ फैलाने के लिए पवन खेड़ा को जेल जाना होगा और सच्चाई की जीत होगी। हिंमत बिस्वा सरमा के पोस्ट की तस्वीर 2 फरवरी को सरमा ने कहा था गौरव गोगोई की पत्नी पाकिस्तानी एजेंट के करीब असम CM ने 2 फरवरी को कहा था कि कांग्रेस सांसद गौरव और उनकी पत्नी एलिजाबेथ, पाकिस्तानी एजेंट अली तौकीर शेख के बहुत करीब हैं। एक पाकिस्तानी फर्म ने गौरव की पत्नी को नौकरी दी, फिर उन्हें भारत ट्रांसफर कर दिया। एलिजाबेथ भारत से जुड़ी कई जानकारियां इकट्ठा करती थीं और पाकिस्तानी नागरिक अली शेख को रिपोर्ट देती थीं। अली तौकीर शेख एलिजाबेथ को इस काम के लिए सैलरी देता था। हिमंता ने यह भी दावा किया था कि अली तौकीर 2010 से 2013 के बीच 13 बार भारत आया था। उसका मकसद दुनिया में भारत विरोधी नैरेटिव तैयार करना था। भाजपा ने कहा- कांग्रेस ने 36 घंटे में फर्जी कंपनी बनाई भाजपा नेता और राज्यसभा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि- कांग्रेस ने व्योमिंग नाम की जिस कंपनी का जिक्र किया उसका पंजीकरण 3 अप्रैल को हुआ। यानी उन्होंने 36 घंटे पहले एक कंपनी बनाई ताकि यह दिखाया जा सके कि कोई कारोबार हो रहा था। उन्होंने आगे कहा की सोनिया गांधी के पास 16 सालों तक भारत का पासपोर्ट नहीं था पर मतदाता थीं। कांग्रेस जमीन पर भी खाली है और दिमाग से भी। ———————————— ये खबर भी पढ़ें… PM मोदी बोले- TMC के पापों का घड़ा भर चुका:एक खास मजहब के लोग, बंगाल में हिंदुओं का रहना मुश्किल कर देंगे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को पश्चिम बंगाल के कूचबिहार में चुनावी सभा में कहा कि TMC के पापों का घड़ा भर चुका है और अब जनता बदलाव चाहती है। चुनाव के बाद भ्रष्टाचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी, चुन-चुनकर हिसाब लिया जाएगा। पूरी खबर पढें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

स्‍कूल में अपना सरनेम छिपाती थीं अनन्‍या बिड़ला:बिजनेस-म्‍यूजिक स्विच करने को कपड़े बदलती हैं, स्‍टाफ के लिए मेंटल हेल्‍थ लीव; जानें प्रोफाइल

स्‍कूल में अपना सरनेम छिपाती थीं अनन्‍या बिड़ला:बिजनेस-म्‍यूजिक स्विच करने को कपड़े बदलती हैं, स्‍टाफ के लिए मेंटल हेल्‍थ लीव; जानें प्रोफाइल

इंडियन प्रीमियर लीग के पहले मैच से ही अनन्या बिड़ला ट्रेंड कर रही हैं। क्रिकेट फैंस ऑनलाइन उन्हें रॉयल चैलेंजर्स बैंगलॉर की ‘लकी चार्म’ कह रहे हैं तो कभी उन्हें ‘नेशनल क्रश’ बता रहे हैं। आदित्य बिड़ला ग्रुप के लगभग 16 हजार 6 सौ करोड़ रुपए की सबसे महंगी डील में RCB फ्रेंचाइजी खरीदने के बाद से ही वो चर्चा में थीं। इस दौरान वो अपनी टीम RCB को सपोर्ट करने भी आईं। इसके बाद से ही वो ट्विटर पर ट्रेंड करने लगीं। इंस्टाग्राम पर मीम और फैन पेज बनने लगे। इसी बीच इंस्टा पर अनन्या के फॉलोअर्स में 485 हजार से सीधे 2.9 मिलियन (खबर लिखने तक) का बड़ा जंप आया। अनन्यश्री उर्फ अनन्या बिड़ला बिलियनेयर इंडस्ट्रलिस्ट कुमार मंगलम बिड़ला की बेटी हैं। बिड़ला ग्रुप से जुड़ी विरासत मिलने के बावजूद अनन्या ने अपनी राह खुद बनाई है, चाहे वो बिजनेस हो या फिर म्यूजिक इंडस्ट्री। अनन्या आंत्रप्रेन्योर हैं, सिंगर-लिरिसिस्ट हैं और आदित्य बिड़ला ग्रुप की लीडर होने के साथ ही मेंटल हेल्थ एडवोकेट भी हैं। स्‍कूल में अपना सरनेम नहीं लिखती थीं अनन्‍या बिड़ला परिवार में जन्‍मीं अनन्या की जिन्दगी घर में जितनी आसान थी, स्कूल में उतनी ही मुश्किल। एक इंटरव्यू में उन्होंने बताया कि बिड़ला सरनेम के साथ उन्हें एक बड़ी लेकिन भारी पहचान मिली। ऐसे में वो स्कूल में अपना सरनेम छुपाने लगीं, ताकि किसी को पता न चले कि वो बिड़ला की बेटी हैं। लोग उन्हें अमीर परिवार की लड़की समझकर अलग तरह से ट्रीट न करें। उन्होंने बताया कि एग्जाम पेपर पर बिड़ला सरनेम नहीं लिखती थीं। अपने दोस्तों के सरनेम में से कभी शाह तो कभी मर्चेंट लिखती थीं। उन्हें हमेशा अपने आसपास वालों के जजमेंट का डर सताता था। लेकिन ये तरीका भी काम नहीं आया। आखिर में उन्हें स्कूल से ड्रॉपआउट लेना पड़ा। 10,000 से कंपनी शुरु की, अब 60 हजार करोड़ की अनन्या बताती हैं कि एक दिन स्कूल से घर लौटते वक्‍त उन्‍हें माइक्रो-फाइनेंस स्टार्टअप कंपनी का आइडिया आया। 2012 में 17 साल की उम्र में 10 हजार से ‘स्वतंत्र माइक्रोफिन’ कंपनी की शुरुआत की, जो अब 60 हजार करोड़ की है। इस स्टार्टअप के लिए उन्होंने कोटक महिंद्रा बैंक से लोन लिया था। अब ये देश की दूसरी सबसे बड़ी माइक्रो फाइनेंस कंपनी है, जिसे अनन्या ने गांवों और कस्बों की विमेन आंत्रप्रेन्योर्स को आत्मनिर्भर बनाने के आइडिया के साथ शुरू किया था। ऑक्सफोर्ड से ड्रॉपआउट लिया, इंटरनेशनल पॉप आर्टिस्ट बनीं अनन्या 8 साल की थी जब उन्होंने पहली बार संतूर म्यूजिक इंस्ट्रूमेंट बजाया था। 11 साल की उम्र में लेडी गागा के एक कॉन्सर्ट में म्यूजिक को लेकर प्यार जगा, तभी तय किया कि म्यूजिशियन बनना है।13 साल की उम्र से कविताएं लिखने और गाने लगी थीं। उन्हें शुरू से ही म्यूजिक से प्यार रहा। म्यूजिक के लिए उनका ये प्यार ऑक्सफॉर्ड जाकर परवान चढ़ा। 2014 में अनन्या लंदन में ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी पढ़ने गईं। वहां खाली समय में यूट्यूब से गिटार बजाना सीखा। वो यूनिवर्सिटी की गैदरिंग्स और ओपन माइक्स में गाने लगीं। खाली समय में पब्स और क्लब्स में जाकर परफॉर्म करने लगीं। वो एक इंटरव्यू में कहती हैं कि लोगों का रिस्पॉन्स देखकर लगा कि उन्‍हें बस यही करना है। ऐसे दो साल बीते गए। 2016 में उन्होंने अपने माता-पिता से बात की और ऑक्सफोर्ड से ड्रॉपआउट लिया। बतौर सिंगर और लिरिसिस्ट यूनिवर्सल म्यूजिक ग्रुप जॉइन किया। इसी साल ‘Livin’ the Life’ म्यूजिक वीडियो के साथ 20 साल की उम्र में म्यूजिक इंटस्ट्री में डेब्यू किया। बड़े इंटरनेशनल आर्टिस्ट्स के साथ परफॉर्म किया अनन्या ने यूनिवर्सल म्यूजिक के साथ कई हिट गाने दिए। उनके गाने ‘मेंट टू बी’ और ‘सरकस गोइंग’ को प्लैटिनम तो ‘बैटल गोइंग’ को डबल प्लैटिनम अवॉर्ड मिला। इसके साथ ही वो इंग्लिश गाने के लिए प्लैटिनम पाने वाली पहली इंडियन बन गईं। 2019 तक अनन्या ने यूनिवर्सल म्यूजिक के साथ काम किया। इस दौरान कई इंटरनेशनल आर्टिस्ट्स के साथ काम किया। वो पहली इंडियन आर्टिस्ट बनीं जिसके गाने को पीएम:एएम रिकॉर्डिंग्स (PM:AM Recordings) ने वर्ल्डवाइड रिलीज किया। अनन्या ग्लोबल सिटीजन फेस्टिवल, अक्टूबरफेस्ट और सनबर्न एरिना जैसे बड़े म्यूजिक इवेंट्स में परफॉर्म कर चुकी हैं। 2018 और 2019 में अक्टूबरफेस्ट में बतौर स्पेशल गेस्ट शॉन किंग्स्टन के साथ परफॉर्म किया। इसके साथ ही सितंबर 2019 में विज खलीफा के इंडिया टूर इवेंट सनबर्न एरिना में ओपन किया। नवंबर 2022 में DJ Snake के सनबर्न एरिना इंडिया टूर में उनके साथ परफॉर्म किया। 2021 में टोक्यो ओलंपिक 2020 के लिए अनन्या और ए.आर. रहमान ने टीम इंडिया के लिए ऑफिशियल चियर सॉन्ग ‘हिंदुस्तानी वे’ रिलीज किया। ‘मेरा दिल-दिमाग बिजनेस में है लेकिन आत्मा म्यूजिक में’ अनन्या कई इंटरव्यूज में बता चुकी हैं कि वो पूरे बिड़ला खानदान में पहली और इकलौती लड़की है जिसने बिजनेस वर्ल्ड में कदम रखा। ‘स्वतंत्र माइक्रोफिन’ स्टार्टअप से अपने बिजनेस करियर की शुरुआत की और फिर ‘इकाई एसाई’ स्टार्टअप और ‘अनन्या बिड़ला फाउंडेशन’ शुरू किया। इसके साथ ही उन्होंने बिड़ला के कई वेन्चर्स संभाले। हालांकि, म्यूजिक हमेशा अपनी ओर खींचता रहा। उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा, ‘मैंने बिजनेस किया, लेकिन म्यूजिक मेरे लिए ऐसा स्पेस है जहां मैं फिट होती हूं। यही वो है जिसने मेरे अकेलेपन को दूर किया और मुझे कुछ ऐसा दिया जिसे मैं अपना कह सकूं।’ अनन्या अक्सर अपने खास लोगों और अपने एक्सपीरिएंसेस के बारे में गाने लिखती हैं। वो मानती हैं कि वो चाहकर भी हैप्पी सॉन्ग्स नहीं लिख सकतीं। स्‍टूडियो आकर सबसे पहले कपड़े बदलती हैं अनन्या ने बिजनेसवुमन होने के साथ-साथ 8 साल तक अपना म्यूजिक करियर भी संभाला है। वो हर सुबह उठकर रियाज करतीं और दिन में ऑफिस संभालती हैं। ऑफिस के बाद रात लगभग दो बजे तक स्टूडियो में गाने कंपोज करते बितातीं। अनन्या आमतौर पर गाने गिटार पर कंपोज करती हैं। वो बताती हैं कि जब वो ऑफिस में होती हैं तो सूट में बिजनेसवुमन के रोल में होती हैं और दिमाग का ज्यादा इस्तेमाल कर रही होती हैं। वहीं, जब गाना लिखना या कंपोज करना होता है तो स्टूडियो जाते हूडी और पजामा पहन लेती हैं। ऐसे वो अपने मूड और दिमाग को ट्रांजिशन के लिए तैयार करती हैं। हालांकि, म्यूजिक के प्रति इतना लगाव होने के बावजूद अनन्या ने साल 2025 में

BCB President Aminul Islam: All Can Leave, I Will Stay

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Hindi News Sports BCB President Aminul Islam: All Can Leave, I Will Stay | Bangladesh Cricket Board Crisis स्पोर्ट्स डेस्क29 मिनट पहले कॉपी लिंक बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) की नई सरकार 7 दिन में भंग हो सकती है। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) में इस वक्त भारी उठापटक चल रही है। शनिवार को बोर्ड के 4 और डायरेक्टर्स ने एक साथ इस्तीफा दे दिया। गुरुवार को भी 2 मेंबर्स ने अपना पद छोड़ा था। बोर्ड प्रेसिडेंट अमिनुल इस्लाम ने जरूर कह दिया, सब भले चले जाएं, मैं कहीं नहीं जाऊंगा। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, एक सप्ताह के अंदर BCB की नई सरकार भंग हो सकती है। बोर्ड ने लिटन दास को 2028 और मेहदी हसन को 2027 तक टी-20 कप्तान भी बनाए रखा है। लिटन दास 2028 में टी-20 वर्ल्ड कप तक कप्तान बने रहेंगे। 3 दिन में 6 बड़े चेहरों ने साथ छोड़ा शनिवार को हुई मीटिंग के बाद सानियान तनीम, मेहराब आलम, फैयाजुर रहमान और मंजूरुल आलम ने अपना इस्तीफा सौंप दिया। इससे 2 दिन पहले ही यासिर मोहम्मद और फैसल आशिक ने भी पद छोड़ दिया था। अब तक 6 डायरेक्टर्स BCB का साथ छोड़ चुके हैं। माना जा रहा है कि कुछ और लोग भी पद छोड़ने की तैयारी में हैं। प्रेसिडेंट बोले- ‘बाहरी लोग’ काम नहीं करने दे रहे अमिनुल इस्लाम बुलबुल मीडिया के सामने तो नहीं आए, लेकिन एक टीवी चैनल से बातचीत में अपना दर्द बयां कर दिया। उन्होंने कहा, “मैं आखिरी दिन तक अपनी कुर्सी संभालूंगा। हमारी टीम अच्छी और ईमानदार है, मैं उनके साथ मिलकर देश के क्रिकेट की सेवा करना चाहता हूं।” उन्होंने सीधा आरोप लगाया कि कुछ बाहरी ताकतें उन्हें खुलकर काम नहीं करने दे रही हैं। बुलबुल के मुताबिक, “हमें एक दिन भी आजादी से काम नहीं करने दिया गया। बाहर से लगातार दखलअंदाजी हो रही है, जिसकी वजह से हमारे क्रिकेट की रफ्तार थम गई है।” अमिनुल इस्लाम ने कहा कि वे इस्तीफा देने वाले आखिरी मेंबर होंगे। BCB में काफी दिनों से विवाद की स्थिति बोर्ड के पिछले चुनाव को लेकर काफी विवाद चल रहा है। अब नेशनल स्पोर्ट्स काउंसिल इसकी जांच कर रही है। माना जा रहा है कि इसी जांच और मीडिया के सवालों से बचने के लिए अध्यक्ष मीटिंग के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में नहीं आए। इससे पहले भी कुछ बड़े अधिकारियों ने ‘निजी कारणों’ का हवाला देकर इस्तीफा दिया था, लेकिन असल वजह बोर्ड के अंदर मची कलह को माना जा रहा है। लिटन दास ही वनडे कप्तानी करेंगे बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) ने मेंहदी हसन मिराज को 2027 वनडे वर्ल्ड कप और लिटन दास को 2028 टी-20 वर्ल्ड कप तक के लिए कप्तान बनाए रखा है। बोर्ड का मानना है कि लंबी जिम्मेदारी से दोनों कप्तान अपनी टीम को बेहतर ढंग से तैयार कर पाएंगे। बोर्ड ने पूर्व दिग्गज मोहम्मद रफीक को एक साल के लिए स्पिन गेंदबाजी सलाहकार बनाया है। मेहदी हसन मिराज 2027 के वनडे वर्ल्ड तक कप्तानी करेंगे। वर्ल्ड कप खेलने नहीं आया था बांग्लादेश इसी साल जनवरी में बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) ने अपनी टीम को टी-20 वर्ल्ड कप खेलने के लिए भारत नहीं भेजा था। बोर्ड ने भारत ने सुरक्षा को लेकर चिंता जताई थी, जिसके बाद इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड को टूर्नामेंट में एंट्री दे दी। ————————– स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… IPL में लखनऊ 5 विकेट से जीती मोहम्मद शमी ने 2 विकेट लिए। IPL के 10वें मुकाबले में लखनऊ सुपर जायंट्स ने सनराइजर्स हैदराबाद को 5 विकेट से हराकर सीजन की अपनी पहली जीत दर्ज की। वहीं हैदराबाद को लगातार दूसरी हार झेलनी पड़ी। पढ़ें पूरी खबर… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…

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Hindi News Sports BCB President Aminul Islam: All Can Leave, I Will Stay | Bangladesh Cricket Board Crisis स्पोर्ट्स डेस्क1 घंटे पहले कॉपी लिंक बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) की नई सरकार 7 दिन में भंग हो सकती है। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) में इस वक्त भारी उठापटक चल रही है। शनिवार को बोर्ड के 4 और डायरेक्टर्स ने एक साथ इस्तीफा दे दिया। गुरुवार को भी 2 मेंबर्स ने अपना पद छोड़ा था। बोर्ड प्रेसिडेंट अमिनुल इस्लाम ने जरूर कह दिया, सब भले चले जाएं, मैं कहीं नहीं जाऊंगा। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, एक सप्ताह के अंदर BCB की नई सरकार भंग हो सकती है। बोर्ड ने लिटन दास को 2028 और मेहदी हसन को 2027 तक टी-20 कप्तान भी बनाए रखा है। लिटन दास 2028 में टी-20 वर्ल्ड कप तक कप्तान बने रहेंगे। 3 दिन में 6 बड़े चेहरों ने साथ छोड़ा शनिवार को हुई मीटिंग के बाद सानियान तनीम, मेहराब आलम, फैयाजुर रहमान और मंजूरुल आलम ने अपना इस्तीफा सौंप दिया। इससे 2 दिन पहले ही यासिर मोहम्मद और फैसल आशिक ने भी पद छोड़ दिया था। अब तक 6 डायरेक्टर्स BCB का साथ छोड़ चुके हैं। माना जा रहा है कि कुछ और लोग भी पद छोड़ने की तैयारी में हैं। प्रेसिडेंट बोले- ‘बाहरी लोग’ काम नहीं करने दे रहे अमिनुल इस्लाम बुलबुल मीडिया के सामने तो नहीं आए, लेकिन एक टीवी चैनल से बातचीत में अपना दर्द बयां कर दिया। उन्होंने कहा, “मैं आखिरी दिन तक अपनी कुर्सी संभालूंगा। हमारी टीम अच्छी और ईमानदार है, मैं उनके साथ मिलकर देश के क्रिकेट की सेवा करना चाहता हूं।” उन्होंने सीधा आरोप लगाया कि कुछ बाहरी ताकतें उन्हें खुलकर काम नहीं करने दे रही हैं। बुलबुल के मुताबिक, “हमें एक दिन भी आजादी से काम नहीं करने दिया गया। बाहर से लगातार दखलअंदाजी हो रही है, जिसकी वजह से हमारे क्रिकेट की रफ्तार थम गई है।” अमिनुल इस्लाम ने कहा कि वे इस्तीफा देने वाले आखिरी मेंबर होंगे। BCB में काफी दिनों से विवाद की स्थिति बोर्ड के पिछले चुनाव को लेकर काफी विवाद चल रहा है। अब नेशनल स्पोर्ट्स काउंसिल इसकी जांच कर रही है। माना जा रहा है कि इसी जांच और मीडिया के सवालों से बचने के लिए अध्यक्ष मीटिंग के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में नहीं आए। इससे पहले भी कुछ बड़े अधिकारियों ने ‘निजी कारणों’ का हवाला देकर इस्तीफा दिया था, लेकिन असल वजह बोर्ड के अंदर मची कलह को माना जा रहा है। लिटन दास ही वनडे कप्तानी करेंगे बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) ने मेंहदी हसन मिराज को 2027 वनडे वर्ल्ड कप और लिटन दास को 2028 टी-20 वर्ल्ड कप तक के लिए कप्तान बनाए रखा है। बोर्ड का मानना है कि लंबी जिम्मेदारी से दोनों कप्तान अपनी टीम को बेहतर ढंग से तैयार कर पाएंगे। बोर्ड ने पूर्व दिग्गज मोहम्मद रफीक को एक साल के लिए स्पिन गेंदबाजी सलाहकार बनाया है। मेहदी हसन मिराज 2027 के वनडे वर्ल्ड तक कप्तानी करेंगे। वर्ल्ड कप खेलने नहीं आया था बांग्लादेश इसी साल जनवरी में बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) ने अपनी टीम को टी-20 वर्ल्ड कप खेलने के लिए भारत नहीं भेजा था। बोर्ड ने भारत ने सुरक्षा को लेकर चिंता जताई थी, जिसके बाद इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड को टूर्नामेंट में एंट्री दे दी। ————————– स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… IPL में लखनऊ 5 विकेट से जीती मोहम्मद शमी ने 2 विकेट लिए। IPL के 10वें मुकाबले में लखनऊ सुपर जायंट्स ने सनराइजर्स हैदराबाद को 5 विकेट से हराकर सीजन की अपनी पहली जीत दर्ज की। वहीं हैदराबाद को लगातार दूसरी हार झेलनी पड़ी। पढ़ें पूरी खबर… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…

दांत धीरे-धीरे हो रहे हैं खराब? आपकी ये 5 रोजमर्रा की आदतें बना रही हैं इन्हें कमजोर!

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आजकल दांतों से जुड़ी समस्याएं जैसे सेंसिटिविटी, पीलापन और कमजोर एनामेल तेजी से बढ़ रही हैं. इसकी वजह सिर्फ मीठा खाना या ब्रश न करना ही नहीं, बल्कि हमारी रोजमर्रा की कुछ आदतें भी हैं जो धीरे-धीरे दांतों को नुकसान पहुंचाती हैं. कई बार ये आदतें हमें सामान्य लगती हैं, लेकिन लंबे समय में ये दांतों की ऊपरी परत यानी एनामेल को कमजोर कर देती हैं, जो दोबारा बन नहीं पाती. विशेषज्ञों के अनुसार, दांतों का नुकसान अचानक नहीं होता बल्कि धीरे-धीरे बढ़ता है. अगर समय रहते इन आदतों पर ध्यान न दिया जाए, तो सेंसिटिविटी, कैविटी और मसूड़ों की समस्या भी बढ़ सकती है. इसलिए जरूरी है कि हम अपनी डेली रूटीन में छोटी-छोटी गलतियों को पहचानें और उन्हें सुधारें, ताकि दांत लंबे समय तक स्वस्थ बने रहें. जोर से ब्रश करना पड़ सकता है भारीकई लोग मानते हैं कि जोर से ब्रश करने से दांत ज्यादा साफ होते हैं, लेकिन यह एक गलत आदत है. ज्यादा दबाव से ब्रश करने पर एनामेल घिसने लगता है, जिससे दांत कमजोर और सेंसिटिव हो जाते हैं. हमेशा सॉफ्ट ब्रश और हल्के हाथ से ब्रश करना बेहतर होता है. ज्यादा मीठा और खट्टा खानामीठी और खट्टी चीजें दांतों पर एसिड अटैक करती हैं, जिससे एनामेल धीरे-धीरे कमजोर होता है. कोल्ड ड्रिंक, जूस और ज्यादा चीनी वाले फूड्स दांतों के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं. इन्हें खाने के बाद मुंह साफ करना जरूरी है. कम पानी पीना भी है नुकसानदायकपानी कम पीने से मुंह में लार कम बनती है, जो दांतों को सुरक्षित रखने में मदद करती है. लार एसिड को न्यूट्रल करती है, इसलिए दिनभर पर्याप्त पानी पीना जरूरी है. घरेलू व्हाइटनिंग नुस्खों से बचेंनींबू, बेकिंग सोडा या चारकोल जैसे घरेलू उपाय दांतों को सफेद करने के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं, लेकिन ये एनामेल को नुकसान पहुंचा सकते हैं. इनके ज्यादा इस्तेमाल से दांत कमजोर हो सकते हैं. गलत टूथपेस्ट का चुनावहर टूथपेस्ट दांतों के लिए सही नहीं होता. एनामेल को मजबूत रखने के लिए सही टूथपेस्ट का इस्तेमाल करना जरूरी है. विशेषज्ञ सलाह के अनुसार टूथपेस्ट चुनना ज्यादा फायदेमंद होता है. दांतों की सही देखभाल के लिए सिर्फ ब्रश करना ही काफी नहीं है, बल्कि सही आदतें अपनाना भी उतना ही जरूरी है. छोटी-छोटी सावधानियां आपको लंबे समय तक दांतों की समस्याओं से बचा सकती हैं.

कोई ‘दक्षिण की अयोध्या’ नहीं: कैसे टीवीके के सीटीआर निर्मल कुमार थिरुपरनकुंद्रम रेत में एक रेखा खींच रहे हैं | विशेष | चुनाव समाचार

RCB vs CSK Live Cricket Score, IPL 2026: Stay updated with Ball by Ball Match Updates and Live Scorecard from Bengaluru. (Picture Credit: X/@ChennaiIPL)

आखरी अपडेट:05 अप्रैल, 2026, 19:15 IST निर्मल कुमार ने कहा कि इस चुनाव में तमिलनाडु में लड़ाई टीवीके और डीएमके के बीच है, जिसमें एआईएडीएमके के नेतृत्व वाले एनडीए ब्लॉक के पास कोई मौका नहीं है। कुमार का दावा है कि भाजपा तमिलनाडु के राजनीतिक परिदृश्य में धार्मिक ध्रुवीकरण लाने का प्रयास कर रही है। फ़ाइल तस्वीर/एएनआई भाजपा और द्रमुक के बीच महत्वपूर्ण राजनीतिक टकराव देखने वाले मंदिरों के शहर थिरुपरनकुंड्रम के लिए लड़ाई चुनावी मौसम गर्म होने के साथ तेज होती जा रही है। “थलापति” जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली तमिलागा वेट्री कज़गम (टीवीके) के मैदान में उतरने और उसके उम्मीदवार और वरिष्ठ नेता सीटीआर निर्मल कुमार के वहां से चुनाव लड़ने के साथ, निर्वाचन क्षेत्र तेजी से एक प्रमुख राजनीतिक फ्लैशप्वाइंट में बदल रहा है। तमिलागा वेट्री कड़गम (टीवीके) एक सावधानीपूर्वक संतुलन बनाने का प्रयास कर रही है – खुद को शांति के लिए एक ताकत के रूप में पेश कर रही है, जबकि भाजपा और डीएमके दोनों पर मंदिर शहर के आसपास तनाव बढ़ाने का आरोप लगा रही है। टीवीके के उप महासचिव और थिरुपरनकुंड्रम से पार्टी के उम्मीदवार सीटीआर निर्मल कुमार अपने संदेश में स्पष्ट हैं। वे कहते हैं, ”थिरुपरनकुंड्रम पर टीवीके बहुत स्पष्ट है – हम शांति चाहते हैं। हम उत्तर के लोगों के साथ-साथ द्रमुक को भी बताना चाहते हैं, हम उन्हें यहां एक और अयोध्या बनाने की अनुमति नहीं देंगे।” उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा निर्वाचन क्षेत्र में ”एक और अयोध्या मुद्दा पैदा करने” की कोशिश कर रही है। कुमार ने कहा, ”वे इसे एक और अयोध्या बनाने की कोशिश कर रहे हैं और हम इसका पुरजोर विरोध करेंगे।” उन्होंने दावा किया कि द्रमुक इसे साजिश रचने और राजनीति करने की इजाजत दे रही है। “टीवीके में हम इसकी अनुमति नहीं देंगे। हम चाहते हैं कि दशकों से चली आ रही परंपराएं और प्रथाएं जारी रहें। मैंने अपने बचपन से थिरुपरनकुंड्रम देखा है और जानता हूं कि इसका क्या मतलब है। हम इसकी जगह को बाधित नहीं होने देंगे। डीएमके इसे रोक सकती थी; उन्होंने इसका राजनीतिकरण कर दिया।” उन्होंने कहा कि इस चुनाव में तमिलनाडु में लड़ाई टीवीके और डीएमके के बीच है, जिसमें एआईएडीएमके के नेतृत्व वाले एनडीए ब्लॉक को कोई मौका नहीं मिलेगा, क्योंकि “उन्होंने जो किया है उसके लिए लोग उन्हें माफ नहीं करेंगे”। टीवीके की मूल बात थिरुपरनकुंद्रम विवाद को एक धार्मिक लामबंदी के रूप में नहीं, बल्कि लंबे समय से चले आ रहे सामाजिक संतुलन में व्यवधान के रूप में प्रस्तुत करने का प्रयास है। मंदिर शहर में अपने बचपन को याद करते हुए कुमार कहते हैं, ”हमने थिरुपरनकुंड्रम में ऐसी स्थिति कभी नहीं देखी।” “हम वहां कोई विवाद नहीं चाहते। वह स्थान एक पवित्र स्थान है और अत्यधिक सम्मानित है।” पार्टी की राजनीतिक दिशा भी दोनों द्रविड़ प्रतिद्वंद्वियों की आलोचना पर बहुत अधिक निर्भर करती है। कुमार ने द्रमुक पर महत्वपूर्ण क्षणों में आंखें मूंदने का आरोप लगाया। “डीएमके ने इसकी अनुमति तब दी जब उन्होंने रामनाथपुरम के सांसद को रोका और इसे एक मुद्दा बना दिया। वह पहली घटना थी,” वे कहते हैं, जब तनाव पैदा होना शुरू हुआ तो सत्तारूढ़ दल “मूक दर्शक बने रहे”। इस बीच, भाजपा तीखे हमले के लिए आती है। कुमार का दावा है कि पार्टी तमिलनाडु के राजनीतिक परिदृश्य में धार्मिक ध्रुवीकरण लाने का प्रयास कर रही है। वे कहते हैं, “वे इसे ‘दक्षिण की अयोध्या’ कहते थे। भाजपा इसे दूसरी अयोध्या बनाकर राजनीति करना चाहती थी और हम इसकी इजाजत नहीं देंगे।” भले ही बयानबाज़ी तेज़ हो रही हो, टीवीके सचेत रूप से प्रत्यक्ष तनाव से बच रहा है। कुमार बताते हैं कि विजय ने अब तक इस मुद्दे पर आक्रामक बयान क्यों नहीं दिया है। “हम कोई स्थिति पैदा नहीं करना चाहते हैं। हम शांति और दशकों से चली आ रही परंपराओं को बनाए रखना चाहते हैं। हम भावनात्मक या धार्मिक मुद्दों के साथ खेलना नहीं चाहते हैं,” वे कहते हैं, “आप जानते हैं कि विजय कौन है – वह बिना किसी भेदभाव के सभी धर्मों, सभी लोगों, सभी जातियों में विश्वास करता है।” यह स्थिति टीवीके के बड़े राजनीतिक आख्यान से जुड़ी है – जो विजय की व्यापक अपील को व्यापक सत्ता-विरोधी लहर में परिवर्तित करना चाहती है। कुमार इस विचार को खारिज करते हैं कि तमिलनाडु त्रिकोणीय मुकाबले की ओर बढ़ रहा है। वे कहते हैं, ”मैं इसे बिल्कुल भी त्रिकोणीय मुकाबले के रूप में नहीं देखता। एआईएडीएमके के नेतृत्व वाला एनडीए मुकाबले में ही नहीं है। पूरे तमिलनाडु में उनका प्रभुत्व कम हो गया है।” इसके बजाय, वह इस क्षण को राजनीतिक मंथन के रूप में प्रस्तुत करता है। वे कहते हैं, ”लोग एक गंभीर बदलाव चाहते हैं। तमिलनाडु इस बात का उदाहरण होगा कि कैसे गंभीर परिवर्तन एक राज्य में प्रतिबिंबित हो सकता है और बदलाव ला सकता है।” उन्होंने दावा किया कि टीवीके पहले ही महत्वपूर्ण प्रगति कर चुका है। “हमने पूरे तमिलनाडु में 40 प्रतिशत प्रभाव को पार कर लिया है। अगले कुछ दिनों में, हम उल्लेखनीय वृद्धि करेंगे।” उस विश्वास का केंद्र वह है जिसे पार्टी राजनीतिक भागीदारी में स्वाभाविक उछाल कहती है। कुमार कहते हैं, ”पिछले कुछ सालों से राजनीति से दूर रहने वाले अस्सी से नब्बे फीसदी लोग अब टीवीके के आने के बाद राजनीति के बारे में बोलने लगे हैं।” “वे मोदी, द्रमुक और अन्नाद्रमुक से तंग आ चुके हैं। उनके पास कोई विकल्प नहीं है। अब, थलपति विजय के साथ, बच्चे और बुजुर्ग भी राजनीति के बारे में बोल रहे हैं और चाहते हैं कि वह बदलाव लाएं।” पार्टी प्रशासनिक पक्षपात का भी आरोप लगाती है, खासकर पुलिस की ओर से। कुमार का दावा है कि “डीएमके समर्थित पुलिस अधिकारी” टीवीके कार्यक्रमों में बाधाएं पैदा कर रहे हैं। “कोल्लूर में, हमने बैरिकेड्स बनाने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने हमें अनुमति नहीं दी। आखिरी मिनट तक, हमें मंजूरी नहीं दी गई,” वह चुनाव आयोग से हस्तक्षेप करने का आह्वान करते हुए कहते हैं। “यदि पश्चिम बंगाल में वे 600 अधिकारियों को बदल सकते हैं, तो तमिलनाडु में क्यों नहीं?” टीवीके के लिए, थिरुपरनकुंड्रम मुद्दा सिर्फ एक स्थानीय फ्लैशप्वाइंट नहीं है, बल्कि एक परीक्षण मामला है कि क्या वह एक ऐसी पार्टी के रूप में अपनी

रीवा के बेला बायपास पर 3 घंटे तक जाम:कई किलोमीटर रेंगते रहे वाहन, गर्मी में यात्री परेशान हुए; चोरहटा पुलिस नदारद रही

रीवा के बेला बायपास पर 3 घंटे तक जाम:कई किलोमीटर रेंगते रहे वाहन, गर्मी में यात्री परेशान हुए; चोरहटा पुलिस नदारद रही

रीवा के बेला बायपास पर रविवार को जाम की समस्या ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। करीब 3 घंटे तक सड़क पर जाम और स्लो मूविंग ट्रैफिक की स्थिति बनी रही, जिससे राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस दौरान छोटे-बड़े सभी वाहन लंबी कतारों में फंसे नजर आए और कई जगहों पर वाहन रेंग-रेंग कर चलते रहे। जानकारी के अनुसार, बायपास पर अचानक बढ़े ट्रैफिक दबाव और अव्यवस्थित डायवर्शन के कारण हालात बिगड़ गए। पुलिया निर्माण कार्य के चलते रास्ता संकरा हो गया है, लेकिन वहां ट्रैफिक को व्यवस्थित करने के लिए कोई ठोस इंतजाम नजर नहीं आया। नतीजतन, कुछ ही देर में जाम की स्थिति बन गई और देखते ही देखते वाहनों की कतार कई किलोमीटर तक पहुंच गई। तेज गर्मी से ज्यादा तकलीफ हुई स्थानीय लोगों का कहना है कि बेला बायपास पर यह समस्या नई नहीं है, लेकिन रविवार को हालात ज्यादा खराब रहे। कई वाहन चालकों ने जल्दी निकलने के चक्कर में गलत दिशा से गाड़ियां निकालनी शुरू कर दीं, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। जाम में फंसे यात्रियों में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी शामिल थे, जिन्हें तेज गर्मी और देरी के कारण काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। ट्रक चालक राजेश पटेल ने बताया कि डायवर्शन काफी संकरा है, जिससे बड़े वाहनों को निकालने में दिक्कत होती है। उन्होंने कहा कि आगे-पीछे से वाहन घुस जाते हैं, जिससे रास्ता पूरी तरह ब्लॉक हो जाता है। उनके अनुसार, मौके पर पुलिस की मौजूदगी नहीं होने से ट्रैफिक कंट्रोल नहीं हो पाता और जाम लंबा खिंच जाता है। कोई पुलिसकर्मी नजर नहीं आया हैरानी की बात यह रही कि चोरहटा थाना की दूरी महज कुछ ही मीटर होने के बावजूद मौके पर कोई पुलिसकर्मी नजर नहीं आया। लोगों का आरोप है कि घंटों तक जाम लगा रहा, लेकिन थाने का कोई भी जवान स्थिति संभालने नहीं पहुंचा। करीब तीन घंटे बाद किसी तरह ट्रैफिक धीरे-धीरे सामान्य हो सका, लेकिन तब तक सैकड़ों लोग परेशान हो चुके थे। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि बेला बायपास पर स्थायी ट्रैफिक प्रबंधन की व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्या से राहत मिल सके।

पंत ने दो बार एक हाथ से कैच लपका:क्लासन ने जीवनदान के बाद 4 चौके लगाए, सिद्धार्थ के डाइविंग कैच से अभिषेक आउट; मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स

पंत ने दो बार एक हाथ से कैच लपका:क्लासन ने जीवनदान के बाद 4 चौके लगाए, सिद्धार्थ के डाइविंग कैच से अभिषेक आउट; मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स

लखनऊ सुपर जायंट्स ने IPL 2026 के 10वें मैच में सनराइजर्स हैदराबाद को 5 विकेट से हरा दिया। राजीव गांधी स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में कई रोमांचक मोमेंट्स देखने को मिले। विकेटकीपर ऋषभ पंत ने लियम लिविंगस्टन और हेनरिक क्लासन का कैच एक हाथ से कैच लपका। वहीं, क्लासन ने जीवनदान के बाद आवेश खान के ओवर में 4 चौके लगा दिए। LSG Vs SRH मैच के मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स… नीतीश-क्लासन की हैदराबाद के लिए रिकॉर्ड साझेदारी हैदराबाद के लिए नीतीश रेड्डी और हेनरिक क्लासन ने 5वें विकेट के लिए 116 रन की शानदार साझेदारी की। यह टीम के इतिहास में 5वें या उससे नीचे के विकेट के लिए सबसे बड़ी साझेदारी बन गई। इससे पहले यह रिकॉर्ड 99 रन का था। पिछले सीजन में मुंबई के खिलाफ क्लासन ने ही अभिषेक मनोहर के साथ हैदराबाद में 6वें विकेट के लिए साझेदारी की थी। ओवरऑल सबसे बड़ी साझेदारी की बात करें तो यूसुफ पठान और शकीब अल हसन ने कोलकाता के लिए गुजरात के खिलाफ 134 रन जोड़े थे। यहां से टॉप-5 मोमेंट्स… 1. मार्करम-सिद्धार्थ के डाइविंग कैच से हैदराबाद के ओपनर्स आउट मोहम्मद शमी ने पावरप्ले में ही हैदराबाद के दोनों ओपनर्स को पवेलियन भेज दिया। पहले ओवर की आखिरी गेंद पर अभिषेक शर्मा आउट हुए। शमी ने ऑफ स्टंप के बाहर स्लोअर बॉल डाली। अभिषेक ने ड्राइव खेला लेकिन बैट का किनारा लग गया। शॉर्ट थर्ड की दिशा में जाती गेंद पर मणिमारन सिद्धार्थ ने दाईं ओर डाइव लगाकर बेहतरीन कैच पकड़ा। इसके बाद शमी ने तीसरे ओवर में ट्रेविस हेड को भी चलता किया। उन्होंने फिर से स्लोअर बॉल का इस्तेमाल किया गया। हेड के शॉट को कंट्रोल करने की कोशिश में गेंद हवा में उठ गई। मिड-ऑफ पर एडेन मार्करम ने आगे की ओर डाइव लगाकर कैच पूरा किया। 2. ईशान के बोल्ड पर गोयंका ने भगवान की तस्वीर माथे से लगाई लखनऊ के तेज गेंदबाज प्रिंस यादव ने तीसरे ओवर में सनराइजर्स के कप्तान ईशान किशन को बोल्ड कर दिया। फुल लेंथ पर अंदर आती गेंद पर ईशान ड्राइव खेलने गए, लेकिन लेट स्विंग से चूक गए और गेंद बैट-पैड के बीच गैप से निकलकर सीधे ऑफ स्टंप उड़ा गई। ईशान सिर्फ 1 रन बनाकर आउट हुए। उनके विकेट गिरते ही स्टैंड में बैठे लखनऊ के मालिक संजीव गोयंका ने तिरुपति बालाजी की तस्वीर माथे से लगा ली । 3. पंत ने दो बार एक हाथ से कैच लपका लखनऊ को अहम मौके पर ऋषभ पंत की शानदार विकेटकीपिंग का फायदा मिला। 7.1 ओवर में राठी की गेंद पर लियम लिविंगस्टन के बल्ले से टॉप-एज लगा और गेंद पीछे हवा में गई। पंत ने तेजी से दाई ओर डाइव लगाकर एक हाथ से बेहतरीन कैच लपक लिया। इसके बाद डेथ ओवर्स में भी पंत ने कमाल दोहराया। 18.1 ओवर में आवेश खान की गेंद पर हेनरिक क्लासन ने रिवर्स शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद ज्यादा फाइन चली गई। पंत ने फिर से दाईं ओर डाइव लगाते हुए एक हाथ से शानदार कैच पूरा किया। 4. कैच छूटने के बाद क्लासन ने 4 चौके लगाए 12.3 ओवर में हेनरिक क्लासन को जीवनदान मिला। मणिमारन सिद्धार्थ की फुल गेंद पर फील्डर मुकुल चौधरी कैच नहीं पकड़ सके। इसके बाद क्लासन ने इस मौके का पूरा फायदा उठाया। अगले ही ओवर में उन्होंने आवेश खान पर 4 चौके जड़ दिए। क्लासन ने दो चौके मिड-ऑफ के बीच से और दो चौके मिडविकेट की तरफ लगाए। 5. ईशान ने पूरन को रनआउट किया 13.1 ओवर में लखनऊ के निकोलस पूरन रनआउट हो गए। शिवांग कुमार की धीमी गेंद पर पूरन ने स्वीप खेलने की कोशिश की, लेकिन हल्का अंडर-एज लग गया। पूरन को लगा कि गेंद कीपर से निकल जाएगी और वे रन के लिए दौड़ पड़े, लेकिन गेंद उछलकर सीधे कीपर के पास पहुंची। ईशान किशन ने तेजी दिखाते हुए तुरंत स्टंप्स बिखेर दिए।

कौन से मशरूम और चीज़ में होता है सबसे अधिक विटामिन-D? शाकाहारी हैं तो मिलेगा खूब बेनिफिट्स

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Last Updated:April 05, 2026, 18:53 IST विटामिन D शरीर के लिए बेहद जरूरी पोषक तत्व है, लेकिन शाकाहारी लोगों के लिए इसकी कमी पूरी करना अक्सर मुश्किल हो जाता है. ऐसे में कुछ खास मशरूम और चीज़ ऐसे विकल्प बनकर सामने आते हैं, जो प्राकृतिक रूप से विटामिन D देने में मदद कर सकते हैं और हड्डियों के साथ-साथ इम्युनिटी को भी मजबूत बनाते हैं. विटामिन D शरीर के लिए बेहद जरूरी पोषक तत्व है, जो हड्डियों को मजबूत बनाने, इम्युनिटी बढ़ाने और कैल्शियम के सही अवशोषण में अहम भूमिका निभाता है. आमतौर पर इसे “सनशाइन विटामिन” कहा जाता है क्योंकि यह धूप से मिलता है, लेकिन खानपान के जरिए भी इसकी पूर्ति की जा सकती है. खासकर शाकाहारी लोगों के लिए यह जानना जरूरी हो जाता है कि किन फूड्स से विटामिन D मिल सकता है. ऐसे में कुछ खास मशरूम और चीज़ ऐसे विकल्प हैं, जो इस कमी को पूरा करने में मदद कर सकते हैं. मशरूम शाकाहारी लोगों के लिए विटामिन D का बेहतरीन स्रोत माने जाते हैं, खासकर बटन मशरूम और पोर्टोबेलो मशरूम. इनकी खास बात यह है कि जब इन्हें धूप या UV लाइट के संपर्क में रखा जाता है, तो इनमें विटामिन D2 की मात्रा काफी बढ़ जाती है. रिसर्च के अनुसार, UV एक्सपोज़्ड मशरूम में सामान्य मशरूम की तुलना में कई गुना ज्यादा विटामिन D पाया जा सकता है. यह शरीर में कैल्शियम के अवशोषण को बेहतर बनाता है और हड्डियों को मजबूत करता है. यही कारण है कि डॉक्टर भी सीमित मात्रा में मशरूम को डाइट में शामिल करने की सलाह देते हैं. दूसरी ओर, चीज़ यानी पनीर और अन्य डेयरी प्रोडक्ट्स में भी कुछ मात्रा में विटामिन D पाया जाता है, लेकिन यह मशरूम जितना अधिक नहीं होता. Cheddar Cheese और Swiss Cheese जैसे चीज़ में विटामिन D के साथ-साथ कैल्शियम और प्रोटीन भी अच्छी मात्रा में मिलते हैं, जो हड्डियों और मांसपेशियों के लिए फायदेमंद होते हैं. हालांकि, चीज़ में फैट की मात्रा भी अधिक होती है, इसलिए इसका सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए. शाकाहारी लोगों के लिए यह समझना जरूरी है कि केवल एक ही फूड पर निर्भर रहने के बजाय संतुलित आहार अपनाना ज्यादा फायदेमंद होता है. मशरूम और चीज़ के साथ-साथ फोर्टिफाइड दूध, दही और अनाज भी विटामिन D के अच्छे स्रोत हो सकते हैं. इसके अलावा, रोजाना कुछ समय धूप में बैठना भी जरूरी है, ताकि शरीर प्राकृतिक रूप से विटामिन D बना सके. अगर आप शाकाहारी हैं और विटामिन D की कमी से बचना चाहते हैं, तो UV एक्सपोज़्ड मशरूम आपके लिए सबसे बेहतर विकल्प हो सकते हैं, जबकि चीज़ सपोर्टिंग सोर्स के रूप में काम करता है. सही डाइट और लाइफस्टाइल अपनाकर आप आसानी से इस जरूरी विटामिन की कमी को पूरा कर सकते हैं और अपनी हड्डियों व इम्युनिटी को मजबूत बनाए रख सकते हैं. About the Author Vividha Singh विविधा सिंह न्यूज18 हिंदी (NEWS18) में पत्रकार हैं. इन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में बैचलर और मास्टर्स की डिग्री हासिल की है. पत्रकारिता के क्षेत्र में ये 3 वर्षों से काम कर रही हैं. फिलहाल न्यूज18…और पढ़ें Location : Delhi,Delhi,Delhi First Published : April 05, 2026, 18:53 IST