Friday, 05 Jun 2026 | 03:39 PM

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मारियो अमेरिका के महान रेसर, ‘औसत’ होने से नफरत थी:सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को हराने पर फोकस, संतुष्ट होने के बजाय खुद को चुनौती देते रहे

मारियो अमेरिका के महान रेसर, ‘औसत’ होने से नफरत थी:सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को हराने पर फोकस, संतुष्ट होने के बजाय खुद को चुनौती देते रहे

अमेरिका के महानतम रेसर्स में से एक और 86 वर्षीय मारियो एंड्रेटी फॉर्मूला-1 में ड्राइवर्स चैम्पियनशिप जीतने वाले मात्र दो अमेरिकियों में से एक हैं। इसके अलावा उन्होंने इंडियानापोलिस 500 और डायटोना 500 जैसे मोटर रेसिंग के सबसे प्रतिष्ठित खिताब भी जीते हैं। मारियो की यह कहानी हर उस इंसान के लिए एक बड़ा सबक है, जो अपने जीवन या करियर में शिखर पर पहुंचना चाहता है। मारियो अपनी सफलता का सबसे बड़ा राज अपनी सोच को मानते हैं। वे कहते हैं, ‘मुझे औसत होने से नफरत है। या यूं कहें कि मैं इसका बिल्कुल सम्मान नहीं करता, क्योंकि यह बहुत सुविधाजनक है। इसमें कोई स्ट्रेस नहीं है।’ जब उन्होंने रेसिंग के टॉप लेवल पर कदम रखा, तो उनका लक्ष्य सिर्फ हिस्सा लेना नहीं था, बल्कि उन दिग्गजों को हराना था जो उस समय शिखर पर थे। शुरुआती दिनों का एक किस्सा साझा करते हुए मारियो बताते हैं- उस दौर के महानतम रेसर्स में से एक ए.जे. फोयट थे। वे मारियो से पांच साल बड़े और एक स्थापित चैम्पियन थे। मारियो के क्रू चीफ ने उनसे कहा था कि मारियो, बस कार को सुरक्षित वापस ले आओ। फोयट को हराने के बारे में सोचना भी मत। लेकिन मारियो ने सोचा कि अगर वे उन्हें हरा ही नहीं सकते, तो वे इस रेस में कर क्या रहे हैं? मारियो ने हार नहीं मानी। उन्होंने सीधे टॉप पर पहुंचने का लक्ष्य रखा और जब उन्होंने फोयट को हराया, तो वह उनके लिए जीवन की सबसे बड़ी संतुष्टि का पल था। इंडिकार के टॉप लेवल के अपने पहले ही साल में मारियो नेशनल चैम्पियनशिप जीतने वाले सबसे कम उम्र के ड्राइवर बन गए थे। कई लोगों ने कहा कि यह महज उनकी किस्मत थी। मारियो ने इसे एक नई चुनौती के रूप में लिया। उन्होंने एक और चैम्पियनशिप जीती, फिर दो बार दूसरे स्थान पर रहे और फिर एक और खिताब जीता। मारियो कहते हैं, ‘जिस बात ने मुझे हमेशा प्रेरित किया, वह यह थी कि मैं अपनी उपलब्धियों से कभी संतुष्ट नहीं हुआ। मैं यह साबित करना चाहता था कि मेरी जीत कोई तुक्का नहीं थी। मैं हमेशा खुद को चुनौती देता रहा।’ 86 वर्ष की उम्र में भी मारियो थमे नहीं हैं। वे बेटे माइकल के साथ मिलकर फॉर्मूला-1 में एक नई अमेरिकी टीम शुरू करने की दिशा में काम कर रहे हैं। मारियो के शब्दों में, ‘आसान काम तो कोई भी कर सकता है, उसमें कोई संतुष्टि नहीं है। मुझे अब भी कुछ नया करने का इंतजार रहता है और यही बात मुझे जिंदा रखती है।’ बदलाव को अपनाया, अपनी ड्राइविंग स्टाइल तक चेंज की जब आप एक प्रतिस्पर्धी माहौल में होते हैं, तो आप एक जगह रुक नहीं सकते। साल 1977 में रेसिंग कारों के एयरोडायनामिक्स में ‘ग्राउंड इफेक्ट्स’ के रूप में एक बड़ी क्रांति आई। इसके लिए मारियो को अपना ड्राइविंग स्टाइल तक बदलना पड़ा। उन्होंने इस बदलाव का खुले दिल से स्वागत किया क्योंकि वे इसके फायदे देख पा रहे थे। मारियो कहते हैं, ‘हमारे खेल में कोई गोल्फ क्लब या बल्ला नहीं होता। हमारे पास एक रेस कार होती है जिसमें सैकड़ों पुर्जे होते हैं। सही बदलावों के साथ, आप कार को और तेज बना सकते हैं।’

1100 Women Kalash Yatra, Thousands Attend; 5 Grooms Baraat

1100 Women Kalash Yatra, Thousands Attend; 5 Grooms Baraat

परशुराम जयंती के अवसर पर ग्वालियर में सकल ब्राह्मण समाज द्वारा सात दिवसीय कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इसी क्रम में सोमवार को भगवान परशुराम की भव्य पालकी यात्रा निकाली गई, जिसमें हजारों श्रद्धालु शामिल हुए। यात्रा की खास बात यह रही कि इसके साथ पांच . यह पालकी यात्रा शहर के राम मंदिर से प्रारंभ होकर विभिन्न मार्गों से होती हुई सनातन धर्म मंदिर पहुंचकर संपन्न हुई। यात्रा के दौरान 1100 महिलाएं सिर पर कलश रखकर शामिल हुईं, जिससे वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया और यात्रा की शोभा और भी बढ़ गई। विधिवत पूजा-अर्चना और महाआरती की गई सनातन धर्म मंदिर पहुंचने पर भगवान परशुराम की विधिवत पूजा-अर्चना और महाआरती की गई। इसके साथ ही पालकी यात्रा को विराम दिया गया। शहर के अलग-अलग स्थानों पर यात्रा और सामूहिक बारातों का जोरदार स्वागत किया गया। श्रद्धालुओं ने भगवान को तिलक लगाकर माल्यार्पण किया, वहीं दूल्हों की आरती उतारकर अभिनंदन किया। वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विवाह संपन्न सामूहिक विवाह सम्मेलन के अंतर्गत पांच जोड़ों का विवाह वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न कराया गया। इसमें डॉ. रेनू संग ज्योतिरादित्य मनु, कशिश संग सौरभ, प्राची संग आकाश, सोहली संग अनिल और मेघा संग संजय परिणय सूत्र में बंधे। विवाह संस्कार पंडित गिरिराज गुरुजी, पंडित रमाकांत शास्त्री, पंडित अंबिका प्रसाद शास्त्री और पंडित ब्रह्म दत्त पाण्डेय शास्त्री द्वारा संपन्न कराए गए। सकल ब्राह्मण समाज के संस्थापक जयवीर भारद्वाज ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज में आपसी मेलजोल और प्रेमभाव को बढ़ाते हैं। उन्होंने इसे एक पुण्य कार्य बताते हुए अधिक से अधिक लोगों से इसमें भाग लेने की अपील की।

बंगाल चुनाव में ‘डबल बागी’: 90 KM में राम मंदिर बनाम बाबरी मस्जिद, बीजेपी-टीएमसी से अलग हुए जेडीयू को धर्म का सहारा

बंगाल चुनाव में 'डबल बागी': 90 KM में राम मंदिर बनाम बाबरी मस्जिद, बीजेपी-टीएमसी से अलग हुए जेडीयू को धर्म का सहारा

पश्चिम बंगाल के चुनावी मैदान में इस बार मुकाबला और भी दिलचस्प हो गया है। नादिया के शांतिपुर और मुर्शिदाबाद के बेलडांगा के बीच करीब 90 किमी के हिस्से में “राम मंदिर बनाम बाबरी मस्जिद” का ऐतिहासिक दृश्य खड़ा हो गया है। खास बात यह है कि दोनों स्टार्स का प्रतिनिधित्व करने वाले उम्मीदवार अपने-अपने समकक्ष से बागी मैदान में प्रवेश कर चुके हैं। एक पूर्व बीजेपी से टकराया चेहरा और दूसरा लैंडस्केप से अलग हुआ नेता। ऐसे में इस चुनाव में सिर्फ सीट की लड़ाई नहीं, बल्कि पहचान, धर्म और राजनीतिक रणनीति की बड़ी परीक्षा बन गई है, जिस पर पूरे राज्य की निगाहें टिक गई हैं। बीजेपी से अलग हुए राम मंदिर का आसरापश्चिम बंगाल के नादिया जिले के शांतिपुर में 29 अप्रैल 2026 को होने जा रहे विधानसभा चुनाव से पहले सीता ने अनोखा रूप ले लिया है। यहां प्रतिस्पर्धा अब सिर्फ सार्वभौमिक के बीच नहीं, बल्कि “राम बनाम राम” के रूप में देखी जा रही है। शांतिपुर ऐतिहासिक और धार्मिक महत्वपूर्ण स्थान है। यही वह भूमि है जहां 15वीं सदी के महान कृतिबास ओझा का जन्म हुआ था। उन्होंने वाल्मिकी का रामायण रूपांतर किया, जिसे आज भी बंगाल में व्यापक श्रद्धा के साथ पढ़ा जाता है। इसी विरासत को आगे बढ़ाते हुए अरिंदम भट्टाचार्य 15 बेस्ड जमीन पर ‘श्री कृतिबास मंदिर’ और गंगा किनारे एक हेरिटेज गैलरी विकसित कर रहे हैं। इस अरिंदम प्रतियोगी के तौर पर उनकी किस्मत खराब हो रही है। 2021 में बीजेपी के टिकट पर वोट चुनाव हार गए थे. 2016 में पहली बार कांग्रेस के टिकट पर नेता बने थे। खास बात यह है कि मंदिर का स्वरूप अयोध्या की अधिकारिता पर होगा, लेकिन बात स्थापित होने वाली राम की मूर्ति की कृतिबासी रामायण के अनुसार ‘बंगाली स्वरूप’ में होगी। यह मंदिर चंपाटोला, साधुघाट इलाके में बन रहा है, जो मुर्शिदाबाद के बेलडांगा से करीब 90 किमी दूर है – वहीं बेलडांगा में बाबरी मस्जिद की प्रतिकृति के निर्माण की भी चर्चा हो रही है। बाबरी मस्जिद भी बागी के नामबंगाल का चुनाव अब सिर्फ राजनीतिक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक और धार्मिक बहस का केंद्र बन रहा है। निलंबित समर्थकों और आम जनता पार्टी (एजेयूपी) के संस्थापक हुमायूँ कबीर ने अयोध्या की बाबरी मस्जिद के मॉडल पर मस्जिद बनाने की घोषणा की है, जिसे लेकर राजनीतिक विवाद तेजी से बढ़ गया है। मुर्शिदाबाद के बेलडांगा में बनी रही इस मस्जिद को ‘बंगाल बाबरी मस्जिद’ कहा जा रहा है। कबीर ने इसका फिल्मांकन किया है और दावा किया है कि यह प्रोजेक्ट दो साल तक चलेगा। 2026 के विधानसभा चुनाव से पहले इस कदम पर सीधे तौर पर वोट बैंक की राजनीति जोड़ी जा रही है। कबीर अब अपनी नई पार्टी एजेयूपी के बैनर तले नवादा सीट से चुनाव लड़ रहे हैं और चुनौतियों को चुनौती दे रहे हैं। इस मुद्दे पर बीजेपी सहित कई आश्रमों ने सीक्वल वाइल्ड वाइल्ड लाइफ बनाई है, जिसमें चुनाव से पहले बंगाल की प्रतिष्ठा और बहुल ध्रुवीकृत दिख रही है। अंततः, यह चुनाव सिर्फ जीत-हार का नहीं, बल्कि नैरावेटिव की लड़ाई बन गया है। बगीचों के बीच यह मुकाबला बताता है कि बंगाल की जनता साम्प्रदायिकता को चुना जाता है या राजनीतिक विचारधारा को। नतीजे आने के बाद इसका असर राज्य की राजनीति पर दूर तक दिखेगा।

साल की 6वी सीक्वल फिल्म का टीजर रिलीज:'पति पत्नी और वो दो' में 3 एक्ट्रेसेस से रोमांस करेंगे आयुष्मान; पहले पोस्टपोन हो चुकी मूवी

साल की 6वी सीक्वल फिल्म का टीजर रिलीज:'पति पत्नी और वो दो' में 3 एक्ट्रेसेस से रोमांस करेंगे आयुष्मान; पहले पोस्टपोन हो चुकी मूवी

आयुष्मान खुराना, सारा अली खान, रकुल प्रीत और वामिका गब्बी स्टारर फिल्म ‘पति पत्नी और वो दो’ का टीजर रिलीज हो गया है। मुदस्सर अजीज के डायरेक्शन में बनी यह फिल्म जबरदस्त कॉमेडी और कन्फ्यूजन से भरी नजर आ रही है। यह इस साल की 6वी सीक्वल फिल्म होगी। इससे पहले बॉर्डर 2, मर्दानी 3, वध 2, द केरला स्टोरी 2, गिनी वेड्स सनी जैसी फिल्में रिलीज हो चुकी हैं। हालांकि बॉर्डर 2 के अलावा इनमें से कोई भी फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कमाल नहीं कर पाई। यह फिल्म 15 मई 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। हालांकि इससे पहले ये होली के मौके पर 4 मार्च को रिलीज होनी थी। लेकिन पोस्ट प्रोडक्शन में देरी के कारण इसे पोस्टपोन करना पड़ा था। तीन एक्ट्रेसेस के बीच फंसे आयुष्मान टीजर में आयुष्मान खुराना ‘प्रजापति पांडे’ के किरदार में नजर आ रहे हैं। इस बार उनकी लाइफ में कन्फ्यूजन का लेवल काफी ज्यादा है। आयुष्मान एक या दो नहीं, बल्कि तीन महिलाओं के बीच फंसे हुए हैं। फिल्म में सारा अली खान, वामिका गब्बी और रकुल प्रीत सिंह लीड रोल में हैं। टीजर में विजय राज एक पुलिस वाले के रोल में दिख रहे हैं, जो कॉमेडी को और बढ़ा रहे हैं। होली की जगह अब मई में होगी रिलीज मेकर्स ने पहले इस फिल्म को होली के मौके पर 4 मार्च 2026 को रिलीज करने का फैसला किया था। हालांकि, अब इसकी रिलीज को टाल दिया गया है। नई घोषणा के मुताबिक, फिल्म अब 15 मई 2026 को बड़े पर्दे पर आएगी। फिल्म को टी-सीरीज और बीआर स्टूडियोज ने मिलकर प्रोड्यूस किया है। इसके प्रोड्यूसर भूषण कुमार और रेणु रवि चोपड़ा हैं, जबकि जूनो चोपड़ा फिल्म के क्रिएटिव प्रोड्यूसर हैं। 2019 की हिट फिल्म का है सीक्वल यह फिल्म 2019 में आई ‘पति पत्नी और वो’ की फ्रेंचाइजी का दूसरा हिस्सा है। पिछले पार्ट में कार्तिक आर्यन, भूमि पेडनेकर और अनन्या पांडे लीड रोल में थे, जिसे दर्शकों ने काफी पसंद किया था। इस बार मेकर्स ने पूरी स्टार कास्ट बदल दी है। हालांकि, डायरेक्टर मुदस्सर अजीज ही हैं। टीजर में फिल्म को ‘पतिवर्स’ (Pativerse) के रूप में पेश किया गया है, जो पुरानी यादें ताजा करता है। फ्रेश कास्ट और नया ट्विस्ट सीक्वल में इस बार आयुष्मान खुराना की एंट्री से फैंस काफी एक्साइटेड हैं। आयुष्मान अपनी कॉमिक टाइमिंग के लिए जाने जाते हैं। फिल्म में सारा अली खान और रकुल प्रीत सिंह के साथ उनकी केमिस्ट्री देखना दिलचस्प होगा। मेकर्स का दावा है कि इस बार कहानी में कई फ्रेश ट्विस्ट और मजेदार सिचुएशंस होंगी, जो पिछली फिल्म से काफी अलग और बड़ी होंगी।

साल की 6वी सीक्वल फिल्म का टीजर रिलीज:'पति पत्नी और वो दो' में 3 एक्ट्रेसेस से रोमांस करेंगे आयुष्मान; पहले पोस्टपोन हो चुकी मूवी

साल की 6वी सीक्वल फिल्म का टीजर रिलीज:'पति पत्नी और वो दो' में 3 एक्ट्रेसेस से रोमांस करेंगे आयुष्मान; पहले पोस्टपोन हो चुकी मूवी

आयुष्मान खुराना, सारा अली खान, रकुल प्रीत और वामिका गब्बी स्टारर फिल्म ‘पति पत्नी और वो दो’ का टीजर रिलीज हो गया है। मुदस्सर अजीज के डायरेक्शन में बनी यह फिल्म जबरदस्त कॉमेडी और कन्फ्यूजन से भरी नजर आ रही है। यह इस साल की 6वी सीक्वल फिल्म होगी। इससे पहले बॉर्डर 2, मर्दानी 3, वध 2, द केरला स्टोरी 2, गिनी वेड्स सनी जैसी फिल्में रिलीज हो चुकी हैं। हालांकि बॉर्डर 2 के अलावा इनमें से कोई भी फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कमाल नहीं कर पाई। यह फिल्म 15 मई 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। हालांकि इससे पहले ये होली के मौके पर 4 मार्च को रिलीज होनी थी। लेकिन पोस्ट प्रोडक्शन में देरी के कारण इसे पोस्टपोन करना पड़ा था। तीन एक्ट्रेसेस के बीच फंसे आयुष्मान टीजर में आयुष्मान खुराना ‘प्रजापति पांडे’ के किरदार में नजर आ रहे हैं। इस बार उनकी लाइफ में कन्फ्यूजन का लेवल काफी ज्यादा है। आयुष्मान एक या दो नहीं, बल्कि तीन महिलाओं के बीच फंसे हुए हैं। फिल्म में सारा अली खान, वामिका गब्बी और रकुल प्रीत सिंह लीड रोल में हैं। टीजर में विजय राज एक पुलिस वाले के रोल में दिख रहे हैं, जो कॉमेडी को और बढ़ा रहे हैं। होली की जगह अब मई में होगी रिलीज मेकर्स ने पहले इस फिल्म को होली के मौके पर 4 मार्च 2026 को रिलीज करने का फैसला किया था। हालांकि, अब इसकी रिलीज को टाल दिया गया है। नई घोषणा के मुताबिक, फिल्म अब 15 मई 2026 को बड़े पर्दे पर आएगी। फिल्म को टी-सीरीज और बीआर स्टूडियोज ने मिलकर प्रोड्यूस किया है। इसके प्रोड्यूसर भूषण कुमार और रेणु रवि चोपड़ा हैं, जबकि जूनो चोपड़ा फिल्म के क्रिएटिव प्रोड्यूसर हैं। 2019 की हिट फिल्म का है सीक्वल यह फिल्म 2019 में आई ‘पति पत्नी और वो’ की फ्रेंचाइजी का दूसरा हिस्सा है। पिछले पार्ट में कार्तिक आर्यन, भूमि पेडनेकर और अनन्या पांडे लीड रोल में थे, जिसे दर्शकों ने काफी पसंद किया था। इस बार मेकर्स ने पूरी स्टार कास्ट बदल दी है। हालांकि, डायरेक्टर मुदस्सर अजीज ही हैं। टीजर में फिल्म को ‘पतिवर्स’ (Pativerse) के रूप में पेश किया गया है, जो पुरानी यादें ताजा करता है। फ्रेश कास्ट और नया ट्विस्ट सीक्वल में इस बार आयुष्मान खुराना की एंट्री से फैंस काफी एक्साइटेड हैं। आयुष्मान अपनी कॉमिक टाइमिंग के लिए जाने जाते हैं। फिल्म में सारा अली खान और रकुल प्रीत सिंह के साथ उनकी केमिस्ट्री देखना दिलचस्प होगा। मेकर्स का दावा है कि इस बार कहानी में कई फ्रेश ट्विस्ट और मजेदार सिचुएशंस होंगी, जो पिछली फिल्म से काफी अलग और बड़ी होंगी।

चांदी आज ₹1,214 बढ़कर ₹2.51 लाख पर पहुंची:सोना ₹347 बढ़कर ₹1.52 लाख का 10 ग्राम हुआ, इस साल ₹19 हजार हो चुका

चांदी आज ₹1,214 बढ़कर ₹2.51 लाख पर पहुंची:सोना ₹347 बढ़कर ₹1.52 लाख का 10 ग्राम हुआ, इस साल ₹19 हजार हो चुका

सोने-चांदी की कीमतों में आज यानी 20 अप्रैल को बढ़त है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 347 रुपए बढ़कर 1.52 लाख रुपए पहुंच गया है। वहीं, एक किलो चांदी 1,214 रुपए बढ़कर 2.51 लाख रुपए पर पहुंच गई है। सोना इस साल 19 हजार और चांदी 21 हजार महंगी इस साल सोने-चांदी की कीमत में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। सोना 2026 में अब तक 19 हजार रुपए और चांदी 21 हजार रुपए महंगी हुई है। 31 दिसंबर 2025 को 10g सोना 1.33 लाख रुपए पर था, जो अब 1.52 लाख रुपए पर पहुंच गया है। वहीं, चांदी 2.30 लाख रुपए किलो थी, जो अब 2.51 लाख रुपए पर पहुंच गई है। इस दौरान 29 जनवरी को सोने ने 1.76 लाख रुपए और चांदी ने 3.86 लाख रुपए का ऑलटाइम हाई भी बनाया था। ज्वेलर्स से सोना खरीदते समय इन 2 बातों का रखें ध्यान 1. सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें: हमेशा ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) का हॉलमार्क लगा हुआ सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें। ये नंबर अल्फान्यूमेरिक यानी कुछ इस तरह से हो सकता है- AZ4524। हॉलमार्किंग से पता चलता है कि सोना कितने कैरेट का है। 2. कीमत क्रॉस चेक करें: सोने का सही वजन और खरीदने के दिन उसकी कीमत कई सोर्सेज (जैसे इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन की वेबसाइट) से क्रॉस चेक करें। सोने का भाव 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट के हिसाब से अलग-अलग होता है। असली चांदी की पहचान करने के 4 तरीके

Hyderabad-Hubli Flight Diverted to Bengaluru Due to Bad Weather

Hyderabad-Hubli Flight Diverted to Bengaluru Due to Bad Weather

Hindi News National Hyderabad Hubli Flight Diverted To Bengaluru Due To Bad Weather | 22 Passengers Safe 9 मिनट पहले कॉपी लिंक खराब मौसम के चलते हैदराबाद से हुबली जा रही Fly91 की एक फ्लाइट को बेंगलुरु डायवर्ट करना पड़ा। एयरपोर्ट अधिकारियों के मुताबिक, फ्लाइट में सवार सभी 22 यात्री सुरक्षित हैं। सूत्रों के अनुसार, फ्लाइट रविवार दोपहर करीब 3:30 बजे हैदराबाद से रवाना हुई थी और इसे शाम 4:30 बजे हुबली पहुंचना था। लेकिन खराब मौसम के कारण विमान तय समय पर लैंड नहीं कर सका और करीब तीन घंटे तक हवा में ही रहा। इस दौरान कुछ यात्रियों में घबराहट फैल गई। कई लोग भावुक हो गए और अपनी सुरक्षा के लिए प्रार्थना करने लगे। अधिकारियों ने बताया कि मौसम सुधरने की उम्मीद में विमान ने करीब एक घंटे तक हुबली के ऊपर चक्कर लगाए। बाद में सुरक्षा को देखते हुए फ्लाइट को बेंगलुरु डायवर्ट करने का फैसला लिया गया। एक अधिकारी ने कहा, “यह सामान्य प्रक्रिया है। पायलट मौसम की स्थिति को देखते हुए ऐसा निर्णय लेते हैं।” फ्लाइट शाम करीब 6:30 बजे बेंगलुरु में उतरी। मौसम में सुधार होने के बाद रात करीब 11 बजे इसे दोबारा हुबली के लिए रवाना किया गया। अधिकारियों ने बताया कि खराब मौसम के कारण मुंबई से कोल्हापुर जाने वाली एक अन्य फ्लाइट को भी गोवा डायवर्ट करना पड़ा। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

मटका या मॉडर्न बोतल? जानें 200-1000 रुपए के इन ऑप्शन्स का सच, सेहत भी रहेगी फिट और घर भी दिखेगा मॉडर्न

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Last Updated:April 20, 2026, 12:13 IST गर्मियों में ठंडा पानी पीने के लिए लोग अब फिर से मिट्टी के बर्तनों की ओर रुख कर रहे हैं. मटके का पानी जहां प्राकृतिक रूप से ठंडा और स्वास्थ्य के लिए बेहतर माना जाता है, वहीं अब ये बर्तन आधुनिक डिजाइन में भी उपलब्ध हैं. मिट्टी की बोतल, मटका और अन्य बर्तन न सिर्फ उपयोगी हैं, बल्कि घर की खूबसूरती भी बढ़ाते हैं. बदलते दौर में एक बार फिर से लोगों का मिट्टी के बर्तनों के प्रति काफी आकर्षण देखने को मिल रहा है. खास तौर पर गर्मियों की अगर बात की जाए तो जिस तरह से लोगों में ठंडा पानी पीने के प्रति जिज्ञासा रहती है. ऐसे में फ्रिज का पानी पीना उनके सेहत के लिए कई बार नुकसानदायक हो जाता है. इसलिए वह सभी लोग मिट्टी के बर्तनों का पानी पीना काफी उचित समझते हैं. इन्हीं बातों को देखते हुए प्रजापति समाज की ओर से भी आधुनिकता के साथ कदमताल करनी शुरू कर दी है. जिसका नजारा आपको मेरठ मेडिकल स्थित स्ट्रीट मार्केट में भी देखने को मिलेगा. यहां प्रजापति समाज से संबंधित मिट्टी के बर्तनों की दुकान पर एक से बढ़कर एक मिट्टी के बर्तन मौजूद हैं, जो गर्मी के मौसम के लिए काफी लाभदायक हैं. मिट्टी के बर्तन बनाने वाले दीपक प्रजापति की ओर से बताया गया कि पहले साधारण मटके ही बाजार में उपलब्ध रहते थे, जिन्हें काफी लोग खरीद कर ले जाते थे. Add News18 as Preferred Source on Google लेकिन कुछ ऐसे भी लोग होते थे, जिन्हें यह मटके देखने में अच्छे नहीं लगते थे. इसलिए इन सभी मटकों को खूबसूरत बनाने के लिए आकर्षक पेंटिंग बनाई गई है. इसके साथ ही अब मिट्टी के मटकों को रखने के लिए विभिन्न प्रकार के स्टैंड भी आपको मार्केट में मिल जाएंगे. जिनका ठंडा पानी पीकर आप अपनी प्यास भी बुझा सकते हैं. साथ ही मटके इतने डिजाइनदार बने हुए हैं कि अगर आप घर के किसी कोने में स्टैंड के रूप में इन्हें रखते हैं, तो ये घर की सजावट और शोभा भी बढ़ाते हैं. इसी तरह दीपक प्रजापति ने बताया कि अक्सर गर्मी में लोग मिल्टन की बोतल खरीदकर ले जाते हैं. ऐसे में यहां पर विभिन्न प्रकार की मिट्टी की पानी की बोतल भी मौजूद है, जिनमें लगभग 14 घंटे तक पानी ठंडा रहता है. ऐसे में इन बोतलों की भी डिमांड काफी रहती है, क्योंकि जो भी लोग यहां आते हैं, वे इन्हें खरीदकर ले जाते हैं. उन्होंने बताया कि इन बोतलों को बिल्कुल मिल्टन की बोतलों की तरह ही तैयार किया गया है. उन्होंने बताया कि मार्केट में आपको मिट्टी की बोतलों के साथ ही विभिन्न प्रकार के मटके, तवा, हॉट केस, गिलास, कप एवं अन्य मिट्टी से जुड़े बर्तन भी मिल जाएंगे, जो गर्मी के मौसम के लिए काफी लाभदायक रहते हैं. बताते चलें कि इन सभी की अगर कीमत की बात की जाए तो जहां मिट्टी की बोतल की कीमत 200 से लेकर 800 रुपए तक की देखने को मिलती है, वहीं मटके की कीमत 250 से लेकर 1000 रुपए तक है. इसके अलावा अगर आप तवा, कढ़ाई, हॉट केस या अन्य प्रकार के बर्तन खरीदना चाहते हैं, तो इसके लिए आपको 100 से लेकर 1000 रुपए तक खर्च करने पड़ सकते हैं. First Published : April 20, 2026, 12:13 IST

सीधी के वार्ड 19 में गंदगी फैलाने पर होगी FIR:नालियों में कचरा फेंकने पर लगेगा जुर्माना; पार्षद पूनम सोनी ने चलाया विशेष अभियान

सीधी के वार्ड 19 में गंदगी फैलाने पर होगी FIR:नालियों में कचरा फेंकने पर लगेगा जुर्माना; पार्षद पूनम सोनी ने चलाया विशेष अभियान

सीधी शहर के वार्ड क्रमांक 19 में सोमवार को स्वच्छता व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए विशेष अभियान चलाया गया। वार्ड पार्षद और भाजपा महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष पूनम सोनी ने वार्ड का भ्रमण कर सफाई का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने नागरिकों को कड़ी चेतावनी दी कि घर या दुकान के सामने गंदगी मिलने पर अब सीधे जुर्माना वसूला जाएगा और एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी। नालियों में कचरा फेंकने से बढ़ रही बीमारियां निरीक्षण के दौरान पार्षद ने पाया कि कई रहवासी और दुकानदार सब्जियों के अवशेष, पॉलिथीन और अन्य कचरा सीधे नालियों में फेंक रहे हैं। इससे नालियां जाम हो रही हैं और गंदगी के कारण मच्छर व बीमारियां पनप रही हैं। इस दौरान पार्षद ने कहा कि शहर को स्वच्छ रखना केवल नगर पालिका की ही नहीं, बल्कि हर नागरिक की जिम्मेदारी है। सफाईकर्मियों की शिकायत पर एक्शन सफाईकर्मी राम भजन ने बताया कि सुबह-शाम नियमित सफाई के बावजूद लोग कुछ ही घंटों में दोबारा कचरा फैला देते हैं। हाल ही में कचरा जमा होने से शहर के 6 वार्डों की नालियां पूरी तरह जाम हो गई थीं, जिसे साफ करने के लिए नगर पालिका को विशेष रेस्क्यू अभियान चलाना पड़ा था। इसी के मद्देनजर अब वार्ड में सख्ती बरती जा रही है। स्वच्छता वाहन के साथ वार्ड में चलाया सफाई अभियान अभियान के तहत पार्षद पूनम सोनी ने स्वच्छता वाहन और सफाईकर्मियों की टीम को साथ लेकर पूरे वार्ड में सघन सफाई करवाई। उन्होंने लोगों से कचरा केवल डस्टबिन या स्वच्छता वाहन में ही डालने की अपील की। पार्षद पूनम सोनी ने कहा- बार-बार चेतावनी के बाद भी लापरवाही करने वालों पर कानूनी कार्रवाई करने में संकोच नहीं किया जाएगा।

मणिपुर में प्रदर्शनकारियों-सुरक्षा बलों में झड़प, आंसू गैस छोड़ी:मशाल रैली रोकने पर टकराव हुआ; सगोलबंद हिंसा में 21 गिरफ्तार

मणिपुर में प्रदर्शनकारियों-सुरक्षा बलों में झड़प, आंसू गैस छोड़ी:मशाल रैली रोकने पर टकराव हुआ; सगोलबंद हिंसा में 21 गिरफ्तार

मणिपुर में शटडाउन के बीच रविवार रात कई इलाकों में प्रदर्शन हुए। इंफाल ईस्ट के कोईरेंगेई, इंफाल वेस्ट के उरिपोक और कक्चिंग जिले में मशाल रैलियां निकाली गईं। कक्चिंग में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प हुई। भीड़ को हटाने के लिए सुरक्षा बलों ने आंसू गैस, स्मोक बम और स्टन ग्रेनेड का इस्तेमाल किया। प्रदर्शनकारियों ने पथराव किया। झड़प में कई लोग घायल हुए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दरअसल, 6 अप्रैल को ट्रोंग्लाओबी आवांग लेइकाई एक घर पर बम धमाके में दो बच्चों की मौत हुई थी। इन्हीं के न्याय के लिए प्रदर्शन हो रहे है। हालात को काबू में करने के लिए रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) तैनात की गई। प्रदर्शन और झड़प की 5 तस्वीरें… पुलिस बोली- रैलियों की आड़ में हमले इंफाल वेस्ट के एसपी शिवकांत सिंह ने कहा कि हाल के प्रदर्शनों में कुछ असामाजिक तत्व रैलियों का फायदा उठाकर सुरक्षाबलों पर हमला कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि हमलों में लोहे के प्रोजेक्टाइल, गुलेल, पत्थर और पेट्रोल बम का इस्तेमाल किया गया। कई लोग नशे की हालत में भी पाए गए। ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। सगोलबंद हिंसा में 21 गिरफ्तार पुलिस ने 18 अप्रैल को पातसोई से सगोलबंद के बीच इम्फाल-जिरीबाम रोड पर निकाली गई मशाल रैली के दौरान हुई हिंसा के मामले में 21 लोगों को गिरफ्तार किया है। रैली के दौरान भीड़ ने पथराव, पेट्रोल बम और गुलेल का इस्तेमाल किया, जिससे कई सुरक्षाकर्मी घायल हुए। सीआरपीएफ की 232वीं बटालियन के तीन जवान गंभीर रूप से घायल हुए, जबकि सरकारी वाहनों को भी नुकसान पहुंचाया गया। गिरफ्तार किए गए लोगों में सगोलबंद, तेरा, उरिपोक, ब्रह्मापुर, लांगथाबल, नगामापाल, नाओरेमथोंग और थांगमेइबंद समेत इंफाल के कई इलाकों के निवासी शामिल हैं। 5 दिनों तक शटडाउन मेइरा पाइबी संगठन ने हमले के आरोपियों की 25 अप्रैल तक गिरफ्तारी की मांग की है। घाटी के जिलों में पहले से ही 5 दिन का टोटल शटडाउन जारी है। वहीं, नागा बहुल इलाकों में अलग से 3 दिन का बंद बुलाया गया है। बाजार बंद होने से सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है। अब समझें 6-7 अप्रैल को क्या हुआ… बम हमले में 2 बच्चों की मौत, फिर प्रदर्शनकारियों का CRPF कैंप पर हमला 6 अप्रैल को मणिपुर के बिष्णुपुर जिले में मोइरांग ट्रोंगलाओबी इलाके में देर रात उग्रवादियों ने एक घर में बम फेंक दिया था। इसमें 5 साल के एक लड़के और छह महीने की बच्ची की मौत हो गई। पुलिस ऑफिसर ने बताया कि जब घर में बम फटा, तब बच्चे अपनी मां के साथ बेडरूम में सो रहे थे। इसके बाद भीड़ ने घटनास्थल से 100 मीटर दूर CRPF कैंप पर भी हमला कर दिया। जवाबी फायरिंग में 2 की मौत हो गई, पांच घायल हो गए। मणिपुर सरकार ने मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए, इंफाल वेस्ट, इंफाल ईस्ट, थौबल, काकचिंग और बिष्णुपुर जिलों में इंटरनेट और मोबाइल डेटा सर्विस को 3 दिनों के लिए बंद कर दिया था। ————- ये खबर भी पढ़ें… मणिपुर हिंसा-घायल मां से 3 दिन बच्चों की मौत छिपाई:अस्पताल में अखबार से सच पता चला; बम हमले में 2 बच्चों की मौत हुई थी मणिपुर के बिष्णुपुर जिले के मोइरांग ट्रोंगलाओबी में 6 अप्रैल की आधी रात एक घर पर बम से हमला हुआ। इसमें 5 साल के बेटे और 6 महीने की बच्ची की मौत हो गई, जबकि उनकी मां बिनाता ओइनाम गंभीर रूप से घायल हो गईं। पूरी खबर पढ़ें…