विधानसभा चुनाव 2026 लाइव: तमिलनाडु में प्रचार समाप्त, स्टालिन ने मतदाताओं से ‘सोचने और वोट करने’ का आग्रह किया

विधानसभा चुनाव 2026 लाइव अपडेट: जैसा कि पश्चिम बंगाल में हर गुजरते दिन के साथ राजनीतिक पारा बढ़ रहा है, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को ममता बनर्जी पर “घुसपैठियों” को बचाने और वंशवादी राजनीति को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। उन्होंने राज्य में “बाबरी मस्जिद-मॉडल मस्जिद” के निर्माण के प्रयासों का समर्थन करने के लिए बनर्जी पर हमला किया। विधानसभा चुनाव के पहले चरण से पहले सालबोनी में एक रैली में बोलते हुए, शाह ने इस मुकाबले को भाजपा और सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के बीच एक वैचारिक लड़ाई बताया।
चंदन चोर गिरोह का सरगना कन्नौज से गिरफ्तार:3 वारदातों का खुलासा, 75 हजार की लकड़ी बरामद

सतना पुलिस ने चंदन चोर गिरोह के सरगना को उत्तर प्रदेश के कन्नौज से गिरफ्तार किया है। आरोपी की गिरफ्तारी से दो सप्ताह के भीतर सतना के दो थाना क्षेत्रों में हुई चंदन चोरी की तीन वारदातों का खुलासा हुआ है। पुलिस उसके अन्य साथियों की तलाश कर रही है। नागौद थाना प्रभारी अशोक पांडेय ने बताया कि 11 अप्रैल की रात कचनार निवासी आदित्य सिंह परिहार के बगीचे से चंदन के चार पेड़ काटकर लकड़ी चोरी की गई थी। इसके बाद 15 अप्रैल की रात खैरा निवासी लालमन बागरी की अहरी से भी चंदन के चार पेड़ काटे गए। इससे पहले 1 अप्रैल की रात उचेहरा थाना क्षेत्र के अतरवेदिया निवासी डॉ. नीलेश पांडेय के बगीचे से भी चोरों ने चंदन के आठ छोटे-बड़े पेड़ काट लिए थे। लगातार सामने आ रही इन वारदातों के बाद उचेहरा और नागौद पुलिस बदमाशों की तलाश में जुट गई थी। पुलिस ने पुराने रिकॉर्ड खंगाले और मुखबिरों व साइबर सेल की मदद ली। मिले सुरागों के आधार पर गिरिराज सिंह (57 वर्ष), पुत्र गुलाब सिंह, निवासी शेखपुरा, जिला कन्नौज-यूपी को उसके गांव से हिरासत में लिया गया। पूछताछ में आरोपी गिरिराज सिंह ने नूर आलम के साथ मिलकर तीनों जगहों पर चंदन चोरी की वारदातें करने की बात कबूल की। पुलिस ने उसके कब्जे से 75 हजार रुपये कीमत की चंदन की लकड़ी भी जब्त की है। आरोपी पहले भी कोठी थाना क्षेत्र में चंदन चोरी की वारदात को अंजाम दे चुका है, जिसमें वह गिरफ्तार भी हुआ था।
अशोक ने 150 की रफ्तार से IPL में गेंद फेंकी:गांव में सड़क नहीं, भाई बोले-किसी को घर बुलाने में शर्म आती है

IPL में अपनी 150 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बल्लेबाजों के पसीने छुड़ाने वाले अशोक शर्मा इन दिनों खूब सुर्खियां बटोर रहे हैं। लेकिन, राजस्थान की राजधानी जयपुर से महज 35 किलोमीटर दूर स्थित उनके गांव रामपुरा पहुंचने का रास्ता आज भी बेहद उबड़-खाबड़ है। दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से उतरने के बाद गांव तक पहुंचने के लिए कोई पक्की सड़क नहीं है। गांव बुलाने में झिझक, पर जड़ों से गहरा लगाव अशोक के बड़े भाई अक्षय शर्मा मायूसी से कहते हैं, ‘हमें लोगों को यहां बुलाने में शर्म आती है, क्योंकि यहां कोई ढंग का रास्ता ही नहीं है।’ इन मुश्किलों के बावजूद, शर्मा परिवार को अपनी जड़ों और गांव से बेहद प्यार है। अक्षय बताते हैं कि करोड़ों रुपए की लीग का हिस्सा बनने के बाद भी अशोक सादगी पसंद करते हैं। वह अक्सर कहते हैं, ‘कुछ भी हो जाए, अपना गांव नहीं छोड़ेंगे।’ वे सुबह 5 बजे उठते हैं, मैदान पर दौड़ने जाते हैं, ट्रेनिंग करते हैं और घर का बना सादा खाना और छाछ उनकी डाइट का मुख्य हिस्सा है। अशोक ने पिता को इलेक्ट्रिक स्कूटर गिफ्ट दी अशोक के पिता नाथूलाल शर्मा आज भी खेतों में काम करते हैं। वे फटे हुए कपड़ों और मिट्टी से सने पैंट में ही अपने छोटे बेटे द्वारा गिफ्ट किए गए इलेक्ट्रिक स्कूटर से खेत से लौटते हैं। अशोक की मां लाली देवी मुस्कुराकर बताती हैं कि अशोक बचपन में बहुत शरारती था। वह घर का खूब सामान तोड़ता था, जिसकी वजह से अक्सर बड़े भाई अक्षय को मार खानी पड़ती थी। परिवार के सबसे चहेते अशोक ने पिछले साल केकेआर टीम में रहते हुए अपने जन्मदिन पर जिद करके ‘थार’ गाड़ी मांगी थी। अब यह एसयूवी गांव के बच्चों के लिए आकर्षण का केंद्र है और गांव के रास्तों को देखते हुए यह एक सही चुनाव भी साबित हुई है। तेज गेंदबाजी का शौक दोनों भाइयों को बचपन से था। अक्षय बताते हैं कि उन्हें अपनी रफ्तार से बल्लेबाजों को डराने में मजा आता था। इस जुनून के पीछे उनके चाचा रामदयाल शर्मा की प्रेरणा है, जो अपने समय में गांव के खूंखार तेज गेंदबाज माने जाते थे और एमएस धोनी की तरह लंबे बाल रखते थे। गुजरात टाइटंस ने 90 लाख में खरीदा पिछले साल गुजरात टाइटंस ने अशोक को 90 लाख रुपए में खरीदा और इस साल उन्होंने अपना डेब्यू किया। परिवार उन्हें पहली बार लाइव खेलते देखने के लिए 450 किलोमीटर दूर चंडीगढ़ गया। इसके बाद अहमदाबाद में अगले मैच के लिए अशोक ने परिवार को बुलाया, तो उन्होंने फ्लाइट की जगह जयपुर से 10 घंटे की ट्रेन यात्रा चुनी। जब अशोक के पिता नाथूलाल से पूछा गया कि क्या उन्होंने कभी फ्लाइट में सफर किया है, तो उन्होंने धीरे से सिर हिलाते हुए कहा, ‘नहीं।’ इस पर बड़े भाई अक्षय ने चुटकी लेते हुए कहा कि पापा को प्लेन में बैठने से डर लगता है। पास ही चुपचाप बैठीं मां लाली देवी ने बातचीत में शामिल होते हुए बड़े भरोसे के साथ कहा कि एक दिन हम प्लेन में जरूर जाएंगे। वहीं, भाई अक्षय को उम्मीद है कि अशोक की इस शानदार सफलता की चमक से शायद अब रामपुरा गांव के नसीब में एक पक्की सड़क जरूर आ जाएगी।
न्यू चंडीगढ़ में IPL मैच की टिकट बिक्री शुरू:युवराज स्टैंड की सबसे सस्ती, सबसे महंगी ₹6500 की; इस सीजन का यहां आखिरी मुकाबला

मोहाली के न्यू चंडीगढ़ स्थित महाराजा यादवेंद्र सिंह इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में 28 अप्रैल को पंजाब और राजस्थान की टीम का मुकाबला होगा। PBKS और RR के मुकाबले के लिए टिकटों की ऑनलाइन बिक्री शुरू हो गई है। यहां सबसे सस्ती टिकट युवराज स्टैंड की मिलेगी, जिसकी कीमत 2500 रुपए है। इसके अलावा सबसे महंगी टिकट जियो नॉर्थ पवेलियन की 6500 रुपए की है। ऑफलाइन टिकट खरीदने के लिए फैंस को अभी इंतजार करना होगा। इसकी शुरूआत 24 अप्रैल से होगी। न्यू चंडीगढ़ में यह IPL के इस सीजन का आखिरी मुकाबला होगा। यहां हुए अब तक 3 मैचों में PBKS की टीम ही जीती है। फैंस के पास यहां मैच देखने का यह आखिरी मौका होगा। कहां से खरीदे टिकट, रेट में अंतर क्यों ऑनलाइन टिकट बुकिंग के लिए डिस्ट्रिक्ट ऐप या वेबसाइट https://www.district.in/events/ipl-ticket-booking पर जाना होगा। वहां पर टाटा आईपीएल 2026 का मैच नंबर 40, पंजाब किंग्स वर्सेस राजस्थान रॉयल्स सिलेक्ट करना होगा। इसके बाद टिकट कैटेगरी सिलेक्ट करनी होगी। एक व्यक्ति एक समय में सिर्फ एक ही टिकट बुक कर सकता है। वेबसाइट की तरफ से एक ऑनलाइन सिस्टम बनाया गया है, जिसमें 9 से 10 मिनट के अंदर टिकट बुकिंग पूरी करनी होगी, अन्यथा दोबारा से साइट पर विजिट करना होगा। ऑफलाइन टिकट के लिए स्टेडियम के बाहर बने बॉक्स ऑफिस पर अपना आईडी प्रूफ साथ में लेकर जाना होगा, उसके बाद टिकट खरीद सकते हैं। ₹2500 रुपए वाली टिकट ग्राउंड से सबसे दूर है। ₹2750 वाली टिकट पिच के बिल्कुल सामने वाली टिकट है, जबकि ₹3500 में ग्राउंड की साइड में सबसे करीब वाली टिकट है। वहीं ₹6500 में ग्राउंड के सबसे करीब और पिच के सामने वाली टिकट मिलती है। पंजाब टॉप पर, राजस्थान चौथे नंबर पर IPL टूर्नामेंट में दोनों टीमों की परफॉर्मेंस देखें को पंजाब की टीम अब तक 6 मैच खेली है। जिसमें से 5 मैच जीते हैं। एक मैच बारिश की वजह से नहीं हो सका। 11 पाइंट के साथ पंजाब की टीम टेबल में टॉप पर है। पंजाब टीम इस सीजन की सबसे कंसिस्टेंट टीम और IPL टाइटल की सबसे मजबूत दावेदार मानी जा रही है। राजस्थान की टीम फिलहाल चौथे नंबर पर है। 6 मैचों में राजस्थान ने 4 मुकाबले जीते, जबकि 2 में उसे हार मिली। राजस्थान के 8 पॉइंट हैं। राजस्थान की टीम भी बढ़िया खेल रही है। उन्हें प्लेऑफ का बड़ा दावेदार माना जा रहा है। दूसरे नंबर पर RCB है, जिसने 4 में से 2 मैच जीते और उसके भी 8 पॉइंट हैं लेकिन नेट रन रेट की वजह से वह राजस्थान से एक नंबर ऊपर है। दोनों टीमों के टॉप 4 प्लेयर जानिए… पंजाब किंग्स: राजस्थान रॉयल्स 21 अप्रैल तक के हिसाब से टूर्नामेंट के टॉप प्लेयर्स… 38 हजार की केपिसिटी, पहला मुकाबला IPL का ही हुआ न्यू चंडीगढ़ क्रिकेट स्टेडियम में 38 हजार दर्शकों के बैठने की केपिसिटी है। यह स्टेडियम साल 2021 में बनकर तैयार हुआ था। यहां पहला बड़ा मुकाबला मार्च 2024 में खेला गया था। तब भी यहां IPL का ही मुकाबला हुआ था। इसके बाद पिछले साल सितंबर 2025 में इस ग्राउंड पर पहला इंटरनेशनल मुकाबला खेला गया। यह वन डे मैच था, जो इंडिया और ऑस्ट्रेलिया की विमेन टीम के बीच हुआ था।
Purvanchal Expressway Air Show: Indian Air Force Fighter Jets Display

राजेश साहू/असगर नकी/तुषार राय | सुलतानपुर48 मिनट पहले कॉपी लिंक उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर में पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर एयर शो की तस्वीर। यूपी के सुल्तानपुर में पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर आज दोपहर 2 बजे लड़ाकू विमानों का एयर शो शुरू हुआ। करीब 3 घंटे चले एयर शो में सबसे पहले वायु सेना के C295 ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट ने एक्सप्रेस-वे पर बने रनवे पर लैंडिंग की। इसके बाद जगुआर ने उड़ान भरी। राफेल, सुखोई और मिराज फाइटर जेट्स ने भी टेकऑफ और लैंडिंग की। सेना के M17 हेलीकॉप्टर से कमांडोज ने सैन्य ऑपरेशन की मॉक ड्रिल की। M32 भीष्म एयर क्राफ्ट ने भी एयर स्ट्रिप पर ‘टच एंड गो’ का अभ्यास किया। आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए एक्सप्रेस-वे पर 3.2 किमी लंबी इमरजेंसी एयरस्ट्रिप बनाई गई है। इस एयर शो को देखने के लिए लोगों की भीड़ जुटी है। 6 घंटे चलने वाले एयर शो के लिए 5 किलोमीटर का एरिया सील कर दिया गया है। अब देर शाम से फिर से युद्धाभ्यास किया जाएगा। हालांकि, इसमें पब्लिक को एंट्री नहीं मिलेगी। इससे पहले जून 2023 में 4 घंटे यह अभ्यास चला था। 16 नवंबर 2021 को PM मोदी ने सुल्तानपुर से ही पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का इनॉगरेशन किया था। PM मोदी एयरफोर्स के हरक्युलिस जहाज से एयर स्ट्रिप पर उतरे थे। लखनऊ से गाजीपुर तक बने 341 किमी लंबे पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे की लागत 22,494.66 करोड़ रुपए है। अक्टूबर, 2018 से इसका निर्माण शुरू हुआ था, जो सितंबर 2021 में बनकर कंप्लीट हुआ। एयर शो की तस्वीरें- एयर शो के दौरान राफेल फाइटर जेट ने एक्सप्रेस-वे पर लैंडिंग की। राफेल की गड़गड़ाहट से पूरा इलाका गूंज उठा। पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर जगुआर लड़ाकू विमान ने लैंडिंग की। वायु सेना के C295 ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट ने एक्सप्रेस- वे से टेकऑफ किया। एयर शो में सुखोई लड़ाकू विमान ने ‘टच एंड गो’ का अभ्यास किया। एयर शो में 3 मिराज-2000 लड़ाकू विमान आसमान में एक साथ उड़ान भरते दिखाई दिए। तस्वीर V17 v5 हेलीकॉप्टर की है। इसकी मदद से बाढ़ या भूकंप जैसी आपदाओं में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जाता है। यह M32 भीष्म एयरक्राफ्ट है। एयर शो के दौरान इसने एक्सप्रेस-वे पर लैंडिंग और टेकऑफ का अभ्यास किया। PM मोदी 16 नवंबर, 2021 को एयरफोर्स के विमान C-130J सुपर हरक्युलिस से सुल्तानपुर में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर लैंड हुए थे। एयर शो के अपडेट के लिए नीचे लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए… अपडेट्स 10:46 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक एक्सप्रेस-वे मिलिट्री ऑपरेशन के लिए अहम इमरजेंसी में वायु सेना इन्हें बैकअप रनवे बना सकती है। फाइटर जेट लैंड और टेकऑफ कर सकते हैं। आपातकालीन स्थितियों के लिए ही सुल्तानपुर में 3.2 किमी लंबी इमरजेंसी एयरस्ट्रिप बनाई गई है। एक्सप्रेस-वे से मिलिट्री और रसद का मूवमेंट काफी तेज गति से किया जा सकता है। एयर शो के जरिए पायलट और ग्राउंड क्रू जंग के हालात के लिए खुद को तैयार रख सकते हैं। 10:21 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर उतरा एक जगुआर लड़ाकू विमान; VIDEO पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर एक जगुआर लड़ाकू विमान उतरा। भारतीय वायु सेना (IAF) के लड़ाकू विमानों ने टेक-ऑफ और लैंडिंग का अभ्यास किया। 10:13 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक आसमान में एक साथ 3 लड़ाकू विमानों ने दिखाए करतब; VIDEO 10:12 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक MI-17 हेलीकॉप्टर से कमांडो उतरे, सैन्य ऑपरेशन का अभ्यास किया MI-17 हेलीकॉप्टर से कमांडों एक्सप्रेस-वे पर उतरे। मॉकड्रिल में हिस्सा लिया। 09:58 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक लोग बोले- सेना पर गर्व; भास्कर रिपोर्टर से उनकी बातचीत देखिए एयर शो देखने पहुंचीं स्नेहा ने कहा- बहुत अच्छा लग रहा है। भारतीय एयरफोर्स पर गर्व महसूस हो रहा है। शिवानी ने कहा- बहुत गुड फिलिंग आ रही है। मुझे अपने देश और सेना पर प्राउड फील हो रहा है। 09:56 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक M32 भीष्म एयर क्राफ्ट के टेक-ऑफ का VIDEO देखिए- 09:55 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक M32 भीष्म एयर क्राफ्ट ने एक्सप्रेस-वे पर लैंडिंग की; VIDEO 09:51 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक एक्सप्रेस-वे पर बने रनवे पर फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस का इंतजाम 09:44 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक एयर शो में सुखोई लड़ाकू विमान का टच एंड गो अभ्यास; 2 VIDEO देखिए 09:43 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक गरुण कमांडो ने मॉकड्रिल की; अपडेट दे रहे हैं भास्कर रिपोर्टर 09:40 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक एक्सप्रेस-वे पर एक तरफ एयर शो जारी, दूसरी तरफ ट्रैफिक सुचारू रूप से चल रहा एक्सप्रेस-वे पर एक तरफ एयर शो चल रहा है। दूसरी तरफ ट्रैफिक सुचारू रूप से चल रहा है। 09:38 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक विमानों ने ‘टच एंड गो’ अभ्यास किया, कमांडो ने स्लिथरिंग ऑपरेशन दिखाया सुल्तानपुर में पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे की अरवल कीरी करवत स्थित 3.2 किमी लंबी हवाई पट्टी पर भारतीय वायुसेना का दो दिवसीय अभ्यास शुरू हो गया है। डीएम इंद्रजीत सिंह ने मौके पर पहुंचकर सुरक्षा व व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि दिन के साथ रात में भी लैंडिंग-टेकऑफ का परीक्षण किया जाएगा। एयरस्ट्रिप के 4-5 किमी. दायरे में कड़ी सुरक्षा तैनात है। रिहर्सल में सुखोई-30, मिराज-2000, जगुआर और तेजस विमानों ने ‘टच एंड गो’ अभ्यास किया, जबकि कमांडो ने स्लिथरिंग ऑपरेशन दिखाया। प्रशासन ने आम लोगों के प्रवेश को सीमित रखते हुए ट्रैफिक नियमों के पालन की अपील की है। 09:36 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक सेना के हेलिकॉप्टर ने एक्सप्रेस-वे पर अभ्यास किया, जवानों ने मॉक ड्रिल की सेना के हेलिकॉप्टर ने एक्सप्रेस-वे पर ऑपरेशन का अभ्यास किया। हेलीकॉप्टर से बाढ़, भूकंप के दौरान बचाव अभियान चलाया जाता है। हेलीकॉप्टर आंतकी हमले के दौरान जरूरी सैन्य कार्रवाई में अहम भूमिका निभाता है। 09:30 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक एक्सप्रेस के आसपास लोगों की भीड़ जमा, वीडियो बना रहे लोग एयर स्ट्रिप पर एयर शो देखने के लिए एक्सप्रेस के आसपास लोगों की भीड़ जमा हो गई है। लोग एयर शो के वीडियो बना रहे हैं। जैसे ही कोई विमान रनवे पर आता है, भीड़ में खासकर बच्चों का उत्साह देखने लायक होता है। बच्चे हाथों में मोबाइल लेकर वीडियो बनाने के लिए दौड़ पड़ते हैं। 09:27 AM22 अप्रैल 2026 कॉपी लिंक आसमान में एक साथ 3 मिराज-2000 लड़ाकू विमान; VIDEO एक्सप्रेस-वे पर एयर शो के दौरान 3 मिराज लड़ाकू विमानों ने आसमान में एक
मीठा खरबूजा: गर्मियों में भूलकर भी न खाएं दूध और खरबूजा, सेहत को हो सकता है नुकसान; जानिए इसके साइड इफेक्ट्स

मीठा खरबूजा: गर्मियों में ठंडक पाने के लिए लोग खरबूजा और दूध खाना पसंद करते हैं। लेकिन इन दोनों का एक साथ मेल स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक साबित होता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों और आयुर्वेद के अनुसार, अलग-अलग नेचर के इन खाद्य पदार्थों का संयोजन पाचन तंत्र पर नकारात्मक प्रभाव डाला जा सकता है। आइए जानते हैं इस संयोजन से क्या-क्या हो सकता है नुकसान। खरबूजा पाउडर और जल्दी पचने वाला फल होता है, जबकि दूध को पचने में सबसे ज्यादा समय लगता है। जब इन दोनों को एक साथ लिया जाता है, तो पाचन प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है। इससे गैस, अपच और ब्लोटिंग जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं। इस कॉम्बिनेशन को लेने के बाद कई लोगों के शरीर में भारीपन और आलस महसूस होता है। मूल, दोनों खाद्य पदार्थ पदार्थ समूह डी नमूने को धीमी कर देते हैं, जिससे मूल टिकाऊ बनी रह सकती है। आयुर्वेद के अनुसार, अलग-अलग तासीर वाले खाद्य पदार्थ एक साथ खाने से शरीर में टॉक्सिन बन जाते हैं। खरबूजा और दूध का मिश्रण भी इसी तरह आता है, जो लंबे समय तक शरीर के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है। एलर्जी और पेट से जुड़ी परेशानियाँ कुछ लोगों को इस संयोजन से एलर्जी, एलर्जी-खांसी या त्वचा संबंधी समस्याएं भी हो सकती हैं। इसके अलावा पेट दर्द और दस्त संबंधी समस्याएं भी हो सकती हैं, खासकर लोगों में पाचन तंत्र खराब हो जाता है। खरबूजा को सही तरीके से खाने का तरीका विशेषज्ञों की सलाह है कि खरबुजे को अकेले ही खाना सबसे अच्छा माना जाता है। अगर आप दूध पिलाना चाहते हैं, तो दोनों के बीच कम से कम 30 से 60 मिनट का अंतर रखना जरूरी है, ताकि सही तरीके से पाचन किया जा सके और स्वास्थ्य संबंधी किसी भी तरह के खतरे का पता लगाया जा सके।
बुधवार भस्म आरती दर्शन:भगवान महाकाल का भांग चन्दन सिंदूर और आभूषणों से दिव्य स्वरूप श्रृंगार

विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में बुधवार तड़के भस्म आरती के दौरान मंदिर के कपाट खोलते ही सबसे पहले वीरभद्र जी को प्रणाम कर स्वस्ति वाचन कर आज्ञा लेकर चांदी द्वार को खोला गया। गर्भगृह के पट खोलकर पुजारी भगवान का श्रृंगार उतार कर पंचामृत पूजन के बाद कर्पूर आरती की। भगवान महाकाल का भांग चन्दन सिंदूर और आभूषणों से दिव्य स्वरूप श्रृंगार किया गया। नंदी हाल में नंदी जी का स्नान,ध्यान, पूजन किया गया। जल से भगवान महाकाल का अभिषेक करने के पश्चात दूध,दही,घी,शक़्कर शहद फलों के रस से बने पंचामृत से पूजन किया गया। ड्रायफ्रूट फल मिठाई का भोग लगाकर भस्म चढ़ाई गई। शेषनाग का रजत मुकुट रजत की मुण्डमाल और रुद्राक्ष की माला के साथ-साथ सुगन्धित पुष्प से बनी फूलों की माला धारण की भगवान महाकाल ने। भस्म आरती में बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं ने बाबा महाकाल का आशीर्वाद लिया। महा निर्वाणी अखाड़े की और से भगवान महाकाल को भस्म अर्पित की गयी। मान्यता है की भस्म अर्पित करने के बाद भगवान निराकार से साकार रूप में दर्शन देते है।
लू के थपेड़ों में भी रखेगा ठंडा! ये देसी सुपर ड्रिंक बन गई नेचुरल कूलर, एक बार पिएं तो भूल जाएंगे AC

Last Updated:April 22, 2026, 07:02 IST Bikaner Hindi News: तेज गर्मी और लू के बीच शरीर को ठंडा और हाइड्रेट रखना बेहद जरूरी होता है. ऐसे में यह देसी सुपर ड्रिंक प्राकृतिक कूलर का काम करती है. पारंपरिक सामग्री से तैयार यह पेय न केवल शरीर का तापमान नियंत्रित करता है, बल्कि ऊर्जा भी प्रदान करता है. इसमें मौजूद पोषक तत्व लू से बचाव में मदद करते हैं और पाचन को भी बेहतर बनाते हैं. इसका स्वाद इतना ताज़गीभरा होता है कि एक बार पीने के बाद इसे बार-बार बनाने का मन करता है. यह ड्रिंक गर्मियों में सेहत और स्वाद दोनों का बेहतरीन संयोजन है. ख़बरें फटाफट बीकानेर. भीषण गर्मी, तेज लू और तपती धूप के बीच जहां लोग राहत के उपाय तलाशते हैं, वहीं बीकानेर की परंपराएं सदियों से इसका सरल और देसी समाधान देती आई हैं. आखातीज यानी अक्षय तृतीया और आखाबीज के अवसर पर यहां हर घर में बनने वाली ‘इमलाणी’ (इमली का पानी) न केवल एक पेय है, बल्कि संस्कृति, परंपरा और सेहत का अद्भुत संगम भी है. बीकानेर में आखातीज का पर्व शहर के स्थापना दिवस के रूप में भी मनाया जाता है. इस दिन घर-घर में इमली का पानी बनाकर पीने की परंपरा पीढ़ियों से चली आ रही है. तपती गर्मी में यह पेय लोगों को ठंडक, ताजगी और ऊर्जा प्रदान करता है, इसलिए इसे प्राकृतिक कूलर भी कहा जाता है. लू के असर को कम करतास्थानीय महिला सुनीता श्रीमाली बताती हैं कि इमलाणी बनाना जितना आसान है, उतना ही लाभकारी भी. सबसे पहले इमली को कुछ घंटों तक पानी में भिगोया जाता है. इसके बाद उसे मसलकर छान लिया जाता है, जिससे उसका खट्टा रस पानी में घुल जाता है. फिर इसमें गुड़ या चीनी मिलाई जाती है और स्वाद बढ़ाने के लिए भुना हुआ जीरा, इलायची पाउडर और काली मिर्च डाली जाती है. ठंडा करके परोसा गया यह पेय शरीर को तुरंत राहत देता है और लू के असर को कम करता है. गर्मी से होने वाली थकान को दूर करतेबीकानेर में इस पारंपरिक पेय को ‘अमलवानी’ के नाम से भी जाना जाता है. मान्यता है कि आखातीज के दिन इसका सेवन करने से लू नहीं लगती और शरीर हाइड्रेट रहता है. तेज गर्मी में जब डिहाइड्रेशन की समस्या बढ़ जाती है, तब यह पेय शरीर में पानी की कमी को पूरा करने में बेहद कारगर साबित होता है.इमलाणी सिर्फ स्वाद तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके कई स्वास्थ्य लाभ भी हैं. इमली पाचन तंत्र को मजबूत करती है और गैस व अपच जैसी समस्याओं से राहत देती है. गुड़ शरीर को तुरंत ऊर्जा प्रदान करता है, वहीं मसालों में मौजूद गुण इम्युनिटी बढ़ाने में मदद करते हैं. यह पेय शुगर और कोलेस्ट्रॉल को संतुलित रखने में भी सहायक माना जाता है. साथ ही, इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट शरीर को तरोताजा बनाए रखते हैं और गर्मी से होने वाली थकान को दूर करते हैं. सबसे खास बात यह है कि इमलाणी एक सस्ता, सुलभ और घरेलू पेय है, जिसे हर कोई आसानी से बना सकता है. किसी महंगे उपकरण या विशेष सामग्री की जरूरत नहीं होती, इसलिए यह आमजन के बीच बेहद लोकप्रिय है. हालांकि, विशेषज्ञ संतुलित मात्रा में सेवन की सलाह देते हैं, ताकि इसके फायदे सही तरीके से मिल सकें. About the Author Jagriti Dubey With more than 6 years above of experience in Digital Media Journalism. Currently I am working as a Content Editor at News 18 in Rajasthan Team. Here, I am covering lifestyle, health, beauty, fashion, religion…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें Location : Bikaner,Rajasthan First Published : April 22, 2026, 07:02 IST
विधानसभा चुनाव 2026 लाइव: मल्लिकार्जुन खड़गे ने पीएम मोदी के लिए दी ‘आतंकवादी’ टिप्पणी, अब जानिए क्या कहा

बंगाल में प्रथम चरण की 152वीं पारी को रविवार को प्रचारित किया गया। अब 23 अप्रैल को चरण में 152 क्वार्टर पर वोटिंग होगी। इसी के साथ 23 अप्रैल को एक ही चरण में चमिलनाडु की सभी 234 असेंबली पर वोटिंग होगी। चुनाव आयोग के लिए चुनाव आयोग पूरी तरह से तैयार है। गवर्नर ने मॉल और भयमुक्त विधानसभा चुनाव के लिए नामांकन नंबर जारी किया पश्चिम बंगाल के राज्यपाल आर.एन. रवि ने मंगलवार को घोषणा की कि राज्य में आगामी दो चरण के विधानसभा चुनाव (23 अप्रैल और 29 अप्रैल) को स्वतंत्र, कम्युनिस्ट और भयमुक्त बनाने के लिए 24×7 नागरिक नामांकन शुरू होंगे। गवर्नर कार्यालय की ओर से मंगलवार की शाम को जारी बयान में कहा गया कि पिछले कुछ दिनों में गवर्नर ने आम जनता से कई मुलाकातें कीं, जिसमें लोग चुनाव से पहले और बाद में होने वाली हिंसा को लेकर चिंता व्यक्त करते हैं। बयान में कहा गया है कि कई लोगों ने अपनी पुरानी भावनाएं साझा कीं, जिनमें चुनाव के दौरान हिंसा, परिवार के सदस्यों की हत्या और मतदान से रोके जाने जैसी घटनाएं शामिल थीं। कुछ लोगों ने बताया कि डरने-धमकाने के वोट वोट पर उन्हें शारीरिक हमलों का सामना करना पड़ा। बयान के अनुसार, राज्य प्रशासन और पुलिस ने चुनाव आयोग के तहत सुरक्षा के लिए बड़े पैमाने पर नियुक्तियां की हैं, फिर भी लोगों की मदद के लिए स्कॉटलैंड ने 24×7 नामांकन शुरू किया है। इसका पहला उद्देश्य यह है कि हर व्यक्ति बिना किसी लोकतांत्रिक प्रक्रिया के भाग ले सके। सांख्यिकी प्राप्तकर्ताओं ने जल्द ही समाधान खोजने की कोशिश की और लोगों को सही मशीनरी सहायता तक अंतिम सहायता में मदद करने की पेशकश की। सभी साथियों को पूर्ण रूप से बंधन और गोपनीयता के साथ देखा जाएगा। राज्य के सभी कैथोलिकों से अपील की गई है कि वे लोकतंत्र के इस महापर्व में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें और मतदान अवश्य करें। हर वोट महत्वपूर्ण है. चुनाव आयोग ने पुष्टीसीन अधिकारियों को स्टॉक में उपयोग करने का निर्देश दिया भारत इलेक्ट्रॉनिक्स आयोग (ईसीआई) ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) के अधिकारियों के लिए सभी वोटिंग टिकटों का उपयोग करने के निर्देश जारी किए हैं। आयोग के प्राधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया कि पेरासीन अधिकारियों से यह जांच और पुष्टि की जानी चाहिए कि बैलेट यूनिट के सभी बटन स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे हैं और उनमें कोई विशिष्टता नहीं है। किसी भी बटन को टेप, गोंद या किसी अन्य सामग्री से नहीं मिलाया जाना चाहिए, जिससे मतदान प्रक्रिया में बाधा उत्पन्न हो सकती है। आयोग ने साफ तौर पर कहा है कि बैलेट यूनिट के चॉकलेट बटन पर कोई रंग, शेयर, परफ्यूम या कोई भी केमिकल नहीं लगाया जा सकता है, क्योंकि ऐसी आशंकाओं से सीक्रेसी से समझौता हो सकता है। बंगाल में ‘गजवा-ए-बंगाल’ नहीं होने देंगे- अनुराग ठाकुर पश्चिम बंगाल के हुगली में चुनावी प्रचार के दौरान भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने राज्य की मुख्यमंत्री पर हमला बोल दिया। उन्होंने कहा कि हम ‘गजवा-ए-बंगाल’ नहीं होने देंगे। बाहर से आए लोग स्थानीय लोगों का अनाज भी खा गए हैं। अनुराग ठाकुर ने कहा कि बंगाल के बबीता से बरातवाद शुरू हुआ. देश के 126 छात्रावासों में छात्रावासों का अनावरण। दस फीसदी आबादी जमा हो गयी. देश में मोदी की सरकार आने के बाद बौद्ध धर्म के खिलाफ कार्रवाई हुई और देश को बौद्ध धर्म से मुक्त कराया गया। अगर हम देश को बौद्धवाद से मुक्त कर सकते हैं तो पश्चिम बंगाल को बांग्लादेशी घुसपैठियों से भी मुक्त कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी 15 साल से मुख्यमंत्री हैं, लेकिन 5 उपलब्धियां भी मुख्यमंत्री नहीं पा रही हैं। सुबह से शाम तक बस एस तूफान-संचारीआर कर रही थी और अब हर बात पर मछली की बात कर रही है। जहां-जहां भाजपा की सरकार है, वहां डॉक्टर-पीने और कपड़े लेकर कोई रोकटोक नहीं है। सभी आज़ादी से रहते हैं। पश्चिम बंगाल में भी अगर हमारी सरकार बनेगी तो सभी को आजादी मिलेगी। ‘चार मई, नैतिकता गई’ के नारे लगाए गए अनुराग ठाकुर ने नारे को जाहिर करते हुए कहा कि अगर ममता बनर्जी नहीं गईं तो रोहिंग्या मुस्लिम भी आएंगे, घुसपैठिए भी आएंगे, आपके मिड डे माइल्स का पैसा भी खाएंगे, कट मनी से पैसा भी खाएंगे और आपका अधिकार और नौकरी भी लेंगे। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में हम गजवा-ए-बंगाल नहीं बनेंगे.
गर्मी में पसीने से आती है भयंकर बदबू, नहाते समय अपनाएं 5 गजब की ट्रिक्स, दिनभर रहेंगे फ्रेश

Last Updated:April 22, 2026, 06:31 IST Simple Tricks for Body Odor: गर्मी में पसीना बहुत आता है और इसकी वजह से बदबू आने लगती है. गर्मियों में पसीने की बदबू से बचने के लिए नहाते समय नीम, फिटकरी, नींबू और एंटी बैक्टीरियल साबुन का उपयोग करना फायदेमंद होता है. ये उपाय बैक्टीरिया को खत्म कर दिनभर ताजगी बनाए रखने में मदद करते हैं. नहाते वक्त एंटी-बैक्टीरियल साबुन यूज करने से पसीने में बदबू नहीं आएगी. Tips To Get Rid of Body Odor: गर्मियों का मौसम आते ही पसीना बढ़ना कॉमन बात है, लेकिन इसके साथ आने वाली बदबू कई बार शर्मिंदगी का कारण बन जाती है. हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो पसीने में बदबू नहीं होती है, लेकिन स्किन पर मौजूद बैक्टीरिया पसीने के साथ मिलते हैं, तब बदबू पैदा होती है. ऐसे में सिर्फ नहाना ही काफी नहीं होता, बल्कि नहाते समय कुछ खास बातों का ध्यान रखना जरूरी है, ताकि आप दिनभर फ्रेश और आत्मविश्वासी महसूस कर सकें पसीने की बदबू से कैसे पाएं छुटकारा | Tips To Get Rid of Body Odor एंटी-बैक्टीरियल साबुन का इस्तेमाल पसीने की बदबू से निजात पाने का सबसे आसान तरीका है. एंटी-बैक्टीरियल साबुन त्वचा पर मौजूद बैक्टीरिया को कम करने में मदद करता है, जिससे बदबू की समस्या घटती है. खासकर अंडरआर्म्स, गर्दन और पैरों जैसे हिस्सों को अच्छे से साफ करना जरूरी है, क्योंकि यहीं सबसे ज्यादा पसीना और बैक्टीरिया जमा होते हैं. नीम के पानी से नहाने से भी पसीने की दुर्गंध कम हो सकती है. नीम में प्राकृतिक एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण होते हैं, जो त्वचा को साफ रखते हैं और बदबू पैदा करने वाले कीटाणुओं को खत्म करते हैं. आप नीम की पत्तियों को पानी में उबालकर ठंडा कर लें और फिर उस पानी से नहाएं. यह तरीका काफी कारगर साबित होता है. फिटकरी का उपयोग करने से भी आपको पसीने की बदबू से राहत मिल सकती है. फिटकरी पसीने की दुर्गंध को कंट्रोल करने में बेहद मददगार होती है. नहाने के बाद हल्की गीली त्वचा पर फिटकरी को रगड़ने से यह पसीने के बैक्टीरिया को खत्म करती है और दिनभर फ्रेशनेस बनाए रखती है. यह एक पुराना लेकिन बेहद असरदार घरेलू नुस्खा है. नींबू का इस्तेमाल करने से पसीने से छुटकारा मिल सकता है. नींबू में मौजूद साइट्रिक एसिड त्वचा के pH स्तर को संतुलित करता है और बदबू पैदा करने वाले बैक्टीरिया को खत्म करता है. नहाने से पहले या बाद में नींबू का रस अंडरआर्म्स पर लगाने से पसीने की बदबू काफी हद तक कम हो जाती है. नींबू यूज करने से कई समस्याओं से निजात मिल सकती है. पसीने की बदबू से बचने के लिए सही तरीके से शरीर को सुखाना और साफ कपड़े पहनना जरूरी है. नहाने के बाद शरीर को अच्छी तरह सुखा लें, क्योंकि नमी बैक्टीरिया के बढ़ने का कारण बनती है. साथ ही सूती कपड़े पहनें, जो पसीना सोखते हैं और त्वचा को सांस लेने देते हैं, जिससे बदबू की समस्या कम होती है. About the Author अमित उपाध्याय अमित उपाध्याय News18 Hindi की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें First Published : April 22, 2026, 06:31 IST









