कैप नंबर-122 वैभव सूर्यवंशी,37 साल पुराना सचिन का रिकॉर्ड तोड़ा:इंटरनेशनल डेब्यू करने पर पिता को किया फोन, मैच से पहले दी थी ये सलाह

वैभव सूर्यवंशी ने शनिवार को अपना इंटरनेशनल डेब्यू किया था। इसी के साथ वैभव ने सचिन तेंदुलकर का 37 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया है। क्रिकेट में हर नए खिलाड़ी को पहले इंटरनेशनल मैच से पहले डेब्यू कैप दी जाती है। यह सम्मान उसके देश के लिए पहली बार खेलने का प्रतीक होता है। वैभव सूर्यवंशी को कैप नंबर 122 मिली है। इस खुशखबरी को सबसे पहले वैभव ने अपने पापा को दी। वैभव के पापा संजीव सूर्यवंशी ने उन्हें मैच में बिना प्रेशर लिए खेलने की सलाह दी। वैभव के पापा ने मैच से पहले दी थी सलाह वैभव सूर्यवंशी ने कैप मिलने के बाद कहा, ‘काफी अच्छा लग रहा है। किसी के लिए भी टीम इंडिया में खेलना ही बहुत बड़ी बात है। मेरे लिए यह एक प्राऊड मोमेंट है। सबसे पहले मैंने ये बात अपने पापा को बताई। फिर मैंने अपनी मम्मी और कोच रोमी सर के अलावा साथ रहने वाले लोगों को यह खुशखबरी सुनाई।’ वैभव ने आगे कहा, ‘पापा ये बात सुनकर काफी खुश हुए। उन्होंने मुझे यही सलाह दी कि जो करते आ रहे हो वही करो। कोई प्रेशर नहीं लेना है। बस अपना गेम खेलते रहना है।’ निडर होकर अपना क्रिकेट खेलो वैभव को तिलक वर्मा ने डेब्यू कैप दिया था। तिलक वर्मा ने वैभव को कैप के साथ बधाई देते हुए कहा, ‘फैमिली और तुम्हारे लिए ये बहुत ही प्राऊड मोमेंट है। उन्होंने तुम्हारे पीछे काफी मेहनत की है। तुमने यह कैप अपने टैलेंट और डिटरमिनेशन के कारण हासिल किया है। निडर होकर अपना क्रिकेट खेलो। यहां से कुछ भी नहीं बदल रहा है। बस अच्छे एटीट्यूड के साथ अपना गेम खेलते रहो और चेहरे पर मुस्कान रखो। हर भारतीय और देश को गौरवान्वित करो। कंग्रॅजुलेशन कैप नंबर 122 वैभव सूर्यवंशी।’ भारत की पहली डेब्यू कैप अमर सिंह को मिली थी दुनिया की पहली टेस्ट डेब्यू कैप 1877 में ऑस्ट्रेलिया के चार्ल्स बैनरमैन को मिली थी। भारत का पहला टेस्ट डेब्यू कैप नंबर-1 अमर सिंह को मिला। उन्होंने 1932 में लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ भारत के पहले टेस्ट मैच में पदार्पण किया था। डेब्यू कैप का नंबर बताता है कि उस फॉर्मेट में वह खिलाड़ी अपने देश का कितने नंबर का खिलाड़ी है। वैभव इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू करने वाले दूसरे सबसे युवा खिलाड़ी 15 साल 99 दिन के वैभव सूर्यवंशी इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू करने वाले दुनिया के दूसरे सबसे युवा खिलाड़ी बन गए। उनसे आगे सिर्फ पाकिस्तान के हसन रजा हैं, जिन्होंने 1996 में 14 साल 227 दिन की उम्र में जिम्बाब्वे के खिलाफ डेब्यू किया था। भारत की बात करें तो वैभव ने सचिन तेंदुलकर का 37 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया। सचिन ने 1989 में पाकिस्तान के खिलाफ 16 साल 205 दिन की उम्र में इंटरनेशनल डेब्यू किया था। शेफाली वर्मा ने 15 साल 239 दिन की उम्र में भारत के लिए पहला मैच खेला था। वैभव टी-20 डेब्यू पर स्टंप आउट होने वाले पहले भारतीय वैभव ने टी-20 डेब्यू मैच में 10 गेंदों में 14 रन बनाए। इसमें 2 छक्के शामिल रहे। वैभव टी-20 डेब्यू पर स्टंप आउट होने वाले पहले भारतीय बन गए। उन्हें विल जैक्स की गेंद पर जोस बटलर ने स्टंप आउट किया। वैभव ने फील्डिंग में पहला कैच भी पकड़ा। वैभव ने इंटरनेशनल क्रिकेट की सिर्फ तीसरी गेंद पर छक्का जड़ दिया। उन्होंने तीसरे ओवर में जोफ्रा आर्चर की पहली ही गेंद पर सिक्स मारा। यह उनके इंटरनेशनल करियर का पहला छक्का था। वैभव इंटरनेशनल में डेब्यू करने वाले चौथे सबसे युवा खिलाड़ी वैभव इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू करने वाले चौथे सबसे युवा खिलाड़ी बने हैं। महिलाओं में जर्सी की निया चार्लोट ग्रेग सबसे कम उम्र में इंटरनेशनल क्रिकेट खेलने वाली क्रिकेटर हैं। उन्होंने 2019 में 11 साल, 40 दिन की उम्र में पहला टी-20 इंटरनेशनल खेला था। उनके नाम सबसे कम उम्र में इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू का गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड दर्ज है। पुरुषों में रोमानिया के मारियन गेरासिम सबसे कम उम्र में इंटरनेशनल डेब्यू करने वाले पुरुष क्रिकेटर हैं। उन्होंने 2020 में 14 साल और 16 दिन की उम्र में पहला टी-20 इंटरनेशनल खेला था।
पंजाबी एक्टर फ्लाइट में हुए परेशान:कैरी ऑन जट्टा-4 के प्रमोशन को कनाडा जा रहे थे, बोले- पैदल चले जाओ, एअर इंडिया से गुरेज करो

पंजाबी एक्टर व कॉमेडियन बीनू ढिल्लों ने एअर इंडिया की फ्लाइट के साथ अपना ताजा एक्सपीरिएंस शेयर किया है। उन्होंने अपने इंस्टाग्राम एकाउंट पर लाइव आकर अपने फैंस से कहा है कि एअर इंडिया की फ्लाइट में कभी सफर मत करना, चाहे पैदल ही कनाडा जाने पड़े। फ्लाइट में चढ़े बीनू ढिल्लों ने कहा- बिजनेस क्लास की सभी सीटें बेकार पड़ी हैं। इनमें कई सीटों की सुविधाएं चल ही नहीं रहीं। जब कंप्लेन की गई तो स्टाफ का कहना है कि आपको 35% रिफंड मिल जाएगा। यात्रा नहीं करनी है तो फ्लाइट से उतर भी सकते हैं। बीनू ढिल्लों के साथ मौजूद अन्य पैसेंजर्स ने भी इसे अपना सबसे खराब अनुभव बताया। हालांकि, इस मामले में अभी एअर इंडिया एयरलाइंस की ओर से कोई बयान जारी नहीं किया गया है। जानिए, वीडियो में क्या-क्या बोले बीनू ढिल्लों कैरी ऑन जट्टा 4 के प्रमोशन को जा रहे थे आखिर में ढिल्लों कहते हैं कि बाबा सब पर मेहर करें। कैरी ऑन जट्टा किसने देख ली? चलो मिलते हैं। बताया जा रहा है कि बीनू ढिल्लों ने यह वीडियो कैरी ऑन जट्टा-4 फिल्म के प्रमोशन के लिए कनाडा जाते वक्त बनाई है। हालांकि, अभी तक एअर इंडिया की ओर से इस पर कोई सफाई नहीं दी गई। किष्टू के बोलीं- सही कहा आपने बीनू ढिल्लों की ओर से एअर इंडिया की वजह से हुई परेशानी के खिलाफ उठाई गई आवाज का सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर किष्टू के (कनिष्ठा कौशिक) ने समर्थन किया। उन्होंने पोस्ट में लिखा, “बिल्कुल सही कहा जी।” किष्टू के पंजाबी बोलियों के चलते कोरोना काल में फेमस हुई थीं। ॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… ट्रोलिंग पर पंजाबी एक्टर गुरप्रीत घुग्गी ने तोड़ी चुप्पी, कहा- बड़ी कंपनी छवि खराब करवा रही, एक्ट्रेस को प्रेग्नेंट कर ₹5 करोड़ देने का दावा पंजाबी एक्टर गुरप्रीत घुग्गी ने सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग को लेकर चुप्पी तोड़ी। उन्होंने कहा कि उनके साथ 30-35 वर्षों से काम करने वाले कई कलाकार अब रंजिश निकाल रहे हैं। एक बड़ी कंपनी पैसे देकर सोशल मीडिया पर उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने का प्रचार करवा रही है। पढ़ें पूरी खबर…
गौरव खन्ना से शादी से पहले बायसेक्सुअल थीं आकांक्षा चमोला:एक्ट्रेस बोलीं- लड़कियों के साथ रिलेशनशिप में रही हूं, उनकी तरफ अट्रैक्ट होती हूं

एक्ट्रेस आकांक्षा चमोला ने अपनी निजी जिंदगी को लेकर बड़ा खुलासा किया है। लॉक अप सीजन 2 के एक एपिसोड के दौरान आकांक्षा ने बायसेक्सुअल होने की बात कही है। आकांक्षा ने कहा, “मैं शादी से पहले बायसेक्सुअल थी। मेरे कुछ लड़कियों के साथ रिलेशन रहे हैं। बहुत ज्यादा इंटिमेट रिलेशन नहीं रहे हैं, लेकिन मैं कुछ लड़कियों के साथ रिलेशनशिप में रही हूं और बस वही है। मतलब मुझे लड़कियां पसंद हैं। मैं उन्हें एडमायर करती हूं, मैं उनकी तरफ अट्रैक्ट होती हूं और मुझे लगता है कि यही मेरा सेफ स्पेस है।” बच्चे न चाहने की वजह से अलग हो रहे हाल ही में लॉक अप शो के दौरान आकांक्षा ने अपने पति गौरव खन्ना से अलग होने का एलान किया था। अपने को-कंटेस्टेंट्स श्रेया कालरा और सूफी मोतीवाला से बातचीत में उन्होंने इसकी वजह का खुलासा किया था। आकांक्षा ने बताया था कि शादी के बाद भी उनमें कभी बच्चों को लेकर ‘मैटरनल इंस्टिंक्ट’ (मां बनने की इच्छा) नहीं जागी। उन्होंने शुरुआत में इसे समझने की कोशिश की, लेकिन बाद में उन्हें अहसास हुआ कि वे इसके लिए नहीं बनी हैं। आकांक्षा के मुताबिक, गौरव पहले इस बात से सहमत थे, लेकिन समय के साथ उनकी सोच बदल गई और अब उन्हें बच्चे चाहिए, जबकि आकांक्षा बच्चे नहीं चाहती हैं। एक साल से अलग रह रहे हैं दोनों आकांक्षा ने यह भी कहा था कि वे और गौरव पिछले एक साल से एक-दूसरे से अलग रह रहे हैं। उन्होंने गौरव से बातचीत में कहा था कि अगर वे इस वजह से अलग होना चाहते हैं, तो यह फैसला बिल्कुल सही है। सोशल मीडिया पर इस एलान के बाद से ही काफी चर्चा हुई। कई सोशल मीडिया यूजर्स ने इसे शो के लिए पीआर स्टंट भी बताया था। वहीं, आकांक्षा के तलाक के ऐलान के बाद 30 जून को मीडिया से बात करते हुए गौरव ने कहा था, “प्यार आज भी उतना ही है और सपोर्ट भी उतना ही है। मैं हमेशा आकांक्षा को सपोर्ट करूंगा। वो मेरी बीवी है। प्यार किया तो पीछे क्यों हटूं।” गौरव ने आगे कहा था कि वे हमेशा आकांक्षा के साथ खड़े हैं और चाहते हैं कि वो शो में अच्छा खेलें और जीतकर आएं। नवंबर 2016 में हुई थी गौरव-आकांक्षा की शादी गौरव खन्ना और आकांक्षा चमोला के रिश्ते की शुरुआत टीवी इंडस्ट्री में काम करने के दौरान हुई थी। दोनों की पहली मुलाकात एक ऑडिशन के सिलसिले में हुई थी, जिसके बाद वे दोस्त बन गए। लंबे समय तक एक-दूसरे को डेट करने के बाद, दोनों ने 24 नवंबर 2016 को गौरव के होमटाउन कानपुर में शादी कर ली थी। गौरव खन्ना ने जहां ‘अनुपमा’ और ‘बिग बॉस 19’ जैसे शो में काम किया है, वहीं आकांक्षा चमोला भी ‘स्वरागिनी’, ‘संतोषी मां’, ‘ये है आशिकी’ और ‘क्राइम पेट्रोल’ जैसे शोज में नजर आ चुकी हैं।
गौरव खन्ना से शादी से पहले बायसेक्सुअल थीं आकांक्षा चमोला:एक्ट्रेस बोलीं- लड़कियों के साथ रिलेशनशिप में रही हूं, उनकी तरफ अट्रैक्ट होती हूं

एक्ट्रेस आकांक्षा चमोला ने अपनी निजी जिंदगी को लेकर बड़ा खुलासा किया है। लॉक अप सीजन 2 के एक एपिसोड के दौरान आकांक्षा ने बायसेक्सुअल होने की बात कही है। आकांक्षा ने कहा, “मैं शादी से पहले बायसेक्सुअल थी। मेरे कुछ लड़कियों के साथ रिलेशन रहे हैं। बहुत ज्यादा इंटिमेट रिलेशन नहीं रहे हैं, लेकिन मैं कुछ लड़कियों के साथ रिलेशनशिप में रही हूं और बस वही है। मतलब मुझे लड़कियां पसंद हैं। मैं उन्हें एडमायर करती हूं, मैं उनकी तरफ अट्रैक्ट होती हूं और मुझे लगता है कि यही मेरा सेफ स्पेस है।” बच्चे न चाहने की वजह से अलग हो रहे हाल ही में लॉक अप शो के दौरान आकांक्षा ने अपने पति गौरव खन्ना से अलग होने का एलान किया था। अपने को-कंटेस्टेंट्स श्रेया कालरा और सूफी मोतीवाला से बातचीत में उन्होंने इसकी वजह का खुलासा किया था। आकांक्षा ने बताया था कि शादी के बाद भी उनमें कभी बच्चों को लेकर ‘मैटरनल इंस्टिंक्ट’ (मां बनने की इच्छा) नहीं जागी। उन्होंने शुरुआत में इसे समझने की कोशिश की, लेकिन बाद में उन्हें अहसास हुआ कि वे इसके लिए नहीं बनी हैं। आकांक्षा के मुताबिक, गौरव पहले इस बात से सहमत थे, लेकिन समय के साथ उनकी सोच बदल गई और अब उन्हें बच्चे चाहिए, जबकि आकांक्षा बच्चे नहीं चाहती हैं। एक साल से अलग रह रहे हैं दोनों आकांक्षा ने यह भी कहा था कि वे और गौरव पिछले एक साल से एक-दूसरे से अलग रह रहे हैं। उन्होंने गौरव से बातचीत में कहा था कि अगर वे इस वजह से अलग होना चाहते हैं, तो यह फैसला बिल्कुल सही है। सोशल मीडिया पर इस एलान के बाद से ही काफी चर्चा हुई। कई सोशल मीडिया यूजर्स ने इसे शो के लिए पीआर स्टंट भी बताया था। वहीं, आकांक्षा के तलाक के ऐलान के बाद 30 जून को मीडिया से बात करते हुए गौरव ने कहा था, “प्यार आज भी उतना ही है और सपोर्ट भी उतना ही है। मैं हमेशा आकांक्षा को सपोर्ट करूंगा। वो मेरी बीवी है। प्यार किया तो पीछे क्यों हटूं।” गौरव ने आगे कहा था कि वे हमेशा आकांक्षा के साथ खड़े हैं और चाहते हैं कि वो शो में अच्छा खेलें और जीतकर आएं। नवंबर 2016 में हुई थी गौरव-आकांक्षा की शादी गौरव खन्ना और आकांक्षा चमोला के रिश्ते की शुरुआत टीवी इंडस्ट्री में काम करने के दौरान हुई थी। दोनों की पहली मुलाकात एक ऑडिशन के सिलसिले में हुई थी, जिसके बाद वे दोस्त बन गए। लंबे समय तक एक-दूसरे को डेट करने के बाद, दोनों ने 24 नवंबर 2016 को गौरव के होमटाउन कानपुर में शादी कर ली थी। गौरव खन्ना ने जहां ‘अनुपमा’ और ‘बिग बॉस 19’ जैसे शो में काम किया है, वहीं आकांक्षा चमोला भी ‘स्वरागिनी’, ‘संतोषी मां’, ‘ये है आशिकी’ और ‘क्राइम पेट्रोल’ जैसे शोज में नजर आ चुकी हैं।
250वें स्वतंत्रता दिवस पर जश्न में डूबा अमेरिका:न्यूयॉर्क में परेड, वॉशिंगटन में फाइटर प्लेन्स की उड़ान, मियामी ड्रॉन शो और आतिशबाजी की 20 तस्वीरें

अमेरिका आज अपनी आजादी के 250 साल पूरे होने का जश्न मना रहा है। इस मौके पर वॉशिंगटन डीसी, न्यूयॉर्क, फिलाडेल्फिया, टेक्सास और मियामी समेत देशभर में परेड, एयर शो, आतिशबाजी, सांस्कृतिक कार्यक्रम और कॉन्सर्ट आयोजित किए जा रहे हैं। राजधानी वॉशिंगटन डीसी में ऐतिहासिक इमारतों के ऊपर भव्य आतिशबाजी और लड़ाकू विमानों के फ्लाईपास्ट ने समारोह को खास बना दिया। देखिए अमेरिका के 250वें स्वतंत्रता दिवस समारोह की 20 तस्वीरें… न्यूयॉर्क से मियामी तक जश्न की 5 तस्वीरें आतिशबाजी और रंगारंग जश्न की 9 तस्वीरें एयर शो और परेड की 6 तस्वीरें आजादी के पिछले सबसे बड़े जश्न ————————– ये खबर भी पढ़ें…. अमेरिका की आजादी के 250 साल का जश्न:देशभर में परेड, ट्रम्प संबोधन देंगे; वॉशिंगटन में इतिहास की सबसे बड़ी आतिशबाजी होगी अमेरिका में आजादी के 250 साल पूरे होने का जश्न मनाया जा रहा है। फिलाडेल्फिया, न्यूयॉर्क, वॉशिंगटन डीसी समेत 50 राज्यों में परेड, ऐतिहासिक कार्यक्रम और म्यूजिक कॉन्सर्ट का आयोजन हो रहा है। व्हाइट हाउस के मुताबिक थोड़ी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प राष्ट्र को संबोधित करेंगे। इसके बाद राजधानी वॉशिंगटन डीसी में इतिहास की सबसे बड़ी आतिशबाजी होगी। पूरी खबर पढ़ें…
250वें स्वतंत्रता दिवस पर जश्न में डूबा अमेरिका:न्यूयॉर्क में परेड, वॉशिंगटन में फाइटर प्लेन्स की उड़ान, मियामी ड्रोन शो और आतिशबाजी की 20 तस्वीरें

अमेरिका आज अपनी आजादी के 250 साल पूरे होने का जश्न मना रहा है। इस मौके पर वॉशिंगटन डीसी, न्यूयॉर्क, फिलाडेल्फिया, टेक्सास और मियामी समेत देशभर में परेड, एयर शो, आतिशबाजी, सांस्कृतिक कार्यक्रम और कॉन्सर्ट आयोजित किए जा रहे हैं। राजधानी वॉशिंगटन डीसी में ऐतिहासिक इमारतों के ऊपर भव्य आतिशबाजी और लड़ाकू विमानों के फ्लाईपास्ट ने समारोह को खास बना दिया। देखिए अमेरिका के 250वें स्वतंत्रता दिवस समारोह की 20 तस्वीरें… न्यूयॉर्क से मियामी तक जश्न की 5 तस्वीरें आतिशबाजी और रंगारंग जश्न की 9 तस्वीरें एयर शो और परेड की 6 तस्वीरें आजादी के पिछले सबसे बड़े जश्न ————————– ये खबर भी पढ़ें…. अमेरिका की आजादी के 250 साल का जश्न:देशभर में परेड; वॉशिंगटन में इतिहास की सबसे बड़ी आतिशबाजी होगी अमेरिका में आजादी के 250 साल पूरे होने का जश्न मनाया जा रहा है। फिलाडेल्फिया, न्यूयॉर्क, वॉशिंगटन डीसी समेत 50 राज्यों में परेड, ऐतिहासिक कार्यक्रम और म्यूजिक कॉन्सर्ट का आयोजन हो रहा है। व्हाइट हाउस के मुताबिक थोड़ी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प राष्ट्र को संबोधित करेंगे। इसके बाद राजधानी वॉशिंगटन डीसी में इतिहास की सबसे बड़ी आतिशबाजी होगी। पूरी खबर पढ़ें…
Coconut Water Side Effects: इन लोगों के लिए ‘जहर’ बन सकता है नारियल पानी, भूलकर भी न पीएं

गर्मी का मौसम हो या सेहत बनाने की, नारियल पानी को हमेशा सबसे ऊपर रखा जाता है। विटामिन्स, विटामिन्स और एंटीऑक्सिडेंट्स सेकीराट पानी शरीर को तुरंत सूचीबद्ध किया जाता है। इसे स्वास्थ्य का ‘अमृत’ माना जाता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि कुछ लोगों के लिए इसी अमृत का ‘जहर’ के समान नुकसानदेह सिद्ध हो सकता है? आइए जानते हैं। नारियल पानी में पोटैशियम की मात्रा बहुत अधिक होती है। स्वस्थ किडनी में अतिरिक्त पोटैशियम शरीर से बाहर निकल जाता है, लेकिन स्वस्थ या बीमार किडनी में ऐसा नहीं होता है। शरीर में पोटेशियम का स्तर बढ़ने से दिल का दौरा पड़ने का खतरा बढ़ जाता है। कैंसर के रोगियों को डॉक्टर की सलाह के बिना इसका सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए। हाई ब्लड डिसऑर्डर की दवा खाने वाले लोग नारियल पानी ब्लड सप्लाई को कम करने में मदद मिलती है, जो एक अच्छी बात है। लेकिन अगर आप पहले से ही हाई ब्लड डिसऑर्डर की श्रेणी खा रहे हैं, तो कोको पानी का अत्यधिक सेवन आपके ब्लड के कणों को अचानक बहुत कम कर सकता है। इससे चक्कर आना और कमजोरी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। अक्सर लोग दिखाते हैं कि नारियल का पानी बेचा जाता है, तो यह शुगर नहीं बढ़ाएगा। लेकिन इसमें कैलोरी और कार्बोहाइड्रेट होते हैं। यदि आपका ब्लड शुगर लेवल हमेशा फ़्लूच्युएट या बहुत अधिक रहता है, तो रोज़ नारियल पानी पीने से बचें। यह आपके स्टॉक में अचानक दिखने वाला स्पाइक हो सकता है। जिन लोगों में पाचन की समस्या होती है या जिनमें अक्सर पेट फूलने और गैस की समस्या होती है, उन्हें खाली पेट नारियल पानी की आवश्यकता नहीं होती है। इसके अप्राकृतिक तासीर और अधिक मात्रा में मौजूद आभूषण पेट में भारीपन को बढ़ाया जा सकता है। (टैग अनुवाद करने के लिए)नारियल पानी के दुष्प्रभाव(टी)नारियल पानी(टी)किसे बचना चाहिए(टी)किडनी रोग(टी)निम्न रक्तचाप(टी)मधुमेह(टी)एलर्जी(टी)पोटेशियम
खामेनेई के जनाजे में लाखों लोगों की भीड़:अंतिम दर्शन को उमड़ा जनसैलाब, ताबूत देखते ही रो पड़े लोग; 'अमेरिका मुर्दाबाद' के लगे नारे

ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के राजकीय अंतिम संस्कार में शनिवार को तेहरान की सड़कों पर जनसैलाब उमड़ पड़ा। छह दिन तक चलने वाले इस अंतिम संस्कार के पहले दिन ग्रैंड मोसल्ला मस्जिद में सुबह से ही लाखों लोग अंतिम दर्शन के लिए पहुंचने लगे। अधिकारियों का अनुमान है कि पूरे कार्यक्रम में 1.5 करोड़ से 2 करोड़ लोग शामिल हो सकते हैं। खामेनेई का ताबूत ईरानी झंडे में लपेटकर मंच पर रखा गया था। उनके साथ हमले में मारे गए परिवार के अन्य सदस्यों के ताबूत भी रखे गए। ताबूत देखते ही कई लोग रो पड़े और कई श्रद्धालु फूट-फूटकर बिलखते नजर आए। इस दौरान भीड़ लगातार ‘अमेरिका मुर्दाबाद’ और ‘इजराइल पर खुदा का कहर’ के नारे लगाती रही। कई लोग बदला लेने की मांग वाले पोस्टर लेकर पहुंचे। अंतिम यात्रा 6 जुलाई को तेहरान से निकलेगी। इसके बाद पार्थिव शरीर 7 जुलाई को कोम, 8 जुलाई को इराक के नजफ और करबला और 9 जुलाई को मशहद ले जाया जाएगा, जहां पूरे राजकीय सम्मान के साथ दफनाया जाएगा। पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स 1. अंतिम संस्कार में 100 ज्यादा देशों के प्रतिनिधिमंडल पहुंचे: अयातुल्ला अली खामेनेई के राजकीय अंतिम संस्कार में 100 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधिमंडल भी शामिल हुए। 2. तेहरान में अभूतपूर्व सुरक्षा और लोगों के लिए विशेष इंतजाम: अंतिम संस्कार को देखते हुए सेना और पुलिस की भारी तैनाती की गई। मेट्रो और सरकारी बसें मुफ्त रहीं, होटलों में 50% तक छूट दी गई, 5,000 से ज्यादा स्कूलों में ठहरने की व्यवस्था की गई और दूसरे शहरों से विशेष ट्रेनें चलाई गईं। 3. खामेनेई की अंतिम यात्रा 5 शहरों से गुजरेगी: अंतिम यात्रा तेहरान से शुरू होकर क़ोम, इराक के करबला और नजफ होते हुए 9 जुलाई को मशहद पहुंचेगी, जहां उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा। 4. ईरान ने अमेरिका से बातचीत रोकी, परमाणु ठिकानों के निरीक्षण से भी इनकार: अंतिम संस्कार के दौरान अमेरिका-ईरान के बीच चल रही अप्रत्यक्ष वार्ता फिलहाल रोक दी गई है। साथ ही ईरान ने अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) को फोर्डो, नतांज और इस्फहान परमाणु ठिकानों के निरीक्षण की अनुमति देने से इनकार कर दिया। ट्रम्प का दावा- ईरान को अंतिम संस्कार के लिए एक हफ्ते की मोहलत दी: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका ने मानवीय आधार पर ईरान को अंतिम संस्कार पूरा करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया है। उन्होंने दावा किया कि इसके बाद ईरान को अमेरिकी शर्तें माननी होंगी। खामेनेई के अंतिम संस्कार से जुड़े अपडे्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…
खामेनेई के जनाजे में लाखों लोगों की भीड़:अंतिम दर्शन को उमड़ा जनसैलाब, ताबूत देखते ही रो पड़े लोग; 'अमेरिका मुर्दाबाद' के लगे नारे

ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के राजकीय अंतिम संस्कार में शनिवार को तेहरान की सड़कों पर जनसैलाब उमड़ पड़ा। छह दिन तक चलने वाले इस अंतिम संस्कार के पहले दिन ग्रैंड मोसल्ला मस्जिद में सुबह से ही लाखों लोग अंतिम दर्शन के लिए पहुंचने लगे। अधिकारियों का अनुमान है कि पूरे कार्यक्रम में 1.5 करोड़ से 2 करोड़ लोग शामिल हो सकते हैं। खामेनेई का ताबूत ईरानी झंडे में लपेटकर मंच पर रखा गया था। उनके साथ हमले में मारे गए परिवार के अन्य सदस्यों के ताबूत भी रखे गए। ताबूत देखते ही कई लोग रो पड़े और कई श्रद्धालु फूट-फूटकर बिलखते नजर आए। इस दौरान भीड़ लगातार ‘अमेरिका मुर्दाबाद’ और ‘इजराइल पर खुदा का कहर’ के नारे लगाती रही। कई लोग बदला लेने की मांग वाले पोस्टर लेकर पहुंचे। अंतिम यात्रा 6 जुलाई को तेहरान से निकलेगी। इसके बाद पार्थिव शरीर 7 जुलाई को कोम, 8 जुलाई को इराक के नजफ और करबला और 9 जुलाई को मशहद ले जाया जाएगा, जहां पूरे राजकीय सम्मान के साथ दफनाया जाएगा। पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स 1. अंतिम संस्कार में 100 ज्यादा देशों के प्रतिनिधिमंडल पहुंचे: अयातुल्ला अली खामेनेई के राजकीय अंतिम संस्कार में 100 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधिमंडल भी शामिल हुए। 2. तेहरान में अभूतपूर्व सुरक्षा और लोगों के लिए विशेष इंतजाम: अंतिम संस्कार को देखते हुए सेना और पुलिस की भारी तैनाती की गई। मेट्रो और सरकारी बसें मुफ्त रहीं, होटलों में 50% तक छूट दी गई, 5,000 से ज्यादा स्कूलों में ठहरने की व्यवस्था की गई और दूसरे शहरों से विशेष ट्रेनें चलाई गईं। 3. खामेनेई की अंतिम यात्रा 5 शहरों से गुजरेगी: अंतिम यात्रा तेहरान से शुरू होकर क़ोम, इराक के करबला और नजफ होते हुए 9 जुलाई को मशहद पहुंचेगी, जहां उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा। 4. ईरान ने अमेरिका से बातचीत रोकी, परमाणु ठिकानों के निरीक्षण से भी इनकार: अंतिम संस्कार के दौरान अमेरिका-ईरान के बीच चल रही अप्रत्यक्ष वार्ता फिलहाल रोक दी गई है। साथ ही ईरान ने अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) को फोर्डो, नतांज और इस्फहान परमाणु ठिकानों के निरीक्षण की अनुमति देने से इनकार कर दिया। ट्रम्प का दावा- ईरान को अंतिम संस्कार के लिए एक हफ्ते की मोहलत दी: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका ने मानवीय आधार पर ईरान को अंतिम संस्कार पूरा करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया है। उन्होंने दावा किया कि इसके बाद ईरान को अमेरिकी शर्तें माननी होंगी। खामेनेई के अंतिम संस्कार से जुड़े अपडे्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…
श्रीलंका ने 549 रनों पर पहली पारी घोषित की:वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे टेस्ट के दूसरे दिन मजबूत पकड़; इंडिज का स्कोर 58|1

वेस्टइंडीज के खिलाफ नॉर्थ साउंड में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट के दूसरे दिन श्रीलंका ने पहली पारी 9 विकेट पर 549 रन बनाकर घोषित कर दी। श्रीलंका ने मैच के दूसरे दिन करीब दो सेशन तक बल्लेबाजी की और स्कोर को साढ़े पांच सौ के करीब पहुंचाया। जवाब में वेस्टइंडीज ने दिन का खेल खत्म होने तक एक विकेट पर 58 रन बनाए। टीम अभी श्रीलंका से 491 रन पीछे है। दिन का खेल खत्म होने तक कैरेबियाई ओपनर जॉन कैंपबेल 31 रन और कावेम हॉज 6 रन बनाकर क्रीज पर मौजूद थे। मेंडिस और दिनुषा ने संभाली पारी दूसरे दिन श्रीलंका ने पहले दिन के स्कोर में 211 रन जोड़े। कुसल मेंडिस और सोनल दिनुषा ने छठे विकेट के लिए 246 गेंदों में 143 रन की साझेदारी की। दोनों ने अर्धशतक लगाए, लेकिन दिनुषा 92 रन बनाकर अपने पहले टेस्ट शतक से सिर्फ 8 रन दूर रह गए। लंच के बाद मेंडिस ने तेज की रन गति श्रीलंका ने पहले सत्र में बिना कोई विकेट गंवाए 64 रन बनाए। लंच के बाद कुसल मेंडिस ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए जेडन सील्स और अल्जारी जोसेफ पर तेजी से रन बटोरे। हालांकि, स्कूप शॉट खेलने की कोशिश में वह एंडरसन फिलिप की गेंद पर बोल्ड हो गए। कप्तान चेज का दांव काम आया मेंडिस के आउट होने के बाद सोनल दिनुषा और मिलन रथनायके ने 36 रन जोड़े। इसके बाद कप्तान रोस्टन चेज ने पार्ट टाइम स्पिनर कावेम हॉज को गेंद सौंपी। दिनुषा ने उनकी पहली दो गेंदों पर चौके लगाए, लेकिन तीसरी गेंद पर कवर में कैच देकर 92 रन पर पवेलियन लौट गए। इसके बाद रथनायके और प्रभात जयसूर्या ने तेजी से रन जोड़े। रथनायके और डेब्यू कर रहे इसिथा विजेसुंदरा के आउट होने के बाद श्रीलंका ने पारी घोषित कर दी। वेस्टइंडीज की धीमी शुरुआत 549 रन के जवाब में बल्लेबाजी करने उतरी वेस्टइंडीज ने दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक एक विकेट पर 58 रन बनाए। जॉन कैंपबेल 31 और कावेम हॉज 6 रन बनाकर नाबाद लौटे। टीम को अब भी पहली पारी में 491 रन की जरूरत है। दोनों टीमों से छूटे कैच वेस्टइंडीज की फील्डिंग दूसरे दिन भी कमजोर रही। जॉन कैंपबेल ने स्लिप में कुसल मेंडिस का आसान कैच छोड़ दिया, जिसका उन्होंने पूरा फायदा उठाया। वहीं श्रीलंका ने भी तीन कैच गंवाए। इसिथा विजेसुंदरा ने जॉन कैंपबेल का, जबकि सोनल दिनुषा और लाहिरू उदारा ने कावेम हॉज के एक-एक कैच छोड़े।









