Friday, 02 Oct 2026 | 01:11 AM

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चिंतामण ब्रिज से शिप्रा में कूदे युवक की मौत:उज्जैन में बहन से एक घंटे बाद मिलने का कहकर गया, वापस नहीं लौटा

चिंतामण ब्रिज से शिप्रा में कूदे युवक की मौत:उज्जैन में बहन से एक घंटे बाद मिलने का कहकर गया, वापस नहीं लौटा

उज्जैन में 22 वर्षीय युवक ने चिंतामण ब्रिज के पास निर्माणाधीन पुल से शिप्रा नदी में छलांग लगा दी। गोताखोरों ने उसे नदी से बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। मृतक की पहचान इंगोरिया के ग्राम सुवासा निवासी अंकित पाटीदार के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार बुधवार को अंकित अपनी बड़ी बहन ज्योति के साथ उज्जैन आया था। परिवार शादी समारोह में गया हुआ था, जबकि अंकित और ज्योति घर पर थे। ज्योति इलाज के लिए उज्जैन जाना चाहती थी और अंकित ने कॉलेज के काम का हवाला देकर उसके साथ जाने का फैसला किया। एक घंटे में मिलने का कहकर रुक गया युवक उज्जैन पहुंचकर दोनों जंतर-मंतर क्षेत्र के पास उतरे। अंकित ने अपनी बहन से कहा कि उसका दोस्त आने वाला है और वह यहीं उसका इंतजार करेगा। उसने ज्योति से एक घंटे बाद उसी जगह मिलने या खुद उसके पास आने की बात कही। गोताखोरों ने नदी से बाहर निकाला इसके बाद ज्योति इलाज के लिए चली गई और इसी दौरान अंकित चिंतामण ब्रिज के पास पहुंचा तथा निर्माणाधीन पुल से शिप्रा नदी में कूद गया। घटना की सूचना मिलते ही एसडीईआरएफ और मां शिप्रा तैराक दल के गोताखोर मौके पर पहुंचे। काफी मशक्कत के बाद युवक को नदी से बाहर निकाला गया और अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा एक घंटे बाद जब बहन ज्योति वापस लौटी, तो अंकित वहां नहीं मिला। उसका मोबाइल भी बंद आ रहा था। चिंतित होकर वह घर पहुंची, लेकिन अंकित वहां भी नहीं आया। परिजनों ने इंगोरिया थाने में गुमशुदगी दर्ज कराने का प्रयास किया, जहां उन्हें नीलगंगा थाने जाने को कहा गया। नीलगंगा थाने में पुलिस ने उन्हें एक अज्ञात शव की तस्वीर दिखाई, जिसकी पहचान अंकित के रूप में हुई। गुरुवार सुबह पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस फिलहाल इस आत्मघाती कदम के पीछे के स्पष्ट कारणों की जांच कर रही है।

बुरहानपुर में सड़क हादसे रोकने उतरी पुलिस:पंपलेट बांटकर समझाइश, हेलमेट-सीट बेल्ट पर जोर; नाबालिग ड्राइविंग और नशे पर चेतावनी

बुरहानपुर में सड़क हादसे रोकने उतरी पुलिस:पंपलेट बांटकर समझाइश, हेलमेट-सीट बेल्ट पर जोर; नाबालिग ड्राइविंग और नशे पर चेतावनी

बुरहानपुर में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए यातायात पुलिस ने एक जागरूकता अभियान शुरू किया है। इस पहल के तहत, वाहन चालकों को रोककर यातायात नियमों का पालन करने के लिए पंपलेट वितरित किए जा रहे हैं और उन्हें समझाइश दी जा रही है। अभियान के दौरान बाइक चालकों से हेलमेट पहनकर वाहन चलाने की अपील की जा रही है, जबकि चार पहिया वाहन चालकों को सीट बेल्ट का उपयोग करने की सलाह दी जा रही है। यह अभियान जिले में 26 अप्रैल से शुरू हुआ था और 10 मई तक चलेगा। इसका मुख्य उद्देश्य दोपहिया वाहन चालकों, विशेषकर युवाओं और महिला चालकों को हेलमेट के प्रति जागरूक करना और सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम सुनिश्चित करना है। पुलिस आमजन से सीधा संवाद कर रही सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और आमजन में जिम्मेदार यातायात व्यवहार विकसित करने के लक्ष्य के साथ, बुरहानपुर पुलिस द्वारा जिलेभर में व्यापक सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। जिले के सभी थाना और चौकी स्तर पर पुलिस टीमें आमजन से सीधा संवाद स्थापित कर रही हैं। दोपहिया वाहन चालकों को हेलमेट के अनिवार्य उपयोग के प्रति विशेष रूप से जागरूक किया जा रहा है, क्योंकि सड़क दुर्घटनाओं में सिर पर लगने वाली चोटें अक्सर जानलेवा साबित होती हैं। हेलमेट न केवल चोट की गंभीरता को कम करता है, बल्कि जीवन बचाने का सबसे प्रभावी साधन भी है। गुरुवार को यातायात थाना के सहायक उप निरीक्षक अजीतसिंह जाट और उनके स्टाफ ने मुख्य चौराहे पर यातायात संबंधी कार्यक्रम आयोजित किया। इस दौरान वाहन चालकों को अभियान से संबंधित पंपलेट बांटे गए और उनसे सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने का आग्रह किया गया, जो न केवल अपनी बल्कि दूसरों की जान की सुरक्षा के लिए भी आवश्यक है। यह बता रहे सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक सिग्नल का महत्व। हेलमेट, सीट बेल्ट का अनिवार्य उपयोग, नशे की हालत में वाहन चलाने के खतरे, नाबालिगों को वाहन न देने की जिम्मेदारी, राहवीर योजना, हिट एंड रन पीड़ित प्रतिकर योजना और कैशलेस ट्रीटमेंट योजना की जानकारी बताई गई। बुरहानपुर पुलिस की आमजन से अपील खुद और अपने परिजनों की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करें। हमेशा सीट बेल्ट और हेलमेट का प्रयोग करें। तेज गति व लापरवाही से बचें। नाबालिगों को वाहन न दें। नशे की हालत में वाहन न चलाएं।

इंदौर में युवती से दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग का आरोप:नौकरी दिलाने के बहाने फंसाया, वीडियो बनाकर लंबे समय तक दबाव बनाया

इंदौर में युवती से दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग का आरोप:नौकरी दिलाने के बहाने फंसाया, वीडियो बनाकर लंबे समय तक दबाव बनाया

इंदौर में एक युवती ने गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। पीड़िता का कहना है कि आरोपी ने नौकरी दिलाने का झांसा देकर उससे दोस्ती की, फिर नशीला पदार्थ खिलाकर दुष्कर्म किया और वीडियो बनाकर लंबे समय तक ब्लैकमेल करता रहा। युवती ने जबरन धर्म परिवर्तन के लिए दबाव और मारपीट के भी आरोप लगाए हैं। हालांकि पुलिस ने फिलहाल दुष्कर्म के मामले में ही कार्रवाई की है। पलासिया थाना पुलिस के मुताबिक, पीड़िता ने बताया कि उसकी पहचान साल 2022 में सोशल मीडिया के जरिए आरोपी लकी उर्फ सोहेल पुत्र रईस खान, निवासी ग्रीन पार्क कॉलोनी से हुई थी। पहली मुलाकात शहर के 56 दुकान क्षेत्र में हुई, जहां आरोपी ने उसे नौकरी दिलाने का भरोसा दिया और उससे दोस्ती कर ली। युवती की शिकायत के बाद पुलिस ने बुधवार देर रात केस दर्ज किया है। नशीला पदार्थ देकर किया दुष्कर्म युवती ने बताया कि 20 दिसंबर 2023 को आरोपी उसके तिलक नगर स्थित घर पहुंचा। उस समय घर में कोई नहीं था। आरोप है कि उसने खाने में नशीला पदार्थ मिलाकर दिया, जिससे वह अचेत हो गई। इसी दौरान आरोपी ने उसके साथ दुष्कर्म किया और वीडियो बना लिया। होश में आने पर आरोपी ने वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उसे अपने साथ रहने के लिए मजबूर किया। पीड़िता का कहना है कि आरोपी उसे डराकर अपने साथ किराए के कमरे में रखता रहा। मार्च 2024 में उसे अजमेर ले जाया गया, जहां उसके साथ जबरन धार्मिक क्रियाएं करवाई गईं और शारीरिक संबंध बनाए गए। गर्भपात का लगाया आरोप युवती के अनुसार अक्टूबर 2024 में वह गर्भवती हो गई। उसने आरोपी से शादी की बात कही, लेकिन आरोपी ने इनकार कर दिया और दबाव बनाकर गर्भपात करा दिया, जिससे उसकी तबीयत भी खराब हो गई। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि उसे चंदन नगर क्षेत्र में एक व्यक्ति के पास ले जाया गया, जहां अंधविश्वास से जुड़ी गतिविधियां करवाई गईं। इसके साथ ही उस पर धर्म परिवर्तन कर धार्मिक रीति-रिवाज अपनाने का दबाव बनाया गया। मना करने पर उसके साथ मारपीट की गई और धमकाया गया। पीड़िता ने करणी सेना के पदाधिकारी मानसिंह राजावत, लक्की बाहुबली और रक्षा शुक्ला से संपर्क किया। इसके बाद सभी उसे लेकर वरिष्ठ अधिकारियों के पास पहुंचे, जिसके बाद देर रात पलासिया पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की।

समय रैना और रणवीर अल्लाहबादिया फिर साथ दिखेंगे:‘कपिल के शो में इंडियाज गॉट लेटेंट विवाद के बाद पहली बार साथ नजर आएंगे

समय रैना और रणवीर अल्लाहबादिया फिर साथ दिखेंगे:‘कपिल के शो में इंडियाज गॉट लेटेंट विवाद के बाद पहली बार साथ नजर आएंगे

वर्ल्ड लाफ्टर डे के मौके पर नेटफ्लिक्स पर ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ का एक स्पेशल एपिसोड आने वाला है। इस एपिसोड में कपिल शर्मा के साथ समय रैना और रणवीर अल्लाहबादिया नजर आएंगे। यह स्पेशल एपिसोड 2 मई को नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम होगा। शो का एक टीजर भी सामने आया है, जिसमें समय रैना कहते हैं, “फ्रेंड्स, मैं आखिरकार अपने फेवरेट शो ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ में आ रहा हूं, लेकिन मुझे नहीं बताया गया कि मेरा गेस्ट कौन होगा। उन्होंने कहा कि अभी बताएंगे—3, 2, 1।” इसके बाद रणवीर अल्लाहबादिया एंट्री करते हैं। इस पर समय रैना कहते हैं, “नो वे, ब्रो!” समय रैना के शो में विवाद हुआ था गौरतलब है कि पिछले साल रणवीर अल्लाहबादिया जब समय रैना के शो ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ में आए थे, तब बहुत विवाद हुआ था। एपिसोड के दौरान रणवीर ने अश्लील और आपत्तिजनक जोक किया था। इसका वीडियो वायरल होते ही देशभर में भारी विरोध हुआ था। विवाद इतना बढ़ गया कि समय रैना को अपने यूट्यूब चैनल से ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ के सभी एपिसोड हटाने पड़े थे। इस विवाद के कारण समय रैना, रणवीर अल्लाहबादिया, आशीष चंचलानी, अपूर्वा मखीजा और जसप्रीत सिंह के खिलाफ महाराष्ट्र, असम (गुवाहाटी) और राजस्थान (जयपुर) जैसे राज्यों में FIR दर्ज की गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस पर सख्त रुख अपनाते हुए रणवीर के दिमाग को “गंदा” बताया और कहा कि ऐसी बातें समाज में शर्मिंदगी लाती हैं। कोर्ट ने उन्हें सार्वजनिक रूप से माफी मांगने का भी आदेश दिया था।

समय रैना और रणवीर अल्लाहबादिया फिर साथ दिखेंगे:‘कपिल के शो में इंडियाज गॉट लेटेंट विवाद के बाद पहली बार साथ नजर आएंगे

समय रैना और रणवीर अल्लाहबादिया फिर साथ दिखेंगे:‘कपिल के शो में इंडियाज गॉट लेटेंट विवाद के बाद पहली बार साथ नजर आएंगे

वर्ल्ड लाफ्टर डे के मौके पर नेटफ्लिक्स पर ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ का एक स्पेशल एपिसोड आने वाला है। इस एपिसोड में कपिल शर्मा के साथ समय रैना और रणवीर अल्लाहबादिया नजर आएंगे। यह स्पेशल एपिसोड 2 मई को नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम होगा। शो का एक टीजर भी सामने आया है, जिसमें समय रैना कहते हैं, “फ्रेंड्स, मैं आखिरकार अपने फेवरेट शो ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ में आ रहा हूं, लेकिन मुझे नहीं बताया गया कि मेरा गेस्ट कौन होगा। उन्होंने कहा कि अभी बताएंगे—3, 2, 1।” इसके बाद रणवीर अल्लाहबादिया एंट्री करते हैं। इस पर समय रैना कहते हैं, “नो वे, ब्रो!” समय रैना के शो में विवाद हुआ था गौरतलब है कि पिछले साल रणवीर अल्लाहबादिया जब समय रैना के शो ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ में आए थे, तब बहुत विवाद हुआ था। एपिसोड के दौरान रणवीर ने अश्लील और आपत्तिजनक जोक किया था। इसका वीडियो वायरल होते ही देशभर में भारी विरोध हुआ था। विवाद इतना बढ़ गया कि समय रैना को अपने यूट्यूब चैनल से ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ के सभी एपिसोड हटाने पड़े थे। इस विवाद के कारण समय रैना, रणवीर अल्लाहबादिया, आशीष चंचलानी, अपूर्वा मखीजा और जसप्रीत सिंह के खिलाफ महाराष्ट्र, असम (गुवाहाटी) और राजस्थान (जयपुर) जैसे राज्यों में FIR दर्ज की गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस पर सख्त रुख अपनाते हुए रणवीर के दिमाग को “गंदा” बताया और कहा कि ऐसी बातें समाज में शर्मिंदगी लाती हैं। कोर्ट ने उन्हें सार्वजनिक रूप से माफी मांगने का भी आदेश दिया था।

बंगाल में एग्जिट पोल में टीएमसी-बीजेपी के बीच कड़ी टक्कर दिखाई गई है। क्या महिला मतदाता संतुलन बना सकती हैं? | चुनाव समाचार

CBSE Class 12 Result 2026 Date and Time LIVE Updates: Scorecards expected soon on cbse.gov.in.

आखरी अपडेट:30 अप्रैल, 2026, 14:04 IST 2026 के चुनावों में, महिलाओं ने न केवल पुरुषों को पछाड़ दिया, बल्कि 93.24 प्रतिशत मतदान के साथ पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए। महिलाएं अब बंगाल के चुनावों में सिर्फ भागीदार नहीं हैं; वे इस बात के केंद्र में हैं कि परिणाम कैसे आकार लेते हैं। (पीटीआई) पश्चिम बंगाल में कड़े मुकाबले का फैसला आ सकता है, एग्जिट पोल में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के मजबूत प्रदर्शन और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की ओर से मजबूत चुनौती का संकेत दिया जा रहा है। इस बीच, एक रुझान स्पष्ट रूप से सामने आया है- महिला मतदाता रिकॉर्ड संख्या में सामने आई हैं और परिणाम को आकार देने में निर्णायक साबित हो सकती हैं। पश्चिम बंगाल विधानसभा की सभी 294 सीटों पर दो चरणों में मतदान हुआ और नतीजे 4 मई को घोषित किए जाएंगे। वोटिंग पैटर्न पर जाने से पहले आइए समझें कि एग्जिट पोल ने राज्य के लिए क्या भविष्यवाणी की है। राज्य में किसी भी पार्टी के लिए आराम से सरकार बनाने के लिए बहुमत का आंकड़ा 148 है। ज्यादातर एग्जिट पोल में कड़ी टक्कर का अनुमान है, कई अनुमानों में बीजेपी आगे है। चाणक्य स्ट्रैटेजीज़ ने अनुमान लगाया है कि बीजेपी 150-160 सीटें जीतेगी, जबकि टीएमसी 30-40 सीटें जीतेगी और अन्य को छह से 10 सीटें मिल रही हैं। मैट्रिज़ ने अनुमान लगाया कि बीजेपी को 146-161 सीटें मिलेंगी, जबकि टीएमसी को 125-140 सीटें और अन्य को 6-10 सीटें मिलेंगी। जेवीसी ने अनुमान लगाया कि बीजेपी को 138-159 सीटें और टीएमसी को 131-152 सीटें, कांग्रेस को 0-2 सीटें और वाम दलों को 0-1 सीटें मिलेंगी। पी-मार्क एग्जिट पोल में बीजेपी को 150-175 सीटें, टीएमसी को 118-138 सीटें और अन्य को 2-6 सीटें मिलने का अनुमान लगाया गया है। पीपुल पल्स ने बीजेपी को 95-100 सीटें, टीएमसी को 177-187 सीटें, कांग्रेस को 1-3 सीटें और लेफ्ट पार्टियों को 0-1 सीटें मिलने का अनुमान लगाया है। इस बीच, पोल डायरी एग्जिट पोल में बीजेपी को 142-147 सीटें, टीएमसी को 99-127 सीटें, कांग्रेस को 3-5 सीटें, लेफ्ट पार्टियों को 2-3 सीटें और अन्य को 0-1 सीटें मिलने का अनुमान लगाया गया है। सर्वेक्षणों ने लिंग-वार कोई विवरण नहीं दिया है, लेकिन पिछले आंकड़े बढ़ती महिला भागीदारी का एक सुसंगत पैटर्न दिखाते हैं। इस बार महिलाओं के मन में क्या है? भारत के अधिकांश हिस्सों की तरह, पश्चिम बंगाल में भी पुरुष-प्रधान मतदान पैटर्न था। लेकिन 2011 में पैटर्न बदल गया और राज्य के इतिहास में पहली बार महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से अधिक हो गई। परिणाम: राज्य में उच्च मतदान प्रतिशत के साथ ही ममता बनर्जी पहली महिला मुख्यमंत्री बन गईं। तब से, राज्य में महिलाओं और बनर्जी ने पीछे मुड़कर नहीं देखा। 2016 और 2021 में भी महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से अधिक रही और बनर्जी ने अपना नियंत्रण जारी रखा। 2026 के चुनावों में, महिलाओं ने न केवल पुरुषों को पछाड़ दिया, बल्कि 93.24 प्रतिशत मतदान के साथ पिछले सभी रिकॉर्ड भी तोड़ दिए। इसका मतलब है कि राज्य में प्रत्येक 100 पात्र महिला मतदाताओं में से लगभग 94 वोट देने के लिए बाहर निकलीं। पुरुषों के मामले में यह लगभग 92 था। 2011 में, महिलाओं का मतदान 84.45 प्रतिशत था – जो बुधवार तक एक रिकॉर्ड था। भले ही 2016 और 2021 में महिलाओं की संख्या पुरुषों से अधिक थी, फिर भी मतदान 2011 की तुलना में कम था। 2026 में जो बदलाव आया है वह यह है कि महिलाओं ने पिछले सभी रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। नतीजा? 4 मई को वोटों की गिनती से पता चलेगा कि क्या महिलाएं अभी भी बनर्जी के साथ खड़ी हैं या उन्होंने पाला बदल लिया है। एग्जिट पोल के मुताबिक, किसी भी स्थिति में, सत्ता पक्ष या विपक्ष, बीजेपी अपने पिछले प्रदर्शन में सुधार करने के लिए तैयार है। पिछले परिणाम टीएमसी ने 2011 में 184 सीटें जीतीं, जो 2006 में 30 सीटें थीं। 2011 में टीएमसी को कुल वोटों का 38.93 प्रतिशत हासिल हुआ, जो 2006 में 26.64 प्रतिशत था। 2016 में ममता बनर्जी के दूसरे कार्यकाल में पार्टी का वोट शेयर बढ़कर 44.91 फीसदी (211 सीटें) हो गया। जैसे ही उन्होंने 2021 में लगातार तीसरी बार राज्य की कमान संभाली, चुनाव आयोग के आंकड़ों से पता चलता है कि टीएमसी का वोट शेयर बढ़कर 47.9 प्रतिशत (215 सीटें) हो गया। 2011 में तृणमूल को 1.85 करोड़ वोट मिले थे. 2016 में यह संख्या बढ़कर 2.45 करोड़ वोट हो गई। 2021 में यह संख्या 2.87 करोड़ तक पहुंच गई – 2011 के बाद से 54.92 प्रतिशत की वृद्धि। 2016 के बाद, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने वामपंथी दलों और कांग्रेस पर कब्ज़ा कर लिया और राज्य में प्राथमिक विपक्षी दल बन गई। 2016 में तीन सीटों (10.16 प्रतिशत वोट शेयर) से, बीजेपी ने 2021 में 77 सीटें जीतीं और वोट शेयर 38.15 प्रतिशत तक पहुंच गया। क्या महिला मतदाताओं की यह अभूतपूर्व लामबंदी सत्ता को मजबूत करती है या बदलाव का संकेत देती है, यह 4 मई को ही स्पष्ट होगा। हालाँकि, यह निश्चित है कि महिलाएँ अब केवल बंगाल के चुनावों में भागीदार नहीं हैं; वे इस बात के केंद्र में हैं कि परिणाम कैसे आकार लेते हैं। चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना पहले प्रकाशित: 30 अप्रैल, 2026, 14:04 IST समाचार चुनाव बंगाल में एग्जिट पोल में टीएमसी-बीजेपी के बीच कड़ी टक्कर दिखाई गई है। क्या महिला मतदाता संतुलन बना सकती हैं? अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)पश्चिम बंगाल चुनाव 2026(टी)पश्चिम बंगाल एग्जिट पोल(टी)महिला मतदाताओं का मतदान(टी)बीजेपी बनाम टीएमसी(टी)ममता बनर्जी(टी)महिला मतदाता भागीदारी(टी)पश्चिम बंगाल विधानसभा सीटें(टी)बीजेपी वोट शेयर

भोपाल के ऋषिपुरम में शराब दुकान का विरोध:26 दिन से धरना दे रहे; कहा- 5 दिन में दुकान नहीं हटी तो उग्र प्रदर्शन करेंगे

भोपाल के ऋषिपुरम में शराब दुकान का विरोध:26 दिन से धरना दे रहे; कहा- 5 दिन में दुकान नहीं हटी तो उग्र प्रदर्शन करेंगे

भोपाल के अवधपुरी स्थित ऋषिपुरम में शराब दुकान की शिफ्टिंग का मामला तूल पकड़ रहा है। रहवासी 80 फीट स्थित पेट्रोल पंप पर ठेके का विरोध पिछले 26 दिन से कर रहे हैं। अब उन्होंने उग्र प्रदर्शन की चेतावनी दी है। कहा कि 5 दिन में यदि शराब दुकान नहीं हटी तो हजारों लोग सड़क पर उतरकर विरोध जताएंगे। रहवासियों का कहना था कि दुकान के कारण इलाके का माहौल बिगड़ रहा है और आए दिन आपराधिक घटनाएं बढ़ रही हैं। रहवासी रमन तिवारी ने बताया कि मोहल्ले के लोग लंबे समय से इस दुकान को हटाने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि शराब दुकान के आसपास असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे क्षेत्र में असुरक्षा का माहौल बन गया है। रहवासियों ने आरोप लगाया कि यहां से गुजरने वाली महिलाओं के साथ छेड़छाड़ की घटनाएं सामने आती रहती हैं। इसके अलावा झगड़े और अन्य अपराध भी बढ़ गए हैं। जिससे आम लोगों का रहना मुश्किल हो गया है। पहले भी विरोध जता चुके रहवासियों ने बताया कि पिछले एक वर्ष से यह शराब की दुकान यहां चल रही है। जिसका तब भी विरोध किया था, लेकिन आबकारी विभाग अब दुकान हटाने की बजाय फिर से यहीं पर संचालित करने दे रहा है। लगातार 26 दिन से प्रदर्शन कर रहे हैं। बावजूद कोई जिम्मेदार अधिकारी सुनवाई के लिए नहीं पहुंचा। इसलिए अब उग्र प्रदर्शन करेंगे। कानून व्यवस्था बिगड़ी तो प्रशासन जिम्मेदार होगा शराब दुकान को लेकर गुरुवार को रहवासियों ने मीडिया के सामने अपनी बात रखी। कहा कि 5 दिन में ठेके को अन्य जगह पर शिफ्ट करने की मांग की गई है। यदि ऐसा नहीं हुआ तो क्षेत्र के करीब 10 हजार लोग सड़क पर उतरकर उग्र प्रदर्शन करेंगे।

भोपाल के बैरसिया में जनसुनवाई करेंगे कलेक्टर:तहसील में सुबह 10 बजे से शुरू होगी; सभी अधिकारी मौजूद रहेंगे

भोपाल के बैरसिया में जनसुनवाई करेंगे कलेक्टर:तहसील में सुबह 10 बजे से शुरू होगी; सभी अधिकारी मौजूद रहेंगे

भोपाल कलेक्टर प्रियंक मिश्रा 5 मई को होने वाली जनसुनवाई बैरसिया में करेंगे। पिछली 2 जनसुनवाई में बैरसिया क्षेत्र से ज्यादा शिकायतें मिलीं। ऐसे में लोगों को 40 से 45 किलोमीटर का सफर करके भोपाल न आना पड़े, इसलिए कलेक्टर ने बैरसिया में जनसुनवाई करने का निर्णय लिया है। जनसुनवाई सुबह 10 बजे से शुरू होगी। कलेक्टर मिश्रा समेत सभी जिला अधिकारी वहां मौजूद रहेंगे। जारी आदेश में सभी जिला अधिकारियों को जनसुनवाई में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही उन्हें बैरसिया क्षेत्र से संबंधित लंबित जन शिकायतों के निराकरण से जुड़ी जानकारी भी साथ लाना अनिवार्य किया गया है। ताकि, मौके पर ही उनका निराकरण हो सके। भोपाल में भी होगी जनसुनवाई बैरसिया में जिला स्तरीय जनसुनवाई होगी। इसमें जिले के सभी जिला अधिकारी शामिल होंगे। कलेक्टोरेट में होने वाली नियमित जनसुनवाई पूर्ववत जारी रहेगी। संबंधित विभाग- नगर निगम भोपाल, खाद्य विभाग, बिजली कंपनी, डीईओ अपने अधीनस्थ अधिकारी-कर्मचारियों को उपस्थित रहने के लिए पाबंद करेंगे।

जालंधर काउंटर इंटेलिजेंस ने पकड़ा ISI नेटवर्क:लाइव फुटेज जा रही थी पाकिस्तान, एक आरोपी गिरफ्तार; सिम, चीन में बना सोलर CCTV मिला

जालंधर काउंटर इंटेलिजेंस ने पकड़ा ISI नेटवर्क:लाइव फुटेज जा रही थी पाकिस्तान, एक आरोपी गिरफ्तार; सिम, चीन में बना सोलर CCTV मिला

पंजाब पुलिस के जालंधर काउंटर इंटेलिजेंस विंग ने ISI समर्थित जासूसी नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। इस ऑपरेशन के दौरान फिरोजपुर निवासी सुखविंदर सिंह उर्फ सुखा को गिरफ्तार किया गया है, जिसे इस गिरोह का प्रमुख ऑपरेटिव बताया जा रहा है। जांच में सामने आया है कि आरोपी और उसके सहयोगी सोलर पावर से चलने वाले सीसीटीवी कैमरे विभिन्न स्थानों पर लगा रहे थे। इन कैमरों के जरिए संवेदनशील स्थानों, खासकर सेना से जुड़े इलाकों की निगरानी की जा रही थी। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि इन कैमरों में 4G कनेक्टिविटी लगी हुई थी, जिससे लाइव फुटेज मोबाइल एप्लिकेशन के जरिए पाकिस्तान स्थित हैंडलर्स को भेजी जा रही थी। पुलिस ने कपूरथला से चीन निर्मित सोलर सीसीटीवी उपकरण भी बरामद किए हैं, जिनका इस्तेमाल निगरानी के लिए किया जा रहा था। अमृतसर में किया गया केस दर्ज इस मामले में स्टेट स्पेशल आपरेशन सेल (SSOC), अमृतसर में एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस अब इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों की पहचान और इसके पूरे नेटवर्क का पता लगाने के लिए आगे की जांच कर रही है। पुलिस बोली-शांति बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध पंजाब डीजीपी ने एक्स पर कहा कि वह जासूसी नेटवर्क को खत्म करने और राज्य में शांति व सुरक्षा बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। यह कार्रवाई राज्य की सुरक्षा के लिए एक अहम कदम मानी जा रही है, जिससे संवेदनशील सूचनाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।

नीमच में बड़े भाई ने छोटे भाई को मारा चाकू:युवक की मौत, आरोपी भी घायल; जमीनी विवाद में किया वार

नीमच में बड़े भाई ने छोटे भाई को मारा चाकू:युवक की मौत, आरोपी भी घायल; जमीनी विवाद में किया वार

नीमच जिले की जीरण तहसील के ग्राम पावड़ा खुर्द में जमीन विवाद को लेकर हुए झगड़े में एक बड़े भाई ने अपने छोटे भाई की चाकू मारकर हत्या कर दी। गंभीर रूप से घायल छोटे भाई ने अस्पताल ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया। यह घटना चिंताखेड़ा चौकी क्षेत्र में सामने आई है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पावड़ा खुर्द निवासी नरूलाल और उसके छोटे भाई भेरूलाल (30 वर्ष), पिता कचरूलाल मीणा के बीच लंबे समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। बुधवार रात करीब 10 बजे दोनों भाई घर पर थे। इसी दौरान किसी बात पर उनके बीच फिर से कहासुनी शुरू हो गई। विवाद बढ़ने पर बड़े भाई नरूलाल ने घर में रखा चाकू उठाकर भेरूलाल के पेट पर कई वार कर दिए। चाकू के गहरे घाव के कारण भेरूलाल मौके पर ही लहूलुहान होकर गिर पड़ा। परिजन उसे तुरंत जिला चिकित्सालय ले जाने लगे, लेकिन उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। जिला चिकित्सालय पहुंचने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना में आरोपी बड़ा भाई नरूलाल भी घायल हुआ है, जिसे उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना की सूचना मिलते ही चिंताखेड़ा चौकी पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का मुआयना किया। पुलिस ने मृतक के शव को पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में विवाद का कारण जमीन की पुरानी रंजिश सामने आई है। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।