Sunday, 30 Aug 2026 | 11:55 AM

Trending :

बुरहानपुर में नवकुंडीय गायत्री महायज्ञ का दूसरा दिन:36 जोड़ों ने आहुति दी, संस्कार-सद्भाव के संदेश के साथ प्रकृति सेवा का आह्वान

बुरहानपुर में नवकुंडीय गायत्री महायज्ञ का दूसरा दिन:36 जोड़ों ने आहुति दी, संस्कार-सद्भाव के संदेश के साथ प्रकृति सेवा का आह्वान

बुरहानपुर के गायत्री शक्तिपीठ में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर नवकुंडीय गायत्री महायज्ञ का दूसरा दिन शुक्रवार को हुआ। इस आयोजन में 36 जोड़ों ने आहुतियां दीं, जिससे वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। शिकारपुरा थाना के सामने स्थित गायत्री शक्तिपीठ में प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी महायज्ञ के माध्यम से समाज में संस्कार, सद्भाव और सकारात्मकता का संदेश प्रसारित किया जा रहा है। यज्ञ के साथ विभिन्न संस्कारों का भी आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य जनमानस को संस्कृति से जोड़ना था। यज्ञ के दौरान आचार्य विजय जी ने प्रकृति सेवा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इन दिनों मुरझाते पौधों को जल देना, पक्षियों के लिए दाना-पानी की व्यवस्था करना और गौमाता को गौ ग्रास अर्पित करना पुण्यकारी है। उन्होंने नीम की नई कोपलों के सेवन को स्वास्थ्य के लिए लाभकारी बताया। महायज्ञ की पूर्णाहुति के समय आचार्य देवेंद्र जी ने श्रद्धालुओं को एक बुराई त्यागने और नियमित गायत्री मंत्र जप का संकल्प दिलाया। गायत्री परिवार के कार्यकर्ता इन नौ दिनों तक निरंतर गायत्री मंत्र जप, साधना और अनुष्ठान कर रहे हैं, जिससे वातावरण में दिव्यता बनी हुई है। वसंत मोड़े ने गायत्री महायज्ञ के महत्व को समझाते हुए इसे आत्मकल्याण और विश्वकल्याण का श्रेष्ठ माध्यम बताया।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
अमेरिका-ईरान के हमले में गुजरात का जहाज डूबा:एक भारतीय की मौत, 17 क्रू मेंबर्स को बचाया; दुबई से यमन जा रहा था

May 8, 2026/
7:13 pm

ईरान और अमेरिका की नेवी के बीच बीती रात हॉर्मुज स्ट्रेट में हुई फायरिंग की चपेट में गुजरात का एक...

Art Exhibition & Traffic Diversions

April 20, 2026/
6:48 am

आपको हम बता रहे हैं, भोपाल शहर में आज कहां-क्या हो रहा है। यहां हर वो जानकारी होगी, जो आपके...

अरिजीत सिंह के सपोर्ट में आए अदनान सामी:सिंगर बोले- प्लेबैक सिंगिंग छोड़ने का फैसला सोच-समझकर लिया, उनकी प्राइवेसी का सम्मान करें

May 17, 2026/
3:58 pm

सिंगर और कंपोजर अदनान सामी ने अरिजीत सिंह के प्लेबैक सिंगिंग से संन्यास लेने के फैसले का समर्थन किया है।...

100 फीट ऊंची पानी टंकी पर स्टंट:दतिया में वायरल होने के लिए रील बनाई,,जान जोखिम में डालकर पाइप से उतरा युवक

April 10, 2026/
10:47 am

दतिया में सोशल मीडिया पर वायरल होने की होड़ अब जानलेवा स्टंट में बदलती जा रही है। बड़ौनी नगर पंचायत...

GE Aerospace & HAL Deal Complete; Tejas Fleet Strength Boost

April 14, 2026/
9:34 pm

नई दिल्ली22 मिनट पहले कॉपी लिंक अमेरिकी डिफेंस कंपनी GE एयरोस्पेस और भारत की सरकारी कंपनी हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL)...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

बुरहानपुर में नवकुंडीय गायत्री महायज्ञ का दूसरा दिन:36 जोड़ों ने आहुति दी, संस्कार-सद्भाव के संदेश के साथ प्रकृति सेवा का आह्वान

बुरहानपुर में नवकुंडीय गायत्री महायज्ञ का दूसरा दिन:36 जोड़ों ने आहुति दी, संस्कार-सद्भाव के संदेश के साथ प्रकृति सेवा का आह्वान

बुरहानपुर के गायत्री शक्तिपीठ में चैत्र नवरात्रि के अवसर पर नवकुंडीय गायत्री महायज्ञ का दूसरा दिन शुक्रवार को हुआ। इस आयोजन में 36 जोड़ों ने आहुतियां दीं, जिससे वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। शिकारपुरा थाना के सामने स्थित गायत्री शक्तिपीठ में प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी महायज्ञ के माध्यम से समाज में संस्कार, सद्भाव और सकारात्मकता का संदेश प्रसारित किया जा रहा है। यज्ञ के साथ विभिन्न संस्कारों का भी आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य जनमानस को संस्कृति से जोड़ना था। यज्ञ के दौरान आचार्य विजय जी ने प्रकृति सेवा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इन दिनों मुरझाते पौधों को जल देना, पक्षियों के लिए दाना-पानी की व्यवस्था करना और गौमाता को गौ ग्रास अर्पित करना पुण्यकारी है। उन्होंने नीम की नई कोपलों के सेवन को स्वास्थ्य के लिए लाभकारी बताया। महायज्ञ की पूर्णाहुति के समय आचार्य देवेंद्र जी ने श्रद्धालुओं को एक बुराई त्यागने और नियमित गायत्री मंत्र जप का संकल्प दिलाया। गायत्री परिवार के कार्यकर्ता इन नौ दिनों तक निरंतर गायत्री मंत्र जप, साधना और अनुष्ठान कर रहे हैं, जिससे वातावरण में दिव्यता बनी हुई है। वसंत मोड़े ने गायत्री महायज्ञ के महत्व को समझाते हुए इसे आत्मकल्याण और विश्वकल्याण का श्रेष्ठ माध्यम बताया।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.