कटनी पुलिस ने मुंबई से एक ऐसे युवक को पकड़ा है, जो ठगी के करोड़ों रुपए ठिकाने लगाने का काम करता था। इस गिरोह ने देशभर के लोगों से 4.26 करोड़ रुपए की ऑनलाइन धोखाधड़ी की और उस पैसे को अलग-अलग खातों में खपा दिया। कटनी के राजेंद्र विश्वकर्मा ने पुलिस को शिकायत दी थी कि जीशान नाम के एक व्यक्ति ने उन्हें झांसा दिया था। जीशान ने कहा था कि वह उनकी संस्था (आर्यवत शिक्षा समिति) को मोटा डोनेशन दिला देगा। इसके बाद राजेंद्र को बैंक से कॉल आया कि आपके खाते से कई बार लाखों के ट्रांजेक्शन हो रहे हैं। इसके बाद राजेंध्र ने पुलिस को सूचना दी थी। इसी लालच में आकर राजेंद्र ने अपने बैंक खाते की जानकारी उसे दे दी। बाद में पता चला कि ठगों ने इसी खाते का इस्तेमाल देशभर से ठगे गए 4.26 करोड़ रुपए इधर-उधर करने के लिए किया। 60 हजार की नौकरी पर ठगी का पैसा संभालता था अभिषेक पुलिस ने मुंबई के अंधेरी इलाके से 25 साल के अभिषेक नार्कर को गिरफ्तार किया है। अभिषेक ने बताया कि वह दुबई में बैठे अपने साथियों के लिए काम करता था। उसका काम ठगी के पैसों को अलग-अलग खातों में घुमाना था, जिसके बदले उसे हर महीने 60 हजार रुपए मिलते थे। ये लोग मोबाइल में खास ऐप के जरिए दूसरों के बैंक खाते चलाते थे। दुबई में बैठे हैं असली खिलाड़ी जांच में सामने आया है कि इस पूरे कांड के असली मास्टरमाइंड अब्दुल सत्तार और प्रशांत पद्मने हैं। इन दोनों पर देशभर में ठगी के 54 से ज्यादा केस दर्ज हैं। ये दोनों फिलहाल दुबई में छिपे हैं और पुलिस ने इनके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस भी जारी करवा रखा है। अब तक 4 आरोपी गिरफ्तार इस मामले में पुलिस अब तक अभिषेक नार्कर समेत 4 लोगों को जेल भेज चुकी है। इससे पहले मोहम्मद जीशान, विकास तिवारी और चॉल्स रॉड्रिक को पकड़ा गया था। पुलिस अब गिरोह के बाकी सदस्यों की तलाश कर रही है।













































