Thursday, 10 Sep 2026 | 06:34 AM

Trending :

EXCLUSIVE

Priyanshu Painyuli on Uttarakhand Culture & Film Jagar

Priyanshu Painyuli on Uttarakhand Culture & Film Jagar

‘मिर्जापुर’ में रॉबिन का किरदार निभाकर घर-घर पहचान बनाने वाले अभिनेता प्रियांशु पेन्युली इन दिनों उत्तराखंड में हैं। वह अब एक्टिंग के साथ फिल्में लिखने, बनाने और डायरेक्ट करने पर भी काम कर रहे हैं। उनकी पहली फीचर फिल्म ‘जागर’ उत्तराखंड की लोक संस्कृत

.

प्रियांशु चाहते हैं कि फिल्म सबसे पहले उन्हीं गांवों के लोगों को दिखाई जाए, जिन्होंने शूटिंग में उनका साथ दिया। ‘ये भी ठीक है’ डायलॉग से मिली पहचान, हॉलीवुड और बॉलीवुड में काम करने के फर्क, रिजेक्शन, युवाओं के संघर्ष और अपने आने वाले प्रोजेक्ट्स को लेकर उन्होंने कई बातें बताईं।

प्रियांशु से हुई बातचीत में क्या-क्या सामने आया, पढ़िए पूरा इंटरव्यू…

सवाल: उत्तराखंड आपका घर है। यहां आने और ‘जागर’ बनाने का विचार कैसे आया?

जवाब: उत्तराखंड मेरे लिए सिर्फ कोई दौरा नहीं है, यह एक तरह से मेरा घर है। मैं हर साल तीन-चार बार यहां आता हूं। मेरे पिता, मां और भाई यहीं हैं। हमारा मूल जिला टिहरी गढ़वाल है। हालांकि मैंने देहरादून में पढ़ाई नहीं की। मेरे पिता आर्मी में थे, इसलिए मेरा जन्म दिल्ली में हुआ और उसके बाद नॉर्थ-ईस्ट और बैंगलोर में रहा। धीरे-धीरे मैंने देहरादून और उत्तराखंड को समझना शुरू किया।

जब मैंने पहाड़ों और गांवों को करीब से देखा तो महसूस हुआ कि यहां इतनी तरह की कहानियां हैं, जो अभी बाहर की दुनिया तक नहीं पहुंची हैं। मैंने फिल्म मेकिंग की पढ़ाई की है। एक्टिंग के साथ राइटिंग और डायरेक्शन में भी मेरी काफी दिलचस्पी है। मैं पहले शॉर्ट फिल्में बनाता रहा हूं। इसी क्रम में मेरी पहली फीचर फिल्म ‘जागर’ बनी।

सवाल:‘जागर’ किस तरह की कहानी है?

जवाब: ‘जागर’ हमारे यहां देवी-देवताओं को जगाने के लिए होने वाली पूजा की परंपरा पर आधारित है, लेकिन यह कोई डॉक्यूमेंट्री नहीं है। यह एक लड़की की कहानी है। जब वह जागर, गांव और पहाड़ों को अनुभव करती है तो कहीं न कहीं अपनी जिंदगी को भी रिफ्लेक्ट करती है। वह जिन सवालों के जवाब तलाश रही होती है, उन्हें वहां जाकर समझ पाती है।

फिल्म पूरी हो चुकी है। हमने इसे इंडिपेंडेंटली प्रोड्यूस किया है। मेरी पत्नी वंदना और मैं इसके को-प्रोड्यूसर हैं। अब सबसे बड़ी चुनौती इसे लोगों तक पहुंचाने की है।

सवाल: ‘मिर्जापुर’ के रॉबिन ने आपकी जिंदगी कितनी बदली?

जवाब: रॉबिन के साथ जुड़ाव होना स्वाभाविक था। जब आप किसी शो में दो सीजन लगातार करते हैं और लोग आपके किरदार को इतना पसंद करते हैं तो एक कनेक्शन बन जाता है। मैं सीजन-2 में आया था। उस समय तक मिर्जापुर का पहला सीजन बहुत बड़ा हिट हो चुका था। कालीन भैया, मुन्ना भैया, गुड्डू भैया, स्वीटी सभी किरदारों की अपनी फैन फॉलोइंग थी।

सवाल: रॉबिन का ‘ये भी ठीक है’ डायलॉग कैसे आया?

जवाब: मुझे लगा कि इतने कलरफुल कैरेक्टर का एक तकियाकलाम होना चाहिए। मेरे दिमाग में लाइन आई- ‘ये भी ठीक है।’ मैंने वह लाइन डाल दी और बाद में वह मीम बन गई।

सच कहूं तो मैंने कभी नहीं सोचा था कि कोई चीज इस तरह वायरल होगी। मैं अपने काम पर ध्यान देता हूं। मुझे ज्यादा अच्छा तब लगता है जब लोग मुझे मेरे काम के लिए पहचानें। लोग मेरे साथ फोटो सिर्फ इसलिए न खिंचाएं कि मैं फेमस हूं। वे तब फोटो खिंचाएं जब उन्हें मेरा रॉबिन या कोई दूसरा किरदार पसंद आया हो।

रॉबिन के साथ ऐसा ही हुआ। अमेरिका से लेकर यूके तक, जहां-जहां मिर्जापुर देखा गया, वहां लोगों ने मुझे ‘रॉबिन भैया’ कहकर बुलाया। अब ‘ये भी ठीक है’ मेरे साथ हमेशा के लिए जुड़ गया है।

सवाल: हॉलीवुड की कोई ऐसी चीज जिसे आप भारतीय फिल्म इंडस्ट्री में देखना चाहते हैं?

जवाब: मैंने एक्सट्रैक्शन में काम किया, जो रुसो ब्रदर्स की फिल्म है। वहां मैंने देखा की क्रू के बीच बराबरी का एहसास है। हमारे यहां कई बार क्रू में हायरार्की के हिसाब से खाने-पीने तक में फर्क दिखाई देता है। मुझे लगता है कि यह बदलना चाहिए।

लाइटिंग वाला हो या स्पॉट बॉय, वे कई बार हमसे ज्यादा मेहनत कर रहे होते हैं। हॉलीवुड में खाना लगता है तो सबके लिए एक ही स्तर का खाना होता है। डायरेक्टर और एक्टर के लिए अलग और लाइटिंग वाले के लिए कुछ और ऐसा नहीं। मुझे लगता है कि यह बदलाव भारत में भी आना चाहिए।

सवाल: आज के युवाओं को करियर और सफलता को लेकर क्या सलाह देंगे?

जवाब: मैं हमेशा युवाओं से यही कहता हूं कि एक रात की सफलता को मत देखिए। आप एक्टिंग में हों, म्यूजिक में हों, पत्रकारिता में हों, मीडिया, आईटी, टेक या एआई में हों हर जगह लंबी रेस के बारे में सोचिए। यह मत सोचिए कि जल्दी से ज्यादा पैसा कैसे कमाया जाए या जल्दी वायरल कैसे हुआ जाए। आज आप वायरल होंगे, कल कोई दूसरा वायरल हो जाएगा। आपका असली कॉम्पिटिशन खुद से है।

सवाल: रिजेक्शन मिलने के बाद खुद को मोटिवेट कैसे रखते हैं?

जवाब: रिजेक्शन तो बहुत मिले हैं। कई बार हमें सेलेक्ट किया गया, लेकिन कोई और आ गया। कई बार फिल्म बनने वाली थी और रुक गई।

अगर हर रिजेक्शन के बाद मैं बैठ जाता तो शायद आज यहां नहीं होता। मैं हर रिजेक्शन को अपने अंदर की आग बढ़ाने के लिए इस्तेमाल करता हूं। मैं खुद से कहता हूं कि चलो, एक बार रिजेक्ट किया है, अब अगली बार करके दिखाएंगे।

सवाल: आने वाले समय में किन प्रोजेक्ट्स में नजर आएंगे?

जवाब: एक बहुत अलग किरदार आने वाला है। उसका नाम मैं बता सकता हूं क्योंकि वह अनाउंस हो चुका है…‘पान पर्दा जर्दा’। यह गुरमीत सर का शो है, जो मिर्जापुर के डायरेक्टर हैं। इसमें मिर्जापुर की टेक्निकल और क्रिएटिव टीम के कई लोग हैं। यह जियो का शो है।

इसमें मेरे साथ तान्या मानिकतला, मोना सिंह, सुशांत सर, अनुरीता झा, मानुष शर्मा और तन्वी आजमी जैसे कलाकार हैं। कहानी भोपाल की पृष्ठभूमि पर है। मैं ज्यादा कहानी नहीं बता सकता, लेकिन इतना जरूर कहूंगा कि इसमें एक अलग दुनिया दिखाई देगी।

इसमें रोमियो-जूलियट जैसी लव स्टोरी भी है, अफीम की दुनिया भी है और काफी मसाला है।

सवाल: इस शो में आपका लुक भी काफी अलग है?

जवाब: बिल्कुल। अभी आप मुझे जिस तरह देख रहे हैं, शो में शायद पहचान भी नहीं पाएंगे। मैंने काफी वेट लॉस किया है। मैं भोपाल के एक गांव के करीब 24-25 साल के लड़के का किरदार निभा रहा हूं। वहां की बोली भी अलग है, इसलिए इसके लिए काफी मेहनत की है।

यह हमारे लिए बहुत बड़ा शो है। उम्मीद है कि इस साल यह आ जाएगा। मैं खुद इसका इंतजार कर रहा हूं। इसके अलावा दो फिल्में और हैं, जिनकी शूटिंग कर रहा हूं। उनके बारे में अभी रिवील नहीं कर सकता। फिल्में बनने के बाद जरूर बताऊंगा।

———————- ये खबर भी पढ़ें…

टाइगर और सोनाक्षी की फैन हैं कुंभ की मोनालिसा:बोलीं- फिल्मों के लिए हिंदी पढ़ना-लिखना सीखा, मूवी हिट हुई तो बनवाऊंगी स्कूल

प्रयागराज महाकुंभ 2025 में रुद्राक्ष की माला बेचकर सोशल मीडिया पर छा जाने वाली ‘वायरल गर्ल’ मोनालिसा की कहानी किसी फिल्मी स्क्रिप्ट से कम नहीं है। कभी मेले में श्रद्धालुओं को माला बेचकर अपना जीवन यापन करने वाली मोनालिसा अब बॉलीवुड में कदम रख चुकी हैं। वह जल्द ही फिल्म ‘द डायरी ऑफ मणिपुर’ में बतौर हीरोइन नजर आएंगी। (पढ़ें पूरी खबर)

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
प्रसव पीड़ा से तड़पती महिला, स्वास्थ्य केंद्र पर ताला लगा:पन्ना में बारिश के बीच परिजन को 27 किमी दूर सलेहा अस्पताल ले जाना पड़ा

April 27, 2026/
10:53 pm

जिले में सोमवार रात कल्दा के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर ताला लटका होने के कारण एक गर्भवती महिला को प्रसव...

सलमान खान की अगली फिल्म में नयनतारा की एंट्री:मेगा प्रोजेक्ट में पहली बार साथ दिखेंगे दोनों कलाकार; अप्रैल से शुरू होगी शूटिंग

March 31, 2026/
4:59 pm

सलमान खान की अगली बड़ी फिल्म में एक्ट्रेस नयनतारा लीड रोल में नजर आएंगी। यह पहली बार होगा जब ये...

संडे प्रोफाइल : मरीन ली पेन:फ्रांस में बढ़ते दक्षिणपंथ की सबसे बड़ी आवाज हैं ली पेन

July 12, 2026/
3:57 pm

फ्रांस की प्रमुख विपक्षी पार्टी नेशनल रैली की नेता मरीन ली पेन अदालत के फैसले के बाद फिर राजनीतिक वापसी...

'मैं वापस आऊंगा' को एंटी-नेशनल बताने पर हंसे एआर रहमान:इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर किया पोस्ट; फिल्म को पाकिस्तान से मिल चुकी तारीफ

June 18, 2026/
5:20 pm

इम्तियाज अली के निर्देशन में बनी फिल्म ‘मैं वापस आऊंगा’ को एंटी-नेशनल बताए जाने पर संगीतकार एआर रहमान ने रिएक्शन...

सोहेल खान बेटे का नाम 'राम खान' रखना चाहते थे:जन्म के बाद फिर क्यों बेटे का नाम 'निर्वाण' रखा गया? एक्टर ने सुनाया किस्सा

July 16, 2026/
2:25 pm

एक्टर सोहेल खान ने हाल ही में बताया कि वह अपने बड़े बेटे का नाम ‘राम खान’ रखना चाहते थे,...

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026: बंगाल की जिस सीट से ममता बनर्जी की विधायकी मैदान में उतरी, वहां घंटों में हुआ खेल, जानें कितने पड़े वोट

April 29, 2026/
10:01 am

पश्चिम बंगाल के 142 विधानसभा क्षेत्रों में दूसरे चरण की वोट चल रही है। सबसे बड़ी भवानीपुर सीट है, जहां...

हिमाचल के रोहतांग में ताजा बर्फबारी:5 जिलों में आज भारी आंधी-तूफान का अलर्ट, 3-4 अप्रैल को फिर बरसेंगे बादल

March 31, 2026/
5:05 am

हिमाचल प्रदेश के ऊंचे पहाड़ों पर बीती शाम में ताजा बर्फबारी और अन्य भागों में तेज बारिश हुई। अटल टनल,...

Royal Challengers Bengaluru's Bhuvneshwar Kumar celebrates the wicket of Mumbai Indians' Ryan Rickelton during the Indian Premier League cricket match between Royal Challengers Bengaluru and Mumbai Indians in Raipur, India, Sunday, May 10, 2026. (AP Photo/Mahesh Kumar A.)

May 10, 2026/
8:04 pm

आखरी अपडेट:10 मई, 2026, 20:04 IST बंगाल में बीजेपी के खिलाफ टीएमसी की भारी हार के बाद पार्टी के कई...

राजनीति

Priyanshu Painyuli on Uttarakhand Culture & Film Jagar

Priyanshu Painyuli on Uttarakhand Culture & Film Jagar

‘मिर्जापुर’ में रॉबिन का किरदार निभाकर घर-घर पहचान बनाने वाले अभिनेता प्रियांशु पेन्युली इन दिनों उत्तराखंड में हैं। वह अब एक्टिंग के साथ फिल्में लिखने, बनाने और डायरेक्ट करने पर भी काम कर रहे हैं। उनकी पहली फीचर फिल्म ‘जागर’ उत्तराखंड की लोक संस्कृत

.

प्रियांशु चाहते हैं कि फिल्म सबसे पहले उन्हीं गांवों के लोगों को दिखाई जाए, जिन्होंने शूटिंग में उनका साथ दिया। ‘ये भी ठीक है’ डायलॉग से मिली पहचान, हॉलीवुड और बॉलीवुड में काम करने के फर्क, रिजेक्शन, युवाओं के संघर्ष और अपने आने वाले प्रोजेक्ट्स को लेकर उन्होंने कई बातें बताईं।

प्रियांशु से हुई बातचीत में क्या-क्या सामने आया, पढ़िए पूरा इंटरव्यू…

सवाल: उत्तराखंड आपका घर है। यहां आने और ‘जागर’ बनाने का विचार कैसे आया?

जवाब: उत्तराखंड मेरे लिए सिर्फ कोई दौरा नहीं है, यह एक तरह से मेरा घर है। मैं हर साल तीन-चार बार यहां आता हूं। मेरे पिता, मां और भाई यहीं हैं। हमारा मूल जिला टिहरी गढ़वाल है। हालांकि मैंने देहरादून में पढ़ाई नहीं की। मेरे पिता आर्मी में थे, इसलिए मेरा जन्म दिल्ली में हुआ और उसके बाद नॉर्थ-ईस्ट और बैंगलोर में रहा। धीरे-धीरे मैंने देहरादून और उत्तराखंड को समझना शुरू किया।

जब मैंने पहाड़ों और गांवों को करीब से देखा तो महसूस हुआ कि यहां इतनी तरह की कहानियां हैं, जो अभी बाहर की दुनिया तक नहीं पहुंची हैं। मैंने फिल्म मेकिंग की पढ़ाई की है। एक्टिंग के साथ राइटिंग और डायरेक्शन में भी मेरी काफी दिलचस्पी है। मैं पहले शॉर्ट फिल्में बनाता रहा हूं। इसी क्रम में मेरी पहली फीचर फिल्म ‘जागर’ बनी।

सवाल:‘जागर’ किस तरह की कहानी है?

जवाब: ‘जागर’ हमारे यहां देवी-देवताओं को जगाने के लिए होने वाली पूजा की परंपरा पर आधारित है, लेकिन यह कोई डॉक्यूमेंट्री नहीं है। यह एक लड़की की कहानी है। जब वह जागर, गांव और पहाड़ों को अनुभव करती है तो कहीं न कहीं अपनी जिंदगी को भी रिफ्लेक्ट करती है। वह जिन सवालों के जवाब तलाश रही होती है, उन्हें वहां जाकर समझ पाती है।

फिल्म पूरी हो चुकी है। हमने इसे इंडिपेंडेंटली प्रोड्यूस किया है। मेरी पत्नी वंदना और मैं इसके को-प्रोड्यूसर हैं। अब सबसे बड़ी चुनौती इसे लोगों तक पहुंचाने की है।

सवाल: ‘मिर्जापुर’ के रॉबिन ने आपकी जिंदगी कितनी बदली?

जवाब: रॉबिन के साथ जुड़ाव होना स्वाभाविक था। जब आप किसी शो में दो सीजन लगातार करते हैं और लोग आपके किरदार को इतना पसंद करते हैं तो एक कनेक्शन बन जाता है। मैं सीजन-2 में आया था। उस समय तक मिर्जापुर का पहला सीजन बहुत बड़ा हिट हो चुका था। कालीन भैया, मुन्ना भैया, गुड्डू भैया, स्वीटी सभी किरदारों की अपनी फैन फॉलोइंग थी।

सवाल: रॉबिन का ‘ये भी ठीक है’ डायलॉग कैसे आया?

जवाब: मुझे लगा कि इतने कलरफुल कैरेक्टर का एक तकियाकलाम होना चाहिए। मेरे दिमाग में लाइन आई- ‘ये भी ठीक है।’ मैंने वह लाइन डाल दी और बाद में वह मीम बन गई।

सच कहूं तो मैंने कभी नहीं सोचा था कि कोई चीज इस तरह वायरल होगी। मैं अपने काम पर ध्यान देता हूं। मुझे ज्यादा अच्छा तब लगता है जब लोग मुझे मेरे काम के लिए पहचानें। लोग मेरे साथ फोटो सिर्फ इसलिए न खिंचाएं कि मैं फेमस हूं। वे तब फोटो खिंचाएं जब उन्हें मेरा रॉबिन या कोई दूसरा किरदार पसंद आया हो।

रॉबिन के साथ ऐसा ही हुआ। अमेरिका से लेकर यूके तक, जहां-जहां मिर्जापुर देखा गया, वहां लोगों ने मुझे ‘रॉबिन भैया’ कहकर बुलाया। अब ‘ये भी ठीक है’ मेरे साथ हमेशा के लिए जुड़ गया है।

सवाल: हॉलीवुड की कोई ऐसी चीज जिसे आप भारतीय फिल्म इंडस्ट्री में देखना चाहते हैं?

जवाब: मैंने एक्सट्रैक्शन में काम किया, जो रुसो ब्रदर्स की फिल्म है। वहां मैंने देखा की क्रू के बीच बराबरी का एहसास है। हमारे यहां कई बार क्रू में हायरार्की के हिसाब से खाने-पीने तक में फर्क दिखाई देता है। मुझे लगता है कि यह बदलना चाहिए।

लाइटिंग वाला हो या स्पॉट बॉय, वे कई बार हमसे ज्यादा मेहनत कर रहे होते हैं। हॉलीवुड में खाना लगता है तो सबके लिए एक ही स्तर का खाना होता है। डायरेक्टर और एक्टर के लिए अलग और लाइटिंग वाले के लिए कुछ और ऐसा नहीं। मुझे लगता है कि यह बदलाव भारत में भी आना चाहिए।

सवाल: आज के युवाओं को करियर और सफलता को लेकर क्या सलाह देंगे?

जवाब: मैं हमेशा युवाओं से यही कहता हूं कि एक रात की सफलता को मत देखिए। आप एक्टिंग में हों, म्यूजिक में हों, पत्रकारिता में हों, मीडिया, आईटी, टेक या एआई में हों हर जगह लंबी रेस के बारे में सोचिए। यह मत सोचिए कि जल्दी से ज्यादा पैसा कैसे कमाया जाए या जल्दी वायरल कैसे हुआ जाए। आज आप वायरल होंगे, कल कोई दूसरा वायरल हो जाएगा। आपका असली कॉम्पिटिशन खुद से है।

सवाल: रिजेक्शन मिलने के बाद खुद को मोटिवेट कैसे रखते हैं?

जवाब: रिजेक्शन तो बहुत मिले हैं। कई बार हमें सेलेक्ट किया गया, लेकिन कोई और आ गया। कई बार फिल्म बनने वाली थी और रुक गई।

अगर हर रिजेक्शन के बाद मैं बैठ जाता तो शायद आज यहां नहीं होता। मैं हर रिजेक्शन को अपने अंदर की आग बढ़ाने के लिए इस्तेमाल करता हूं। मैं खुद से कहता हूं कि चलो, एक बार रिजेक्ट किया है, अब अगली बार करके दिखाएंगे।

सवाल: आने वाले समय में किन प्रोजेक्ट्स में नजर आएंगे?

जवाब: एक बहुत अलग किरदार आने वाला है। उसका नाम मैं बता सकता हूं क्योंकि वह अनाउंस हो चुका है…‘पान पर्दा जर्दा’। यह गुरमीत सर का शो है, जो मिर्जापुर के डायरेक्टर हैं। इसमें मिर्जापुर की टेक्निकल और क्रिएटिव टीम के कई लोग हैं। यह जियो का शो है।

इसमें मेरे साथ तान्या मानिकतला, मोना सिंह, सुशांत सर, अनुरीता झा, मानुष शर्मा और तन्वी आजमी जैसे कलाकार हैं। कहानी भोपाल की पृष्ठभूमि पर है। मैं ज्यादा कहानी नहीं बता सकता, लेकिन इतना जरूर कहूंगा कि इसमें एक अलग दुनिया दिखाई देगी।

इसमें रोमियो-जूलियट जैसी लव स्टोरी भी है, अफीम की दुनिया भी है और काफी मसाला है।

सवाल: इस शो में आपका लुक भी काफी अलग है?

जवाब: बिल्कुल। अभी आप मुझे जिस तरह देख रहे हैं, शो में शायद पहचान भी नहीं पाएंगे। मैंने काफी वेट लॉस किया है। मैं भोपाल के एक गांव के करीब 24-25 साल के लड़के का किरदार निभा रहा हूं। वहां की बोली भी अलग है, इसलिए इसके लिए काफी मेहनत की है।

यह हमारे लिए बहुत बड़ा शो है। उम्मीद है कि इस साल यह आ जाएगा। मैं खुद इसका इंतजार कर रहा हूं। इसके अलावा दो फिल्में और हैं, जिनकी शूटिंग कर रहा हूं। उनके बारे में अभी रिवील नहीं कर सकता। फिल्में बनने के बाद जरूर बताऊंगा।

———————- ये खबर भी पढ़ें…

टाइगर और सोनाक्षी की फैन हैं कुंभ की मोनालिसा:बोलीं- फिल्मों के लिए हिंदी पढ़ना-लिखना सीखा, मूवी हिट हुई तो बनवाऊंगी स्कूल

प्रयागराज महाकुंभ 2025 में रुद्राक्ष की माला बेचकर सोशल मीडिया पर छा जाने वाली ‘वायरल गर्ल’ मोनालिसा की कहानी किसी फिल्मी स्क्रिप्ट से कम नहीं है। कभी मेले में श्रद्धालुओं को माला बेचकर अपना जीवन यापन करने वाली मोनालिसा अब बॉलीवुड में कदम रख चुकी हैं। वह जल्द ही फिल्म ‘द डायरी ऑफ मणिपुर’ में बतौर हीरोइन नजर आएंगी। (पढ़ें पूरी खबर)

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.