Monday, 10 Aug 2026 | 05:24 AM

Trending :

EXCLUSIVE

भारतीय पत्रकार आनंद और सुपर्णा को पुलित्जर प्राइज:इलस्ट्रेशन और दमदार कमेंट्री से बताई थी डिजिटल अरेस्ट-साइबर फ्रॉड की भयावहता

भारतीय पत्रकार आनंद और सुपर्णा को पुलित्जर प्राइज:इलस्ट्रेशन और दमदार कमेंट्री से बताई थी डिजिटल अरेस्ट-साइबर फ्रॉड की भयावहता

दो भारतीय पत्रकारों ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान मजबूत की है। आनंद आरके और सुपर्णा शर्मा ने साइबर अपराध को उजागर करने वाली अहम खोजी रिपोर्टिंग के लिए प्रतिष्ठित पुलित्जर पुरस्कार जीता है। उन्हें यह सम्मान नताली ओबिको पियर्सन के साथ इलस्ट्रेटेड रिपोर्टिंग और कमेंट्री श्रेणी में दिया गया। ‘पत्रकारिता के नोबेल’ के तौर पर चर्चित यह पुरस्कार उन्हें ब्लूमबर्ग के लिए तैयार की गई विशेष रिपोर्ट ‘ट्रैप्ड’ के लिए मिला। जानिए इस इन्वेस्टिगेटिव रिपोर्ट और दोनों की उपलब्धियों के बारे में… इस पत्रकार जोड़ी द्वारा बनाई गई रिपोर्ट ‘ट्रैप्ड’ लखनऊ की न्यूरोलॉजिस्ट रुचिरा टंडन के साथ हुई सच्ची घटना के जरिए ‘डिजिटल अरेस्ट’ के भयानक तंत्र को उजागर करती है। आनंद के प्रभावशाली चित्रण और सुपर्णा की गहन पत्रकारिता का यह अनूठा मेल दिखाता है कि कैसे साइबर अपराधी तकनीक का इस्तेमाल कर किसी व्यक्ति को मानसिक रूप से बंधक बना लेते हैं। यह स्टोरी सिर्फ व्यक्तिगत त्रासदी नहीं है, बल्कि निगरानी तंत्र के दुरुपयोग और वैश्विक स्तर पर बढ़ते संगठित डिजिटल घोटालों की एक गंभीर चेतावनी भी है। आइजनर पुरस्कार भी जीत चुके हैं आनंद मुंबई में रहने वाले आनंद इलस्ट्रेटर और विजुअल आर्टिस्ट हैं। उन्होंने 2021 में इमेज कॉमिक्स द्वारा प्रकाशित ग्राफिक उपन्यास ‘ब्लू इन ग्रीन’ के लिए कलरिस्ट जॉन पीयरसन के साथ ‘बेस्ट पेंटर/मल्टीमीडिया आर्टिस्ट’ का आइजनर पुरस्कार भी जीता था। सर जे.जे. स्कूल ऑफ आर्ट से स्नातक आनंद ने डार्क हॉर्स कॉमिक्स की ‘ग्रैफिटीज वॉल’, वॉल्ट की ‘रेडियो एपोकैलिप्स’ और डीसी कॉमिक्स की ‘रेजरेक्शन मैन’ जैसी कृतियों का चित्रण किया है। उन्होंने बूम! स्टूडियोज, 2000 एडी, टाइनी अनियन व इमेज कॉमिक्स जैसे प्रकाशकों के लिए कवर आर्ट बनाया है। उन्होंने हुंडई, भारतीय नौसेना, इमेजिन-एफएक्स मैगजीन व हैवी मेटल मैगजीन जैसे क्लाइंट्स के साथ भी काम किया है। केयर सेंटर में लापरवाही का खुलासा कर चुकी हैं सुपर्णा सुपर्णा फ्रीलांस खोजी पत्रकार और संपादक हैं। इन्हें अपराध, संघर्ष, आपदाओं व भ्रष्टाचार की रिपोर्टिंग का तीन दशकों का अनुभव है। 2023 में अल जजीरा के लिए दिल्ली के एक केयर फैसिलिटी में लगी भीषण आग पर उनकी जांच ने बुजुर्गों की देखभाल के क्षेत्र में लापरवाही और सच्चाई को दबाने के कथित प्रयासों का पर्दाफाश किया था। भारतीय मूल के अनिरुद्ध भी विजेता हनोई में रहने वाले भारतवंशी पत्रकार अनिरुद्ध घोषाल ने इंटरनेशनल रिपोर्टिंग श्रेणी में पुलित्जर जीता। एसोसिएटेड प्रेस (एपी) से जुड़े अनिरुद्ध की रिपोर्ट अमेरिकी बॉर्डर पैट्रोल द्वारा सिलिकॉन वैली व चीन में विकसित निगरानी उपकरणों पर थी। वहीं, दक्षिण-पूर्व एशिया में साइबर क्राइम व मानव तस्करी नेक्सस का पर्दाफाश करने वाले बैंकॉक के भारतवंशी पत्रकार देवज्योत फाइनलिस्ट रहे।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
नेटफ्लिक्स के शो लॉकअप-2 में फूट-फूटकर रोईं सुनीता:कहा- सूप कौए के पेशाब जैसा; डायबिटीज है फिर भी भूखी रहीं; शो से निकलने की मांग की

July 6, 2026/
12:20 pm

नेटफ्लिक्स पर प्रीमियर हो रहे रियलिटी शो लॉक-अप 2 में कंटेस्टेंट्स ने दिए जा रहे खाने की क्वालिटी पर संगीन...

असम चुनाव परिणाम 2026 लाइव: असम में फिर 'हिमंत बिस्वा सरमा राज'! रुझानों में बीजेपी तीन-चौथाई पार

May 4, 2026/
6:31 am

असम विधानसभा चुनाव 2026 में जोरहाट सीट से बीजेपी के हितेंद्र नाथ गोस्वामी ने जीत दर्ज की है. उन्होंने कांग्रेस...

तस्वीर का विवरण

May 29, 2026/
7:30 pm

सूजी मोमोज बनाने की सामग्री: 1 कप सूजी, 1 छोटा चम्मच नमक, 1 छोटा चम्मच नमक, आवश्यकतानुसार अधिक पानी छवि:...

Indore BRICS Agriculture Ministers Meet June 2026

April 18, 2026/
10:46 pm

इंदौर46 मिनट पहले कॉपी लिंक स्वच्छ भारत अभियान में अपना लोहा मनवाने के बाद अब इंदौर एक बार फिर वैश्विक...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

भारतीय पत्रकार आनंद और सुपर्णा को पुलित्जर प्राइज:इलस्ट्रेशन और दमदार कमेंट्री से बताई थी डिजिटल अरेस्ट-साइबर फ्रॉड की भयावहता

भारतीय पत्रकार आनंद और सुपर्णा को पुलित्जर प्राइज:इलस्ट्रेशन और दमदार कमेंट्री से बताई थी डिजिटल अरेस्ट-साइबर फ्रॉड की भयावहता

दो भारतीय पत्रकारों ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान मजबूत की है। आनंद आरके और सुपर्णा शर्मा ने साइबर अपराध को उजागर करने वाली अहम खोजी रिपोर्टिंग के लिए प्रतिष्ठित पुलित्जर पुरस्कार जीता है। उन्हें यह सम्मान नताली ओबिको पियर्सन के साथ इलस्ट्रेटेड रिपोर्टिंग और कमेंट्री श्रेणी में दिया गया। ‘पत्रकारिता के नोबेल’ के तौर पर चर्चित यह पुरस्कार उन्हें ब्लूमबर्ग के लिए तैयार की गई विशेष रिपोर्ट ‘ट्रैप्ड’ के लिए मिला। जानिए इस इन्वेस्टिगेटिव रिपोर्ट और दोनों की उपलब्धियों के बारे में… इस पत्रकार जोड़ी द्वारा बनाई गई रिपोर्ट ‘ट्रैप्ड’ लखनऊ की न्यूरोलॉजिस्ट रुचिरा टंडन के साथ हुई सच्ची घटना के जरिए ‘डिजिटल अरेस्ट’ के भयानक तंत्र को उजागर करती है। आनंद के प्रभावशाली चित्रण और सुपर्णा की गहन पत्रकारिता का यह अनूठा मेल दिखाता है कि कैसे साइबर अपराधी तकनीक का इस्तेमाल कर किसी व्यक्ति को मानसिक रूप से बंधक बना लेते हैं। यह स्टोरी सिर्फ व्यक्तिगत त्रासदी नहीं है, बल्कि निगरानी तंत्र के दुरुपयोग और वैश्विक स्तर पर बढ़ते संगठित डिजिटल घोटालों की एक गंभीर चेतावनी भी है। आइजनर पुरस्कार भी जीत चुके हैं आनंद मुंबई में रहने वाले आनंद इलस्ट्रेटर और विजुअल आर्टिस्ट हैं। उन्होंने 2021 में इमेज कॉमिक्स द्वारा प्रकाशित ग्राफिक उपन्यास ‘ब्लू इन ग्रीन’ के लिए कलरिस्ट जॉन पीयरसन के साथ ‘बेस्ट पेंटर/मल्टीमीडिया आर्टिस्ट’ का आइजनर पुरस्कार भी जीता था। सर जे.जे. स्कूल ऑफ आर्ट से स्नातक आनंद ने डार्क हॉर्स कॉमिक्स की ‘ग्रैफिटीज वॉल’, वॉल्ट की ‘रेडियो एपोकैलिप्स’ और डीसी कॉमिक्स की ‘रेजरेक्शन मैन’ जैसी कृतियों का चित्रण किया है। उन्होंने बूम! स्टूडियोज, 2000 एडी, टाइनी अनियन व इमेज कॉमिक्स जैसे प्रकाशकों के लिए कवर आर्ट बनाया है। उन्होंने हुंडई, भारतीय नौसेना, इमेजिन-एफएक्स मैगजीन व हैवी मेटल मैगजीन जैसे क्लाइंट्स के साथ भी काम किया है। केयर सेंटर में लापरवाही का खुलासा कर चुकी हैं सुपर्णा सुपर्णा फ्रीलांस खोजी पत्रकार और संपादक हैं। इन्हें अपराध, संघर्ष, आपदाओं व भ्रष्टाचार की रिपोर्टिंग का तीन दशकों का अनुभव है। 2023 में अल जजीरा के लिए दिल्ली के एक केयर फैसिलिटी में लगी भीषण आग पर उनकी जांच ने बुजुर्गों की देखभाल के क्षेत्र में लापरवाही और सच्चाई को दबाने के कथित प्रयासों का पर्दाफाश किया था। भारतीय मूल के अनिरुद्ध भी विजेता हनोई में रहने वाले भारतवंशी पत्रकार अनिरुद्ध घोषाल ने इंटरनेशनल रिपोर्टिंग श्रेणी में पुलित्जर जीता। एसोसिएटेड प्रेस (एपी) से जुड़े अनिरुद्ध की रिपोर्ट अमेरिकी बॉर्डर पैट्रोल द्वारा सिलिकॉन वैली व चीन में विकसित निगरानी उपकरणों पर थी। वहीं, दक्षिण-पूर्व एशिया में साइबर क्राइम व मानव तस्करी नेक्सस का पर्दाफाश करने वाले बैंकॉक के भारतवंशी पत्रकार देवज्योत फाइनलिस्ट रहे।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.