Sunday, 11 Oct 2026 | 03:57 AM

Trending :

EXCLUSIVE

सुप्रीम कोर्ट बोला- पत्नी नौकरानी नहीं, लाइफ पार्टनर:तलाक के मामले में कहा- खाना न बनाना क्रूरता नहीं, घरेलू काम पति की भी जिम्मेदारी

सुप्रीम कोर्ट बोला- पत्नी नौकरानी नहीं, लाइफ पार्टनर:तलाक के मामले में कहा- खाना न बनाना क्रूरता नहीं, घरेलू काम पति की भी जिम्मेदारी

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को तलाक से जुड़े एक मामले में कहा, ‘पत्नी का खाना न बनाना या घरेलू कामकाज ठीक से न करना क्रूरता नहीं माना जा सकता। आप नौकरानी से शादी नहीं कर रहे, बल्कि जीवनसाथी से कर रहे हैं।’ जस्टिस संदीप मेहता और जस्टिस विक्रम नाथ की बेंच ने कहा- अब समय बदल चुका है और पति को भी घर के कामों में बराबर की जिम्मेदारी निभानी होगी। आज के समय में पति को भी खाना बनाना और घर के काम करना चाहिए।’ बेंच ने इस केस में अंतिम फैसला नहीं सुनाया है। मामले की अगली तारीख पर पति-पत्नी को सुनवाई में व्यक्तिगत रूप से पेश होने का कहा है। दोनों की शादी 9 साल पहले हुई थी, 8 साल बेटा भी है दोनों की शादी साल 2017 में हुई थी और उनका एक 8 साल का बेटा है। पति सरकारी स्कूल में शिक्षक है, जबकि पत्नी लेक्चरर है। दलीलों के मुताबिक, पत्नी आर्थिक रूप से पति से बेहतर स्थिति में है और उसने अब तक किसी तरह का भरण-पोषण या गुजारा भत्ता नहीं मांगा है। पति का आरोप है कि शादी के एक हफ्ते बाद ही पत्नी का व्यवहार बदल गया। वह उसके साथ गलत तरीके से पेश आने लगी और उसके तथा उसके माता-पिता के खिलाफ गंदी भाषा का इस्तेमाल करती थी। उसने घर का खाना बनाने से भी मना कर दिया। पति ने यह भी कहा कि बच्चे के जन्म के बाद हुए नामकरण संस्कार में उसे नहीं बुलाया गया। वहीं, पत्नी का कहना है कि वह बच्चे के जन्म के लिए पति और उसके परिवार की सहमति से अपने मायके गई थी। लेकिन पति और उसके परिवार के लोग ही नामकरण संस्कार में शामिल नहीं हुए। पत्नी ने यह भी आरोप लगाया कि उसके माता-पिता से नकद और सोने की मांग की गई और उस पर अपनी सैलरी छोड़ने का दबाव बनाया गया। केस हारने के बाद पति ने लगाई थी सुप्रीम कोर्ट में याचिका फैमिली कोर्ट ने पति की याचिका मानते हुए क्रूरता के आधार पर तलाक दे दिया था। इसके बाद पत्नी ने इस फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील की। हाईकोर्ट ने फैमिली कोर्ट का फैसला रद्द कर दिया और तलाक को खारिज कर दिया। हाईकोर्ट के इस फैसले से नाराज होकर पति ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की। ………….. तलाक के मामलों से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा- सिर्फ वॉट्सएप चैट से तलाक नहीं: पत्नी पर क्रूरता के आरोप साबित करने होंगे; फैमिली कोर्ट का आदेश रद्द किया बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा है कि बिना सबूत सिर्फ वॉट्सएप चैट के आधार पर तलाक का आदेश नहीं दिया जा सकता। जस्टिस भारती डांगरे और जस्टिस मंजुषा देशपांडे की बेंच ने महिला की फैमिली कोर्ट अपील पर सुनवाई में यह बात कही। पूरी खबर पढ़ें…

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
India Women vs South Africa Women Live Cricket Score, 1st T20I: Stay updated with IND-W vs SA-W Ball by Ball Match Updates and Live Scorecard from Durban. (Picture Credit: X/@BCCIWomen)

April 17, 2026/
10:13 pm

आखरी अपडेट:17 अप्रैल, 2026, 22:13 IST यह कदम तत्काल कानून के बारे में कम और आगामी राज्य चुनावों और 2029...

authorimg

May 11, 2026/
11:54 pm

आज के समय में एनीमिया एक आम स्वास्थ्य समस्या बन चुकी है, जिसका असर खासतौर पर महिलाओं और बच्चों में...

शाजापुर में बिजली के खंभे से निकला पानी:सड़क निर्माण के दौरान पाइपलाइन टूटने से हुआ रिसाव

April 13, 2026/
5:22 pm

शाजापुर के शहरी हाईवे पर स्थित वरदान हॉस्पिटल के पास सोमवार को बिजली के खंभे के नीचे से अचानक पानी...

सरकारी गेहूं खरीदी में दिक्कत से किसान परेशान:स्लॉट बुकिंग और खाद वितरण में आ रही समस्या, कलेक्ट्रेट पहुंचकर आंदोलन की चेतावनी दी

April 21, 2026/
2:21 pm

बैतूल में मंगलवार को किसानों ने अपनी विभिन्न समस्याओं को लेकर कलेक्ट्रेट में विरोध प्रदर्शन किया। बैतूल बाजार, सोहागपुर, परतापुर...

शिल्पा शेट्टी बोलीं- रात 9 बजे सो जाती हूं:पार्टी नहीं करती; फिटनेस हो या शादी, चीट नहीं कर सकते, यही है मेरी लाइफस्टाइल

June 21, 2026/
4:30 am

मकाऊ में आयोजित दैनिक भास्कर एशिया अवॉर्ड्स ऑफ एक्सीलेंस 2026 के दौरान अभिनेत्री शिल्पा शेट्टी ने सफलता, फिटनेस, परिवार और...

टीवी एक्टर विपुल रॉय के घर हुई लाखों की चोरी:आरोप- नौकरानी ने चुराई फॉरेन करंसी, सोने-चांदी के गहने और नकद; जांच शुरू

April 22, 2026/
11:20 am

टीवी के पॉपुलर शो एफआईआर में नजर आ चुक एक्टर विपुल रॉय के घर चोरी की घटना सामने आई है।...

'द वन'- मूवी रिव्यू:वन देवी की लोककथा, छठी मइया की आस्था और रहस्य से भरी कहानी, जंगल में छिपा है कौन सा राज?

September 25, 2026/
11:23 am

हमारे देश में कहानियों की कोई कमी नहीं है, कमी है उन्हें बड़े पर्दे पर नए अंदाज में सुनाने की।...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

सुप्रीम कोर्ट बोला- पत्नी नौकरानी नहीं, लाइफ पार्टनर:तलाक के मामले में कहा- खाना न बनाना क्रूरता नहीं, घरेलू काम पति की भी जिम्मेदारी

सुप्रीम कोर्ट बोला- पत्नी नौकरानी नहीं, लाइफ पार्टनर:तलाक के मामले में कहा- खाना न बनाना क्रूरता नहीं, घरेलू काम पति की भी जिम्मेदारी

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को तलाक से जुड़े एक मामले में कहा, ‘पत्नी का खाना न बनाना या घरेलू कामकाज ठीक से न करना क्रूरता नहीं माना जा सकता। आप नौकरानी से शादी नहीं कर रहे, बल्कि जीवनसाथी से कर रहे हैं।’ जस्टिस संदीप मेहता और जस्टिस विक्रम नाथ की बेंच ने कहा- अब समय बदल चुका है और पति को भी घर के कामों में बराबर की जिम्मेदारी निभानी होगी। आज के समय में पति को भी खाना बनाना और घर के काम करना चाहिए।’ बेंच ने इस केस में अंतिम फैसला नहीं सुनाया है। मामले की अगली तारीख पर पति-पत्नी को सुनवाई में व्यक्तिगत रूप से पेश होने का कहा है। दोनों की शादी 9 साल पहले हुई थी, 8 साल बेटा भी है दोनों की शादी साल 2017 में हुई थी और उनका एक 8 साल का बेटा है। पति सरकारी स्कूल में शिक्षक है, जबकि पत्नी लेक्चरर है। दलीलों के मुताबिक, पत्नी आर्थिक रूप से पति से बेहतर स्थिति में है और उसने अब तक किसी तरह का भरण-पोषण या गुजारा भत्ता नहीं मांगा है। पति का आरोप है कि शादी के एक हफ्ते बाद ही पत्नी का व्यवहार बदल गया। वह उसके साथ गलत तरीके से पेश आने लगी और उसके तथा उसके माता-पिता के खिलाफ गंदी भाषा का इस्तेमाल करती थी। उसने घर का खाना बनाने से भी मना कर दिया। पति ने यह भी कहा कि बच्चे के जन्म के बाद हुए नामकरण संस्कार में उसे नहीं बुलाया गया। वहीं, पत्नी का कहना है कि वह बच्चे के जन्म के लिए पति और उसके परिवार की सहमति से अपने मायके गई थी। लेकिन पति और उसके परिवार के लोग ही नामकरण संस्कार में शामिल नहीं हुए। पत्नी ने यह भी आरोप लगाया कि उसके माता-पिता से नकद और सोने की मांग की गई और उस पर अपनी सैलरी छोड़ने का दबाव बनाया गया। केस हारने के बाद पति ने लगाई थी सुप्रीम कोर्ट में याचिका फैमिली कोर्ट ने पति की याचिका मानते हुए क्रूरता के आधार पर तलाक दे दिया था। इसके बाद पत्नी ने इस फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील की। हाईकोर्ट ने फैमिली कोर्ट का फैसला रद्द कर दिया और तलाक को खारिज कर दिया। हाईकोर्ट के इस फैसले से नाराज होकर पति ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की। ………….. तलाक के मामलों से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा- सिर्फ वॉट्सएप चैट से तलाक नहीं: पत्नी पर क्रूरता के आरोप साबित करने होंगे; फैमिली कोर्ट का आदेश रद्द किया बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा है कि बिना सबूत सिर्फ वॉट्सएप चैट के आधार पर तलाक का आदेश नहीं दिया जा सकता। जस्टिस भारती डांगरे और जस्टिस मंजुषा देशपांडे की बेंच ने महिला की फैमिली कोर्ट अपील पर सुनवाई में यह बात कही। पूरी खबर पढ़ें…

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.