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Sadabahar Phool Ke Fayde: सदाबाहर का फूल आयुर्वेद इस्तेमाल की जाने वाली औषधि है. इसका इस्तेमाल हैवी पीरियड्स से लेकर घाव को भरने के लिए किया जाता है. सदाबाहर फूल को उपयोग करने का तरीका यहां आप जान सकते हैं.
सदाबाहर का फूल भारतीय में बहुत ही कॉमन है. इसे पूजा-पाठ से लेकर घर की साज-सज्जा में इस्तेमाल किया जाता है. लेकिन कम ही लोग जानते हैं कि इसमें औषधि गुण भी मौजूद होते हैं. आयुर्वेद में कई शक्तिशाली और गुणकारी पौधों और फूलों के बारे में बताया गया है, जिनके उपयोग से कई बीमारियों का इलाज होता आया है. ऐसा ही दिखने में सुंदर और गुणकारी पौधा है सदाबहार का पौधा. अपने नाम की तरह इस खूबसूरत पौधे की पत्तियों से लेकर फूल भी औषधीय गुणों से भरपूर हैं, हालांकि इसके इस्तेमाल के तरीकों के बारे में कम ही लोग जानते हैं.
सदाबहार एक साधारण सा दिखने वाला पुष्प है पर आयुर्वेद में इसे खून, त्वचा और चयापचय से जुड़ा एक महत्वपूर्ण द्रव्य माना गया है. आयुर्वेद यह स्पष्ट करता है कि हर वनौषधि तभी औषधि बनती है, जब उसे सही द्रव्य, सही मात्रा और सही विधि के साथ अपनाया जाए. इसका स्वाद कड़वा होता है और इसे रक्त शुद्धि का सबसे आसान तरीका माना गया है. इसके पुष्प का सेवन रक्त की अशुद्धियों को कम करता है, जिससे आधी से ज्यादा शारीरिक रोग पहले ही खत्म हो जाते हैं.
घाव के लिए नेचुरल औषधि के समान
आयुर्वेद में सदाबहार को कफ और पित्त नाशक माना गया है. अगर सही मात्रा में इसका सेवन किया जाए तो आसानी से त्रिदोषों को संतुलित किया जा सकता है. इसके पत्ते का चूर्ण और हल्दी की सहायता से घाव को जल्दी भरा जा सकता है. घाव को जल्दी ठीक करने, सूजन को कम करने और घाव की लालिमा को कम करने के लिए सहाबहार के पत्तों को पीसकर और हल्दी मिलाकर सीधा घाव पर लगाया जा सकता है, लेकिन यह सिर्फ छोटे घाव पर लगाएं. बड़े और पस पड़े घाव के लिए चिकित्सक की सलाह लें.
हैवी पीरियड्स का घरेलू उपाय
महिलाओं में अक्सर अनियमित मासिक धर्म की परेशानी देखी जाती है और नियमित करने के लिए महिलाओं को हॉर्मोन पिल्स का सहारा लेना पड़ता है. ऐसे में सदाबहार के पत्तों को पानी में उबालकर पीने से गर्भाशय को मजबूती मिलती है और हॉर्मोन भी संतुलित रहते हैं. यह अधिक रक्तस्राव को भी नियंत्रित करता है.
नाक से खून आना घरेलू उपचार
गर्मियों में अक्सर नाक से खून आने की समस्या देखी जाती है. गर्मी में अधिक ताप की वजह से नाक से खून बहना शुरू हो जाता है. ऐसे में सदाबहार के फूल और अनार के फूलों का रस नाक में डालने से आराम मिलेगा. इन दोनों फूलों के रस की तासीर ठंडी होती है और रक्त को बहने से रोकती है. इसके अलावा अगर ततैया या कीट काट लेता है तो सूजन और दर्द से आराम पाने के लिए सहाबहार के पत्तों का लेप प्रभावित जगह पर लगाने से आराम मिलता है.
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शारदा सिंह बतौर सीनियर सब एडिटर News18 Hindi से जुड़ी हैं. वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्यू पर आधारित रिपोर्ट्स बनाने में एक्सपर्ट हैं. शारदा पिछले 5 सालों से मीडिया …और पढ़ें
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