Sunday, 26 Jul 2026 | 09:58 AM

Trending :

EXCLUSIVE

वरिष्ठ वकील और बेटे पर धोखाधड़ी का केस दर्ज:शाजापुर में हाईकोर्ट के निर्देश पर पुलिस ने की कार्रवाई

वरिष्ठ वकील और बेटे पर धोखाधड़ी का केस दर्ज:शाजापुर में हाईकोर्ट के निर्देश पर पुलिस ने की कार्रवाई

शाजापुर कोतवाली पुलिस ने हाईकोर्ट के निर्देश पर वरिष्ठ अभिभाषक नारायण प्रसाद पांडे और उनके बेटे अखिलेश पांडे के खिलाफ कूट रचना,अमानत में खनायत और धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। शिकायत कर्ता महेश पांडे अभिभाषक नारायण प्रसाद पांडे के छोटे भाई है। शिकायत कर्ता के नाम पर दो बैंकों से चार करोड़ का लोन ले लिया। माता-पिता की वसीयत के अनुसार संपत्ति में दोनों भाईयों का बराबरी का हिस्सा था लेकिन अभिभाषक पांडे और उनके बेटे अखिलेश ने कूटरचित दस्तावेजों के आधार महेश पांडे के फर्जी हस्ताक्षरों और शपथ पत्र के माध्यम से बंधन और आईसीआईसीआई बैंक में संपत्ति बंधक रखकर चार करोड़ का लोन ले लिया। महेश पांडे नौकरी में थे और उनकी संपत्ति की देखभाल बड़े भाई करते थे।रिटायर्ड होने के बाद जब शाजापुर आएं और सिविल चेक की तो पता चला बैंकों से लोन है। उन्होंने कोई लोन नहीं लिया और बैंक से जानकारी निकाली तो पता चला बड़े भाई और भतीजे ने मिलकर उनके साथ धोखाधड़ी कर ली। धोखाधड़ी की जानकारी लगने के बाद शिकायत कर्ता ने दस्तावेज इकट्ठा करने शुरू किए। बैंकों में दस्तावेज के लिए गए तो उन्हें देने से इंकार कर दिया। राजस्व विभाग और पंजीयन विभाग से मिले दस्तावेजों के आधार पर कोतवाली पुलिस में शिकायत की। पुलिस ने अभिभाषक पांडे के दबाव में कोई कार्रवाई नहीं की। शिकायत कर्ता ने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय ने पुलिस को मामला दर्ज करने के निर्देश दिए। अभिभाषक पांडे ने निचली अदालत के आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी। हाईकोर्ट ने निचली अदालत के आदेश को सही ठहराते हुए पुलिस को तत्काल प्रकरण दर्ज करने के निर्देश दिए। हाईकोर्ट के आदेश के बाद शनिवार कों कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज किया। कोतवाली थाना प्रभारी संतोष सिंह वाघेला ने रविवार दोपहर 1 बजे करीब बताया की पुलिस ने उच्च न्यायालय के आदेश के पालन में आवेदक महेश कुमार पाण्डे निवासी नई सड़क शाजापुर की शिकायत पर वरिष्ठ अभिभाषक नारायण प्रसाद पाण्डे और अखिलेश पाण्डे के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आवेदक ने आरोप लगाया कि आरोपियों द्वारा उनके नाम से फर्जी दस्तावेज तैयार कर विभिन्न स्थानों पर उपयोग किए गए। साथ ही बिना अनुमति उनके नाम पर बैंकों से करोड़ों रुपये का ऋण भी लिया गया। आवेदक के अनुसार, उन्हें अप्रैल 2023 में इस मामले की जानकारी मिली, जब उन्होंने अपने नाम पर बंधन बैंक और आईसीआईसीआई बैंक में लिए गए ऋण की जानकारी प्राप्त की, जबकि उन्होंने स्वयं कोई ऋण नहीं लिया था।
आवेदक ने बताया कि आरोपियों ने संयुक्त पारिवारिक संपत्ति से जुड़े मामलों में भी कूटरचित दस्तावेज प्रस्तुत किए और फर्जी हस्ताक्षर कर बंटवारे के आवेदन लगाएं। बाद में आपत्ति के बाद ये आवेदन वापस ले लिए गए। हस्तलिपि विशेषज्ञ की जांच में भी दस्तावेजों पर किए गए हस्ताक्षर फर्जी पाए गए हैं।

इस मामले में आवेदक ने पहले पुलिस और प्रशासन को शिकायत की लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा धारा 156(3) के तहत जांच के आदेश दिए गए, जिसे बाद में सत्र न्यायालय और उच्च न्यायालय ने भी यथावत रखा।
पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया मामला भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 467, 468, 471 और 120-बी के तहत पाया गया है। फिलहाल मामले की विवेचना जारी है और आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
विदिशा में 20 दवा दुकानों के लाइसेंस निलंबित:22 के लाइसेंस निरस्त, अवैध बिक्री पर प्रशासन ने लिए एक्शन

April 24, 2026/
8:28 am

विदिशा जिले में अवैध दवा बिक्री और नियमों के उल्लंघन के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। कलेक्टर अंशुल...

अब शराब दुकानों पर क्यूआर कोड लगाना जरूरी:आबकारी आयुक्त के निर्देश- जो ठेकेदार नहीं लगाएंगे, उनके लाइसेंस निरस्त होंगे

April 28, 2026/
6:33 pm

मध्य प्रदेश में अब एमआरपी से ज्यादा और एमएसपी से कम कीमत पर शराब नहीं बिक सकेगी। इस व्यवस्था को...

Yash Success Story Explained; KGF Ramayana Toxic

May 8, 2026/
4:30 am

23 मिनट पहलेलेखक: वीरेंद्र मिश्र कॉपी लिंक यश ने अपने करियर की शुरुआत न चाहते हुए भी टेलीविजन से की,...

अमिताभ बच्चन को साउथ सिनेमा का पहला अवॉर्ड मिला:कल्कि के लिए बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर चुने गए, प्रभाष स्टारर इस फिल्म में अश्वस्थामा बने

February 22, 2026/
6:37 pm

70वें फिल्मफेयर अवॉर्ड्स साउथ का आयोजन शनिवार को केरल के कोच्चि स्थित एडलक्स कन्वेंशन सेंटर में हुआ। इस सेरेमनी में...

सर में नाम कटा, सत्यापन में देरी और फिर सूची में पर्यटक नाम... 104 साल के केन्या में बंगाल चुनाव में मिला वीआईपी दौरा

April 30, 2026/
10:51 pm

त्वरित पढ़ें दिखाएँ एआई द्वारा उत्पन्न मुख्य बिंदु, न्यूज़ रूम द्वारा सत्यापित 104 साहूकार इब्राहिम ने लोकतंत्र में वोट डाला।...

मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने लिया शिविर का जायजा:नरसिंहपुर में बोले- 'संकल्प से समाधान' योजना से लाभ लें हितग्राही

April 4, 2026/
8:19 pm

मध्य प्रदेश के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री और नरसिंहपुर जिले के प्रभारी मंत्री गोविंद सिंह राजपूत शनिवार को नरसिंहपुर...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

वरिष्ठ वकील और बेटे पर धोखाधड़ी का केस दर्ज:शाजापुर में हाईकोर्ट के निर्देश पर पुलिस ने की कार्रवाई

वरिष्ठ वकील और बेटे पर धोखाधड़ी का केस दर्ज:शाजापुर में हाईकोर्ट के निर्देश पर पुलिस ने की कार्रवाई

शाजापुर कोतवाली पुलिस ने हाईकोर्ट के निर्देश पर वरिष्ठ अभिभाषक नारायण प्रसाद पांडे और उनके बेटे अखिलेश पांडे के खिलाफ कूट रचना,अमानत में खनायत और धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। शिकायत कर्ता महेश पांडे अभिभाषक नारायण प्रसाद पांडे के छोटे भाई है। शिकायत कर्ता के नाम पर दो बैंकों से चार करोड़ का लोन ले लिया। माता-पिता की वसीयत के अनुसार संपत्ति में दोनों भाईयों का बराबरी का हिस्सा था लेकिन अभिभाषक पांडे और उनके बेटे अखिलेश ने कूटरचित दस्तावेजों के आधार महेश पांडे के फर्जी हस्ताक्षरों और शपथ पत्र के माध्यम से बंधन और आईसीआईसीआई बैंक में संपत्ति बंधक रखकर चार करोड़ का लोन ले लिया। महेश पांडे नौकरी में थे और उनकी संपत्ति की देखभाल बड़े भाई करते थे।रिटायर्ड होने के बाद जब शाजापुर आएं और सिविल चेक की तो पता चला बैंकों से लोन है। उन्होंने कोई लोन नहीं लिया और बैंक से जानकारी निकाली तो पता चला बड़े भाई और भतीजे ने मिलकर उनके साथ धोखाधड़ी कर ली। धोखाधड़ी की जानकारी लगने के बाद शिकायत कर्ता ने दस्तावेज इकट्ठा करने शुरू किए। बैंकों में दस्तावेज के लिए गए तो उन्हें देने से इंकार कर दिया। राजस्व विभाग और पंजीयन विभाग से मिले दस्तावेजों के आधार पर कोतवाली पुलिस में शिकायत की। पुलिस ने अभिभाषक पांडे के दबाव में कोई कार्रवाई नहीं की। शिकायत कर्ता ने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय ने पुलिस को मामला दर्ज करने के निर्देश दिए। अभिभाषक पांडे ने निचली अदालत के आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी। हाईकोर्ट ने निचली अदालत के आदेश को सही ठहराते हुए पुलिस को तत्काल प्रकरण दर्ज करने के निर्देश दिए। हाईकोर्ट के आदेश के बाद शनिवार कों कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज किया। कोतवाली थाना प्रभारी संतोष सिंह वाघेला ने रविवार दोपहर 1 बजे करीब बताया की पुलिस ने उच्च न्यायालय के आदेश के पालन में आवेदक महेश कुमार पाण्डे निवासी नई सड़क शाजापुर की शिकायत पर वरिष्ठ अभिभाषक नारायण प्रसाद पाण्डे और अखिलेश पाण्डे के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आवेदक ने आरोप लगाया कि आरोपियों द्वारा उनके नाम से फर्जी दस्तावेज तैयार कर विभिन्न स्थानों पर उपयोग किए गए। साथ ही बिना अनुमति उनके नाम पर बैंकों से करोड़ों रुपये का ऋण भी लिया गया। आवेदक के अनुसार, उन्हें अप्रैल 2023 में इस मामले की जानकारी मिली, जब उन्होंने अपने नाम पर बंधन बैंक और आईसीआईसीआई बैंक में लिए गए ऋण की जानकारी प्राप्त की, जबकि उन्होंने स्वयं कोई ऋण नहीं लिया था।
आवेदक ने बताया कि आरोपियों ने संयुक्त पारिवारिक संपत्ति से जुड़े मामलों में भी कूटरचित दस्तावेज प्रस्तुत किए और फर्जी हस्ताक्षर कर बंटवारे के आवेदन लगाएं। बाद में आपत्ति के बाद ये आवेदन वापस ले लिए गए। हस्तलिपि विशेषज्ञ की जांच में भी दस्तावेजों पर किए गए हस्ताक्षर फर्जी पाए गए हैं।

इस मामले में आवेदक ने पहले पुलिस और प्रशासन को शिकायत की लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा धारा 156(3) के तहत जांच के आदेश दिए गए, जिसे बाद में सत्र न्यायालय और उच्च न्यायालय ने भी यथावत रखा।
पुलिस के अनुसार, प्रथम दृष्टया मामला भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 467, 468, 471 और 120-बी के तहत पाया गया है। फिलहाल मामले की विवेचना जारी है और आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.