Monday, 14 Sep 2026 | 02:06 AM

Trending :

EXCLUSIVE

India Retail Inflation Hits 3.93% in May 2026

India Retail Inflation Hits 3.93% in May 2026
  • Hindi News
  • Business
  • India Retail Inflation Hits 3.93% In May 2026 | Food & Transport Costs Rise

नई दिल्ली4 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

देश में खुदरा महंगाई की रफ्तार एक बार फिर बढ़ गई है। मई महीने में यह बढ़कर 3.93% पर पहुंच गई है, जो अप्रैल में 3.48% थी। पिछले 5 महीनों में यह पहली बार है जब खुदरा महंगाई रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के मीडियम-टर्म टारगेट 4% के बेहद करीब पहुंच गई है।

5 महीने में पहली बार 4% के करीब पहुंची महंगाई

2026 की शुरुआत में महंगाई दर काफी कम थी। जनवरी में यह 2.74% के स्तर पर थी, जो मई तक लगातार बढ़ते हुए 3.93% पर आ गई है। पिछले महीने यानी अप्रैल के मुकाबले मई में खुदरा महंगाई में 0.75% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मासिक आधार पर कीमतों में आया यह उछाल पिछले 16 महीनों में सबसे तेज है, जो दिखाता है कि बाजार में लगातार प्राइस प्रेशर बढ़ रहा है।

ग्रामीण इलाकों में खाने-पीने की चीजें ज्यादा महंगी हुईं

इस बार भी महंगाई बढ़ने के पीछे सबसे बड़ी वजह खाने-पीने की चीजों के दामों में आई तेजी है। मई में कंज्यूमर फूड इन्फ्लेशन बढ़कर 4.78% पर पहुंच गया, जो अप्रैल में 4.2% था।

खास बात यह है कि शहरों के मुकाबले ग्रामीण भारत में खाद्य महंगाई दर ज्यादा रही। मई में ग्रामीण इलाकों में फूड इन्फ्लेशन 4.85% दर्ज किया गया, जबकि शहरी केंद्रों में यह आंकड़ा 4.66% रहा।

सोने की कीमतों में तेजी से ज्वेलरी 56% से ज्यादा महंगी हुई

इस बार कमोडिटी और डिस्क्रीशनरी (गैर-जरूरी) खर्चों में सबसे भारी उछाल देखा गया है। ज्वेलरी और कीमती धातुएं वाली पर्सनल इफेक्ट्स कैटेगरी की महंगाई दर में रिकॉर्ड 56.35% की तेजी आई है। यह महंगाी के पूरे बास्केट में सबसे तेजी से बढ़ने वाला कंपोनेंट बन गया है।

महंगाई बढ़ी तो 0.50% तक ब्याज दरें बढ़ा सकता है RBI

महंगाई के इन नए आंकड़ों से RBI की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की चिंताएं बढ़ सकती हैं। कई इकोनॉमिस्ट ने पहले ही चेतावनी दी है कि ईंधन की बढ़ती लागत, सप्लाई में रुकावटें और खराब मौसम के कारण खाद्य कीमतों पर जोखिम बना हुआ है। अगर महंगाई इसी तरह ऊंचे स्तर पर बनी रही, तो आरबीआई रेपो रेट में 0.50% तक की बढ़ोतरी कर सकता है।

कमजोर मानसून का डर, 5% पार जा सकती है दर

आने वाले दिनों में महंगाई का आउटलुक कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और मौसम के जोखिमों के कारण काफी अनिश्चित हो गया है। अगर देश में मानसून कमजोर रहता है या अल नीनो का गंभीर असर दिखता है, तो खाद्य पदार्थों की कीमतें और ज्यादा बढ़ सकती हैं।

दूसरी तरफ, वैश्विक स्तर पर महंगे तेल का बोझ अगर घरेलू ईंधन की कीमतों पर डाला जाता है, तो खुदरा महंगाई दर 5% के पार भी जा सकती है।

नॉलेज बॉक्स: क्या होता है CPI और RBI का टॉलरेंस बैंड?

  • कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI): इसे खुदरा महंगाई दर भी कहते हैं। यह उन वस्तुओं और सेवाओं (जैसे भोजन, कपड़े, परिवहन, शिक्षा) की खुदरा कीमतों में बदलाव को मापता है, जिन्हें हम और आप सीधे दुकानदार से खरीदते हैं। इसी के आधार पर देश की महंगाई दर तय होती है।
  • आरबीआई का टॉलरेंस बैंड: सरकार ने रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया को निर्देश दिया है कि देश में खुदरा महंगाई दर 4% के स्तर पर रहनी चाहिए, जिसमें 2% ऊपर या नीचे (यानी 2% से 6% के बीच) की छूट होती है। इसे ही आरबीआई का कम्फर्ट या टॉलरेंस बैंड कहा जाता है। मई का आंकड़ा (3.93%) इस बैंड के अंदर तो है, लेकिन आदर्श लक्ष्य 4% के बेहद करीब है।

महंगाई कैसे बढ़ती-घटती है?

महंगाई का बढ़ना-घटना प्रोडक्ट की डिमांड-सप्लाई पर निर्भर करता है। अगर लोगों के पास पैसे ज्यादा होंगे तो वे ज्यादा चीजें खरीदेंगे। इससे चीजों की डिमांड बढ़ेगी और सप्लाई नहीं होने पर इनकी कीमत बढ़ेगी। वहीं अगर डिमांड कम होगी और सप्लाई ज्यादा तो महंगाई कम होगी।

3.93% महंगाई दर का क्या मतलब है?

1. तुलना पिछले साल से होती है (साल-दर-साल)

जब हम कहते हैं कि मई 2026 में महंगाई 3.93% है, तो इसका मतलब है कि हम इसकी तुलना मई 2025 से कर रहे हैं। यह पूरे एक साल का बदलाव है। 3.93% एक औसत नंबर है जिसे ‘कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स’ कहते हैं। इसमें आपके जीवन की सैकड़ों चीजें शामिल हैं:

  • किसी चीज के दाम बहुत ज्यादा बढ़े होंगे।
  • किसी चीज के दाम घटे भी होंगे।
  • जब इन सबको एक साथ मिलाया गया, तो औसतन खर्च 3.93% बढ़ गया।

2. ₹100 की चीज अब ₹103.93 की हो गई

इसका गणित बहुत सीधा है। अगर मई 2025 में आपने कोई सामान जैसे राशन ₹100 में खरीदा था, तो वही सामान मई 2026 में ₹103.93 का हो गया है।

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
HDFC Bank Top Gainer; Reliance, Airtel Market Cap Rise

July 12, 2026/
3:21 pm

मुंबई28 मिनट पहले कॉपी लिंक भारतीय शेयर बाजार में पिछले हफ्ते उतार-चढ़ाव के बीच देश की टॉप-10 सबसे मूल्यवान कंपनियों...

पश्चिम बंगाल चुनाव: बीजेपी के न्यूनतम नेता दिनेश शर्मा ने बंगाल में सपा का नाम क्यों लिया? हुमायूँ कबीर के स्टिंग पर बोले- 'वह बड़ा नेता...'

April 10, 2026/
2:28 pm

पश्चिम बंगाल में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। इसी बीच मुस्लिम समुदाय के...

Rajasthan Board 12th Result Today

March 31, 2026/
7:38 am

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) की 12वीं आट्‌र्स, कॉमर्स, साइंस का रिजल्ट आज (31 मार्च) सुबह 10 बजे घोषित किया...

विश्व कप मैच के बाद फॉकलैंड पर फिर भिड़े अर्जेंटीना-ब्रिटेन:ब्रिटिश वॉरशिप के समुद्री इलाके में घुसने का आरोप; खिलाड़ियों के बैनर से बढ़ा विवाद

July 16, 2026/
10:42 pm

फीफा विश्व कप 2026 के सेमीफाइनल में इंग्लैंड को 2-1 से हराने के कुछ घंटों बाद अर्जेंटीना और ब्रिटेन के...

England Women Win 5 Runs vs India

June 10, 2026/
8:26 pm

स्पोर्ट्स डेस्क39 मिनट पहले कॉपी लिंक ऋचा घोष ने मैच में 36 गेंद पर 68 रन बनाए। ICC विमेंस टी-20...

'अब संयुक्त शपथ ग्रहण में आ मारे...' बराकपुर से पीएम मोदी ने बोला हल्ला बोल, वोट से पहले कर दी बड़ी भविष्यवाणी

April 27, 2026/
1:13 pm

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पश्चिम बंगाल के बराकपुर में सोमवार (27 अप्रैल) को विजय संकल्प सभा करेंगे। बीजेपी रैली को खुलासा...

ब्रजेश्वरी हादसे के बाद सख्ती:330 इमारतों में जांच; 60 में फायर सेफ्टी नहीं, 28 में उपकरण खराब

April 6, 2026/
6:03 am

ब्रजेश्वरी एनेक्स हादसे के बाद नगर निगम ने शहर की बहुमंजिला इमारतों की जांच शुरू कर दी है। निगम की...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

India Retail Inflation Hits 3.93% in May 2026

India Retail Inflation Hits 3.93% in May 2026
  • Hindi News
  • Business
  • India Retail Inflation Hits 3.93% In May 2026 | Food & Transport Costs Rise

नई दिल्ली4 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

देश में खुदरा महंगाई की रफ्तार एक बार फिर बढ़ गई है। मई महीने में यह बढ़कर 3.93% पर पहुंच गई है, जो अप्रैल में 3.48% थी। पिछले 5 महीनों में यह पहली बार है जब खुदरा महंगाई रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के मीडियम-टर्म टारगेट 4% के बेहद करीब पहुंच गई है।

5 महीने में पहली बार 4% के करीब पहुंची महंगाई

2026 की शुरुआत में महंगाई दर काफी कम थी। जनवरी में यह 2.74% के स्तर पर थी, जो मई तक लगातार बढ़ते हुए 3.93% पर आ गई है। पिछले महीने यानी अप्रैल के मुकाबले मई में खुदरा महंगाई में 0.75% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मासिक आधार पर कीमतों में आया यह उछाल पिछले 16 महीनों में सबसे तेज है, जो दिखाता है कि बाजार में लगातार प्राइस प्रेशर बढ़ रहा है।

ग्रामीण इलाकों में खाने-पीने की चीजें ज्यादा महंगी हुईं

इस बार भी महंगाई बढ़ने के पीछे सबसे बड़ी वजह खाने-पीने की चीजों के दामों में आई तेजी है। मई में कंज्यूमर फूड इन्फ्लेशन बढ़कर 4.78% पर पहुंच गया, जो अप्रैल में 4.2% था।

खास बात यह है कि शहरों के मुकाबले ग्रामीण भारत में खाद्य महंगाई दर ज्यादा रही। मई में ग्रामीण इलाकों में फूड इन्फ्लेशन 4.85% दर्ज किया गया, जबकि शहरी केंद्रों में यह आंकड़ा 4.66% रहा।

सोने की कीमतों में तेजी से ज्वेलरी 56% से ज्यादा महंगी हुई

इस बार कमोडिटी और डिस्क्रीशनरी (गैर-जरूरी) खर्चों में सबसे भारी उछाल देखा गया है। ज्वेलरी और कीमती धातुएं वाली पर्सनल इफेक्ट्स कैटेगरी की महंगाई दर में रिकॉर्ड 56.35% की तेजी आई है। यह महंगाी के पूरे बास्केट में सबसे तेजी से बढ़ने वाला कंपोनेंट बन गया है।

महंगाई बढ़ी तो 0.50% तक ब्याज दरें बढ़ा सकता है RBI

महंगाई के इन नए आंकड़ों से RBI की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की चिंताएं बढ़ सकती हैं। कई इकोनॉमिस्ट ने पहले ही चेतावनी दी है कि ईंधन की बढ़ती लागत, सप्लाई में रुकावटें और खराब मौसम के कारण खाद्य कीमतों पर जोखिम बना हुआ है। अगर महंगाई इसी तरह ऊंचे स्तर पर बनी रही, तो आरबीआई रेपो रेट में 0.50% तक की बढ़ोतरी कर सकता है।

कमजोर मानसून का डर, 5% पार जा सकती है दर

आने वाले दिनों में महंगाई का आउटलुक कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और मौसम के जोखिमों के कारण काफी अनिश्चित हो गया है। अगर देश में मानसून कमजोर रहता है या अल नीनो का गंभीर असर दिखता है, तो खाद्य पदार्थों की कीमतें और ज्यादा बढ़ सकती हैं।

दूसरी तरफ, वैश्विक स्तर पर महंगे तेल का बोझ अगर घरेलू ईंधन की कीमतों पर डाला जाता है, तो खुदरा महंगाई दर 5% के पार भी जा सकती है।

नॉलेज बॉक्स: क्या होता है CPI और RBI का टॉलरेंस बैंड?

  • कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI): इसे खुदरा महंगाई दर भी कहते हैं। यह उन वस्तुओं और सेवाओं (जैसे भोजन, कपड़े, परिवहन, शिक्षा) की खुदरा कीमतों में बदलाव को मापता है, जिन्हें हम और आप सीधे दुकानदार से खरीदते हैं। इसी के आधार पर देश की महंगाई दर तय होती है।
  • आरबीआई का टॉलरेंस बैंड: सरकार ने रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया को निर्देश दिया है कि देश में खुदरा महंगाई दर 4% के स्तर पर रहनी चाहिए, जिसमें 2% ऊपर या नीचे (यानी 2% से 6% के बीच) की छूट होती है। इसे ही आरबीआई का कम्फर्ट या टॉलरेंस बैंड कहा जाता है। मई का आंकड़ा (3.93%) इस बैंड के अंदर तो है, लेकिन आदर्श लक्ष्य 4% के बेहद करीब है।

महंगाई कैसे बढ़ती-घटती है?

महंगाई का बढ़ना-घटना प्रोडक्ट की डिमांड-सप्लाई पर निर्भर करता है। अगर लोगों के पास पैसे ज्यादा होंगे तो वे ज्यादा चीजें खरीदेंगे। इससे चीजों की डिमांड बढ़ेगी और सप्लाई नहीं होने पर इनकी कीमत बढ़ेगी। वहीं अगर डिमांड कम होगी और सप्लाई ज्यादा तो महंगाई कम होगी।

3.93% महंगाई दर का क्या मतलब है?

1. तुलना पिछले साल से होती है (साल-दर-साल)

जब हम कहते हैं कि मई 2026 में महंगाई 3.93% है, तो इसका मतलब है कि हम इसकी तुलना मई 2025 से कर रहे हैं। यह पूरे एक साल का बदलाव है। 3.93% एक औसत नंबर है जिसे ‘कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स’ कहते हैं। इसमें आपके जीवन की सैकड़ों चीजें शामिल हैं:

  • किसी चीज के दाम बहुत ज्यादा बढ़े होंगे।
  • किसी चीज के दाम घटे भी होंगे।
  • जब इन सबको एक साथ मिलाया गया, तो औसतन खर्च 3.93% बढ़ गया।

2. ₹100 की चीज अब ₹103.93 की हो गई

इसका गणित बहुत सीधा है। अगर मई 2025 में आपने कोई सामान जैसे राशन ₹100 में खरीदा था, तो वही सामान मई 2026 में ₹103.93 का हो गया है।

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

जॉब - शिक्षा

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.