Friday, 10 Apr 2026 | 04:48 PM

Trending :

मधुमक्खियों के हमले में चौथी के छात्र की मौत:आगर मालवा में 5 बच्चे घायल, पेपर देने स्कूल गए थे स्टूडेंट; मधुमक्खियों के झुंड ने किया हमला मधुमक्खियों के हमले में चौथी के छात्र की मौत:आगर मालवा में 5 बच्चे घायल, पेपर देने स्कूल गए थे स्टूडेंट; मधुमक्खियों के झुंड ने किया हमला India Collection Crosses 1080 Cr; Joins 2026 Top 10 Movies गर्मियों में शरीर के लिए अमृत समान है ये रस, इम्यूनिटी करे बूस्ट, बॉडी को तुरंत दे एनर्जी, जानें सेवन का सही तरीका एआईएमआईएम-एजेयूपी विभाजन: तीन तरह से यह बंगाल के महत्वपूर्ण मुस्लिम वोट को प्रभावित कर सकता है | राजनीति समाचार बालाघाट में ओवरब्रिज के उद्घाटन में विधायक को रोका:वारासिवनी में सांसद ने किया पूजन; MLA बोले- यह प्रोटोकॉल का उल्लंघन, कार्यकर्ताओं के साथ फीता काटा
EXCLUSIVE

Partner Facebook Flirt; Relationship Insecurity Signs

Partner Facebook Flirt; Relationship Insecurity Signs
  • Hindi News
  • Lifestyle
  • Partner Facebook Flirt; Relationship Insecurity Signs | Do’s & Dont’s Boundaries

2 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

सवाल मैं जयपुर से हूं। मेरी उम्र 28 साल है और मैं सेरामिक आर्टिस्ट हूं। मेरा पार्टनर भी आर्टिस्ट है। वह सोशल मीडिया पर लड़कियों के साथ बहुत फ्लर्ट करता है। जैसे उनकी हर पोस्ट पर हार्ट इमोजी बनाना, कमेंट करना, देर रात फेसबुक पर ऑनलाइन रहना और चैटिंग करना।

मैं पूछूं कि किससे बात कर रहे हो तो नाराज हो जाता है। कहता है, मैं इनसिक्योर हूं। वो उल्टे मुझे ही गिल्ट महसूस करवाने लगता है। क्या दूसरी लड़कियों के साथ फ्लर्ट और चैटिंग भी एक तरह की चीटिंग नहीं है। मैं बहुत अनकंफर्टेबल महसूस कर रही हूं। क्या करूं?

एक्सपर्ट: डॉ. जया सुकुल, क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट, नोएडा

सवाल पूछने के लिए शुक्रिया। आपका तनाव महसूस करना और सवाल पूछना, दोनों वाजिब है। यहां मैं मनोविज्ञान के नजरिए से आपके सवाल का जवाब देने की कोशिश करूंगी।

डिजिटल एज में रिलेशनशिप

इंटरनेट और सोशल मीडिया से पहले के दौर में ‘चीटिंग’ की परिभाषा अलग थी। तब धोखे का एक ही मतलब था- किसी तीसरे व्यक्ति के साथ शारीरिक संबंध। लेकिन आज की तारीख में जिंदगी का एक बड़ा हिस्सा मोबाइल पर गुजर रहा है। हमारी बहुत सारी बातचीत, जुड़ाव, प्रेम और आकर्षण दरअसल हमारी डिजिटल स्क्रीन पर ही हो रहे हैं।

तो जाहिर है, ये सवाल मन में आता है कि क्या फेसबुक पर किसी की पोस्ट पर रोज हार्ट इमोजी बनाना या रोज कमेंट करना सिर्फ फ्लर्टिंग है या ये भी चीटिंग है। आइए समझते हैं-

फिजिकल चीटिंग से ज्यादा तकलीफदेह ‘इमोशनल चीटिंग’

जैसाकि ऊपर ग्राफिक के पॉइंट्स से जाहिर है कि सिर्फ लाइक और कमेंट करना तो नॉर्मल सोशल बिहेवियर है। लेकिन ये माइक्रो और इमोशनल चीटिंग में भी बदल सकता है। लेकिन सिर्फ तब जब आपका पार्टनर–

  • अपने रिश्ते को इग्नोर करके दूसरे को ज्यादा वक्त और तवज्जो दे।
  • जब वो किसी तीसरे से अपनी बेहद पर्सनल बातें शेयर करने लगे।
  • जब आपका पार्टनर किसी और से इस हद तक जुड़ जाए कि वो आपके हिस्से का प्यार, लगाव, खुशी और वक्त किसी और को देने लगे।

जरूरी नहीं कि उस रिश्ते में फिजिकल इंटिमेसी भी हो। बस होता ये है कि जो आपका था, वो अब किसी और को मिल रहा है। यह एक तरह का इमोशनल डिसप्लेसमेंट है। इमोशनल चीटिंग कई बार फिजिकल चीटिंग से भी ज्यादा तकलीफदेह हो सकती है।

लोग फ्लर्ट क्यों करते हैं?

फ्लर्टिंग अपने आप में गलत नहीं है और न ही ये हमेशा गलत होती है। आपको जानकर आश्चर्य होगा कि कई साइंस स्टडीज दरअसल फ्लर्टिंग को एक हेल्दी साइन के रूप में देखती हैं।

फ्लर्टिंग लोगों के सोशल स्किल और उनकी पर्सनैलिटी का हिस्सा भी हो सकती है। वे बातचीत में थोड़ी तारीफ या थोड़े मजाक का सहारा लेते हैं, थोड़ा टीज या फ्लैटर करते हैं। इन सबमें कोई समस्या नहीं है।

ऐसा करने के पीछे कई कारण हो सकते हैं। ये बोरडम से लेकर सेल्फ एस्टीम से जुड़ा मसला भी हो सकता है। सारे एंगल नीचे ग्राफिक में देखें–

फ्लर्टिंग कब रेड फ्लैग है?

फ्लर्टिंग समस्या तब होती है, जब फ्लर्ट करना व्यक्ति का सहज स्वभाव न हो। वह सभी के साथ इस तरह पेश न आता हो, बल्कि उसका ये व्यवहार किसी खास व्यक्ति पर ही केंद्रित हो। इतना ही नहीं, वो इन बातों को छिपाने लगे, पूछने पर नाराज हो जाए। नीचे ग्राफिक में वो सारे संकेत देखिए, जब फ्लर्टिंग रेड फ्लैग हो सकती है।

इरादे और उसका प्रभाव

मनोविज्ञान में दो चीजें होती हैं– एक है इरादा और दूसरा है उसका असर। हो सकता है कि इरादा नेक हो, लेकिन उसका असर बुरा पड़े। जैसेकि आपके केस में पार्टनर कह सकता है–

  • ये कोई सीरियस बात नहीं है।
  • मैं तो बस मजाक कर रहा था।
  • मेरा ऐसा कोई इरादा नहीं था।

लेकिन पॉइंट ये है कि इरादा जो भी हो, उसका प्रभाव क्या हुआ है । उसका प्रभाव ये है कि आप–

  • पीड़ा महसूस कर रही हैं।
  • असुरक्षा महसूस कर रही हैं।
  • तनाव महसूस कर रही हैं।
  • रिश्ते में अकेलापन महसूस कर रही हैं।

अब आपको क्या करना चाहिए?

आपकी फीलिंग्स को टालना, उन्हें इग्नोर करना या झुठलाना ठीक नहीं है। सबसे पहले आपको अपनी फीलिंग्स को एड्रेस करना है। इसके लिए आपको ये कदम उठाने चाहिए–

  • पार्टनर से खुलकर इस बारे में बात करनी चाहिए।
  • उन्हें ब्लेम नहीं करना चाहिए, सिर्फ अपनी फीलिंग्स जाहिर करनी चाहिए।
  • उन्हें बताना चाहिए कि उनके व्यवहार की वजह से आप पीड़ा, असुरक्षा महसूस करती हैं।
  • उनसे आग्रह करना चाहिए कि इस मुद्दे को तत्काल एड्रेस करना जरूरी है।
  • आप सजेस्ट कर सकती हैं कि जरूरत हो तो हम कपल काउंसलिंग के लिए भी जा सकते हैं।

हेल्दी रिलेशन के 6 जरूरी कदम

आपको सेल्फ केयर के ऊपर लिखे कदम उठाने चाहिए। इसके अलावा नीचे ग्राफिक में छह बातें लिखी हैं, जो किसी भी हेल्दी रिलेशनशिप की बुनियाद हैं। हर रिश्ते में डूज और डोंट्स की सीमा तय करने से लेकर सेल्फ रिस्पेक्ट को प्रिऑरिटी पर रखना जरूरी है।

अंतिम बात

मुझे पूरी उम्मीद है कि बातचीत, प्यार और संवेदना से यह समस्या सुलझ सकती है। लेकिन अगर ऐसी स्थितियां पैदा हों कि आपका पार्टनर–

  • आपकी बात सुनने से इनकार करे।
  • आपकी फीलिंग्स को पूरी तरह इग्नोर करे।
  • कहे कि “तुम बात का बतंगड़ बना रही हो।”
  • उल्टे आपको ही दोष देने लगे।
  • आपके दुख से पूरी तरह डिटैच्ड, अप्रभावित रहे।

तो ऐसी स्थितियों में आपको अपने मेंटल-इमोशनल वेलबीइंग को प्रिऑरिटी देनी चाहिए। सबसे पहले अपनी मेंटल–फिजिकल हेल्थ को डैमेज होने से बचाना चाहिए। काउंसलर से मिलकर बात करनी चाहिए। सबसे पहले अपना आत्मसम्मान और अपनी खुशी चुननी चाहिए।

…………………….

रिलेशनशिप एडवाइज से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए

रिलेशनशिप एडवाइज- हसबैंड प्रमोशन लेकर दूसरे शहर चले गए: जॉब, घर, बच्चा अकेले संभाल रही हूं, अकेली और फ्रस्ट्रेट हूं, क्या करूं?

आप एक मजबूत महिला हैं, जो घर, जॉब और बच्ची की जिम्मेदारी एक साथ संभाल रही हैं। अगर पति दूसरे शहर चले गए हैं और आपको उनका साथ नहीं मिल पा रहा है तो फ्रस्ट्रेशन होना नॉर्मल है। आइए आपकी सिचुएशन को समझते हैं और साथ मिलकर कोई रास्ता निकालते हैं। आगे पढ़िए…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
Brent crude jumped 8% to $116 per barrel and is up nearly 60% since the war began in late February. (Image: Reuters)

March 18, 2026/
8:00 am

आखरी अपडेट:मार्च 18, 2026, 08:00 IST दिलीप घोष को भाजपा ने मेदिनीपुर जिले में स्थित खड़गपुर सदर से मैदान में...

ऑपरेशन सिंदूर के बाद धुरंधर से पाकिस्तानी सिंगर की एंट्री:1 गीत के 45 लाख लिए, जालंधर के खान साब ने गाया आरी-आरी, जैसमीन-सरताज का कोलैब

March 19, 2026/
10:58 am

पंजाबी गायकों ने धुरंधर द रिवेंज में अपनी आवाज से धमाल मचाई है। वहीं ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तानी कलाकारों...

Snowfall in Uttarakhand, Himachal, J&K

March 13, 2026/
5:30 am

Hindi News National Snowfall In Uttarakhand, Himachal, J&K | Rain Alert & Rajasthan Heatwave 2026 नई दिल्ली/श्रीनगर/देहरादून/जयपुर7 मिनट पहले कॉपी...

मादक पदार्थ बिक्री के आरोप पर पासी समाज का विरोध:धार एसपी को ज्ञापन देकर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग

March 10, 2026/
8:29 pm

धार शहर में अवैध मादक पदार्थों की बिक्री और मारपीट के एक मामले को लेकर पासी समाज के लोगों ने...

1 महीने की हुई रणदीप-लिन की बेटी, दिखाई पहली झलक, बताया नाम और उसका मतलब

April 10, 2026/
11:44 am

गर्मियों में शरीर को ठंडा और हाइड्रेट रखने के लिए मटके का पानी सबसे पुराना और एक भरोसेमंद तरीका माना...

Smoke rises after an Israeli strike on a bridge in lebanon. (File Image: Reuters)

March 26, 2026/
9:25 am

आखरी अपडेट:26 मार्च, 2026, 09:25 IST सूत्रों का कहना है कि ‘चार्जशीट’ दस्तावेज़ एक प्रमुख अभियान उपकरण होगा, बीजेपी इसे...

जॉब - शिक्षा

हेल्थ & फिटनेस

राजनीति

Partner Facebook Flirt; Relationship Insecurity Signs

Partner Facebook Flirt; Relationship Insecurity Signs
  • Hindi News
  • Lifestyle
  • Partner Facebook Flirt; Relationship Insecurity Signs | Do’s & Dont’s Boundaries

2 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

सवाल मैं जयपुर से हूं। मेरी उम्र 28 साल है और मैं सेरामिक आर्टिस्ट हूं। मेरा पार्टनर भी आर्टिस्ट है। वह सोशल मीडिया पर लड़कियों के साथ बहुत फ्लर्ट करता है। जैसे उनकी हर पोस्ट पर हार्ट इमोजी बनाना, कमेंट करना, देर रात फेसबुक पर ऑनलाइन रहना और चैटिंग करना।

मैं पूछूं कि किससे बात कर रहे हो तो नाराज हो जाता है। कहता है, मैं इनसिक्योर हूं। वो उल्टे मुझे ही गिल्ट महसूस करवाने लगता है। क्या दूसरी लड़कियों के साथ फ्लर्ट और चैटिंग भी एक तरह की चीटिंग नहीं है। मैं बहुत अनकंफर्टेबल महसूस कर रही हूं। क्या करूं?

एक्सपर्ट: डॉ. जया सुकुल, क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट, नोएडा

सवाल पूछने के लिए शुक्रिया। आपका तनाव महसूस करना और सवाल पूछना, दोनों वाजिब है। यहां मैं मनोविज्ञान के नजरिए से आपके सवाल का जवाब देने की कोशिश करूंगी।

डिजिटल एज में रिलेशनशिप

इंटरनेट और सोशल मीडिया से पहले के दौर में ‘चीटिंग’ की परिभाषा अलग थी। तब धोखे का एक ही मतलब था- किसी तीसरे व्यक्ति के साथ शारीरिक संबंध। लेकिन आज की तारीख में जिंदगी का एक बड़ा हिस्सा मोबाइल पर गुजर रहा है। हमारी बहुत सारी बातचीत, जुड़ाव, प्रेम और आकर्षण दरअसल हमारी डिजिटल स्क्रीन पर ही हो रहे हैं।

तो जाहिर है, ये सवाल मन में आता है कि क्या फेसबुक पर किसी की पोस्ट पर रोज हार्ट इमोजी बनाना या रोज कमेंट करना सिर्फ फ्लर्टिंग है या ये भी चीटिंग है। आइए समझते हैं-

फिजिकल चीटिंग से ज्यादा तकलीफदेह ‘इमोशनल चीटिंग’

जैसाकि ऊपर ग्राफिक के पॉइंट्स से जाहिर है कि सिर्फ लाइक और कमेंट करना तो नॉर्मल सोशल बिहेवियर है। लेकिन ये माइक्रो और इमोशनल चीटिंग में भी बदल सकता है। लेकिन सिर्फ तब जब आपका पार्टनर–

  • अपने रिश्ते को इग्नोर करके दूसरे को ज्यादा वक्त और तवज्जो दे।
  • जब वो किसी तीसरे से अपनी बेहद पर्सनल बातें शेयर करने लगे।
  • जब आपका पार्टनर किसी और से इस हद तक जुड़ जाए कि वो आपके हिस्से का प्यार, लगाव, खुशी और वक्त किसी और को देने लगे।

जरूरी नहीं कि उस रिश्ते में फिजिकल इंटिमेसी भी हो। बस होता ये है कि जो आपका था, वो अब किसी और को मिल रहा है। यह एक तरह का इमोशनल डिसप्लेसमेंट है। इमोशनल चीटिंग कई बार फिजिकल चीटिंग से भी ज्यादा तकलीफदेह हो सकती है।

लोग फ्लर्ट क्यों करते हैं?

फ्लर्टिंग अपने आप में गलत नहीं है और न ही ये हमेशा गलत होती है। आपको जानकर आश्चर्य होगा कि कई साइंस स्टडीज दरअसल फ्लर्टिंग को एक हेल्दी साइन के रूप में देखती हैं।

फ्लर्टिंग लोगों के सोशल स्किल और उनकी पर्सनैलिटी का हिस्सा भी हो सकती है। वे बातचीत में थोड़ी तारीफ या थोड़े मजाक का सहारा लेते हैं, थोड़ा टीज या फ्लैटर करते हैं। इन सबमें कोई समस्या नहीं है।

ऐसा करने के पीछे कई कारण हो सकते हैं। ये बोरडम से लेकर सेल्फ एस्टीम से जुड़ा मसला भी हो सकता है। सारे एंगल नीचे ग्राफिक में देखें–

फ्लर्टिंग कब रेड फ्लैग है?

फ्लर्टिंग समस्या तब होती है, जब फ्लर्ट करना व्यक्ति का सहज स्वभाव न हो। वह सभी के साथ इस तरह पेश न आता हो, बल्कि उसका ये व्यवहार किसी खास व्यक्ति पर ही केंद्रित हो। इतना ही नहीं, वो इन बातों को छिपाने लगे, पूछने पर नाराज हो जाए। नीचे ग्राफिक में वो सारे संकेत देखिए, जब फ्लर्टिंग रेड फ्लैग हो सकती है।

इरादे और उसका प्रभाव

मनोविज्ञान में दो चीजें होती हैं– एक है इरादा और दूसरा है उसका असर। हो सकता है कि इरादा नेक हो, लेकिन उसका असर बुरा पड़े। जैसेकि आपके केस में पार्टनर कह सकता है–

  • ये कोई सीरियस बात नहीं है।
  • मैं तो बस मजाक कर रहा था।
  • मेरा ऐसा कोई इरादा नहीं था।

लेकिन पॉइंट ये है कि इरादा जो भी हो, उसका प्रभाव क्या हुआ है । उसका प्रभाव ये है कि आप–

  • पीड़ा महसूस कर रही हैं।
  • असुरक्षा महसूस कर रही हैं।
  • तनाव महसूस कर रही हैं।
  • रिश्ते में अकेलापन महसूस कर रही हैं।

अब आपको क्या करना चाहिए?

आपकी फीलिंग्स को टालना, उन्हें इग्नोर करना या झुठलाना ठीक नहीं है। सबसे पहले आपको अपनी फीलिंग्स को एड्रेस करना है। इसके लिए आपको ये कदम उठाने चाहिए–

  • पार्टनर से खुलकर इस बारे में बात करनी चाहिए।
  • उन्हें ब्लेम नहीं करना चाहिए, सिर्फ अपनी फीलिंग्स जाहिर करनी चाहिए।
  • उन्हें बताना चाहिए कि उनके व्यवहार की वजह से आप पीड़ा, असुरक्षा महसूस करती हैं।
  • उनसे आग्रह करना चाहिए कि इस मुद्दे को तत्काल एड्रेस करना जरूरी है।
  • आप सजेस्ट कर सकती हैं कि जरूरत हो तो हम कपल काउंसलिंग के लिए भी जा सकते हैं।

हेल्दी रिलेशन के 6 जरूरी कदम

आपको सेल्फ केयर के ऊपर लिखे कदम उठाने चाहिए। इसके अलावा नीचे ग्राफिक में छह बातें लिखी हैं, जो किसी भी हेल्दी रिलेशनशिप की बुनियाद हैं। हर रिश्ते में डूज और डोंट्स की सीमा तय करने से लेकर सेल्फ रिस्पेक्ट को प्रिऑरिटी पर रखना जरूरी है।

अंतिम बात

मुझे पूरी उम्मीद है कि बातचीत, प्यार और संवेदना से यह समस्या सुलझ सकती है। लेकिन अगर ऐसी स्थितियां पैदा हों कि आपका पार्टनर–

  • आपकी बात सुनने से इनकार करे।
  • आपकी फीलिंग्स को पूरी तरह इग्नोर करे।
  • कहे कि “तुम बात का बतंगड़ बना रही हो।”
  • उल्टे आपको ही दोष देने लगे।
  • आपके दुख से पूरी तरह डिटैच्ड, अप्रभावित रहे।

तो ऐसी स्थितियों में आपको अपने मेंटल-इमोशनल वेलबीइंग को प्रिऑरिटी देनी चाहिए। सबसे पहले अपनी मेंटल–फिजिकल हेल्थ को डैमेज होने से बचाना चाहिए। काउंसलर से मिलकर बात करनी चाहिए। सबसे पहले अपना आत्मसम्मान और अपनी खुशी चुननी चाहिए।

…………………….

रिलेशनशिप एडवाइज से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए

रिलेशनशिप एडवाइज- हसबैंड प्रमोशन लेकर दूसरे शहर चले गए: जॉब, घर, बच्चा अकेले संभाल रही हूं, अकेली और फ्रस्ट्रेट हूं, क्या करूं?

आप एक मजबूत महिला हैं, जो घर, जॉब और बच्ची की जिम्मेदारी एक साथ संभाल रही हैं। अगर पति दूसरे शहर चले गए हैं और आपको उनका साथ नहीं मिल पा रहा है तो फ्रस्ट्रेशन होना नॉर्मल है। आइए आपकी सिचुएशन को समझते हैं और साथ मिलकर कोई रास्ता निकालते हैं। आगे पढ़िए…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.