पन्ना पुलिस ने सोशल मीडिया के जरिए कम कीमत पर कार बेचने वाले को गिरफ्तार किया। लालच देकर ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया। पुलिस ने राजस्थान के डींग जिले से आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी खुद को फौजी बताकर लोगों को अपने जाल में फंसाता था। पुलिस ने आरोपी के पास से ठगी की गई राशि और वारदात में इस्तेमाल मोबाइल भी बरामद किया है। थाना प्रभारी गुन्नौर माधवी अग्निहोत्री ने आज बुधवार को इस मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि यह मामला सितंबर 2021 का है। अमानगंज निवासी जगदीश अहिरवार ने फेसबुक मार्केटप्लेस पर ‘मारुति सुजुकी अल्टो 800’ का एक विज्ञापन देखा था। ठग ने भुगतान कराते हुए 44,599 रुपए ठग लिए विज्ञापन में दिए गए नंबर पर संपर्क करने पर ठग ने खुद को जबलपुर में पदस्थ आर्मी जवान बताया। उसने जगदीश को भरोसे में लेकर होम डिलीवरी और अन्य शुल्कों के नाम पर अलग-अलग किस्तों में कुल 44,599 रुपए गूगल-पे और फोन-पे के जरिए अपने खाते में डलवा लिए। पैसे लेने के बाद जब कार नहीं मिली, तब फरियादी को ठगी का एहसास हुआ। इसके बाद उसने थाना अमानगंज में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक निवेदिता नायडू ने थाना प्रभारी गुनौर निरीक्षक माधवी अग्निहोत्री के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की। सायबर सेल की मदद से संदेही को ट्रैक किया पुलिस ने उन बैंक खातों की जानकारी निकाली जिनमें पैसे ट्रांसफर हुए थे। सायबर सेल की मदद से संदेही को ट्रैक किया गया। पुलिस को सटीक सूचना मिली कि आरोपी राजस्थान के अलवर की ओर जा रहा है। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर आरोपी को हिरासत में लिया। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान सलीम मोहम्मद (30) के रूप में हुई है, जो ग्राम भड़ाका, थाना गोपालगढ़ (जिला डींग, राजस्थान) का निवासी है। पुलिस ने ठगी रोकने सोशल मीडिया चेतावनी जारी की पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 44,585 रुपए नकद और एक वीवो कंपनी का मोबाइल फोन जब्त किया है। पन्ना पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि सोशल मीडिया पर किसी भी अनजान व्यक्ति को वाहन या अन्य सामान के नाम पर एडवांस पैसे न भेजें। खुद को आर्मी या पुलिस का अधिकारी बताकर ठगी करने वाले गिरोहों से सावधान रहें।














































