Sunday, 23 Aug 2026 | 08:00 PM

Trending :

कार रेसिंग में हादसे का शिकार हुए एक्टर अजित कुमार:बेकाबू होकर दूसरी कार से टकराई गाड़ी, सुरक्षित बचे जापान में 5.9 तीव्रता का भूकंप, 37 लोग घायल:ट्रेन सेवाओं पर असर; सुनामी का खतरा नहीं 'अंग्रेजों के सम्मान में लिखा गया जन गण मन':मुकेश खन्ना बोले- ये राष्ट्रगान नहीं हो सकता; इसमें अंग्रेजों को भाग्य विधाता बताया गया पहली भारतीय महिला मिमिक्री आर्टिस्ट आशा सिंह जयसवाल का निधन:मीना कुमारी की नकल से फेम मिला, बीआर चोपड़ा की महाभारत में द्रोणाचार्य की पत्नी बनी थीं पाकिस्तान में 12-12 घंटे बिजली कटौती:लोग सड़कों पर उतरे, रास्ता जाम किया; लगातार कटौती से पानी सप्लाई ठप 'ये रिश्ता क्या कहलाता है' एक्टर मोहसिन ने सगाई की:मंगेतर तमन्ना के साथ तस्वीरें शेयर की; बोले- पहली नजर में लगा हमसफर मिल गई
EXCLUSIVE

भारत में सुबह स्नान, एशिया में रात का ट्रेंड! आखिर कब नहाना है ज्यादा फायदेमंद, जानिए बेस्ट टाइम

authorimg

Best Time To Bath: सुबह की ठंडी हवा, आधी खुली आंखें और बाथरूम से आती पानी की आवाज-हममें से ज्यादातर लोग इसी तस्वीर के साथ बड़े हुए हैं. घर में अक्सर यही सुनने को मिला कि दिन की शुरुआत स्नान से करो, तभी तन-मन दोनों साफ रहेंगे, लेकिन जैसे ही आप एशिया के दूसरे हिस्सों की तरफ देखते हैं, तस्वीर बदल जाती है. चीन, जापान और कोरिया जैसे देशों में लोग दिनभर काम करने के बाद रात में नहाना पसंद करते हैं. सवाल उठता है-आखिर सही कौन है? क्या सुबह नहाना ज्यादा बेहतर है या रात में स्नान करना शरीर और दिमाग के लिए फायदेमंद साबित होता है? यह सिर्फ साफ-सफाई का मामला नहीं, बल्कि हमारी नींद, ऊर्जा, मूड और लाइफस्टाइल से जुड़ा फैसला है. आइए समझते हैं कि अलग-अलग देशों की आदतों के पीछे क्या सोच और क्या विज्ञान काम करता है.

सुबह नहाने की परंपरा: नई शुरुआत का एहसास
भारत में सुबह स्नान की परंपरा सदियों पुरानी है. आयुर्वेद में भी सुबह के स्नान को शरीर को सक्रिय करने वाला माना गया है. कई लोग कहते हैं कि जैसे ही ठंडा या सामान्य पानी शरीर पर पड़ता है, नींद की सुस्ती गायब हो जाती है. ऑफिस जाने वालों या सुबह वर्कआउट करने वालों के लिए यह एक तरह का “रीसेट बटन” है. दिल्ली में काम करने वाले आईटी प्रोफेशनल रोहित बताते हैं कि अगर वे बिना नहाए ऑफिस निकलें तो पूरा दिन उनींदा महसूस करते हैं. उनके मुताबिक सुबह स्नान उन्हें मानसिक रूप से तैयार करता है. वैज्ञानिक नजर से देखें तो सुबह का स्नान रक्त संचार को तेज करता है. इससे सतर्कता बढ़ती है और मूड बेहतर हो सकता है. खासकर गर्मियों में पसीने से राहत मिलती है और दिनभर ताजगी बनी रहती है.

एशियाई देशों में रात का स्नान क्यों आम है?
सार्वजनिक स्नानगृह और आराम की संस्कृति
जापान में ऑनसेन और सेंटो की परंपरा काफी गहरी है. यहां स्नान सिर्फ शरीर धोना नहीं, बल्कि दिनभर की थकान उतारने का तरीका है. घर लौटने के बाद गरम पानी से टब में बैठना वहां के लोगों के लिए आराम की रस्म जैसा है. कोरिया में जिमजिलबांग संस्कृति भी इसी सोच को आगे बढ़ाती है. लोग शाम को परिवार या दोस्तों के साथ स्नानगृह जाते हैं, जहां नहाने के साथ रिलैक्सेशन भी जुड़ा होता है. चीन में भी रात में नहाना रोजमर्रा की आदत का हिस्सा है. वहां की आर्द्र जलवायु के कारण दिनभर पसीना ज्यादा आता है. ऐसे में रात का स्नान त्वचा पर जमा बैक्टीरिया और धूल हटाने का व्यावहारिक तरीका माना जाता है.

सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी.

नींद और मानसिक सुकून से जुड़ा है रात का स्नान
नींद विशेषज्ञों का कहना है कि सोने से करीब 60 से 90 मिनट पहले गुनगुने पानी से स्नान करने पर शरीर का तापमान धीरे-धीरे गिरता है. यह प्रक्रिया शरीर को संकेत देती है कि अब आराम का समय है. इससे नींद जल्दी और गहरी आ सकती है. मुंबई की स्लीप कंसल्टेंट डॉ. नेहा शर्मा बताती हैं कि जिन लोगों को अनिद्रा या तनाव की दिक्कत है, वे रात में हल्का गर्म स्नान ट्राई कर सकते हैं. इससे मांसपेशियां ढीली होती हैं और दिमाग भी रिलैक्स मोड में चला जाता है. कई लोगों के लिए रात का स्नान “वर्क मोड” से “रेस्ट मोड” में जाने का संकेत बन जाता है. जैसे ही वे नहाकर निकलते हैं, दिमाग को संदेश मिलता है कि अब दिन खत्म.

क्या सुबह का स्नान ज्यादा हेल्दी है?
यह कहना मुश्किल है कि एक समय पूरी तरह बेहतर है. सुबह का स्नान उन लोगों के लिए अच्छा है जिन्हें दिन की शुरुआत में ऊर्जा चाहिए. ठंडे पानी से नहाना खासकर सुस्ती कम करने में मदद कर सकता है. हालांकि त्वचा विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि बहुत ज्यादा गर्म पानी से बार-बार स्नान करने पर त्वचा की प्राकृतिक नमी कम हो सकती है. इसलिए चाहे सुबह हो या रात, पानी का तापमान संतुलित रखना जरूरी है.

मन पर असर: नई शुरुआत बनाम सुकून
सुबह नहाना कई लोगों के लिए नई शुरुआत का प्रतीक है. जैसे एक ताजा पन्ना खुल गया हो. वहीं रात का स्नान दिनभर के तनाव को धोकर दिमाग हल्का करने जैसा लगता है. दिलचस्प बात यह है कि अमेरिका और यूरोप में भी ज्यादातर लोग सुबह स्नान करते हैं, जबकि जापान, चीन और कोरिया में रात का स्नान ज्यादा लोकप्रिय है. यानी यह आदत सिर्फ स्वास्थ्य नहीं, बल्कि संस्कृति और मौसम से भी जुड़ी है.

विज्ञान क्या कहता है?
रिसर्च बताती है कि दोनों समय के अपने फायदे हैं. अगर लक्ष्य बेहतर नींद है तो रात का गुनगुना स्नान मददगार हो सकता है. अगर दिनभर सतर्क और एक्टिव रहना है तो सुबह नहाना बेहतर विकल्प है.
आखिरकार “बेस्ट” समय वही है जो आपकी नींद, ऊर्जा और लाइफस्टाइल से मेल खाए. कुछ लोग जरूरत पड़ने पर दोनों समय हल्का स्नान भी करते हैं, लेकिन त्वचा की देखभाल और पानी की मात्रा का ध्यान रखना जरूरी है.

नहाना सिर्फ पर्सनल हाईजीन नहीं, बल्कि रोजमर्रा की एक ऐसी आदत है जो तन और मन दोनों को प्रभावित करती है. सुबह ताजगी चाहिए या रात को सुकून-फैसला आपके शरीर और दिनचर्या पर निर्भर करता है. सही समय वही है जो आपको संतुलित रखे.

(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.)

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
दावा- पाकिस्तान में धुरंधर 2 नंबर-1 ट्रेंडिंग फिल्म बनी:पाकिस्तानी क्रिएटर बोले- नेटफ्लिक्स पर 24 घंटे में 20 करोड़ व्यू मिले, सर्वर क्रैश

May 16, 2026/
9:37 am

रणवीर सिंह की फिल्म धुरंधर 2 के पाकिस्तान में नेटफ्लिक्स पर रिलीज होने के बाद प्लेटफॉर्म का सर्वर क्रैश हो...

authorimg

May 17, 2026/
5:27 pm

Ebola Outbreak Worsens in Africa: इबोला वायरस का सबसे खतरनाक वेरिएंट इस वक्त अफ्रीकी देश डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कॉन्गो (DRC)...

एक्टर रणदीप हुड्‌डा पिता बने:पत्नी लिन ने बेटी को जन्म दिया, बोले- दादा अर पोती नै जन्मदिन की घणिए बधाई

March 10, 2026/
4:59 pm

हरियाणा के रहने वाले बॉलीवुड एक्टर रणदीप हुड्डा पिता बन गए हैं। उनकी पत्नी लिन लैशराम ने बेटी को जन्म...

Mumbai Goregaon Building Fire | 72-Year-Old Woman Dies

March 23, 2026/
3:11 am

31 मिनट पहले कॉपी लिंक मुंबई के गोरेगांव ईस्ट में गोकुलधाम कॉलोनी स्थित एक 24 मंजिला रिहायशी इमारत में रविवार...

अप्रैल के आखिरी दिनों में 40 डिग्री पर ठहरा पारा:अभी भीषण गर्मी से राहत; मई में एक दशक में नौ बार रहा 42 डिग्री से ज्यादा तापमान

May 1, 2026/
9:57 am

इंदौर में अप्रैल में इस बार भीषण गर्मी ने अपने तेज तेवर दिखाए और अधिकतम तापमान 26 अप्रैल को 43...

स्वप्निल असनोदकर ने पहले सीजन में 311 रन बनाए:10 हजार रन बनाने वाले गोवा के पहले क्रिकेटर; एक चोट ने करियर बर्बाद किया

April 13, 2026/
5:05 am

जसप्रीत बुमराह, हार्दिक पंड्या, रवींद्र जडेजा और सूर्यकुमार यादव ऐसे नाम हैं, जो IPL में चमके और भारतीय टीम में...

चेन्नई की IPL में सबसे बड़ी जीत:संजू ने रोहित की बराबरी की, CSK ने मुंबई को सबसे ज्यादा 19 बार हराया; मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स

April 24, 2026/
5:02 am

चेन्नई सुपर किंग्स ने IPL 2026 के 33वें मुकाबले में मुंबई इंडियंस को 103 रन से हराकर अपनी सबसे बड़ी...

राजनीति

भारत में सुबह स्नान, एशिया में रात का ट्रेंड! आखिर कब नहाना है ज्यादा फायदेमंद, जानिए बेस्ट टाइम

authorimg

Best Time To Bath: सुबह की ठंडी हवा, आधी खुली आंखें और बाथरूम से आती पानी की आवाज-हममें से ज्यादातर लोग इसी तस्वीर के साथ बड़े हुए हैं. घर में अक्सर यही सुनने को मिला कि दिन की शुरुआत स्नान से करो, तभी तन-मन दोनों साफ रहेंगे, लेकिन जैसे ही आप एशिया के दूसरे हिस्सों की तरफ देखते हैं, तस्वीर बदल जाती है. चीन, जापान और कोरिया जैसे देशों में लोग दिनभर काम करने के बाद रात में नहाना पसंद करते हैं. सवाल उठता है-आखिर सही कौन है? क्या सुबह नहाना ज्यादा बेहतर है या रात में स्नान करना शरीर और दिमाग के लिए फायदेमंद साबित होता है? यह सिर्फ साफ-सफाई का मामला नहीं, बल्कि हमारी नींद, ऊर्जा, मूड और लाइफस्टाइल से जुड़ा फैसला है. आइए समझते हैं कि अलग-अलग देशों की आदतों के पीछे क्या सोच और क्या विज्ञान काम करता है.

सुबह नहाने की परंपरा: नई शुरुआत का एहसास
भारत में सुबह स्नान की परंपरा सदियों पुरानी है. आयुर्वेद में भी सुबह के स्नान को शरीर को सक्रिय करने वाला माना गया है. कई लोग कहते हैं कि जैसे ही ठंडा या सामान्य पानी शरीर पर पड़ता है, नींद की सुस्ती गायब हो जाती है. ऑफिस जाने वालों या सुबह वर्कआउट करने वालों के लिए यह एक तरह का “रीसेट बटन” है. दिल्ली में काम करने वाले आईटी प्रोफेशनल रोहित बताते हैं कि अगर वे बिना नहाए ऑफिस निकलें तो पूरा दिन उनींदा महसूस करते हैं. उनके मुताबिक सुबह स्नान उन्हें मानसिक रूप से तैयार करता है. वैज्ञानिक नजर से देखें तो सुबह का स्नान रक्त संचार को तेज करता है. इससे सतर्कता बढ़ती है और मूड बेहतर हो सकता है. खासकर गर्मियों में पसीने से राहत मिलती है और दिनभर ताजगी बनी रहती है.

एशियाई देशों में रात का स्नान क्यों आम है?
सार्वजनिक स्नानगृह और आराम की संस्कृति
जापान में ऑनसेन और सेंटो की परंपरा काफी गहरी है. यहां स्नान सिर्फ शरीर धोना नहीं, बल्कि दिनभर की थकान उतारने का तरीका है. घर लौटने के बाद गरम पानी से टब में बैठना वहां के लोगों के लिए आराम की रस्म जैसा है. कोरिया में जिमजिलबांग संस्कृति भी इसी सोच को आगे बढ़ाती है. लोग शाम को परिवार या दोस्तों के साथ स्नानगृह जाते हैं, जहां नहाने के साथ रिलैक्सेशन भी जुड़ा होता है. चीन में भी रात में नहाना रोजमर्रा की आदत का हिस्सा है. वहां की आर्द्र जलवायु के कारण दिनभर पसीना ज्यादा आता है. ऐसे में रात का स्नान त्वचा पर जमा बैक्टीरिया और धूल हटाने का व्यावहारिक तरीका माना जाता है.

सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी.

नींद और मानसिक सुकून से जुड़ा है रात का स्नान
नींद विशेषज्ञों का कहना है कि सोने से करीब 60 से 90 मिनट पहले गुनगुने पानी से स्नान करने पर शरीर का तापमान धीरे-धीरे गिरता है. यह प्रक्रिया शरीर को संकेत देती है कि अब आराम का समय है. इससे नींद जल्दी और गहरी आ सकती है. मुंबई की स्लीप कंसल्टेंट डॉ. नेहा शर्मा बताती हैं कि जिन लोगों को अनिद्रा या तनाव की दिक्कत है, वे रात में हल्का गर्म स्नान ट्राई कर सकते हैं. इससे मांसपेशियां ढीली होती हैं और दिमाग भी रिलैक्स मोड में चला जाता है. कई लोगों के लिए रात का स्नान “वर्क मोड” से “रेस्ट मोड” में जाने का संकेत बन जाता है. जैसे ही वे नहाकर निकलते हैं, दिमाग को संदेश मिलता है कि अब दिन खत्म.

क्या सुबह का स्नान ज्यादा हेल्दी है?
यह कहना मुश्किल है कि एक समय पूरी तरह बेहतर है. सुबह का स्नान उन लोगों के लिए अच्छा है जिन्हें दिन की शुरुआत में ऊर्जा चाहिए. ठंडे पानी से नहाना खासकर सुस्ती कम करने में मदद कर सकता है. हालांकि त्वचा विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि बहुत ज्यादा गर्म पानी से बार-बार स्नान करने पर त्वचा की प्राकृतिक नमी कम हो सकती है. इसलिए चाहे सुबह हो या रात, पानी का तापमान संतुलित रखना जरूरी है.

मन पर असर: नई शुरुआत बनाम सुकून
सुबह नहाना कई लोगों के लिए नई शुरुआत का प्रतीक है. जैसे एक ताजा पन्ना खुल गया हो. वहीं रात का स्नान दिनभर के तनाव को धोकर दिमाग हल्का करने जैसा लगता है. दिलचस्प बात यह है कि अमेरिका और यूरोप में भी ज्यादातर लोग सुबह स्नान करते हैं, जबकि जापान, चीन और कोरिया में रात का स्नान ज्यादा लोकप्रिय है. यानी यह आदत सिर्फ स्वास्थ्य नहीं, बल्कि संस्कृति और मौसम से भी जुड़ी है.

विज्ञान क्या कहता है?
रिसर्च बताती है कि दोनों समय के अपने फायदे हैं. अगर लक्ष्य बेहतर नींद है तो रात का गुनगुना स्नान मददगार हो सकता है. अगर दिनभर सतर्क और एक्टिव रहना है तो सुबह नहाना बेहतर विकल्प है.
आखिरकार “बेस्ट” समय वही है जो आपकी नींद, ऊर्जा और लाइफस्टाइल से मेल खाए. कुछ लोग जरूरत पड़ने पर दोनों समय हल्का स्नान भी करते हैं, लेकिन त्वचा की देखभाल और पानी की मात्रा का ध्यान रखना जरूरी है.

नहाना सिर्फ पर्सनल हाईजीन नहीं, बल्कि रोजमर्रा की एक ऐसी आदत है जो तन और मन दोनों को प्रभावित करती है. सुबह ताजगी चाहिए या रात को सुकून-फैसला आपके शरीर और दिनचर्या पर निर्भर करता है. सही समय वही है जो आपको संतुलित रखे.

(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.)

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.