Saturday, 30 May 2026 | 05:59 PM

Trending :

अभिषेक बनर्जी को बंगाल के सोनारपुर में भीड़ के हमले का सामना करना पड़ा: हिंसक विरोध के दौरान पत्थर, अंडे फेंके गए | भारत समाचार कौन है मिनाक्षी, जिसने विनेश को हराया:रिश्तेदारों ने मारे ताने, जॉन सीना से प्रेरित होकर 10 साल की उम्र से खेल रही कुश्ती डीके शिवकुमार औपचारिक रूप से सीएलपी नेता चुने गए, 3 जून को कर्नाटक के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे | भारत समाचार रणवीर ने दोस्ती का हाथ बढ़ाया, लेकिन बात नहीं बनी:दावा- फरहान अख्तर और जोया अख्तर अब एक्टर के साथ काम नहीं करना चाहते रणवीर ने दोस्ती का हाथ बढ़ाया, लेकिन बात नहीं बनी:दावा- फरहान अख्तर और जोया अख्तर अब एक्टर के साथ काम नहीं करना चाहते NSE Trading Hours Extended: 3 PM to 3:40 PM from Aug 3
EXCLUSIVE

India Household Gold Value ₹830 Lakh Crore

India Household Gold Value ₹830 Lakh Crore
  • Hindi News
  • Business
  • India Household Gold Value ₹830 Lakh Crore | Bigger Than Most Nations GDP

नई दिल्ली1 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

भारत में 75-80% सोना ज्वेलरी के रूप में है। लोग इसे लॉन्ग टर्म सेविंग और परंपरा की तरह देखते हैं।

भारतीय घरों और मंदिरों में 50,000 टन सोना रखा है, जिसकी वैल्यू करीब 10 ट्रिलियन डॉलर यानी लगभग ₹830 लाख करोड़ है। भारतीय व्यापारियों के संगठन एसोचैम (द एसोसिएटेड चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ऑफ इंडिया) की रिपोर्ट के अनुसार, यह दुनिया के सबसे बड़े 10 सेंट्रल बैंकों के कुल भंडार से भी ज्यादा है।

भारतीयों के पास इतना सोना है कि अमेरिका और चीन को छोड़कर दुनिया के लगभग हर देश की सालाना GDP से भी ज्यादा है। एसोचैम का कहना है कि अगर इस सोने को देश के बैंकिंग सिस्टम या बिजनेस में लगाया जाए, तो भारतीय इकोनॉमी की रफ्तार कई गुना बढ़ सकती है।

RBI के पास 880.3 टन सोने का रिजर्व

वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (WGC) के डेटा के अनुसार, भारत के आधिकारिक सरकारी खजाने (RBI) में 880.3 टन सोना है, जो दुनिया में 8वें नंबर पर है। यह अमेरिका के 8,133 टन के मुकाबले काफी कम है, लेकिन प्राइवेट स्टॉक में भारत सबसे आगे है।

घरों में रखा सोना भारत की जीडीपी का 125% तक

कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज के अनुमान के मुताबिक, 2024 से 2026 के बीच सोने की कीमतों में आई तेजी ने भारतीय घरों की वेल्थ को जबरदस्त बूस्ट दिया है।

  • वेल्थ का गणित: जनवरी 2026 तक भारतीय घरों में रखे सोने की वैल्यू 5 ट्रिलियन डॉलर से ऊपर निकल गई है, जो भारत की कुल जीडीपी का लगभग 125% है।
  • बैंक डिपॉजिट से ज्यादा: परिवारों के पास बैंक डिपॉजिट और शेयर बाजार में लगे कुल पैसे की तुलना में सोने की वैल्यू 175% अधिक है। यानी भारतीयों का सबसे ज्यादा भरोसा आज भी सोने पर ही है।
  • संपत्ति का हिस्सा: भारतीयों की कुल ‘नॉन-प्रॉपर्टी वेल्थ’ (जमीन-मकान छोड़कर) में सोने की हिस्सेदारी 65% तक पहुंच गई है।

2047 तक जीडीपी में 7.5 ट्रिलियन डॉलर और जुड़ सकते हैं

एसोचैम ने एक रोडमैप तैयार किया है कि कैसे इस ‘डेड इन्वेस्टमेंट’ को काम पर लगाया जा सकता है।

  • मल्टीप्लायर इफेक्ट: अगर हर साल घरों में रखे सोने का सिर्फ 2% हिस्सा गोल्ड मोनेटाइजेशन स्कीम या वित्तीय एसेट्स में बदल दिया जाए, तो 2047 तक भारत की जीडीपी में अतिरिक्त 7.5 ट्रिलियन डॉलर जुड़ जाएंगे।
  • लक्ष्य 2047: रिपोर्ट कहती है कि 2047 तक भारत की अनुमानित 34 ट्रिलियन डॉलर की जीडीपी, सोने के सही इस्तेमाल से 41.5 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच सकती है।

गोल्ड लोन का चलन बढ़ा: ₹24 लाख करोड़ के पार पहुंचा कर्ज

सोने को अब सिर्फ तिजोरी में रखने के बजाय लोग उत्पादक कार्यों के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं।

  • रिटेल क्रेडिट: नवंबर 2025 तक भारत में सोने और गहनों के बदले दिया गया गोल्ड लोन ₹24.34 लाख करोड़ तक पहुंच गया है।
  • बदलता नजरिया: अब गोल्ड लोन सिर्फ मजबूरी का सौदा नहीं रहा, बल्कि छोटे बिजनेस, खेती और इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए एक मुख्यधारा का लोन प्रोडक्ट बन गया है।

भारतीय एजेंसियों के अनुसार सोने की वर्तमान कीमत…

क्या सोने की बढ़ती कीमतों से परचेजिंग पावर बढ़ती है?

आमतौर पर माना जाता है कि जब किसी संपत्ति की कीमत बढ़ती है, तो लोग खुद को अमीर महसूस करते हैं और ज्यादा खर्च करते हैं। इसे वेल्थ इफेक्ट यानी धन का प्रभाव कहते हैं। हालांकि एमके ग्लोबल की एक रिपोर्ट इसके उलट दावा करती है।

रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 75-80% सोना ज्वेलरी के रूप में है। लोग इसे लॉन्ग टर्म सेविंग और परंपरा की तरह देखते हैं। चूंकि लोग इसे बेचते नहीं हैं, इसलिए कीमतों के बढ़ने का उनकी रोजमर्रा की खपत या खरीदारी पर कोई खास असर नहीं पड़ता।

————

ये खबर भी पढ़ें…

चांदी आज ₹3776 बढ़कर ₹2.40 लाख पर पहुंची: सोना ₹390 महंगा होकर ₹1.50 लाख पार, इस साल ₹17 हजार दाम बढ़े

सोना-चांदी के दाम में शुक्रवार को तेजी रही। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, एक किलो चांदी 3,776 रुपए बढ़कर 2,39,934 लाख रुपए पर पहुंच गई है। इससे पहले 9 अप्रैल को कीमत 2,36,158 रुपए प्रति किलो थी।

वहीं, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 390 रुपए बढ़कर 1,50,327 रुपए पर पहुंच गया। इससे पहले गुरुवार को कीमत 1,49,937 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम थी। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
अक्षय की ‘भूत बंगला’ की वर्ल्डवाइड कमाई 60 करोड़ पहुंची:धुरंधर 2 रिलीज के 31 दिन बाद भी फिल्म को टक्कर दे रही

April 19, 2026/
3:39 pm

अक्षय कुमार की नई फिल्म ‘भूत बंगला’ को बॉक्स ऑफिस पर रणवीर सिंह की ‘धुरंधर 2’ से चुनौती मिल रही...

Sensex Today

March 10, 2026/
8:50 am

आखरी अपडेट:मार्च 10, 2026, 08:50 IST जेपीसी पैनल को संबोधित करते हुए, आज़ाद ने एक साथ चुनावों को देश के...

धुरंधर-2 में एसपी असलम को मारने वाले हिरव की कहानी:बिना डायलॉग के हाव-भाव से दिल जीता; पाकिस्तान से आ रहे ड्राइविंग सिखाने के मैसेज

April 16, 2026/
2:57 pm

भारतीय सिनेमा में 3,000 करोड़ रुपए की कमाई का रिकॉर्ड बनाने वाली फ्रेंचाइजी ‘धुरंधर’ में एक चेहरा इन दिनों खूब...

authorimg

February 11, 2026/
12:00 pm

Last Updated:February 11, 2026, 12:00 IST Delhi Crime News ground Report: दिल्ली की सड़कों पर ऐसी गाड़ियां तेजी से घूम...

नाबालिग का सिर कुचला...खून पीकर भेजा खाया, VIDEO:दमोह में हथौड़े से 15-20 वार किए, बहन के घर जा रहा था; भाई ने मांस खाते देखा

March 5, 2026/
4:53 pm

मध्य प्रदेश के दमोह जिले में एक शख्स ने हथौड़े से सिर कुचलकर नाबालिग को मार डाला। नाबालिग के सिर...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

India Household Gold Value ₹830 Lakh Crore

India Household Gold Value ₹830 Lakh Crore
  • Hindi News
  • Business
  • India Household Gold Value ₹830 Lakh Crore | Bigger Than Most Nations GDP

नई दिल्ली1 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

भारत में 75-80% सोना ज्वेलरी के रूप में है। लोग इसे लॉन्ग टर्म सेविंग और परंपरा की तरह देखते हैं।

भारतीय घरों और मंदिरों में 50,000 टन सोना रखा है, जिसकी वैल्यू करीब 10 ट्रिलियन डॉलर यानी लगभग ₹830 लाख करोड़ है। भारतीय व्यापारियों के संगठन एसोचैम (द एसोसिएटेड चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ऑफ इंडिया) की रिपोर्ट के अनुसार, यह दुनिया के सबसे बड़े 10 सेंट्रल बैंकों के कुल भंडार से भी ज्यादा है।

भारतीयों के पास इतना सोना है कि अमेरिका और चीन को छोड़कर दुनिया के लगभग हर देश की सालाना GDP से भी ज्यादा है। एसोचैम का कहना है कि अगर इस सोने को देश के बैंकिंग सिस्टम या बिजनेस में लगाया जाए, तो भारतीय इकोनॉमी की रफ्तार कई गुना बढ़ सकती है।

RBI के पास 880.3 टन सोने का रिजर्व

वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (WGC) के डेटा के अनुसार, भारत के आधिकारिक सरकारी खजाने (RBI) में 880.3 टन सोना है, जो दुनिया में 8वें नंबर पर है। यह अमेरिका के 8,133 टन के मुकाबले काफी कम है, लेकिन प्राइवेट स्टॉक में भारत सबसे आगे है।

घरों में रखा सोना भारत की जीडीपी का 125% तक

कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज के अनुमान के मुताबिक, 2024 से 2026 के बीच सोने की कीमतों में आई तेजी ने भारतीय घरों की वेल्थ को जबरदस्त बूस्ट दिया है।

  • वेल्थ का गणित: जनवरी 2026 तक भारतीय घरों में रखे सोने की वैल्यू 5 ट्रिलियन डॉलर से ऊपर निकल गई है, जो भारत की कुल जीडीपी का लगभग 125% है।
  • बैंक डिपॉजिट से ज्यादा: परिवारों के पास बैंक डिपॉजिट और शेयर बाजार में लगे कुल पैसे की तुलना में सोने की वैल्यू 175% अधिक है। यानी भारतीयों का सबसे ज्यादा भरोसा आज भी सोने पर ही है।
  • संपत्ति का हिस्सा: भारतीयों की कुल ‘नॉन-प्रॉपर्टी वेल्थ’ (जमीन-मकान छोड़कर) में सोने की हिस्सेदारी 65% तक पहुंच गई है।

2047 तक जीडीपी में 7.5 ट्रिलियन डॉलर और जुड़ सकते हैं

एसोचैम ने एक रोडमैप तैयार किया है कि कैसे इस ‘डेड इन्वेस्टमेंट’ को काम पर लगाया जा सकता है।

  • मल्टीप्लायर इफेक्ट: अगर हर साल घरों में रखे सोने का सिर्फ 2% हिस्सा गोल्ड मोनेटाइजेशन स्कीम या वित्तीय एसेट्स में बदल दिया जाए, तो 2047 तक भारत की जीडीपी में अतिरिक्त 7.5 ट्रिलियन डॉलर जुड़ जाएंगे।
  • लक्ष्य 2047: रिपोर्ट कहती है कि 2047 तक भारत की अनुमानित 34 ट्रिलियन डॉलर की जीडीपी, सोने के सही इस्तेमाल से 41.5 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच सकती है।

गोल्ड लोन का चलन बढ़ा: ₹24 लाख करोड़ के पार पहुंचा कर्ज

सोने को अब सिर्फ तिजोरी में रखने के बजाय लोग उत्पादक कार्यों के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं।

  • रिटेल क्रेडिट: नवंबर 2025 तक भारत में सोने और गहनों के बदले दिया गया गोल्ड लोन ₹24.34 लाख करोड़ तक पहुंच गया है।
  • बदलता नजरिया: अब गोल्ड लोन सिर्फ मजबूरी का सौदा नहीं रहा, बल्कि छोटे बिजनेस, खेती और इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए एक मुख्यधारा का लोन प्रोडक्ट बन गया है।

भारतीय एजेंसियों के अनुसार सोने की वर्तमान कीमत…

क्या सोने की बढ़ती कीमतों से परचेजिंग पावर बढ़ती है?

आमतौर पर माना जाता है कि जब किसी संपत्ति की कीमत बढ़ती है, तो लोग खुद को अमीर महसूस करते हैं और ज्यादा खर्च करते हैं। इसे वेल्थ इफेक्ट यानी धन का प्रभाव कहते हैं। हालांकि एमके ग्लोबल की एक रिपोर्ट इसके उलट दावा करती है।

रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 75-80% सोना ज्वेलरी के रूप में है। लोग इसे लॉन्ग टर्म सेविंग और परंपरा की तरह देखते हैं। चूंकि लोग इसे बेचते नहीं हैं, इसलिए कीमतों के बढ़ने का उनकी रोजमर्रा की खपत या खरीदारी पर कोई खास असर नहीं पड़ता।

————

ये खबर भी पढ़ें…

चांदी आज ₹3776 बढ़कर ₹2.40 लाख पर पहुंची: सोना ₹390 महंगा होकर ₹1.50 लाख पार, इस साल ₹17 हजार दाम बढ़े

सोना-चांदी के दाम में शुक्रवार को तेजी रही। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, एक किलो चांदी 3,776 रुपए बढ़कर 2,39,934 लाख रुपए पर पहुंच गई है। इससे पहले 9 अप्रैल को कीमत 2,36,158 रुपए प्रति किलो थी।

वहीं, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 390 रुपए बढ़कर 1,50,327 रुपए पर पहुंच गया। इससे पहले गुरुवार को कीमत 1,49,937 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम थी। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.