पन्ना जिले के अमानगंज में सूदखोरी से परेशान होकर एक 30 वर्षीय युवक ने जहरीला पदार्थ खा लिया। इलाज के लिए सतना ले जाते समय उसकी मौत हो गई। मृतक की पहचान मझगवां शेख निवासी कल्याण सिंह राजपूत के रूप में हुई है। परिजनों ने एक झोला छाप डॉक्टर पर सूदखोरी और मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया है। मृतक के पिता पहलवान सिंह ने बताया कि कल्याण सिंह ने कुछ समय पहले अमानगंज निवासी झोलाछाप डॉक्टर राघव ताम्रकार से 5 हजार रुपए उधार लिए थे। आरोप है कि राघव ने ब्याज पर ब्याज लगाकर इस राशि को 1 लाख रुपए में बदल दिया था। मानसिक दवाब में था पहलवान सिंह के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से राघव ताम्रकार लगातार कल्याण सिंह पर पैसे चुकाने का दबाव बना रहा था और उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहा था। इसी प्रताड़ना से तंग आकर कल्याण सिंह ने यह कदम उठाया। यह घटना 12 अप्रैल 2026 की शाम करीब 5 बजे की है। कल्याण सिंह अमानगंज बाईपास पहुंचा, जहां उसने जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया। जहर खाने के बाद उसने अपने परिजनों को फोन पर इसकी जानकारी दी। सतना ले जाते समय हुई मौत सूचना मिलते ही उसका बड़ा भाई मौके पर पहुंचा, जहां कल्याण सिंह गंभीर हालत में मिला। परिजन उसे तत्काल अमानगंज स्वास्थ्य केंद्र ले गए। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे पन्ना जिला अस्पताल रेफर किया गया। पन्ना में भी स्थिति में सुधार न होने पर डॉक्टरों ने उसे सतना ले जाने की सलाह दी। हालांकि, सतना ले जाते समय रास्ते में ही कल्याण सिंह की मौत हो गई। कल्याण सिंह की मौत के बाद परिवार में शोक का माहौल है। उसके परिवार में एक 9 वर्षीय बच्चा भी है। सूदखोर पर कार्रवाई की मांग मृतक के परिवार और स्थानीय ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि आरोपी सूदखोर के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि किसी और का परिवार इस तरह तबाह न हो। फिलहाल पुलिस ने आज सोमवार 13 अप्रैल सुबह शव का पंचनामा कार्यवाही उपरांत शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।















































