Thursday, 28 May 2026 | 09:21 PM

Trending :

CBSE Glitches: Minister Pradhan Takes Responsibility सिद्धारमैया ने 8 साल बाद कर्नाटक के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया | डीके शिवकुमार बड़े पावर शिफ्ट के लिए तैयार | न्यूज18 ओमान 15वां देश जिसपर ट्रम्प ने हमले की धमकी दी:अब तक 7 देशों पर अटैक किया, 4 देशों को अमेरिका में मिलाने की चेतावनी दी ओमान 15वां देश जिसपर ट्रम्प ने हमले की धमकी दी:अब तक 7 देशों पर अटैक किया, 4 पर कब्जा करने की चेतावनी दी लौकी का भरता रेसिपी: गर्म में मिनटों में पकी हुई लौकी का भरता, खाते-खाते रह जाएंगी उगलियां; विधि नोट करें सिद्धारमैया का ‘बिदाई शॉट’: क्यों जाति सर्वेक्षण डेटा कर्नाटक की राजनीति को फिर से परिभाषित कर सकता है, शिवकुमार के नेतृत्व का परीक्षण करें | भारत समाचार
EXCLUSIVE

ओमान 15वां देश जिसपर ट्रम्प ने हमले की धमकी दी:अब तक 7 देशों पर अटैक किया, 4 पर कब्जा करने की चेतावनी दी

ओमान 15वां देश जिसपर ट्रम्प ने हमले की धमकी दी:अब तक 7 देशों पर अटैक किया, 4 पर कब्जा करने की चेतावनी दी

ट्रम्प ने बुधवार को ओमान पर हमला करने की धमकी दी। उन्होंने कहा कि अगर वह ईरान के साथ मिलकर होर्मुज स्ट्रेट को कंट्रोल करने की कोशिश करता है तो अमेरिका उसे उड़ा देगा। ओमान 15वां ऐसा देश है जिस पर ट्रम्प ने हमले की धमकी दी है। इतना ही नहीं, ट्रम्प के कार्यकाल में अमेरिका ने 7 देशों पर हमले भी किए हैं। इसमें वेनेजुएला भी शामिल है जहां घुसकर अमेरिका ने राष्ट्रपति का किडनैप कर लिया था। इसके अलावा ट्रम्प 4 देशों पर कब्जा करने की चेतावनी भी दे चुके हैं। इसमें कनाडा, ग्रीनलैंड, वेनेजुएला और क्यूबा शामिल हैं। इसके अलावा ट्रम्प पनामा नहर पर भी कब्जा करने की धमकी दे चुके हैं। राष्ट्रपति बनने से पहले शांति की बात करते थे ट्रम्प साल 2024 में जब ट्रम्प राष्ट्रपति चुनाव लड़ रहे थे। तब वे खुद को अमन पसंद नेता के तौर पर पेश कर रहे थे। चुनावी रैलियों में वे अपने विरोधियों को युद्ध भड़काने वाला नेता कहते थे। उनका कहना था कि उनके राष्ट्रपति बनने के बाद दुनिया में शांति आ जाएगी। उन्होंने कई बार कहा कि अगर वह राष्ट्रपति होते तो रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू ही नहीं होता। ट्रम्प खुद को ऐसा नेता बताते थे जो दुश्मन देशों से बातचीत कर सकता है और बिना बड़े युद्ध के समझौते करा सकता है। ट्रम्प कहते थे कि अगर उनके विरोधी सत्ता में आए तो अमेरिका फिर से इराक और अफगानिस्तान जैसे लंबे युद्धों में फंस जाएगा। लेकिन राष्ट्रपति बनने के बाद स्थिति बदल गई। 7 देश जिन पर अमेरिका ने हमला किया ट्रम्प, निक्सन की मैडमैन थ्योरी के फॉलोअर ट्रम्प कई बार ऐसे बयान देते हैं जिनसे दोस्त और दुश्मन दोनों असमंजस में रहते हैं कि अमेरिका अगला कदम क्या उठाएगा। विश्लेषकों का कहना है कि अपने विरोधियों के अलावा सहयोगी देशों को धमकाना अब ट्रम्प की शैली का हिस्सा बन चुका है। राजनीतिक विज्ञान में इसे मैडमैन थ्योरी कहा जाता है। इसका मतलब यह है कि कोई नेता अपने विरोधियों को यह महसूस कराता है कि वह कुछ भी कर सकता है, ताकि सामने वाला डरकर समझौता कर ले। इस थ्योरी को सबसे पहले अमेरिका के राष्ट्रपति रिचर्ड निक्सन ने 1960 और 1970 के दशक में वियतनाम युद्ध के दौरान अपनाया था। निक्सन चाहते थे कि सोवियत संघ और उत्तरी वियतनाम को लगे कि वह इतने पागल हैं कि परमाणु हमला तक कर सकते हैं। उनका मानना था कि डर पैदा करके दुश्मन को बातचीत की मेज पर लाया जा सकता है। विरोधियों पर बेअसर रही ट्रम्प की मैडमैन थ्योरी बीबीसी के मुताबिक ट्रम्प की यह रणनीति सहयोगी देशों पर तो असर डालती दिख रही है लेकिन विरोधियों पर यह बेअसर है। ट्रम्प की धमकी के बाद नाटो देश अपना रक्षा बजट बढ़ा रहे हैं। यूक्रेन, अमेरिका को अपने खनिज संसाधन देने को तैयार हो गया। लेकिन रूस के राष्ट्रपति पुतिन पर इसका ज्यादा असर नहीं दिखा। ईरान का मामला और भी मुश्किल है। कई विशेषज्ञ मानते हैं कि इसका उल्टा असर हो सकता है। पूर्व ब्रिटिश विदेश मंत्री विलियम हेग का कहना है कि इससे ईरान परमाणु हथियार बनाने की कोशिश और तेज कर सकता है। विशेषज्ञ माइकल डेश भी मानते हैं कि अब ईरान शायद चुपचाप परमाणु कार्यक्रम आगे बढ़ाएगा और अंत में परमाणु परीक्षण भी कर सकता है। ईरान यह देख रहा है कि जिन नेताओं के पास परमाणु हथियार नहीं थे, जैसे सद्दाम हुसैन और मुअम्मर गद्दाफी, उनकी सत्ता खत्म हो गई। जबकि उत्तर कोरिया के किम जोंग उन जैसे नेता परमाणु हथियार होने की वजह से सुरक्षित बने हुए हैं। इसलिए ईरान परमाणु हथियार को अपनी अंतिम सुरक्षा के रूप में देख सकता है। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका और इजराइल सोच रहे थे कि अगर ईरान के शीर्ष नेताओं पर दबाव बनाया जाए तो वहां की व्यवस्था कमजोर हो जाएगी। लेकिन इतिहास इससे उल्टा संकेत देता है। 1980 में जब सद्दाम हुसैन ने ईरान पर हमला किया था, तब भी मकसद इस्लामिक गणराज्य को कमजोर करना था। लेकिन हुआ उल्टा। ईरानी व्यवस्था और मजबूत हो गई।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
खालिस्तानी आतंकी बोला- नैन्सी ग्रेवाल का कत्ल नहीं कराया:हम बैलेट से लड़ रहे, बुलेट से नहीं; बहन ने घर में आग का VIDEO जारी किया

March 9, 2026/
5:45 am

कनाडा में पंजाबी यूट्यूबर नैन्सी ग्रेवाल (45) के हत्या मामले में सिख फॉर जस्टिस (SFJ) के खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत पन्नू...

Dhurandhar 2 Box Office Collection Shatters Jawan Record

March 20, 2026/
10:35 am

57 मिनट पहले कॉपी लिंक रणवीर सिंह स्टारर फिल्म ‘धुरंधरः द रिवेंज’ यानी ‘धुरंधर 2’ ने ‘जवान’ का रिकॉर्ड तोड़ते...

Disaster Emergency Alert Test Update; NDMA

May 2, 2026/
12:01 pm

नई दिल्ली1 मिनट पहले कॉपी लिंक देशभर में शनिवार सुबह 11.45 बजे करोड़ों लोगों के मोबाइल फोन पर सायरन की...

ask search icon

April 1, 2026/
12:38 pm

Last Updated:April 01, 2026, 12:38 IST गर्मी का मौसम मछली पालन के लिए चुनौतीपूर्ण होता है. तालाब का पानी गर्म...

Jhalawar Accident | Car-Bike Collision Kills 4

February 20, 2026/
9:42 pm

झालावाड़ में जीप और बाइक की आमने-सामने की भिड़ंत में बाइक सवार 4 लोगों की मौत हो गई। झालावाड़ में...

दावा- अमेरिका ने पाकिस्तानी-पीएम को जंग रोकने का पोस्ट भेजा:ड्राफ्ट मैसेज लिखे होने पर सवाल, यूजर बोले- ट्रम्प की गुलामी कर रहा पाकिस्तान

April 8, 2026/
12:33 pm

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। यह पोस्ट अमेरिका-ईरान...

पंजाब के सिंगर को साउथ में मिला फिल्म फेयर अवॉर्ड:कन्नड़ फिल्म कृष्णम प्रणय सखी में गाया सुपरहिट गाना, बोले-म्यूजिक की कोई भाषा नहीं होती

March 26, 2026/
6:30 am

लुधियाना के लिए गर्व का पल है कि एक पंजाबी युवक जसकरण सिंह ने संगीत के जरिए भाषाओं और संस्कृतियों...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

ओमान 15वां देश जिसपर ट्रम्प ने हमले की धमकी दी:अब तक 7 देशों पर अटैक किया, 4 पर कब्जा करने की चेतावनी दी

ओमान 15वां देश जिसपर ट्रम्प ने हमले की धमकी दी:अब तक 7 देशों पर अटैक किया, 4 पर कब्जा करने की चेतावनी दी

ट्रम्प ने बुधवार को ओमान पर हमला करने की धमकी दी। उन्होंने कहा कि अगर वह ईरान के साथ मिलकर होर्मुज स्ट्रेट को कंट्रोल करने की कोशिश करता है तो अमेरिका उसे उड़ा देगा। ओमान 15वां ऐसा देश है जिस पर ट्रम्प ने हमले की धमकी दी है। इतना ही नहीं, ट्रम्प के कार्यकाल में अमेरिका ने 7 देशों पर हमले भी किए हैं। इसमें वेनेजुएला भी शामिल है जहां घुसकर अमेरिका ने राष्ट्रपति का किडनैप कर लिया था। इसके अलावा ट्रम्प 4 देशों पर कब्जा करने की चेतावनी भी दे चुके हैं। इसमें कनाडा, ग्रीनलैंड, वेनेजुएला और क्यूबा शामिल हैं। इसके अलावा ट्रम्प पनामा नहर पर भी कब्जा करने की धमकी दे चुके हैं। राष्ट्रपति बनने से पहले शांति की बात करते थे ट्रम्प साल 2024 में जब ट्रम्प राष्ट्रपति चुनाव लड़ रहे थे। तब वे खुद को अमन पसंद नेता के तौर पर पेश कर रहे थे। चुनावी रैलियों में वे अपने विरोधियों को युद्ध भड़काने वाला नेता कहते थे। उनका कहना था कि उनके राष्ट्रपति बनने के बाद दुनिया में शांति आ जाएगी। उन्होंने कई बार कहा कि अगर वह राष्ट्रपति होते तो रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू ही नहीं होता। ट्रम्प खुद को ऐसा नेता बताते थे जो दुश्मन देशों से बातचीत कर सकता है और बिना बड़े युद्ध के समझौते करा सकता है। ट्रम्प कहते थे कि अगर उनके विरोधी सत्ता में आए तो अमेरिका फिर से इराक और अफगानिस्तान जैसे लंबे युद्धों में फंस जाएगा। लेकिन राष्ट्रपति बनने के बाद स्थिति बदल गई। 7 देश जिन पर अमेरिका ने हमला किया ट्रम्प, निक्सन की मैडमैन थ्योरी के फॉलोअर ट्रम्प कई बार ऐसे बयान देते हैं जिनसे दोस्त और दुश्मन दोनों असमंजस में रहते हैं कि अमेरिका अगला कदम क्या उठाएगा। विश्लेषकों का कहना है कि अपने विरोधियों के अलावा सहयोगी देशों को धमकाना अब ट्रम्प की शैली का हिस्सा बन चुका है। राजनीतिक विज्ञान में इसे मैडमैन थ्योरी कहा जाता है। इसका मतलब यह है कि कोई नेता अपने विरोधियों को यह महसूस कराता है कि वह कुछ भी कर सकता है, ताकि सामने वाला डरकर समझौता कर ले। इस थ्योरी को सबसे पहले अमेरिका के राष्ट्रपति रिचर्ड निक्सन ने 1960 और 1970 के दशक में वियतनाम युद्ध के दौरान अपनाया था। निक्सन चाहते थे कि सोवियत संघ और उत्तरी वियतनाम को लगे कि वह इतने पागल हैं कि परमाणु हमला तक कर सकते हैं। उनका मानना था कि डर पैदा करके दुश्मन को बातचीत की मेज पर लाया जा सकता है। विरोधियों पर बेअसर रही ट्रम्प की मैडमैन थ्योरी बीबीसी के मुताबिक ट्रम्प की यह रणनीति सहयोगी देशों पर तो असर डालती दिख रही है लेकिन विरोधियों पर यह बेअसर है। ट्रम्प की धमकी के बाद नाटो देश अपना रक्षा बजट बढ़ा रहे हैं। यूक्रेन, अमेरिका को अपने खनिज संसाधन देने को तैयार हो गया। लेकिन रूस के राष्ट्रपति पुतिन पर इसका ज्यादा असर नहीं दिखा। ईरान का मामला और भी मुश्किल है। कई विशेषज्ञ मानते हैं कि इसका उल्टा असर हो सकता है। पूर्व ब्रिटिश विदेश मंत्री विलियम हेग का कहना है कि इससे ईरान परमाणु हथियार बनाने की कोशिश और तेज कर सकता है। विशेषज्ञ माइकल डेश भी मानते हैं कि अब ईरान शायद चुपचाप परमाणु कार्यक्रम आगे बढ़ाएगा और अंत में परमाणु परीक्षण भी कर सकता है। ईरान यह देख रहा है कि जिन नेताओं के पास परमाणु हथियार नहीं थे, जैसे सद्दाम हुसैन और मुअम्मर गद्दाफी, उनकी सत्ता खत्म हो गई। जबकि उत्तर कोरिया के किम जोंग उन जैसे नेता परमाणु हथियार होने की वजह से सुरक्षित बने हुए हैं। इसलिए ईरान परमाणु हथियार को अपनी अंतिम सुरक्षा के रूप में देख सकता है। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका और इजराइल सोच रहे थे कि अगर ईरान के शीर्ष नेताओं पर दबाव बनाया जाए तो वहां की व्यवस्था कमजोर हो जाएगी। लेकिन इतिहास इससे उल्टा संकेत देता है। 1980 में जब सद्दाम हुसैन ने ईरान पर हमला किया था, तब भी मकसद इस्लामिक गणराज्य को कमजोर करना था। लेकिन हुआ उल्टा। ईरानी व्यवस्था और मजबूत हो गई।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.