Wednesday, 15 Apr 2026 | 05:37 PM

Trending :

EXCLUSIVE

सर्जरी से किडनी डैमेज, धागा बांधकर रीवा रेफर, मौत:सतना में परिजनों का हंगामा, 20 करोड़ मुआवजा मांगा; डॉक्टर बोले-गलती हो गई

सर्जरी से किडनी डैमेज, धागा बांधकर रीवा रेफर, मौत:सतना में परिजनों का हंगामा, 20 करोड़ मुआवजा मांगा; डॉक्टर बोले-गलती हो गई

मध्यप्रदेश के सतना में कथित मेडिकल लापरवाही का मामला सामने आया है। किडनी स्टोन के ऑपरेशन के बाद युवक की हालत बिगड़ी और उसे रीवा रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने सतना में जमकर हंगामा किया और 20 करोड़ रुपए मुआवजे की मांग की। परिजनों ने पहले सोमवार रात को कोलगवां थाना के पास शव रखकर हाईवे जाम किया। पुलिस ने समझाइश देकर जाम खुलवाया, लेकिन इसके बाद परिजन पाठक हॉस्पिटल के बाहर शव रखकर धरने पर बैठ गए। हालात संभालने के लिए तीन थानों की पुलिस तैनात करनी पड़ी। परिवार का आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान डॉक्टरों की लापरवाही से मरीज की दूसरी किडनी भी क्षतिग्रस्त हो गई। गंभीर हालत में उसे धागा बांधकर रीवा रेफर कर दिया गया, जहां उसकी मौत हो गई। पन्ना निवासी युवक का हुआ था ऑपरेशन जानकारी के मुताबिक पन्ना जिले के देवेंद्रनगर निवासी रवि रजक को किडनी में पथरी की शिकायत थी। परिजन उसे इलाज के लिए सतना के मुख्तियारगंज स्थित अस्पताल लेकर पहुंचे थे। जांच के बाद डॉक्टरों ने ऑपरेशन की सलाह दी। 4 अप्रैल को पाठक नर्सिंग होम में करीब 5 घंटे तक सर्जरी चली। आरोप है कि इसी दौरान डॉक्टरों ने लापरवाही बरती और स्वस्थ किडनी में भी कट लगा दिया। रीवा में खुली लापरवाही की परतें ऑपरेशन के बाद मरीज की हालत बिगड़ने लगी, जिस पर उसे रीवा के सुपर स्पेशलिटी अस्पताल रेफर किया गया। यहां जांच में सामने आया कि दूसरी किडनी पर गहरा कट था, जिसे धागे से बांधा गया था। खून का रिसाव और संक्रमण बढ़ने के कारण डॉक्टरों को दूसरी किडनी भी निकालनी पड़ी। इसके बाद मरीज की हालत लगातार बिगड़ती गई और अंततः उसकी मौत हो गई। रीवा अधीक्षक बोले- किडनी काम नहीं कर रही थी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, रीवा के अधीक्षक डॉ. अक्षय श्रीवास्तव ने बताया कि जब मरीज को यूरोलॉजी विभाग में भर्ती किया गया, तब उसकी किडनी काम करने की स्थिति में नहीं थी। उन्होंने कहा कि मरीज का अधिकांश इलाज सतना में हुआ था और रीवा में केवल डायलिसिस किया गया। इस केस की विस्तृत जानकारी फिलहाल उपलब्ध नहीं है। पिता बोले- मामूली पथरी में चली गई जान मृतक के पिता गिरधारीलाल रजक ने आरोप लगाया कि उनके बेटे को सिर्फ पथरी की समस्या थी, लेकिन इलाज में लापरवाही के कारण उसकी जान चली गई। उन्होंने आरोप लगाया कि डॉ. पुष्पेंद्र सिंह, डॉ. राजीव पाठक और डॉ. राजीव सिंह की लापरवाही से यह घटना हुई। परिजनों ने तीनों डॉक्टरों पर केस दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की है।
सीएसपी से महिलाओं की झड़प प्रदर्शन के दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई। अस्पताल की ओर जाने से रोकने पर महिलाओं की सीएसपी देवेन्द्र सिंह से बहस और झड़प हो गई। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर स्थिति नियंत्रित की गई। वीडियो में डॉक्टर ने मानी गलती घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर पुष्पेंद्र सिंह परिजनों से बातचीत करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में डॉक्टर अपनी गलती स्वीकार करते और मामले को शांत करने की अपील करते दिख रहे हैं। पहले भी की थी शिकायत परिजनों का कहना है कि उन्होंने चार दिन पहले ही सीएमएचओ डॉ. मनोज शुक्ला को लिखित शिकायत दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। सीएमएचओ ने कहा है कि मामला संज्ञान में है। जांच के लिए टीम गठित की जाएगी और आरोप सही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई होगी। 4 घंटे चला प्रदर्शन, 5 लाख पर बनी सहमति करीब 4 घंटे चले प्रदर्शन के बाद रात 11:30 बजे पुलिस, डॉक्टरों और परिजनों के बीच कई दौर की बातचीत हुई। अंततः 5 लाख रुपए के चेक और 50 हजार रुपए नगद तात्कालिक सहायता पर सहमति बनी, जिसके बाद धरना समाप्त हुआ। साथ ही आश्वासन दिया गया कि रीवा के संजय गांधी अस्पताल से पोस्टमाॅर्टम रिपोर्ट आने के बाद पूरे मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
अवैध कॉलोनी बसाने वाले 79 कॉलोनाइजरों पर FIR के आदेश:ग्वालियर में 16 साल बाद बड़ा एक्शन, खाली प्लॉट सरकार लेगी कब्जे में

April 2, 2026/
6:57 am

जिले में अवैध कॉलोनियों के खिलाफ प्रशासन ने अब तक का सबसे बड़ा एक्शन लिया है। करीब 16 साल बाद...

शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का बीम महिला पर गिरा, मौत:बैतूल में पंचायत निधि से बना; दीवार में दरार की आने पर की थी तोड़फोड़

March 21, 2026/
3:34 pm

बैतूल में खेड़ी सांवलीगढ़ के नवनिर्मित पंचायती शॉपिंग कॉम्प्लेक्स में एक बड़ा हादसा हो गया। दीवार तोड़ते समय छत का...

Follow Chennai Super Kings vs Delhi Capitals live from Chepauk

April 11, 2026/
8:32 pm

आखरी अपडेट:11 अप्रैल, 2026, 20:32 IST कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने सार्वजनिक रूप से दावणगेरे दक्षिण उपचुनाव में उम्मीदवार चयन...

Iran US Israel War Ceasefire Talks In Islamabad Live Updates: Middle East conflict, trump peace talks latest news

April 10, 2026/
9:34 am

आखरी अपडेट:10 अप्रैल, 2026, 09:34 IST उस एकल संख्या के नीचे तीन अलग-अलग राजनीतिक कहानियाँ हैं, खासकर असम, केरल और...

इंडक्शन यूजिंग टिप्स: गैस की रसोई में चूल्हे का उपयोग कैसे किया जाता है? तो जान लें ये स्मार्ट उपाय ऑलिव ग्रोथ एक्सटेंशन मुश्किल

March 19, 2026/
2:44 pm

19 मार्च 2026 को 14:44 IST पर अपडेट किया गया रसोई सुरक्षा युक्तियाँ: यदि आप भी विशेष चूल्हा यूज़ कर...

जॉब - शिक्षा

हेल्थ & फिटनेस

राजनीति

सर्जरी से किडनी डैमेज, धागा बांधकर रीवा रेफर, मौत:सतना में परिजनों का हंगामा, 20 करोड़ मुआवजा मांगा; डॉक्टर बोले-गलती हो गई

सर्जरी से किडनी डैमेज, धागा बांधकर रीवा रेफर, मौत:सतना में परिजनों का हंगामा, 20 करोड़ मुआवजा मांगा; डॉक्टर बोले-गलती हो गई

मध्यप्रदेश के सतना में कथित मेडिकल लापरवाही का मामला सामने आया है। किडनी स्टोन के ऑपरेशन के बाद युवक की हालत बिगड़ी और उसे रीवा रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने सतना में जमकर हंगामा किया और 20 करोड़ रुपए मुआवजे की मांग की। परिजनों ने पहले सोमवार रात को कोलगवां थाना के पास शव रखकर हाईवे जाम किया। पुलिस ने समझाइश देकर जाम खुलवाया, लेकिन इसके बाद परिजन पाठक हॉस्पिटल के बाहर शव रखकर धरने पर बैठ गए। हालात संभालने के लिए तीन थानों की पुलिस तैनात करनी पड़ी। परिवार का आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान डॉक्टरों की लापरवाही से मरीज की दूसरी किडनी भी क्षतिग्रस्त हो गई। गंभीर हालत में उसे धागा बांधकर रीवा रेफर कर दिया गया, जहां उसकी मौत हो गई। पन्ना निवासी युवक का हुआ था ऑपरेशन जानकारी के मुताबिक पन्ना जिले के देवेंद्रनगर निवासी रवि रजक को किडनी में पथरी की शिकायत थी। परिजन उसे इलाज के लिए सतना के मुख्तियारगंज स्थित अस्पताल लेकर पहुंचे थे। जांच के बाद डॉक्टरों ने ऑपरेशन की सलाह दी। 4 अप्रैल को पाठक नर्सिंग होम में करीब 5 घंटे तक सर्जरी चली। आरोप है कि इसी दौरान डॉक्टरों ने लापरवाही बरती और स्वस्थ किडनी में भी कट लगा दिया। रीवा में खुली लापरवाही की परतें ऑपरेशन के बाद मरीज की हालत बिगड़ने लगी, जिस पर उसे रीवा के सुपर स्पेशलिटी अस्पताल रेफर किया गया। यहां जांच में सामने आया कि दूसरी किडनी पर गहरा कट था, जिसे धागे से बांधा गया था। खून का रिसाव और संक्रमण बढ़ने के कारण डॉक्टरों को दूसरी किडनी भी निकालनी पड़ी। इसके बाद मरीज की हालत लगातार बिगड़ती गई और अंततः उसकी मौत हो गई। रीवा अधीक्षक बोले- किडनी काम नहीं कर रही थी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, रीवा के अधीक्षक डॉ. अक्षय श्रीवास्तव ने बताया कि जब मरीज को यूरोलॉजी विभाग में भर्ती किया गया, तब उसकी किडनी काम करने की स्थिति में नहीं थी। उन्होंने कहा कि मरीज का अधिकांश इलाज सतना में हुआ था और रीवा में केवल डायलिसिस किया गया। इस केस की विस्तृत जानकारी फिलहाल उपलब्ध नहीं है। पिता बोले- मामूली पथरी में चली गई जान मृतक के पिता गिरधारीलाल रजक ने आरोप लगाया कि उनके बेटे को सिर्फ पथरी की समस्या थी, लेकिन इलाज में लापरवाही के कारण उसकी जान चली गई। उन्होंने आरोप लगाया कि डॉ. पुष्पेंद्र सिंह, डॉ. राजीव पाठक और डॉ. राजीव सिंह की लापरवाही से यह घटना हुई। परिजनों ने तीनों डॉक्टरों पर केस दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की है।
सीएसपी से महिलाओं की झड़प प्रदर्शन के दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई। अस्पताल की ओर जाने से रोकने पर महिलाओं की सीएसपी देवेन्द्र सिंह से बहस और झड़प हो गई। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर स्थिति नियंत्रित की गई। वीडियो में डॉक्टर ने मानी गलती घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर पुष्पेंद्र सिंह परिजनों से बातचीत करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में डॉक्टर अपनी गलती स्वीकार करते और मामले को शांत करने की अपील करते दिख रहे हैं। पहले भी की थी शिकायत परिजनों का कहना है कि उन्होंने चार दिन पहले ही सीएमएचओ डॉ. मनोज शुक्ला को लिखित शिकायत दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। सीएमएचओ ने कहा है कि मामला संज्ञान में है। जांच के लिए टीम गठित की जाएगी और आरोप सही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई होगी। 4 घंटे चला प्रदर्शन, 5 लाख पर बनी सहमति करीब 4 घंटे चले प्रदर्शन के बाद रात 11:30 बजे पुलिस, डॉक्टरों और परिजनों के बीच कई दौर की बातचीत हुई। अंततः 5 लाख रुपए के चेक और 50 हजार रुपए नगद तात्कालिक सहायता पर सहमति बनी, जिसके बाद धरना समाप्त हुआ। साथ ही आश्वासन दिया गया कि रीवा के संजय गांधी अस्पताल से पोस्टमाॅर्टम रिपोर्ट आने के बाद पूरे मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.