Thursday, 11 Jun 2026 | 04:54 PM

Trending :

कर्नाटक उर्वरक की कमी: किसान घंटों कतार में, चप्पलें लाइन में अपनी जगह रोके रहीं | न्यूज18 कर्नाटक उर्वरक संकट का कारण क्या है? बीजेपी का सरकार पर हमला | यूटी खादर एक्सक्लूसिव | न्यूज18 ‘अभिषेक ने टीएमसी को नष्ट कर दिया’: ममता के वफादार कल्याण बनर्जी अब भतीजे के खिलाफ हो गए | भारत समाचार राजनैतिक तनाव के बीच अमेरिका में वर्ल्ड कप:युद्ध के साये में ईरान; 40 घंटे बस में सफर कर पहुंचे, सपोर्ट स्टाफ को वीसा नहीं भारत में जन्मे निखिल चौधरी ऑस्ट्रेलिया की टीम में शामिल:ट्रैविस हेड की जगह चुना गया, बांग्लादेश के खिलाफ 3 मैचों की सीरीज खेलेंगे भारत में जन्मे निखिल चौधरी ऑस्ट्रेलिया की टीम में शामिल:ट्रैविस हेड की जगह चुना गया, बांग्लादेश के खिलाफ 3 मैचों की सीरीज खेलेंगे
EXCLUSIVE

muzaffarpur aes alert skmch preparation and prevention tips chamki bukhar alert

authorimg

Last Updated:

Muzaffarpur AES Alert: मुजफ्फरपुर में गर्मी बढ़ते ही एईएस (चमकी बुखार) को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर है. SKMCH में 102 बेड का विशेष PICU वार्ड दवाओं और प्रशिक्षित स्टाफ के साथ तैयार कर लिया गया है. वहीं ग्रामीण इलाकों में जागरूकता अभियान चलाकर अभिभावकों को बच्चों की सुरक्षा के प्रति सतर्क किया जा रहा है.

मुजफ्फरपुर: मुजफ्फरपुर में बढ़ती गर्मी के साथ ही स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह सतर्क हो गया है. खासकर एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (AES) को लेकर प्रशासन ने पहले से ही व्यापक तैयारी शुरू कर दी है. जिले के श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (SKMCH) में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए 102 बेड का अत्याधुनिक PICU वार्ड तैयार कर लिया गया है.

AES को लेकर विभाग हर साल सतर्क 
एसकेएमसीएच के उपाधीक्षक डॉ.गोपाल शंकर साहनी ने जानकारी देते हुए बताया कि AES को लेकर विभाग हर साल सतर्क रहता है. लेकिन गर्मी के मौसम में इसके मामले ज्यादा सामने आते हैं. यही कारण है कि इस बार भी फरवरी महीने से ही तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. अस्पताल में आवश्यक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक रखा गया है. डॉक्टरों व स्वास्थ्यकर्मियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है, ताकि किसी भी गंभीर मरीज का तुरंत और बेहतर इलाज किया जा सके.

दी गई ये विशेष सलाह
स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि AES का सबसे ज्यादा असर ग्रामीण क्षेत्रों में देखने को मिलता है. इसे ध्यान में रखते हुए गांव-गांव में जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है. अभिभावकों को बच्चों के खान-पान, साफ-सफाई और समय पर इलाज को लेकर जागरूक किया जा रहा है. खासतौर पर यह सलाह दी जा रही है कि बच्चों को खाली पेट न रहने दें और किसी भी तरह के लक्षण दिखने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर ले जाएं.

2019 में चमकी का था काफी प्रकोप
गौरतलब है कि साल 2019 में मुजफ्फरपुर में AES यानी चमकी बुखार का प्रकोप काफी गंभीर रहा था. जिसमें बड़ी संख्या में बच्चे प्रभावित हुए थे. उस घटना के बाद से ही स्वास्थ्य विभाग हर साल विशेष सतर्कता बरत रहा है. इस बार भी गर्मी बढ़ते ही अलर्ट जारी कर दिया गया है, ताकि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते नियंत्रित किया जा सके.

विभाग किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार
प्रशासन का मानना है कि समय पर तैयारी, जागरूकता और बेहतर इलाज व्यवस्था के जरिए इस बीमारी से होने वाले नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है. फिलहाल स्वास्थ्य विभाग की पूरी टीम मुस्तैद है. किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार है.

About the Author

Amit ranjan

मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले…और पढ़ें

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
गर्मियों में खीरे की कड़वाहट कैसे दूर करें सलाद के लिए आसान टिप्स खीर की कडवाहट कैसे दूर करें टिप्स

April 29, 2026/
8:52 pm

29 अप्रैल 2026 को 20:52 IST पर अपडेट किया गया खीर का कड़वापन दूर करने के आसान तरीके: गर्मियों में...

कटक के सरकारी हॉस्पिटल में आग, 10 मरीजों की मौत:लोगों को बचाने में 11 कर्मचारी झुलसे; ओडिशा CM घटनास्थल पर पहुंचे

March 16, 2026/
7:30 am

ओडिशा के कटक में SCB मेडिकल कॉलेज अस्पताल में आग लग गई। इस हादसे में 10 मरीजों की मौत हो...

सभी देशों को रूसी तेल खरीदने की इजाजत:अमेरिका ने 30 दिन की छूट दी; ईरान ने क्रूड ऑयल 200 डॉलर पहुंचने की चेतावनी दी थी

March 13, 2026/
8:43 am

अमेरिका-इजराइल की ईरान से चल रही जंग की वजह से दुनियाभर में कच्चे तेल की कीमतें बढ़कर 100 डॉलर के...

भैंसदेही पुलिस ने कार से लाखों की अवैध शराब जब्त:एक आरोपी गिरफ्तार, दूसरा फरार; कार्रवाई जारी

February 23, 2026/
6:24 pm

बैतूल। भैंसदेही पुलिस ने देर रात बड़ी कार्रवाई करते हुए 3 लाख 44 हजार रुपये से अधिक मूल्य की अवैध...

UP Govt Jobs 295 Recruitment

April 16, 2026/
8:00 pm

37 मिनट पहले कॉपी लिंक आज की सरकारी नौकरी में जानकारी बिहार में इंस्ट्रक्टर के 726 पदों पर भर्ती की,...

लैक्मे फैशन वीक के तीसरे दिन दिशा पाटनी बनीं शोस्टॉपर:तमन्ना भाटिया और खुशी कपूर ने भी रैंप वॉक किया, देखें तस्वीरें

March 22, 2026/
2:28 pm

मुंबई में शनिवार को लैक्मे फैशन वीक के तीसरे दिन दिशा पाटनी, तमन्ना भाटिया, शनाया कपूर और खुशी कपूर ने...

राजनीति

muzaffarpur aes alert skmch preparation and prevention tips chamki bukhar alert

authorimg

Last Updated:

Muzaffarpur AES Alert: मुजफ्फरपुर में गर्मी बढ़ते ही एईएस (चमकी बुखार) को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर है. SKMCH में 102 बेड का विशेष PICU वार्ड दवाओं और प्रशिक्षित स्टाफ के साथ तैयार कर लिया गया है. वहीं ग्रामीण इलाकों में जागरूकता अभियान चलाकर अभिभावकों को बच्चों की सुरक्षा के प्रति सतर्क किया जा रहा है.

मुजफ्फरपुर: मुजफ्फरपुर में बढ़ती गर्मी के साथ ही स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह सतर्क हो गया है. खासकर एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (AES) को लेकर प्रशासन ने पहले से ही व्यापक तैयारी शुरू कर दी है. जिले के श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (SKMCH) में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए 102 बेड का अत्याधुनिक PICU वार्ड तैयार कर लिया गया है.

AES को लेकर विभाग हर साल सतर्क 
एसकेएमसीएच के उपाधीक्षक डॉ.गोपाल शंकर साहनी ने जानकारी देते हुए बताया कि AES को लेकर विभाग हर साल सतर्क रहता है. लेकिन गर्मी के मौसम में इसके मामले ज्यादा सामने आते हैं. यही कारण है कि इस बार भी फरवरी महीने से ही तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. अस्पताल में आवश्यक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक रखा गया है. डॉक्टरों व स्वास्थ्यकर्मियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है, ताकि किसी भी गंभीर मरीज का तुरंत और बेहतर इलाज किया जा सके.

दी गई ये विशेष सलाह
स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि AES का सबसे ज्यादा असर ग्रामीण क्षेत्रों में देखने को मिलता है. इसे ध्यान में रखते हुए गांव-गांव में जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है. अभिभावकों को बच्चों के खान-पान, साफ-सफाई और समय पर इलाज को लेकर जागरूक किया जा रहा है. खासतौर पर यह सलाह दी जा रही है कि बच्चों को खाली पेट न रहने दें और किसी भी तरह के लक्षण दिखने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर ले जाएं.

2019 में चमकी का था काफी प्रकोप
गौरतलब है कि साल 2019 में मुजफ्फरपुर में AES यानी चमकी बुखार का प्रकोप काफी गंभीर रहा था. जिसमें बड़ी संख्या में बच्चे प्रभावित हुए थे. उस घटना के बाद से ही स्वास्थ्य विभाग हर साल विशेष सतर्कता बरत रहा है. इस बार भी गर्मी बढ़ते ही अलर्ट जारी कर दिया गया है, ताकि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते नियंत्रित किया जा सके.

विभाग किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार
प्रशासन का मानना है कि समय पर तैयारी, जागरूकता और बेहतर इलाज व्यवस्था के जरिए इस बीमारी से होने वाले नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है. फिलहाल स्वास्थ्य विभाग की पूरी टीम मुस्तैद है. किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार है.

About the Author

Amit ranjan

मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले…और पढ़ें

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.