बालाघाट पुलिस ने शहर के सरदार पटेल मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल के दो डॉक्टरों डॉ. हितेश कावडे और डॉ. श्रृष्टि जैन पर बीएनएस की धारा 125(बी) के तहत केस दर्ज किया है। यह मामला इलाज में लापरवाही से जुड़ा है, जिसके कारण एक मरीज कोमा में चला गया। एनेस्थीसिया का ओवरडोज दिया यह पूरा मामला मरीज विवेक तिरपुड़े (36) के इलाज से संबंधित है। उनके हाथ में चोट लगने के बाद ऑपरेशन किया गया था। आरोप है कि इस दौरान उन्हें एनेस्थीसिया का ओवरडोज दिया गया, जिसके कारण विवेक तिरपुड़े पिछले दो महीने से कोमा में हैं और उनका इलाज नागपुर में चल रहा है। अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप 12 अप्रैल को परिजनों ने विवेक के ऑपरेशन के बाद कोमा में जाने पर अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने शासकीय चिकित्सकों की एक टीम बनाकर मामले की जांच कराई थी। जांच टीम में डॉ. नागोराव रंगारे, डॉ. अंकित राणा और डॉ. प्रशांत चौरे शामिल थे। जांच में गड़बड़ी मिलने पर कार्रवाई जांच टीम ने पाया कि डॉ. हितेश कावडे और एनेस्थीसिया विशेषज्ञ डॉ. श्रृष्टि जैन की लापरवाही के कारण ही मरीज तिरपुड़े कोमा की स्थिति में पहुंचे हैं। किम्स-किंग्सवे हॉस्पिटल नागपुर की एमआरआई रिपोर्ट में भी ब्रेन में ग्लोबल हायपॉक्सी इंजरी पाई गई। कोतवाली पुलिस ने बताया कि मामला दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है।












































