भारत और अफगानिस्तान के बीच बुधवार को इकाना स्टेडियम में दूसरा वनडे मैच खेला जाएगा। इससे पहले दोनों ही टीमों ने जमकर पसीना बहाया। प्रैक्टिस सेशन के बाद दोनों टीमों ने बारी-बारी प्रेस कॉन्फ्रेंस की। भारतीय बॉलिंग कोच साईं राज ने कहा कि वैभव सूर्यवंशी और श्रीलंकाई खिलाड़ियों के बीच इंडिया ए के मैच के विवाद को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। बोले- वैभव बेहद शांत स्वभाव के खिलाड़ी हैं और उन्हें किस तरह उकसाया गया, इसकी पूरी जानकारी नहीं है। हां, उनके साथ मौजूद टीम के वरिष्ठ कोच उन्हें सही मार्गदर्शन देंगे। साईं राज ने कहा कि वैभव अभी युवा हैं और देश का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। ऐसे में वह इस घटना से सीखेंगे। श्रीलंकाई खिलाड़ियों को भी खेल भावना और व्यवहार के प्रति जागरूक किए जाने की जरूरत है। दूसरे वनडे मुकाबले से पहले कोच ने अपनी रणनीति के संकेत दिए, लेकिन प्लेइंग-11 के पत्ते नहीं खोले। वहीं, अफगानिस्तान की ओर कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में आए। उन्होंने कहा- यहां का मौसम हमारे लिए काफी मुफीद, इकाना हमारे लिए होम ग्राउंड जैसा है। हम यहां पहले भी प्रैक्टिस करते रहे हैं। प्लेइंग-11 पर दोनों टीमों ने बनाए रखा सस्पेंस दूसरे वनडे के लिए टीम कॉम्बिनेशन को लेकर पूछे गए सवाल पर भारतीय कोच ने कहा कि अंतिम फैसला पिच देखने के बाद लिया जाएगा। कुलदीप यादव को खिलाने के सवाल पर साईं राज ने कहा कि परिस्थितियों को देखते हुए गेंदबाजी लाइनअप तय किया जाएगा। वहीं अफगानिस्तान के कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी ने मजाकिया अंदाज में कहा कि अगर अभी सब कुछ बता दिया तो कल मैच खेलने का मजा ही क्या रहेगा। रणनीति जाननी है तो बाद में अकेले में आइए। रोहित शर्मा की लीडरशिप से सीख रहे शुभमन गिल रोहित शर्मा की भूमिका पर साईं राज ने कहा कि वह सिर्फ एक बल्लेबाज नहीं, बल्कि टीम के लिए प्रेरणा और अनुभव का बड़ा स्रोत हैं। उनकी कप्तानी और अनुभव से शुभमन गिल जैसे युवा खिलाड़ियों को काफी फायदा मिल रहा है। उन्होंने केएल राहुल को टीम का अहम खिलाड़ी बताते हुए कहा कि वह किसी भी बल्लेबाजी क्रम में खुद को ढाल सकते हैं और आगामी विश्व कप की योजनाओं में उनकी भूमिका बेहद महत्वपूर्ण रहने वाली है। लखनऊ की पिच और परिस्थितियों से अफगानिस्तान वाकिफ अफगानिस्तान के कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी ने कहा कि इकाना स्टेडियम उनके लिए नया नहीं है। यहां अफगान टीम पहले भी वेस्टइंडीज के खिलाफ और 2023 विश्व कप के दौरान खेल चुकी है। उन्होंने कहा कि लखनऊ की पिच धीमी रहती है और स्पिन गेंदबाजों को मदद मिलती है। हालांकि भारतीय टीम ने यहां उनसे ज्यादा मैच खेले हैं, लेकिन अफगानिस्तान को भी परिस्थितियों का अच्छा अनुभव है और उसी के अनुसार रणनीति बनाई जाएगी। पहले वनडे में लगातार विकेट गंवाना पड़ा भारी पहले वनडे में हार पर शाहिदी ने कहा कि टीम ने अच्छा क्रिकेट खेला, लेकिन नियमित अंतराल पर विकेट गिरने से नुकसान हुआ। रहमानुल्लाह गुरबाज की शानदार पारी के बावजूद मिडिल ऑर्डर बड़ी साझेदारी नहीं कर पाया। उन्होंने कहा कि टीम ने अपनी गलतियों पर चर्चा की है और दूसरे मुकाबले में बल्लेबाजों के बीच बेहतर साझेदारियां देखने को मिलेंगी। लखनऊ की गर्मी पर बोले- मौसम नहीं, प्रदर्शन पर है पूरा ध्यान धर्मशाला की ठंड के बाद लखनऊ की गर्मी को लेकर भारतीय कोच साईं राज ने कहा कि प्रोफेशनल खिलाड़ियों को हर तरह के मौसम में खेलने की आदत होती है। उनका पूरा ध्यान प्रदर्शन पर है। वहीं शाहिदी ने कहा कि क्रिकेट गर्मी का खेल है और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में मौसम को बहाना नहीं बनाया जा सकता। उन्होंने कहा कि अफगानिस्तान का जलालाबाद भी लखनऊ की तरह गर्म रहता है और खिलाड़ी हर परिस्थिति के लिए मानसिक रूप से तैयार हैं। जडेजा-अश्विन की बराबरी आसान नहीं भारतीय कोच ने कहा कि रवींद्र जडेजा और आर अश्विन जैसे दिग्गजों की जगह लेना आसान नहीं है। हालांकि मानव सुथार, सारांश जैन और शिवांग जैसे युवा स्पिनरों के लिए यह संक्रमण का दौर है और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को अवसर दिए जाएंगे। वहीं अफगान कप्तान ने ऑलराउंडर अजमतुल्लाह उमरजई की तारीफ करते हुए कहा कि उनकी रिस्ट पोजिशन और स्विंग शानदार है। इसी वजह से वह नई गेंद और डेथ ओवरों में टीम के लिए बेहद उपयोगी साबित हो रहे हैं। शाहिदी बोले- मुश्किल समय में पूरा देश उनके साथ शाहिदी ने बताया कि पहले वनडे से पहले दरविश रसूली के पिता का निधन हो गया था, जिसके कारण वह स्वदेश लौट गए थे। अब वह वापस टीम से जुड़ चुके हैं और अभ्यास सत्र में हिस्सा लिया है।
अफगान कप्तान ने कहा कि यह उनके लिए बेहद कठिन समय है, लेकिन पूरी टीम और पूरा देश उनके साथ खड़ा है। …………….. ये खबर भी पढ़ें… लखनऊ में दिखा मोहर्रम का चांद:26 जून को मनाया जाएगा आशूरा; जुलूस मार्ग से हटाए गए रूमी गेट के स्टोन पिलर लखनऊ में मोहर्रम का चांद नजर आ गया है। शिया मरकजी चांद कमेटी के अध्यक्ष मौलाना सैफ अब्बास ने बताया कि बुधवार, 17 जून से पहला मोहर्रम होगा। 26 जून को दस मोहर्रम होगी। इसी दिन आशूरा मनाया जाएगा। वहीं सुरक्षा को देखते हुए जुलूस मार्ग से रुमी गेट से स्टोन पिलर हटाए गए हैं। पढ़िए पूरी खबर…











































