18 मिनट पहलेलेखक: आशीष तिवारी/वीरेंद्र मिश्र
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फैशन शो से शुरू हुआ शिल्पा शेट्टी का सफर, संघर्षों से निकलीं, फिटनेस और सफलता की मिसाल बनीं।
हर सफलता की कहानी सिर्फ तालियों और शोहरत से नहीं बनती। इसके पीछे ऐसे दौर भी होते हैं जब मौके छूटते हैं, फैसले गलत साबित होते हैं और फिर खुद को साबित करना पड़ता है। शिल्पा शेट्टी की कहानी भी ऐसी ही रही।
एक तस्वीर से मॉडलिंग की शुरुआत, पहली फिल्म बंद होने का झटका, करियर में ठहराव और फिर वापसी- उन्होंने हर मोड़ पर खुद को खड़ा किया। इसी सफर में बेटे की तारीफ ने उन्हें एहसास कराया कि असली सफलता सिर्फ नाम नहीं, बल्कि हर दौर में प्रासंगिक बने रहना है।
आज की सक्सेस स्टोरी में जानते हैं शिल्पा शेट्टी के करियर और निजी जीवन से जुड़ी बातें।

एक तस्वीर ने बदल दी शिल्पा की जिंदगी
8 जून 1975 को कर्नाटक के मंगलुरु में जन्मीं शिल्पा शेट्टी का असली नाम अश्विनी शेट्टी है। उनका परिवार बाद में मुंबई आ गया, जहां उनकी पढ़ाई हुई। शुरुआती दिनों में उनकी जिंदगी फिल्मों और ग्लैमर से अलग थी। पढ़ाई पूरी करने के बाद वह पिता के काम में हाथ बंटाती थीं और उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि वह फिल्मों की दुनिया का जाना-पहचाना चेहरा बनेंगी।
इसी दौरान उन्हें एक फैशन शो में हिस्सा लेने का मौका मिला। उनकी मौजूदगी ने लोगों का ध्यान खींचा। शो में मौजूद एक फोटोग्राफर ने उनकी तस्वीरें खींचीं और बाद में उन्हीं के जरिए उन्हें मॉडलिंग के ऑफर मिलने लगे। धीरे-धीरे विज्ञापनों और फोटोशूट्स का सिलसिला शुरू हुआ और यहीं से मनोरंजन जगत में सफर शुरू हुआ।

16 साल की उम्र में शिल्पा ने 1991 में पहली बार लिम्का के लिए मॉडलिंग की। उस समय उन्हें अंदाजा नहीं था कि यह मौका आगे चलकर बॉलीवुड का दरवाजा खोलेगा। मॉडलिंग में पहचान बनने के बाद उन्हें फिल्मों के ऑफर मिलने लगे और जिंदगी ने नया मोड़ लिया।
पहली फिल्म बंद हुई, लेकिन उसी ने खोला बॉलीवुड का दरवाजा
शिल्पा शेट्टी की सफलता की कहानी सीधे ‘बाजीगर’ से शुरू नहीं हुई थी। कम लोग जानते हैं कि उनकी पहली फिल्म ‘गाता रहे मेरा दिल’ थी, जिसमें उनके साथ रोनित रॉय और रोहित रॉय थे। फिल्म की शूटिंग शुरू हो चुकी थी और ट्रेड मैगजीन में उनकी तस्वीर के साथ बॉलीवुड डेब्यू की घोषणा भी हो गई थी। लेकिन रिलीज से पहले ही फिल्म बंद हो गई। इसे यश चोपड़ा के असिस्टेंट रह चुके डायरेक्टर दिलीप नाइक ने डायरेक्ट किया था।

शिल्पा शेट्टी की पहली फिल्म ‘गाता रहे मेरा दिल’ थी, लेकिन यह फिल्म रिलीज नहीं हुई।
नए कलाकार के लिए पहली फिल्म का बंद होना करियर खत्म होने जैसा हो सकता था, लेकिन शिल्पा के साथ उल्टा हुआ। उसी ट्रेड मैगजीन में छपी उनकी तस्वीर इंडस्ट्री के लोगों की नजर में आई और उन्हें ‘बाजीगर’ का ऑफर मिला।
फिल्म ‘बाजीगर’ से जुड़ा किस्सा शेयर करते हुए शिल्पा शेट्टी कहती हैं- लोग आज भी उस सीन की बात करते हैं जिसमें मैं गिरते हुए मुस्कुरा रही हूं। उस समय वीएफएक्स नहीं हुआ करता था। हमने वो सीन कई बार शूट किया था। आज भी ध्यान से देखें तो उसमें इस्तेमाल हुई स्ट्रिंग दिखाई देती है। लेकिन उससे सीखा कि फिल्में सिर्फ पैसों से नहीं बनतीं, उनमें आत्मा होनी चाहिए। ‘बाजीगर’ में वही बात थी।
प्रोड्यूसर्स ने फिल्म से बाहर कर दिया
‘बाजीगर’ की सक्सेस के बाद शिल्पा शेट्टी ‘मैं खिलाड़ी तू अनाड़ी’, ‘छोटे सरकार’, ‘आओ प्यार करें’, ‘हथकड़ी’, ‘औजार’ और ‘परदेसी बाबू’ जैसी फिल्मों का हिस्सा रहीं और दर्शकों के बीच लोकप्रिय हुईं।
सफलता का सफर हमेशा नहीं रहता। शिल्पा के करियर में एक दौर ऐसा भी आया जब फिल्मों में काम मिलना बंद हो गया था। कई बार उन्हें फिल्म के लिए चुना गया, लेकिन बाद में प्रोड्यूसर्स ने बाहर कर दिया। लगातार निराशा ने उन्हें परेशान किया, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी।

‘धड़कन’ बना करियर का टर्निंग पॉइंट
साल 2000 में आई फिल्म ‘धड़कन’ ने उनके करियर को नई दिशा दी। इस फिल्म में उनके अभिनय को खूब सराहा गया और वह फिर चर्चा में आ गईं। इसके बाद उन्होंने ‘रिश्ते’, ‘फिर मिलेंगे’, ‘दस’ और ‘लाइफ इन ए… मेट्रो’ जैसी फिल्मों में काम किया। खासकर ‘फिर मिलेंगे’ में एचआईवी पीड़ित महिला के किरदार ने उनके अभिनय को नई पहचान दी।
शिल्पा कहती हैं- मेरी जिंदगी में कई मजेदार और अजीब अनुभव रहे हैं। फिल्म इंडस्ट्री में काम करते हुए ऐसे कई पल आए हैं जिन्हें मैं हंसते हुए याद करती हूं। कुछ अनुभव ऐसे भी रहे हैं जिन्हें मैं दोबारा याद नहीं करना चाहती, लेकिन वे सभी अनुभव मेरे लिए सीख का हिस्सा रहे हैं। हर अनुभव ने मुझे कुछ नया सिखाया और मेरी सोच को मजबूत बनाया है।

‘बिग ब्रदर’ से मिली अंतरराष्ट्रीय पहचान
फिल्मों के साथ-साथ शिल्पा ने टीवी की दुनिया में भी अपनी जगह बनाई। ब्रिटेन के रियलिटी शो ‘सेलिब्रिटी बिग ब्रदर’ में हिस्सा लेकर उन्होंने अंतरराष्ट्रीय पहचान हासिल की। शो में नस्लीय टिप्पणियों का सामना करने के बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और विजेता बनीं। इस जीत ने उन्हें दुनिया भर में लोकप्रिय बना दिया।
‘बिग ब्रदर’ जीतने के बाद लगा, मैंने एक अलग पहचान बना ली
शिल्पा ने बताया कि जिंदगी में सफलता का एहसास किसी एक पल से नहीं जुड़ा होता, क्योंकि हर पड़ाव पर इंसान के बेंचमार्क बदलते रहते हैं। उन्होंने कहा कि ‘बिग ब्रदर’ जीतने के बाद जब विदेशों में लोग उन्हें पहचानने लगे, तब पहली बार लगा कि उन्होंने अपने काम से खास मुकाम हासिल किया है।
बेटे की तारीफ ने दिलाया असली उपलब्धि का एहसास
शिल्पा ने कहा कि आज उनके लिए सफलता का मतलब बदल चुका है। अब जब उनका 14 साल का बेटा उन्हें देखकर कहता है, “मॉम, क्या लगती हैं आप,” तो उन्हें लगता है कि उन्होंने सच में कुछ हासिल किया है। उनके मुताबिक Gen Z की सोच अलग है और हर दौर में प्रासंगिक बने रहना ही सबसे बड़ी उपलब्धि है।

फिटनेस से बिजनेस और समाजसेवा तक, बनाई अलग पहचान
फिल्मों और टीवी के साथ-साथ शिल्पा शेट्टी ने खुद को सिर्फ अभिनय तक सीमित नहीं रखा। समय के साथ उन्होंने फिटनेस, वेलनेस और लाइफस्टाइल के क्षेत्र में पहचान बनाई। योग और हेल्दी लाइफस्टाइल को बढ़ावा देते हुए उन्होंने फिटनेस से जुड़ी किताबें और वीडियो जारी किए, जिन्हें लोगों के बीच लोकप्रियता मिली। उनका मानना है कि फिटनेस सिर्फ शरीर तक सीमित नहीं है, बल्कि मानसिक संतुलन और अनुशासन भी इसका हिस्सा हैं।
इसी सोच को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़े कारोबारी प्रयासों में कदम रखा। हॉस्पिटैलिटी, फिटनेस और डिजिटल वेलनेस से जुड़े कामों के जरिए उन्होंने खुद को अभिनेत्री से आगे एक एंटरप्रेन्योर के रूप में स्थापित किया। उन्होंने लाइफस्टाइल और कंज्यूमर ब्रांड्स में निवेश भी किया और नए क्षेत्रों में मौजूदगी दर्ज कराई।
बिजनेस के साथ-साथ शिल्पा समाज सेवा और जनजागरूकता अभियानों से भी जुड़ी रहीं। स्वास्थ्य, स्वच्छता और बेहतर जीवनशैली जैसे विषयों पर उन्होंने लोगों को जागरूक किया। सामाजिक योगदान और सकारात्मक प्रभाव के लिए उन्हें कई सम्मान मिले। इनमें आईफा स्पेशल अवॉर्ड फॉर ग्लोबल इम्पैक्ट, यूनिवर्सिटी ऑफ लीड्स की मानद डॉक्टरेट और स्वच्छ भारत अभियान से जुड़े कार्यों के लिए ‘चैंपियंस ऑफ चेंज’ सम्मान शामिल हैं।
शिल्पा मानती हैं कि सफलता सिर्फ उपलब्धियां हासिल करने का नाम नहीं है, बल्कि उसका असर लोगों की जिंदगी में भी दिखना चाहिए। यही वजह है कि वह सफलता को केवल करियर नहीं, बल्कि प्रभाव, संतुलन और प्रेरणा से जोड़कर देखती हैं।

कितनी है शिल्पा शेट्टी की नेटवर्थ?
टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, शिल्पा शेट्टी की कुल नेटवर्थ करीब 150 करोड़ रुपए है। उन्हें लग्जरी गाड़ियों का भी शौक है। उनके पास फेरारी पोर्टोफिनो M, लैम्बोर्गिनी एवेंटाडोर, बीएमडब्ल्यू i8, मर्सिडीज-मेबैक GLS 600, लोटस एलेत्रे, मर्सिडीज-AMG G63, लैंड रोवर रेंज रोवर ऑटोबायोग्राफी और पोर्श कायेन GTS जैसी महंगी गाड़ियां हैं।
शिल्पा शेट्टी का आलीशान बंगला
शिल्पा शेट्टी का मुंबई के जुहू में आलीशान बंगला ‘किनारा’ है, जहां वह परिवार के साथ रहती हैं। इस घर की कीमत 100 करोड़ रुपए से अधिक बताई जाती है। इसके अलावा उनके दुबई और यूके में भी अपार्टमेंट हैं। वह डायरेक्ट-टू-कंज्यूमर (D2C) सेक्टर में एक्टिव एंजेल इन्वेस्टर हैं। वह बैस्टियन हॉस्पिटैलिटी की को-ओनर हैं और मामाअर्थ जैसे ब्रांड्स में भी उनकी हिस्सेदारी है।
एसपीएस स्टूडियो की भी मालकिन हैं शिल्पा शेट्टी
शिल्पा का वीएफएक्स स्टूडियो एसपीएस स्टूडियो है। इसमें उन्होंने 10 करोड़ रुपए का निवेश किया है। यहां विजुअल इफेक्ट्स से जुड़ा काम किया जाता है। इसके अलावा उनका अपना फैशन ब्रांड ड्रीम एसएस भी है।

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