Friday, 11 Sep 2026 | 02:32 PM

Trending :

EXCLUSIVE

PoK Assembly Election 2026 | Voting Begins in Three Phases

PoK Assembly Election 2026 | Voting Begins in Three Phases

30 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में सोमवार को विधानसभा चुनाव का पहला चरण हैं। पाकिस्तानी चुनाव आयोग के मुताबिक, मौजूदा सुरक्षा हालात और विरोध प्रदर्शनों के देखते हुए यह चुनाव तीन चरणों में होंगे। पहला 27 जुलाई, दूसरा 2 अगस्त और तीसरा 10 अगस्त को मतदान कराया जाएगा।

चुनाव कार्यक्रम के मुताबिक 27 जुलाई को मीरपुर डिवीजन की 13 सीटों पर मतदान होगा। दो अगस्त को मुजफ्फराबाद डिवीजन की 9 सीटों और पाकिस्तान में रहने वाले शरणार्थियों के लिए आरक्षित 12 सीटों पर वोट डाले जाएंगे। अंतिम चरण में 10 अगस्त को पूंछ डिवीजन की 11 सीटों पर मतदान होगा।

PoK में कई महीनों से चल रहा है विरोध प्रदर्शन

PoK में पिछले कई महीनों से महंगाई, बिजली के बढ़े हुए बिल, सरकारी नीतियों और राजनीतिक दखल के खिलाफ बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हो रहे हैं। इन प्रदर्शनों की अगुआई जम्मू कश्मीर जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (JKJAAC) कर रही है।

प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच हुई झड़पों में कई लोगों की मौत हुई है। महंगाई के विरोध से शुरू हुआ ये आंदोलन, अब पाकिस्तान सरकार के खिलाफ बड़े राजनीतिक आंदोलन में बदल गया है।

प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि सुरक्षा बलों ने कई जगह बल प्रयोग किया, रास्ते बंद किए और संचार सेवाएं रोक दीं। उनका कहना है कि इससे खाने-पीने की चीजों और दवाइयों की भी कमी हो गई। कई प्रदर्शनकारी पाकिस्तान की सैन्य मौजूदगी हटाने और क्षेत्र की मौजूदा संवैधानिक व्यवस्था पर भी सवाल उठा रहे हैं।

PoK में पाकिस्तान सरकार के खिलाफ जून में प्रदर्शन करते स्थानीय लोग। (यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है।)

PoK में पाकिस्तान सरकार के खिलाफ जून में प्रदर्शन करते स्थानीय लोग। (यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है।)

12 शरणार्थी सीटों पर सबसे ज्यादा विवाद

विरोध प्रदर्शनों की एक बड़ी वजह विधानसभा की 12 शरणार्थी सीटें भी हैं। ये सीटें पाकिस्तान में रहने वाले उन लोगों के लिए आरक्षित हैं जो दशकों पहले कश्मीर से वहां गए थे।

JKJAAC और कई स्थानीय संगठनों का आरोप है कि इन सीटों के जरिए इस्लामाबाद की सरकार चुनावी नतीजों को प्रभावित करती है। इससे स्थानीय लोगों की राय कमजोर पड़ जाती है और केंद्र की सत्ता में बैठी पार्टी को फायदा मिलता है।

न्यूज एजेंसी PTI के मुताबिक, इस बार के चुनाव ऐसे समय में हो रहे हैं जब लोगों का बड़ा वर्ग पाकिस्तान सरकार की नीतियों से नाराज है। इसी वजह से चुनाव की निष्पक्षता और उसके नतीजों पर भी सवाल उठ रहे हैं।

वहीं, PoK के चुनाव आयुक्त गुलाम मुस्तफा मुगल ने बताया कि मतदान के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ी संख्या में सुरक्षा बल और सेना तैनात रहेगी।

क्या चुनाव से खत्म होगी नाराजगी?

एक्सपर्ट्स का मानना है कि मतदान तो हो जाएगा और वोटिंग भी हो सकती है, लेकिन इससे लोगों की मूल समस्याओं का समाधान नहीं होगा।

महंगाई, बिजली, राजनीतिक अधिकार, सुरक्षा बलों की कार्रवाई और पाकिस्तान की भूमिका जैसे मुद्दे अभी भी बने हुए हैं। ऐसे में चुनाव के बाद भी PoK में राजनीतिक तनाव जारी रहने की आशंका जताई जा रही है।

भारत ने चुनाव पर विरोध दर्ज कराया

भारत लगातार कहता रहा है कि जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के पूरे केंद्र शासित प्रदेश, जिनमें PoK और गिलगित-बाल्टिस्तान भी शामिल हैं, भारत के अभिन्न हिस्से हैं। भारत ने PoK और गिलगित-बाल्टिस्तान में होने वाले चुनावों पर पहले भी कई बार पाकिस्तान के सामने कड़ा विरोध दर्ज कराया है और इन क्षेत्रों की तथाकथित विधानसभाओं को मान्यता नहीं दी है।

मानवाधिकार संगठनों जैसे एमनेस्टी इंटरनेशनल ने हालात पर चिंता जताई है। संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार कार्यालय ने भी हिंसा में हुई मौतों की निष्पक्ष जांच की मांग की है। भारत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से PoK में मानवाधिकार उल्लंघनों के लिए पाकिस्तान को जवाबदेह ठहराने की अपील की है।

नवाज शरीफ ने PoK का प्रधानमंत्री बनने की इच्छा जताई

चुनावी माहौल के बीच पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (PML-N) प्रमुख नवाज शरीफ ने मुजफ्फराबाद की चुनावी रैली में कहा कि अगर उनकी पार्टी चुनाव जीतती है तो वह प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से उन्हें PoK का प्रधानमंत्री बनाने के लिए कहेंगे ताकि वे खुद इलाके के विकास की निगरानी कर सकें।

नवाज शरीफ ने कहा कि PoK उनके लिए पंजाब जितना ही प्रिय है और उनके पूर्वज कश्मीर से आए थे। उन्होंने कहा कि यह उनका दूसरा घर है।

इस चुनाव में PML-N का मुकाबला पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (PPP) से है। खास बात यह है कि PPP इस समय केंद्र सरकार में PML-N की सहयोगी भी है।

2021 में इमरान खान की पार्टी ने बनाई थी सरकार

PoK में विधानसभा का कार्यकाल पांच साल का होता है। इससे पहले 2021 में PoK विधानसभा चुनाव में इमरान खान की पार्टी (PTI) ने 45 में से 25 सीटें जीतकर सरकार बनाई थी। इसके बाद सरदार अब्दुल कय्यूम नियाजी प्रधानमंत्री बने। हालांकि अप्रैल 2022 में इमरान खान की सरकार गिर गई।

मई 2022 में सरदार अब्दुल कय्यूम नियाजी ने इस्तीफा दे दिया। इसके बाद PTI ने ही सरदार तनवीर इलियास को नया प्रधानमंत्री बनाया। लेकिन अप्रैल 2023 में PoK की उच्च अदालत ने उन्हें अदालत की अवमानना के मामले में अयोग्य घोषित कर दिया। इसके बाद उनका पद चला गया और एक बार फिर नया प्रधानमंत्री चुनना पड़ा।

इसके बाद PTI के ही चौधरी अनवरुल हक प्रधानमंत्री बने। लेकिन कुछ ही समय बाद उन्होंने इमरान खान और PTI से दूरी बना ली और खुद को स्वतंत्र नेता के रूप में स्थापित किया। चौधरी अनवरुल हक को भी नवंबर 2025 में अविश्वास प्रस्ताव के जरिए हटा दिया गया था, और अब वहां पाकिस्तान पीपल्स पार्टी (PPP) के फैसल मुमताज राठौर नए प्रधानमंत्री हैं।

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
Suit vs Military Uniform for US & Iran

April 11, 2026/
8:55 pm

12 मिनट पहले कॉपी लिंक ईरान-अमेरिका के प्रतिनिधि सीजफायर वार्ता के लिए शनिवार को पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद पहुंचे। यहां...

IPL में आज बेंगलुरु और दिल्ली की भिड़ंत:RCB की नजर घर में लगातार चौथी जीत पर; खराब फॉर्म से जूझ रही है कैपिटल्स

April 18, 2026/
4:21 am

IPL 2026 में शनिवार को अपने घरेलू मैदान एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) का सामना दिल्ली कैपिटल्स...

Royal Challengers Bengaluru vs Gujarat Titans Live Score, IPL 2026 Today Match Updates, Scorecard & Commentary. (Picture Credit: AP)

April 24, 2026/
6:45 pm

आखरी अपडेट:24 अप्रैल, 2026, 18:45 IST वारिंग ने कहा कि राघव चड्ढा और छह अन्य आप सांसदों का भाजपा के...

धुरंधर 2 का क्लाइमेक्स 15-20 दिन में शूट हुआ:48 डिग्री तापमान में रणवीर सिंह ने लेदर जैकेट और विग पहनकर शूटिंग की थी

April 5, 2026/
2:06 pm

फिल्म धुरंधर 2 के क्लाइमेक्स सीन को शूट करने के लिए एक्टर रणवीर सिंह ने 47–48 डिग्री तापमान में लेदर...

BSNL Satellite Phone Launch India

July 10, 2026/
6:51 am

नई दिल्ली21 मिनट पहले कॉपी लिंक सरकारी टेलीकॉम कंपनी BSNL ने भारत में नया सैटेलाइट फोन लॉन्च किया है। इसकी...

4,400 दिनों के बाद भी मोदी फैक्टर भाजपा को शक्ति प्रदान कर रहा है: वोट शेयर, तटस्थ मतदाता और युवा चुनौती

June 11, 2026/
8:58 pm

लगभग 4,400 दिनों की सत्ता के बाद भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रभाव भाजपा की चुनावी सफलता के केंद्र में...

उपभोक्ता आयोग से साडा को 13 लाख लौटाने का आदेश:6% ब्याज और मुआवजे के साथ 45 दिन में करना होगा भुगतान

March 15, 2026/
9:58 am

ग्वालियर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोषण आयोग ने विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरण (साडा) को एक उपभोक्ता के 13 लाख रुपए लौटाने...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

PoK Assembly Election 2026 | Voting Begins in Three Phases

PoK Assembly Election 2026 | Voting Begins in Three Phases

30 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में सोमवार को विधानसभा चुनाव का पहला चरण हैं। पाकिस्तानी चुनाव आयोग के मुताबिक, मौजूदा सुरक्षा हालात और विरोध प्रदर्शनों के देखते हुए यह चुनाव तीन चरणों में होंगे। पहला 27 जुलाई, दूसरा 2 अगस्त और तीसरा 10 अगस्त को मतदान कराया जाएगा।

चुनाव कार्यक्रम के मुताबिक 27 जुलाई को मीरपुर डिवीजन की 13 सीटों पर मतदान होगा। दो अगस्त को मुजफ्फराबाद डिवीजन की 9 सीटों और पाकिस्तान में रहने वाले शरणार्थियों के लिए आरक्षित 12 सीटों पर वोट डाले जाएंगे। अंतिम चरण में 10 अगस्त को पूंछ डिवीजन की 11 सीटों पर मतदान होगा।

PoK में कई महीनों से चल रहा है विरोध प्रदर्शन

PoK में पिछले कई महीनों से महंगाई, बिजली के बढ़े हुए बिल, सरकारी नीतियों और राजनीतिक दखल के खिलाफ बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हो रहे हैं। इन प्रदर्शनों की अगुआई जम्मू कश्मीर जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (JKJAAC) कर रही है।

प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच हुई झड़पों में कई लोगों की मौत हुई है। महंगाई के विरोध से शुरू हुआ ये आंदोलन, अब पाकिस्तान सरकार के खिलाफ बड़े राजनीतिक आंदोलन में बदल गया है।

प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि सुरक्षा बलों ने कई जगह बल प्रयोग किया, रास्ते बंद किए और संचार सेवाएं रोक दीं। उनका कहना है कि इससे खाने-पीने की चीजों और दवाइयों की भी कमी हो गई। कई प्रदर्शनकारी पाकिस्तान की सैन्य मौजूदगी हटाने और क्षेत्र की मौजूदा संवैधानिक व्यवस्था पर भी सवाल उठा रहे हैं।

PoK में पाकिस्तान सरकार के खिलाफ जून में प्रदर्शन करते स्थानीय लोग। (यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है।)

PoK में पाकिस्तान सरकार के खिलाफ जून में प्रदर्शन करते स्थानीय लोग। (यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है।)

12 शरणार्थी सीटों पर सबसे ज्यादा विवाद

विरोध प्रदर्शनों की एक बड़ी वजह विधानसभा की 12 शरणार्थी सीटें भी हैं। ये सीटें पाकिस्तान में रहने वाले उन लोगों के लिए आरक्षित हैं जो दशकों पहले कश्मीर से वहां गए थे।

JKJAAC और कई स्थानीय संगठनों का आरोप है कि इन सीटों के जरिए इस्लामाबाद की सरकार चुनावी नतीजों को प्रभावित करती है। इससे स्थानीय लोगों की राय कमजोर पड़ जाती है और केंद्र की सत्ता में बैठी पार्टी को फायदा मिलता है।

न्यूज एजेंसी PTI के मुताबिक, इस बार के चुनाव ऐसे समय में हो रहे हैं जब लोगों का बड़ा वर्ग पाकिस्तान सरकार की नीतियों से नाराज है। इसी वजह से चुनाव की निष्पक्षता और उसके नतीजों पर भी सवाल उठ रहे हैं।

वहीं, PoK के चुनाव आयुक्त गुलाम मुस्तफा मुगल ने बताया कि मतदान के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ी संख्या में सुरक्षा बल और सेना तैनात रहेगी।

क्या चुनाव से खत्म होगी नाराजगी?

एक्सपर्ट्स का मानना है कि मतदान तो हो जाएगा और वोटिंग भी हो सकती है, लेकिन इससे लोगों की मूल समस्याओं का समाधान नहीं होगा।

महंगाई, बिजली, राजनीतिक अधिकार, सुरक्षा बलों की कार्रवाई और पाकिस्तान की भूमिका जैसे मुद्दे अभी भी बने हुए हैं। ऐसे में चुनाव के बाद भी PoK में राजनीतिक तनाव जारी रहने की आशंका जताई जा रही है।

भारत ने चुनाव पर विरोध दर्ज कराया

भारत लगातार कहता रहा है कि जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के पूरे केंद्र शासित प्रदेश, जिनमें PoK और गिलगित-बाल्टिस्तान भी शामिल हैं, भारत के अभिन्न हिस्से हैं। भारत ने PoK और गिलगित-बाल्टिस्तान में होने वाले चुनावों पर पहले भी कई बार पाकिस्तान के सामने कड़ा विरोध दर्ज कराया है और इन क्षेत्रों की तथाकथित विधानसभाओं को मान्यता नहीं दी है।

मानवाधिकार संगठनों जैसे एमनेस्टी इंटरनेशनल ने हालात पर चिंता जताई है। संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार कार्यालय ने भी हिंसा में हुई मौतों की निष्पक्ष जांच की मांग की है। भारत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से PoK में मानवाधिकार उल्लंघनों के लिए पाकिस्तान को जवाबदेह ठहराने की अपील की है।

नवाज शरीफ ने PoK का प्रधानमंत्री बनने की इच्छा जताई

चुनावी माहौल के बीच पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (PML-N) प्रमुख नवाज शरीफ ने मुजफ्फराबाद की चुनावी रैली में कहा कि अगर उनकी पार्टी चुनाव जीतती है तो वह प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से उन्हें PoK का प्रधानमंत्री बनाने के लिए कहेंगे ताकि वे खुद इलाके के विकास की निगरानी कर सकें।

नवाज शरीफ ने कहा कि PoK उनके लिए पंजाब जितना ही प्रिय है और उनके पूर्वज कश्मीर से आए थे। उन्होंने कहा कि यह उनका दूसरा घर है।

इस चुनाव में PML-N का मुकाबला पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (PPP) से है। खास बात यह है कि PPP इस समय केंद्र सरकार में PML-N की सहयोगी भी है।

2021 में इमरान खान की पार्टी ने बनाई थी सरकार

PoK में विधानसभा का कार्यकाल पांच साल का होता है। इससे पहले 2021 में PoK विधानसभा चुनाव में इमरान खान की पार्टी (PTI) ने 45 में से 25 सीटें जीतकर सरकार बनाई थी। इसके बाद सरदार अब्दुल कय्यूम नियाजी प्रधानमंत्री बने। हालांकि अप्रैल 2022 में इमरान खान की सरकार गिर गई।

मई 2022 में सरदार अब्दुल कय्यूम नियाजी ने इस्तीफा दे दिया। इसके बाद PTI ने ही सरदार तनवीर इलियास को नया प्रधानमंत्री बनाया। लेकिन अप्रैल 2023 में PoK की उच्च अदालत ने उन्हें अदालत की अवमानना के मामले में अयोग्य घोषित कर दिया। इसके बाद उनका पद चला गया और एक बार फिर नया प्रधानमंत्री चुनना पड़ा।

इसके बाद PTI के ही चौधरी अनवरुल हक प्रधानमंत्री बने। लेकिन कुछ ही समय बाद उन्होंने इमरान खान और PTI से दूरी बना ली और खुद को स्वतंत्र नेता के रूप में स्थापित किया। चौधरी अनवरुल हक को भी नवंबर 2025 में अविश्वास प्रस्ताव के जरिए हटा दिया गया था, और अब वहां पाकिस्तान पीपल्स पार्टी (PPP) के फैसल मुमताज राठौर नए प्रधानमंत्री हैं।

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.