Thursday, 27 Aug 2026 | 01:35 PM

Trending :

टॉप-10 कंपनियों में 9 की वैल्यू ₹2.18 लाख करोड़ घटी:एयरटेल टॉप लूजर रही, इसकी वैल्यू ₹55,852 करोड़ घटी; HDFC बैंक का मार्केट कैप भी घटा

टॉप-10 कंपनियों में 9 की वैल्यू ₹2.18 लाख करोड़ घटी:एयरटेल टॉप लूजर रही, इसकी वैल्यू ₹55,852 करोड़ घटी; HDFC बैंक का मार्केट कैप भी घटा

मार्केट कैपिटलाइजेशन के लिहाज से देश की 10 सबसे बड़ी कंपनियों में से 9 की वैल्यू बीते हफ्ते के कारोबार में 2.18 लाख करोड़ रुपए घट गई। इस दौरान भारती एयरटेल की वैल्यू सबसे ज्यादा घटी। एयरटेल का मार्केट कैप 55,852 करोड़ रुपए घटकर ₹10.71 लाख करोड़ पर आ गया। HDFC बैंक की मार्केट वैल्यू ₹37,580 करोड़ घटकर ₹13.65 लाख करोड़ पर आ गई। वहीं रिलायंस का मार्केट कैप 34,846 करोड़ रुपए घटकर ₹18.86 लाख करोड़ पर आ गया। बीते हफ्ते सिर्फ हिंदुस्तान यूनिलीवर की वैल्यू बढ़ी इनके अलावा बजाज फाइनेंस, TCS, LIC, लार्सन एंड टुब्रो, SBI और ICICI बैंक का मर्केट कैप भी घटा। बीते हफ्ते सिर्फ हिंदुस्तान यूनिलीवर की वैल्यू बढ़ी। HUL का मार्केट कैप 5,462 करोड़ रुपए बढ़कर 5.49 लाख करोड़ रुपए पर पहुंच गया। शुक्रवार को सेंसेक्स 961 अंक गिरा था सेंसेक्स शुक्रवार 27 फरवरी को 961 अंक (1.17%) की गिरावट के साथ 81,287 पर बंद हुआ। निफ्टी में भी 318 अंकों की गिरावट रही। ये 25,179 के स्तर पर बंद हुआ। कारोबार में रियल्टी और ऑटो शेयरों में बिकवाली का दबाव दिखा था। मार्केट कैपिटलाइजेशन क्या होता है? मार्केट कैप किसी भी कंपनी के टोटल आउटस्टैंडिंग शेयरों यानी वे सभी शेयर जो फिलहाल उसके शेयरहोल्डर्स के पास हैं, उनकी वैल्यू है। इसका कैलकुलेशन कंपनी के जारी शेयरों की कुल संख्या को उनकी कीमत से गुणा करके किया जाता है। इसे एक उदाहरण से समझें… मान लीजिए… कंपनी ‘A’ के 1 करोड़ शेयर मार्केट में लोगों ने खरीद रखे हैं। अगर एक शेयर की कीमत 20 रुपए है, तो कंपनी की मार्केट वैल्यू 1 करोड़ x 20 यानी 20 करोड़ रुपए होगी। कंपनियों की मार्केट वैल्यू शेयर की कीमतों के बढ़ने या घटने के चलते बढ़ता-घटता है। इसके और कई कारण हैं… मार्केट कैप के उतार-चढ़ाव का कंपनी और निवेशकों पर क्या प्रभाव पड़ता है? कंपनी पर असर : बड़ा मार्केट कैप कंपनी को मार्केट से फंड जुटाने, लोन लेने या अन्य कंपनी एक्वायर करने में मदद करता है। वहीं, छोटे या कम मार्केट कैप से कंपनी की फाइनेंशियल डिसीजन लेने की क्षमता कम हो जाती है। निवेशकों पर असर : मार्केट कैप बढ़ने से निवेशकों को डायरेक्ट फायदा होता है। क्योंकि उनके शेयरों की कीमत बढ़ जाती है। वही, गिरावट से नुकसान हो सकता है, जिससे निवेशक शेयर बेचने का फैसला ले सकते हैं। उदाहरण: अगर TCS का मार्केट कैप ₹12.43 लाख करोड़ से बढ़ता है, तो निवेशकों की संपत्ति बढ़ेगी, और कंपनी को भविष्य में निवेश के लिए ज्यादा पूंजी मिल सकती है। लेकिन अगर मार्केट कैप गिरता है तो इसका नुकसान हो सकता है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
DC Vs MI Live Score: Follow latest updates from IPL 2026 match today. (PTI Photo)

April 4, 2026/
12:55 pm

आखरी अपडेट:04 अप्रैल, 2026, 12:55 IST राहुल गांधी ने कहा कि एलडीएफ की नीतियां अब वामपंथी मूल्यों को प्रतिबिंबित नहीं...

RBI New FD Rules for Small Finance Banks

August 4, 2026/
2:27 pm

नई दिल्ली1 घंटे पहले कॉपी लिंक रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने देश के प्रमुख स्मॉल फाइनेंस बैंकों (SFBs) में...

जियो ने IPO के लिए 17 ग्लोबल बैंकर्स नियुक्त किए:₹40,000 करोड़ से ज्यादा जुटा सकती है कंपनी, ये देश का सबसे बड़ा IPO होगा

March 18, 2026/
5:13 pm

रिलायंस इंडस्ट्रीज के जियो प्लेटफॉर्म्स ने अपने आईपीओ के लिए 17 ग्लोबल और घरेलू इन्वेस्टमेंट बैंकों को नियुक्त किया है।...

Tiffany trump reached jaisalmer

May 31, 2026/
11:57 am

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की छोटी बेटी टिफनी ट्रम्प पति माइकल बोलोस के साथ रविवार सुबह करीब 10:51 बजे विशेष...

ऑनलाइन शॉपिंग में प्रोटीन पर खर्च तीन गुना बढ़ा:फास्ट फूड में ‘हाई प्रोटीन’ का चलन, सितारे भी शुरू कर रहे फूड ब्रांड्स

May 30, 2026/
4:00 pm

भारत में अब ‘हाई-प्रोटीन’ फूड्स का ट्रेंड सिर्फ फिटनेस की दुनिया तक सीमित नहीं रहा, बल्कि फास्ट फूड्स में भी...

आइसक्रीम से वैश्विक कंपनियों का मोहभंग:नेस्ले ने भी समेटा कारोबार, शुरू किया ऑपरेशन क्लीनअप; फोकस- मुनाफे वाले मुख्य सेगमेंट पर

February 24, 2026/
3:31 pm

दुनिया की सबसे बड़ी खाद्य और पेय कंपनी नेस्ले आइसक्रीम के कारोबार को ‘ठंडे बस्ते’ में डालने जा रही है।...

ऑल इंडिया रोलर स्केटिंग चैंपियनशिप में स्केटर्स ने दिखाई रफ्तार:बालिका वर्ग में आर्ना पांडेय ने जीते 4 गोल्ड; क्रिप्टो स्केट्स वर्ल्ड ओवरऑल चैंपियन

May 11, 2026/
11:57 am

खेलो स्पोर्ट्स फाउंडेशन के तत्वावधान में डीपीएस दौलतपुर में आयोजित दो दिवसीय ‘ऑल इंडिया रोलर स्केटिंग चैंपियनशिप का समापन हो...

राजनीति

टॉप-10 कंपनियों में 9 की वैल्यू ₹2.18 लाख करोड़ घटी:एयरटेल टॉप लूजर रही, इसकी वैल्यू ₹55,852 करोड़ घटी; HDFC बैंक का मार्केट कैप भी घटा

टॉप-10 कंपनियों में 9 की वैल्यू ₹2.18 लाख करोड़ घटी:एयरटेल टॉप लूजर रही, इसकी वैल्यू ₹55,852 करोड़ घटी; HDFC बैंक का मार्केट कैप भी घटा

मार्केट कैपिटलाइजेशन के लिहाज से देश की 10 सबसे बड़ी कंपनियों में से 9 की वैल्यू बीते हफ्ते के कारोबार में 2.18 लाख करोड़ रुपए घट गई। इस दौरान भारती एयरटेल की वैल्यू सबसे ज्यादा घटी। एयरटेल का मार्केट कैप 55,852 करोड़ रुपए घटकर ₹10.71 लाख करोड़ पर आ गया। HDFC बैंक की मार्केट वैल्यू ₹37,580 करोड़ घटकर ₹13.65 लाख करोड़ पर आ गई। वहीं रिलायंस का मार्केट कैप 34,846 करोड़ रुपए घटकर ₹18.86 लाख करोड़ पर आ गया। बीते हफ्ते सिर्फ हिंदुस्तान यूनिलीवर की वैल्यू बढ़ी इनके अलावा बजाज फाइनेंस, TCS, LIC, लार्सन एंड टुब्रो, SBI और ICICI बैंक का मर्केट कैप भी घटा। बीते हफ्ते सिर्फ हिंदुस्तान यूनिलीवर की वैल्यू बढ़ी। HUL का मार्केट कैप 5,462 करोड़ रुपए बढ़कर 5.49 लाख करोड़ रुपए पर पहुंच गया। शुक्रवार को सेंसेक्स 961 अंक गिरा था सेंसेक्स शुक्रवार 27 फरवरी को 961 अंक (1.17%) की गिरावट के साथ 81,287 पर बंद हुआ। निफ्टी में भी 318 अंकों की गिरावट रही। ये 25,179 के स्तर पर बंद हुआ। कारोबार में रियल्टी और ऑटो शेयरों में बिकवाली का दबाव दिखा था। मार्केट कैपिटलाइजेशन क्या होता है? मार्केट कैप किसी भी कंपनी के टोटल आउटस्टैंडिंग शेयरों यानी वे सभी शेयर जो फिलहाल उसके शेयरहोल्डर्स के पास हैं, उनकी वैल्यू है। इसका कैलकुलेशन कंपनी के जारी शेयरों की कुल संख्या को उनकी कीमत से गुणा करके किया जाता है। इसे एक उदाहरण से समझें… मान लीजिए… कंपनी ‘A’ के 1 करोड़ शेयर मार्केट में लोगों ने खरीद रखे हैं। अगर एक शेयर की कीमत 20 रुपए है, तो कंपनी की मार्केट वैल्यू 1 करोड़ x 20 यानी 20 करोड़ रुपए होगी। कंपनियों की मार्केट वैल्यू शेयर की कीमतों के बढ़ने या घटने के चलते बढ़ता-घटता है। इसके और कई कारण हैं… मार्केट कैप के उतार-चढ़ाव का कंपनी और निवेशकों पर क्या प्रभाव पड़ता है? कंपनी पर असर : बड़ा मार्केट कैप कंपनी को मार्केट से फंड जुटाने, लोन लेने या अन्य कंपनी एक्वायर करने में मदद करता है। वहीं, छोटे या कम मार्केट कैप से कंपनी की फाइनेंशियल डिसीजन लेने की क्षमता कम हो जाती है। निवेशकों पर असर : मार्केट कैप बढ़ने से निवेशकों को डायरेक्ट फायदा होता है। क्योंकि उनके शेयरों की कीमत बढ़ जाती है। वही, गिरावट से नुकसान हो सकता है, जिससे निवेशक शेयर बेचने का फैसला ले सकते हैं। उदाहरण: अगर TCS का मार्केट कैप ₹12.43 लाख करोड़ से बढ़ता है, तो निवेशकों की संपत्ति बढ़ेगी, और कंपनी को भविष्य में निवेश के लिए ज्यादा पूंजी मिल सकती है। लेकिन अगर मार्केट कैप गिरता है तो इसका नुकसान हो सकता है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.