Monday, 25 May 2026 | 08:44 AM

Trending :

EXCLUSIVE

Bangladesh Army Reshuffle | Defense Advisor Promotion, Chief General Staff Change

Bangladesh Army Reshuffle | Defense Advisor Promotion, Chief General Staff Change

ढाका13 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

बांग्लादेश का प्रधानमंत्री बनने के कुछ दिन बाद ही तारिक रहमान ने सेना में बड़े पैमाने पर फेरबदल किया गया है। रविवार को जारी आदेशों में ऑपरेशनल और इंटेलिजेंस पदों पर नई नियुक्तियां की गईं।

भारत में तैनात रक्षा सलाहकार ब्रिगेडियर जनरल एमडी हाफिजुर रहमान को मेजर जनरल पद पर प्रमोट किया गया है। उन्हें वापस बुलाकर 55वीं इन्फैंट्री डिविजन का जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) नियुक्त किया गया है।

लेफ्टिनेंट जनरल मुहम्मद मैनूर रहमान को सेना का चीफ ऑफ जनरल स्टाफ (CGS) बनाया गया है। वे इससे पहले आर्मी ट्रेनिंग एंड डॉक्ट्रिन कमांड के प्रमुख थे। उन्होंने लेफ्टिनेंट जनरल मिजानुर रहमान शमीम की जगह ली है, जिन्हें रिटायरमेंट लीव पर भेज दिया गया था।

प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने सोमवार को आर्म्ड फोर्स डिवीजन में पदभार ग्रहण किया।

प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने सोमवार को आर्म्ड फोर्स डिवीजन में पदभार ग्रहण किया।

आर्म्ड फोर्सेस डिवीजन और फील्ड कमांड में बदलाव

मेजर जनरल कैसर राशिद चौधरी को डायरेक्टरेट जनरल ऑफ फोर्सेस इंटेलिजेंस (DGFI) का डायरेक्टर नियुक्त किया गया है। वे आर्मी मुख्यालय में ब्रिगेडियर जनरल के पद पर कार्यरत थे।

उन्होंने मेजर जनरल मोहम्मद जहांगीर आलम की जगह ली है, जिन्हें फिलहाल विदेश मंत्रालय में राजदूत के रूप में नियुक्त किया गया है।

लेफ्टिनेंट जनरल मीर मुशफिकुर रहमान को सशस्त्र बल डिविजन का प्रिंसिपल स्टाफ ऑफिसर (PSO) बनाया गया है। वे इससे पहले चटगांव स्थित 24वीं इन्फैंट्री डिविजन के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) थे। मौजूदा PSO लेफ्टिनेंट जनरल एसएम कामरुल हसन को विदेश मंत्रालय में राजदूत के पद पर ट्रांसफर कर दिया गया है।

मेजर जनरल जेएम एमदादुल इस्लाम को ईस्ट बंगाल रेजिमेंटल सेंटर का कमांडेंट नियुक्त किया गया है। वहीं मेजर जनरल फिरदोस हसन सलीम को 24वीं इन्फैंट्री डिविजन का GOC बनाया गया है।

बांग्लादेश सेना में फेरबदल क्यों हुआ?

ये बड़ा फेरबदल तारिक रहमान की नई BNP सरकार के लिए सेना पर अपनी मजबूत पकड़ बनाने का पहला बड़ा कदम माना जा रहा है।

फरवरी 2024 में छात्र आंदोलन से शेख हसीना की सरकार गिरने के बाद मुहम्मद यूनुस की अंतरिम सरकार बनी थी, जिसने सेना के कई शीर्ष पदों पर अपने करीबी या पुरानी व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों को तैनात किया था।

अब 12 फरवरी 2026 के चुनाव में BNP की भारी जीत के बाद तारिक रहमान 17 फरवरी को प्रधानमंत्री बने, तो नई सरकार ने जल्दी से इन पदों पर बदलाव किए।

इसके पीछे मुख्य वजह यह माना जा रहा है कि पुराने अधिकारियों (जो यूनुस सरकार या हसीना काल से जुड़े थे) को हटाकर BNP के करीबी या नई सरकार के प्रति वफादार अधिकारियों को महत्वपूर्ण कमांड और खुफिया पद दे रही है, ताकि सेना नई सरकार के खिलाफ कोई असंतुलन पैदा न करे और सेना मजबूत हो सके।

प्रधानमंत्री और सेना प्रमुख ने नए चीफ स्टाफ अधिकारी मीर मुशफिकुर रहमान को लेफ्टिनेंट जनरल का बैज देते हुए।

प्रधानमंत्री और सेना प्रमुख ने नए चीफ स्टाफ अधिकारी मीर मुशफिकुर रहमान को लेफ्टिनेंट जनरल का बैज देते हुए।

इस फेरबदल से क्या फायदा

  • सरकार मजबूत होगी- सेना के बड़े पदों पर नए अधिकारियों की नियुक्ति से नई सरकार को सेना का साफ समर्थन मिलेगा। इससे सरकार के खिलाफ बगावत या अस्थिरता की संभावना कम हो सकती है, खासकर जब हाल में देश में राजनीतिक तनाव रहा है।
  • पुरानी व्यवस्था के प्रभाव कम होंगे- जो अधिकारी पिछली सरकारों जैसे मोहम्मद यूनुस या शेख हसीना के करीब माने जाते थे, उन्हें हटाया या दूसरे पदों पर भेजा जा रहा है। इससे नई सरकार के विरोधी माने जाने वाले लोगों का प्रभाव कम होगा।
  • भारत से संबंधों पर असर- भारत में तैनात रक्षा सलाहकार को वापस बुलाकर नई जिम्मेदारी दी गई है। इससे दिल्ली में बांग्लादेश की मिलिट्री लीडरशिप बदलेगी। आगे चलकर भारत-बांग्लादेश रिश्तों में थोड़ा नया संतुलन देखने को मिल सकता है।
  • सेना का फोकस बदलेगा- नए अधिकारियों के आने से सेना का फोकस राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा पर ज्यादा हो सकता है। इससे सरकार को अर्थव्यवस्था, कानून-व्यवस्था और विकास जैसे मुद्दों पर काम करने का ज्यादा मौका मिलेगा।

कुल मिलाकर, ये फेरबदल नई सरकार की ‘पावर कंसोलिडेशन’ का हिस्सा है। यानी सत्ता को मजबूत करना और पुरानी व्यवस्था से जुड़े जोखिमों को खत्म करना। एक्सपर्ट्स का मानना है कि इससे तारिक रहमान की सरकार को अगले कुछ महीनों में ज्यादा स्थिरता मिलेगी।

तारिक रहमान पर चुनाव में गड़बड़ी का आरोप

चुनाव में जीत के बाद विक्ट्री सिंबल बनाते तारिक रहमान।

चुनाव में जीत के बाद विक्ट्री सिंबल बनाते तारिक रहमान।

सेना में फेरबदल के बीच बांग्लादेश में विपक्षी दलों ने प्रधानमंत्री तारिक रहमान पर चुनाव में गड़बड़ी का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि तारिक रहमान चुनाव नतीजों में हेरफेर करने वाले इंजीनियर हैं।

विपक्ष का आरोप है कि चुनाव में ‘इंजीनियरिंग’ यानी हेरफेर की गई और इसी वजह से BNP को 200 से ज्यादा सीटें मिलीं। बांग्लादेश में करीब 20 साल बाद बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) ने आम चुनाव में बड़ी जीत हासिल की।

जमात ए इस्लामी के नेतृत्व वाले 11 दलों के गठबंधन और उसकी सहयोगी पार्टी नेशनल सिटिजन पार्टी (NCP) ने आरोप लगाया है कि कई सीटों पर बड़े पैमाने पर गड़बड़ी हुई।

——————————-

ये खबर भी पढ़ें…

पाकिस्तानी रक्षा मंत्री बोले- मुनीर मेरे बॉस नहीं: सेना अब सरकार नहीं चलाती, इतिहास में दखल था, अब सिस्टम अलग है

पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा है कि फील्ड मार्शल आसिम मुनीर उनके बॉस नहीं हैं। उन्होंने साफ किया कि उनके बॉस प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ हैं। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
Gold Drops To ₹1.49 Lakh As UAE Leaves OPEC+

April 29, 2026/
3:46 am

नई दिल्ली9 मिनट पहले कॉपी लिंक कल की बड़ी खबर हवाई उड़ान से जुड़ी रही। मिडिल ईस्ट जंग के चलते...

कांग्रेस MLA बोले-पार्टी विधायक चोरी-चोरी CM सैनी से मिलते हैं:हुड्डा के लिए 20 साल तंवर-सैलजा से लड़ा, दिल टूट गया; हाईकमान से बात करूंगा

March 21, 2026/
5:00 am

हरियाणा राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग में नाम आने और नोटिस जारी होने के बाद रतिया से कांग्रेस विधायक जरनैल...

Jubin Nautiyal Personality Rights Case

February 19, 2026/
6:17 pm

1 दिन पहले कॉपी लिंक मशहूर सिंगर जुबिन नौटियाल ने अपनी पर्सनालिटी राइट्स की सुरक्षा को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट...

Narsinghpur Kitchen Blast | Maa Bachche Safe Induction Incident

March 24, 2026/
3:15 pm

किचन में इंडक्शन धमाके के साथ फट गया। मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर में मंगलवार दोपहर खाना बनाते समय इलेक्ट्रिक इंडक्शन तेज...

पहले गेंदबाजी करने वाली टीम का साथ देगा मौसम:इकाना में आज RCB vs LSG; दिन में छिटपुट बारिश, क्या हो पाएगा मैच?

May 7, 2026/
12:34 pm

लखनऊ में आज तड़के ही मौसम खराब हो गया। आंधी के साथ करीब डेढ़ घंटे तक झमाझम बारिश हुई। इसका...

राजनीति

Bangladesh Army Reshuffle | Defense Advisor Promotion, Chief General Staff Change

Bangladesh Army Reshuffle | Defense Advisor Promotion, Chief General Staff Change

ढाका13 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

बांग्लादेश का प्रधानमंत्री बनने के कुछ दिन बाद ही तारिक रहमान ने सेना में बड़े पैमाने पर फेरबदल किया गया है। रविवार को जारी आदेशों में ऑपरेशनल और इंटेलिजेंस पदों पर नई नियुक्तियां की गईं।

भारत में तैनात रक्षा सलाहकार ब्रिगेडियर जनरल एमडी हाफिजुर रहमान को मेजर जनरल पद पर प्रमोट किया गया है। उन्हें वापस बुलाकर 55वीं इन्फैंट्री डिविजन का जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) नियुक्त किया गया है।

लेफ्टिनेंट जनरल मुहम्मद मैनूर रहमान को सेना का चीफ ऑफ जनरल स्टाफ (CGS) बनाया गया है। वे इससे पहले आर्मी ट्रेनिंग एंड डॉक्ट्रिन कमांड के प्रमुख थे। उन्होंने लेफ्टिनेंट जनरल मिजानुर रहमान शमीम की जगह ली है, जिन्हें रिटायरमेंट लीव पर भेज दिया गया था।

प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने सोमवार को आर्म्ड फोर्स डिवीजन में पदभार ग्रहण किया।

प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने सोमवार को आर्म्ड फोर्स डिवीजन में पदभार ग्रहण किया।

आर्म्ड फोर्सेस डिवीजन और फील्ड कमांड में बदलाव

मेजर जनरल कैसर राशिद चौधरी को डायरेक्टरेट जनरल ऑफ फोर्सेस इंटेलिजेंस (DGFI) का डायरेक्टर नियुक्त किया गया है। वे आर्मी मुख्यालय में ब्रिगेडियर जनरल के पद पर कार्यरत थे।

उन्होंने मेजर जनरल मोहम्मद जहांगीर आलम की जगह ली है, जिन्हें फिलहाल विदेश मंत्रालय में राजदूत के रूप में नियुक्त किया गया है।

लेफ्टिनेंट जनरल मीर मुशफिकुर रहमान को सशस्त्र बल डिविजन का प्रिंसिपल स्टाफ ऑफिसर (PSO) बनाया गया है। वे इससे पहले चटगांव स्थित 24वीं इन्फैंट्री डिविजन के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) थे। मौजूदा PSO लेफ्टिनेंट जनरल एसएम कामरुल हसन को विदेश मंत्रालय में राजदूत के पद पर ट्रांसफर कर दिया गया है।

मेजर जनरल जेएम एमदादुल इस्लाम को ईस्ट बंगाल रेजिमेंटल सेंटर का कमांडेंट नियुक्त किया गया है। वहीं मेजर जनरल फिरदोस हसन सलीम को 24वीं इन्फैंट्री डिविजन का GOC बनाया गया है।

बांग्लादेश सेना में फेरबदल क्यों हुआ?

ये बड़ा फेरबदल तारिक रहमान की नई BNP सरकार के लिए सेना पर अपनी मजबूत पकड़ बनाने का पहला बड़ा कदम माना जा रहा है।

फरवरी 2024 में छात्र आंदोलन से शेख हसीना की सरकार गिरने के बाद मुहम्मद यूनुस की अंतरिम सरकार बनी थी, जिसने सेना के कई शीर्ष पदों पर अपने करीबी या पुरानी व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों को तैनात किया था।

अब 12 फरवरी 2026 के चुनाव में BNP की भारी जीत के बाद तारिक रहमान 17 फरवरी को प्रधानमंत्री बने, तो नई सरकार ने जल्दी से इन पदों पर बदलाव किए।

इसके पीछे मुख्य वजह यह माना जा रहा है कि पुराने अधिकारियों (जो यूनुस सरकार या हसीना काल से जुड़े थे) को हटाकर BNP के करीबी या नई सरकार के प्रति वफादार अधिकारियों को महत्वपूर्ण कमांड और खुफिया पद दे रही है, ताकि सेना नई सरकार के खिलाफ कोई असंतुलन पैदा न करे और सेना मजबूत हो सके।

प्रधानमंत्री और सेना प्रमुख ने नए चीफ स्टाफ अधिकारी मीर मुशफिकुर रहमान को लेफ्टिनेंट जनरल का बैज देते हुए।

प्रधानमंत्री और सेना प्रमुख ने नए चीफ स्टाफ अधिकारी मीर मुशफिकुर रहमान को लेफ्टिनेंट जनरल का बैज देते हुए।

इस फेरबदल से क्या फायदा

  • सरकार मजबूत होगी- सेना के बड़े पदों पर नए अधिकारियों की नियुक्ति से नई सरकार को सेना का साफ समर्थन मिलेगा। इससे सरकार के खिलाफ बगावत या अस्थिरता की संभावना कम हो सकती है, खासकर जब हाल में देश में राजनीतिक तनाव रहा है।
  • पुरानी व्यवस्था के प्रभाव कम होंगे- जो अधिकारी पिछली सरकारों जैसे मोहम्मद यूनुस या शेख हसीना के करीब माने जाते थे, उन्हें हटाया या दूसरे पदों पर भेजा जा रहा है। इससे नई सरकार के विरोधी माने जाने वाले लोगों का प्रभाव कम होगा।
  • भारत से संबंधों पर असर- भारत में तैनात रक्षा सलाहकार को वापस बुलाकर नई जिम्मेदारी दी गई है। इससे दिल्ली में बांग्लादेश की मिलिट्री लीडरशिप बदलेगी। आगे चलकर भारत-बांग्लादेश रिश्तों में थोड़ा नया संतुलन देखने को मिल सकता है।
  • सेना का फोकस बदलेगा- नए अधिकारियों के आने से सेना का फोकस राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा पर ज्यादा हो सकता है। इससे सरकार को अर्थव्यवस्था, कानून-व्यवस्था और विकास जैसे मुद्दों पर काम करने का ज्यादा मौका मिलेगा।

कुल मिलाकर, ये फेरबदल नई सरकार की ‘पावर कंसोलिडेशन’ का हिस्सा है। यानी सत्ता को मजबूत करना और पुरानी व्यवस्था से जुड़े जोखिमों को खत्म करना। एक्सपर्ट्स का मानना है कि इससे तारिक रहमान की सरकार को अगले कुछ महीनों में ज्यादा स्थिरता मिलेगी।

तारिक रहमान पर चुनाव में गड़बड़ी का आरोप

चुनाव में जीत के बाद विक्ट्री सिंबल बनाते तारिक रहमान।

चुनाव में जीत के बाद विक्ट्री सिंबल बनाते तारिक रहमान।

सेना में फेरबदल के बीच बांग्लादेश में विपक्षी दलों ने प्रधानमंत्री तारिक रहमान पर चुनाव में गड़बड़ी का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि तारिक रहमान चुनाव नतीजों में हेरफेर करने वाले इंजीनियर हैं।

विपक्ष का आरोप है कि चुनाव में ‘इंजीनियरिंग’ यानी हेरफेर की गई और इसी वजह से BNP को 200 से ज्यादा सीटें मिलीं। बांग्लादेश में करीब 20 साल बाद बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) ने आम चुनाव में बड़ी जीत हासिल की।

जमात ए इस्लामी के नेतृत्व वाले 11 दलों के गठबंधन और उसकी सहयोगी पार्टी नेशनल सिटिजन पार्टी (NCP) ने आरोप लगाया है कि कई सीटों पर बड़े पैमाने पर गड़बड़ी हुई।

——————————-

ये खबर भी पढ़ें…

पाकिस्तानी रक्षा मंत्री बोले- मुनीर मेरे बॉस नहीं: सेना अब सरकार नहीं चलाती, इतिहास में दखल था, अब सिस्टम अलग है

पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा है कि फील्ड मार्शल आसिम मुनीर उनके बॉस नहीं हैं। उन्होंने साफ किया कि उनके बॉस प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ हैं। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

जॉब - शिक्षा

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.