Thursday, 08 Oct 2026 | 03:39 PM

Trending :

Nana Patekar Death Actor Dies Goa Residence Father Relationship Revealed Interview नाना पाटेकर ने कहा था- आई लव पंजाबी:गोल्डन टेंपल देख बोले थे- रब का शुक्र है, जीते जी दर्शन हो गए; चंडीगढ़ में किसान को ₹3 लाख दिए दिलजीत दोसांझ का घर समझ लिखे खालिस्तानी नारे:पड़ोसी बोला- मुंह बांधकर आए 4-5 लोग, स्प्रे की स्मेल आने पर मेरी नींद खुली नाना पाटेकर को पीएम मोदी की श्रद्धांजलि:बोले- तिरंगे की आन, बान और शान के लिए समर्पित रहा जीवन, फिल्मों से व्यवस्था पर किया प्रहार उत्तराखंड में घर खरीदना चाहते थे नाना पाटेकर:शूटिंग के लिए पहुंचे जोशीमठ, यहीं रहने की थी जिद; गंगा आरती कर लौटे रेपिस्ट के रोल पर नाना ने डायरेक्टर को गालियां दीं:'परिंदा' के क्लाईमैक्स में आग से झुलसे, आर्मी जॉइन करने के लिए रक्षामंत्री को फोन किया
EXCLUSIVE

India, China Yet to Buy Broadcasting Rights; Global Reach Doubtful

India, China Yet to Buy Broadcasting Rights; Global Reach Doubtful
  • Hindi News
  • Sports
  • FIFA World Cup 2026: India, China Yet To Buy Broadcasting Rights; Global Reach Doubtful

नई दिल्ली28 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

फीफा वर्ल्ड कप 2026 11 जून से 26 जुलाई तक खेला जाएगा।

भारत-चीन में फीफा वर्ल्ड कप 2026 के ब्रॉडकास्टिंग राइट्स अब तक किसी भी कंपनी ने नहीं खरीदे हैं। मलेशिया, थाईलैंड, वियतनाम और श्रीलंका में भी राइट्स के लिए कोई कंपनी इंटरनेस्ट नहीं दिखा रही। अगर यहीं स्थिति रही, तो दुनिया के करीब 300 करोड़ लोग सबसे बड़े फुटबॉल टूर्नामेंट को नहीं देख पाएंगे।

फीफा वर्ल्ड कप 11 जून से 19 जुलाई तक अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको की संयुक्त मेजबानी में खेला जाएगा। इस टूर्नामेंट में 48 टीमें हिस्सा लेंगी और 104 मैच खेले जाएंगे।

फीफा वर्ल्ड कप 2026 में अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको संयुक्त मेजबान हैं।

फीफा वर्ल्ड कप 2026 में अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको संयुक्त मेजबान हैं।

ब्रॉडकास्टिंग राइट्स अब तक क्यों नहीं खरीदे गए?

फीफा ने शुरुआत में मैचों के राइट्स के लिए $100 मिलियन (948 करोड़ रुपए) की मांग की थी। जब कोई खरीदार नहीं मिला, तो इसका प्राइज घटाकर 35 मिलियन डॉलर (लगभग 332 करोड़ रुपए) कर दिए हैं। भारत या दूसरे देशों में ब्रॉडकास्टिंग राइट्स नहीं खरीदने जाने की तीन बड़ी वजह है…

  1. भारत के हिसाब से मैचों की टाइमिंग सही नहींभारत में फुटबॉल फैंस के लिए सबसे बड़ी दिक्कत समय की है। टूूर्नामेंट में खेने जाने वाले 104 मैचों में सिर्फ 14 ही रात 12 बजे से पहले शुरू होंगे। फाइनल सहित बाकी सभी मैच भारतीय समय के अनुसार रात 12 बजे बाद शुरू होंगे। 2022 वर्ल्ड कप में 64 में से 44 मैच रात मिडनाइट से पहले शुरू हुए थे।कंपनियों को डर है कि इतनी रात को बहुत कम लोग मैच देखेंगे। चीन और बाकी देशों के साथ भी यहीं दिक्कत है।2022 कतर वर्ल्ड कप के मैच भारतीय समयानुसार रात 12 बजे से पहले शुरु हुए थे।
  2. कंपटीशन की कमी और क्रिकेट का असर2022 वर्ल्ड कप के लिए वायकॉम18 ने लगभग 62 मिलियन डॉलर (450 से 500 करोड़ रुपए) दिए थे। वहीं सोनी ने 2014 और 2018 के लिए 90 मिलियन डॉलर (करीब 600 करोड़ रुपए) खर्च किए थे। अब ब्रॉडकास्टिंग कंपनी वायकॉम18 और हॉटस्टार का विलय हो चुका है। इससे मार्केट में कंप्टीशन घटा है।दूसरी बड़ी वजह है कि फीफा, IPL खत्म होने के दो हफ्ते बाद ही शुरु हो रहा है। भारत में कंपनियां अपना सारा मार्केटिंग बजट आईपीएल पर खर्च कर देती हैं। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, भारत के स्पोर्ट्स मार्केट में 89% पैसा क्रिकेट पर खर्च होता है, बाकी सभी खेलों के लिए सिर्फ 11% बचता है।IPL भारत में स्पोर्ट्स का सबसे बड़ा मार्केट है।
  3. भारत में सब्सक्रिप्शन मॉडल नहीं चलताभारत एक ऐसा बाजार है जहां लोग खेल देखने के लिए ज्यादा पैसे नहीं देना चाहते। यहां तक की फ्री में देखने के लिए थर्ड पार्टी एप तक इस्तेमाल करते हैं। 2022 वर्ल्ड कप जियोसिनेमा पर मुफ्त दिखाया गया था। फ्री की आदत की वजह से चैनलों के लिए पैसा वसूलना मुश्किल हो गया है।

खरीददार नहीं मिला तो FIFA क्या करेगा?

एक्सपर्ट्स का मानना है कि ‘जियो-स्टार’ जानबूझकर आखिरी वक्त का इंतजार कर रहा है, ताकि FIFA राइट्स के रेट और कम कर दे। अगर कोई नहीं खरीदता, तो फीफा अपने खुद के ऐप ‘FIFA+’ पर मैचों को स्ट्रीम कर सकता है।

एक आखिरी रास्ता यह है कि सरकार इसे ‘राष्ट्रीय महत्व’ का खेल घोषित कर दूरदर्शन पर दिखाए, लेकिन इसके लिए भी किसी प्राइवेट कंपनी का साथ होना जरूरी है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
SC Slams Wildlife Law Violation

February 20, 2026/
4:38 pm

8 घंटे पहले कॉपी लिंक सुप्रीम कोर्ट ने यूट्यूबर और इन्फ्लुएंसर एल्विश यादव को सांप के जहर (Snake Venom) मामले...

MSBSHSE Maharashtra Board HSC 12th Class Result 2026 Live: Scorecards at hscresult.mahahsscboard.in.

May 2, 2026/
11:32 am

आखरी अपडेट:02 मई, 2026, 11:32 IST बंगाल में त्रिशंकु विधानसभा का मतलब होगा कि कोई भी पार्टी 148 सीटों को...

सोहराब के किरदार पर रणवीर बोले- उसे बस अटेंशन चाहिए:रजत कपूर की फिल्म में असल जिंदगी से जुड़े किरदार, विनय पाठक बोले- बदलाव जरूरी

April 11, 2026/
5:30 am

फिल्म ‘एवरीबडी लव्स सोहराब हांडा’ पर रजत कपूर, विनय पाठक और रणवीर शौरी ने दैनिक भास्कर से बातचीत की। रजत...

मैग्मा जनरल इंश्योरेंस कंपनी को पतंजलि ग्रुप खरीदेगा:IRDAI से मंजूरी मिली, मार्च 2025 में हुई थी डील; 3 महीने में पूरी होगी प्रोसेस

July 30, 2026/
11:55 am

पतंजलि आयुर्वेद और धर्मपाल सत्यपाल ग्रुप को मैग्मा जनरल इंश्योरेंस में हिस्सेदारी खरीदने के लिए बीमा नियामक IRDAI से मंजूरी...

सोहेल खान ने सीमा से तलाक पर किया खुलासा:कहा- काम ठीक नहीं चल रहा था, अपने बर्ताव के कारण मैंने उसे खो दिया

July 12, 2026/
5:30 pm

बॉलीवुड एक्टर और फिल्ममेकर सोहेल खान इन दिनों रियलिटी शो ‘अलायंस’ में नजर आ रहे हैं। शो के हालिया एपिसोड...

कनाडा को छोड़ अलग देश बन सकता है अल्बर्टा:अक्टूबर में वोटिंग संभव, अलगाववादियों ने 3 लाख हस्ताक्षर जुटाए

May 7, 2026/
12:00 pm

कनाडा के पश्चिमी प्रांत अल्बर्टा को अलग देश बनने की मांग और ज्यादा तेज हो गई है। अलगाववादियों ने बुधवार...

वर्ल्ड अपडेट्स:नेपाल एयरलाइंस के मैप में जम्मू-कश्मीर को पाक का हिस्सा दिखाया: विवाद के बाद 24 घंटे में माफी

April 30, 2026/
10:15 am

नेपाल एयरलाइंस ने सोशल मीडिया पर साझा नेटवर्क मैप में जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को पाकिस्तान का हिस्सा दिखा दिया। पोस्ट...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

India, China Yet to Buy Broadcasting Rights; Global Reach Doubtful

India, China Yet to Buy Broadcasting Rights; Global Reach Doubtful
  • Hindi News
  • Sports
  • FIFA World Cup 2026: India, China Yet To Buy Broadcasting Rights; Global Reach Doubtful

नई दिल्ली28 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

फीफा वर्ल्ड कप 2026 11 जून से 26 जुलाई तक खेला जाएगा।

भारत-चीन में फीफा वर्ल्ड कप 2026 के ब्रॉडकास्टिंग राइट्स अब तक किसी भी कंपनी ने नहीं खरीदे हैं। मलेशिया, थाईलैंड, वियतनाम और श्रीलंका में भी राइट्स के लिए कोई कंपनी इंटरनेस्ट नहीं दिखा रही। अगर यहीं स्थिति रही, तो दुनिया के करीब 300 करोड़ लोग सबसे बड़े फुटबॉल टूर्नामेंट को नहीं देख पाएंगे।

फीफा वर्ल्ड कप 11 जून से 19 जुलाई तक अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको की संयुक्त मेजबानी में खेला जाएगा। इस टूर्नामेंट में 48 टीमें हिस्सा लेंगी और 104 मैच खेले जाएंगे।

फीफा वर्ल्ड कप 2026 में अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको संयुक्त मेजबान हैं।

फीफा वर्ल्ड कप 2026 में अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको संयुक्त मेजबान हैं।

ब्रॉडकास्टिंग राइट्स अब तक क्यों नहीं खरीदे गए?

फीफा ने शुरुआत में मैचों के राइट्स के लिए $100 मिलियन (948 करोड़ रुपए) की मांग की थी। जब कोई खरीदार नहीं मिला, तो इसका प्राइज घटाकर 35 मिलियन डॉलर (लगभग 332 करोड़ रुपए) कर दिए हैं। भारत या दूसरे देशों में ब्रॉडकास्टिंग राइट्स नहीं खरीदने जाने की तीन बड़ी वजह है…

  1. भारत के हिसाब से मैचों की टाइमिंग सही नहींभारत में फुटबॉल फैंस के लिए सबसे बड़ी दिक्कत समय की है। टूूर्नामेंट में खेने जाने वाले 104 मैचों में सिर्फ 14 ही रात 12 बजे से पहले शुरू होंगे। फाइनल सहित बाकी सभी मैच भारतीय समय के अनुसार रात 12 बजे बाद शुरू होंगे। 2022 वर्ल्ड कप में 64 में से 44 मैच रात मिडनाइट से पहले शुरू हुए थे।कंपनियों को डर है कि इतनी रात को बहुत कम लोग मैच देखेंगे। चीन और बाकी देशों के साथ भी यहीं दिक्कत है।2022 कतर वर्ल्ड कप के मैच भारतीय समयानुसार रात 12 बजे से पहले शुरु हुए थे।
  2. कंपटीशन की कमी और क्रिकेट का असर2022 वर्ल्ड कप के लिए वायकॉम18 ने लगभग 62 मिलियन डॉलर (450 से 500 करोड़ रुपए) दिए थे। वहीं सोनी ने 2014 और 2018 के लिए 90 मिलियन डॉलर (करीब 600 करोड़ रुपए) खर्च किए थे। अब ब्रॉडकास्टिंग कंपनी वायकॉम18 और हॉटस्टार का विलय हो चुका है। इससे मार्केट में कंप्टीशन घटा है।दूसरी बड़ी वजह है कि फीफा, IPL खत्म होने के दो हफ्ते बाद ही शुरु हो रहा है। भारत में कंपनियां अपना सारा मार्केटिंग बजट आईपीएल पर खर्च कर देती हैं। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, भारत के स्पोर्ट्स मार्केट में 89% पैसा क्रिकेट पर खर्च होता है, बाकी सभी खेलों के लिए सिर्फ 11% बचता है।IPL भारत में स्पोर्ट्स का सबसे बड़ा मार्केट है।
  3. भारत में सब्सक्रिप्शन मॉडल नहीं चलताभारत एक ऐसा बाजार है जहां लोग खेल देखने के लिए ज्यादा पैसे नहीं देना चाहते। यहां तक की फ्री में देखने के लिए थर्ड पार्टी एप तक इस्तेमाल करते हैं। 2022 वर्ल्ड कप जियोसिनेमा पर मुफ्त दिखाया गया था। फ्री की आदत की वजह से चैनलों के लिए पैसा वसूलना मुश्किल हो गया है।

खरीददार नहीं मिला तो FIFA क्या करेगा?

एक्सपर्ट्स का मानना है कि ‘जियो-स्टार’ जानबूझकर आखिरी वक्त का इंतजार कर रहा है, ताकि FIFA राइट्स के रेट और कम कर दे। अगर कोई नहीं खरीदता, तो फीफा अपने खुद के ऐप ‘FIFA+’ पर मैचों को स्ट्रीम कर सकता है।

एक आखिरी रास्ता यह है कि सरकार इसे ‘राष्ट्रीय महत्व’ का खेल घोषित कर दूरदर्शन पर दिखाए, लेकिन इसके लिए भी किसी प्राइवेट कंपनी का साथ होना जरूरी है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.