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Rashmika Mandanna Struggle Success Story; Kirik Party Pushpa Animal

Rashmika Mandanna Struggle Success Story; Kirik Party Pushpa Animal

3 मिनट पहलेलेखक: वीरेंद्र मिश्र

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रिजेक्शन, ट्रोलिंग और संघर्ष के बाद रश्मिका बनीं पैन इंडिया स्टार।

आज रश्मिका मंदाना देश की बड़ी अभिनेत्रियों में गिनी जाती हैं। ‘पुष्पा’, ‘एनिमल’ और ‘छावा’ जैसी फिल्मों से उन्होंने पैन इंडिया स्टार का दर्जा हासिल किया। लेकिन करियर की शुरुआत में उन्हें लगातार रिजेक्शन झेलने पड़े। उन्होंने करीब 20-25 ऑडिशन दिए, जिनमें ज्यादातर में यह कहकर रिजेक्ट कर दिया गया कि उनका चेहरा एक्ट्रेस जैसा नहीं है।

वह घर लौटकर रोती थीं। एक फिल्म के लिए 2-3 महीने ट्रेनिंग लेने के बाद वह फिल्म भी बंद हो गई। हालांकि उन्होंने हार नहीं मानी और पहली ही कन्नड फिल्म ‘किरिक पार्टी’ से स्टार बन गईं।

आज की सक्सेस स्टोरी में जानते हैं रश्मिका मंदाना के करियर और निजी जीवन से जुड़ी बातें।

रश्मिका मंदाना कोडवा समुदाय से जुड़ी, फिल्मों में काम करने वाली पहली अभिनेत्री थीं। इसी वजह से उन्हें विवादों और लोगों की नाराजगी का सामना करना पड़ा था।

रश्मिका मंदाना कोडवा समुदाय से जुड़ी, फिल्मों में काम करने वाली पहली अभिनेत्री थीं। इसी वजह से उन्हें विवादों और लोगों की नाराजगी का सामना करना पड़ा था।

कर्नाटक के वीराजपेट में हुआ जन्म

रश्मिका मंदाना का जन्म 5 अप्रैल 1996 को कर्नाटक के कोडागु (कूर्ग) जिले के वीराजपेट में हुआ। वह कोडवा परिवार से ताल्लुक रखती हैं। खूबसूरत पहाड़ियों और कॉफी बागानों के लिए मशहूर कूर्ग में उनका बचपन बीता। उनके पिता मदन मंदाना स्थानीय कारोबारी हैं, जिनका कॉफी एस्टेट और एक फंक्शन हॉल है।

उनकी मां सुमन मंदाना गृहिणी हैं और रश्मिका के करियर में हमेशा उनका सहारा रही हैं। उनकी छोटी बहन शिमन मंदाना भी हैं, जिनसे उनका गहरा लगाव है।

बचपन में देखा आर्थिक संघर्ष

रश्मिका के पेरेंट्स के पास कभी उनके लिए खिलौने खरीदने तक के पैसे नहीं थे। उन्होंने हिंदुस्टान टाइम्स को दिए इंटरव्यू में इसका जिक्र किया था। उनके अनुसार, एक वक्त ऐसा था जब उनके पेरेंट्स को घर ढूंढ़ने और किराया देने के लिए भी संघर्ष करना पड़ा था।

हालात इतने खराब थे कि वे अपनी बेटी को खिलौना तक नहीं खरीदकर दे पा रहे थे। इसी गरीबी को देखकर रश्मिका आज मेहनत से कमाए गए रुपयों की वैल्यू करती हैं।

जिंदगी का बड़ा हिस्सा हॉस्टल में बीता

रश्मिका ने शुरुआती पढ़ाई कूर्ग पब्लिक स्कूल, गोनिकोप्पल से की। यह बोर्डिंग स्कूल था, इसलिए उनका बचपन काफी हद तक हॉस्टल में बीता। रश्मिका ने कहा, “मेरी जिंदगी का ज्यादातर हिस्सा हॉस्टल में बीता। उस वक्त मेरे माता-पिता अपनी जिंदगी और आर्थिक स्थिति को संभालने में जुटे हुए थे। इसलिए बचपन से ही मैं हॉस्टल में रही। उस समय मुझे फिल्में देखने का भी मौका नहीं मिलता था। हॉस्टल में रात 9:30 से 10 बजे तक ही टीवी देखने की अनुमति थी और उस दौरान भी न्यूज, स्पोर्ट्स या म्यूजिक ही देखा जा सकता था।”

रश्मिका मंदाना एक्ट्रेस नहीं बनाना चाह रही थीं।

रश्मिका मंदाना एक्ट्रेस नहीं बनाना चाह रही थीं।

पढ़ाई नहीं, डांस में मन लगता था

उन्होंने कहा, “स्कूल में टीचर्स डे, एनुअल डे या किसी भी सांस्कृतिक कार्यक्रम में मैं हमेशा बढ़-चढ़कर हिस्सा लेती थी। खास तौर पर भरतनाट्यम सीखती थी और डांस करना मुझे बहुत पसंद था। पढ़ाई में मेरा बिल्कुल मन नहीं लगता था। मैं क्लास की बैकबेंचर थी। मुझे लगता था कि पढ़ाई से मैं कुछ खास नहीं कर पाऊंगी। ज्यादा से ज्यादा यही होगा कि घर लौटकर पापा के बिजनेस में उनकी मदद करूंगी।”

तीन विषयों में बैचलर डिग्री

रश्मिका मंदाना सिर्फ सफल अभिनेत्री ही नहीं, बल्कि अच्छी पढ़ाई भी कर चुकी हैं। उन्होंने अंग्रेजी साहित्य (English Literature), मनोविज्ञान (Psychology) और पत्रकारिता (Journalism) में बैचलर डिग्री हासिल की है।

स्कूल की पढ़ाई के बाद रश्मिका ने मैसूर इंस्टीट्यूट ऑफ कॉमर्स एंड आर्ट्स से प्री-यूनिवर्सिटी कोर्स किया। इसके बाद उन्होंने बेंगलुरु के एम.एस. रामैया कॉलेज ऑफ आर्ट्स, साइंस एंड कॉमर्स में दाखिला लिया और यहीं से इन तीनों विषयों में स्नातक की पढ़ाई पूरी की।

एक्ट्रेस बनने का सपना कभी नहीं देखा था

साल 2014 में कॉलेज में पढ़ाई के दौरान रश्मिका ने ‘क्लीन एंड क्लियर टाइम्स फ्रेश फेस’ प्रतियोगिता जीती। इसके बाद उन्हें मॉडलिंग के कई ऑफर मिलने लगे। शुरुआत में उन्होंने एक्टिंग के प्रस्ताव ठुकरा दिए थे, क्योंकि उन्होंने कभी अभिनेत्री बनने के बारे में नहीं सोचा था।

रश्मिका कहती हैं, “जब भी फिल्मों के गाने देखती थी या एक्टर्स के बारे में सुनती थी, तो उनकी जिंदगी मुझे बहुत आकर्षित करती थी। मैं सोचती थी कि कितनी शानदार जिंदगी होगी उनकी। लेकिन मैंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि एक दिन मैं खुद अभिनेत्री बन जाऊंगी।”

बाद में कॉलेज के एक प्रोफेसर ने उन्हें ऑडिशन देने के लिए प्रेरित किया।

तुम्हारा चेहरा एक्ट्रेस जैसा नहीं

रश्मिका ने करियर के शुरुआती दिनों में करीब 20 से 25 ऑडिशन दिए। ज्यादातर जगहों पर उन्हें रिजेक्ट कर दिया गया। कई कास्टिंग टीमों ने उनसे कहा कि उनका चेहरा एक्ट्रेस जैसा नहीं दिखता। यह बात उन्हें अंदर तक तोड़ देती थी।

घर लौटकर खूब रोती थीं

Galatta Plus को दिए इंटरव्यू में रश्मिका ने बताया था कि लगातार रिजेक्शन के बाद वह अक्सर घर लौटकर रोती थीं। उन्होंने कहा कि उस समय वह असफलता स्वीकार नहीं कर पाती थीं। हर रिजेक्शन उन्हें लगता था कि शायद वह इस इंडस्ट्री के लिए बनी ही नहीं हैं।

पहली फिल्म मिली, लेकिन कभी बन नहीं पाई

रश्मिका ने बताया, “इसके बाद मैंने आखिरी बार एक फिल्म के लिए ऑडिशन दिया और मेरा सिलेक्शन भी हो गया। फिल्म का नाम ‘गालारे गेलातीरे’ था। हमने दो-तीन महीने तक उसकी ट्रेनिंग भी की, लेकिन दुर्भाग्य से वह फिल्म कभी शुरू ही नहीं हो पाई। मैं वापस घर आ गई और अपनी पढ़ाई में लग गई। उस वक्त मेरे माता-पिता ने भी कहा कि अब दो साल हो गए हैं, घर वापस आ जाओ। मैंने भी सोचा कि शायद मेरी जिंदगी का रास्ता यही है।”

हालांकि उन्होंने खुद को संभाला और नए मौके तलाशना जारी रखा।

रिजेक्शन ने सिखाया आगे बढ़ना

रश्मिका मंदाना अक्सर कहती हैं कि करियर में मिले रिजेक्शन और असफलताएं ही उनकी सबसे बड़ी शिक्षक साबित हुईं। शुरुआती दिनों में कई ऑडिशन में उन्हें बिना स्पष्ट वजह के रिजेक्ट कर दिया गया। कई बार उन्हें चयन न होने की वजह भी नहीं बताई गई।

शुरुआत में यह निराश करने वाला था, लेकिन धीरे-धीरे उन्होंने समझ लिया कि मनोरंजन इंडस्ट्री में रिजेक्शन हर कलाकार की यात्रा का हिस्सा है और इसे व्यक्तिगत असफलता नहीं मानना चाहिए।

रश्मिका का मानना है कि अगर वह शुरुआती झटकों से टूट जातीं, तो शायद कभी ‘पुष्पा’, ‘एनिमल’ और दूसरी बड़ी फिल्मों तक नहीं पहुंच पातीं। उन्होंने हर रिजेक्शन को खुद को बेहतर बनाने का अवसर माना। अपनी एक्टिंग, स्क्रीन प्रेजेंस और आत्मविश्वास पर लगातार काम किया।

वह कह चुकी हैं कि सफलता एक दिन में नहीं मिलती, बल्कि धैर्य, निरंतर मेहनत और खुद पर भरोसे से मिलती है। यही सोच उन्हें हर असफलता के बाद दोबारा खड़े होने और मजबूत होकर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती रही।

‘किरिक पार्टी’ ने बदल दी जिंदगी

रश्मिका ने कहा, “इसी दौरान मुझे ‘किरिक पार्टी’ का कॉल आया। मुझे लगता है कि वहीं से मेरी एक्ट्रेस के तौर पर असली यात्रा शुरू हुई। जब मुझे यह फिल्म मिली तो मुझे यकीन ही नहीं हुआ। मैं बस यही सोच रही थी, ‘वाह… ये कैसे हो गया?'”

रश्मिका मंदाना ने 2016 में कन्नड़ फिल्म ‘किरिक पार्टी’ से अभिनय की शुरुआत की। पहली ही फिल्म बॉक्स ऑफिस पर हिट साबित हुई और रश्मिका कर्नाटक की नई स्टार बन गईं। उनकी सहज एक्टिंग और स्क्रीन प्रेजेंस को दर्शकों ने पसंद किया। इसके बाद उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा।

कन्नड़ फिल्म ‘किरिक पार्टी’ का निर्देशन कांतारा फेम एक्टर-डायरेक्टर ऋषभ शेट्टी ने किया था।

कन्नड़ सिनेमा में लगातार मिली सफलता

‘किरिक पार्टी’ के बाद रश्मिका ने कन्नड़ फिल्मों ‘अंजनी पुत्र’ (2017) और ‘चमक’ (2017) में काम किया। दोनों फिल्मों ने अच्छा प्रदर्शन किया और रश्मिका इंडस्ट्री की सफल अभिनेत्रियों में शामिल हो गईं।

तेलुगु इंडस्ट्री में रखा कदम

2018 में रश्मिका ने तेलुगु फिल्म ‘चलो’ से डेब्यू किया। फिल्म सफल रही और तेलुगु दर्शकों ने उन्हें हाथों-हाथ लिया। इसी साल आई ‘गीता गोविंदम’ में विजय देवरकोंडा के साथ उनकी जोड़ी सुपरहिट रही। फिल्म ने 100 करोड़ रुपए से ज्यादा का कारोबार किया और रश्मिका पूरे दक्षिण भारत में लोकप्रिय हो गईं।

इसके बाद उन्होंने ‘देवदास’, ‘डियर कॉमरेड’, ‘सरिलेरु नीकेवरु’, ‘भीष्म’ और ‘पुष्पा: द राइज’ जैसी फिल्मों में काम किया। इन फिल्मों ने उन्हें तेलुगु सिनेमा की टॉप अभिनेत्रियों में शामिल कर दिया।

फिल्म ‘पुष्पा: द राइज’ 17 दिसंबर 2021 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी।

फिल्म ‘पुष्पा: द राइज’ 17 दिसंबर 2021 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी।

पुष्पा कैसे मिली?

‘गीता गोविंदम’, ‘सरिलेरु नीकेवरु’ और ‘भीष्म’ जैसी फिल्मों की सफलता के बाद निर्देशक सुकुमार ऐसी अभिनेत्री की तलाश में थे, जो ‘श्रीवल्ली’ के किरदार में गांव की सादगी और मजबूत भावनाओं को पर्दे पर उतार सके। रश्मिका की नैचुरल एक्टिंग और लोकप्रियता को देखते हुए उन्हें यह रोल ऑफर किया गया।

2021 में रिलीज हुई ‘पुष्पा: द राइज’ में अल्लू अर्जुन के साथ उनकी जोड़ी पसंद की गई। फिल्म के गाने ‘सामी सामी’ और श्रीवल्ली का किरदार देशभर में लोकप्रिय हुआ। इसके बाद रश्मिका की पहचान सिर्फ साउथ तक सीमित नहीं रही और वह पैन इंडिया स्टार बन गईं।

अमिताभ बच्चन की फिल्म से बॉलीवुड में हुई शुरुआत

रश्मिका ने 2022 में अमिताभ बच्चन के साथ फिल्म ‘गुडबाय’ से हिंदी फिल्मों में डेब्यू किया। फिल्म को समीक्षकों ने पसंद किया, हालांकि बॉक्स ऑफिस पर बड़ी सफलता नहीं मिली।

इसके बाद वह ‘मिशन मजनू’ (सिद्धार्थ मल्होत्रा के साथ) में नजर आईं। यह फिल्म ओटीटी पर रिलीज हुई और उनके अभिनय की सराहना हुई।

फिल्म 'एनिमल' के एक दृश्य में रश्मिका मंदाना और रणबीर कपूर।

फिल्म ‘एनिमल’ के एक दृश्य में रश्मिका मंदाना और रणबीर कपूर।

‘एनिमल’ से मिली नई पहचान

2023 में रिलीज हुई ‘एनिमल’ रश्मिका के करियर का बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हुई। फिल्म में उन्होंने रणबीर कपूर की पत्नी गीतांजलि का किरदार निभाया। यह किरदार सिर्फ ग्लैमरस नहीं था, बल्कि भावनात्मक रूप से मजबूत भी था। इस फिल्म से रश्मिका की लोकप्रियता हिंदी दर्शकों के बीच कई गुना बढ़ गई। सोशल मीडिया पर उन्हें लंबे समय से ‘नेशनल क्रश’ कहा जाता रहा है, लेकिन ‘एनिमल’ के बाद यह पहचान पूरे हिंदी बेल्ट में और मजबूत हो गई।

क्या है ‘नेशनल क्रश’ की कहानी?

रश्मिका को 2020 के आसपास सोशल मीडिया पर बड़े पैमाने पर ‘नेशनल क्रश ऑफ इंडिया’ कहा जाने लगा। इसकी वजह उनकी मुस्कान, सादगी, इंटरव्यू में सहज अंदाज और दक्षिण भारत में मिल रही सफलता थी। बाद में ‘पुष्पा’ और ‘एनिमल’ जैसी फिल्मों ने इस लोकप्रियता को पूरे देश में बढ़ा दिया। हालांकि यह कोई आधिकारिक सम्मान नहीं, बल्कि फैंस और सोशल मीडिया द्वारा दिया गया संबोधन है।

सफलता के साथ ट्रोलिंग भी झेली, कई विवादों में रहीं चर्चा का विषय

रश्मिका मंदाना का करियर जितनी तेजी से आगे बढ़ा, उतनी ही बार उन्हें सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग का सामना भी करना पड़ा। सबसे बड़ा विवाद 2018 में अभिनेता रक्षित शेट्टी से सगाई टूटने के बाद हुआ। सोशल मीडिया पर एक वर्ग ने बिना ठोस जानकारी के उन्हें रिश्ता टूटने का जिम्मेदार ठहराया और लंबे समय तक निशाना बनाया।

इसके बाद 2022 में एक इंटरव्यू के दौरान रश्मिका ने अपनी पहली फिल्म ‘किरिक पार्टी’ का जिक्र करते हुए प्रोडक्शन हाउस का नाम लेने के बजाय हाथ के इशारे (एयर कोट्स) का इस्तेमाल किया। इसे लेकर कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री के कुछ प्रशंसकों ने इसे निर्देशक ऋषभ शेट्टी और प्रोडक्शन हाउस का अपमान बताया। इसी दौरान ‘कांतारा’ नहीं देखने वाले बयान पर भी उन्हें सोशल मीडिया पर आलोचना झेलनी पड़ी।

लगातार ट्रोलिंग पर रश्मिका ने नवंबर 2022 में सोशल मीडिया पर लंबा नोट लिखकर अपनी चुप्पी तोड़ी। उन्होंने कहा, “यह दिल तोड़ने वाला और हतोत्साहित करने वाला है कि मुझे उन बातों के लिए ट्रोल किया जाता है, जो मैंने कभी कही ही नहीं।” उन्होंने यह भी लिखा कि करियर की शुरुआत से ही उन्हें लगातार आलोचना का सामना करना पड़ा है और अब उन्हें लगा कि इस पर अपनी बात रखना जरूरी है।

बाद में एक इंटरव्यू में रश्मिका ने कहा कि लोग उनके बोलने के तरीके, हाथ के इशारों और एक्सप्रेशन तक को गलत अर्थों में ले लेते हैं। उनके मुताबिक, पब्लिक फिगर होने के नाते वह समझती हैं कि हर कोई उन्हें पसंद नहीं करेगा, लेकिन अगर लोग किसी के प्रति दयालु नहीं हो सकते तो कम से कम बिना वजह नफरत नहीं फैलानी चाहिए।

हालांकि, लगातार ट्रोलिंग और विवादों के बावजूद रश्मिका ने अपने काम पर फोकस बनाए रखा। आज वह भारतीय सिनेमा की सफल अभिनेत्रियों में शुमार हैं और उनकी फिल्मों का इंतजार दर्शक बेसब्री से करते हैं।

रश्मिका की आने वाली प्रमुख फिल्में

1.रानाबाली

यह 19वीं सदी की ऐतिहासिक ड्रामा फिल्म है, जिसमें रश्मिका अपने पति विजय देवरकोंडा के साथ मुख्य भूमिका में नजर आएंगी। यह फिल्म 11 सितंबर 2026 को दुनिया भर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी।

पैन-इंडिया स्तर पर बनने वाली यह फिल्म तेलुगु, हिंदी, तमिल, मलयालम और कन्नड़ भाषाओं में रिलीज की जाएगी। इसमें विजय देवरकोंडा ने रानाबाली और रश्मिका मंदाना ने जयम्मा का किरदार निभाया है।

विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना ने 26 फरवरी 2026 को राजस्थान के उदयपुर में एक निजी समारोह में शादी की थी।

विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना ने 26 फरवरी 2026 को राजस्थान के उदयपुर में एक निजी समारोह में शादी की थी।

2. मायसा

यह तेलुगु एक्शन ड्रामा फिल्म है, जिसमें रश्मिका ग्रामीण और आदिवासी पृष्ठभूमि वाले मुख्य किरदार में दिखाई देंगी। यह फिल्म 2026 के अंत तक सिनेमाघरों में रिलीज होने की उम्मीद है।

रश्मिका की फिल्म ‘मायसा’ का टीजर हाल ही में लॉन्च हुआ है।

रश्मिका की फिल्म ‘मायसा’ का टीजर हाल ही में लॉन्च हुआ है।

3. पुष्पा 3 – द रैम्पेज

ब्लॉकबस्टर ‘पुष्पा’ फ्रैंचाइजी की तीसरी कड़ी में वह अल्लू अर्जुन के साथ एक बार फिर श्रीवल्ली का किरदार निभाएंगी। यह फिल्म 2028 या 2029 तक सिनेमाघरों में रिलीज होने की उम्मीद है।

4. एनिमल पार्क

‘एनिमल’ की सफलता के बाद वह संदीप रेड्डी वांगा की इस अगली क्राइम-ड्रामा फिल्म में भी दिखाई देंगी। इस फिल्म की रिलीज डेट अभी घोषित नहीं की गई है, क्योंकि इसकी शूटिंग 2027 के मध्य में शुरू होगी।

5. एटली की अगली फिल्म

एटली के निर्देशन में बनने वाली इस आगामी तेलुगु फिल्म में रश्मिका की जोड़ी अल्लू अर्जुन के साथ बनेगी। इस फिल्म का आधिकारिक तौर पर ‘राका’ नाम दिया गया है। फिलहाल इस साइंस-फिक्शन फिल्म की आधिकारिक रिलीज डेट घोषित नहीं की गई है, लेकिन ट्रेड रिपोर्ट्स के अनुसार इसके समर 2027 में सिनेमाघरों में रिलीज होने की उम्मीद है।

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उनकी मां सुमन मंदाना गृहिणी हैं और रश्मिका के करियर में हमेशा उनका सहारा रही हैं। उनकी छोटी बहन शिमन मंदाना भी हैं, जिनसे उनका गहरा लगाव है।

बचपन में देखा आर्थिक संघर्ष

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हालात इतने खराब थे कि वे अपनी बेटी को खिलौना तक नहीं खरीदकर दे पा रहे थे। इसी गरीबी को देखकर रश्मिका आज मेहनत से कमाए गए रुपयों की वैल्यू करती हैं।

जिंदगी का बड़ा हिस्सा हॉस्टल में बीता

रश्मिका ने शुरुआती पढ़ाई कूर्ग पब्लिक स्कूल, गोनिकोप्पल से की। यह बोर्डिंग स्कूल था, इसलिए उनका बचपन काफी हद तक हॉस्टल में बीता। रश्मिका ने कहा, “मेरी जिंदगी का ज्यादातर हिस्सा हॉस्टल में बीता। उस वक्त मेरे माता-पिता अपनी जिंदगी और आर्थिक स्थिति को संभालने में जुटे हुए थे। इसलिए बचपन से ही मैं हॉस्टल में रही। उस समय मुझे फिल्में देखने का भी मौका नहीं मिलता था। हॉस्टल में रात 9:30 से 10 बजे तक ही टीवी देखने की अनुमति थी और उस दौरान भी न्यूज, स्पोर्ट्स या म्यूजिक ही देखा जा सकता था।”

रश्मिका मंदाना एक्ट्रेस नहीं बनाना चाह रही थीं।

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पढ़ाई नहीं, डांस में मन लगता था

उन्होंने कहा, “स्कूल में टीचर्स डे, एनुअल डे या किसी भी सांस्कृतिक कार्यक्रम में मैं हमेशा बढ़-चढ़कर हिस्सा लेती थी। खास तौर पर भरतनाट्यम सीखती थी और डांस करना मुझे बहुत पसंद था। पढ़ाई में मेरा बिल्कुल मन नहीं लगता था। मैं क्लास की बैकबेंचर थी। मुझे लगता था कि पढ़ाई से मैं कुछ खास नहीं कर पाऊंगी। ज्यादा से ज्यादा यही होगा कि घर लौटकर पापा के बिजनेस में उनकी मदद करूंगी।”

तीन विषयों में बैचलर डिग्री

रश्मिका मंदाना सिर्फ सफल अभिनेत्री ही नहीं, बल्कि अच्छी पढ़ाई भी कर चुकी हैं। उन्होंने अंग्रेजी साहित्य (English Literature), मनोविज्ञान (Psychology) और पत्रकारिता (Journalism) में बैचलर डिग्री हासिल की है।

स्कूल की पढ़ाई के बाद रश्मिका ने मैसूर इंस्टीट्यूट ऑफ कॉमर्स एंड आर्ट्स से प्री-यूनिवर्सिटी कोर्स किया। इसके बाद उन्होंने बेंगलुरु के एम.एस. रामैया कॉलेज ऑफ आर्ट्स, साइंस एंड कॉमर्स में दाखिला लिया और यहीं से इन तीनों विषयों में स्नातक की पढ़ाई पूरी की।

एक्ट्रेस बनने का सपना कभी नहीं देखा था

साल 2014 में कॉलेज में पढ़ाई के दौरान रश्मिका ने ‘क्लीन एंड क्लियर टाइम्स फ्रेश फेस’ प्रतियोगिता जीती। इसके बाद उन्हें मॉडलिंग के कई ऑफर मिलने लगे। शुरुआत में उन्होंने एक्टिंग के प्रस्ताव ठुकरा दिए थे, क्योंकि उन्होंने कभी अभिनेत्री बनने के बारे में नहीं सोचा था।

रश्मिका कहती हैं, “जब भी फिल्मों के गाने देखती थी या एक्टर्स के बारे में सुनती थी, तो उनकी जिंदगी मुझे बहुत आकर्षित करती थी। मैं सोचती थी कि कितनी शानदार जिंदगी होगी उनकी। लेकिन मैंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि एक दिन मैं खुद अभिनेत्री बन जाऊंगी।”

बाद में कॉलेज के एक प्रोफेसर ने उन्हें ऑडिशन देने के लिए प्रेरित किया।

तुम्हारा चेहरा एक्ट्रेस जैसा नहीं

रश्मिका ने करियर के शुरुआती दिनों में करीब 20 से 25 ऑडिशन दिए। ज्यादातर जगहों पर उन्हें रिजेक्ट कर दिया गया। कई कास्टिंग टीमों ने उनसे कहा कि उनका चेहरा एक्ट्रेस जैसा नहीं दिखता। यह बात उन्हें अंदर तक तोड़ देती थी।

घर लौटकर खूब रोती थीं

Galatta Plus को दिए इंटरव्यू में रश्मिका ने बताया था कि लगातार रिजेक्शन के बाद वह अक्सर घर लौटकर रोती थीं। उन्होंने कहा कि उस समय वह असफलता स्वीकार नहीं कर पाती थीं। हर रिजेक्शन उन्हें लगता था कि शायद वह इस इंडस्ट्री के लिए बनी ही नहीं हैं।

पहली फिल्म मिली, लेकिन कभी बन नहीं पाई

रश्मिका ने बताया, “इसके बाद मैंने आखिरी बार एक फिल्म के लिए ऑडिशन दिया और मेरा सिलेक्शन भी हो गया। फिल्म का नाम ‘गालारे गेलातीरे’ था। हमने दो-तीन महीने तक उसकी ट्रेनिंग भी की, लेकिन दुर्भाग्य से वह फिल्म कभी शुरू ही नहीं हो पाई। मैं वापस घर आ गई और अपनी पढ़ाई में लग गई। उस वक्त मेरे माता-पिता ने भी कहा कि अब दो साल हो गए हैं, घर वापस आ जाओ। मैंने भी सोचा कि शायद मेरी जिंदगी का रास्ता यही है।”

हालांकि उन्होंने खुद को संभाला और नए मौके तलाशना जारी रखा।

रिजेक्शन ने सिखाया आगे बढ़ना

रश्मिका मंदाना अक्सर कहती हैं कि करियर में मिले रिजेक्शन और असफलताएं ही उनकी सबसे बड़ी शिक्षक साबित हुईं। शुरुआती दिनों में कई ऑडिशन में उन्हें बिना स्पष्ट वजह के रिजेक्ट कर दिया गया। कई बार उन्हें चयन न होने की वजह भी नहीं बताई गई।

शुरुआत में यह निराश करने वाला था, लेकिन धीरे-धीरे उन्होंने समझ लिया कि मनोरंजन इंडस्ट्री में रिजेक्शन हर कलाकार की यात्रा का हिस्सा है और इसे व्यक्तिगत असफलता नहीं मानना चाहिए।

रश्मिका का मानना है कि अगर वह शुरुआती झटकों से टूट जातीं, तो शायद कभी ‘पुष्पा’, ‘एनिमल’ और दूसरी बड़ी फिल्मों तक नहीं पहुंच पातीं। उन्होंने हर रिजेक्शन को खुद को बेहतर बनाने का अवसर माना। अपनी एक्टिंग, स्क्रीन प्रेजेंस और आत्मविश्वास पर लगातार काम किया।

वह कह चुकी हैं कि सफलता एक दिन में नहीं मिलती, बल्कि धैर्य, निरंतर मेहनत और खुद पर भरोसे से मिलती है। यही सोच उन्हें हर असफलता के बाद दोबारा खड़े होने और मजबूत होकर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती रही।

‘किरिक पार्टी’ ने बदल दी जिंदगी

रश्मिका ने कहा, “इसी दौरान मुझे ‘किरिक पार्टी’ का कॉल आया। मुझे लगता है कि वहीं से मेरी एक्ट्रेस के तौर पर असली यात्रा शुरू हुई। जब मुझे यह फिल्म मिली तो मुझे यकीन ही नहीं हुआ। मैं बस यही सोच रही थी, ‘वाह… ये कैसे हो गया?'”

रश्मिका मंदाना ने 2016 में कन्नड़ फिल्म ‘किरिक पार्टी’ से अभिनय की शुरुआत की। पहली ही फिल्म बॉक्स ऑफिस पर हिट साबित हुई और रश्मिका कर्नाटक की नई स्टार बन गईं। उनकी सहज एक्टिंग और स्क्रीन प्रेजेंस को दर्शकों ने पसंद किया। इसके बाद उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा।

कन्नड़ फिल्म ‘किरिक पार्टी’ का निर्देशन कांतारा फेम एक्टर-डायरेक्टर ऋषभ शेट्टी ने किया था।

कन्नड़ सिनेमा में लगातार मिली सफलता

‘किरिक पार्टी’ के बाद रश्मिका ने कन्नड़ फिल्मों ‘अंजनी पुत्र’ (2017) और ‘चमक’ (2017) में काम किया। दोनों फिल्मों ने अच्छा प्रदर्शन किया और रश्मिका इंडस्ट्री की सफल अभिनेत्रियों में शामिल हो गईं।

तेलुगु इंडस्ट्री में रखा कदम

2018 में रश्मिका ने तेलुगु फिल्म ‘चलो’ से डेब्यू किया। फिल्म सफल रही और तेलुगु दर्शकों ने उन्हें हाथों-हाथ लिया। इसी साल आई ‘गीता गोविंदम’ में विजय देवरकोंडा के साथ उनकी जोड़ी सुपरहिट रही। फिल्म ने 100 करोड़ रुपए से ज्यादा का कारोबार किया और रश्मिका पूरे दक्षिण भारत में लोकप्रिय हो गईं।

इसके बाद उन्होंने ‘देवदास’, ‘डियर कॉमरेड’, ‘सरिलेरु नीकेवरु’, ‘भीष्म’ और ‘पुष्पा: द राइज’ जैसी फिल्मों में काम किया। इन फिल्मों ने उन्हें तेलुगु सिनेमा की टॉप अभिनेत्रियों में शामिल कर दिया।

फिल्म ‘पुष्पा: द राइज’ 17 दिसंबर 2021 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी।

फिल्म ‘पुष्पा: द राइज’ 17 दिसंबर 2021 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी।

पुष्पा कैसे मिली?

‘गीता गोविंदम’, ‘सरिलेरु नीकेवरु’ और ‘भीष्म’ जैसी फिल्मों की सफलता के बाद निर्देशक सुकुमार ऐसी अभिनेत्री की तलाश में थे, जो ‘श्रीवल्ली’ के किरदार में गांव की सादगी और मजबूत भावनाओं को पर्दे पर उतार सके। रश्मिका की नैचुरल एक्टिंग और लोकप्रियता को देखते हुए उन्हें यह रोल ऑफर किया गया।

2021 में रिलीज हुई ‘पुष्पा: द राइज’ में अल्लू अर्जुन के साथ उनकी जोड़ी पसंद की गई। फिल्म के गाने ‘सामी सामी’ और श्रीवल्ली का किरदार देशभर में लोकप्रिय हुआ। इसके बाद रश्मिका की पहचान सिर्फ साउथ तक सीमित नहीं रही और वह पैन इंडिया स्टार बन गईं।

अमिताभ बच्चन की फिल्म से बॉलीवुड में हुई शुरुआत

रश्मिका ने 2022 में अमिताभ बच्चन के साथ फिल्म ‘गुडबाय’ से हिंदी फिल्मों में डेब्यू किया। फिल्म को समीक्षकों ने पसंद किया, हालांकि बॉक्स ऑफिस पर बड़ी सफलता नहीं मिली।

इसके बाद वह ‘मिशन मजनू’ (सिद्धार्थ मल्होत्रा के साथ) में नजर आईं। यह फिल्म ओटीटी पर रिलीज हुई और उनके अभिनय की सराहना हुई।

फिल्म 'एनिमल' के एक दृश्य में रश्मिका मंदाना और रणबीर कपूर।

फिल्म ‘एनिमल’ के एक दृश्य में रश्मिका मंदाना और रणबीर कपूर।

‘एनिमल’ से मिली नई पहचान

2023 में रिलीज हुई ‘एनिमल’ रश्मिका के करियर का बड़ा टर्निंग पॉइंट साबित हुई। फिल्म में उन्होंने रणबीर कपूर की पत्नी गीतांजलि का किरदार निभाया। यह किरदार सिर्फ ग्लैमरस नहीं था, बल्कि भावनात्मक रूप से मजबूत भी था। इस फिल्म से रश्मिका की लोकप्रियता हिंदी दर्शकों के बीच कई गुना बढ़ गई। सोशल मीडिया पर उन्हें लंबे समय से ‘नेशनल क्रश’ कहा जाता रहा है, लेकिन ‘एनिमल’ के बाद यह पहचान पूरे हिंदी बेल्ट में और मजबूत हो गई।

क्या है ‘नेशनल क्रश’ की कहानी?

रश्मिका को 2020 के आसपास सोशल मीडिया पर बड़े पैमाने पर ‘नेशनल क्रश ऑफ इंडिया’ कहा जाने लगा। इसकी वजह उनकी मुस्कान, सादगी, इंटरव्यू में सहज अंदाज और दक्षिण भारत में मिल रही सफलता थी। बाद में ‘पुष्पा’ और ‘एनिमल’ जैसी फिल्मों ने इस लोकप्रियता को पूरे देश में बढ़ा दिया। हालांकि यह कोई आधिकारिक सम्मान नहीं, बल्कि फैंस और सोशल मीडिया द्वारा दिया गया संबोधन है।

सफलता के साथ ट्रोलिंग भी झेली, कई विवादों में रहीं चर्चा का विषय

रश्मिका मंदाना का करियर जितनी तेजी से आगे बढ़ा, उतनी ही बार उन्हें सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग का सामना भी करना पड़ा। सबसे बड़ा विवाद 2018 में अभिनेता रक्षित शेट्टी से सगाई टूटने के बाद हुआ। सोशल मीडिया पर एक वर्ग ने बिना ठोस जानकारी के उन्हें रिश्ता टूटने का जिम्मेदार ठहराया और लंबे समय तक निशाना बनाया।

इसके बाद 2022 में एक इंटरव्यू के दौरान रश्मिका ने अपनी पहली फिल्म ‘किरिक पार्टी’ का जिक्र करते हुए प्रोडक्शन हाउस का नाम लेने के बजाय हाथ के इशारे (एयर कोट्स) का इस्तेमाल किया। इसे लेकर कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री के कुछ प्रशंसकों ने इसे निर्देशक ऋषभ शेट्टी और प्रोडक्शन हाउस का अपमान बताया। इसी दौरान ‘कांतारा’ नहीं देखने वाले बयान पर भी उन्हें सोशल मीडिया पर आलोचना झेलनी पड़ी।

लगातार ट्रोलिंग पर रश्मिका ने नवंबर 2022 में सोशल मीडिया पर लंबा नोट लिखकर अपनी चुप्पी तोड़ी। उन्होंने कहा, “यह दिल तोड़ने वाला और हतोत्साहित करने वाला है कि मुझे उन बातों के लिए ट्रोल किया जाता है, जो मैंने कभी कही ही नहीं।” उन्होंने यह भी लिखा कि करियर की शुरुआत से ही उन्हें लगातार आलोचना का सामना करना पड़ा है और अब उन्हें लगा कि इस पर अपनी बात रखना जरूरी है।

बाद में एक इंटरव्यू में रश्मिका ने कहा कि लोग उनके बोलने के तरीके, हाथ के इशारों और एक्सप्रेशन तक को गलत अर्थों में ले लेते हैं। उनके मुताबिक, पब्लिक फिगर होने के नाते वह समझती हैं कि हर कोई उन्हें पसंद नहीं करेगा, लेकिन अगर लोग किसी के प्रति दयालु नहीं हो सकते तो कम से कम बिना वजह नफरत नहीं फैलानी चाहिए।

हालांकि, लगातार ट्रोलिंग और विवादों के बावजूद रश्मिका ने अपने काम पर फोकस बनाए रखा। आज वह भारतीय सिनेमा की सफल अभिनेत्रियों में शुमार हैं और उनकी फिल्मों का इंतजार दर्शक बेसब्री से करते हैं।

रश्मिका की आने वाली प्रमुख फिल्में

1.रानाबाली

यह 19वीं सदी की ऐतिहासिक ड्रामा फिल्म है, जिसमें रश्मिका अपने पति विजय देवरकोंडा के साथ मुख्य भूमिका में नजर आएंगी। यह फिल्म 11 सितंबर 2026 को दुनिया भर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी।

पैन-इंडिया स्तर पर बनने वाली यह फिल्म तेलुगु, हिंदी, तमिल, मलयालम और कन्नड़ भाषाओं में रिलीज की जाएगी। इसमें विजय देवरकोंडा ने रानाबाली और रश्मिका मंदाना ने जयम्मा का किरदार निभाया है।

विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना ने 26 फरवरी 2026 को राजस्थान के उदयपुर में एक निजी समारोह में शादी की थी।

विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना ने 26 फरवरी 2026 को राजस्थान के उदयपुर में एक निजी समारोह में शादी की थी।

2. मायसा

यह तेलुगु एक्शन ड्रामा फिल्म है, जिसमें रश्मिका ग्रामीण और आदिवासी पृष्ठभूमि वाले मुख्य किरदार में दिखाई देंगी। यह फिल्म 2026 के अंत तक सिनेमाघरों में रिलीज होने की उम्मीद है।

रश्मिका की फिल्म ‘मायसा’ का टीजर हाल ही में लॉन्च हुआ है।

रश्मिका की फिल्म ‘मायसा’ का टीजर हाल ही में लॉन्च हुआ है।

3. पुष्पा 3 – द रैम्पेज

ब्लॉकबस्टर ‘पुष्पा’ फ्रैंचाइजी की तीसरी कड़ी में वह अल्लू अर्जुन के साथ एक बार फिर श्रीवल्ली का किरदार निभाएंगी। यह फिल्म 2028 या 2029 तक सिनेमाघरों में रिलीज होने की उम्मीद है।

4. एनिमल पार्क

‘एनिमल’ की सफलता के बाद वह संदीप रेड्डी वांगा की इस अगली क्राइम-ड्रामा फिल्म में भी दिखाई देंगी। इस फिल्म की रिलीज डेट अभी घोषित नहीं की गई है, क्योंकि इसकी शूटिंग 2027 के मध्य में शुरू होगी।

5. एटली की अगली फिल्म

एटली के निर्देशन में बनने वाली इस आगामी तेलुगु फिल्म में रश्मिका की जोड़ी अल्लू अर्जुन के साथ बनेगी। इस फिल्म का आधिकारिक तौर पर ‘राका’ नाम दिया गया है। फिलहाल इस साइंस-फिक्शन फिल्म की आधिकारिक रिलीज डेट घोषित नहीं की गई है, लेकिन ट्रेड रिपोर्ट्स के अनुसार इसके समर 2027 में सिनेमाघरों में रिलीज होने की उम्मीद है।

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