Saturday, 02 May 2026 | 09:41 PM

Trending :

EXCLUSIVE

इंश्योरेंस सेक्टर में 100% FDI को सरकार की मंजूरी:ऑटोमैटिक रूट से विदेशी निवेश का रास्ता साफ; LIC में लिमिट 20% ही रहेगी

इंश्योरेंस सेक्टर में 100% FDI को सरकार की मंजूरी:ऑटोमैटिक रूट से विदेशी निवेश का रास्ता साफ; LIC में लिमिट 20% ही रहेगी

केंद्र सरकार ने शनिवार (2 मई) को इंश्योरेंस सेक्टर में 100% फॉरेन डायरेक्ट इन्वेस्टमेंट यानी FDI को मंजूरी दे दी है। अब विदेशी निवेशक ऑटोमैटिक रूट के जरिए भारतीय इंश्योरेंस कंपनियों में पूरी हिस्सेदारी ले सकेंगे, हालांकि LIC के लिए निवेश की सीमा 20% पर ही बरकरार रखी गई है। इंश्योरेंस कंपनियों के लिए क्या हैं शर्तें सरकार के नोटिफिकेशन के मुताबिक, इंश्योरेंस सेक्टर में विदेशी निवेश बीमा अधिनियम-1938 के प्रावधानों के अधीन होगा। निवेश प्राप्त करने वाली कंपनियों के लिए यह अनिवार्य होगा कि वे बीमा और संबंधित गतिविधियों के लिए इंश्योरेंस रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (IRDAI) से आवश्यक लाइसेंस या मंजूरी प्राप्त करें। इसके साथ ही नियमों में यह भी स्पष्ट किया गया है कि जिस भारतीय बीमा कंपनी में विदेशी निवेश होगा, उसके बोर्ड के चेयरपर्सन, मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) या चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) में से कम से कम एक व्यक्ति भारतीय नागरिक होना चाहिए। LIC के लिए अलग नियम और 20% की सीमा इंश्योरेंस इंटरमीडियरीज को भी मिला फायदा दिसंबर में पास हुआ था बिल वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के तहत उद्योग संवर्धन और आंतरिक व्यापार विभाग (DPIIT) ने फरवरी में ही इस संबंध में जानकारी दी थी। इससे पहले दिसंबर 2025 में संसद ने ‘सबका बीमा सबकी रक्षा (बीमा कानून संशोधन) विधेयक, 2025’ पारित किया था। इस कानून के जरिए बीमा क्षेत्र से जुड़े तीन प्रमुख कानूनों—बीमा अधिनियम 1938, एलआईसी अधिनियम 1956 और IRDAI अधिनियम 1999 में जरूरी बदलाव किए गए हैं। सीमावर्ती देशों के लिए नियमों में ढील सरकार ने मार्च में भारत के साथ जमीनी सीमा साझा करने वाले देशों से आने वाले FDI के नियमों को भी आसान बना दिया है। कैबिनेट ने ‘प्रेस नोट 3’ फ्रेमवर्क में संशोधन किया है। अब सीमावर्ती देशों से 10% तक की नॉन-कंट्रोलिंग हिस्सेदारी (बिना नियंत्रण वाली हिस्सेदारी) के निवेश के लिए सरकार की पूर्व मंजूरी की आवश्यकता नहीं होगी, यह ऑटोमैटिक रूट के तहत आएगा। क्या है ऑटोमैटिक रूट? इसमें विदेशी निवेशकों को निवेश से पहले सरकार या RBI की पूर्व अनुमति लेने की जरूरत नहीं होती। क्या है प्रेस नोट 3? यह नियम उन देशों से निवेश को रेगुलेट करता है जिनकी सीमाएं भारत से लगती हैं (जैसे चीन, पाकिस्तान), ताकि निवेश की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। ये खबर पढ़ें… चीन समेत पड़ोसी देशों के लिए भारत में निवेश आसान: फॉरेन इन्वेस्टमेंट के नियम बदले; 10% से कम हिस्सेदारी पर बिना मंजूरी निवेश कर सकेंगे केंद्र सरकार ने चीन समेत भारत के साथ बॉर्डर शेयर करने वाले यानी पड़ोसी देशों से आने वाले फॉरेन डायरेक्ट इन्वेस्टमेंट (FDI) के नियमों में ढील दी है। PM मोदी की अध्यक्षता में मंगलवार (10 मार्च) को हुई कैबिनेट मीटिंग में प्रेस नोट 3 यानी FDI पॉलिसी के नियमों में बदलाव को मंजूरी दी गई। पूरी खबर पढ़ें…

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
India vs South Africa Live Score, T20 World Cup 2026 Super 8s: Follow Scorecard And Match Action From Ahmedabad. (Picture Credit: AP)

February 22, 2026/
7:48 pm

आखरी अपडेट:22 फरवरी, 2026, 19:48 IST गांधी परिवार को रेड्डी की 1,000 करोड़ रुपये की पेशकश पर भाजपा नेताओं ने...

चुनाव आयोग के पत्र पर बीजेपी की मुहर, कांग्रेस-सीपीएम-टीएमसी ने सवाल उठाया तो आई ईसी की सफाई

March 23, 2026/
8:33 pm

पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और केरल में अगले कुछ दिनों में वोट खराब है। इस बीच इलेक्शन कमीशन का एक पुराना...

कुमारिया खास में मुख्यमंत्री कन्या विवाह सम्मेलन:15 अप्रैल को, अधिकतम 200 आवेदन, BPL कार्ड होना है जरूरी

March 18, 2026/
3:32 pm

शाजापुर जिले के मोहन बड़ोदिया में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत एक निःशुल्क सामूहिक विवाह सम्मेलन आयोजित किया जा...

जिलाध्यक्ष बोले- कई राज्यों में भाजपा सरकार:पार्टी के 47वें स्थापना दिवस पर कार्यकर्ताओं का सम्मापन; कार्यालय पर झंडा फहराया

April 6, 2026/
6:23 pm

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का 47वां स्थापना दिवस सोमवार को रायसेन स्थित जिला कार्यालय में मनाया गया। इस अवसर पर...

200 मीटर रेस में बोल्ट से भी तेज निकले गाउट:ऑस्ट्रेलिया के 18 वर्षीय गाउट ने रेस 19.67 सेकंड में पूरी कर बोल्ट का इस उम्र का रिकॉर्ड तोड़ा

April 13, 2026/
1:37 pm

एथलेटिक्स की दुनिया में रविवार को एक ऐसा चमत्कार हुआ, जिसने भविष्य की सुनहरी झलक पेश कर दी। सिडनी ओलिंपिक...

CEO को 'जिंदा गाड़ने' की धमकी...मंत्री के भाई को बेल:गैर-जमानती धाराओं पर FIR; चौहान पर मर्डर-किडनैपिंग और डकैती जैसे 25 केस दर्ज हो चुके

April 26, 2026/
12:55 am

मोहन सरकार में कैबिनेट मंत्री नागर सिंह चौहान के भाई इंदर सिंह चौहान को गैर-जमानती धाराओं में केस दर्ज होने...

सांसद अमृतपाल की गिरफ्तारी के आसार:NSA खत्म होने से पहले अमृतसर पुलिस डिब्रूगढ़ पहुंची; थाने पर हमले के मामले में मुकदमा होगा शुरू

April 21, 2026/
1:54 pm

पंजाब के खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह की गिरफ्तारी को लेकर हलचल तेज हो गई है। पंजाब पुलिस की...

हेल्थ & फिटनेस

राजनीति

इंश्योरेंस सेक्टर में 100% FDI को सरकार की मंजूरी:ऑटोमैटिक रूट से विदेशी निवेश का रास्ता साफ; LIC में लिमिट 20% ही रहेगी

इंश्योरेंस सेक्टर में 100% FDI को सरकार की मंजूरी:ऑटोमैटिक रूट से विदेशी निवेश का रास्ता साफ; LIC में लिमिट 20% ही रहेगी

केंद्र सरकार ने शनिवार (2 मई) को इंश्योरेंस सेक्टर में 100% फॉरेन डायरेक्ट इन्वेस्टमेंट यानी FDI को मंजूरी दे दी है। अब विदेशी निवेशक ऑटोमैटिक रूट के जरिए भारतीय इंश्योरेंस कंपनियों में पूरी हिस्सेदारी ले सकेंगे, हालांकि LIC के लिए निवेश की सीमा 20% पर ही बरकरार रखी गई है। इंश्योरेंस कंपनियों के लिए क्या हैं शर्तें सरकार के नोटिफिकेशन के मुताबिक, इंश्योरेंस सेक्टर में विदेशी निवेश बीमा अधिनियम-1938 के प्रावधानों के अधीन होगा। निवेश प्राप्त करने वाली कंपनियों के लिए यह अनिवार्य होगा कि वे बीमा और संबंधित गतिविधियों के लिए इंश्योरेंस रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (IRDAI) से आवश्यक लाइसेंस या मंजूरी प्राप्त करें। इसके साथ ही नियमों में यह भी स्पष्ट किया गया है कि जिस भारतीय बीमा कंपनी में विदेशी निवेश होगा, उसके बोर्ड के चेयरपर्सन, मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) या चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) में से कम से कम एक व्यक्ति भारतीय नागरिक होना चाहिए। LIC के लिए अलग नियम और 20% की सीमा इंश्योरेंस इंटरमीडियरीज को भी मिला फायदा दिसंबर में पास हुआ था बिल वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के तहत उद्योग संवर्धन और आंतरिक व्यापार विभाग (DPIIT) ने फरवरी में ही इस संबंध में जानकारी दी थी। इससे पहले दिसंबर 2025 में संसद ने ‘सबका बीमा सबकी रक्षा (बीमा कानून संशोधन) विधेयक, 2025’ पारित किया था। इस कानून के जरिए बीमा क्षेत्र से जुड़े तीन प्रमुख कानूनों—बीमा अधिनियम 1938, एलआईसी अधिनियम 1956 और IRDAI अधिनियम 1999 में जरूरी बदलाव किए गए हैं। सीमावर्ती देशों के लिए नियमों में ढील सरकार ने मार्च में भारत के साथ जमीनी सीमा साझा करने वाले देशों से आने वाले FDI के नियमों को भी आसान बना दिया है। कैबिनेट ने ‘प्रेस नोट 3’ फ्रेमवर्क में संशोधन किया है। अब सीमावर्ती देशों से 10% तक की नॉन-कंट्रोलिंग हिस्सेदारी (बिना नियंत्रण वाली हिस्सेदारी) के निवेश के लिए सरकार की पूर्व मंजूरी की आवश्यकता नहीं होगी, यह ऑटोमैटिक रूट के तहत आएगा। क्या है ऑटोमैटिक रूट? इसमें विदेशी निवेशकों को निवेश से पहले सरकार या RBI की पूर्व अनुमति लेने की जरूरत नहीं होती। क्या है प्रेस नोट 3? यह नियम उन देशों से निवेश को रेगुलेट करता है जिनकी सीमाएं भारत से लगती हैं (जैसे चीन, पाकिस्तान), ताकि निवेश की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। ये खबर पढ़ें… चीन समेत पड़ोसी देशों के लिए भारत में निवेश आसान: फॉरेन इन्वेस्टमेंट के नियम बदले; 10% से कम हिस्सेदारी पर बिना मंजूरी निवेश कर सकेंगे केंद्र सरकार ने चीन समेत भारत के साथ बॉर्डर शेयर करने वाले यानी पड़ोसी देशों से आने वाले फॉरेन डायरेक्ट इन्वेस्टमेंट (FDI) के नियमों में ढील दी है। PM मोदी की अध्यक्षता में मंगलवार (10 मार्च) को हुई कैबिनेट मीटिंग में प्रेस नोट 3 यानी FDI पॉलिसी के नियमों में बदलाव को मंजूरी दी गई। पूरी खबर पढ़ें…

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.