उज्जैन पुलिस ने एक ही दिन में तीन बड़ी कार्रवाइयों को अंजाम देकर अपनी तत्परता का परिचय दिया। पुलिस ने फ्रीगंज से लापता हुई तीन साल की बच्ची को महज 25 मिनट में ढूंढ निकाला। इसके अतिरिक्त, तीन थाना क्षेत्रों से चार आरोपियों को अवैध चाकुओं के साथ गिरफ्तार किया गया और एक जिला बदर आरोपी को भी पकड़ा है। उज्जैन में कानून व्यवस्था बनाए रखने और आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस सक्रिय है। सोमवार को सामने आईं इन तीन अलग-अलग घटनाओं में पुलिस की त्वरित और सटीक कार्रवाई स्पष्ट रूप से दिखाई दी। बाजार में लापता हो गई बच्ची पहली घटना फ्रीगंज बाजार से संबंधित है। देवासी नगरी निवासी वीरेंद्र सेन अपनी पत्नी के साथ खरीदारी कर रहे थे, तभी उनकी तीन वर्षीय बेटी अचानक लापता हो गई। परिजनों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और सीसीटीवी फुटेज खंगालने के साथ-साथ लोगों से पूछताछ कर तलाशी अभियान चलाया। महज 25 मिनट के भीतर बच्ची को वी-मार्ट शोरूम के पास सुरक्षित ढूंढ लिया गया और उसके परिजनों को सौंप दिया गया। धारदार चाकुओं के साथ आरोपी गिरफ्तार दूसरी कार्रवाई अवैध हथियारों के खिलाफ की गई। उज्जैन पुलिस ने चिमनगंज मंडी, माधवनगर और नीलगंगा थाना क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों से चार आरोपियों को धारदार चाकुओं के साथ गिरफ्तार किया। सभी आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत मामला दर्ज किया गया है। जानकारी के अनुसार, इनमें से एक आरोपी पर पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। तीसरी बड़ी कार्रवाई नीलगंगा थाना क्षेत्र में हुई, जहां पुलिस ने घेराबंदी कर जिला बदर आरोपी मयूर उर्फ मयूरेष व्यास को गिरफ्तार किया। आरोपी जिला दंडाधिकारी के आदेश का उल्लंघन करते हुए क्षेत्र में घूम रहा था। पूछताछ में उसके पास कोई वैध अनुमति नहीं पाई गई, जिसके बाद उसके खिलाफ मध्यप्रदेश राज्य सुरक्षा अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया।
















































